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नया हवाई कनेक्शन: इंदौर-रीवा फ्लाइट आज से शुरू, पहले दिन मंत्री कैलाश विजयवर्गीय हुए सवार

इंदौर/रीवा    रीवा से अब इंदौर का सफर तय करने के लिए 15 घंटे नहीं, बल्कि 2 घंटे ही लगेंगे. क्योंकि, इंदौर से रीवा के बीच सीधी फ्लाइट सेवा शुरू हो चुकी है. सोमवार को पहली फ्लाइट उड़ी. ऐसे में विंध्य क्षेत्र के लोगों के लिए यह बड़ी सौगात मानी जा रही है. इंडिगो एयरलाइंस की फ्लाइट इंदौर से रीवा के बीच उड़ेगी, जहां पहले ही दिन फ्लाइट पूरी तरह फुल थी. माना जा रहा कि यह फ्लाइट सफल रहेगी, क्योंकि रीवा से इंदौर के बीच बड़ी संख्या में लोग आते-जाते हैं. इंदौर से रीवा के बीच सीधी फ्लाइट का किराया 4700 रुपये रखा गया है. यह विमान 70 सीटर है, जिसके लिए बुकिंग लगातार चल रही है. क्योंकि रीवा से सतना, सीधी, सिंगरौली के साथ-साथ मैहर जाना भी आसान होगा. यहां के लोग भी रीवा से आसानी से आ जा सकते हैं. रीवा से इंदौर के बीच लंबे समय से सीधी उड़ान की मांग चल रही थी, जिसे अब पूरा कर दिया गया है. अब तक प्रदेश में इंदौर से जबलपुर के बीच ही सीधी फ्लाइट चलती थी, लेकिन अब रीवा ऐसा दूसरा जिला बन गया है, जिसके लिए इंदौर से सीधी प्लाइट सेवा शुरू हो गई है. विंध्य के विकास की नई उड़ान रीवा एयरपोर्ट पर आयोजित कार्यक्रम में कैलाश विजयवर्गीय ने इस उपलब्धि को विंध्य क्षेत्र के व्यापार, शिक्षा और विकास की एक बड़ी छलांग बताया। उन्होंने कहा कि यह केवल एक विमान का आगमन नहीं है, बल्कि यह रीवा के लिए "लक्ष्मी" लेकर आया है। इंदौर, जो मध्य प्रदेश की आर्थिक राजधानी है, अब सीधे रीवा से जुड़ गया है, जिससे पूरे विंध्य क्षेत्र की आर्थिक स्थिति में बड़ा बदलाव आएगा। जानें फ्लाइट का शेड्यूल रीवा से इंदौर के बीच चलने वाली सीधी फ्लाइट का शेड्यूल कुछ ऐसा रहेगा. सुबह 11 बजकर 30 मिनट पर इंदौर से रीवा के लिए 6E 7363 फ्लाइट उड़ान भरेगी. यह फ्लाइट दोपहर 1 बजकर 15 मिनट पर रीवा पहुंच जाएगी. वहीं, वापसी में रीवा से दोपहर 1 बजकर 35 मिनट पर फ्लाइट 6E 7364 इंदौर के लिए उड़ान भरेगी और 3 बजकर 25 मिनट पर इंदौर पहुंच जाएगी. कैलाश विजयवर्गीय ने क्षेत्रीय नेता राजेंद्र शुक्ल और उनकी टीम के प्रयासों की सराहना करते हुए उन्हें "जिद्दी नेता" बताया, जिन्होंने अपनी दृढ़ इच्छाशक्ति से इस परियोजना को धरातल पर उतारा। उन्होंने कहा कि विंध्य अब "टेक ऑफ" कर रहा है और हवाई सेवा शुरू होने से क्षेत्र की प्रगति की गति कई गुना बढ़ जाएगी। धार्मिक पर्यटन को मिलेगा बढ़ावा इस हवाई सेवा का सबसे बड़ा लाभ धार्मिक पर्यटन को मिलेगा। कैलाश विजयवर्गीय ने बताया कि अब श्रद्धालु मैहर में शारदा माता के दर्शन और चित्रकूट में भगवान राम की तपोस्थली की परिक्रमा आसानी से कर सकेंगे। साथ ही, विंध्य के लोग भी अब उज्जैन के महाकाल, ओंकारेश्वर, मांडव और महेश्वर जैसे मालवा के प्रमुख धार्मिक और पर्यटन स्थलों तक सुगमता से पहुँच पाएंगे। यह सेवा माता शारदा और भगवान भोलेनाथ के भक्तों को जोड़ने का एक सेतु बनेगी। हवाई चप्पल वाले भी अब हवाई जहाज में प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के "हवाई चप्पल पहनने वाला भी हवाई जहाज में घूमे" के विजन को चरितार्थ करते हुए, इस पहली उड़ान में 40 ऐसे बुजुर्गों और नागरिकों को लाया गया जिन्होंने कभी विमान की यात्रा नहीं की थी। बुजुर्ग यात्रियों ने भावुक होते हुए कहा कि उन्होंने कभी सोचा भी नहीं था कि वे अपने जीवन में हवाई जहाज में बैठ पाएंगे । भविष्य की संभावनाएं और वैश्विक कनेक्टिविटी राजेंद्र शुक्ल ने इस अवसर पर बताया कि रीवा एयरपोर्ट का निर्माण एक लंबे संघर्ष का परिणाम है। उन्होंने कहा कि 12 साल पहले जब उन्होंने इसके लिए पत्र लिखा था, तब इसे असंभव माना जाता था । लेकिन अब यह सपना हकीकत है।सबसे महत्वपूर्ण बात यह है कि रीवा की कनेक्टिविटी अब केवल इंदौर तक सीमित नहीं है। इंडिगो की वेबसाइट पर अब रीवा से सीधे सिंगापुर, दुबई और मैनचेस्टर जैसे अंतरराष्ट्रीय शहरों की बुकिंग की संभावनाएं भी दिखने लगी हैं। आने वाले समय में यहां से बॉम्बे, हैदराबाद, अहमदाबाद और चेन्नई जैसे शहरों के लिए भी 4-5 घंटे के भीतर कनेक्टिविटी मिल सकेगी। इस हवाई सेवा की शुरुआत से न केवल व्यापार और पर्यटन बढ़ेगा, बल्कि स्थानीय युवाओं के लिए रोजगार के नए अवसर भी पैदा होंगे। विंध्य अब हिंदुस्तान के सबसे विकसित इलाकों में शामिल होने की ओर मजबूती से कदम बढ़ा चुका है। 70 सीटर विमान, 4700 रुपए किराया यह फ्लाइट 70 सीटर विमान से संचालित की जा रही है। इसका किराया करीब 4700 रुपए रखा गया है। इस हवाई सेवा से केवल रीवा ही नहीं, बल्कि सतना, सीधी, सिंगरौली, पन्ना, मऊगंज और मैहर जैसे विंध्य क्षेत्र के अन्य जिलों को भी सीधा लाभ मिलेगा। अब तक इंदौर से प्रदेश में केवल जबलपुर के लिए सीधी उड़ान थी, अब रीवा दूसरी सीधी प्रादेशिक हवाई सेवा बन गई है। लोगों में दिखा काफी उत्साह फ्लाइट के शुरू होने से इंदौर और रीवा के लोगों में भी खुशी देखी जा रही है. क्योंकि दोनों शहर व्यापारिक तौर पर भी जुड़े हैं, जबकि दोनों शहरों में बड़ी संख्या में लगातार यात्रा करने वाले लोग रहते हैं. ऐसे में विंध्य अंचल के लिए यह बड़ी सौगात मानी जा रही है. माना जा रहा है कि यात्रियों की संख्या बढ़ने पर फ्लाइट की संख्या बढ़ाई जा सकती है. फिलहाल, दोनों शहरों के बीच सीधी फ्लाइट सेवा शुरू होना बड़ी सौगात मानी जा रही है. लोगों में फ्लाइट को लेकर काफी उत्साह है. यात्रियों के उत्साहवर्धन के लिए मंत्री कैलाश विजयवर्गीय ने भी रीवा-इंदौर की बीच उड़े पहले विमान में यात्रा की. ये रहेगा फ्लाइट का शेड्यूल     इंदौर से रीवा (6E 7363): सुबह 11:30 बजे रवाना, दोपहर 1:15 बजे आगमन।     रीवा से इंदौर (6E 7364): दोपहर 1:35 बजे रवाना, शाम 3:25 बजे आगमन। डिप्टी सीएम बोले- विकास को मिलेगी नई दिशा डिप्टी सीएम राजेंद्र शुक्ल ने कहा कि यह पल सपने को साकार करने जैसा है। रीवा इंदौर फ्लाइट शुरू होने से न केवल इंदौर बल्कि बेंगलुरु,मुंबई अहमदाबाद,कलकत्ता और चेन्नई जैसे शहरों से भी कनेक्टिविटी काफी बढ़ जाएगी। इंडिगो का नेटवर्क विदेशों में भी है,जिससे धीरे-धीरे कनेक्टिविटी बढ़ती चली जाएगी। पहले … Read more

हवाई संचालन की दिशा में अहम कदम, एयर नेविगेशन सिस्टम की जांच शुरू

कैलिब्रेशन फ्लाइट ने नोएडा इंटरनेशनल एयरपोर्ट पर की सफल लैंडिंग हवाई संचालन की दिशा में अहम कदम, एयर नेविगेशन सिस्टम की जांच शुरू किसी भी नए एयरपोर्ट के संचालन से पहले अनिवार्य होती है कैलिब्रेशन फ्लाइट एयरपोर्ट के इंस्ट्रूमेंट लैंडिंग सिस्टम, रडार और एयर नेविगेशन उपकरणों के अंतरराष्ट्रीय सुरक्षा मानकों के अनुरूप क्षमता का होता है परीक्षण नोएडा नोएडा इंटरनेशनल एयरपोर्ट (Jewar) के संचालन की दिशा में एक महत्वपूर्ण मील का पत्थर तब दर्ज हुआ जब शुक्रवार को भारतीय विमानपत्तन प्राधिकरण (AAI) की कैलिब्रेशन फ्लाइट ने सफलतापूर्वक एयरपोर्ट पर लैंडिंग की। यह उड़ान हवाई अड्डे के नेविगेशन और कम्युनिकेशन सिस्टम की सटीकता जांचने के लिए की जाती है, जो किसी भी नए एयरपोर्ट के संचालन से पहले अनिवार्य होती है। क्या है कैलिब्रेशन फ्लाइट? कैलिब्रेशन फ्लाइट एक विशेष परीक्षण उड़ान होती है, जिसके माध्यम से यह सुनिश्चित किया जाता है कि एयरपोर्ट के इंस्ट्रूमेंट लैंडिंग सिस्टम (ILS), रडार, और एयर नेविगेशन उपकरण अंतरराष्ट्रीय सुरक्षा मानकों के अनुरूप काम कर रहे हैं। परीक्षण की प्रक्रिया फ्लाइट के दौरान विशेष रूप से सुसज्जित विमान अलग-अलग ऊँचाइयों और कोणों पर उड़ते हुए ग्राउंड सिस्टम से प्राप्त सिग्नल की ताकत, स्थिरता और सटीकता की जांच करते हैं। इस पूरी प्रक्रिया में फ्लाइट इंस्पेक्टर, टेक्निकल इंजीनियर, और एटीसी विशेषज्ञ शामिल रहते हैं। तकनीकी उपकरण और डेटा विश्लेषण AAI द्वारा उपयोग किए जाने वाले कैलिब्रेशन विमान में अत्याधुनिक माप उपकरण लगे होते हैं। उड़ान से प्राप्त डेटा का बाद में विश्लेषण किया जाता है ताकि किसी भी तकनीकी विचलन को तुरंत ठीक किया जा सके और उपकरणों की सटीकता सुनिश्चित हो। सुरक्षा और विश्वसनीयता की गारंटी कैलिब्रेशन फ्लाइट का पूरा होना यह दर्शाता है कि जेवर एयरपोर्ट अंतरराष्ट्रीय स्तर की विमानन सुरक्षा मानकों के और करीब पहुंच गया है। इसके बाद एयरपोर्ट के लिए ऑपरेशनल क्लियरेंस की प्रक्रिया को गति मिलेगी।

हवाई सफर में अड़चन: उंगली में फंसी स्‍मार्ट रिंग से बिगड़ी यात्री की हालत

नई दिल्ली स्‍मार्ट रिंग नई तकनीक हैं। आजकल तमाम कंपनियां अपनी स्‍मार्ट रिंग लॉन्‍च कर रही हैं। ये यूजर की हेल्‍थ का खयाल तो रखती ही हैं, इनके जरिए ऑनलाइन पेमेंट भी किया जा सकता है। सैमसंग इस कैटिगरी का बड़ा प्‍लेयर है। उसकी स्‍मार्ट रिंग दुनियाभर के यूजर्स इस्‍तेमाल करते हैं। ऐसी ही एक स्‍मार्ट रिंग की वजह से एक शख्‍स हवाई जहाज में नहीं चढ़ पाया और उसे अस्‍पताल जाना पड़ गया। यह घटना एक जानेमाने यूट्यूबर Daniel के साथ हुई है। वह ZONEofTECH नाम से चैनल चलाते हैं। डेनियल ने अपने एक्‍स अकाउंट पर पूरे वाकये को शेयर किया है। उंगली में पहनी रिंग की बैटरी गई फूल यूजर ने एक्‍स पोस्‍ट में बताया है कि उनकी Samsung Galaxy Ring कथित तौर पर उनकी उंगली में ही सूज गई थी। यह प्रॉब्‍लम बैटरी फूलने की वजह से हुई। यह वाकया उस दौरान हुआ जब Daniel एक फ्लाइट में बोर्ड करने जा रहे थे। उन्‍हें विमान में चढ़ने से रोक दिया गया। उन्‍हें स्‍मार्ट रिंग निकलवाने के लिए अस्‍पताल में भर्ती होना पड़ा, क्‍योंकि वह फंस गई थी और उनकी उंगली से नहीं निकल रही थी। यूट्यूबर का यह भी दावा है कि स्‍मार्ट रिंग की बैटरी लाइफ कई दिनों से कम हो गई थी। सोशल मीडिया में शेयर की तस्‍वीरें डेनियल ने कुछ तस्‍वीरें भी एक्‍स पर पोस्‍ट की हैं। उन तस्‍वीरों में कथित गैलेक्‍सी रिंग दिखाई देती है। बताया जा रहा है कि स्‍मार्ट रिंग डेनियल की उंगली में इस कदर फंस गई थी कि उसे वह न‍िकाल नहीं पा रहे थे। अस्‍पताल में पहुंचने के बाद अंगूठी को निकाला गया। हालांकि इस पूरी घटना का क्षेत्र और किस विमान की यह घटना है, इसकी जानकारी अभी नहीं है। जनवरी में खरीदी थी स्‍मार्ट रिंग डेन‍ियल के अनुसार, उन्‍होंने स्‍मार्ट रिंग को जनवरी में खरीदा था। उन्‍हें कुछ वक्‍त बाद ही बैटरी पर शक होने लगा था, क्‍योंकि बैटरी लाइफ कम थी। वह डेढ़ दिन ही चल पा रही थी, जबकि कंपनी एक सप्‍ताह बैटरी चलने का दावा करती है। बताया जाता है कि स्‍मार्ट रिंग अंदर की तरफ से फूल गई और उनकी उंगली में फंस गई। इसी वजह से वह उनकी उंगली से नहीं निकल रही थी। कई टेक वेबसाइटों ने इस घटना को रिपोर्ट किया है। यूट्यूबर ने कहा, कंपनी ने की पूरी मदद डेनियल अपने एक लेटेस्‍ट अपडेट में बताया है कि सैमसंग की तरफ से उनसे संपर्क किया गया था। फ्लाइट छूटने की वजह से उनके होटल का किराया दिया। घर पहुंचाने के लिए कार बुक कराई और सैमसंग रिंग को आगे की जांच के लिए कलेक्‍ट किया है। डेनियल के अनुसार, उनकी उंगली ठीक है। उस पर छोटे-मोटे निशान हैं, जो कुछ दिनों में ठीक हो जाएंगे। वहीं, सैमसंग यूके की तरफ से भी एक बयान में कहा गया है कि वह ग्राहक साथ संपर्क में है। कंपनी पूरे मामले को गंभीरता से ले रही है।

फ्लाइट से राखी पहुंचाना हुआ महंगा, ग्वालियर से बड़े शहरों की टिकट में तीन गुना उछाल

 ग्वालियर  रक्षा बंधन पर विमान कंपनियां भी मौके का फायदा उठाकर लोगों की जेब हल्की करने की तैयार में हैं। रक्षा बंधन (Raksha Bandhan 2025) के आसपास हवाई सफर महंगा हो गया है । ग्वालियर से दिल्ली, मुंबई और बेंगलुरु के लिए महंगे किराये (Flight Fare Expensive)के बावजूद फ्लाइट को अच्छी बुकिंग मिल रही है, जो फेयर रक्षा बंधन से पहले कम है, वह त्योहार के सीजन में दो से तीन गुना तक हो गए हैं। महंगा किराया रक्षा बंधन के दो दिन बाद भी रहेगा। 15-16 और 17 अगस्त तीन दिन भी फ्लाइट किराया बढ़ने की उम्मीद इस त्योहार के छह दिन बाद ही 15 अगस्त की छुट्टी भी लोगों को मिलने वाली है। इस बार 15 अगस्त शुक्रवार की है 16 को जन्माष्टमी और 17 को रविवार है। ऐसे में ये तीन दिन भी छुट्टी के रहेंगे, इन दिनों में भी फ्लाइट का किराया बढ़ा रहने की उम्मीद है। अहमदाबाद की हवाई सेवा भी बंद सप्ताह में एक दिन चलने वाली अहमदाबाद की फ्लाइट पिछले महीने से बंद है। ऐसे में अब लोगों को अहमदाबाद के लिए ट्रेन का ही सहारा है। इससे कुछ दिन पहले भी हैदराबाद के साथ कोलकाता की फ्लाइट बंद हो गई थी। ट्रेनों में मिल रहा नो रूम रक्षा बंधन पर ट्रेनों में भी बुरा हाल है। मुंबई, बेंगलुरू, सहित लंबी दूरी की ट्रेनों में भी यात्रियों को टिकट नहीं मिल रहे है। इससे परेशान होकर यात्री दूसरे शहरों से ट्रेनें छोड़कर अब फ्लाइट से जाने का प्लान भी बनाने लगे हैं। यहां जानें कितना किराया देना होगा शहर           – पहले        – अब नई दिल्ली – 3071 रुपए – 10303 रुपए मुंबई – 4354 रुपए – 9179 रुपए बेंगलुरू- 5271 रुपए – 9226 रुपए 24 हजार से ज्यादा मिलते हैं यात्री ग्वालियर से हर महीने दूसरे शहरों के आने जाने वाले यात्रियों की संख्या 24 हजार के पार है। इसमें मुंबई और दिल्ली के यात्री सबसे ज्यादा होते है। लेकिन पिछले महीने जून में मुंबई के बाद दूसरे नंबर पर बेंगलुरु के यात्री थे।

इंदौर से गाजियाबाद के लिए डायरेक्ट फ्लाइट की सौगात, 20 जुलाई से उड़ानें होंगी शुरू

इंदौर  इंदौर से गाजियाबाद के लिए 20 जुलाई से सीधी उड़ान शुरू होने जा रही है। इसके शुरू होने से नोएडा और नई दिल्ली जाने वाले यात्रियों को अतिरिक्त यात्रा विकल्प मिलेगा। इंदौर एयरपोर्ट से 20 जुलाई से गाजियाबाद (उप्र) के लिए सीधी उड़ान शुरू होने जा रही है। इंडिगो विमान कंपनी ने करीब एक माह पहले ही इसकी घोषणा करते हुए बुकिंग शुरू कर दी थी। यह उड़ान प्रतिदिन संचालित होगी, जो गाजियाबाद से दोपहर में इंदौर आएगी और शाम को वापस इंदौर से रवाना होगी। ट्रेवल एजेंट एसोसिएशन ऑफ इंडिया के प्रदेश अध्यक्ष हेमेंद्र सिंह जादौन का कहना है कि नई उड़ान शुरू नहीं होने से नई दिल्ली और नोएडा जाने वाले यात्रियों को फायदा होगा। गाजियाबाद से नई दिल्ली की दूरी करीब 32 किमी है। ऐसे में गाजियाबाद जाकर यात्री दिल्ली जा सकेंगे। इंदौर-गाजियाबाद उड़ान का फेयर 10 हजार रुपये के करीब है। इंदौर एयरपोर्ट से अगस्त में तीन शहरों की उड़ानें बंद होंगी। इंडिगो विमान कंपनी ने इंदौर से नासिक, उदयपुर और जोधपुर के लिए संचालित होने वाली एकमात्र सीधी उड़ान की बुकिंग बंद कर दी है। इन तीनों शहरों की सीधी उड़ान बंद होने से यात्रियों को परेशानी होगी और उन्हें अन्य शहर की कनेक्टिंग उड़ान के माध्यम से हवाई यात्रा करनी होगी। यह रहेगा शेड्यूल गाजियाबाद-इंदौर : फ्लाइट 6ई 2558 गाजियाबाद से दोपहर 2.10 बजे रवाना होकर दोपहर 3.30 बजे इंदौर पहुंचेगी। इंदौर-गाजियाबाद : फ्लाइट 6ई 2559 इंदौर से शाम 4 बजे रवाना होगी और शाम 5.20 बजे गाजियाबाद पहुंचेगी।