samacharsecretary.com

Nvidia CEO खुलासाः क्यों AI चिप बनाने में खर्च होते हैं अरबों रुपये

नई दिल्ली

जितनी तेजी से AI हम सभी की रोजमर्रा की जिंदगी का हिस्सा बनता जा रहा है, उतनी ही तेजी से इनके पीछे लगी कंपनियों की लागत आसमान छू रही है। अगर आपको इस बारे में कोई अंदाजा नहीं कि AI चिप बनाने में क्या खर्च आता है, तो बता दें कि यह सारा खेल अरबों-खरबों रुपये का है। इस बारे में खुद AI चिप बनाने वाली दुनिया की सबसे बड़ी कंपनी NVIDIA के सीईओ जेनसेन हुआंग बता चुके हैं। उनके अनुसार, एक नई AI-चिप आर्किटेक्चर को डिजाइन और बनाने की शुरुआत में ही 5.5 अरब डॉलर से ज्यादा खर्च हो जाते हैं। यह मोटी रकम चिप की पहली यूनिट के फैक्ट्री से बाहर आने से पहले ही खर्च हो जाती है। चलिए चिप बनाने के पूरे प्रोसेस और उस पर आने वाली लागत के बारे में जेनसेन हुआंग के जरिए समझते हैं।

इतनी बड़ी राशि की जरूरत क्यों?
किसी नई जेनरेशन की AI चिप बनाने के लिए उस चिप का डिजाइन, इंजीनियरिंग, आर्किटेक्चर डेवलपमेंट, सिमुलेशन, टूल चेन, आदि सब कुछ पूरी तरह तैयार करना पड़ता है। हुआंग के मुताबिक (ref.), इन डिजाइन और इंजीनियरिंग के खर्चों पर बी 5 से 6 बिलियन डॉलर खर्च हो जाते हैं। इसके अलावा चिप का डिजाइन तैयार हो जाने के बाद उसे फैब्रिकेट कराने के लिए एक मास्क सेट बनाना पड़ता है। इस पर आमतौर पर 500 मिलियन डॉलर का खर्च आ जाता है। कहने का मतलब है कि इससे पहले एक भी चिप बन पाए लगभग 5.5 बिलियन डॉलर यानी कि 4,914 करोड़ का खर्च उठाना पड़ता है।

प्रति चिप आता है कितना खर्च
चिप बनाने के लिए शुरू में होने वाला खर्च बहुत ज्यादा लग सकता है लेकिन यह लागत प्रित चिप पर आने वाले खर्च से काफी अलग है। इसे समझने के लिए आप AI-चिप Blackwell B200 की कीमत देख सकते हैं। यह प्रति चिप 30,000 से 40,000 यूएस डॉलर के आसपास बैठती है। देखा जाए तो यह कीमत इस चिप के पिछले जेनरेशन H100 की कीमत के आस-पास ही है। कहने का मतलब है कि एक चिप की कीमत में भारी-भरकम R&D या शुरुआती खर्च को शामिल नहीं किया जाता। यह सिर्फ उस एक चिप की मैन्युफैक्चरिंग, पैकेजिंग और वितरण खर्च और प्रॉफिट मार्जिन को बताता है।

इतने महंगे चिप बनाना क्यों है जरूरी?
आपके मन में सवाल उठ सकता है कि इतने महंगे AI चिप बनाना क्यों जरूरी है। दरअसल साधारण सीपीयू या जीपीयू के मुकाबले हाई एंड AI चिप्स जैसे कि Blackwell B200 काफी शक्तिशाली होते हैं। इनकी कंप्यूटेशनल कैपेसिटी, मेमोरी और एफिशिएंसी इतनी ज्यादा होती है कि यह सैंकड़ों नॉर्मल प्रोसेसर और जीपीयू की जगह काम कर सकते हैं। इससे उर्जा, समय और ऑपरेशन कॉस्ट में काफी बचत हो सकती है।

Leave a Comment

हम भारत के लोग
"हम भारत के लोग" यह वाक्यांश भारत के संविधान की प्रस्तावना का पहला वाक्य है, जो यह दर्शाता है कि संविधान भारत के लोगों द्वारा बनाया गया है और उनकी शक्ति का स्रोत है. यह वाक्यांश भारत की संप्रभुता, लोकतंत्र और लोगों की भूमिका को उजागर करता है.
Click Here
जिम्मेदार कौन
Lorem ipsum dolor sit amet consectetur adipiscing elit dolor
Click Here
Slide 3 Heading
Lorem ipsum dolor sit amet consectetur adipiscing elit dolor
Click Here