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इतिहास में पहली बार! 129 साल बाद टेस्ट क्रिकेट में जिम्बाब्वे के नाम हुआ यह कलंक

 नई दिल्ली 
जिम्बाब्वे के नाम टेस्ट क्रिकेट के इतिहास का सबसे शर्मनाक रिकॉर्ड जुड़ गया है। यह रिकॉर्ड इतना दुर्लभ है कि टेस्ट क्रिकेट के इतिहास में 129 साल बाद ऐसा देखने को मिला है। जिम्बाब्वे ने हाल ही में न्यूजीलैंड के खिलाफ टेस्ट सीरीज खेली। इस सीरीज में मेजबानों को बुरी तरह हार का सामना करना पड़ा। जिम्बाब्वे यह टेस्ट सीरीज 0-2 के अंतर से हारा। पहले मैच में उन्हें 9 विकेट तो दूसरे मैच में पारी और 359 रनों से हार का सामना करना पड़ा। अब आप सोच रहे होंगे इसमें क्या रिकॉर्ड है, न्यूजीलैंड जैसी तगड़ी टीम का सामना जिम्बाब्वे जैसी छोटी टीम के साथ हो तो ऐसे रिजल्ट तो अपेक्षित है। मगर यहां एक ट्विस्ट है।

जिम्बाब्वे की टीम न्यूजीलैंड के खिलाफ चारों पारियों में क्रमश: 149, 165, 125 और 117 के स्कोर पर आउट हो गई। ये स्कोर देखकर ही समझ आ रहा है कि जिम्बाब्वे की टीम के किसी भी बल्लेबाज ने शतक तोड़ा नहीं होगा, हैरान करने वाली बात यह है कि इस सीरीज के दौरान कोई बल्लेबाज 50 रन का आंकड़ा भी नहीं छू पाया।

जी हां, पहले टेस्ट में सीन विलियम्स ने 49 रनों की पारी खेली जो इस सीरीज में जिम्बाब्वे के किसी भी बल्लेबाज द्वारा खेली गई सबसे बड़ी पारी थी। ANI के अनुसार टेस्ट क्रिकेट के इतिहास में यह सिर्फ 6ठा मौका है जब कम से कम दो मैच की टेस्ट सीरीज में किसी टीम का कोई भी बल्लेबाज 50 रन का आंकड़ा ना छू पाया हो। आखिरी बार ऐसा 1895-96 सीजन में हुआ था, जब साउथ अफ्रीका के बार्बरटन हॉलिवेल 41 के स्कोर के साथ इंग्लैंड के खिलाफ तीन मैचों की घरेलू सीरीज में सबसे बड़ी पारी खेलने वाले बल्लेबाज थे।

कैसा रहा जिम्बाब्वे वर्सेस न्यूजीलैंड दूसरा टेस्ट
टॉस जीतकर पहले बैटिंग करने उतरी जिम्बाब्वे की टीम पहली पारी में 125 के स्कोर पर सिमट गई। जिसके बाद न्यूजीलैंड ने डेवोन कॉनवे, रचिन रवींद्र और हेनरी निकलोस के शतकों के दम पर 3 विकेट के नुकसान पर 601 रन पर अपनी पारी घोषित कर दी। इसके बाद जिम्बाब्वे के बल्लेबाजों ने दूसरी पारी में भी निराश किया और टीम 117 के स्कोर पर ढेर हो गई। न्यूजीलैंड ने यह मैच पारी और 359 रनों के बड़े अंतर से अपने नाम किया।

 

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