samacharsecretary.com

H1B विवाद पर सफाई: ट्रंप के बयान की गलत व्याख्या हुई, व्हाइट हाउस ने विदेशी टैलेंट के समर्थन की पुष्टि की

वाशिंगटन 
व्हाइट हाउस की प्रेस सचिव कैरोलिन लेविट ने कहा है कि अमेरिका के राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप की H1B  वीजा के मुद्दे पर ‘‘बहुत गहरी और व्यावहारिक राय'' है और वह अमेरिकी कर्मचारियों के स्थान पर अन्य देशों के कर्मियों को रोजगार दिए जाने का समर्थन नहीं करते हैं। अमेरिकी कर्मचारियों के स्थान पर H1B  वीज़ा धारकों को रोजगार दिए जाने और इस पर ट्रंप के रुख के बारे में पूछे जाने पर लेविट ने कहा कि इस मुद्दे पर राष्ट्रपति के रुख को गलत तरीके से प्रस्तुत किया गया है।

एच-1बी वीजा के मुद्दे पर लेविट ने कहा कि ट्रंप ‘‘इस मुद्दे पर बहुत व्यावहारिक राय रखते हैं। वह देखना चाहते हैं कि क्या विदेशी कंपनियां अमेरिका में खरबों डॉलर का निवेश कर रही हैं और क्या वे बैटरी जैसी वस्तुएं बनाने के लिए विदेशी कर्मचारियों को अपने साथ ला रही हैं। वह यह देखना चाहते हैं कि शुरुआत में ही उन विनिर्माण सुविधाओं और कारखानों को चालू किया जा सके।" उन्होंने कहा कि ट्रंप हमेशा से ही अमेरिकी कर्मचारियों को ही इन नौकरियों में देखना चाहते हैं, और उन्होंने देश में निवेश करने वाली विदेशी कंपनियों से कहा है कि ‘‘अगर उन्हें अमेरिका में कारोबार करना है तो बेहतर होगा कि वे मेरे लोगों को नौकरी पर रखें। राष्ट्रपति के रुख को लेकर काफी गलतफहमी रही है।''
 
लेविट ने कहा कि राष्ट्रपति अमेरिकी विनिर्माण उद्योग को पहले से कहीं बेहतर देखना चाहते हैं। लेविट ने कहा, ‘‘शुल्क के प्रभावी इस्तेमाल और दुनिया भर में अच्छे व्यापार समझौतों को कम करने के ज़रिए वह यह काम कर रहे हैं। इसीलिए उन्होंने हमारे देश में खरबों डॉलर का निवेश आकर्षित किया है। इससे यहां पर अच्छी तनख्वाह वाली अमेरिकी नौकरियां पैदा हो रही हैं।'' ट्रंप ने एच-1बी वीजा कार्यक्रम का बचाव करते हुए कहा था कि अमेरिका को दुनिया भर से प्रतिभाओं को लाना होगा, क्योंकि देश में "कुछ खास प्रतिभाएं" नहीं हैं।

ट्रंप के एमएजीए (मेक अमेरिका ग्रेट अगेन) समर्थकों द्वारा एच-1बी वीजा पर की गई तीखी प्रतिक्रिया के बीच राष्ट्रपति स्पष्ट कर चुके हैं कि वह देश में कुशल पेशेवर प्रवासियों का ‘स्वागत' करेंगे, जो अमेरिकी पेशेवरों को ‘चिप' और ‘मिसाइल' जैसे जटिल उत्पादों को विकसित करना "सिखाएंगे"। ट्रंप ने स्वीकार किया था कि उन्हें अपने समर्थकों से इस पर ‘‘थोड़ी नाराजगी'' झेलनी पड़ सकती है, जो आव्रजन पर प्रतिबंधों का समर्थन करते हैं।  

 

Leave a Comment

हम भारत के लोग
"हम भारत के लोग" यह वाक्यांश भारत के संविधान की प्रस्तावना का पहला वाक्य है, जो यह दर्शाता है कि संविधान भारत के लोगों द्वारा बनाया गया है और उनकी शक्ति का स्रोत है. यह वाक्यांश भारत की संप्रभुता, लोकतंत्र और लोगों की भूमिका को उजागर करता है.
Click Here
जिम्मेदार कौन
Lorem ipsum dolor sit amet consectetur adipiscing elit dolor
Click Here
Slide 3 Heading
Lorem ipsum dolor sit amet consectetur adipiscing elit dolor
Click Here