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विदेश में भी ‘सेवा ही संकल्प’: श्रीलंका में भारतीय सेना ने किया सैकड़ों का मुफ्त इलाज

नई दिल्ली
चक्रवात दित्वाह के बाद भारतीय सेना श्रीलंका में मानवीय सहायता मुहैया करा रही है। भारतीय सेना का फील्ड हॉस्पिटल यहां अब तक 1,250 से अधिक प्रभावित नागरिकों का उपचार कर चुका है। इनमें सेना के डॉक्टर्स द्वारा की गई पांच बड़ी आपातकालीन सर्जरी भी शामिल हैं। गौरतलब है कि श्रीलंका भयंकर चक्रवात ‘दित्वाह’ से प्रभावित हुआ है। चक्रवात से श्रीलंका में जान माल की हानि हुई है। कई सड़क मार्ग नष्ट हुए थे। कई स्थानों पर लोगों के घर बाढ़ और बरसात के पानी में डूब गए थे। बच्चें, बुजुर्ग, महिलाएं, युवा, बाढ़ के पानी से जूझ रहे थे। इस सब के कारण सैकड़ों लोगों को चिकित्सा सहायता की आवश्यकता थी। कई लोग बुरी तरह जख्मी भी हुए हैं जिनकी सर्जरी की जा रही है। ऐसी स्थिति में भारतीय सेना अपने फील्ड हॉस्पिटल की मदद से यहां लोगों की सहायता कर रही है। 2 दिसंबर को भारतीय सेना की 73 सदस्यीय चिकित्सा टीम श्रीलंका पहुंची थी। इसके बाद 5 दिसंबर से महियंगनाया में एक पूरी तरह कार्यात्मक फील्ड हॉस्पिटल स्थापित कर दिया गया। अब इस अस्पताल में डॉक्टरों, नर्सों और त्वरित प्रतिक्रिया दलों की टीमें तैनात हैं। इनकी सहायता से यहां ओपीडी सेवाएं, आपातकालीन चिकित्सा, छोटी सर्जरी, चोटों, संक्रमणों और आपदा से उत्पन्न स्वास्थ्य समस्याओं का उपचार किया जा रहा है।
सेना के मुताबिक इस अस्पताल को वायुसेना के सी-17 एमसीसी विमान द्वारा 78 सदस्यीय मेडिकल टीम के साथ श्रीलंका एयरलिफ्ट किया गया है। सेना के अनुसार राहत अभियानों को गति देने और प्रभावित क्षेत्रों में संपर्क बहाल करने के लिए भारत ने श्रीलंका को तीन बेइली ब्रिज भी उपलब्ध कराए हैं। श्रीलंकाई प्रशासन के समन्वय से इन पुलों के निर्माण के लिए उपयुक्त स्थलों की पहचान कर ली गई है, जिससे आपदा प्रभावित क्षेत्रों में महत्वपूर्ण सड़क संपर्क पुनर्स्थापित करने में तेजी आएगी।
इस बीच श्रीलंका सेना के कमांडर लेफ्टिनेंट जनरल लसन्था रोड्रिगो ने महियंगनाया में स्थापित भारतीय फील्ड हॉस्पिटल का दौरा किया। उन्होंने यहां भारतीय चिकित्सा दल के साथ बातचीत भी की। उन्होंने भारत सरकार और भारतीय सेना के त्वरित सहायता प्रयासों की सराहना करते हुए कहा कि भारत की तीव्र एवं समयबद्ध मदद ने हजारों लोगों तक महत्वपूर्ण चिकित्सीय सहायता पहुंचाई है। हम भारत के इस सहयोग के लिए आभारी हैं।
चक्रवात दित्वाह के बाद श्रीलंका में जारी राहत कार्यों में भारतीय सेना का योगदान दोनों देशों के बीच ऐतिहासिक मित्रता, मानवीय सहयोग और क्षेत्रीय साझेदारी को और सुदृढ़ कर रहा है। भारतीय सेना के मुताबिक उनका यह फील्ड हॉस्पिटल आने वाले दिनों में भी प्रभावित समुदायों को आवश्यक चिकित्सा सहायता प्रदान करता रहेगा। दरअसल श्रीलंका में आपदा पीड़ितों की सहायता के लिए भारतीय सेना के विशेष दल श्रीलंका पहुंचे हैं।
भारतीय थलसेना द्वारा भेजा गया यह विशेष दल मुख्यत चिकित्सा, इंजीनियरिंग और सिग्नल्स से संबंधित विशेषज्ञ इकाइयों से मिलकर बना है। इनका उद्देश्य श्रीलंका के आपदा से प्रभावित क्षेत्रों में तत्काल राहत और पुनर्वास कार्यों को तेजी से आगे बढ़ाना है। भारतीय सेना यहां पीड़ितों को जीवन रक्षक चिकित्सा सहायता प्रदान कर रही है। भारतीय सेना का चिकित्सा दल यहां जीवन रक्षक सहायता मुहैया करा रहा है। इसमें भारतीय सेना की मेडिकल यूनिट शामिल हैं। इस ग्रुप में जख्मी व्यक्तियों के लिए एडवांस्ड ड्रेसिंग स्टेशन व मोबाइल सर्जिकल टीमें बनाई गई हैं।
सेना के मुताबिक इनके पास पूर्ण सुसज्जित ऑपरेशन थिएटर है, जो बड़े और छोटे दोनों तरह के ऑपरेशन व चिकित्सा करने में सक्षम हैं। इसके साथ ही चिकित्सा दल के पास एक ऐसी सुविधा भी है जिसमें एक समय में 20 से 30 मरीजों को भर्ती कर उपचार दिया जा सकता है। 

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