samacharsecretary.com

दिल्ली में सियासी हलचल तेज: मंत्रिमंडल विस्तार की अटकलों के बीच PM मोदी से मिले CM योगी

लखनऊ उत्तर प्रदेश की राजनीति में एक बार फिर हलचल तेज हो गई है। मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ सोमवार की सुबह देश की राजधानी दिल्ली में प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी से मुलाकात की है। योगी के दिल्ली दौरे को लेकर राजनीतिक गलियारों में अटकलों का बाजार गर्म है, क्योंकि माना जा रहा है कि यूपी में जल्द ही मंत्रिमंडल का विस्तार और सांगठनिक फेरबदल हो सकता है। सीएम योगी ने प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी से उनके आवास पर मुलाकात की और करीब 45 मिनट तक वहां रहे। बताया जा रहा है कि बैठक में प्रदेश की विकास योजनाओं के साथ-साथ आगामी राजनीतिक रणनीति पर चर्चा हुई। सीएम योगी भाजपा के राष्ट्रीय अध्यक्ष जेपी नड्डा और कार्यकारी अध्यक्ष नितिन नवीन से भी मुलाकात करेंगे।   क्यों अहम है यह दौरा? मुख्यमंत्री का यह दौरा कई मायनों में महत्वपूर्ण माना जा रहा है। सीएम योगी ऐसे समय दिल्ली पहुंचे हैं जब यूपी के दोनों डिप्टी सीएम केशव प्रसाद मौर्य और ब्रजेश पाठक भी दिल्ली में ही हैं। ब्रजेश पाठक ने भी सोमवार की सुबह भाजपा के कार्यकारी अध्यक्ष नितिन नवीन से मुलाकात की है। ऐसे में मंत्रिमंडल विस्तार की ही सबसे ज्यादा चर्चा हो रही है। यूपी कैबिनेट में फिलहाल कई पद खाली हैं। चर्चा है कि नए चेहरों को शामिल करने और कुछ मंत्रियों के विभागों में बदलाव को लेकर दिल्ली में हाईकमान के साथ अंतिम मुहर लग सकती है। भाजपा के कार्यकारी अध्यक्ष नितिन नवीन के साथ होने वाली बैठक को यूपी संगठन में होने वाले संभावित बदलावों से जोड़कर देखा जा रहा है। सूत्रों के मुताबिक, पार्टी नेतृत्व यूपी में अपनी पकड़ और मजबूत करने के लिए जातिगत समीकरणों को साधते हुए कुछ बड़े फैसले ले सकता है। सीएम योगी के दिल्ली पहुंचने से पहले केशव और ब्रजेश पाठक के साथ ही यूपी के कई अन्य वरिष्ठ नेताओं के भी दिल्ली में होने की खबरें हैं। आधिकारिक तौर पर इसे एक 'शिष्टाचार भेंट' बताया जा रहा है, लेकिन बैठकों के एजेंडे में सरकार और संगठन के बीच बेहतर तालमेल और मिशन 2027 की रूपरेखा मुख्य रूप से शामिल है।  

निवाई में रहस्यमय घड़ा: दिन भर की जांच के बाद रात को दोबारा खुदाई

टोंक टोंक के निवाई में मिले घड़े का रहस्य अभी बरकरार है। हालांकि, रविवार रात को फिर वहीं पर खुदाई की गई। रात एक बजे बाद जेसीबी से खुदाई की गई लेकिन ग्रामीण डर के कारण मौके पर नहीं पहुंचे। हाल ही में मिले घड़े का रहस्य बरकरार है वहीं, अब दूसरे गड्डे का भी रहस्य बना हुआ है। इस गड्डे की खुदाई किसने की और इसमें क्या निकला किसी को पता नहीं। दूसरी तरफ प्रशासन की और से यहां सुरक्षा के तौर पर पुलिस की तैनाती नहीं की गई। निवाई के देवरी गांव में शनिवार को खुदाई में निकले घड़े को निवाई ट्रेजरी में सील कर ताले में रखवाया है और पुलिस तैनात कर दी गई। इस पूरे मामले में एसडीएम ने कलेक्टर को एक पत्र लिखा, जिसके बाद कलेक्टर ने पुरातत्व विभाग के अधिकारियों को जानकारी दी। एडीएम रामरतन सौंकरिया ने जानकारी देते हुए बताया कि खुदाई में निकले घड़े की जांच पुरातत्व विभाग के अधिकारी आकर करेंगे।   फिलहाल टोंक जिले की निवाई में खजाना मिलने की खबर से हड़कंप मचा हुआ है। सीदड़ा ग्राम पंचायत के देवरी गांव में खुदाई की जगह ग्रामीणों की आज भी भारी भीड़ जमा है। लोगों ने प्रशासन से और खुदाई करने की मांग की। लोगों को कहना है कि प्रशासन जल्द जांच करें जिससें खुलासा हो सके की खजाना है या अफवाह। लोगों ने घड़े में खजाना देखा लेकिन असली नकली को लेकर संदेह बना हुआ है। दरअसल, शनिवार रात जमीन से बड़ी मात्रा में सोने से भरा भारी भरकर घड़ा निकलने की जानकारी मिली। चारागाह जमीन पर खोदी हुई जमीन पर गुलाब के फूल बिखरे होने पर ग्रामीणों ने शव होने की आंशका जताई थी जिसके बाद पुलिस को बुलाया। निवाई पुलिस ने मौके पर पहुंचकर जेसीबी से खुदाई की। खुदाई के दौरान भारी भरकर एक बड़े आकार का घड़ा निकला। लोग इसे चांदी का घड़ा बता रहे हैं। जिसे देखकर ग्रामीणों में लूट सी मच गई। खुदाई की खबर आग की तरह फैल गई और मौके पर आसपास के गांवों से बड़ी संख्या में लोगों की भीड़ जुट गई। पुलिस लोगों को हटाकर घड़ा निवाई लेकर पहुंची, जहां अधिकारियों को जानकारी दी। भारी भरकम घड़े को सील कर ट्रेज़री में रखवाया और उच्चाधिकारियों को इसकी जानकारी दी। संभवतः घड़े में कुछ होने पर ही सील किया गया। तहसीलदार नरेश गुर्जर ने जानकारी देते हुए बताया कि पुरातत्व के अधिकारियों की मौजूदगी में घड़ा खोला जाएगा।  

शीतलहर से कांपा झारखंड, लोहरदगा बना सबसे ठंडा इलाका—3.4 डिग्री दर्ज

रांची झारखंड के कई हिस्सों में सोमवार को शीतलहर की स्थिति बनी रही और राज्य के 10 जिलों में पारा 10 डिग्री सेल्सियस से नीचे गिर गया। भारत मौसम विज्ञान विभाग (आईएमडी) ने यह जानकारी दी। मौसम विभाग के अनुसार, लोहरदगा में राज्य का सबसे कम तापमान 3.4 डिग्री सेल्सियस दर्ज किया गया। इसके बाद गुमला में 4.1 डिग्री सेल्सियस और लातेहार में 5.6 डिग्री सेल्सियस तापमान रहा। रांची मौसम विज्ञान केंद्र के उप निदेशक अभिषेक आनंद ने कहा, "क्षोभमंडल के निचले स्तरों में उत्तर-पश्चिमी हवाओं के चलने के कारण पारे में गिरावट आई है।" रांची मौसम विज्ञान केंद्र के उप निदेशक अभिषेक आनंद ने कहा, राज्य की राजधानी रांची में न्यूनतम तापमान 6.4 डिग्री सेल्सियस दर्ज किया गया। झारखंड के अन्य जिले जहां तापमान 10 डिग्री से नीचे रहा, उनमें बोकारो, कोडरमा, हजारीबाग, खूंटी, सिमडेगा और पलामू शामिल हैं।  

भ्रष्टाचार पर वार: लोकायुक्त ने नगरपालिका आरआई को 20 हजार की रिश्वत लेते पकड़ा

भिंड भिंड से इस वक्त की बड़ी खबर सामने आ रही है। जहां नगरपालिका में आर आई को रिश्वत लेते लोकायुक्त ने धर दबोचा है। आर आई अवधेश यादव को लोकायुक्त ने रिश्वत लेते रंगे हाथों गिरफ्तार किया है। आरआई गौहद नगरपालिका में पदस्थ है। आरोप है कि टेंट हाउस के बिल पास कराने के एवज में आरआई ने 97 हजार के बिल पर 50 हजार की रिश्वत की मांग की थी। सौदा पटने पर फरियादी रिश्वत की किश्त देने गया था। इसी वक्त आरोपी को 20 हजार की रिश्वत की एक किश्त लेते हुए लोकायुक्त ने धर दबोचा।  

आरटीओ टैक्स छूट पर रोक से ग्वालियर व्यापार मेले में कारोबार ठप, करोड़ों का नुकसान

 ग्वालियर  ग्वालियर शहर का मान कहे जाने वाले ऐतिहासिक व्यापार मेले का शुभारंभ हुए एक सप्ताह से अधिक का समय बीत चुका है, लेकिन मेले का सबसे मुख्य आकर्षण आटोमोबाइल सेक्टर फिलहाल सन्नाटे की आगोश में है। 25 दिसंबर को केंद्रीय गृहमंत्री अमित शाह के मेले के भव्य उद्घाटन के बाद उम्मीद थी कि आरटीओ टैक्स में 50 प्रतिशत की छूट की घोषणा तत्काल हो जाएगी, लेकिन शासन स्तर पर हो रही देरी ने कारोबारियों और खरीदारों दोनों के उत्साह पर पानी फेर दिया है। आलम यह है कि शोरूम्स पर गाड़ियां तो सजी हैं, लेकिन उनकी बिक्री का पहिया पूरी तरह थम गया है। पिछले तीन साल से हो रही है टैक्स छूट मिलने में देरी ग्वालियर व्यापार मेले में आरटीओ टैक्स छूट देरी से दिए जाने का सिलसिला पिछले तीन सालों से जारी है। 2022-23 में आरटीओ टैक्स छूट का नोटीफिकेशन मेला शुरू होने से दो दिन पहले ही आ गया था। लेकिन इसके बाद 2023-24, 2024-2025 में जनवरी मध्य यानि मकर संक्राति तक ही 50 प्रतिशत छूट आरटीओ टैक्स में मिल पाई। यानि मेला शुरू होने के बीस दिन बाद। अब व्यापार मेला 2025-26 को शुरू हुए भी 10 दिन हो गए हैं। लेकिन अभी तक टैक्स छूट का नोटीफिकेशन जारी नहीं हुआ है। क्या असर होता है मेले पर     छूट में में देरी होने से वाहनों की बिक्री भी कम होती है और जिससे कारोबारियों को तो नुकसान होता है, शासन को भी राजस्व का नुकसान होता है।     ग्वालियर व्यापार मेले का मुख्य आकर्षण ऑटोमोबाइल सेक्टर है। इस सेक्टर में रौनक ही टैक्स छूट मिलने के बाद आती है। दूसरे टैक्स छूट न मिलने से आटोमोबाइल सेक्टर में कारोबार भी प्रभावित होता है।     बुकिंग वाले वाहनों की डिलिवरी न होने से शोरूम मालिक डिमांड के मुताबिक कारों का स्टाक नहीं मंगा पा रहे हैं। यह भी बताई जा रही वजह 2023-24 में ग्वालियर के साथ उज्जैन में विक्रम व्यापार मेला की शुरूआत हुई थी। जब जनवरी मध्य में ग्वालियर के लिए छूट मिली थी तभी मार्च से शुरू होने वाले विक्रम व्यापार मेला के लिए छूट जारी हो गई। 2024-2025 में भी जनवरी मध्यम में ग्वालियर के साथ ही उज्जैन मेले के लिए टैक्स छूट का नोटीफिकेशन जारी हुआ था। इसके पीछे बताया जाता है कि इसके पीछे उज्जैन मेला को प्रमोट करना अधिक है। ऐसे में ग्वालियर मेले के लिए टैक्स छूट देरी से दी जा रही है। बुकिंग की कतार, डिलीवरी कम सैकड़ों लोगों ने अपनी पसंद की कारों और दोपहिया वाहनों की बुकिंग करा ली है, लेकिन कोई भी डिलीवरी लेने को तैयार नहीं है। सभी को आरटीओ टैक्स की 50 प्रतिशत की छूट का इंतजार है। यही वजह है कि पिछले चार दिनों में नाममात्र के वाहनों की ही बिक्री हुई है। ऑटोमोबाइल सेक्टर में कारोबार ज्यादा होगा     मेला जब से शुरू होता है, टैक्स में छूट उसी दिन से मिलना चाहिए। इससे न केवल ऑटोमोबाइल सेक्टर में कारोबार अधिक होगा, बल्कि ग्राहक सहित शोरूम संचालक भी हड़बड़ी में नहीं रहेंगे और ग्राहकों को डिलिवरी समय मिल पर मिलेगी। – रवि गुप्ता, अध्यक्ष कैट वाहनों की बिक्री प्रभावित होती है     समय पर टैक्स में छूट मिलती है तो ग्राहकों को भी समय पर वाहन मिल जाता है। साथ ही चूंकि कंपनी से वाहनों का स्टाक मंगाने में भी समय लगता है। ऐसे में डिलीवरी लेट होती है। साथ ही वाहनों की बिक्री भी प्रभावित होती है। – संजय गर्ग, ऑटोमोबाइल कारोबारी कैबिनेट मीटिंग में रखा जाएगा प्रस्ताव     व्यापार मेला के लिए आरटीओ टैक्स में 50 प्रतिशत छूट का प्रस्ताव आगामी छह जनवरी को होने वाली कैबिनेट मीटिंग में रखा जाएगा। संभवत मीटिंग में प्रस्ताव पास हो जाएगा। इसके बाद टैक्स छूट की अधिसूचना जारी कर दी जाएगी। – उदयप्रताप सिंह, मंत्री परिवहन व शिक्षा।  

वाई-फाई, एलईडी, कैमरे, आधुनिक फर्नीचर की सुविधा से लेकर वीडियो, ऑडियो लेक्चर और क्विज सब लाइब्रेरी में मिलेगा

30 तक सभी डिजिटल गांवों में खुल जाएगी डिजिटल लाइब्रेरी, युवा घर बैठे कर सकेंगे प्रतियोगी परीक्षाओं की तैयारी वाई-फाई, एलईडी, कैमरे, आधुनिक फर्नीचर की सुविधा से लेकर वीडियो, ऑडियो लेक्चर और क्विज सब लाइब्रेरी में मिलेगा शहर जाने के बजाय गावों में ही मिल सकेंगी सुविधाएं, 26 जनवरी तक पुस्तकालयों के लिए खरीद लिए जाएंगे फर्नीचर उत्तर प्रदेश के ग्राम पंचायत सचिवालयों तक पहुंचेंगी देश के बड़े बड़े शहरों में मिलने वाली सुविधाएं लखनऊ  उत्तर प्रदेश के ग्रामीण क्षेत्रों के युवाओं के लिए बड़ी खुशखबरी है। मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ के विजन के तहत अब सिविल सर्विसेज और अन्य प्रतियोगी परीक्षाओं की तैयारी के लिए युवाओं को बड़े-बड़े शहरों की ओर पलायन नहीं करना पड़ेगा। योगी सरकार 30 जनवरी तक सभी जिलों में आईटी उपकरणों की खरीद पूरी कर ग्राम पंचायत सचिवालयों में अत्याधुनिक डिजिटल लाइब्रेरी स्थापित करने की तैयारी में जुटी है। यह पहल ग्रामीण प्रतिभाओं को देश के बड़े कोचिंग और अध्ययन केंद्रों जैसी सुविधाएं उनके अपने गांव में उपलब्ध कराने की दिशा में अहम कदम मानी जा रही है। 26 जनवरी तक पुस्तकालयों के लिए फर्नीचर की खरीद पूरी कर लेने  कोशिश की जा रही है, जिसके बाद डिजिटल लाइब्रेरी संचालन के लिए तैयार होंगी। लाखों डिजिटल कंटेंट के जरिए कर सकेंगे उच्च स्तरीय तैयारी पंचायतीराज निदेशक अमित कुमार सिंह ने बताया कि डिजिटल लाइब्रेरी में वाई-फाई, एलईडी स्क्रीन, सीसीटीवी कैमरे, कंप्यूटर सिस्टम के साथ-साथ किताबों और डिजिटल कंटेंट की समृद्ध व्यवस्था होगी। ई-बुक्स, वीडियो और ऑडियो लेक्चर, क्विज और लाखों डिजिटल शैक्षणिक सामग्री के जरिए ग्रामीण युवा अब अपने गांव में रहकर ही उच्च स्तरीय तैयारी कर सकेंगे। विकसित भारत की दिशा में युवाओं को बराबरी का अवसर देने वाला महत्वपूर्ण कदम हर जिले की ग्राम पंचायतों में डिजिटल लाइब्रेरी स्थापित की जा रही हैं। प्रत्येक लाइब्रेरी पर करीब 4 लाख रुपये खर्च होंगे। इसमें 2 लाख रुपये की पुस्तकें, 1.30 लाख रुपये के आईटी उपकरण और 70 हजार रुपये के आधुनिक फर्नीचर की व्यवस्था की जा रही है। योगी सरकार की यह पहल ग्रामीण भारत को डिजिटल रूप से सशक्त बनाने और विकसित भारत की दिशा में युवाओं को बराबरी का अवसर देने वाला मजबूत कदम मानी जा रही है। पंचायत स्तर पर इस तरह की जाएगी नियमित निगरानी पंचायतीराज निदेशक ने बताया कि प्रदेश के सभी जिलों की ग्राम पंचायतों में चरणबद्ध तरीके से डिजिटल लाइब्रेरी खोली जाएंगी। ग्राम प्रधान और पंचायत सचिव लाइब्रेरी का प्रबंधन करेंगे, जबकि सहायक अधिकारी इसकी नियमित निगरानी करेंगे। इस पहल से ग्रामीण क्षेत्रों में शिक्षा का स्तर मजबूत होगा और युवा रोजगार व प्रतियोगी परीक्षाओं के लिए अधिक सक्षम बनेंगे।

होम गार्ड विभाग में हवलदार क्लर्क पदों पर किसी भी स्टेट के युवा करें आवेदन

नई दिल्ली. बिहार पुलिस सब-ऑर्डिनेट सर्विसेज कमीशन (BPSSC) की ओर से पुलिस हवलदार एवं क्लर्क सीधी भर्ती के बाद होम गार्ड विभाग से क्लर्क एवं हवलदार के 64 रिक्त पदों को भरने के लिए भर्ती (Advt. No.-02/2026: From Bihar Home Guard) निकाली गई है जिसके लिए आवेदन आज यानी 5 जनवरी से स्टार्ट कर दिए गए हैं। जो भी उम्मीदवार सरकारी नौकरी की तलाश में हैं वे इसमें शामिल होने के लिए ऑनलाइन माध्यम से बीपीएसएससी की ऑफिशियल वेबसाइट bpssc.bihar.gov.in पर जाकर फॉर्म भर सकते हैं। आवेदन के लिए पात्रता इस भर्ती में शामिल होने के लिए सभी राज्य के अभ्यर्थी आवेदन के लिए पात्र हैं। अभ्यर्थी ने 1 अगस्त 2025 तक इंटरमीडिएट (12th) कक्षा उत्तीर्ण कर ली हो। न्यूनतम आयु 24 वर्ष एवं अधिकतम आयु 50 वर्ष निर्धारित है। शारीरिक मापदंड अनारक्षित व पिछड़ा वर्ग से आने वाले पुरुष अभ्यर्थियों की न्यूनतम लंबाई 165 सेमी होनी चाहिए व सीना 81 सेमी व फुलाकर 86 सेमी होना चाहिए। अत्यंत पिछड़ा वर्ग, एससी, एसटी की न्यूनतम लंबाई 160 सेमी हो व सीना 79 सेमी व फुलाकर 84 सेमी होना चाहिए। सभी वर्ग की महिला अभ्यर्थियों के लिए न्यूनतम लंबाई 155 सेमी निर्धारित है। एप्लीकेशन प्रॉसेस व फीस बिहार क्लर्क हवलदार आवेदन फॉर्म भरने के लिए सबसे पहले आधिकारिक वेबसाइट bpssc.bihar.gov.in पर विजिट करें। होम पेज पर होम गार्ड बटन पर क्लिक करें। इसके बाद Application Link-Ref.:Advt. No.-02/2026: Apply Online for the Post of Havildar Clerk (From Bihar Home Guard) in Bihar Home Guard under Home Dept. (Special), Govt. of Bihar पर क्लिक करें। पहले रजिस्ट्रेशन पर क्लिक करके पंजीकरण कर लें व फीस जमा करें। इसके बाद फिल एप्लीकेशन फॉर्म पर क्लिक करके मांगी गई जानकारी भरकर फॉर्म को पूरा कर लें। अंत में व्यू एप्लीकेशन स्टेटस पर क्लिक करके फॉर्म की स्थिति जांच लें और उसका एक प्रिंटआउट निकालकर सुरक्षित रख लें। एप्लीकेशन फॉर्म भरने के साथ सभी वर्गों के उम्मीदवारों को फीस के रूप में 100 रुपये का भुगतान करना होगा। फीस ऑनलाइन माध्यम से जमा की जा सकती है।

बस्तर के स्कूलों में अब विद्या समीक्षा केंद्र ऐप से लगेगी हाजिरी

जगदलपुर. बस्तर जिले की शासकीय शिक्षण संस्थाओं में शिक्षकों और विद्यार्थियों की उपस्थिति दर्ज करने की प्रक्रिया को अब पूरी तरह से हाईटेक किया जा रहा है। जिला शिक्षा अधिकारी ने जिले के सभी विकासखंड शिक्षा अधिकारियों और प्राचार्यों को निर्देशित किया है कि अब से शासकीय स्कूलों में उपस्थिति राज्य शासन द्वारा तैयार किए गए विद्या समीक्षा केंद्र मोबाइल ऐप के माध्यम से अनिवार्य रूप से दर्ज की जाएगी। इस कवायद का मुख्य उद्देश्य भारत सरकार के निर्देशों के अनुरूप प्रतिदिन की उपस्थिति का डेटा शिक्षा मंत्रालय के अधीन राष्ट्रीय विद्या समीक्षा केंद्र को भेजना है, जहां इसकी नियमित समीक्षा की जा सकेगी। इस नई व्यवस्था को लागू करते हुए विभाग ने एक बेहद महत्वपूर्ण तकनीकी निर्देश भी दिया है, जिसकी अनदेखी करने पर शिक्षकों की उपस्थिति मान्य नहीं होगी। आदेश में स्पष्ट किया गया है कि शिक्षकों को यह मोबाइल ऐप विद्यालय परिसर में पहुंचने के बाद ही अपने फोन में इंस्टॉल और पंजीकृत करना होगा। दरअसल, पंजीकरण के समय ऐप जीपीएस तकनीक का उपयोग कर विद्यालय की लोकेशन को सेव कर लेता है। यदि कोई शिक्षक विद्यालय से बाहर रहकर या घर से ऐप को इंस्टॉल या रजिस्टर करने का प्रयास करता है, तो सर्वर में पहले से मौजूद विद्यालय की लोकेशन और शिक्षक की वर्तमान लोकेशन आपस में मेल नहीं खाएगी। ऐसी स्थिति में लोकेशन मैच न होने के कारण शिक्षक अपनी ऑनलाइन उपस्थिति दर्ज नहीं कर पाएंगे, इसलिए सभी को विद्यालय में उपस्थित होकर ही इंस्टॉलेशन की प्रक्रिया पूरी करने की हिदायत दी गई है।

छत्तीसगढ़ के मेकाहारा हॉस्पिटल के डॉक्टरों ने ब्रश करते समय फटी गर्दन की नस में की दुर्लभ सर्जरी

रायपुर. पंडित जवाहरलाल नेहरू स्मृति चिकित्सा महाविद्यालय रायपुर से संबद्ध डॉ. भीमराव अम्बेडकर स्मृति चिकित्सालय के हार्ट, चेस्ट एवं वैस्कुलर सर्जरी विभाग ने एक बार फिर चिकित्सा जगत में ऐतिहासिक उपलब्धि दर्ज की है। गर्दन की मुख्य धमनी कैरोटिड आर्टरी के अपने आप फट जाने जैसी अत्यंत दुर्लभ और जानलेवा स्थिति में हार्ट, चेस्ट एवं वैस्कुलर सर्जरी विभाग के चिकित्सकों ने समय रहते जटिल सर्जरी कर 40 वर्षीय मरीज की जान बचा ली। यह मामला न केवल छत्तीसगढ़ में पहली बार सामने आया है, बल्कि अब तक विश्व मेडिकल जर्नल में ऐसे केवल 10 ही प्रकरण दर्ज हैं। ब्रश करते समय अचानक रप्चर (फटी) हुई गर्दन की धमनी रायपुर निवासी 40 वर्षीय मरीज जब सुबह घर पर दांत साफ कर रहा था, तभी अचानक उसके गले में तेज दर्द हुआ और देखते ही देखते पूरे गर्दन में सूजन आ गई। कुछ ही क्षणों में मरीज बेहोश हो गया। परिजन उसे तत्काल अम्बेडकर अस्पताल के आपातकालीन विभाग लेकर गए। सीटी एंजियोग्राफी जाँच से पता चला दुर्लभ केस गर्दन के नसों की सीटी एंजियोग्राफी जांच में यह चौंकाने वाला तथ्य सामने आया कि मरीज की दायीं कैरोटिड आर्टरी फट चुकी है और उसके चारों ओर गुब्बारानुमा संरचना बन गई है, जिसे कैरोटिड आर्टरी स्यूडोएन्युरिज्म (Carotid Artery Pseudoaneurysm) कहा जाता है। स्थिति की गंभीरता को देखते हुए मरीज को तत्काल हार्ट, चेस्ट एवं वैस्कुलर सर्जरी विभाग में में डॉ कृष्ण कांत साहू के पास भेजा गया। 50 से 60% सफलता दर वाली सर्जरी, हर पल था जोखिम भरा यह ऑपरेशन अत्यंत जोखिमपूर्ण था। गर्दन में खून के अत्यधिक जमाव के कारण धमनी को पहचानना बेहद कठिन था। जरा सी चूक से मरीज की जान जा सकती थी या ऑपरेशन के दौरान मस्तिष्क में खून का थक्का पहुंचने से लकवा या ब्रेन डेड होने का खतरा था। मरीज और परिजनों को सभी जोखिमों की जानकारी देकर सर्जरी की सहमति ली गई। बोवाइन पेरिकार्डियम पैच से की गई धमनी की मरम्मत लगभग कई घंटे चले इस चुनौतीपूर्ण ऑपरेशन में बोवाइन पेरिकार्डियम पैच की सहायता से फटी हुई कैरोटिड आर्टरी को अत्यंत सावधानीपूर्वक रिपेयर किया गया। सर्जरी पूरी तरह सफल रही और राहत की बात यह रही कि मरीज को किसी भी प्रकार का लकवा नहीं हुआ। वर्तमान में मरीज पूरी तरह स्वस्थ है। स्वतः कैरोटिड आर्टरी का फटना अत्यंत दुर्लभ सामान्यतः कैरोटिड आर्टरी के फटने की घटनाएं एथेरोस्क्लेरोसिस, ट्रॉमा, कनेक्टिव टिश्यू डिसऑर्डर,संक्रमण या ट्यूमर से ग्रस्त मरीजों में देखी जाती हैं, लेकिन यह मरीज पूरी तरह स्वस्थ था। अपने आप कैरोटिड आर्टरी का फटना (Spontaneous Carotid Artery Rupture) चिकित्सा जगत में अत्यंत दुर्लभ माना जाता है। क्या होती है कैरोटिड आर्टरी कैरोटिड आर्टरी गर्दन के दोनों ओर स्थित प्रमुख धमनी होती है, जो हृदय से मस्तिष्क तक रक्त का प्रवाह सुनिश्चित करती है। इसके क्षतिग्रस्त होने पर मरीज की जान को तत्काल खतरा होता है। स्वास्थ्य मंत्री श्री श्याम बिहारी जायसवाल ने इस दुर्लभ मामले की सफल सर्जरी एवं अभूतपूर्व सफलता पर चिकित्सा महाविद्यालय के डीन डॉ. विवेक चौधरी, मेडिकल सुपरिटेंडेंट डॉ. संतोष सोनकर सहित हार्ट, चेस्ट एवं वैस्कुलर सर्जरी टीम को बधाई देते हुए इसे संस्थान के लिए गौरवपूर्ण उपलब्धि बताया है।

Bihar STET Result 2025 Update: खत्म हुआ इंतजार, आज आएगा रिजल्ट; ऐसे करें ऑनलाइन चेक

पटना  बिहार में शिक्षक बनने की राह देख रहे हजारों युवाओं के लिए बड़ी खबर है। बिहार विद्यालय परीक्षा समिति (BSEB) की ओर से आज माध्यमिक शिक्षक पात्रता परीक्षा (STET) 2025 का रिजल्ट जारी किया जा सकता है। परीक्षा में शामिल अभ्यर्थी परिणाम जारी होने के बाद, बिहार STET की आधिकारिक वेबसाइट bsebstet.org पर जाकर अपना स्कोर चेक कर सकेंगे। बोर्ड ने स्पष्ट किया है कि परिणाम केवल ऑनलाइन मोड में ही उपलब्ध होंगे। अभ्यर्थियों को अपना रिजल्ट देखने के लिए अपने लॉगिन क्रेडेंशियल, जैसे कि एप्लीकेशन नंबर और जन्म तिथि की आवश्यकता होगी। पासिंग मार्क्स और सर्टिफिकेट की वैधता बिहार STET परीक्षा में उत्तीर्ण होने के लिए अलग-अलग श्रेणियों के लिए न्यूनतम पासिंग मार्क्स निर्धारित किए गए हैं। सामान्य श्रेणी के उम्मीदवारों के लिए 50 प्रतिशत अंक लाना अनिवार्य है, जबकि पिछड़ा वर्ग और अन्य आरक्षित श्रेणियों के लिए इसमें कुछ छूट दी गई है। जो अभ्यर्थी इस परीक्षा को पास करेंगे, उन्हें बोर्ड की ओर से पात्रता प्रमाण पत्र जारी किया जाएगा। यह सर्टिफिकेट बिहार के सरकारी स्कूलों में माध्यमिक (कक्षा 9-10) और उच्च माध्यमिक (कक्षा 11-12) स्तर पर शिक्षक भर्ती के लिए आवेदन करने के लिए अनिवार्य होगा। फाइनल आंसर-की का महत्व बोर्ड ने प्रोविजनल आंसर की पर प्राप्त आपत्तियों की समीक्षा की है। एक्सपर्ट की टीम द्वारा इन आपत्तियों की जांच के बाद ही फाइनल रिजल्ट तैयार किया गया है। फाइनल आंसर की के आधार पर ही अंकों की गणना की गई है, जिससे चयन प्रक्रिया में पूरी पारदर्शिता बनी रहे। रिजल्ट चेक करने के आसान स्टेप्स: 1. सबसे पहले अभ्यर्थियों को आधिकारिक वेबसाइट bsebstet.org पर जाना होगा। 2. होमपेज पर उन्हें 'Bihar STET Result 2025' का लिंक दिखाई देगा। उस पर क्लिक करने के बाद एक नया पेज खुलेगा जहां अपनी डिटेल्स दर्ज करनी होगी। 3. जानकारी सबमिट करते ही आपका स्कोरकार्ड स्क्रीन पर प्रदर्शित हो जाएगा। 4. उम्मीदवार इसे भविष्य के लिए डाउनलोड कर सकते हैं और इसका प्रिंटआउट भी ले सकते हैं। अभ्यर्थियों को सलाह दी जाती है कि वे किसी भी प्रकार की अफवाहों से बचें और अपडेट के लिए नियमित रूप से बोर्ड की आधिकारिक वेबसाइट चेक करते रहें।