samacharsecretary.com

कोकिला बेन की तबीयत अचानक बिगड़ी, मुंबई अस्पताल में भर्ती

मुंबई

 भारत के दिग्गज उद्योगपति मुकेश अंबानी की मां कोकिला बेन की तबीयत बिगड़ गई है। मुकेश और अनिल अंबानी की मां कोकिलाबेन अंबानी को एयरलिफ्ट करके मुंबई के HN रिलायंस हॉस्पिटल में एडमिट कराया गया है। उनकी सेहत को लेकर अभी पूरी जानकारी नहीं मिल पाई है। हालांकि, बढ़ती उम्र के चलते स्थिति गंभीर होने की आशंकाएं जताई जा रही हैं। अभी तक, अंबानी परिवार की तरफ से उनकी सेहत को लेकर कोई आधिकारिक बयान जारी नहीं किया गया है।

सोशल मीडिया पर इस दौरान कई तस्वीरें और वीडियो वायरल हो रहे हैं, जिनमें अंबानी परिवार के सदस्यों को दक्षिण मुंबई में स्थित रिलायंस हॉस्पिटल पहुंचते हुए नजर आ रहे हैं। इसी के साथ उनकी सेहत को लेकर चिंताएं और बढ़ गई हैं। ताया जा रहा है कि वह इस वक्त डॉक्टरों की कड़ी निगरानी में हैं।

गुजरात के जामनगर में हुआ था जन्म
24 फरवरी, 1934 को गुजरात के जामनगर में पैदा हुईं कोकिलाबेन अंबानी को अंबानी परिवार की कुलमाता माना जाता है। उन्हें न केवल रिलायंस इंडस्ट्रीज के फाउंडर दिवंगत धीरूभाई अंबानी की पत्नी के रूप में, बल्कि तेजी से बदलते इस दौर में परिवार का मार्गदर्शन और समर्थन करने में उनकी भूमिका के लिए भी सम्मान दिया जाता है। परिवार को एकजुट रखने में भी उनकी भूमिका है।

मुश्किल घड़ी में भी परिवार को संभाला
साल 2002 में धीरूभाई अंबानी के निधन के बाद उनके दोनों बेटों मुकेश अंबानी और अनिल अंबानी के रास्ते अलग हो गए। बिना वसीयत छोड़े धीरूभाई अंबानी दुनिया से चल बसे, तो दोनों भाइयों के रिश्ते में खटास आ गई। जबकि कभी ये दोनों एक-दूसरे जान छिड़कते थे। उस दौरान भी कोकिलाबेन ने स्थिति को संभाला और समाधान निकालते हुए कारोबार का बंटवारा किया। फिर बाद में चलकर दोनों भाइयों के रिश्ते फिर पटरी पर आने लगे।

बंटवारे में मुकेश अंबानी के हिस्‍से में पेट्रोकेमिकल्‍स सहित तेल और गैस, रिफाइनिंग और टेक्‍सटाइल्‍स आए। वहीं अनिल अंबानी को फाइनेंशियल सर्विसेज, पावर, एंटरटेनमेंट और टेलीकॉम का कारोबार संभालने के लिए दिया गया।

समाज सेवा से जुड़ी कोकिलाबेन
कोकिलाबेन बड़े पैमाने पर समाज सेवा के कार्यों से भी जुड़ी हुई हैं। मुंबई स्थित कोकिलाबेन धीरूभाई अंबानी अस्पताल का नाम उनके सम्मान में उनके नाम पर रखा गया है, जो एक मल्टी-स्पेशलिटी हॉस्पिटल है। यह सामाजिक कल्याण के प्रति उनकी जिम्मेदारी और प्रतिबद्धता का ही एक सबूत है।

Leave a Comment

हम भारत के लोग
"हम भारत के लोग" यह वाक्यांश भारत के संविधान की प्रस्तावना का पहला वाक्य है, जो यह दर्शाता है कि संविधान भारत के लोगों द्वारा बनाया गया है और उनकी शक्ति का स्रोत है. यह वाक्यांश भारत की संप्रभुता, लोकतंत्र और लोगों की भूमिका को उजागर करता है.
Click Here
जिम्मेदार कौन
Lorem ipsum dolor sit amet consectetur adipiscing elit dolor
Click Here
Slide 3 Heading
Lorem ipsum dolor sit amet consectetur adipiscing elit dolor
Click Here