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मप्र में निवेश को लेकर दुबई के निवेशक उत्साहित, निवेश की संभावनाओं पर हुआ व्यापक संवाद

मुख्यमंत्री डॉ. यादव ने की दुबई के निवेशकों से वन-टू-वन चर्चा मुख्यमंत्री डॉ. यादव ने निवेशकों को बताया मध्यप्रदेश है निवेश के लिए श्रेष्ठ गंतव्य मप्र में निवेश को लेकर दुबई के निवेशक उत्साहित, निवेश की संभावनाओं पर हुआ व्यापक संवाद भोपाल मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव की दुबई निवेश यात्रा के दौरान सोमवार को अंतरराष्ट्रीय स्तर के निवेशकों और औद्योगिक समूहों से वन-टू-वन चर्चा हुई, जिसमें मध्यप्रदेश में बहु-क्षेत्रीय निवेश की संभावनाओं पर व्यापक और सकारात्मक संवाद हुआ। मुख्यमंत्री डॉ. यादव ने गल्फ इस्लामिक इन्वेस्टमेंट्स (GII) के सह-संस्थापक एवं सह-सीईओ श्री पंकज गुप्ता से मुलाकात कर स्वास्थ्य सेवा, लॉजिस्टिक्स पार्क, औद्योगिक रियल एस्टेट, शिक्षा, खाद्य प्रसंस्करण एवं निर्माण क्षेत्र में संभावित निवेश पर चर्चा की। जीआईआई एक शरिया-संगत वैकल्पिक निवेश फर्म है जो वैश्विक स्तर पर विविध क्षेत्रों में निवेश करती है और अब मध्यप्रदेश में निवेश को लेकर गंभीरता से विचार कर रही है। मुख्यमंत्री डॉ. यादव ने टाटा समूह के कॉरपोरेट अफेयर्स एवं ग्रोथ (MENA रीजन) प्रमुख श्री अंकुर गुप्ता से भी मुलाकात की। चर्चा में आईटी, ऊर्जा, स्टील, ऑटोमोबाइल, एयरलाइंस, उपभोक्ता उत्पाद और हॉस्पिटैलिटी जैसे क्षेत्रों में निवेश की संभावनाओं पर बात हुई। मुख्यमंत्री ने टाटा समूह को मध्यप्रदेश में रणनीतिक निवेश केंद्र स्थापित करने हेतु आमंत्रित करते हुए राज्य की उद्योग-अनुकूल नीतियों और त्वरित अनुमतियों की जानकारी दी। गल्फ महाराष्ट्र बिजनेस फोरम (GMBF) के अध्यक्ष डॉ. सुनील मांजरेकर के साथ बैठक में GMBF द्वारा मध्यप्रदेश को अंतरराष्ट्रीय बाजारों से जोड़ने, निर्यात बढ़ाने और व्यापारिक प्रतिनिधिमंडलों से सीधे संवाद के लिए मंच प्रदान करने सार्थक चर्चा हुई। मुख्यमंत्री ने GMBF की ग्लोबल कनेक्ट सीरीज़ के माध्यम से प्रदेश के उद्यमियों को वैश्विक मंच उपलब्ध कराने पर प्रसन्नता जताई। मुख्यमंत्री डॉ. यादव से बीडीओ एज के हेड ऑफ एडवायजरी श्री शिवेंद्र झा ने भेंट कर भोपाल में 150-सीटर ग्लोबल केपेबिलिटी सेंटर की स्थापना और इंदौर में प्रस्तावित दूसरा डिजिटल सेंटर की जानकारी साझा की। यह केंद्र डिजिटल व परामर्श सेवाओं में रोजगार सृजन करेगा। साथ ही अगले तीन वर्षों में 800-1000 उच्च-कुशल नौकरियों के सृजन का लक्ष्य है। शराफ डीजी ग्रुप के चेयरमैन श्री इब्राहिम शराफ के साथ हुई बैठक में मध्यप्रदेश में 30-50 मिलियन अमेरिकी डॉलर की लागत से रेल साइडिंग लॉजिस्टिक्स पार्क की स्थापना का प्रस्ताव प्रस्तुत किया गया, जिससे राज्य में 300 से 600 प्रत्यक्ष और अप्रत्यक्ष रोजगार सृजित होंगे। मुख्यमंत्री डॉ. यादव ने एस्सार अल घुरैर इन्वेस्टमेंट के प्रतिनिधि श्री योसेफ अल गुरैर से मुलाकात कर खाद्य प्रसंस्करण, खाद्य तेल शोधन इकाई और कोल्ड चेन वेयरहाउस परियोजनाओं पर विचार-विमर्श किया। समूह ने राज्य के किसानों से दीर्घकालिक अनुबंधों के माध्यम से कृषि क्षेत्र को मजबूती देने की इच्छा जताई। कोनेरिस ग्रुप के सीईओ श्री भरत भाटिया ने मध्यप्रदेश में USD 75 मिलियन लागत से स्टील प्लांट की स्थापना की योजना मुख्यमंत्री डॉ. यादव के समक्ष रखी। कंपनी पहले से ही 26 देशों में स्टील उत्पाद भेजती है और भारत में अपनी उपस्थिति राज्य के माध्यम से बढ़ाना चाहती है। एतिसालात ग्रुप के सीईओ श्री खालिद मुर्शिद से स्मार्ट सिटी, 5G नेटवर्क, टेलीमेडिसिन, डिजिटल हेल्थ और डिजिटल स्किल डवलपमेंट के क्षेत्रों में निवेश प्रस्ताव रखें। कंपनी 16 से अधिक देशों में कार्यरत है और मध्यप्रदेश को तकनीकी रूप से सशक्त बनाने में रुचि रखती है। ब्रावो फार्मास्युटिकल्स के निदेशक श्री राकेश पांडेय ने फार्मा निर्माण और निर्यात को लेकर निवेश रुचि दिखाई, वहीं स्मार्ट स्टार्ट फंड के श्री प्रशांत गुलाटी ने आईटी और वित्तीय सेवाओं से जुड़े स्टार्टअप्स को मध्यप्रदेश में प्रोत्साहित करने की बात कही। अनलाह वेंचर पार्टनर्स के हितेश धनकानी ने म्यूचुअल फंड, बीमा और इक्विटी सेवाओं में निवेश की योजना साझा की और स्पैन कम्युनिकेशन्स के सीईओ श्री नरेश खेतरपाल ने राज्य में पर्यटन, नेचुरोपैथी रिसॉर्ट और क्रूज़ टूरिज्म को प्रोत्साहित करने हेतु 500 करोड़ रूपये निवेश के साथ 100-150 रोजगार सृजन की संभावना जताई। वहीं, ब्लूवर्स इंडिया के श्री रुशांग शाह ने पर्यावरण-अनुकूल वाहन धुलाई तकनीक और जल संरक्षण आधारित समाधान लाने की योजना साझा की। मुख्यमंत्री डॉ. यादव ने सभी निवेशकों को आश्वस्त किया कि मध्यप्रदेश सरकार उन्हें हर संभव सहायता, नीति समर्थन और त्वरित अनुमतियाँ प्रदान करेगी। उन्होंने कहा कि राज्य की औद्योगिक नीतियाँ, प्रशिक्षित कार्यबल, प्राकृतिक संसाधन और लॉजिस्टिक्स इंफ्रास्ट्रक्चर निवेशकों के लिए अनुकूल वातावरण प्रदान करते हैं। यह यात्रा मध्यप्रदेश को वैश्विक निवेश नक्शे पर और सशक्त रूप से स्थापित करने की दिशा में एक ऐतिहासिक कदम साबित हो रही है।  

मुख्यमंत्री डॉ. यादव ने दुबई में इन्वेस्ट इन मध्यप्रदेश बिजनेस फोरम के विशेष सत्र को किया संबोधित

एमपी के दरवाजे सभी के लिये खुले है, हर सेक्टर में निवेशकों का स्वागत है : मुख्यमंत्री डॉ. यादव मध्यप्रदेश में आने वाले उद्यमियों को प्रोत्साहनकारी नीतियों के अतिरिक्त भी देंगे विशेष सुविधाएं दुबई में इन्वेस्ट इन मध्यप्रदेश बिजनेस फोरम के विशेष सत्र को किया संबोधित भोपाल मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव ने कहा है कि यशस्वी प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी का गरीब से गरीब आदमी को सम्पन्न बनाने का संकल्प है। बदलते दौर का भारत प्रधानमंत्री मोदी के गत 11 वर्ष के कार्यकाल में लिए गए ऐतिहासिक निर्णयों का प्रमाण है। मध्यप्रदेश सरकार प्रधानमंत्री जी के संकल्प की पूर्ति के लिए उद्योग और अर्थ-व्यवस्था के क्षेत्र में भारत के निरंतर सशक्त होने में पूरी तरह सहभागी है। उद्योगपतियों को मध्यप्रदेश में निवेश के लिए प्रोत्साहनकारी नीतियों का लाभ देने के साथ ही नीतियों से हटकर भी अतिरिक्त सुविधाएं देने का कार्य किया जाएगा। मुख्यमंत्री डॉ. यादव सोमवार को दुबई में इन्वेस्ट इन मध्यप्रदेश बिजनेस- फोरम के विशेष सत्र को संबोधित कर रहे थे। मुख्यमंत्री डॉ. यादव ने दुबई के उद्योगपतियों को मध्यप्रदेश में पर्यटन,टेक्सटाइल और एमएसएमई सहित अन्य सेक्टर्स में निवेश के लिए आमंत्रित किया। मुख्यमंत्री डॉ. यादव ने कहा कि उद्यमशीलता यह है कि उद्यमी न करे धनसंग्रहित बल्कि उस धन को उद्यम में लगाकर अपने व्यवसाय को और बढ़ाएं। इससे व्यापार कई गुना बढ़ जाता है। व्यापार की यह समझ दुबई के उन उद्योगपतियों में है जो भारतीय हैं और इस देश के विकास में विशेष सहयोगी हैं। टेक्समास टेक्सटाइल क्षेत्र देखकर सुखद अनुभव हुआ है, यहां योजना पक्ष की श्रेष्ठता देखने को मिली है। यह मॉडल मध्यप्रदेश में भी लागू करने का प्रयास रहेगा। मुख्यमंत्री डॉ. यादव ने कहा कि मध्यप्रदेश सभी सेक्टर के निवेशकों का स्वागत कर रहा है। हम इसी उद्देश्य से दुबई आए हैं। केंद्र और राज्य सरकार गरीब से गरीब की जिंदगी बेहतर करने के लिए कार्य कर रही है। प्रदेश के किसानों को उनकी फसलों का उचित दाम दिला पाएं, इसके लिए सरकार सभी दायित्वों का निर्वहन कर रही है। उद्योगपतियों के आगे बढ़ने के पीछे भारतीय संस्कृति और खान-पान की बड़ी भूमिका है। मध्यप्रदेश के दरवाजे सभी के लिए खुले हैं। राज्य सरकार दीर्घकालिक प्रगति के उद्देश्य से कार्य कर रही है। मुख्यमंत्री डॉ. यादव ने कहा कि मध्यप्रदेश में निवेश के जो लाभ हैं उनके बारे में मध्यप्रदेश सरकार के वरिष्ठ अधिकारियों ने विस्तारपूर्वक जानकारी दी है। भारत के साथ दुबई के परस्पर प्रगाढ़ व्यापारिक संबंध हैं। दुबई का इतिहास देखें तो 19वीं सदी में यह मत्स्य पालन और मत्स्य आखेट का प्रमुख केंद्र रहा है। वर्ष 1950 से 1970 के मध्य तेल की उपलब्धता ने इस क्षेत्र को बदल दिया। आज दुबई गगनचुम्बी अट्टालिकाओं के कारण जाना जाता है। यूएई की वर्तमान दशा में विश्व बंधुत्व का भाव भी शामिल है। वस्तुत: यह भारतीय दर्शन है। अरब के इस क्षेत्र ने हमारी भावना को अंगीकार किया है। यहां बड़ी संख्या में भारतीय रहते हैं जो कहीं भी जाकर समरस हो जाते हैं। अधिकांश बड़े आईआईटी या आईआईएम से शिक्षित नहीं हैं लेकिन उनकी जिंदगी के अनुभव इन डिग्रियों से महत्वपूर्ण हैं। मुख्यमंत्री डॉ. यादव ने कहा कि आज दुबई में भारत के मसालों की महक और व्यंजन का लाभ लेने का भी अवसर मिला इसकी कोई तुलना नहीं है। अब मेट्रो और बुलेट ट्रेन दुबई की पहचान है। मुख्यमंत्री डॉ. यादव ने कहा कि धन दौलत के साथ मन का प्रेम भी महत्वपूर्ण है। यहां बसे भारतीयों से ऐसा ही स्नेह मिला। दुबई पर ईश्वर का विशेष आशीर्वाद भी देखने को मिलता है। आपरेशन सिंदूर की सफलता मुख्यमंत्री डॉ. यादव ने कहा कि बदलते दौर में डिजिटल युग से दुनिया छोटी हो गई है। बिना हिले -डुले करोड़ों का व्यवसाय किया जा सकता है। यही परिवर्तन युद्ध क्षेत्र में भी देखने को मिला है। प्रधानमंत्री मोदी ने अपरेशन सिंदूर के माध्यम से यह संकल्प दुनिया को दिखा दिया कि हम शत्रु के घर जाकर उसे मार सकते हैं। प्रधानमंत्री मोदी ने जीयो और जीने का संदेश भी दिया है। भारत का विरोध किसी देश से न होकर आतंकवादियों से है। गरीबों को सम्पन्न बनाने के लिए चाहिए व्यापार की समझ मुख्यमंत्री डॉ.यादव ने कहा कि प्रधानमंत्री मोदी ने 2014 से लेकर वर्ष 2025 तक दुबई के साथ द्वि-पक्षीय संबंध विकसित किए हैं। गरीबों को सम्पन्न बनाने के लिए व्यापार की समझ होना चाहिए। इस दिशा में प्रधानमंत्री मोदी निरंतर महत्वपूर्ण कदम उठा रहे हैं। उन्होंने 90 प्रतिशत कस्टम ड्यूटी फ्री करने का कार्य किया। दुबई से उन्होंने दुनिया के द्वार खोले जो एक उदाहरण है। आज अन्य देश भी दुबई मॉडल के साक्षी बन रहे हैं। मुख्यमंत्री डॉ.यादव ने कहा कि फूड चैन सप्लाई से लेकर अन्य क्षेत्रों में मध्यप्रदेश के दुबई से मजबूत संबंध रहेंगे। भारत की अर्थव्यवस्था पिछले दस वर्ष में बदल गई है। भारत जहां 11वें स्थान पर था अब तीसरी बड़ी अर्थव्यवस्था बन रहा है। एविएशन सेक्टर में टाटा संस्थान ने मजबूती प्रदान की है। भारत में भी मेट्रो और वंदेभारत से आगे बढ़कर अहमदाबाद से मुम्बई के मध्य बुलेट ट्रेन शुरू हो रही है। प्रधानमंत्री मोदी ने भारत का सोना जो अन्य देशों में था उसे वापस लाने का बड़ा कार्य भी किया है। इस तरह भारत की साख बढ़ाने का कार्य सक्षम प्रधानमंत्री मोदी जी कर रहे हैं। किसान कल्याण मुख्यमंत्री डॉ. यादव ने कहा कि मध्यप्रदेश में गेहूं और अन्य फसलों पर‍किसानों को अच्छी कीमत देने के लिए रणनीति तैयार की गई। किसान का उत्पादन उन क्षेत्रों तक पहुंचे जहां बेहतर दाम मिल सकता है। मध्यप्रदेश में कुशल श्रमिकों की उपलब्धता भी है। यहां कृषि और खाद्य प्रसंस्करण क्षेत्र में भी दुबई सहित अन्य देशों के उद्यमी आकर्षित हो रहे हैं। इससे पहले अपर मुख्य सचिव विज्ञान एवं प्रोद्योगिकी संजय दुबे ने कहा कि भारत तकनीकी क्षेत्र में तेज़ी से अग्रणी बन रहा है। मध्यप्रदेश सहित पूरे देश में टेक्नोलॉजी की लहर चल रही है। इंदौर और भोपाल जैसे टियर-2 शहरों में तकनीकी प्रतिभा और आधारभूत संरचना दोनों उपलब्ध हैं। मध्यप्रदेश में ईज ऑफ लिविंग, ईज ऑफ डूइंग बिजनेस, स्वच्छ वातावरण, ट्रांसपोर्टेशन समय में कमी, तकनीकी दक्ष युवा सहित कई सुविधाएं मौजूद है, जो राज्य को देश में तकनीकी क्षेत्र में अग्रणी … Read more

दुबई में एक वार्षिक ‘MP-JITO निवेश फोरम’ की स्थापना करने पर भी विचार

दुबई यात्रा का दूसरा दिन मुख्यमंत्री डॉ. यादव ने दुबई में JITO प्रतिनिधियों से किया संवाद मुख्यमंत्री डॉ. यादव ने स्किलिंग, नवकरणीय ऊर्जा, टेक्नोलॉजी व संयुक्त निवेश फोरम की संभावनाओं पर चर्चा   दुबई में एक वार्षिक 'MP-JITO निवेश फोरम' की स्थापना करने पर भी विचार  भोपाल मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव ने दुबई प्रवास के दूसरे दिन जैन इंटरनेशनल ट्रेड ऑर्गेनाइजेशन (JITO) के प्रतिनिधियों के साथ निवेश और सहयोग को लेकर व्यापक चर्चा की। उन्होंने मध्यप्रदेश को वैश्विक निवेश, स्किलिंग और टेक्नोलॉजी के क्षेत्र में अग्रणी बनाने के सरकार के विजन को साझा किया और JITO समुदाय को प्रदेश की औद्योगिक प्रगति का भागीदार बनने के लिए आमंत्रित किया। मुख्यमंत्री डॉ. यादव ने कहा कि मध्यप्रदेश आज लॉजिस्टिक्स कनेक्टिविटी, स्थायित्व, दक्ष मानव संसाधन और अनुकूल औद्योगिक नीतियों के कारण निवेश के लिए देश का सर्वाधिक उपयुक्त राज्य बन चुका है। सरकार निवेशकों को न केवल आकर्षित कर रही है, बल्कि ज़मीन आवंटन से लेकर परियोजनाओं के क्रियान्वयन तक सक्रिय सहयोगी की भूमिका भी निभा रही है। बैठक के दौरान मध्यप्रदेश और JITO के बीच संभावित सहयोग के अनेक बिंदु पर चर्चा हुई जिनमें दुबई में एक वार्षिक 'MP-JITO निवेश फोरम' की स्थापना करने पर भी विचार किया गया। इस फोरम के माध्यम से मध्यप्रदेश की लॉजिस्टिक्स, औद्योगिक पार्क, इलेक्ट्रिक वाहन, फूड प्रोसेसिंग और सेमीकंडक्टर जैसी प्रमुख परियोजनाओं को वैश्विक मंच पर प्रस्तुत किया जा सकेगा। मुख्यमंत्री डॉ. यादव ने इस अवसर पर JITO प्रतिनिधियों को आगामी निवेश फोरम के आयोजन का आमंत्रण दिया। मुख्यमंत्री डॉ. यादव ने बताया कि राज्य की नवीन लॉजिस्टिक्स नीति न केवल निर्यातकों को प्रोत्साहित करती है, बल्कि अधोसंरचना डेवलपर्स के लिए भी अनेक प्रावधान किए गए हैं। मुख्यमंत्री डॉ. यादव ने JITO से जुड़े टेक्सटाइल और फूड सेक्टर के कॉरपोरेट्स को उज्जैन, मंदसौर और बसई जैसे क्षेत्रों में ग्रीनफील्ड प्रोजेक्ट्स में भागीदारी के लिए आमंत्रित किया है। मुख्यमंत्री डॉ. यादव ने सुझाव दिया कि दुबई स्थित कौशल विकास संस्थान मध्यप्रदेश के ग्लोबल स्किल पार्क के साथ मिलकर संयुक्त प्रशिक्षण कार्यक्रम संचालित करे, जिससे उद्योगों को कुशल मानव संसाधन मिल सके। उन्होंने यह भी कहा कि राज्य सरकार ODOP यानि वन डिस्ट्रिक्ट, वन प्रोडक्ट के तहत दालें, तिलहन और प्रोसेस्ड फूड जैसे कृषि उत्पादों को वैश्विक बाज़ारों तक पहुँचाने के लिए JITO उद्यमियों के साथ समन्वय को प्राथमिकता दे रही है। बैठक के दौरान नवीकरणीय ऊर्जा और ड्रोन जैसे भविष्य के उद्योगों पर भी बातचीत हुई। मुख्यमंत्री ने JITO से जुड़ी क्लीनटेक कंपनियों को प्रदेश में पायलट प्रोजेक्ट्स शुरू करने के लिये आमंत्रित किया और बताया कि राज्य की नवकरणीय ऊर्जा नीति इन क्षेत्रों में नवाचार को बढ़ावा देती है। मुख्यमंत्री डॉ. यादव ने यह भी उल्लेख किया कि हाल ही में संपन्न ग्लोबल इन्वेस्टर्स समिट के दौरान मध्यप्रदेश को मिले ऐतिहासिक निवेश प्रस्तावों के बाद अब सरकार प्रभावी क्रियान्वयन की दिशा में तेज़ी से आगे बढ़ रही है। उन्होंने कहा कि प्रदेश में निवेश केवल आर्थिक अवसर नहीं, बल्कि सामाजिक दायित्व भी है, जहां नए उद्यम, रोजगार और नवाचार को साकार रूप मिलेगा। बैठक में JITO के पदाधिकारी, टेक्नोलॉजी विशेषज्ञ और प्रमुख उद्यमी उपस्थित रहे। उन्होंने मुख्यमंत्री को आश्वस्त किया कि वे मध्यप्रदेश में स्किलिंग, टेक्नोलॉजी इनक्यूबेशन और सामाजिक परियोजनाओं में सक्रिय भूमिका निभाएंगे। JITO प्रतिनिधियों ने प्रदेश के साथ दीर्घकालिक औद्योगिक संबंधों में रुचि जताई और एक विस्तृत निवेश संवाद आयोजित करने का प्रस्ताव भी मुख्यमंत्री को सौंपा।  

मुख्यमंत्री डॉ. यादव ने औद्योगिक, अधोसंरचना, स्वास्थ्य, शिक्षा और पर्यटन जैसे क्षेत्रों में संयुक्त प्रयासों की आवश्यकता पर बल दिया

दुबई प्रवास का दूसरा दिन भारतीय दूतावास स्तर पर स्थाई संपर्क तंत्र विकसित करने पर सहमति मध्यप्रदेश की छवि ब्रांड इंडिया के अंतर्गत वैश्विक स्तर पर स्थापित करें : मुख्यमंत्री डॉ. यादव मुख्यमंत्री डॉ. यादव ने औद्योगिक, अधोसंरचना, स्वास्थ्य, शिक्षा और पर्यटन जैसे क्षेत्रों में संयुक्त प्रयासों की आवश्यकता पर बल दिया एमपी डे से लेकर ईवी और पर्यटन तक कई सेक्टर्स पर हुई चर्चा मुख्यमंत्री डॉ. यादव से कॉउन्सल जनरल ने की चर्चा भोपाल  मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव के तीन दिवसीय दुबई दौरे के दूसरे दिन की शुरुआत भारतीय कॉउन्सल जनरल श्री सतीश कुमार सिवन द्वारा आयोजित ब्रेकफास्ट ब्रीफिंग से हुई। बैठक में भारतीय दूतावास स्तर पर एक स्थाई संपर्क तंत्र विकासित किये जाने पर  सहमति बनी जिससे मध्यप्रदेश और यूएई के बीच संस्थागत संवाद के निरंतरता बने रहे। मुख्यमंत्री डॉ. यादव ने कहा कि मध्यप्रदेश की छवि ब्रांड इंडिया के अंतर्गत वैश्विक स्तर पर सशक्त रूप से प्रस्तुत करने में भारतीय मिशन की निर्णयाक भूमिका हो सकती है। ताज बिजनेस बे स्थित बॉम्बे ब्रैसरी में इस मुलाकात में मुख्यमंत्री डॉ. यादव को यूएई में भारत की विभिन्न गतिविधियों और संभावित सहयोग क्षेत्रों की जानकारी दी गई। बैठक के दौरान जिन विषयों पर प्रमुखता से चर्चा हुई, उनमें मध्यप्रदेश प्रवासी व्यवसायियों को निवेश के लिए प्रेरित करने के विशेष प्रयास, दुबई-मध्यप्रदेश के बीच सांस्कृतिक एवं धार्मिक पर्यटन को बढ़ावा देने की संभावनाएं और दुबई में “एमपी डे” आयोजित करने के लिए भारतीय मिशन की भागीदारी जैसे अहम विषय शामिल रहे। मुख्यमंत्री डॉ. यादव ने औद्योगिक, अधोसंरचना, स्वास्थ्य, शिक्षा और पर्यटन जैसे क्षेत्रों में संयुक्त प्रयासों की आवश्यकता पर बल दिया। बैठक में यह भी चर्चा हुई कि दुबई के प्रमुख औद्योगिक समूहों से मध्यप्रदेश उद्योग विभाग के सीधे संपर्क के लिए मिशन स्तर पर समन्वय किया जाएगा। साथ ही कृषि, टेक्सटाइल, ईवी, लॉजिस्टिक्स और पर्यटन जैसे प्राथमिक क्षेत्रों में कॉन्सुलेट की अगुवाई में सेक्टर-विशेष राउंडटेबल आयोजित करने का प्रस्ताव रखा गया। मुख्यमंत्री डॉ. यादव ने इन सभी प्रस्तावों को सकारात्मक दृष्टिकोण के साथ लिया। कॉउन्सल जनरल श्री सिवन ने जानकारी दी कि दुबई में कार्यरत मध्यप्रदेश मूल के सूक्ष्म, लघु एवं मध्यम उद्यम से जुड़े व्यवसायियों की पहचान कर उन्हें प्रदेश सरकार की अनुकूल नीतियों से जोड़ा जा सकता है। तकनीकी शिक्षा और कौशल विकास के क्षेत्र में भी सहयोग की संभावनाएं रेखांकित की गईं, जिसमें विशेष रूप से इलेक्ट्रिक व्हीकल्स और सौर ऊर्जा से जुड़ी संस्थाएँ शामिल हैं। मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव ने इन सभी प्रस्तावों को सकारात्मक दृष्टिकोण के साथ लिया और कहा कि मध्यप्रदेश की छवि को ब्रांड इंडिया के अंतर्गत वैश्विक स्तर पर सशक्त रूप से प्रस्तुत करने में भारतीय मिशन की भूमिका निर्णायक हो सकती है। ब्रीफिंग के दौरान अपर मुख्य सचिव नगरीय विकास एवं आवास श्री संजय दुबे, प्रमुख सचिव औद्योगिक नीति एवं निवेश प्रोत्साहन श्री राघवेंद्र सिंह, प्रमुख सचिव पर्यटन एवं संस्कृति श्री शिवशेखर शुक्ला, सचिव एवं आयुक्त जनसंपर्क डॉ. सुदाम खाड़े सहित अन्य अधिकारी उपस्थित रहे।

मुख्यमंत्री डॉ. यादव ने कहा MP में एयर एंबुलेंस फ्लाइट सेक्टर में अच्छी संभावना

मुख्यमंत्री डॉ. यादव की दुबई में शेख अहमद बिन सईद अल मकतूम से भेंट मध्यप्रदेश बनेगा एविएशन और लॉजिस्टिक हब, क्षेत्रीय कार्गो हब के प्रस्ताव पर बनी सहमति मुख्यमंत्री डॉ. यादव ने कहा MP में एयर एंबुलेंस फ्लाइट सेक्टर में अच्छी संभावना भोपाल  दुबई यात्रा का दूसरा दिन मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव ने दुबई यात्रा के दौरान एमिरेट्स एयरलाइंस और दुबई सिविल एविएशन अथॉरिटी के चेयरमैन शेख अहमद बिन सईद अल मकतूम के साथ महत्वपूर्ण बैठक की। बैठक मध्यप्रदेश और यूएई के बीच उड्डयन संबंधों को सुदृढ़ करने की दिशा में एक अहम पड़ाव साबित हुई। मुख्यमंत्री डॉ. यादव ने कहा कि एयर एंबुलेंस फ्लाइट सेक्टर में अच्छी संभावना है। प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी के मार्ग दर्शन में मध्यप्रदेश एविएशन में जो काम कर रहा है उसमें भी दुबई सहयोग देने को तैयार है। क्षेत्रीय कार्गो हब के प्रस्ताव पर बनी सहमति बैठक में मुख्य रूप से इंदौर और भोपाल शहरों से दुबई के लिए सीधी विमान सेवाएं शुरू करने पर चर्चा हुई। मध्य भारत में एक क्षेत्रीय कार्गो हब स्थापित करने के प्रस्ताव पर भी सहमति बनी। एविएशन ट्रेनिंग और MRO (मेंटेनेंस, रिपेयर एंड ओवरहॉल) इन्फ्रास्ट्रक्चर में संयुक्त निवेश एवं प्रशिक्षण संस्थानों की स्थापना को लेकर भी सकारात्मक विचार-विमर्श हुआ। प्रदेश में इनबाउंड टूरिज्म को बढ़ावा देने और एमिरेट्स एविएशन अकादमी के कैंपस की स्थापना की संभावना पर भी गंभीर चर्चा की हुई। मध्यप्रदेश को भारत का एक प्रमुख एविएशन और लॉजिस्टिक्स हब बनाने की दिशा में यह एक महत्वपूर्ण कदम है जो राज्य के आर्थिक और औद्योगिक विकास में नई उड़ान भरेगा। मुख्यमंत्री डॉ. यादव का मीडिया से संवाद मुख्यमंत्री डॉ. यादव ने बैठक के बाद दुबई में मीडिया से संवाद करते हुए कहा कि आज सुबह से निवेशकों और उद्योगपतियों के साथ अलग-अलग चर्चाओं का दौर शुरू हुआ है। सबसे पहले हमारे महावाणिज्यदूत और एंबेसी के लोगों के साथ विस्तार से चर्चा हुई। उन्होंने कहा कि एयर एंबुलेंस फ्लाइट सेक्टर में अच्छी संभानाएँ है। मध्यप्रदेश एविएशन में जो काम कर रहा है दुबई उसमें सहयोग करने के लिए तैयार है। हमारी सरकार विदेश में कैसे आसानी से व्यापार करे, सरकार किन-किन क्षेत्रों में व्यापार कर सकती है, उस पर गहन विचार-विमर्श हुआ। मध्यप्रदेश में खदानें भी हैं, उद्योग भी हैं, फूड पार्क भी हैं। निवेशकों से अलग-अलग सेक्टर को लेकर चर्चा की। वन-टू-वन बैठक में भी निवेशकों से अच्छी और सकारात्मक बात की है। बैठकों के दौरान वेलनेस, हेल्थ, एनर्जी, सर्विस सेक्टर में अच्छे सुझाव मिले। मुख्यमंत्री डॉ. यादव ने कहा कि दुबई के निवेशकों ने मध्यप्रदेश में गोल्ड एवं डायमंड माइनिंग सहित कई सेक्टर में निवेश करने की रुचि दिखाई।  

यामाहि ने मध्यप्रदेश को निवेश के लिये हर संभव सहयोग देने का भरोसा दिलाया

मुख्यमंत्री डॉ. यादव ने मोहम्मद यामाहि को दिया मध्यप्रदेश आने का न्यौता मुख्यमंत्री डॉ. यादव की अरब संसद के अध्यक्ष मोहम्मद अल यामाहि से मुलाकात यामाहि ने मध्यप्रदेश को निवेश के लिये हर संभव सहयोग देने का भरोसा दिलाया द्विपक्षीय साझेदारियों में मध्यप्रदेश के महत्वपूर्ण भागीदार बनने की जताई आशा मध्‍यप्रदेश में औद्योगिक पार्क-फार्मास्यूटिकल्स-पर्यटन में निवेश के उत्कृष्ट अवसर भोपाल  मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव ने रविवार को दुबई में अरब संसद के अध्यक्ष मोहम्मद अल यामाहि से शिष्टाचार भेंट की। इस अवसर पर मुख्‍यमंत्री डॉ. यादव ने मध्यप्रदेश की उद्योग हितैषी, सरल एवं सुगम नीतियों और निवेश को प्रोत्साहन देने वाली सुविधाओं की जानकारी साझा की। उन्होंने अल यामाहि को प्रदेश में आयोजित होने वाली एनर्जी समिट में शामिल होने के लिए आमंत्रण भी दिया। संयुक्त अरब अमीरात के साथ बढ़ते रणनीतिक संबंधों के संदर्भ में मुख्यमंत्री डॉ. यादव ने प्रदेश की सक्रिय और रचनात्मक भूमिका का उल्लेख करते हुए ऊर्जा, खनिज, लॉजिस्टिक्स, खाद्य प्रसंस्करण और हरित निवेश के क्षेत्र में सहयोग की मंशा दोहराई। मुख्यमंत्री डॉ. यादव ने भारत और संयुक्त अरब अमीरात के बीच बढ़ते रणनीतिक संबंधों की सराहना करते हुए आशा जताई कि प्रदेश इन द्विपक्षीय साझेदारियों में सक्रिय और महत्वपूर्ण भागीदार बनेगा। मुख्‍यमंत्री डॉ. यादव ने अरब संसद के अध्यक्ष मोहम्मद अल यामाहि का अभिनंदन किया और हाल ही में अध्यक्ष का पदभार ग्रहण करने पर बधाई दी। उन्होंने कहा कि अरब के 22 खाड़ी देशों की लोकतांत्रिक संस्था का नेतृत्व करना बड़ी उपलब्धि है और नए अध्यक्ष के नेतृत्व में यह संस्था निश्चित रूप से नई ऊंचाइयों को छुएगी। अरब संसद के अध्यक्ष मोहम्मद अल यामाहि और मुख्यमंत्री डॉ. यादव की मुलाकात मैत्रीपूर्ण रही। उन्होंने भारत, विशेष रूप से मध्यप्रदेश के साथ दीर्घकालिक संबंधों को लेकर अपनी गहरी रुचि और प्रतिबद्धता व्यक्त की। यामाहि ने कहा कि वे मध्यप्रदेश को निवेश के लिए हर संभव सहयोग प्रदान करेंगे एवं अरब के 22 देशों में मध्यप्रदेश की मदद करेंगे। उन्होंने राज्य के साथ व्यापार एवं उद्योग के क्षेत्र में सहयोग को सुदृढ़ करने की इच्छा भी जताई। यामाहि ने मुख्यमंत्री को “उम्म-ए-अली” दिया आत्मीय संबोधन यामाहि ने यूएई में बसे प्रवासी भारतीयों द्वारा देश के निर्माण में सहयोग के बारे में चर्चा की और उनके योगदान को सम्मानपूर्वक रेखांकित किया। इस विशेष मुलाकात के दौरान उन्होंने मुख्यमंत्री डॉ. यादव को आत्मीयता से “उम्म-ए-अली” कहकर संबोधित किया। मुख्यमंत्री डॉ. यादव आत्मीय संबोधन से अभिभूत हुए। उन्होंने डॉ. यादव और उनके परिवार को व्यक्तिगत रूप से अपने घर आमंत्रित भी किया। उन्होंने दोनों देशों के लोगों और उत्पादों के बीच कनेक्टिविटी को बेहतर बनाने के लिए सहमति दी, जिससे मध्यप्रदेश और यूएई के बीच द्विपक्षीय सहयोग को नई दिशा मिलेगी। बैठक के दौरान मुख्यमंत्री डॉ. यादव ने मोहम्मद अल यामाहि को बताया कि मध्यप्रदेश भारत का हृदय है, इसकी जनसंख्या 8 करोड़ से अधिक है। मध्यप्रदेश अपने समृद्ध वन क्षेत्र के लिए जाना जाता है। यह वन क्षेत्र वन्यजीवों का आदर्श घर भी है। हमें गर्व है कि मध्यप्रदेश "विश्व की टाइगर राजधानी" है और राज्य बाघों के संरक्षण में लगातार नए कीर्तिमान स्थापित कर रहा है। हमने टाइगर रिजर्व की संख्या में वृ‌द्धि भी की है। मध्यप्रदेश भारत और एशिया का एकमात्र ऐसा स्थान है, जहां अब चीता पाए जाते हैं। विभिन्न देशों से लाए गए चीतों का राष्ट्रीय उ‌द्यान में सफल पुनर्वास किया गया है। हर संभव सहयोग के लिए तैयार : मुख्‍यमंत्री डॉ. यादव मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव ने बताया कि मध्यप्रदेश को 'मोस्ट वेलकमिंग स्टेट' के रूप में जाना जाता है, जो हमारे आतिथ्य सत्कार को दर्शाता है। हमारे राज्य में खजुराहो, सांची और भीमबेठका जैसे तीन यूनेस्को विश्व विरासत स्थल हैं। ये हमारी समृद्ध ऐतिहासिक और सांस्कृतिक विरासत के प्रतीक हैं। भौगोलिक रूप से "भारत का हृदय" होने से यह निवेश-व्यापार के लिए एक रणनीतिक केंद्र है। साथ ही, यह कृषि समृद्धि में भी अग्रणी है, विशेषकर दालों, सोयाबीन और गेहूं के उत्पादन में कई कीर्तिमान स्थापित किए है। मुख्यमंत्री डॉ. यादव ने कहा कि हम भारत और संयुक्त अरब अमीरात के बीच बढ़ते रणनीतिक संबंधों की हृदय से सराहना करते हैं। हमारी यह आकांक्षा है कि मध्यप्रदेश इन द्विपक्षीय साझेदारियों में एक सक्रिय और महत्वपूर्ण भागीदार बने। हम हर संभव सहयोग के लिए तत्पर हैं। खनिज संसाधनों की खान है मध्यप्रदेश मुख्‍यमंत्री डॉ. मोहन यादव ने कहा कि विज्ञान, प्रौ‌द्योगिकी और हरित ऊर्जा के क्षेत्र में संयुक्त अरब अमीरात ने अभूतपूर्व प्रगति की है। हम आपके अनुभवों से सीखने और इन क्षेत्रों में संयुक्त पायलट प्रोजेक्ट्स में सहयोग करने के लिए उत्सुक हैं। मध्यप्रदेश में सौर, पवन और जल ऊर्जा जैसे नवीन और नवीकरणीय ऊर्जा स्रोतों में बड़ी क्षमता है। प्रदेश को भारत का अन्न भंडार भी कहा जाता है। हम सोयाबीन, गेहूं और बाजरा सहित कई फसलों के सबसे बड़े उत्पादक हैं। यहां खाद्य प्रसंस्करण के क्षेत्र में विशाल अवसर मौजूद हैं। हमारे पास प्रचुर मात्रा में खनिज संसाधन उपलब्ध हैं, जो विभिन्न उद्योगों के लिए एक मजबूत आधार प्रदान करते हैं। मध्यप्रदेश में कई क्षेत्रों में निवेश के बेहतर अवसर मुख्यमंत्री डॉ. यादव ने कहा कि मध्यप्रदेश में सौर, पवन और जल ऊर्जा जैसे नवीन और नवीकरणीय ऊर्जा के क्षेत्र में बड़े निवेश और सहयोग के लिए तत्पर हैं। हमारे पास गहरे कोयला भंडार हैं और हम कोल बेस्ड मीथेन के निष्कर्षण में भी अग्रणी भूमिका निभा रहे हैं, जो ऊर्जा क्षेत्र में नए आयाम खोलता है। मध्यप्रदेश की हस्तशिल्प, कला और कारीगर परंपरा हमारी सबसे बड़ी ताकतों में से एक है। हम इन कुशल कारीगरों को वैश्विक मंच प्रदान करना चाहते हैं और उनके शिल्प को दुनिया भर में पहुंचाना चाहते हैं। मध्यप्रदेश में औ‌द्योगिक पार्क, फार्मास्यूटिकल्स, लॉजिस्टिक्स और पर्यटन जैसे क्षेत्रों में भी निवेश के उत्कृष्ट अवसर हैं।  

CM यादव की बड़ी पहल: निवेश और सहयोग के लिए शुरू होगा संवाद कार्यक्रम

दुबई यात्रा का दूसरा दिन भोपाल मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव दुबई यात्रा के दूसरे दिन मध्यप्रदेश में निवेश के व्यापक अवसरों को लेकर उद्योग जगत, वैश्विक कंपनियों और नीति निर्माताओं के साथ संवाद करेंगे। उद्योग, तकनीक, टेक्सटाइल, ग्रीन एनर्जी और पर्यटन सहित विभिन्न क्षेत्रों में निवेश को आकर्षित करने के उद्देश्य से मुख्यमंत्री डॉ. यादव कई महत्वपूर्ण बैठकों और कार्यक्रमों में भाग लेंगे। 14 जुलाई की प्रमुख गतिविधियां मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव की इस दिन भारतीय कोंसुल जनरल से शिष्टाचार भेंट होगी, जहां वे यूएई में भारत के व्यापारिक हितों और सहयोग की दिशा में चर्चा करेंगे। इसके बाद वे द इंडस एंटरप्रेन्योर्स के चेयरमैन पी.के. गुलाटी से मुलाकात कर स्टार्टअप और नवाचार के क्षेत्र में संभावनाओं पर संवाद करेंगे। मुख्यमंत्री डॉ. यादव एमिरेट्स एयरलाइंस के अधिकारियों के साथ प्रस्तावित बैठक में एयर कनेक्टिविटी और लॉजिस्टिक्स को मजबूत करने पर विचार करेंगे। मुख्यमंत्री बाद में ग्रू एनर्जी जैसी अग्रणी ग्रीन एनर्जी कंपनी तथा जैन अंतर्राष्ट्रीय व्यापार संगठन (JITO) प्रतिनिधियों से मिलेंगे और सतत विकास से जुड़े विषयों पर मध्यप्रदेश की प्राथमिकताएं साझा करेंगे। दोपहर बाद मुख्यमंत्री डॉ. यादव यूएई के विदेश व्यापार मामलों के मंत्री डॉ. थानी बिन अहमद अल ज़ियोदी से मुलाकात करेंगे। यह बैठक भारत-यूएई के बीच द्विपक्षीय व्यापार सहयोग को नई दिशा देगी। मुख्यमंत्री डॉ. यादव टेक्समस एसोसिएशन परिसर का दौरा करेंगे और दुबई टेक्सटाइल सिटी में टेक्सटाइल उत्पादन व निर्यात गतिविधियों का अवलोकन करेंगे। इस दौरान वे एक इंटरेक्टिव सत्र और नेटवर्किंग लंच में हिस्सा लेंगे, जहां मध्यप्रदेश के टेक्सटाइल सेक्टर की क्षमताएं और पीएम मित्रा पार्क जैसी योजनाएं प्रस्तुत की जाएंगी। लुलु ग्रुप, सराफ डीजी, ईसा एआई से मुलाकात मुख्यमंत्री डॉ. यादव लुलु ग्रुप, सराफ डीजी, ईसा एआई अल गुरैर ग्रुप, गल्फ इस्लामिक इन्वेस्टमेंट्स, जी42 इण्डिया और टाटा संस मिडिल ईस्ट जैसी बड़ी कंपनियों के वरिष्ठ प्रतिनिधियों से मिलेंगे और प्रदेश में निवेश के क्षेत्र तय करेंगे। गल्फ महाराष्ट्र बिजनेस फोरम और एमआईडीसी के साथ होने वाली चर्चा में आपसी सहयोग की नई संभावनाओं पर चर्चा होगी। समापन इन्वेस्ट मध्यप्रदेश दुबई बिजनेस फोरम एंड नेटवर्किंग डिनर के साथ होगा, जिसमें मुख्यमंत्री डॉ. यादव निवेशकों को संबोधित करेंगे और उन्हें मध्यप्रदेश के उद्योग परिदृश्य के साथ जुड़ने के लिए आमंत्रित करेंगे। इस कार्यक्रम में पर्यटन क्षेत्र में निवेश को केंद्र में रखकर एक विशेष राउंडटेबल मीटिंग भी आयोजित की जाएगी, जिसकी अध्यक्षता प्रमुख सचिव पर्यटन करेंगे।  

हीरा तो पन्ना में मिलता है, लेकिन मप्र के डायमंड तो दुबई में भी मिल रहे हैं : मुख्यमंत्री डॉ. यादव

मध्यप्रदेश आपको बुला रहा है, बेहिचक निवेश करें, हम भी आपको रिटर्न गिफ्ट देने में कोई कमी नहीं रखेंगे : मुख्यमंत्री डॉ. यादव म.प्र. ने निवेशकों के लिए 18 पारदर्शी नीतियां लागू की, हमारी नीतियों का भरपूर लाभ उठाएं हीरा तो पन्ना में मिलता है, लेकिन मप्र के डायमंड तो दुबई में भी मिल रहे हैं दुबई में प्रवासी भारतीयों के फ्रैंड्स आफ एमपी इंटरनेशनल समूह से किया आत्मीय संवाद भोपाल मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव ने कहा है कि मध्यप्रदेश अब देश का सर्वाधिक प्रगतिशील प्रदेश बन गया है। निवेशकों के लिए हमारी सरकार ने सभी द्वार खोल दिए हैं। हमने मध्यप्रदेश में निवेशकों के लिए 18 प्रकार की पारदर्शी औद्योगिक नीतियां लागू की हैं। हमारी सभी औद्योगिक नीतियां बेहद साफ सुथरी हैं। मध्यप्रदेश में आने वाले निवेशकों को किसी भी कठिनाई का सामना नहीं करना पड़ता। आईए मध्यप्रदेश आपको बुला रहा है, हम पर भरोसा करें, मध्यप्रदेश में निवेश करें, हम भी आपको रिटर्न गिफ्ट देने में कोई कमी नहीं रखेंगे। मुख्यमंत्री डॉ. यादव रविवार को दुबई में प्रवासी भारतीयों के फ्रेंड्स ऑफ एमपी इंटरनेशनल समूह के साथ आत्मीय संवाद कर रहे थे। उन्होंने निवेशकों से कहा कि यदि आप मध्यप्रदेश के लोगों को रोजगार देने वाला कोई बड़ा उद्योग लगाते हैं तो हमारी सरकार अगले 10 साल तक प्रति लेबर 5 हजार रुपए की सहायता राशि भी मुहैया कराएगी। यदि मेडिकल एजुकेशन या मेडिकल कॉलेज जैसा बड़ा कोई निवेश करना चाहते हैं तो, हमारी सरकार आपको मात्र एक रूपए में जमीन देगी। उन्होंने कहा कि सरकार हर कदम पर निवेशकों के साथ है। मध्यप्रदेश को अपना दूसरा घर बनाइये और यहां निवेश जरूर कीजिए। मुख्यमंत्री डॉ. यादव ने कहा है कि दुबई मध्यप्रदेश के लोगों के लिए एक तरह से दूसरी मां के समान है। प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी के मार्गदर्शन में मध्यप्रदेश निरंतर प्रगति के पथ पर अग्रसर है। राज्य सरकार ने उद्योग केंद्रित पारदर्शी नीतियां लागू की हैं। उद्योगपतियों को निवेश करने और इंडस्ट्री शुरू करने के लिए सिंगल विंडो फैसिलिटी प्रदान की जा रही है। उद्योगपतियों को बिजली के बिलों में छूट दी जा रही है। प्रदेश में रीजनल इंडस्ट्री कॉन्क्लेव और जीआईएस के माध्यम से लगभग 30 लाख करोड़ रूपये का निवेश मिला है। मध्यप्रदेश निवेशकों को आमंत्रित कर रहा है आप लोग आइए और सभी क्षेत्रों में उद्योग स्थापित कर प्रगति करें। मुख्यमंत्री डॉ. यादव ने कहा कि व्यापारी अपनी युक्ति बुद्धि से उद्यमशीलता को बढ़ाते हैं। प्रदेश के पन्ना में हीरा मिलता है। मध्यप्रदेश के हीरे दुबई में भी मिल रहे हैं। उद्योगपति एक मौसम विज्ञानी की तरह हवा का रुख समझ लेते हैं। प्रधानमंत्री मोदी के नेतृत्व में देश आगे बढ़ रहा है, जिन्होंने भारत ही नहीं, दूसरे देशों में रहने वाले प्रवासी भारतीयों की भी कठिन समय में हर संभव मदद की है। विकास का रास्ता भारत से होकर ही गुजरता है। कई देश भारत के साथ आजाद हुए। आज भारतीय अर्थव्यवस्था तेजी से बढ़ रही है। प्रधानमंत्री मोदी ने भारत के गरीब और जरूरतमंदों को 4 करोड़ पक्के मकान बनाकर दिए हैं और 80 करोड़ लोगों को नि:शुल्क राशन बांटा जा रहा है। यह संख्या करीब 100 देशों की आबादी के बराबर है।   मुख्यमंत्री डॉ. यादव ने कहा कि भारतीय लोग दूध में शक्कर की तरह घुल मिल जाते हैं, जो दुनियाभर में मिठास घोल रहे हैं। दुबई में निर्मित स्वामीनारायण मंदिर में सभी संप्रदायों की झलक नजर आती है। भारतीय संस्कृति में सभी का सम्मान है, जो विश्व कल्याण की भावना से ओतप्रोत है। कोविड काल में दूसरे देशों को मेडीसिन भेजकर भारत ने वसुधैब कुटुंबकम की भावना को चरितार्थ किया है। यूएई में रहने वाले मध्यप्रदेश के प्रवासी आज कई लोगों को रोजगार प्रदान कर रहे हैं। नरेश भावनानी ने मंदसौर से आकर अपने पुरुषार्थ के बल पर यूएई में टेक्सटाइल सेक्टर का बड़ा उद्योग स्थापित किया है।   जितेंद्र वैद्य ने बाबा महाकाल के उद्घोष के साथ संबोधन की शुरुआत की। उन्होंने कहा कि मुख्यमंत्री डॉ. यादव सामान्य परिवार से आते हैं, जिन्होंने हमेशा मानव सेवा को सर्वोपरि रखा। अपने छात्र जीवन में मुख्यमंत्री डॉ. यादव ने कई जनहितैषी आंदोलनों में हिस्सा लिया। छात्र जीवन में मुख्यमंत्री डॉ. यादव ने कॉलेज के सीनियर्स का सम्मान करते हुए उनके लिए छात्र संघ चुनाव में दावेदारी छोड़ दी थी। मुख्यमंत्री डॉ. यादव के कार्यकाल में प्रदेश के धार्मिक पर्यटन में अभूतपूर्व बढ़ोतरी हुई है। अब उज्जैन में सिंहस्थ महाकुंभ आने वाला है। मुख्यमंत्री डॉ. यादव ने प्रदेश में विकास की नई इबारत लिख दी है। प्रदेश के हर वर्ग को शासन की कल्याणकारी योजनाओं का लाभ दिलाया जा रहा है। यूएई में भारतीय महावाणिज्यदूत सतीश सिवान ने कहा कि यूएई में 44 लाख प्रवासी भारतीय निवास करते हैं। मध्य प्रदेश न केवल भारत का हृदय प्रदेश है, बल्कि यह यूएई में रहने वाले प्रवासी भारतीय समुदाय के लिए भी हार्ट के समान है। अपर मुख्य सचिव, नगरीय प्रशासन एवं आवास संजय दुबे ने कहा कि दुबई में हुए आत्मीय स्वागत से हम अभिभूत हैं। वर्तमान में राज्य सरकार 13 देशों के साथ मिलकर प्रदेश में औद्योगिक निवेश को बढ़ावा दे रही है। आप सभी यहां मध्य प्रदेश के हृदय के रूप में उपस्थित हैं। मध्य प्रदेश हर सेक्टर के निवेशक को निवेश के लिए आकर्षित कर रहा है। मध्यप्रदेश आर्थिक प्रगति और कृषि समेत अन्य क्षेत्रों में प्रथम स्थान पर है। मध्यप्रदेश वनों से समृद्ध है, जहां बिग कैट फैमिली के सभी वन्यप्राणी मौजूद हैं। प्रदेश में 5 लाख किलोमीटर का रोड नेटवर्क है। प्रदेश रोड, रेल और एयर नेटर्वक से जुड़ा है।    प्रमुख सचिव, औद्योगिक नीति एवं निवेश प्रोत्साहन राघवेंद्र कुमार सिंह ने कहा कि मध्यप्रदेश भारत में सबसे तेजी से बढ़ती अर्थव्यवस्था वाला राज्य है। यह पिछले 10 साल से अग्रणी बनी हुई है। मुख्यमंत्री डॉ. यादव का फोकस प्रदेश के औद्योगिक विकास पर है। वे प्रदेश के समग्र विकास के लिए कार्य कर रहे हैं। मुख्यमंत्री विजन के अनुरूप सरकार ने रीजनल इन्वेस्टर्स समिट आयोजित की और निवेशकों को अवसर उपलब्ध कराए। प्रदेश सरकार ने 18 नई नीतियां लागू की हैं, जो देश में सर्वश्रेष्ठ हैं। भोपाल में फरवरी 2025 में हुए ग्लोबल इन्वेस्टर्स समिट में लगभग 30.77 लाख करोड़ रूपए के निवेश प्रस्ताव प्राप्त … Read more

वैश्विक निवेश को साधने निकले सीएम मोहन यादव, 19 जुलाई तक विदेश में रहेंगे सक्रिय

भोपाल  मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव 13 जुलाई से 19 जुलाई तक दुबई और स्पेन के दौरे पर रहेंगे हुए रवाना । यह यात्रा मध्यप्रदेश में निवेश बढ़ाने और विदेशी कंपनियों को प्रदेश में उद्योग, टेक्सटाइल, पर्यटन और इंफ्रास्ट्रक्चर जैसे क्षेत्रों में साझेदारी के लिए आमंत्रित करने के उद्देश्य से की जा रही है। मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव 13 से 19 जुलाई को दुबई और स्पेन की यात्रा पर है । यह दौरा मध्यप्रदेश की वैश्विक निवेश रणनीति में महत्वपूर्ण कदम होगा। दुबई में मुख्यमंत्री डॉ. यादव निवेश को लेकर इंडियन बिजनेस एंड प्रोफेशनल काउंसिल के प्रतिनिधियों के साथ प्रमुख बैठक प्रस्तावित है, जहां मध्य प्रदेश की औद्योगिक तैयारियों और निवेश नीति को लेकर प्रस्तुतियां दी जाएंगी।  मुख्यमंत्री डॉ. यादव दुबई में कार्यरत लुलु इंटरनेशनल ग्रुप, लैंडमार्क ग्रुप और नखील ग्रुप जैसे अंतर्राष्ट्रीय रिटेल और इंफ्रास्ट्रक्चर कंपनियों के प्रतिनिधियों के साथ उच्चस्तरीय वार्ता करेंगे, जिनमें प्रदेश में लॉजिस्टिक्स पार्क, वेयरहाउस, रिटेल चेन और निवेश संबंधी अन्य सहयोग पर विचार किया जाएगा।  16 से 19 जुलाई तक स्पेन दौरे पर  मुख्यमंत्री डॉ. यादव दुबई के बाद 16 से 19 जुलाई तक स्पेन के दौरे पर रहेंगे। इस दौरान मुख्यमंत्री डॉ. यादव बार्सिलोना में स्पेन की अग्रणी ऑटोमोबाइल कंपनियों और ग्रीन मोबिलिटी टेक्नोलॉजी पर काम कर रहे निवेशकों के साथ महत्वपूर्ण संवाद करेंगे। बार्सिलोना में होने वाली बैठकों में टेक्सटाइल, गारमेंट और डिजाइन सेक्टर की अग्रणी कंपनियों से भी चर्चा की जाएगी, जिससे मध्य प्रदेश में पीएम मित्र पार्क, टेक्सटाइल ओडीओपी और वर्धमान सहित टेक्सटाइल क्लस्टर को और गति दी जा सके। मुख्यमंत्री डॉ. यादव की स्पेन यात्रा का एक बड़ा फोकस पर्यटन और हेरिटेज हॉस्पिटैलिटी सेक्टर पर भी रहेगा। निवेश पर रणनीतिक संवाद होगा  इन निवेश यात्राओं की खास बात है कि निवेश पर रणनीतिक संवादों की प्रमुखता रहेगी। मुख्यमंत्री का उद्देश्य निवेश के जरिए न केवल प्रदेश की अर्थव्यवस्था को सशक्त बनाना है, बल्कि युवाओं को वैश्विक अवसरों से जोड़ना भी है। बता दें इससे पहले सीएम यूके से लेकर जापान गए थे। मुख्यमंत्री ने कहना है कि इन यात्राओं के जरिए सामने आ रहे निवेश प्रस्ताव, संवाद और उद्योग समूहों का उत्साह इस बात का संकेत है कि मध्य प्रदेश अब उस मोड़ पर खड़ा है जहां अवसर केवल दस्तक नहीं दे रहे है, बल्कि आगे बढ़कर साझेदारी कर रहे हैं।  मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव 13 जुलाई को भोपाल से दुबई के लिए रवाना हुए जहां वे 15 जुलाई तक रहेंगे। इसके बाद 16 से 19 जुलाई तक वे स्पेन की यात्रा पर रहेंगे। इस दौरान उनकी दोनों देशों के प्रमुख उद्योगपतियों, व्यापार संगठनों और सरकारी प्रतिनिधियों के साथ कई बैठकें होंगी। उन्होंने कहा कि ये यात्रा मध्यप्रदेश को औद्योगिक विकास और वैश्विक निवेश का केंद्र बनाने की दिशा में एक महत्वपूर्ण कदम है। मध्य प्रदेश में उद्योग और रोजगार बढ़ाने के साथ निवेशकों को आमंत्रित करने के प्रयास लगातार जारी है, मुख्यमंत्री डॉ मोहन यादव इसे खुद लीड कर रहे हैं, वे अलग अलग शहरों में जाकर मध्य प्रदेश की विशेषताएं, यहाँ उपलब्ध संसाधनों की जानकारी देकर निवेशकों को आमंत्रित कर रहे हैं साथ ही विदेशी निवेशकों को भी आमंत्रित कर रहे हैं जिसके सार्थक परिणाम भी सामने आ रहे हैं, मुख्यमंत्री डॉ यादव एक बार फिर निवेशकों को मध्य प्रदेश में आमंत्रित करने के लिए विदेश यात्रा पर जाने वाले हैं। राज्य शासन द्वारा दी गई जानकारी के मुताबिक मुख्यमंत्री डॉ मोहन यादव 13 से 19 जुलाई को दुबई और स्पेन की यात्रा पर रवाना । यह दौरा मध्य प्रदेश की वैश्विक निवेश रणनीति में महत्वपूर्ण कदम माना जा रहा है। दुबई में मुख्यमंत्री निवेश को लेकर इंडियन बिजनेस एंड प्रोफेशनल कॉउंसिल के प्रतिनिधियों के साथ प्रमुख बैठक प्रस्तावित है, जहां मध्य प्रदेश की औद्योगिक तैयारियों और निवेश नीति को लेकर प्रस्तुतियां दी जाएंगी। दुबई प्रवास पर इन बड़े ग्रुपों से करेंगे चर्चा  निर्धारित कार्यक्रम के अनुसार मुख्यमंत्री डॉ. यादव दुबई में कार्यरत लुलु इंटरनेशनल ग्रुप, लैंडमार्क ग्रुप और नखील ग्रुप जैसे अंतर्राष्ट्रीय रिटेल और इंफ्रास्ट्रक्चर कंपनियों के प्रतिनिधियों के साथ उच्चस्तरीय वार्ता करेंगे, जिनमें प्रदेश में लॉजिस्टिक्स पार्क, वेयरहाउस, रिटेल चेन और निवेश संबंधी अन्य सहयोग पर विचार किया जाएगा। 16 से 19 जुलाई तक स्पेन के प्रवास पर, बार्सिलोना में करेंगे संवाद  दुबई के बाद सीएम डॉ मोहन यादव 16 से 19 जुलाई तक स्पेन के प्रवास पर रहेंगे। इस दौरान वे बार्सिलोना में स्पेन की अग्रणी ऑटोमोबाइल कंपनियों और ग्रीन मोबिलिटी टेक्नोलॉजी पर काम कर रहे निवेशकों के साथ महत्वपूर्ण संवाद करेंगे। बार्सिलोना में होने वाली बैठकों में टेक्सटाइल, गारमेंट और डिजाइन सेक्टर की अग्रणी कंपनियों से भी चर्चा की जाएगी, जिससे मध्य प्रदेश में पीएम मित्र पार्क, टेक्सटाइल ओडीओपी और वर्धमान सहित टेक्सटाइल क्लस्टर को और गति दी जा सके। MP की औद्योगिक और आर्थिक आत्मनिर्भरता का रोडमैप बनेगी यात्रा  सरकार के अनुसार इन निवेश यात्राओं की खास बात है कि निवेश पर रणनीतिक संवादों की प्रमुखता रहेगी। मुख्यमंत्री डॉ. यादव का उद्देश्य निवेश के ज़रिए न केवल प्रदेश की अर्थव्यवस्था को सशक्त बनाना है, बल्कि युवाओं को वैश्विक अवसरों से जोड़ना भी है। यह निवेश यात्राएं मध्य प्रदेश की औद्योगिक और आर्थिक आत्मनिर्भरता का रोडमैप बनती जा रही हैं। पिछले वर्ष की थी यूके, जर्मनी, जापान की यात्रा  उल्लेखनीय है कि यूके, जर्मनी , जापान और अब दुबई से लेकर स्पेन तक मुख्यमंत्री डॉ. यादव का यह सतत प्रयास मध्य प्रदेश को वैश्विक निवेश केंद्र बनाने की दिशा में एक दूरदर्शी संकल्प का प्रमाण है। इन यात्राओं के ज़रिए सामने आ रहे निवेश प्रस्ताव, संवाद और उद्योग समूहों का उत्साह इस बात का संकेत है कि मध्यप्रदेश अब उस मोड़ पर खड़ा है जहां अवसर केवल दस्तक नहीं दे रहे है, बल्कि आगे बढ़कर साझेदारी कर रहे हैं। निवेश और रोजगार पर रहेगा जोर मुख्यमंत्री दुबई में इंडियन बिजनेस एंड प्रोफेशनल काउंसिल के लोगों से मुलाकात करेंगे। इस दौरान वे मध्यप्रदेश की उद्योग नीति और निवेश के मौके पर जानकारी देंगे। दुबई मिडिल ईस्ट का बड़ा व्यापारिक शहर है और वहां से प्रदेश में रिन्यूएबल एनर्जी, टेक्सटाइल, फूड प्रोसेसिंग और टूरिज़्म जैसे क्षेत्रों में निवेश लाने की कोशिश होगी। वहीं स्पेन में मुख्यमंत्री ऑटोमोबाइल, शिप मेकिंग और फैशन इंडस्ट्री जैसे क्षेत्रों में संभावित सहयोग पर चर्चा करेंगे। स्पेन की डिजाइन, मशीनरी और … Read more

वैश्विक निवेश को साधने निकले सीएम मोहन यादव, 13 से 19 जुलाई तक दुबई और स्पेन में रहेंगे सक्रिय

भोपाल  सीएम डॉ. मोहन यादव 13 जुलाई से 19 जुलाई तक सात दिवसीय विदेश यात्रा पर जा रहे हैं। इस दौरान वे दुबई और स्पेन का दौरा करेंगे।। इस यात्रा का मुख्य उद्देश्य मध्य प्रदेश में निवेशकों को आकर्षित करना  है। अपनी यात्रा को लेकर मुख्यमंत्री ने कहा कि राज्य में समृद्धि आए और सभी क्षेत्रों में समान रूप से अवसर मिले, इसी लक्ष्य के साथ प्रदेश सरकार आगे बढ़ रही है। पत्रकारों से बात करते हुए मुख्यमंत्री ने का कि ‘आज रात दिल्ली होते हुए स्पेन और दुबई की यात्रा पर रवाना हो रहा हूँ। जहां हम निवेश की संभावनाओं पर उद्योगपतियों से संवाद करेंगे, ताकि मध्यप्रदेश में और अधिक रोज़गार के अवसर आएं और विकास को नई गति मिले।’ मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव 13 जुलाई को भोपाल से दुबई के लिए रवाना होंगे जहां वे 15 जुलाई तक रहेंगे। इसके बाद 16 से 19 जुलाई तक वे स्पेन की यात्रा पर रहेंगे। इस दौरान उनकी दोनों देशों के प्रमुख उद्योगपतियों, व्यापार संगठनों और सरकारी प्रतिनिधियों के साथ कई बैठकें होंगी। उन्होंने कहा कि ये यात्रा मध्यप्रदेश को औद्योगिक विकास और वैश्विक निवेश का केंद्र बनाने की दिशा में एक महत्वपूर्ण कदम है। मध्य प्रदेश में उद्योग और रोजगार बढ़ाने के साथ निवेशकों को आमंत्रित करने के प्रयास लगातार जारी है, मुख्यमंत्री डॉ मोहन यादव इसे खुद लीड कर रहे हैं, वे अलग अलग शहरों में जाकर मध्य प्रदेश की विशेषताएं, यहाँ उपलब्ध संसाधनों की जानकारी देकर निवेशकों को आमंत्रित कर रहे हैं साथ ही विदेशी निवेशकों को भी आमंत्रित कर रहे हैं जिसके सार्थक परिणाम भी सामने आ रहे हैं, मुख्यमंत्री डॉ यादव एक बार फिर निवेशकों को मध्य प्रदेश में आमंत्रित करने के लिए विदेश यात्रा पर जाने वाले हैं। राज्य शासन द्वारा दी गई जानकारी के मुताबिक मुख्यमंत्री डॉ मोहन यादव 13 से 19 जुलाई को दुबई और स्पेन की यात्रा पर रहेंगे। यह दौरा मध्य प्रदेश की वैश्विक निवेश रणनीति में महत्वपूर्ण कदम माना जा रहा है। दुबई में मुख्यमंत्री निवेश को लेकर इंडियन बिजनेस एंड प्रोफेशनल कॉउंसिल के प्रतिनिधियों के साथ प्रमुख बैठक प्रस्तावित है, जहां मध्य प्रदेश की औद्योगिक तैयारियों और निवेश नीति को लेकर प्रस्तुतियां दी जाएंगी। दुबई प्रवास पर इन बड़े ग्रुपों से करेंगे चर्चा  निर्धारित कार्यक्रम के अनुसार मुख्यमंत्री डॉ. यादव दुबई में कार्यरत लुलु इंटरनेशनल ग्रुप, लैंडमार्क ग्रुप और नखील ग्रुप जैसे अंतर्राष्ट्रीय रिटेल और इंफ्रास्ट्रक्चर कंपनियों के प्रतिनिधियों के साथ उच्चस्तरीय वार्ता करेंगे, जिनमें प्रदेश में लॉजिस्टिक्स पार्क, वेयरहाउस, रिटेल चेन और निवेश संबंधी अन्य सहयोग पर विचार किया जाएगा। 16 से 19 जुलाई तक स्पेन के प्रवास पर, बार्सिलोना में करेंगे संवाद  दुबई के बाद सीएम डॉ मोहन यादव 16 से 19 जुलाई तक स्पेन के प्रवास पर रहेंगे। इस दौरान वे बार्सिलोना में स्पेन की अग्रणी ऑटोमोबाइल कंपनियों और ग्रीन मोबिलिटी टेक्नोलॉजी पर काम कर रहे निवेशकों के साथ महत्वपूर्ण संवाद करेंगे। बार्सिलोना में होने वाली बैठकों में टेक्सटाइल, गारमेंट और डिजाइन सेक्टर की अग्रणी कंपनियों से भी चर्चा की जाएगी, जिससे मध्य प्रदेश में पीएम मित्र पार्क, टेक्सटाइल ओडीओपी और वर्धमान सहित टेक्सटाइल क्लस्टर को और गति दी जा सके। MP की औद्योगिक और आर्थिक आत्मनिर्भरता का रोडमैप बनेगी यात्रा  सरकार के अनुसार इन निवेश यात्राओं की खास बात है कि निवेश पर रणनीतिक संवादों की प्रमुखता रहेगी। मुख्यमंत्री डॉ. यादव का उद्देश्य निवेश के ज़रिए न केवल प्रदेश की अर्थव्यवस्था को सशक्त बनाना है, बल्कि युवाओं को वैश्विक अवसरों से जोड़ना भी है। यह निवेश यात्राएं मध्य प्रदेश की औद्योगिक और आर्थिक आत्मनिर्भरता का रोडमैप बनती जा रही हैं। पिछले वर्ष की थी यूके, जर्मनी, जापान की यात्रा  उल्लेखनीय है कि यूके, जर्मनी , जापान और अब दुबई से लेकर स्पेन तक मुख्यमंत्री डॉ. यादव का यह सतत प्रयास मध्य प्रदेश को वैश्विक निवेश केंद्र बनाने की दिशा में एक दूरदर्शी संकल्प का प्रमाण है। इन यात्राओं के ज़रिए सामने आ रहे निवेश प्रस्ताव, संवाद और उद्योग समूहों का उत्साह इस बात का संकेत है कि मध्यप्रदेश अब उस मोड़ पर खड़ा है जहां अवसर केवल दस्तक नहीं दे रहे है, बल्कि आगे बढ़कर साझेदारी कर रहे हैं। निवेश और रोजगार पर रहेगा जोर मुख्यमंत्री दुबई में इंडियन बिजनेस एंड प्रोफेशनल काउंसिल के लोगों से मुलाकात करेंगे। इस दौरान वे मध्यप्रदेश की उद्योग नीति और निवेश के मौके पर जानकारी देंगे। दुबई मिडिल ईस्ट का बड़ा व्यापारिक शहर है और वहां से प्रदेश में रिन्यूएबल एनर्जी, टेक्सटाइल, फूड प्रोसेसिंग और टूरिज़्म जैसे क्षेत्रों में निवेश लाने की कोशिश होगी। वहीं स्पेन में मुख्यमंत्री ऑटोमोबाइल, शिप मेकिंग और फैशन इंडस्ट्री जैसे क्षेत्रों में संभावित सहयोग पर चर्चा करेंगे। स्पेन की डिजाइन, मशीनरी और टिकाऊ ढांचे की तकनीक से मध्यप्रदेश में नए मौके बन सकते हैं। इस यात्रा का मकसद है कि इन क्षेत्रों में तकनीक का आदान-प्रदान हो और अंतरराष्ट्रीय स्तर पर साझेदारी मजबूत हो। साथ ही मध्यप्रदेश के युवाओं को रोज़गार मिले  और अलग अलग क्षेत्रों में विकास हो, ये भी इस यात्रा का प्रमुख उद्देश्य है।