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बार्सिलोना मेले में सीएम यादव ने जाना स्मार्ट सिटी का ग्लोबल विजन

मुख्यमंत्री डॉ. यादव ने ‘फीरा दे, बार्सिलोना मेले में देखा स्पेन के स्मार्ट नगर का माडल मुख्यमंत्री डॉ. यादव ने ‘फीरा दे बार्सिलोना’ में देखा स्पेन के स्मार्ट सिटी का मॉडल बार्सिलोना मेले में सीएम यादव ने जाना स्मार्ट सिटी का ग्लोबल विजन फीरा दे बार्सिलोना में स्पेन के स्मार्ट नगर मॉडल से प्रभावित हुए सीएम यादव मध्यप्रदेश में अंतर्राष्ट्रीय स्तर के संस्थान की स्थापना पर हुआ विचार-विमर्श भोपाल मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव ने स्पेन प्रवास के तीसरे दिन बार्सिलोना स्थित ‘फीरा दे बार्सिलोना – मोंटजुइक’ मेला परिसर का भ्रमण किया। यह मेला यूरोप के प्रमुख प्रदर्शनी एवं व्यापार मेलों में से एक है। वर्ष 1932 में स्थापित यह केंद्र बार्सिलोना के ऐतिहासिक मोंटजुइक क्षेत्र में स्थित है, जो सांस्कृतिक और स्थापत्य कला की दृष्टि से अत्यंत महत्वपूर्ण माना जाता है। मुख्यमंत्री डॉ. यादव के इस भ्रमण का मुख्य उद्देश्य स्पेन के स्मार्ट नगर मॉडल, पर्यावरणीय प्रबंधन, शहरी गतिशीलता एवं नवाचार प्रणाली का प्रत्यक्ष अवलोकन करना था, जिससे मध्यप्रदेश में भी इन क्षेत्रों में विकास को गति दी जा सके। ‘फीरा दे बार्सिलोना’ जैसे संस्थानों के सहयोग से मध्यप्रदेश में अंतर्राष्ट्रीय स्तर के निवेश सम्मेलनों तथा स्थायी प्रदर्शनी केंद्र की स्थापना की संभावनाओं पर भी विचार-विमर्श किया गया। मेला भ्रमण के दौरान मेले के प्रतिनिधि एवं मध्यप्रदेश के अधिकारियों की टीम भी मौजूद रही। फीरा दे बार्सिलोना परिसर अत्याधुनिक सुविधाओं से सुसज्जित है तथा प्रति वर्ष 150 से अधिक अंतर्राष्ट्रीय आयोजनों की मेज़बानी करता है, जिनमें औद्योगिक, तकनीकी, नवाचार, पर्यटन तथा शहरी विकास जैसे प्रमुख क्षेत्र शामिल हैं। लगभग एक लाख 65 हजार वर्ग मीटर क्षेत्रफल में फैला यह प्रदर्शनी परिसर ‘स्मार्ट नगर प्रदर्शनी विश्व अधिवेशन’, ‘चलित दूरसंचार विश्व अधिवेशन’, ‘एलिमेंटेरिया खाद्य एवं पेय व्यापार मेला’ तथा ‘इंटरनेट ऑफ थिंग्स समाधान विश्व अधिवेशन’ जैसे वैश्विक आयोजनों का सफल संचालन करता है।  

वैश्विक निवेशकों का भरोसा जीता डॉ. यादव ने, वन-टू-वन संवाद रहा अहम

मुख्यमंत्री डॉ. यादव की वन-टू-वन बैठकों से खुले वैश्विक निवेश के नए द्वार सीएम यादव की सीधी बातचीत ने खोले विदेशी निवेश के नए रास्ते वैश्विक निवेशकों का भरोसा जीता डॉ. यादव ने, वन-टू-वन संवाद रहा अहम टेक्नोलॉजी, टेक्सटाइल से लेकर औद्योगिक ट्रांसफॉर्मेशन पर हुई निवेश वार्ता विश्वस्तरीय कंपनियों ने जताई मध्यप्रदेश में निवेश की गहरी रुचि भोपाल मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव ने बार्सिलोना प्रवास के तीसरे दिन विश्व की अग्रणी कंपनियों के शीर्ष पदाधिकारियों से वन-टू-वन मुलाकात कर मध्यप्रदेश में निवेश, तकनीकी सहयोग और रोजगार के नए अवसरों को लेकर विस्तृत चर्चा की। सेनेटरीवेयर, वस्त्र, स्वास्थ्य सेवाएं, डाटा सेंटर, एनीमेशन, ब्रांडिंग और मीडिया नीति जैसे विभिन्न क्षेत्रों से जुड़ी वैश्विक कंपनियों ने मध्यप्रदेश में निवेशकों की संभावनाओं को लेकर गंभीर रुचि प्रदर्शित की। मुख्यमंत्री डॉ. यादव ने सबसे पहले स्पेन की अग्रणी सेनेटरीवेयर कंपनी रॉका ग्रुप (Roca Group) के कॉर्पोरेट संचालन निदेशक पाउ अबेलो से भेंट की। इस दौरान देवास स्थित कंपनी की इकाई ‘रॉका बाथरूम प्रॉडक्ट्स प्राइवेट लिमिटेड’ (Roca Bathroom Products Pvt. Ltd.) द्वारा किए गए ₹164.03 करोड़ के निवेश और 445 लोगों को दिए गए रोजगार पर संतोष व्यक्त किया गया। कंपनी ने मध्यप्रदेश में अपनी इकाई के विस्तार और विविधीकरण की योजना भी साझा की। मुख्यमंत्री डॉ. यादव की वस्त्र क्षेत्र की प्रमुख कंपनी हेलोटेक्स ग्रुप (Helotex Group) के मालिक एवं मुख्य कार्यकारी अधिकारी जोर्डी बोनारो ट्रियोलार्ट से भेंट हुई। कंपनी पहले से ही इंदौर स्थित ‘प्रतिभा सिंटेक्स लिमिटेड’ (Pratibha Syntex Ltd.) के साथ साझेदारी में कार्यरत है। बैठक में वस्त्र उद्योग के विस्तार और निवेश प्रक्रिया को और अधिक सरल बनाने पर चर्चा हुई। अमेक (Association Multisectorial de AMEC) के निदेशक एलेजांद्रो गैलेगो अल्काइडे से मुलाकात में राज्य की वैश्विक ब्रांडिंग, मीडिया एनालिटिक्स, एआई आधारित संचार रणनीतियों और अंतर्राष्ट्रीय मंचों पर मध्यप्रदेश की पहचान को सशक्त करने की दिशा में सहयोग की सहमति बनी। एसएसएल-कोटिंग्स (पावर सॉइल) के प्रतिनिधि जीफ विशेप के साथ हुई बैठक में टिकाऊ सड़क निर्माण तकनीक “टेरा-3000” के उपयोग की संभावनाओं पर चर्चा हुई, जो विशेष रूप से ग्रामीण सड़कों, नींव और सख्त मिट्टी में उपयोगी है। इस समाधान के माध्यम से पारंपरिक निर्माण सामग्रियों की आवश्यकता समाप्त हो जाती है और पर्यावरण संरक्षण भी सुनिश्चित होता है। सोगो समूह के सतीश रायसिंघानी के साथ बातचीत में भारत और विशेष रूप से मध्यप्रदेश में एसओजीओ ब्रांड के उत्पादों के विस्तार की संभावनाएं तलाशी गईं। एसओजीओ घरेलू उपकरणों और इलेक्ट्रॉनिक्स का एक मजबूत यूरोपीय ब्रांड है, जो भारतीय उपभोक्ताओं को ध्यान में रखते हुए अपने उत्पादों की पहुँच बढ़ाना चाहता है। सर्विटाइज के सीईओ मार्क विंटर के साथ बैठक में औद्योगिक परामर्श, डिजिटल परिवर्तन और ग्राहक अनुभव आधारित समाधानों पर चर्चा हुई। यह कंपनी सेवा-आधारित व्यापार मॉडल के जरिये उद्यमों की दक्षता बढ़ाने में विशेषज्ञता रखती है और मध्यप्रदेश में MSME सेक्टर को स्मार्ट मॉडल से जोड़ने में रुचि रखती है। मुख्यमंत्री डॉ. यादव की नॉर्सेक ग्लोबल के निवेशकों के साथ भी सार्थक चर्चा हुई। स्पोर्ट्सफन टीवी एस.एल. के सह-संस्थापक सिद्धार्थ तिवारी से हुई बैठक में मध्यप्रदेश में फुटबॉल खेल के विकास हेतु प्रतिभा खोज, प्रशिक्षण शिविरों और अकादमियों की स्थापना के माध्यम से सहयोग की संभावनाएँ तलाशी गईं। उन्होंने बताया कि उनकी कंपनी झारखंड सरकार के साथ पहले से इस दिशा में कार्यरत है और अब मध्यप्रदेश में भी इसी तरह की पहल को लेकर गंभीर है। मुख्यमंत्री डॉ. यादव ने निवेशकों के समक्ष राज्य की निवेश-अनुकूल नीतियों का विस्तार से उल्लेख करते हुए बताया कि मध्यप्रदेश में उद्योगों के लिए आवश्यक भूमि, जल, ऊर्जा और मजबूत आधारभूत संरचना सहज रूप से उपलब्ध है। उन्होंने राज्य की उत्कृष्ट लॉजिस्टिक कनेक्टिविटी, दक्ष मानव संसाधन, सुगम और पारदर्शी प्रशासनिक प्रक्रियाओं तथा ‘ईज़ ऑफ डूइंग बिज़नेस’ में हासिल उल्लेखनीय उपलब्धियों को भी प्रमुखता से प्रस्तुत किया। मुख्यमंत्री ने स्पष्ट किया कि मध्यप्रदेश निवेश के लिए एक सुरक्षित, स्थिर और समर्थ राज्य है, जो वैश्विक कंपनियों के लिए दीर्घकालिक सहयोग के द्वार खोलता है।  

सीएम यादव की स्पेन यात्रा: निवेश और सांस्कृतिक साझेदारी की ओर कदम

मुख्यमंत्री डॉ. यादव ने स्पेन में की निवेश, शिक्षा और सांस्कृतिक सहयोग की नई पहल स्पेन में मुख्यमंत्री डॉ. यादव की बड़ी पहल, निवेश-शिक्षा-संस्कृति को मिलेगी नई दिशा सीएम यादव की स्पेन यात्रा: निवेश और सांस्कृतिक साझेदारी की ओर कदम स्पेन में डॉ. यादव की तीन मोर्चों पर पहल, निवेश, शिक्षा और संस्कृति पर खास फोकस कैटलोनिया के विदेश मंत्री जैम डच गुइलोट के साथ हुई उच्च स्तरीय बैठक अकादमिक साझेदारी की दिशा में नया संवाद भोपाल  मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव ने स्पेन यात्रा के तीसरे दिन बार्सिलोना में कैटलोनिया सरकार के विदेश मंत्री जैम डच गुइलोट से भेंट की। इस दौरान मुख्यमंत्री डॉ. यादव ने मध्यप्रदेश के प्रमुख उच्च शिक्षा संस्थान आईआईटी इंदौर और IISER भोपाल को बार्सिलोना के विश्वविद्यालयों से जोड़ते हुए अकादमिक और शोध सहयोग को बढ़ाने की बात कही। उन्होंने बताया कि मध्यप्रदेश विश्वस्तरीय अनुसंधान और नवाचार केंद्र बनने की दिशा में तेजी से आगे बढ़ रहा है। निवेश और औद्योगिक सहयोग के लिए आमंत्रण मुख्यमंत्री डॉ. यादव ने फूड प्रोसेसिंग, टेक्सटाइल और नवीकरणीय ऊर्जा जैसे क्षेत्रों में कैटलोनिया की अग्रणी कंपनियों को मध्यप्रदेश में निवेश और तकनीकी सहयोग के लिए आमंत्रण दिया। उन्होंने प्रदेश की नई औद्योगिक नीति, मजबूत लॉजिस्टिक्स नेटवर्क और युवा शक्ति का उल्लेख करते हुए कहा कि यह सही समय है जब यूरोपीय कंपनियाँ मध्यप्रदेश को अपने निवेश गंतव्य के रूप में देखें। खेल, पर्यटन और संस्कृति में साझेदारी के नए आयाम मुख्यमंत्री डॉ. यादव ने एफसी बार्सिलोना फाउंडेशन जैसे संगठनों के साथ मिलकर खेल, नेतृत्व और जीवन कौशल पर आधारित कार्यक्रमों की साझेदारी की संभावनाएं साझा कीं। साथ ही मध्यप्रदेश के विश्व धरोहर स्थलों साँची, खजुराहो और भीमबेटका को यूरोप में प्रमोट करने के लिए संयुक्त पर्यटन अभियान पर भी सहमति बनी। मुख्यमंत्री डॉ. यादव ने यह भी सुझाव दिया कि दोनों सरकारें प्रदर्शन कला, सिनेमा, साहित्य और संग्रहालयों के माध्यम से सांस्कृतिक संवाद को और सशक्त बनाएं। तकनीकी सहयोग और नीति-स्तरीय समन्वय मुख्यमंत्री डॉ. यादव ने स्मार्ट सिटी, ग्रीन बिल्डिंग्स और शहरी परिवहन में कैटलोनिया की विशेषज्ञता का लाभ लेने के लिए तकनीकी सहयोग प्रस्तावित किया। उन्होंने दोनों सरकारों के बीच एक संयुक्त कार्य समूह गठित करने की बात कही, जो प्रमुख परियोजनाओं की पहचान कर उन्हें लागू करने में सक्रिय भूमिका निभाएगा। वैश्विक मंच पर मध्यप्रदेश की सशक्त उपस्थिति मुख्यमंत्री डॉ. यादव ने इस मुलाकात को प्रदेश की वैश्विक रणनीति का महत्वपूर्ण पड़ाव बताया। उन्होंने कहा कि मध्यप्रदेश अब निवेश, शिक्षा, खेल और संस्कृति के क्षेत्र में अंतरराष्ट्रीय साझेदारियों के लिए तैयार है, और स्पेन यात्रा प्रदेश के विकास में नए अध्याय जोड़ेगी।  

निवेशकों और प्रवासी भारतीयों से डॉ. यादव की मुलाकात, साझा करेंगे एमपी का विजन

स्पेन प्रवास का तीसरा दिन भोपाल मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव के स्पेन प्रवास का तीसरा दिन 18 जुलाई को मध्यप्रदेश की वैश्विक क्षमताओं को दर्शाने और निवेश सहयोग को सशक्त करने की दृष्टि से अत्यंत महत्वपूर्ण रहने वाला है। दिनभर की गतिविधियाँ निवेश, स्मार्ट सिटी विकास, नवाचार और प्रवासी सहभागिता जैसे विविध पक्षों को समेटे हुए हैं, जिनमें मुख्यमंत्री की भूमिका निर्णायक है। मुख्यमंत्री डॉ. यादव की दिन की शुरुआत बार्सिलोना के प्रमुख समुद्री और लॉजिस्टिक्स केंद्र 'मर्कारबेना' के भ्रमण से होगी, जो यूरोप का एक प्रमुख आपूर्ति श्रृंखला हब माना जाता है। इस भ्रमण के दौरान लॉजिस्टिक्स सेक्टर में मध्यप्रदेश की संभावनाओं को समझने और यूरोपीय मॉडल से सीखने का अवसर प्राप्त होगा। इसके बाद 'इन्वेस्ट इन मध्यप्रदेश' थीम पर केन्द्रित बार्सिलोना बिजनेस फोरम का आयोजन होगा, जहां मुख्यमंत्री डॉ. यादव स्पेनिश उद्योग जगत, कॉरपोरेट समूहों और संस्थागत निवेशकों के समक्ष मध्यप्रदेश की निवेश क्षमताओं को प्रस्तुत करेंगे। इस फोरम में प्रदेश की औद्योगिक नीतियाँ, प्राथमिक सेक्टर, अधोसंरचना परियोजनाएँ और ग्लोबल पार्टनरशिप मॉडल पर विशेष फोकस रहेगा। मुख्यमंत्री डॉ. यादव का यह संवाद प्रदेश में निवेश की मंशा को ठोस प्रस्तावों में बदलने की दिशा में एक महत्वपूर्ण कदम होगा। बिजनेस फोरम के बाद मुख्यमंत्री डॉ. यादव विभिन्न उद्योगपतियों, व्यापारिक प्रतिनिधियों और संभावित निवेशकों से वन-टू-वन बैठकों के माध्यम से सीधा संवाद करेंगे। इन बैठकों का उद्देश्य व्यक्तिगत निवेश प्रस्तावों पर ठोस चर्चा करना और नीति से लेकर ज़मीन तक की स्पष्टता देना है। मुख्यमंत्री डॉ. यादव दोपहर बाद बार्सिलोना के स्मार्ट सिटी एवं नवाचार केंद्रों का भ्रमण करेंगे। इस भ्रमण में शहरी प्रबंधन, हरित प्रौद्योगिकी, डेटा-ड्रिवन सर्विस मॉडल और स्टार्टअप सहयोग से संबंधित अवधारणाओं का अवलोकन किया जाएगा। मुख्यमंत्री डॉ. यादव इस दौरान मध्यप्रदेश के स्मार्ट सिटी मॉडल के लिए संभावित तकनीकी साझेदारियों की भी जानकारी लेंगे। इसके बाद होटल इंटरकॉन्टिनेंटल में पुनः कुछ महत्वपूर्ण वन-टू-वन बैठकों का दौर चलेगा, जिसमें निवेश प्रोत्साहन विभाग के साथ मिलकर प्रदेश के प्रतिनिधि संभावित सहयोग की दिशा तय करेंगे। दिन का समापन ‘प्रवासी एवं फ्रेंड्स ऑफ मध्यप्रदेश’ समारोह के साथ होगा, जिसमें मुख्यमंत्री डॉ. यादव यूरोप में बसे प्रवासी भारतीयों, व्यवसायियों और सांस्कृतिक प्रतिनिधियों से आत्मीय संवाद करेंगे। इस आयोजन में मुख्यमंत्री डॉ. यादव प्रदेश के प्रति प्रवासी समुदाय की प्रतिबद्धता को सम्मान देंगे और उन्हें राज्य की विकास यात्रा में सहभागी बनने का आमंत्रण देंगे।  

मुख्यमंत्री यादव का दावा: स्पेन दौरा साबित होगा ऐतिहासिक निवेश उपलब्धि

निवेश के क्षेत्र में मील का पत्थर सिद्ध होगा स्पेन दौरा : मुख्यमंत्री डॉ. यादव स्पेन दौरा बनेगा निवेश का नया अध्याय: डॉ. यादव का बड़ा बयान मुख्यमंत्री यादव का दावा: स्पेन दौरा साबित होगा ऐतिहासिक निवेश उपलब्धि भोपाल मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव ने कहा है कि मध्यप्रदेश में विभिन्न सेक्टर्स में निवेश के लिए निरंतर प्रयास किए जा रहे हैं। इस क्रम में स्पेन का दौरा निवेश के क्षेत्र में मील का पत्थर सिद्ध होगा। मुख्यमंत्री डॉ. यादव ने स्पेन के दौरे के दूसरे दिन और दो देशों की यात्रा के पांचवें दिन मीडिया को जारी संदेश में कहा कि स्पेन के साथ भारत विशेष रूप से मध्यप्रदेश के व्यापारिक तथा औद्योगिक संबंधों को प्रगाढ़ बनाने की पहल हुई है। खाद्य प्रसंस्करण, टेक्सटाइल आदि क्षेत्रों में स्पेन के उद्यमी मध्यप्रदेश में निवेश करें, इन संभावनाओं पर चर्चा की जा रही है। विभिन्न इकाईयों का अवलोकन भी किया जा रहा है। मुख्यमंत्री डॉ. यादव ने आशा व्यक्त की कि निश्चित ही इसके सुखद परिणाम आएंगे। मुख्यमंत्री डॉ. यादव ने कहा कि 18 औद्योगिक नीतियों की जानकारी निवेशकों को दी जा रही है। युवाओं को कार्य का अवसर मिले और राज्य की आर्थिक स्थिति बेहतर हो। उन्होंने कहा कि यशस्वी प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी के संकल्प के अनुसार विकसित भारत के लिए मध्यप्रदेश में अधिक से अधिक निवेश और रोजगार के प्रयास किये जा रहे हैं।  

तकनीकी साझेदारी की पहल: मुख्यमंत्री यादव का सबमर कंपनी में दौरा

मुख्यमंत्री डॉ. यादव ने बार्सिलोना में सबमर कंपनी का किया दौरा मध्यप्रदेश को एआई-रेडी, ग्रीन और सस्टेनेबल डेटा इंफ्रास्ट्रक्चर हब बनाने की दिशा में अहम पहल तकनीकी साझेदारी की पहल: मुख्यमंत्री यादव का सबमर कंपनी में दौरा भोपाल  मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव ने मध्यप्रदेश को भविष्य की जरूरतों के अनुसार तैयार करने और वैश्विक स्तर पर डेटा सेंटर, आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस (AI) तथा ग्रीन इंफ्रास्ट्रक्चर के क्षेत्र में अग्रणी राज्य बनाने के उद्देश्य से गुरुवार को स्पेन के बार्सिलोना में स्थित इमर्शन कूलिंग टेक्नोलॉजी में अग्रणी कंपनी सबमर के मुख्यालय का दौरा किया। मुख्यमंत्री डॉ. यादव ने सबमर की अत्याधुनिक तकनीकों, कार्यप्रणाली और ग्रीन एनर्जी समाधानों का प्रत्यक्ष अवलोकन किया। उन्हें स्मार्ट पोड और माइक्रो पोड जैसी उन्नत तकनीकों के साथ ही कंपनी की डिजाइन एंड बिल्ड क्षमताओं तथा इनोवेशन लैब्स की जानकारी दी गई। सबमर ने बताया कि वह अब तक 400 मेगावॉट से अधिक इमर्शन कूलिंग समाधान विश्वभर में तैनात कर चुकी है और OCP-रेडी ग्रीन कूलिंग सॉल्यूशन प्रदान करने वाली दुनिया की पहली कंपनी है। मुख्यमंत्री डॉ. यादव ने कंपनी के प्रयासों की सराहना करते हुए कहा कि मध्यप्रदेश डेटा सेंटर और एआई इन्फ्रास्ट्रक्चर के क्षेत्र में वैश्विक निवेश के लिए एक नई ऊर्जा और अवसर का केंद्र बन रहा है। सबमर जैसी अग्रणी तकनीकी कंपनियों के साथ साझेदारी से राज्य को नई ऊंचाइयों तक पहुंचाया जा सकता है।" दौरे के दौरान सबमर और मध्यप्रदेश सरकार के बीच संभावित रणनीतिक सहयोग पर चर्चा हुई। कंपनी सबमर को मध्यप्रदेश में तकनीकी सलाहकार और सर्टिफायर के रूप में शामिल कर, नए डेटा सेंटर परियोजनाओं की डिजाइन, सस्टेनेबिलिटी और एआई-रेडिनेस के मानकों को परिभाषित करने में भागीदार बनाया जाएगा। सबमर ने यह भी अवगत कराया कि वह भारत में अपनी कमर्शियल, आरएंडडी और प्रोडक्शन इकाइयों की स्थापना की योजना बना रही है। इसके लिए मध्यप्रदेश को प्राथमिकता देते हुए कंपनी के इंडिया हेड देव त्यागी जुलाई के अंत में मध्यप्रदेश का दौरा करेंगे, जिससे संभावित साझेदारियों को जमीनी स्तर पर आगे बढ़ाया जा सके। मुख्यमंत्री डॉ. यादव की यह यात्रा न केवल तकनीकी नवाचारों के साथ प्रत्यक्ष संवाद का माध्यम बनी, बल्कि यह प्रदेश को ग्रीन और AI-रेडी डेटा इंफ्रास्ट्रक्चर हब के रूप में स्थापित करने की दिशा में एक ठोस कदम भी सिद्ध होगी। 

मोहन यादव सरकार का बड़ा फैसला: एक परीक्षा, कई सरकारी नौकरियों का रास्ता खुलेगा

भोपाल  मध्य प्रदेश शासन के विभिन्न विभागों में होने वाली कर्मचारियों की नियुक्ति का पैटर्न बदलने जा रहा है. अब सरकारी विभागों में होने वाली नियुक्तियां यूपीएससी की तर्ज पर की जाएंगी. यानि कि विभिन्न सरकारी विभागों के लिए अभ्यर्थियों को बार-बार परीक्षा देने की जरुरत नहीं होगी, बल्कि इस परीक्षा के माध्यम से सभी विभागों के विभिन्न रिक्त पदों के लिए एक ही मेरिट लिस्ट तैयार की जाएगी. सामान्य प्रशासन विभाग के वरिष्ठ अधिकारी एक वर्ष में एक ही भर्ती परीक्षा कराए जाने के संबंध में प्रारंभिक दौर की चर्चा कर चुके हैं. इस संबंध अंतिम निर्णय लिया जाना बाकी है. उम्मीदवारों को केवल एक बार देनी होगी फीस एकल भर्ती परीक्षा से अभ्यर्थियों को बार-बार परीक्षा की झंझट से मुक्ति तो मिलेगी ही, साथ ही अलग-अलग विभागों की परीक्षा के लिए बार-बार आवेदन करने और फीस भरने की जरूरत नहीं रहेगी. उम्मीदवारों को परीक्षा की तैयारी करने और स्लॉट चुनने में दिक्कत नहीं होगी. इससे सरकार को बार-बार परीक्षा आयोजित कराने के लिए समय और पैसा बर्बाद नहीं करना पड़ेगा. यदि कोई उम्मीदवार चयनित पद नहीं लेता है, तो वेटिंग लिस्ट के कारण अगला उम्मीदवार तुरंत नियुक्त हो सकेगा. इससे रिक्तियों को बिल्कुल भी नहीं छोड़ना पड़ेगा. मुख्यमंत्री ने बार-बार परीक्षा पर जताई चिंता मध्य प्रदेश कर्मचारी चयन मंडल के डायरेक्टर साकेत मालवीय ने बताया कि "विभिन्न सरकारी विभागों के लिए बार-बार परीक्षाएं आयोजित करने से सबसे अधिक परेशानी अभ्यर्थियों को होती थी. ऐसे में मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव ने भर्ती परीक्षाओं की व्यवस्था को परिवर्तित करने के निर्देश दिए थे. मालवीय ने बताया कि मध्य प्रदेश कर्मचारी चयन मंडल के लिए एसएससी और यूपीएससी की परीक्षाओं का पैटर्न आदर्श है. जिससे यूपीएससी की तरह मध्य प्रदेश के विभिन्न विभागों में भी एकल परीक्षा का आयोजन किया जा सके. जिस तरह संघ लोक सेवा आयोग एक परीक्षा कराता है और विभिन्न श्रेणी के उपलब्ध पदों के लिए मेरिट के हिसाब से चयन होता है. अब यही प्रक्रिया मध्य प्रदेश के सरकारी विभागों में नियुक्ति के लिए अपनाई जाएगी. सभी विभागों में एक जैसे होंगे भर्ती नियम अधिकारियों ने बताया कि एकल परीक्षा प्रणाली में सभी सरकारी विभागों के भर्ती नियम भी अब एक जैसे होंगे. सामान्य प्रशासन विभाग ही इन्हें बनाकर अधिसूचित करने के लिए देगा. यह व्यवस्था इसलिए की जा रही है, ताकि प्रदेश के सभी सरकारी विभागों की नियुक्तियों में एकरूपता रहे. इसमें समान प्रकृति के पदों के लिए एक जैसे नियम हो जाएंगे. साथ ही यह लाभ भी होगा कि परीक्षा कराने वाली एजेंसियों को विज्ञापन निकालते समय विभागीय भर्ती नियम के लिए परेशान नहीं होना पड़ेगा और समय पर विज्ञापन जारी हो जाएंगे. कोर्ट जाने के लिए बाध्य नहीं होंगे अभ्यर्थी अभी मध्य प्रदेश कर्मचारी चयन मंडल की परीक्षाओं में नकल और अनियमितताओं की घटनाएं सामने आती रहती है. लेकिन नई व्यवस्था में पारदर्शिता के लिए नियम से लेकर परीक्षा का पूरा ब्योरा ऑनलाइन रहेगा. अभी राज्य लोक सेवा आयोग के माध्यम से होने वाली परीक्षा में कई चीज सार्वजनिक नहीं की जाती हैं, जिससे अभ्यर्थी कोर्ट चले जाते हैं. परीक्षा परिणाम या चयन सूची पर रोक लगा जाती है. इससे पूरी प्रक्रिया रुक जाती है. आगे ऐसा न हो, इसके लिए सभी जानकारियां ऑनलाइन की जाएंगी, ताकि किसी को सूचना के अभाव में कोई भ्रम या संदेह ना रहे और अभ्यर्थी कोर्ट जाने के लिए बाध्य न हो. नए पैटर्न में इस प्रकार होंगी परीक्षाएं     मध्य प्रदेश शासन के सभी विभागों के लिए साल में एक बार एकल परीक्षा का आयोजन किया जाएगा.     इसमें सभी श्रेणी के पदों के लिए मेरिट के हिसाब से सूची बन जाएगी, लेकिन वेटिंग लिस्ट एक रहेगी.     एकल परीक्षा के लिए सभी विभागों से रिक्त पदों की संख्या साल में एक बार पूछी जाएगी.     सभी विभागों से मिले प्रस्तावों के आधार पर सितंबर महीने में परीक्षा का कैलेंडर तैयार किया जाएगा.     सामान्य प्रशासन विभाग जनवरी 2026 से कर्मचारियों के चयन की यह प्रक्रिया लागू करने की तैयारी में है. इन विभागों में बड़ी संख्या में होगी भर्ती बता दें कि मुख्यमंत्री डा. मोहन यादव ने साल 2024 के जून महीने में आयोजित कैबिनेट बैठक स्वास्थ्य विभाग के 46,491 नए पदों का भर्ती करने का निर्णय लिया था. इसी प्रकार 22 अक्टूबर, 2024 को हुई कैबिनेट की बैठक में महिला एवं बाल विकास विभाग में सहायिका के 12,670 पद और सुपरवाइजर के 467 पदों पर भर्ती को मंजूरी दी गई थी. वहीं बीते 9 जुलाई को हुई कैबिनेट की बैठक में तीनों विद्युत वितरण कंपनियों के लिए 49 हजार 263 नए पदों के सृजन को मंजूरी दी गई है. इन पदों पर भर्ती आने वाले वर्षों में की जाएगी. बता दें कि वर्तमान में मध्य प्रदेश के सरकारी विभागों में 1 लाख 40 हजार पद खाली हैं. सरकार एक साल में इनमें से 27 हजार रिक्त पदों को भरने जा रही है.

वस्त्र उद्योग में नया युग: मध्यप्रदेश बनेगा वैश्विक विनिर्माण का हब – CM डॉ. यादव

भोपाल  मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव की स्पेन यात्रा के दूसरे दिन का फोकस वैश्विक कपड़ा एवं फैशन क्षेत्र के दिग्गजों से निवेश संवाद का रहा। स्पेन के गैलिसिया स्थित इंडिटेक्स मुख्यालय में हुई बैठक में मुख्यमंत्री डॉ. यादव ने मध्यप्रदेश को “हरित, लागत-प्रतिस्पर्धी और ट्रेसिबल उत्पादन हब” के रूप में प्रस्तुत किया। बैठक में इंडीटेक्स समूह के वरिष्ठ अधिकारियों के साथ व्यापारिक साझेदारी और सतत निवेश की संभावनाओं पर विस्तृत चर्चा हुई। मुख्यमंत्री डॉ. यादव ने कहा कि मध्यप्रदेश सरकार टेक्सटाइल क्षेत्र में वैश्विक साझेदारियों के लिए पूरी तरह प्रतिबद्ध है। इंडिटेक्स जैसे प्रतिष्ठित ब्रांड की उपस्थिति से राज्य में आर्थिक विकास, रोजगार सृजन और हरित उत्पादन को गति मिलेगी। हम इस साझेदारी को सभी स्तरों पर समर्थन देने को तत्पर हैं। मध्यप्रदेश टेक्सटाइल सेक्टर के लिए आदर्श स्थान मुख्यमंत्री डॉ. यादव ने बताया कि मध्यप्रदेश देश के शीर्ष कच्चा कपास उत्पादक राज्यों में से एक है, जहाँ सालाना लगभग 18 लाख बेल्स (3 लाख मीट्रिक टन) का उत्पादन होता है। राज्य में 15 से अधिक टेक्सटाइल क्लस्टर हैं इसमें इंदौर, मंदसौर, बुरहानपुर, उज्जैन, नीमच जैसे केंद्र टेक्सटाइल उत्पादन में अग्रणी हैं। पीएम मित्रा पार्क: इंडिटेक्स के लिए सुनहरा अवसर मुख्यमंत्री डॉ. यादव ने बताया कि धार जिले में भारत सरकार की पीएम मित्रा योजना के अंतर्गत विकसित हो रहा टेक्सटाइल मेगा पार्क इंडिटेक्स जैसे वैश्विक ब्रांडों के लिए सस्टेनेबल और इंटीग्रेटेड मैन्युफैक्चरिंग का आदर्श केंद्र बन सकता है।मुख्यमंत्री डॉ यादव ने इस पार्क में गारमेंटिंग यूनिट स्थापित करने का प्रस्ताव रखा। ऑर्गेनिक कॉटन में भागीदारी का आह्वान मुख्यमंत्री डॉ. यादव ने बताया कि मध्यप्रदेश भारत का अग्रणी ऑर्गेनिक कॉटन उत्पादक है। राज्य में यहां विशेषकर निमाड़ और मालवा क्षेत्रों में बहुतायत में कॉटन का उत्पादन होता है। यहाँ GOTS-सर्टिफाइड किसान समूह सक्रिय हैं, जो इंडिटेक्स की सस्टेनेबिलिटी और ट्रेसिबिलिटी नीतियों के लिए आदर्श साझेदार हो सकते हैं। मुख्यमंत्री डॉ. यादव ने फार्मर-टू-फैब्रिक वैल्यू चेन पर इंडिटेक्स के साथ मिलकर काम करने का सुझाव दिया। ESG फ्रेमवर्क में मेल-जोल मुख्यमंत्री डॉ. यादव ने बताया कि मध्यप्रदेश सरकार (ईएसजी) (Environment, Social, Governance) मूल्यों को बढ़ावा देती है। वॉटर रिसायक्लिंग, वेस्ट मैनेजमेंट और डीसेंट वर्क स्टैंडर्ड्स राज्य में लागू हैं। इंडिटेक्स की जिम्मेदार सोर्सिंग नीति के साथ मध्यप्रदेश की दृष्टि पूरी तरह से मेल खाती है। निर्यात और वैश्विक संभावनाएँ मुख्यमंत्री डॉ. यादव ने बताया कि राज्य से टेक्सटाइल और गारमेंट का वार्षिक निर्यात 7 हजार करोड़ रूपये से अधिक है, जिसमें यूरोपीय संघ प्रमुख है। उन्होंने बताया कि इंडिटेक्स जैसे ब्रांड की साझेदारी से यह आंकड़ा 10 हजार करोड़ रूपये तक पहुँच सकता है, जिससे स्थानीय रोजगार और महिला सशक्तिकरण को भी बल मिलेगा। नीतिगत समर्थन और लॉजिस्टिक सुविधा मुख्यमंत्री डॉ. यादव ने राज्य की नवीन औद्योगिक एवं निर्यात नीति – 2025 की विशेषताओं को साझा किया, जिसमें भूमि पर 90% सब्सिडी, मशीनरी पर 40% पूंजी सहायता, ग्रीन टेक्नोलॉजी पर 50% सहायता और ऋण पर ब्याज सब्सिडी आदि शामिल हैं। इंडीटेक्स को साझेदारी का निमंत्रण मुख्यमंत्री डॉ. यादव ने इंडिटेक्स को आमंत्रण दिया कि वह पीएम मित्रा पार्क में सप्लाई चेन एंकर के रूप में भागीदारी बने। उन्होंने एक ऑर्गेनिक कॉटन ट्रेसिंग प्लेटफॉर्म और ई एस जी सर्टिफाइड एमएसएमई के साथ वेंडर डेवेलपमेंट प्रोग्राम प्रारंभ करने का सुझाव भी दिया। उल्लेखनीय है किस्पेन की Inditex (Industria de Diseño Textil S.A.) दुनिया की बड़ी फैशन रिटेल कंपनियों में से एक है। इसके अंतर्गत ज़ारा, मैसिमो दुत्ती, बेरशका, बुल एंड बीयर जैसे प्रसिद्ध ब्रांड्स हैं। कंपनी का मुख्यालय गैलिसिया के आर्तेइशो में है। यह अपने फास्ट फैशन मॉडल, ट्रेसिबल सप्लाई चेन और टिकाऊ प्रथाओं के लिए प्रसिद्ध है। भारत में इंडिटेक्स, टाटा समूह के साथ ज़ारा और मैसिमो दुत्ती ब्रांड्स के माध्यम से कार्यरत है।  

इंदौर सुपर स्वच्छ लीग सिटीज़ श्रेणी में देश के सबसे स्वच्छ शहर के रूप में सम्मानित

मध्यप्रदेश अब स्वच्छता में देश का बना अग्रदूत : मुख्यमंत्री डॉ. यादव स्वच्छ सर्वेक्षण-2024 में मध्य प्रदेश फिर अव्वल : मुख्यमंत्री डॉ. यादव इंदौर सुपर स्वच्छ लीग सिटीज़ श्रेणी में देश के सबसे स्वच्छ शहर के रूप में सम्मानित 10 लाख से अधिक जनसंख्या वाले स्वच्छ शहरों में भोपाल दूसरे, जबलपुर 5वें और ग्वालियर 14वें स्थान पर 3 से 10 लाख जनसंख्या श्रेणी में उज्जैन, देश के शीर्ष शहरों में शामिल ग्वालियर को मिला प्रॉमिसिंग शहर का स्टेट अवार्ड 50 हजार से 3 लाख जनसंख्या वाले स्वच्छ शहरों में देवास प्रथम स्थान पर मुख्यमंत्री ने दी प्रदेशवासियों और नगरीय निकायों को बधाई भोपाल  मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव ने कहा है कि राष्ट्रपति श्रीमती द्रौपदी मुर्मु द्वारा स्वच्छ सर्वेक्षण-2024 के सम्मान समारोह में इंदौर को 'सुपर स्वच्छ लीग सिटीज़' श्रेणी में देश के सबसे स्वच्छ शहर के रूप में सम्मानित किया जाना प्रदेशवासियों के लिए अत्यंत गर्व का विषय है। उल्लेखनीय है कि विगत 7 वर्षों से स्वच्छ शहरों की श्रेणी में इंदौर ने शीर्ष स्थान प्राप्त किया था। इंदौर के साथ भोपाल, देवास, शाहगंज, जबलपुर, ग्वालियर, उज्जैन एवं बुधनी को भी विभिन्न श्रेणियों में स्वच्छता पुरस्कार प्राप्त होना इस बात का प्रमाण है कि पूरा मध्यप्रदेश अब स्वच्छता में देश का अग्रदूत बन चुका है। मुख्यमंत्री डॉ. यादव ने इस सफलता के लिए प्रदेश के समस्त स्थानीय निकायों के नागरिकों, विशेषकर स्वच्छताकर्मियों, जनप्रतिनिधियों एवं संबंधित अधिकारियों को हार्दिक बधाई एवं शुभकामनाएं दी हैं। मुख्यमंत्री डॉ. यादव ने गुरुवार को स्पेन यात्रा के दूसरे दिन जारी संदेश में यह बात कही। मुख्यमंत्री डॉ. यादव ने इस उपलब्धि पर प्रसन्नता व्यक्त करते हुए कहा कि मध्यप्रदेश ने हमेशा की तरह एक बार फिर टॉप किया है। प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी के मार्गदर्शन में सभी राज्यों को स्वच्छता की प्रतिस्पर्धा में शामिल होने का अवसर मिला है। उन्होंने बताया कि स्वच्छता की विभिन्न श्रेणियों में अग्रणी शहरों की एक लीग बनाई गई, जिसमें इंदौर को शीर्ष स्थान मिला। इंदौर स्वच्छ सर्वेक्षण पुरस्कार-2024 में 10 लाख से अधिक जनसंख्या वाले शहरों की नवीन श्रेणी "स्वच्छ लीग अवार्ड" में सर्वश्रेष्ठ शहर बना है। धार्मिक नगरी उज्जैन को स्वच्छ लीग अवार्ड मुख्यमंत्री डॉ. यादव ने कहा कि स्वच्छ लीग अवार्ड में धार्मिक नगरी उज्जैन को 3 से 10 लाख जनसंख्या वाले शहरों की श्रेणी में शीर्ष स्थान मिला है। इसी प्रकार 20 हजार से कम आबादी वाले शहरों में बुदनी सर्वश्रेष्ठ शहर बना है। जबकि 10 लाख से अधिक जनसंख्या वाले स्वच्छ शहरों में भोपाल दूसरे, जबलपुर पांचवें और ग्वालियर 14वें स्थान पर रहा है। स्वच्छ सर्वेक्षण 2024 में स्वच्छता में प्रॉमिसिंग शहर का स्टेट अवार्ड ग्वालियर को मिला। पचास हजार से तीन लाख जनसंख्या वाले स्वच्छ शहरों में देवास प्रथम स्थान पर रहा। उल्लेखनीय है कि मध्यप्रदेश की राजधानी भोपाल देश की सबसे स्वच्छ राजधानी पहले ही बन चुका है।  

मुख्यमंत्री डॉ. यादव ने चीफ जस्टिस न्यायमूर्ति संजीव सचदेवा को दी बधाई

भोपाल  मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव ने मध्यप्रदेश उच्च न्यायालय के 29वें मुख्य न्यायाधिपति की शपथ लेने पर न्यायमूर्ति संजीव सचदेवा को बधाई दी है। मुख्यमंत्री डॉ. यादव ने कहा कि उनका अनुभव, न्याय के प्रति प्रतिबद्धता, दूरदृष्टि और अनुशासन निश्चित ही भारतीय न्याय व्यवस्था को और अधिक सुदृढ़ बनाएगा। मुख्यमंत्री डॉ. यादव ने सोशल मीडिया पर जारी अपने संदेश में कहा कि सचदेवा अपने कार्यकाल में संवैधानिक मूल्यों की रक्षा, मौलिक अधिकारों की प्रतिष्ठा और शीघ्र एवं निष्पक्ष न्याय सुनिश्चित करने में महत्वपूर्ण भूमिका का निर्वहन करें तथा न्याय एवं संविधान की गरिमा को नई दिशा दें, यही शुभकामनाएं हैं।