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खेल बना काल! अशोकनगर में कुएं में समाए चार मासूम, एक ही परिवार के बच्चों की दर्दनाक मौत

अशोकनगर

चंदेरी-थाना चंदेरी अंतर्गत ग्राम विक्रमपुर में सोमवार को एक हृदयविदारक हादसे में एक ही परिवार के चार सगे भाइयों की कुएं में डूबने से मौत हो गई। मृतकों में देव (9 वर्ष), त्रिदेव (7 वर्ष), महादेव (6 वर्ष) और प्रयांश (4 वर्ष) शामिल हैं। चारों बच्चे बलवीर कुशवाहा के पुत्र बताए गए हैं।
4 मासूम सगे भाइयों की मौत

जानकारी के अनुसार चारों बच्चे सोमवार सुबह करीब 10 बजे खेलने के लिए घर से निकले थे। परिवार की आर्थिक स्थिति ठीक नहीं होने के कारण पिता मजदूरी करने के लिए सुबह ही काम पर चले गए थे। वहीं बच्चों की मां पिछले करीब तीन महीने से अपने मायके में रह रही है। ऐसे में घर पर बच्चों की देखरेख की स्थिति भी घटना के बाद चर्चा का विषय बनी हुई है।

दोपहर करीब 1:30 बजे चारों बच्चों के शव खेत पर बने कच्चे कुएं में तैरते हुए मिले। सूचना मिलते ही ग्रामीणों की मदद से शवों को बाहर निकाला गया और पोस्टमार्टम के लिए सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र चंदेरी भेजा गया।

शवों पर मिले रक्त के निशान, पोस्टमार्टम से खुलेगा राज

घटना के बाद बच्चों के शवों से रक्त निकलने की बात सामने आई है। प्रारंभिक तौर पर जलीय जीवों, जैसे मछली अथवा केंकड़ों द्वारा शवों को नुकसान पहुंचाए जाने की आशंका व्यक्त की जा रही है। हालांकि बच्चों की मौत के वास्तविक कारण और शरीर पर मौजूद चोट अथवा अन्य निशानों की स्थिति पोस्टमार्टम रिपोर्ट आने के बाद ही स्पष्ट हो सकेगी।
पुलिस जांच में इन बिंदुओं पर भी रहेगा फोकस

चारों बच्चों की एक साथ कुएं में डूबने की घटना को लेकर पुलिस द्वारा घटना की परिस्थितियों की जांच की जा रही है। इसमें यह पता लगाया जाना महत्वपूर्ण होगा कि बच्चे कुएं तक कैसे पहुंचे, कुएं में गिरने की वास्तविक परिस्थितियां क्या थीं तथा क्या चारों एक साथ कुएं में गिरे या किसी बच्चे को बचाने के प्रयास में अन्य बच्चे भी हादसे का शिकार हुए।

इसके अलावा कुएं की गहराई, सुरक्षा व्यवस्था, मुंडेर अथवा जाली की स्थिति, घटनास्थल का निरीक्षण, शवों पर मिले निशान तथा आसपास मौजूद लोगों के बयान भी जांच का महत्वपूर्ण हिस्सा होंगे। पोस्टमार्टम रिपोर्ट के आधार पर भी पुलिस आगे की कार्रवाई करेगी।

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तहसीलदार ने राहत राशि का दिया भरोसा

घटना की जानकारी मिलने के बाद प्रशासन ने भी मामले को गंभीरता से लिया है। दिलीप दरोगा तहसीलदार चंदेरी द्वारा आरबीसी 6(4) के तहत नियमानुसार राहत राशि प्रदान किए जाने की बात कही गई है। चार बच्चों की मौत के बाद परिवार के सामने आर्थिक और भावनात्मक संकट खड़ा हो गया है। प्रशासन से पीड़ित परिवार को शीघ्र राहत उपलब्ध कराने की उम्मीद है।

चार मासूम भाइयों की एक साथ मौत की खबर से विक्रमपुर गांव में शोक की लहर है। परिवार की स्थिति को देखते हुए ग्रामीणों ने प्रशासन से तत्काल आर्थिक सहायता और हरसंभव मदद उपलब्ध कराने की मांग की है।

 

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