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प्रदूषण बोर्ड की बड़ी कार्रवाई, मॉनिटरिंग डिवाइस बंद होने पर जनस्वास्थ्य विभाग पर 25 लाख का जुर्माना

कैथल. प्रदूषण नियंत्रण बोर्ड वायु प्रदूषण और जल प्रदूषण फैलाने वालों को लेकर गंभीर है। बोर्ड की तरफ से समय-समय पर जिले भर में चल रहे सीवरेज ट्रीटमेंट प्लांट (एसटीपी) का निरीक्षण किया जाता है। चीका स्थित 10 एमएलडी एसटीपी में आनलाइन मानिटरिंग डिवाइस काम नहीं कर रही थी। इससे आनलाइन एसटीपी की पूरी रिपोर्ट तैयार होती है। विभाग की टीम भी आनलाइन देखरेख करती है। यह डिवाइस अक्टूबर 2025 से 23 जून 2026 तक बंद पाई गई थी। अब प्रदूषण बोर्ड की तरफ से संबंधित जन स्वास्थ्य विभाग को 25 लाख रुपये का जुर्माना लगा दिया है। जुर्माना लगाने के बाद फाइल मुख्यालय के पास भेज दी गई है। एसटीपी पर आए सीवरेज के पानी को ट्रीट करके बाहर छोड़ना होता है नियम के अनुसार एसटीपी पर आए सीवरेज के पानी को ट्रीट करके बाहर छोड़ना होता है। जांच के दौरान कई बार सामने आया था कि गंदे पानी को ड्रेनों में छोड़ा जा रहा था। कई जगहों पर तो इसी गंदे पानी को किसान सिंचाई के लिए इस्तेमाल कर रहे हैं। यही पानी जमीन के अंदर भी जा रहा है जो पीने के पानी के स्तर को भी दूषित कर रहा है। जांच के दौरान पानी में बीओडी (बायोलाजिकल आक्सीजन डिमांड) यानी पानी में बैक्टीरिया की मात्रा जांची जाती है, इसके बाद पानी के सेंपल फेल आने पर कार्रवाई की जाती है। कैथल में हरियाणा राज्य प्रदूषण नियंत्रण बोर्ड के क्षेत्रीय अधिकारी प्रवीन कुमार ने कहा किप्रदूषण नियंत्रण बोर्ड की टीम ने चीका स्थित एसटीपी पर 25 लाख रुपये का जुर्माना लगाकर फाइल को मुख्यालय भेज दिया है। किसी भी प्रकार से प्रदूषण फैलाने वालों पर कार्रवाई जारी रहेगी।

हरियाणा सरकार का बड़ा फैसला, 1 जुलाई से VBG रामजी कानून के तहत 125 दिन का रोजगार

चंडीगढ़. हरियाणा में ग्रामीण रोजगार व्यवस्था एक जुलाई से नए दौर में प्रवेश करने जा रही है। महात्मा गांधी राष्ट्रीय ग्रामीण रोजगार गारंटी योजना (मनरेगा) की जगह वीबीजी रामजी अधिनियम के तहत नई रोजगार योजना लागू होगी। इसका राष्ट्रीय स्तर पर औपचारिक शुभारंभ दो जुलाई को आंध्र प्रदेश के तिरुपति में केंद्रीय ग्रामीण विकास एवं कृषक कल्याण मंत्री शिवराज सिंह चौहान करेंगे। कार्यक्रम में सभी राज्यों के ग्राम विकास मंत्री और अधिकारी वीडियो कान्फ्रेंसिंग के माध्यम से जुड़ेंगे। हरियाणा ग्रामीण विकास संस्थान के निदेशक डा. वीरेंद्र सिंह चौहान ने बताया कि राज्य सरकार नई योजना को लागू करने की तैयारियों को अंतिम रूप दे रही है। सोमवार तक इसकी अधिसूचना जारी होने की संभावना है। ग्रामीण विकास संस्थान जिला, खंड और ग्राम स्तर तक अधिकारियों, कर्मचारियों, सरपंचों तथा ग्राम सचिवों को प्रशिक्षण देने का अभियान युद्धस्तर पर चला रहा है, ताकि नई व्यवस्था बिना किसी बाधा के लागू हो सके। हरियाणा लंबे समय से बेहतर प्रदर्शन करने वाले राज्यों में ग्रामीण विकास के क्षेत्र में हरियाणा लंबे समय से बेहतर प्रदर्शन करने वाले राज्यों में गिना जाता है। मनरेगा के तहत समय पर भुगतान, डिजिटल मानिटरिंग और पारदर्शिता के मामले में राज्य ने राष्ट्रीय स्तर पर अपनी मजबूत पहचान बनाई है। नई योजना लागू होने के बाद हरियाणा का फोकस रोजगार के साथ-साथ ग्रामीण परिसंपत्तियों के निर्माण और तकनीक आधारित निगरानी को और प्रभावी बनाने पर रहेगा। नई योजना का सबसे बड़ा लाभ ग्रामीण मजदूरों को मिलेगा। मनरेगा में जहां साल में 100 दिन रोजगार का प्रविधान था, वहीं वीबीजी रामजी योजना के तहत 125 दिन तक रोजगार उपलब्ध कराया जाएगा। इसके साथ ही काम की मांग करने वाले श्रमिकों को शीघ्र रोजगार उपलब्ध कराने, कार्यस्थलों पर अधिक पारदर्शिता लाने और आधुनिक तकनीक का उपयोग श्रमिकों की सुविधा के लिए किया जाएगा, ताकि उनके अधिकार प्रभावित न हो सकें। डॉ. वीरेंद्र चौहान ने बताया कि केंद्र सरकार ने राज्यों को स्पष्ट निर्देश दिए हैं कि काम मांगने वाले किसी भी श्रमिक का रोजगार का अधिकार व्यर्थ नहीं जाना चाहिए। आने वाले समय में योजना के तहत कराए जाने वाले विकास कार्यों की सूची का भी विस्तार किया जाएगा, जिससे ग्रामीण क्षेत्रों में रोजगार के अवसर बढ़ेंगे और स्थायी विकास कार्यों को गति मिलेगी।

हरियाणा में राशन व्यवस्था होगी मजबूत, अतिरिक्त अनाज योजना के लिए 5 राज्यों से सीखेगी सरकार

चंडीगढ़. हरियाणा की नायब सरकार गरीबी रेखा से नीचे रहने वालों लोगों को मिलने वाले राशन की मात्रा बढ़ाने पर विचार कर सकती है। इसके लिए हरियाणा के खाद्य एवं आपूर्ति विभाग की टीम उत्तर प्रदेश, पंजाब, राजस्थान, दिल्ली तथा हिमाचल प्रदेश सहित कई राज्यों का दौरा करेगी। यह टीम इन राज्यों में जाकर यह पता करेगी कि वहां गरीबों को राशन वितरण करने की व्यवस्था का संचालन कैसे होता है तथा बीपीएल व अंत्योदय श्रेणी में आने वाले लोगों को क्या-क्या तथा कितनी मात्रा में खाद्य वस्तुएं वितरित की जाती हैं। रिपोर्ट आने के बाद अगर इन राज्यों में गरीब लोगों को कुछ अतिरिक्त खाद्य पदार्थ मिल रहे हैं तो वैसी ही व्यवस्था हरियाणा सरकार भी अपनी वितरण सामग्री में जोड़ सकती है। हरियाणा के खाद्य एवं आपूर्ति राज्य मंत्री राजेश नागर ने अधिकारियों को अध्ययन कर रिपोर्ट दाखिल करने के निर्देश जारी किए हैं। उन्होंने तीन दिन पहले ही सभी जिलों के खाद्य एवं आपूर्ति नियंत्रकों के साथ हुई आनलाइन बैठक में यह निर्देश जारी किए हैं। सरकार क्यों उठा रही है ये कदम? प्रदेश सरकार केंद्र सरकार की एक राष्ट्र- एक राशन कार्ड प्रणाली को बल देने के लिए यह कदम उठा रही है। प्रदेश में बीपीएल तथा अंत्योदय श्रेणी के करीब 40 लाख कार्ड बने हुए हैं। सार्वजनिक राशन वितरण प्रणाली के तहत हर माह करीब 1.57 करोड़ लाभर्थियों को राशन दिया जा रहा है। इनमें 2.86 लाख अंत्योदय परिवार तथा 37.14 लाख बीपीएल परिवार शामिल हैं। खाद्य सुरक्षा अधिनियम के तहत अंत्योदय परिवार को 35 किलो और बीपीएल परिवारों को प्रति सदस्य पांच किलो गेहूं निश्शुल्क दिया जाता है। सरसों का तेल तथा चीनी भी रियायती दर पर दिए जाते हैं। खाद्य आपूर्ति राज्य मंत्री राजेश नागर ने बताया कुछ राज्यों में चना तथा दाल देने की बात सामने आई है। इसके चलते ही उन्होंने दूसरे राज्यों की वितरण प्रणाली का अध्ययन करने के लिए अधिकारियों को निर्देश दिए हैं।

फरीदाबाद को मिलेगी इलेक्ट्रिक बस सेवा: 100 ई-बसों के संचालन की योजना तेज

बल्लभगढ़  शहर के पर्यावरण संरक्षण को लेकर लोगों को जल्द इलेक्ट्रिक बसों की सुविधा मिलेगी। इसके लिए हरियाणा शहरी विकास प्राधिकरण (एचएसवीपी) नौ करोड़ रुपये की लागत से सेक्टर-61 में चार्जिंग स्टेशन बना रहा है। इसमें छह करोड़ रुपये डिपो के निर्माण और तीन करोड़ रुपये इलेक्ट्रिकल कार्यों पर खर्च किए जाएंगे। यह पांच एकड़ भूमि में बनाया जा रहा है। शहर की 22 लाख आबादी है। अंदर आने-जाने के लिए आटो को छोड़ कर सार्वजनिक परिवहन व्यवस्था बहुत ही कम है। सिटी बस सेवा शुभगमन सिर्फ 50 बसों का संचालन कर रही हैं। यह बस भी ज्यादातर बल्लभगढ़ से राजमार्ग, बदरपुर बार्डर से मंझावली, मंझावली से बल्लभगढ़, बल्लभगढ़ से चांदपुर, बल्लभगढ़ से बाईपास होते हुए बदरपुर बार्डर पर चल रही हैं। सरकार ने शहर में इलेक्ट्रिक बसों के संचालन की सुविधा देने के लिए योजना को मंजूरी दे दी है। अभी तक बस नहीं आई हैं। एचएसवीपी ने इस योजना को शुरू कर दिया है। सेक्टर-61 बाईपास के पास है और यहां से बसों का संचालन किसी भी रूट के लिए किया जा सकता है। सेक्टर-61 में पांच एकड़ भूमि पर बनने वाले इस डिपो में बसों के लिए पार्किंग, सर्विस स्टेशन, वर्कशाप और स्टाफ सुविधा बनाई जाएंगी। इसका काम जोरों से चल रहा है। एक वर्ष के अंदर इसे पूरी तरह से तैयार कर दिया जाएगा। ग्राउंड फ्लोर पर बस अड्डा होगा, जबकि ऊपर की मंजिलों पर कमर्शियल कांप्लेक्स बनाया जाएगा।     – संदीप दहिया, अधीक्षक अभियंता एचएसवीपी फरीदाबाद     एफएमडीए इलेक्ट्रिक बसों का संचालन करेगा। अभी तक एक भी इलेक्ट्रिक बस डिपो को नहीं मिली है। 100 इलेक्ट्रिक बसों आने की उम्मीद है।     -शिखा, महाप्रबंधक हरियाणा रोडवेज फरीदाबाद  

सवा लाख कर्मचारियों को फायदा, हरियाणा सरकार ने सत्यापन की अंतिम तारीख तय की

चंडीगढ़  हरियाणा सरकार ने करीब सवा लाख संविदा कर्मचारियों को सेवा सुरक्षा का लाभ दिलाने की प्रक्रिया तेज कर दी है। मुख्य सचिव कार्यालय ने सभी प्रशासनिक सचिवों, विभागाध्यक्षों, बोर्ड-निगमों, मंडलायुक्तों और उपायुक्तों को निर्देश जारी कर कहा है कि हरियाणा कांट्रेक्चुअल एंप्लाइज (सिक्योरिटी आफ सर्विस) एक्ट, 2024 के तहत प्राप्त सभी लंबित आवेदनों का सत्यापन 15 अगस्त 2026 तक हर हाल में पूरा किया जाए। सरकार को जानकारी मिली थी कि बड़ी संख्या में आवेदन विभागाध्यक्ष स्तर पर लंबित हैं, जिससे पात्र कर्मचारियों को कानून का लाभ मिलने में देरी हो रही है। करीब पौने दो वर्ष पहले नायब सिंह सैनी सरकार ने संविदा कर्मचारियों को नौकरी की सुरक्षा देने के उद्देश्य से यह कानून विधानसभा में पारित कराया था। इसके तहत हरियाणा कौशल रोजगार निगम (एचकेआरएन) सहित पात्र संविदा कर्मचारियों को पहली बार कानूनी रूप से सेवा सुरक्षा का अधिकार मिला। सरकार का अनुमान है कि इस व्यवस्था से करीब सवा लाख कर्मचारियों को लाभ मिलेगा और पात्र कर्मचारी निर्धारित शर्तें पूरी होने पर 58 वर्ष की आयु तक सेवा में बने रह सकेंगे। मानव संसाधन विभाग की समीक्षा में पाया गया कि छह मई 2026 को जारी कार्यक्रम के बावजूद बड़ी संख्या में आवेदन विभागाध्यक्ष स्तर पर लंबित हैं। इसे गंभीरता से लेते हुए सरकार ने अंतिम सत्यापन की समय-सीमा बढ़ाकर 15 अगस्त 2026 तय की है। सभी विभागों को स्पष्ट निर्देश दिए गए हैं कि किसी भी पात्र कर्मचारी का मामला अनावश्यक रूप से लंबित न रखा जाए और तय समय के भीतर निर्णय सुनिश्चित किया जाए। कानून के तहत वे संविदा, आउटसोर्स अथवा एचकेआरएन के माध्यम से कार्यरत कर्मचारी पात्र होंगे, जो निर्धारित तिथि पर सरकारी विभाग, बोर्ड, निगम अथवा प्राधिकरण में कार्यरत थे, जिनका मासिक पारिश्रमिक निर्धारित सीमा के भीतर था तथा जिन्होंने कम से कम पांच वर्ष की नियमित सेवा पूरी कर ली है। ऐसे कर्मचारियों को सेवानिवृत्ति की आयु तक सेवा सुरक्षा प्रदान की जाएगी। सेवा सुरक्षा के साथ कई अन्य सुविधाएं भी इस कानून के तहत पात्र कर्मचारियों को केवल नौकरी की सुरक्षा ही नहीं, बल्कि प्रवेश वेतन के अनुरूप समेकित वेतन, सेवा अवधि के आधार पर अतिरिक्त पारिश्रमिक, चिरायु योजना के तहत स्वास्थ्य सुविधा, ग्रेच्युटी, मातृत्व लाभ तथा अनुकंपा सहायता जैसी सुविधाएं भी उपलब्ध कराई जाएंगी। मुख्य सचिव कार्यालय ने कहा है कि डीडीओ और विभागाध्यक्षों के लिए विस्तृत यूजर मैनुअल पहले से पोर्टल पर उपलब्ध है। यदि किसी अधिकारी को लॉगिन या पोर्टल संचालन में तकनीकी समस्या आती है तो वह तत्काल एचआरडी अथवा एचकेसीएल से संपर्क कर आवश्यक विवरण अपडेट कराए, ताकि सत्यापन प्रक्रिया निर्धारित समय में पूरी हो सके।

मुख्यमंत्री सैनी का निर्देश: वर्टिकल स्कूल बिल्डिंग और बेहतर सुविधाओं पर जोर

 चंडीगढ़ हरियाणा में सरकारी स्कूलों के खस्ताहाल भवनों को गिराकर नए भवन का निर्माण किया जाएगा। इसके लिए जल्द ही टेंडर जारी किए जाएंगे। नया भवन बनने तक इन स्कूलों को पास के सरकारी भवन या दूसरे स्कूलों में शिफ्ट किया जाएगा। व्यवस्थाएं जांचने के लिए प्रथम श्रेणी अधिकारियों को स्कूलों का निरीक्षण करने की जिम्मेदारी सौंपी गई है। मुख्यमंत्री नायब सिंह सैनी ने शनिवार को मुख्यमंत्री सुशासन सहयोगी (सीएमजीजीए) के साथ बैठक में कहा कि नए बनने वाले भवन न सिर्फ आकर्षक हों, बल्कि वर्टिकल रूप में हों। बाकी जगह का इस्तेमाल बच्चों के लिए प्ले ग्राउंड के रूप में किया जाए। स्कूलों में उपलब्ध साइंस लैब, कंप्यूटर लैब तथा अन्य सुविधाएं बच्चों को सुचारू रूप से मिलनी चाहिए। स्कूलों में ड्यूल डेक्स जल्द उपलब्ध कराने तथा पुराने हो चुके कंप्यूटर व अन्य उपकरणों की एक माह के अंदर नीलामी कराने के निर्देश दिए। मुख्यमंत्री के समक्ष सीएमजीजीए द्वारा दिखाई गई रिपोर्ट के आधार पर जिन स्कूलों में खामियां मिली हैं, उनकी रिपोर्ट तलब की गई है। जिला शिक्षा अधिकारियों से लेकर प्रिंसिपल अथवा मुख्य अध्यापकों की जवाबदेही तय की जाएगी। अगर किसी स्कूल में खामी मिलती है तो उस संबंध में तुरंत एक्शन लिया जाए। बैठक में मुख्यमंत्री के समक्ष ग्रामीण इलाकों में महाग्राम योजना के तहत हो रहे कार्यों के अलावा अमृत सरोवर के मूल्यांकन और जलघरों की स्थिति संबंधित रिपोर्ट दिखाई गई। मुख्यमंत्री ने संबंधित विभाग के अधिकारियों को निर्देश दिए कि हरियाणा में जिन गांवों में महाग्राम योजना के कार्य चल रहे हैं, उनमें एसटीपी पर मुख्य रूप से फोकस किया जाए।

हरियाणा सीएम की मध्यस्थता से हल हुआ निहंग-प्रशासन विवाद, बनी सहमति

चंडीगढ़ उत्तराखंड के पांवटा साहिब क्षेत्र में पिछले कई दिनों से आंदोलनरत निहंगों और उत्तराखंड सरकार के बीच चल रहा विवाद आखिरकार हरियाणा के मुख्यमंत्री नायब सिंह सैनी की पहल पर सुलझ गया। शुक्रवार देर रात निहंगों के एक प्रतिनिधिमंडल ने मुख्यमंत्री नायब सिंह सैनी से मुलाकात कर अपनी मांगों और विवाद से अवगत कराया। इसके बाद मुख्यमंत्री ने तत्काल अपने राजनीतिक सचिव तरुण भंडारी को मामले के समाधान की जिम्मेदारी सौंपी। निहंगों ने की आंदोलन खत्म करने की घोषणा मुख्यमंत्री के निर्देश पर तरुण भंडारी ने उत्तराखंड सरकार के वरिष्ठ अधिकारियों से लगातार बातचीत की और दोनों पक्षों के बीच समन्वय स्थापित कराया। लंबी बातचीत के बाद सहमति बनी, जिसके साथ ही कई दिनों से चल रहा गतिरोध समाप्त हो गया और निहंगों ने अपना आंदोलन खत्म करने की घोषणा कर दी। दरअसल, पांवटा साहिब क्षेत्र में निहंगों का विवाद धार्मिक गतिविधियों और संबंधित भूमि के उपयोग को लेकर प्रशासनिक कार्रवाई से जुड़ा हुआ था। निहंग संगठन प्रशासन के कुछ फैसलों का विरोध कर रहे थे और अपनी मांगों को लेकर धरने पर बैठे थे। मामला लगातार तूल पकड़ रहा था, जिससे कानून-व्यवस्था और धार्मिक सौहार्द को लेकर भी चिंताएं बढ़ रही थीं। सूत्रों के अनुसार, मुख्यमंत्री नायब सिंह सैनी ने मामले की संवेदनशीलता को देखते हुए त्वरित हस्तक्षेप किया। उनके निर्देश पर राजनीतिक सचिव तरुण भंडारी ने उत्तराखंड सरकार से संपर्क साधा और ऐसा समाधान निकालने का प्रयास किया, जिससे निहंगों की धार्मिक भावनाओं का सम्मान भी बना रहे और प्रशासनिक व्यवस्था भी प्रभावित न हो। सहमति बनने के बाद निहंग प्रतिनिधियों ने मुख्यमंत्री नायब सिंह सैनी और राजनीतिक सचिव तरुण भंडारी का आभार व्यक्त किया। राजनीतिक दृष्टि से भी इस घटनाक्रम को महत्वपूर्ण माना जा रहा है, क्योंकि एक दूसरे राज्य में उत्पन्न संवेदनशील धार्मिक विवाद के समाधान में हरियाणा सरकार की सक्रिय भूमिका देखने को मिली। इससे दोनों राज्यों के बीच बेहतर समन्वय और संवाद की भी मिसाल सामने आई।  

हांसी में पेयजल समस्या का समाधान, गांव को मिलेगा 1 करोड़ का विकास फंड

 हांसी  प्रदेश के लोक निर्माण एवं जनस्वास्थ्य अभियांत्रिकी मंत्री रणबीर सिंह गंगवा ने कहा कि चानौत गांव की पेयजल समस्या के समाधान को लेकर मुख्यमंत्री और धरना कमेटी की बैठक सकारात्मक रही है। बैठक में मुख्यमंत्री ने गांव की पेयजल समस्या के स्थायी समाधान के लिए भाखड़ा नहर से चानौत तक अलग पाइपलाइन बिछाकर पर्याप्त स्वच्छ पेयजल उपलब्ध कराने का भरोसा दिया है। साथ ही गांव के विकास कार्यों के लिए एक करोड़ रुपये की राशि देने की घोषणा करते हुए संबंधित अधिकारियों को राशि जारी करने के निर्देश भी दिए गए हैं। पीडब्ल्यूडी के विश्रामगृह में प्रेसवार्ता में कैबिनेट मंत्री गंगवा ने कहा कि मुख्यमंत्री ने धरना कमेटी की सभी बातों को गंभीरता से सुनते हुए कहा कि गांव में अन्य विकास कार्य भी प्राथमिकता के आधार पर कराए जाएंगे और किसी प्रकार की कमी नहीं रहने दी जाएगी। उन्होंने बताया कि बैठक में पेयजल समस्या पर विस्तार से चर्चा हुई। चनौत गांव को मिलेगा स्वच्छ पेयजल मुख्यमंत्री ने कहा कि सरकार की प्राथमिकता चानौत गांव को पर्याप्त और स्वच्छ पेयजल उपलब्ध कराना है। इसी उद्देश्य से अलग पाइपलाइन बिछाने की योजना पर तेजी से कार्य किया जा रहा है। कैबिनेट मंत्री ने स्पष्ट किया कि हांसी शहर के लिए अमृत-2 योजना के तहत बिछाई जा रही पाइपलाइन से टी-कनेक्शन देकर गांव को पानी देना नियमों के अनुरूप नहीं है। सीएम ने दिए ये प्रमुख आश्वासन     चानौत तक अलग पाइपलाइन बिछाकर स्वच्छ पेयजल दिया जाएगा।     गांव के विकास कार्यों के लिए एक करोड़ रुपये की घोषणा।     अधिकारियों को राशि जारी करने के मौके पर ही निर्देश।     गांव के अन्य विकास कार्य भी प्राथमिकता के आधार पर कराए जाएंगे।     पेयजल समस्या का स्थायी समाधान सरकार की प्राथमिकता होगी। अवैध टी-कनेक्शन लगाने वालों पर होगी कार्रवाई कैबिनेट मंत्री रणबीर सिंह गंगवा ने कहा कि हांसी शहर के लिए बिछाई जा रही पाइपलाइन में अवैध टी-कनेक्शन लगाने के मामले में कुछ लोगों की पहचान कर ली गई है। जांच पूरी होने के बाद दोषियों के खिलाफ नियमानुसार सख्त कार्रवाई की जाएगी। उन्होंने कहा कि कानून से ऊपर कोई नहीं है और पूरे मामले में जिम्मेदार लोगों को बख्शा नहीं जाएगा। अभय ने दी चानौतवासियों के लिए आंदोलन की चेतावनी इंडियन नेशनल लोकदल (इनेलो) के राष्ट्रीय अध्यक्ष अभय चौटाला ने शुक्रवार को हांसी के चानौत गांव के मुद्दे पर कहा कि सरकार पहले से बिछी पाइपलाइन से गांव को पानी देने को तैयार नहीं है। चंडीगढ़ स्थित पार्टी कार्यालय में मीडिया से बात करते हुए चौटाला ने दावा किया कि 30 जून तक सफाई पूरी करने की समय सीमा तय थी, लेकिन अब तक करीब 60 प्रतिशत नहरों और ड्रेनों की सफाई नहीं हो सकी है। सरकार ने नहरों से गाद निकलवाने की बजाय अपने चहेतों को बिना लाइसेंस क्रशर चलाने की छूट दे दी। इससे सिरसा, फतेहाबाद और यमुनानगर सहित कई जिलों में बाढ़ की आशंका है।

गोयल स्वीट्स गोलीकांड के मुख्य आरोपी से घटनास्थल पर ले जाकर सीआइए ने कराई निशानदेही

नारायणगढ़  करीब 13 महीने पहले गोयल स्वीट्स पर दिनदहाड़े हुई फायरिंग से दहशत फैलाने वाले मामले में शुक्रवार को एक अलग ही तस्वीर देखने को मिली। जिस बाजार में 24 मई 2025 को गोलियां चलवाई थीं, उसी बाजार की गलियां बरसवाने वाले मुख्य आरोपित वेंकट गर्ग को पुलिस ने हथकड़ी पहनाकर घुमाया। सीआइए टीम ने उसे मौके पर ले जाकर घटनास्थल और उससे जुड़े स्थानों की निशानदेही कराई। चार दिन के पुलिस रिमांड पर चल रहे वेंकट गर्ग से सीआइए लगातार पूछताछ कर रही है। इसी कड़ी में पुलिस उसे नारायणगढ़ के मुख्य बाजार में लेकर पहुंची, जहां लोगों की नजरें उस पर टिक गईं। पुलिस अधिकारियों ने घटनास्थल से जुड़े कई बिंदुओं पर उससे पूछताछ की और वारदात के घटनाक्रम को दोबारा समझा। वेंकट गर्ग के खिलाफ अंबाला और यमुनानगर सहित विभिन्न जिलों में 28 से अधिक आपराधिक मामले दर्ज हैं। इससे पहले उसे स्पेशल टास्क फोर्स (एसटीएफ) ने 12 दिन के रिमांड पर लेकर गुरुग्राम में सामने आए फर्जी वीजा प्रकरण में पूछताछ की थी। अभी आरोपित की और बढ़ेंगी मुश्किलें अब सीआइए की पूछताछ पूरी होने के बाद वेंकट गर्ग की मुश्किलें और बढ़ने वाली हैं। नारायणगढ़ थाना पुलिस उसे हरबिलास हत्याकांड में प्रोडक्शन वारंट पर गिरफ्तार करेगी। इसके बाद अदालत से रिमांड लेकर उससे इस चर्चित हत्या मामले में भी पूछताछ की जाएगी। गौरतलब है कि 24 मई 2025 को नारायणगढ़ के व्यस्त बाजार स्थित गोयल स्वीट्स एंड रेस्टोरेंट पर दिनदहाड़े बदमाशों ने ताबड़तोड़ फायरिंग की थी। उस घटना ने पूरे क्षेत्र के व्यापारियों में दहशत फैला दी थी और सुरक्षा व्यवस्था पर भी सवाल खड़े किए थे। क्या था पूरा मामला? बस अड्डे के नजदीक गोयल स्वीट्स रेस्टोरेंट पर शनिवार 24 मई 2025 को दिनदहाड़े बदमाशों ने ताबड़तोड़ फायरिंग कर दी थी। एक के बाद एक कुल सात गोलियां बदमाशों ने दागी थी। गोलियां चलने की आवाज सुनकर गोयल स्वीट्स के मालिक के लिए तैनात किया गया गनमैन मौके पर पहुंचा और पैदल भाग रहे बदमाशों का कुछ देर पीछा भी किया लेकिन इसी बीच बाइक पर सवार होकर आया तीसरा बदमाशों दोनों शूटरों को लेकर फरार हो गया था। गोयल रेस्टोरेंट पर प्रदीप गोयल उस दिन बाहर बैठकर अखबार पढ़ रहे थे। इसी दौरान वह अंदर चले गए। जैसे ही वह रेस्टोरेंट के अंदर गए सुबह करीब आठ बजे पैदल-पैदल दो बदमाश आए जिन्होंने रेस्टोरेंट पर गोलियां दाग दी। गोलियां शीशे को भी लगी जिससे रेस्टोरेंट का शीशा टूट गया था। फैला दी थी आरोपित ने दहशत 24 जनवरी 2025 को हरबिलास हत्याकांड को अंजाम देने के बाद आरोपित बदमाश वेंकट गर्ग ने कई कारोबारियों को फोन कर धमकी देते हुए चौथ मांगी थी। 24 जनवरी से 24 मई तक नारायणगढ़ में यह छठा गोलीकांड था। इस गोलीकांड के बाद आरोपितों ने दूसरे कारोबारियों को भी धमकी भरे काल करवाए थे।  

हरियाणा पुलिस में नई जिम्मेदारियां तय, डीजीपी स्तर से लेकर एसपी तक कई अधिकारियों के पद बदले गए

चंडीगढ़  हरियाणा सरकार ने शुक्रवार (26 जून, 2026) देर रात पुलिस विभाग में बड़ा प्रशासनिक फेरबदल करते हुए 15 आईपीएस और 21 एचपीएस अधिकारियों के तबादला आदेश जारी किए हैं। पुलिस महानिदेशक अजय सिंघल को हरियाणा पुलिस हाउसिंग कारपोरेशन के चेयरमैन तथा प्रबंध निदेशक का अतिरिक्त कार्यभार सौंपा गया है। अभी तक यह पद आलोक कुमार मित्तल के पास था। आलोक मित्तल को हरियाणा का जेल महानिदेशक नियुक्त करने के साथ रेजीडेंट कमिश्नर हरियाणा का अतिरिक्त कार्यभार दिया गया है। एडीजीपी से पदोन्नत होकर पुलिस महानिदेशक बने नवदीप सिंह विर्क को हरियाणा स्टेट एन्फोर्समेंट ब्यूरो का महानिदेशक तथा विजिलेंस और सुरक्षा एचपीयूएस का निदेशक बनाया गया है। एडीजीपी से डीजीपी के पद पर पदोन्नत नवदीप सिंह विर्क की पत्नी कला रामचंद्रन को डीजीपी प्रशिक्षण एवं निदेशक हरियाणा पुलिस अकादमी मधुबन की जिम्मेदारी मिली है। चारू बाली को एडीजीपी साइबर, एडीजीपी आइटी और एडीजपी एससीआरबी का अतिरिक्त प्रभार सौंपा गया। वे एडीजीपी भोंडसी पुलिस कांप्लेक्स का कार्यभार भी संभालेंगी आईपीएस डॉ. सीएस राव को होमगार्ड व सिविल डिफेंस का कमांडेंट जनरल का अतिरिक्त कार्यभार दिया गया है। वे एडीजीपी एचआर एंड लिटिगेशन का कार्यभार भी देखते रहेंगे। सीनियर आईपीएस अधिकारी विकास अरोड़ा को एडीजीपी ईआरएसएस, ट्रैफिक एवं हाईवे के साथ टेली कम्युनिकेशन मुख्यालय की जिम्मेदारी दी गई। राकेश कुमार आर्य को स्टेट क्राइम ब्रांच के साथ आईजी कानून-व्यवस्था का अतिरिक्त प्रभार सौपा गया है। मनीष चौधरी को आईजी रेलवे और कमांडो के साथ आईजी जेल का अतिरिक्त कार्यभार दिया गया। अशोक कुमार करनाल रेंज के आईजी के साथ ही आईजी एचएपी मधुबन की जिम्मेदारी संभालेंगे। आरटीसी भोंडसी की आईजी नाजनीन भसीन को आईजी सीआइडी मुख्यालय बनाया गया है। सुरेंद्र पाल सिंह को डीआईजी एसटीएफ और राजिंदर कुमार मीणा को ज्वाइंट सीपी फरीदाबाद होंगे। डॉ. अंशु सिंगला को डीसीपी मुख्यालय गुरुग्राम बनाया गया है। सुरेंद्र सिंह भोरिया को एसपी एसटीएफ पंचकूला और एसपी कमांडो नेवल के साथ ही एसपी ला एंड आर्डर पुलिस मुख्यालय का अतिरिक्त प्रभार मिला है। एचपीएस अनिल कुमार को एसपी एसटीएफ करनाल नियुक्त किया गया है। इन एचपीएस अधिकारियों के हुए तबादले नाम – नई जिम्मेदारी 1. शक्ति सिंह – डीएसपी तृतीय बटालियन एचएपी हिसार 2. कमलजीत सिंह – 3. अरविंद कांबोज – डीएसपी सतर्कता एवं विजिलेंस तथा भ्रष्टाचार निरोधक ब्यूरो मुख्यालय 4. रविंदर सिंह – डीएसपी राज्य सतर्कता एवं अपराध नियंत्रण ब्यूरो 5. सतीश कुमार – डीएसपी राज्य सतर्कता एवं अपराध नियंत्रण ब्यूरो 6. सुनील कुमार – डीएसपी रादौर 7. आशीष चौधरी – डीएसपी यमुनानगर 8. विकास कुमार – डीएसपी पानीपत 9. राजबीर सिंह – डीएसपी सिरसा 10. कुलदीप सिंह – डीएसपी अंबाला छावनी 11. धर्मबीर सिंह – डीएसपी सीआइडी मुख्यालय 12. संजीव कुमार – डीएसपी तृतीय बटालियन एचएपी हिसार 13. जितेंद्र कुमार – डीएसपी एसटीएफ मुख्यालय 14. ओम प्रकाश – डीएसपी टेलीकाम मुख्यालय पंचकूला 15. जय प्रकाश – डीएसपी तृतीय आइआरबी सुनारियां रोहतक 16. जितेंद्र सिंह – डीएसपी हरियाणा राज्य नशा नियंत्रण ब्यूरो मुख्यालय 17. सुरेश कुमार – डीएसपी द्वितीय आइआरबी भोंडसी 18. राज सिंह – डीएसपी द्वितीय आइआरबी भोंडसी 19. विकास कृष्ण – डीएसपी पीटीसी सुनारियां 20. जसपाल सिंह – डीएसपी चरखी दादरी