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गौरव गौतम को कानूनी झटका, कोर्ट ने 7-11 आवेदन नकारा

पलवल 
पंजाब एवं हरियाणा हाई कोर्ट ने खेल राज्यमंत्री गौरव गौतम को झटका देते हुए उनकी 7-11 की अपील को डिसमिस करते हुए पूर्व मंत्री करण दलाल के पक्ष में फैंसला सुनाया है। पलवल विधानसभा चुनाव को लेकर कांग्रेस पार्टी के उम्मीवार रहे पूर्व मंत्री करण दलाल की रिट-पिटीशन के विरोध में भाजपा उम्मीदवार रहे हरियाणा के राज्यमंत्री गौरव गौतम द्वारा दायर की गई सीपीसी के रूल 7 नियम 11 की अपील को खारिज किया गया है।

शुक्रवार को माननीय अदालत ने राज्यमंत्री गौरव गौतम की 7-11 की अपील को डिसमिस करते हुए इश्यू फ्रेम के लिए बृहस्पतिवार, 4 दिसंबर 2025 की तारीख भी लगाई है। अदालत ने करण दलाल की रिट पिटीशन के विरोध में गौरव गौतम द्वारा दायर रूल 7 नियम 11 की बहस सुनने के बाद 12 नवंबर को ऑर्डर रिजर्व रखा था, जिसपर आज शुक्रवार को फैंसला सुनाया गया। खेल राज्यमंत्री गौरव गौतम की अर्जी को अस्वीकार करने के बाद अब पूर्व मंत्री करण सिंह दलाल की याचिका पर हाई कोर्ट में केस चलेगा। पिछले लगभग एक साल में कई महिनों से चली बहस में दोनों पक्षों को सुनने के बाद आज मानीय अदालत ने केस चलाने का निर्देश दिया। गौरतलब है कि चुनाव हारने के बाद पूर्व मंत्री करण सिंह दलाल ने हाई कोर्ट में याचिका दायर कर कहा था कि आचार संहिता का उल्लंघन करते हुए धर्म के नाम पर भाजपा प्रत्याशी गौरव गौतम ने वोट मांगे।

कोर्ट में दलाल पक्ष ने सबूत भी पेश किए थे। हालांकि भाजपा प्रत्याशी गौरव गौतम ने तमाम आरोपों को निराधार बताया था। बहरहाल हाई कोर्ट द्वारा आए आदेश के बाद मामला रोचक बन गया है। पूरे क्षेत्र में चर्चा फिर से होने लगी है। संभवतय यह देश का इस तरह को पहला केस बताया जा रहा है। यहां यह भी बता दें कि अक्टूबर 2024 में हुए हरियाणा विधानसभा चुनाव में पलवल से बीजेपी के उम्मीदवार गौरव गौतम चुनाव जीते थे, जो कि आजकल हरियाणा सरकार में खेल राज्यमंत्री हैं। विधानसभा चुनाव हारने वाले कांग्रेस के उम्मीदवार रहे हरियाणा के पूर्व कैबिनेट मंत्री करण सिंह दलाल ने भाजपा उम्मीदवार गौरव गौतम के चुनाव को हाई कोर्ट में चुनौती दी थी।

करण सिंह दलाल ने अदालत में दायर परिवाद में गौरव गौतम के चुनाव को इलेक्शन की करप्ट प्रेक्टिस बताते हुए कहा था कि चुनाव के दौरान धर्म के नाम पर वोट मांगी गई जो कि आदर्श आचार चुनाव संहिता का पूरा उल्लंघन है। यह पिटीशन हाई कोर्ट में पिछले कई महिनों से सुनवाई पर थी। खेल राज्यमंत्री गौरव गौतम के वकील ने इस पिटीशन को खारिज करने के लिए अदालत में सीपीसी के नियम 7 रूल 11 के तहत याचिका को खारिज करने की मांग की थी, जिस पर 12 नवंबर को बहस पूरी हो गई तथा न्यायाधीश ने आर्डर रिजर्व रख लिया था। जिसे आज शुक्रवार को अपना फैंसला सुनाया।

पूर्व मंत्री करण दलाल ने माननीय अदालत के निर्णय का स्वागत करते हुए कहा कि अदालत में यह मेरी जीत नहीं बल्कि पलवल विधानसभा क्षेत्र सहित समूचे हरियाणा की जनता की जीत है। उन्होंने कहा कि माननीय अदालत ने 4 दिसंबर 2025 को इश्यू फ्रेम की तारीख लगाई है, जिसके बाद आने वाले समय में जल्द ही केस पूरा होगा और उम्मीद है कि अब जल्द ही इस केस में उनकी जीत होगी और देश में धर्म के नाम पर वोट मांगकर जनता को गुमराह करने वालों को सबक मिलेगा।

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