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राज्यपाल मंगुभाई पटेल से प्रधानमंत्री के प्रमुख सचिव डॉ. पी.के. मिश्रा की सौजन्य भेंट

भोपाल राज्यपाल  मंगुभाई पटेल से प्रधानमंत्री के प्रमुख सचिव डॉ. पी.के. मिश्रा ने शनिवार को लोकभवन में सौजन्य भेंट की। राज्यपाल  पटेल के साथ विभिन्न विषयों पर चर्चा की। राज्यपाल  पटेल का प्रधानमंत्री के प्रमुख सचिव डॉ. मिश्रा ने पुष्प गुच्छ भेंट कर अभिनंदन किया। राज्यपाल  पटेल ने डॉ. मिश्रा को अंग वस्त्रम् और साँची स्तूप की प्रतिकृति स्मृति स्वरूप भेंट की।  

म.प्र. लोक सेवा आयोग का 68वां वार्षिक प्रतिवेदन राज्यपाल पटेल को भेंट किया गया

राज्यपाल  पटेल को म.प्र. लोक सेवा आयोग का 68वां वार्षिक प्रतिवेदन किया भेंट म.प्र. लोक सेवा आयोग के अध्यक्ष और सदस्यों ने राजभवन में की सौजन्य भेंट भोपाल राज्यपाल  मंगुभाई पटेल से मध्यप्रदेश लोक सेवा आयोग के अध्यक्ष डॉ. राजेशलाल मेहरा, सदस्य डॉ. नरेन्द्र कोष्ठी, सचिव मती राखी सहाय और परीक्षा नियंत्रक डॉ. वी. के. गुप्ता ने राजभवन में सौजन्य भेंट की। उन्होंने राज्यपाल  पटेल को आयोग का 68वां वार्षिक प्रतिवेदन भेंट किया। राज्यपाल  पटेल को आयोग के अध्यक्ष डॉ. मेहरा ने बताया कि आयोग द्वारा वर्ष 2024-25 में राज्य शासन के विभिन्न विभागों के लिए 5 हजार 581 पदों हेतु 71 विज्ञापन जारी किये गये। आयोग द्वारा राज्य सेवा परीक्षा एवं राज्य वन सेवा परीक्षा 2023, 2024 और 2025 की प्रारंभिक और मुख्य परीक्षा का आयोजन किया गया। आयोग द्वारा द्विस्तरीय परीक्षाओं और राज्य पात्रता परीक्षा का आयोजन भी किया गया। लोक सेवा आयोग द्वारा वर्ष 2024-25 में विभिन्न विभागों के पदों के लिए 6 हजार 260 अभ्यार्थियों को साक्षात्कार के लिए आमंत्रित किया गया। कुल 1 हजार 479 पदों पर अभ्यर्थियों का चयन कर शासन को अनुशंसा भेजी गई। मध्यप्रदेश लोक सेवा आयोग के अध्यक्ष डॉ. मेहरा ने बताया कि आयोग द्वारा उत्तरोत्तर गुणवत्ता संवर्धन और अभ्यर्थियों को आयोग की विभिन्न गतिविधियों की उपयोगी जानकारी प्रदान करने के उद्देश्य से नवाचार के क्रम में ई-न्यूज लेटर ‘संवदिया’ का प्रकाशन किया गया। विभिन्न भर्ती परीक्षाओं के गोपनीय कार्यों के लिए विषय विशेषज्ञ आमंत्रित करने ‘विषय विशेषज्ञ पोर्टल’ प्रारंभ किया गया है। इसी प्रकार राज्य सेवा मुख्य परीक्षाओं की उत्तर पुस्तिकाओं को स्कैनिंग कर ऑनस्क्रीन मार्किंग के माध्यम से मूल्यांकन कार्य किया जा रहा है।  

राज्यपाल पटेल ने राजभवन में किया कन्या-पूजन

राज्यपाल  पटेल ने राजभवन में किया कन्या-पूजन कन्याओं को उपहार प्रदान किए और प्रदेश की सुख-समृद्धि की प्रार्थना की भोपाल राज्यपाल  मंगुभाई पटेल महानवरात्रि पर्व पर राजभवन परिसर स्थित मंदिर में कन्या पूजन कार्यक्रम में शामिल हुए। उन्होंने कन्याओं को तिलक लगाकर मिष्ठान और उपहार भेंट किए। राज्यपाल  पटेल ने माँ दुर्गा की विधिवत पूजा-अर्चना की। प्रदेश और देश के विकास और निवासियों के सुख-समृद्धि की प्रार्थना की। इस अवसर पर राज्यपाल के विशेष कर्तव्यस्थ अधिकारी  अरविंद पुरोहित, नियंत्रक हाउसहोल्ड मती शिल्पी दिवाकर सहित अधिकारी-कर्मचारी उपस्थित रहे।                                             

राज्यपाल पटेल ने प्रधानमंत्री आवास योजना के लाभार्थियों से की मुलाकात

भोपाल राज्यपाल मंगुभाई पटेल गुरुवार को सिवनी जिले की कुरई विकासखण्ड के ग्राम थांवरझोड़ी प्रवास के दौरान प्रधानमंत्री आवास योजना के हितग्राही राजेन्द्र कुमार उइके के घर पहुँचें। उन्होंने परिवारजनों से आत्मीय चर्चा की। राज्यपाल पटेल ने राजेन्द्र कुमार और परिजनों से शासन की योजनाओं के मिले लाभ की जानकारी ली। उनके जीवन में आए सकारात्मक बदलावों को जाना। राज्यपाल पटेल ने राजेन्द्र कुमार उइके के बेटों को मेहनत कर परिवार और समाज को आगे बढ़ाने की दिशा में कार्य करने के लिए प्रेरित किया। उन्होंने कहा कि सभी नागरिक शासन की योजना का लाभ लेकर समाज की मुख्य धारा से जुडे़ं। उन्होंने उपस्थित ग्रामीणों से बच्चों की शिक्षा, स्वास्थ्य और स्वच्छता पर विशेष ध्यान देने का आग्रह किया। इस अवसर पर विधायक बरघाट कमल मर्सकोले, विधायक सिवनी दिनेश राय, श्रीमती मीना बिसेन, कलेक्टर सुसंस्कृति जैन, पुलिस अधीक्षक सुसिमाला प्रसाद, सीईओ जिला पंचायत नवजीवन विजय सहित जनप्रतिनिधि और अधिकारी उपस्थित रहे।  

राज्यपाल पटेल का सुझाव: विवाह से पहले आनुवांशिक कार्ड का मिलान जरूरी

विवाह के पहले आनुवांशिक कार्ड का करें मिलान : राज्यपाल पटेल राज्यपाल पटेल का सुझाव: विवाह से पहले आनुवांशिक कार्ड का मिलान जरूरी विवाह से पूर्व करें आनुवांशिक जाँच, स्वास्थ्य के लिए अहम: राज्यपाल पटेल “परंपरागत चिकित्सा का स्वास्थ्य संवर्धन में योगदान एवं सिकल सैल एनीमिया प्रबंधन” पर मण्डला में हुई कार्यशाला भोपाल राज्यपाल मंगुभाई पटेल ने कहा है कि विवाह के पहले आनुवांशिक कार्ड का मिलान अवश्य कराना चाहिए। सिकल सैल एनीमिया की बीमारी आनुवांशिक है। इसके उन्मूलन के लिए व्यापक जनजागरूकता आवश्यक है। राज्यपाल पटेल बुधवार को मण्डला के ग्राम सेमरखापाके एकलव्य आदर्श विद्यालय ऑडीटोरियम में “परंपरागत चिकित्सा का स्वास्थ्य संवर्धन में योगदान एवं सिकल सैल एनीमिया प्रबंधन” विषय पर एक दिवसीय कार्यशाला में शामिल हुए। राज्यपाल पटेल ने कहा कि सिकल सैल से पीड़ित व्यक्ति का चिन्हांकन एवं त्वरित रोग उपचार ही इस बीमारी से बचाव का कारगर उपाय है। जितनी जल्दी इस रोग का पता चलेगा, इसे नियंत्रित करने की संभावना उतनी अधिक होगी। उन्होंने कहा कि आमजन स्वास्थ्य केन्द्रों में जाकर सिकल सैल एनीमिया की जांच अवश्य करवाएं। उन्होंने कहा कि मां के गर्भ में और बच्चे के जन्म के 72 घंटे में इसकी जांच की सुविधा है। प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी के नेतृत्व में शहडोल जिले से वर्ष 2023 से सिकल सैल उन्मूलन का अभियान शुरू हुआ है। तब से लेकर अब तक देश में 7 करोड़ लोगों की जाँच की जा चुकी है, जिसमें मध्यप्रदेश में एक करोड़ 14 हजार व्यक्तियों की जांच की गई। जनजातीय कार्य, लोक परिसंपत्ति प्रबंधन, भोपाल गैस त्रासदी राहत एवं पुनर्वास मंत्री डॉ. विजय शाह ने कहा कि प्रदेश में प्राचीन औषधियों को अस्तित्व में बनाए रखने का प्रयास किया जा रहा है। मंडला में डी-मार्ट की तर्ज पर ट्रायबल मार्ट बनाया जायेगा। जनजातीय बंधु इसका संचालन करेंगे। यहां मिलने वाले उत्पाद की कीमत बाजार की तुलना में 25-30 प्रतिशत कम होगी। स्थानीय लोगों को भी रोजगार के अवसर उपलब्ध होंगे। लोक स्वास्थ्य यांत्रिकी मंत्री श्रीमती सम्पतिया उइके ने कहा कि प्रधानमंत्री मोदी के मार्गदर्शन और मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव के नेतृत्व में जनजातीय जीवन को बेहतर बनाया जा रहा है। प्रदेश में सिकल सैल एनीमिया उन्मूलन के लिए युद्ध स्तर पर कार्य हो रहे हैं। केन्द्र व राज्य की डबल इंजन सरकार के प्रयासों की बदौलत स्वास्थ्य के क्षेत्र में व्यापक बदलाव आए हैं। आयुष मंत्री इंदर सिंह परमार ने कहा कि कार्यशाला का प्रमुख उद्देश्य सिकल सैल एनीमिया उन्मूलन के संबंध में चिकित्सकों एवं परंपरागत वैद्यों से आवश्यक जानकारी प्राप्त करना और उसे वृहद स्तर पर लोगों तक पहुंचाना है। बालाघाट में आयुर्वेद रिसर्च सेंटर खोलने की स्वीकृति भारत सरकार ने दी है। रिसर्च के क्षेत्र में अच्छा काम करने वालों के साथ एम.ओ.यू. भी किए जा रहे हैं। परंपरागत वैद्यों के ज्ञान को सहेजने और शोध के दस्तावेजीकरण की तरफ बढ़ रहे हैं। पीढ़ी दर पीढ़ी परंपरागत रूप से काम कर रहे पारंपरिक वैद्यों को आधुनिक तकनीक से भी जोड़ा जा रहा है। जिले के प्रभारी मंत्री दिलीप जायसवाल ने कहा कि राज्यपाल पटेल अति संवेदनशील हैं, जो जनजातीय जिलों के सुदूर अंचलों तक जाकर इस बीमारी की रोकथाम के लिए मार्गदर्शन दे रहे हैं। नर सेवा ही नारायण सेवा है। स्वामी विवेकानंद ने कहा था कि पूजा अर्चना से परमेश्वर दर्शन देंगे या नहीं यह तो नहीं पता लेकिन जब दीन-हीन बीमार व्यक्ति की सेवा होगी तो उसकी आंखों में परमेश्वर के दर्शन स्वतः हो जाएंगे। राज्यपाल पटेल ने कार्यक्रम में सिकल सैल एनीमिया से ग्रसित बच्चों ने भी अपने अनुभव साझा किए। राज्यपाल पटेल एवं अन्य अतिथियों ने मिशन नेत्रज्योति अंतर्गत चश्मा, सिकल सैल दिव्यांगता प्रमाण पत्र, आयुष्मान कार्ड, पोषण किट, विधवा पेंशन कार्ड एवं स्व-सहायता समूह को राशि वितरित की। भगवान धनवंतरी एवं जननायक बिरसामुण्डा के छायाचित्र पर पुष्प अर्पित कर कार्यक्रम का शुभारंभ हुआ। राज्यपाल पटेल का स्वागत अंगवस्त्र, तुलसी पौधा एवं गोंडी पेंटिंग भेंट कर किया गया। कलेक्टर सोमेश मिश्रा ने स्मृति चिन्ह स्वरूप गोंडी पेंटिंग भेंट कर अभिनंदन किया। कार्यशाला में प्रमुख सचिव आयुष डी.पी. आहूजा, आयुक्त आयुष श्रीमती उमा महेश्वरी, राष्ट्रीय आयुर्वेद महासम्मेलन के प्रो. रविनारायण आचार्य एवं परंपरागत वैद्य शामिल हुए।  

राज्यपाल पटेल: समाज के हर वर्ग के कल्याण के लिए सरकार की योजनाएँ सक्रिय

राज्यपाल ने सिवनी जिले के ग्रामीणों से किया आत्मीय संवाद प्रधानमंत्री आवास के गृह प्रवेश में राज्यपाल शामिल हुए   भोपाल  राज्यपाल मंगुभाई पटेल ने कहा है कि केंद्र और राज्य सरकार समाज के प्रत्येक वर्ग के कल्याण के लिए योजनाएँ बनाकर उनका मैदानी स्तर पर क्रियान्वयन कर रही हैं। आयुष्मान भारत योजना का विशेष उल्लेख करते हुए कहा कि यह योजना गरीब परिवारों के लिए बड़ी राहत है। अब पाँच लाख रुपये तक निःशुल्क उपचार की सुविधा उपलब्ध होने से हर गरीब परिवार सुरक्षित हुआ है। सरकार के प्रयासों से महिलाएं आत्मनिर्भर और सामाजिक रूप से सशक्त बन रही है। कृषि क्षेत्र में भी महिलाओं को ‘ड्रोन दीदी’ के रूप में प्रशिक्षित कर आधुनिक खेती में उनका योगदान प्राप्त किया जा रहा है। राज्यपाल पटेल ने बुधवार को सिवनी जिले के विकासखंड केवलारी के ग्राम झोला में ग्रामीणजनों के साथ आत्मीय संवाद के दौरान यह बात कही। राज्यपाल पटेल ने कहा कि आज ग्रामीण महिलाएँ स्व-सहायता समूहों के माध्यम से छोटे-बड़े उद्योग संचालित कर आर्थिक रूप से आत्मनिर्भर बन रही हैं। महिलाएँ अपने परिवार का बेहतर लालन-पालन के साथ ही समाज में भी सशक्त भूमिका निभा रही हैं। राज्यपाल पटेल ने जनजातीय समुदाय में पाए जाने वाले अनुवांशिक रोग सिकल सैल रोग और रोकथाम के संबंध में बताया। उन्होंने कहा कि जैसे विवाह से पहले लड़के-लड़की की कुंडली मिलाई जाती है, उसी तरह सिकल सैल कार्ड भी अवश्य मिलाना चाहिए। यदि दोनों ही वाहक या रोगग्रस्त हों तो विवाह कदापि न किया जाए। उन्होंने बताया कि सरकार सिकल सैल उन्मूलन के लिए व्यापक अभियान चला रही है। इसके अंतर्गत नि:शुल्क जांच एवं परामर्श की व्यवस्था की गई है। उन्होंने उपस्थित ग्रामीणों से अपील की कि प्रत्येक व्यक्ति अपनी जांच कराए और इस रोग की रोकथाम में सहयोग दे। प्रत्येक बच्चे की शिक्षा और समाज के उत्थान के लिए युवाओं की भूमिका पर दिया बल राज्यपाल ने विशेष पिछड़ी जनजातियों के उत्थान के लिए प्रधानमंत्री जन मन कार्यक्रम और धरती आबा अभियान की जानकारी दी। उन्होंने कहा कि सभी बच्चे स्कूल जाएं। युवा पात्र परिवारों तक योजनाओं का लाभ पहुँचाने और शिक्षा के प्रसार में सहयोग करें।  जनजातीय विकास सरकार की प्राथमिकता : डॉ. विजय शाह कार्यक्रम को जनजातीय कार्य विभाग मंत्री डॉ. विजय शाह ने भी संबोधित किया। उन्होंने कहा कि राज्य सरकार जनजातीय अंचलों के सर्वांगीण विकास के लिए निरंतर कार्य कर रही है। प्रधानमंत्री जन मन और धरती आबा अभियान जैसे विशेष कार्यक्रमों का उद्देश्य जनजातीय समाज को शिक्षा, स्वास्थ्य और रोजगार से जोड़कर मुख्यधारा में लाना है।  डॉ. शाह ने कहा कि जनजातीय क्षेत्रों में शिक्षा का प्रसार सरकार की प्राथमिकता है। उन्होंने ग्रामीणों से आह्वान किया कि वे अपने बच्चों को नियमित रूप से विद्यालय भेजें और उच्च शिक्षा के लिए प्रेरित करें। मंत्री ने यह भी बताया कि जनजातीय युवाओं के लिए स्वरोजगार एवं कौशल विकास योजनाएँ चल रही हैं, जिनसे वे आत्मनिर्भर बन सकते हैं। राज्यपाल पटेल ने श्रीमती मुलिया बाई के प्रधानमंत्री आवास का किया उद्घाटन राज्यपाल मंगुभाई पटेल ने विकासखंड केवलारी के ग्राम झोला के प्रवास के दौरान प्रधानमंत्री आवास योजना के अंतर्गत हितग्राही श्रीमती मुलिया बाई पति सुक्कू बैगा के आवास का शुभारंभ कर गृह प्रवेश कराया। राज्यपाल ने लाभान्वित परिवार से संवाद कर उनके जीवन में आए सकारात्मक बदलाव की जानकारी ली। राज्यपाल ने कहा कि ग्रामों की वास्तविक उन्नति तभी संभव है जब योजनाओं का लाभ पात्र लोगों तक समय पर पहुँचे और उसका सदुपयोग हो। उन्होंने ग्रामीणों से बच्चों की शिक्षा, स्वास्थ्य और स्वच्छता पर विशेष ध्यान देने का आग्रह किया। प्रवास के दौरान ग्रामीणों ने पारंपरिक सैला नृत्य प्रस्तुत किया। महिलाओं ने स्वागत गीत गाकर अतिथियों का अभिनंदन किया। प्राथमिक शाला झोला का निरीक्षण राज्यपाल मंगुभाई पटेल ने प्राथमिक शाला झोला का निरीक्षण किया। उन्होंने बच्चों से आत्मीय संवाद किया। बच्चों से सामान्य प्रश्न पूछे, जिनका उत्साहपूर्वक उत्तर देकर बच्चों ने अपनी जिज्ञासा और आत्मविश्वास का परिचय दिया। राज्यपाल पटेल ने यह भी कहा कि ग्रामीण क्षेत्रों में शिक्षा की ज्योति ही विकास की आधारशिला है। बच्चों की तरक्की के साथ ही गांव और समाज प्रगति की राह पर आगे बढ़ते हैं। उन्होंने बच्चों को स्वच्छता, अनुशासन और संस्कारों के महत्व से भी अवगत कराया। राज्यपाल ने शिक्षकों से शैक्षणिक गतिविधियों, पढ़ाई की गुणवत्ता और विद्यार्थियों के परिणाम की जानकारी ली। उन्होंने शिक्षकों को बच्चों की पढ़ाई में विशेष रुचि लेकर गुणात्मक शिक्षा प्रदान करने के लिए प्रेरित किया।