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पाकिस्तान पर बड़ी जीत के बाद भारत का दूसरा मुकाबला नीदरलैंड्स से आज

लीड्स  पाकिस्तान के विरुद्ध पहले मैच में शानदार जीत से आत्मविश्वास से भरी भारतीय टीम बुधवार को यहां नीदरलैंड्स के विरुद्ध होने वाले महिला टी-20 विश्व कप के अपने दूसरे ग्रुप मैच में बल्लेबाजी में और बेहतर प्रदर्शन करने की कोशिश करेगी। पाकिस्तान के विरुद्ध पहले मैच में स्मृति मंधाना ने शीर्ष क्रम में और रिचा घोष ने निचले क्रम में अच्छी बल्लेबाजी की थी जिससे भारत 64 रन से जीत हासिल करने में सफल रहा था। प्रारंभिक बल्लेबाज शेफाली वर्मा और कप्तान हरमनप्रीत कौर सहित बाकी बल्लेबाज अपेक्षित प्रदर्शन नहीं कर पाए थे। भारती फुलमाली मध्य क्रम में महत्वपूर्ण भूमिका निभाती हैं, लेकिन पहले मैच में वह खाता भी नहीं खोल पाई थी। खास चुनौती नहीं मिलेगी भारत को टूर्नामेंट में आगे और भी कड़े मैच खेलने है और इसलिए बल्लेबाजी में निरंतरता बेहद महत्वपूर्ण है। भारत को नीदरलैंड्स से किसी तरह की खास चुनौती मिलने की संभावना नहीं है लेकिन उसे सेमीफाइनल में जगह बनाने के लिए लीग चरण में ऑस्ट्रेलिया या दक्षिण अफ्रीका में से किसी एक को हराना होगा। पाकिस्तान के विरुद्ध शुरू में फील्डिंग अच्छी नहीं थी, लेकिन पारी आगे बढ़ने के साथ भारतीय खिलाड़ियों ने कुछ अच्छे कैच लिए। गेंदबाजी विभाग में तेज गेंदबाज अरुंधति रेड्डी और क्रांति गौड़ कोई खास कमाल नहीं दिखा पाईं। लेकिन स्पिनरों ने बेहतरीन प्रदर्शन किया। दीप्ति शर्मा और श्री चरणी की स्पिन जोड़ी ने मिलकर आठ विकेट लिए। दीप्ति शर्मा ने चार ओवर में केवल 10 रन देकर पांच विकेट लिए और फार्म में वापसी की। भारत के लिए दीप्ति का फार्म में लौटना काफी महत्वपूर्ण था क्योंकि इससे पहले वह दो सीरीज में अच्छा प्रदर्शन नहीं कर पाई थी। नीदरलैंड की टीम अपने पहले मैच में बांग्लादेश से हार गई थी। भारत के सामने चुनौती पेश करने के लिए उसे खेल के सभी विभागों में सुधार करना होगा। दोनों टीम इस प्रकार हैं     नीदरलैंड्स: बैबेट डी लीडे (कप्तान), कैरोलीन डी लैंग, फ्रेडरिक ओवरडिज्क, हन्ना लैंडहीर, हीथर सीजर्स, आइरिस जविलिंग, इसाबेल वान डेर वोनिंग, लारा लीमहुइस, मायरथे वान डेन राड, फेबे मोल्केनबोअर, राबिन रिजके, रोजाली लारेंस, सान्या खुराना, सिल्वर सिल्वर, स्टेरेलिस।     भारत: हरमनप्रीत कौर (कप्तान), स्मृति मंधाना, शेफाली वर्मा, जेमिमा रोड्रिग्स, भारती फुलमाली, दीप्ति शर्मा, रिचा घोष, श्रीचरणी, यास्तिका भाटिया, नंदनी शर्मा, अरुंधति रेड्डी, रेणुका सिंह, क्रांति गौड़, श्रेयंका पाटिल, राधा यादव।  

निलाक्षिका सिल्वा और कौशानी की दमदार साझेदारी, श्रीलंका ने आखिरी ओवर में जीता रोमांचक मुकाबला

साउथैम्पटन महिला टी20 विश्व कप 2026 में बड़ा उलटफेर हो गया है। डिफेंडिंग चैंपियन न्यूजीलैंड को श्रीलंका के हाथों हार झेलनी पड़ी है। न्यूजीलैंड ने अभी तक खेले दोनों मैचों में हार मिली है। इससे पहले दोनों टीमों के बीच महिला टी20 विश्व कप में 7 मैच हुए थे। सभी में न्यूजीलैंड को जीत मिली थी। पहले बैटिंग करते हुए न्यूजीलैंड ने 6 विकेट पर 150 रन बनाए। श्रीलंका ने आखिरी ओवर में लक्ष्य हासिल कर लिया। टीम को 5 विकेट से जीत मिली। न्यूजीलैंड की यह लगातार दूसरी हार है तो श्रीलंका का यह पहला ही मुकाबला था डेथ ओवर में न्यूजीलैंड की बैटिंग नहीं चली पहले बैटिंग करने उतरी न्यूजीलैंड की शुरुआत खराब रही। सलामी बल्लेबाज इसाबेला गेज पहले ही ओवर में आउट हो गईं। इसके बाद अमेलिया केर और जॉर्जिया प्लेमेर की जोड़ी क्रीज पर टिक गई। दोनों के बीच 49 रनों की साझेदारी हुई। जॉर्जिया 18 रन बनाकर आउट हुईं। कप्तान केर अर्धशतक लगाने से चूक गईं और 45 रन बनाकर वापस लौटीं। उन्होंने 36 गेंदों का सामना किया। इसके बाद न्यूजीलैंड की टीम खुलकर बैटिंग नहीं कर पाई। आखिरी 7 ओवरों में न्यूजीलैंड की टीम सिर्फ 52 रन ही बना सकी। सोफी डिवाइन 18वें ओवर की आखिरी गेंद पर 45 रन बनाकर आउट हुईं। आखिरी दो ओवर में न्यूजीलैंड को श्रीलंका ने एक भी बाउंड्री नहीं लगाने दिया। कविशा दिलहरी ने दो विकेट झटके। 55 रन पर श्रीलंका ने 4 विकेट को दिए थे श्रीलंका को कप्तान चमारी अटापट्टू ने अच्छी शुरुआत दिलाई। पावरप्ले के आखिरी ओवर में वह आउट हुईं तो टीम का स्कोर 45 रन था। 19 गेंदों पर उनके बल्ले से 27 रन निकले। 55 रन तक पहुंचने में श्रीलंका के 4 विकेट गिर गए। इसके बाद क्रीज पर उतरी निलाक्षिका सिल्वा ने एक छोर संभाल लिया। कविशा दिलहरी के साथ 5वें विकेट के लिए उन्होंने 39 गेंदों पर 49 रन जोड़े। 15वें ओवर की आखिरी गेंद पर कविशा 17 रन बनाकर रन आउट हुईं तो टीम का स्कोर 105 रन था। आखिरी 5 ओवर में जीत के लिए श्रीलंका को 45 रन चाहिए थे। नई बल्लेबाज कौशानी नुथ्यांगना के साथ निलाक्षिका ने लगातार स्ट्राइक रोटेट किए और मौका मिलने पर बाउंड्री लगाई। पहले तीन ओवर में 12 रन देने वाली अमेरिका केर के खिलाफ 18वें ओवर में दोनों ने 12 रन बटोर लिए। 19वें ओवर में निलाक्षिका सिल्वा 34 गेंदों पर अपनी फिफ्टी पूरी की। आखिरी ओवर में जीत के लिए 5 रन चाहिए थे। सोफी डिवाइन के खिलाफ चौखी गेंद पर चौका मारकर कौशानी ने टीम को जीत दिला दी। 14 गेंदों पर कौशानी ने 24 जबकि 37 गेंदों पर निलाक्षिका ने 54 रन बनाए। दोनों ने सिर्फ 28 गेंदों पर 45 रनों की साझेदारी की।  

हरमनप्रीत कौर की कप्तानी में भारत का पहला टेस्ट, पाकिस्तान के खिलाफ रोमांचक टक्कर तय

 नई दिल्ली आईसीसी महिला टी20 वर्ल्ड कप का मंच तैयार है। टीम इंडिया रविवार को अपना पहला मैच खेलेगी और ये मैच होगा चिर प्रतिद्वंद्वी पाकिस्तान के साथ। इन दोनों देशों का मैच किसी भी फॉर्मेट में हो रोमांच अपने सिर चढ़कर बोलता है, क्योंकि हार दोनों ही टीमें बर्दाश्त नहीं कर सकती। हरमनप्रीत कौर की कप्तानी वाली भारतीय क्रिकेट टीम वनडे विजेता के तौर पर इस टूर्नामेंट में गई है और अब उसकी कोशिश टी20 का खिताब भी अपने नाम करने पर है। हालांकि, पहले मैच में पाकिस्तान की चुनौती उसके लिए आसान नहीं होगी। इस मैच का दबाव काफी अलग रहता है और इसी कारण इसे हाई वोल्टेज मैच कहा जाता है। क्या कहते हैं आंकड़े दोनों टीमों के बीच अभी तक टी20 में कुल 16 मैच खेले गए हैं। इनमें से भारत ने 13 मैचों में जीत हासिल की है जबकि दो मैचों में पाकिस्तान ने बाजी मारी है। हालांकि, पाकिस्तान की ये दो जीत उसे टी20 वर्ल्ड कप में ही मिली है। इस टूर्नामेंट में भारतीय टीम छह बार पाकिस्तान से भिड़ी है जिसमें से चार में उसे जीत नसीब हुई है। आंकड़ों में तो टीम इंडिया का पलड़ा भारी है, लेकिन क्रिकेट आंकड़ों का खेल नहीं है। खासकर भारत और पाकिस्तान का मैच, जहां दोनों टीमों का सबकुछ दांव पर लगा होता है इन खिलाड़ियों पर रहेंगी नजरें भारत को जीत चाहिए तो इसके लिए उसकी दमदार बल्लेबाजी का चलना काफी जरूरी है। टीम की कमान संभाल रही हरमनप्रीत कौर का बल्ला चलना काफी जरूरी है। स्मृति मंधाना और शेफाली वर्मा की जोड़ी ने अगर पैर जमा लिए तो फिर पाकिस्तान की गेंदबाजों की लाइन लैंग्थ बिगड़नी तय है। खासकर शेफली का बल्ला अगर चल गया तो तूफान मचना तय है क्योंकि वह तूफानी अंदाज में रन बनाने के लिए जानी जाती हैं

219 रन का विश्व रिकॉर्ड, श्रीलंका पर इंग्लैंड की बड़ी जीत; डैनी वायट ने मचाया धमाल

नई दिल्ली इंग्लैंड क्रिकेट टीम ने उस समय इतिहास रचा जब उन्होंने आईसीसी वुमेंस टी20 वर्ल्ड कप 2026 के पहले मैच में श्रीलंका के खिलाफ 219 रन बोर्ड पर लगाए। यह वुमेंस टी20 वर्ल्ड कप के इतिहास का अब तक का सबसे बड़ा टोटल है। जी हां, इंग्लैंड ने इस मामले में अपना ही रिकॉर्ड तोड़ा है। बता दें, इंग्लैंड टी20 वर्ल्ड कप के इतिहास में 200 रन का आंकड़ा पार करने वाली एकमात्र टीम है, इंग्लैंड ने ऐसा एक नहीं बल्कि दो-दो बार किया है। इससे पहले इंग्लिश टीम ने 2023 में पाकिस्तान के खिलाफ 213 रन बनाए थे। वहीं वुमेंस टी20 वर्ल्ड कप में सबसे बड़ा स्कोर बनाने की टॉप-5 टीमों की लिस्ट में साउथ अफ्रीका, भारत और ऑस्ट्रेलिया का भी नाम है। साउथ अफ्रीका ने थाइलैंड के खिलाफ 195 रन बनाए थे, वहीं टीम इंडिया 194 रनों के साथ लिस्ट में चौथे पायदान पर है। भारत ने यह रन न्यूजीलैंड के खिलाफ 2018 टी20 वर्ल्ड कप के दौरान बनाए थे। वहीं 6 बार की चैंपियन ऑस्ट्रेलिया ने आयरलैंड के खिलाफ 2014 में 191 रन बनाए थे। आईसीसी वुमेंस T20 वर्ल्ड कप में सबसे बड़ा स्कोर- 219/1 – ENG-W SL-W, एजबेस्टन, 2026 213/5 – ENG-W बनाम PAK-W, केप टाउन, 2023 195/3 – SA-W बनाम THA-W, कैनबरा, 2020 194/5 – IND-W बनाम NZ-W, प्रोविडेंस, 2018 191/4 – AUS-W बनाम IRE-W, सिलहट, 2014 डैनी व्याट ने शतक जड़ किया कमाल इंग्लैंड की ओपनर डैनी व्याट के शतक के दम पर ही उनकी टीम 219 के विशाल स्कोर तक पहुंचने में कामयाब रही। डैनी ने 62 गेंदों पर 13 चौकों और 1 गगनचुंबी छक्के की मदद से 105 रनों की नाबाद पारी खेली। वह वुमेंस टी20 वर्ल्ड कप में इंग्लैंड के लिए शतक जड़ने वाली मात्र दूसरी प्लेयर हैं। उनसे पहले हीथर नाइट ने थाइलैंड के खिलाफ 2020 में सेंचुरी लगाई थी। डैनी वुमेंस टी20 वर्ल्ड कप में शतक जड़ने वाली मात्र 7वीं प्लेयर हैं। विमेंस T20 WC में शतक 126 – मेग लैनिंग (AUS-W) बनाम IRE-W, सिलहट, 2014 112* – डिएंड्रा डॉटिन (WI-W) बनाम SA-W, बैसेटेरे, 2010 108* – हीथर नाइट (ENG-W) बनाम THA-W, कैनबरा, 2020 105* – डैनी वायट-हॉज (ENG-W) बनाम SL-W, एजबेस्टन, 2026 103 – हरमनप्रीत कौर (IND-W) बनाम NZ-W, प्रोविडेंस, 2018 102 – मुनीबा अली (PAK-W) बनाम IRE-W, केप टाउन, 2023 101 – लिजेल ली (SA-W) बनाम THA-W, कैनबरा, 2020 श्रीलंका 137 पर ढेर इंग्लैंड के 219 के विशाल स्कोर के सामने श्रीलंकाई टीम 20 ओवर में 137 के स्कोर पर ही सिमट गई। फ्रेया केम्प ने अपने टी20 वर्ल्ड कप डेब्यू मैच में 4 विकेट चटकाकर इंग्लैंड की जीत में अहम भूमिका निभाई। वह टी20 वर्ल्ड कप डेब्यू में 4 विकेट लेने वाली मात्र तीसरी गेंदबाज बनी हैं।

भारत-पाकिस्तान महामुकाबला 14 जून को, हरमनप्रीत की टीम पर रहेंगी नजरें

 नई दिल्ली  महिला टी20 वर्ल्ड कप का 10वां संस्करण कल यानी 12 जून 2026 से शुरू होने वाला है। ये सीजन ऐतिहासिक होने जा रहा है, क्योंकि पहली बार 12 टीमें खिताब की जंग के लिए एक-दूसरे से भिड़ेगी। इस टूर्नामेंट का फाइनल मैच 5 जुलाई को खेला जाएगा इस बार टी20 विश्व कप की मेजबानी का जिम्मा इंग्लैंड एंड वेल्स क्रिकेट बोर्ड के कंधों पर है। 33 मुकाबलों वाले इस मेगा इवेंट में 12 टीमों को दो ग्रुप में बांटा गया है। ग्रुप-ए में भारत, पाकिस्तान, ऑस्ट्रेलिया, दक्षिण अफ्रीका, बांग्लादेश और नीदरलैंड्स को रखा गया है। वहीं ग्रुप-बी में मेजबान इंग्लैंड के साथ न्यूजीलैंड, श्रीलंका, वेस्टइंडीज, आयरलैंड और स्कॉटलैंड की टीमें होंगी। भारतीय फैंस को तो बस इंतजार है कब भारत और पाकिस्तान महिला टीम का मैच हो, आइए आपको बताते हैं ये मैच कब, कहां और कितने बजे से खेला जाएगा? IND vs PAK W T20 World Cup 2026: कब होगा भारत-पाक मैच? वनडे विश्व कप 2025 का खिताब जीतने वाली हरमनप्रीत कौर की अगुवाई वाली भारतीय टीम के लिए यह विश्व कप बेहद खास होगा, क्योंकि अब टीम इंडिया टी20 की बादशाहत हासिल करने के इरादे से उतरेगी। भारतीय महिला टीम आज तक टी20 विश्व कप की ट्रॉफी नहीं उठा सकी है। वह सिर्फ एक बार 2020 में फाइनल तक पहुंची थी। बता दें कि 14 जून को बर्मिंघम में भारतीय महिला टीम का पहला मुकाबला चिर-प्रतिद्वंद्वी पाकिस्तान से होगा। ये मैच रात 7 बजे से खेला जाएगा। दोनों के हेड-टू-हेड रिकॉर्ड देखें तो महिला टी20 विश्व कप में दोनों टीमें 8 बार भिड़ी हैं, जिनमें 6 बार भारत और सिर्फ 2 बार पाकिस्तान को जीत मिली है। ऐसे में भारतीय महिला टीम का पाकिस्तान पर पलड़ा भारी है। भारत का ग्रुप स्टेज का पूरा शेड्यूल 14 जून: भारत vs पाकिस्तान, बर्मिंघम 17 जून: भारत vs नीदरलैंड्स, लीड्स 21 जून: भारत vs दक्षिण अफ्रीका, मैंचेस्टर 25 जून: भारत vs बांग्लादेश, मैंचेस्टर 28 जून: भारत vs ऑस्ट्रेलिया,लंदन ट्रॉफी का रास्ता आसान नहीं ग्रुप-ए में भारतीय महिला टीम के सामने सबसे बड़ी चुनौती 6 बार की चैंपियन ऑस्ट्रेलिया और मजबूत दक्षिण अफ्रीका होगी। हरमनप्रीत की सेना को अगर इतिहास रचना है तो ग्रुप स्टेज से लेकर नॉकआउट तक हर मैच में अपना सर्वश्रेष्ठ देना होगा। बांग्लादेश और नीदरलैंड्स को हल्के में लेनी की गलती टीम इंडिया को नहीं करनी होगी। Women's T20 WC 2026: दोनों ग्रुप इस प्रकार- ग्रुप ए: भारत, पाकिस्तान, ऑस्ट्रेलिया, नीदरलैंड्स, दक्षिण अफ्रीका, बांग्लादेश ग्रुप बी: इंग्लैंड, न्यूजीलैंड, श्रीलंका, वेस्टइंडीज, आयरलैंड, स्कॉटलैंड

इंग्लैंड में शुरू होगा महिला टी20 वर्ल्ड कप: भारत, ऑस्ट्रेलिया और साउथ अफ्रीका के बीच खिताबी जंग

क्या भारत ऐतिहासिक 'डबल' (दो बड़े खिताब एक साथ जीतना) पूरा कर पाएगा? क्या ऑस्ट्रेलिया अपनी खोई हुई जगह वापस पा सकेगा? क्या हमेशा अंतिम पड़ाव पर चूकने वाला दक्षिण अफ्रीका इस बार सुर्खियां बटोरेगा? या कोई कमजोर मानी जाने वाली टीम रोमांचक जीत हासिल करेगी? इंग्लैंड में 12 जून से शुरू हो रहे आईसीसी महिला टी20 विश्व कप के 10वें सत्र में कई रोमांचक संभावनाएं हैं। किसकी दावेदारी कितनी मजबूत है और उनकी राह में क्या चुनौतियां हैं, आइए समझते हैं। भारत: पिछले साल एकदिवसीय अंतरराष्ट्रीय विश्व कप जीतने के बाद भारत टी20 फॉर्मेट में जीत दर्ज करके शानदार 'डबल' पूरा करने के लिए उत्सुक होगा। ऐसा कारनामा सिर्फ ऑस्ट्रेलिया ही कर पाया है। हरमनप्रीत कौर की कप्तानी वाली टीम में ऐसा करने की क्षमता है जैसा कि पिछले छह महीने में श्रीलंका और ऑस्ट्रेलिया के खिलाफ घरेलू श्रृंखला में उनकी जीत से साबित हुआ है। लेकिन दक्षिण अफ्रीका (4-1) और इंग्लैंड (2-1) के खिलाफ उनकी सरजमीं पर भारत को हार झेलनी पड़ी। टीम को तेज गेंदबाजी ऑलराउंडर अमनजोत कौर की कमी भी खलेगी जो इंग्लैंड की परिस्थितियों में अहम भूमिका निभा सकती थीं। भारतीय टीम को उम्मीद होगी कि बल्लेबाज शुरू से ही लय पकड़ लेंगी और रेणुका सिंह, अरुंधति रेड्डी और क्रांति गौड़ की तेज गेंदबाजी तिकड़ी शानदार स्पेल डाल पाएंगी। स्मृति मंधाना, जेमिमा रोड्रिग्स, हरमनप्रीत, दीप्ति शर्मा और ऋचा घोष जैसी कुछ प्रमुख खिलाड़ियों ने 'द हंड्रेड' और 'किया सुपर लीग' में खेला है और वह अनुभव काम आएगा ऑस्ट्रेलिया: छह बार की चैंपियन टीम को एलिसा हीली के संन्यास के बाद सोफी मोलिन्यु के रूप में नई कप्तान मिली है। लेकिन ऑस्ट्रेलिया की असली ताकत उनकी जानी-पहचानी और भरोसेमंद कोर टीम है जिसमें एलिस पेरी, ताहलिया मैकग्रा, एशले गार्डनर, मेगन शूट, एलेना किंग और बेथ मूनी शामिल हैं। सलामी बल्लेबाज जॉर्जिया वोल और बाएं हाथ की तेज गेंदबाज लूसी हैमिल्टन के आने से टीम और मजबूत हुई है। ऑस्ट्रेलियाई टीम 2017 के बाद पहली बार बिना किसी ट्रॉफी के आईसीसी प्रतियोगिता में उतर रही है और वे निश्चित रूप से इस स्थिति को बदलना चाहेंगे। न्यूजीलैंड: मौजूदा चैंपियन ऐसी टीम के साथ आ रहे हैं जिसमें अनुभव और युवा जोश का सही मिश्रण है और उन्हें हराना आसान नहीं होगा। न्यूजीलैंड की उम्मीदें मुख्य रूप से सोफी डिवाइन, सूजी बेट्स और लिया ताहुहू पर टिकी होंगी। टीम इस तिकड़ी के लिए खिताब जीतना चाहती है क्योंकि वे इस टूर्नामेंट के बाद इस प्रारूप से अलग हो जाएंगी। टीम को ऑलराउंडर अमेलिया केर से काफी उम्मीदें हैं क्योंकि हाल ही में बल्ले से उनका प्रदर्शन शानदार रहा है। वह 2024 में फाइनल और टूर्नामेंट की सर्वश्रेष्ठ खिलाड़ी रही थीं। पिछले दो वर्षों में उनकी साख और कौशल में और निखार आया है। इंग्लैंड: मेजबान टीम नियमित कप्तान नैट स्काइवर ब्रंट की फिटनेस पर नजर रखेगी जो भारत के खिलाफ हालिया श्रृंखला में नहीं खेल पाई थीं। उम्मीद है कि वह टूर्नामेंट के लिए फिट हो जाएंगी। लेकिन चार्ली डीन की कप्तानी में इंग्लैंड ने उस श्रृंखला में साबित कर दिया कि वे स्काइवर ब्रंट के बिना भी जीत सकते हैं। टीम ने 0-1 से पिछड़ने के बाद वापसी करते हुए 2-1 से जीत हासिल की थी। टीम के पास एलिस कैपसी, सोफी एक्लेस्टोन, लिंडसे स्मिथ, फ्रेया केम्प और अनुभवी खिलाड़ी हीथर नाइट और डैनी वाट-हॉज जैसे बेहतरीन खिलाड़ी भी हैं। दक्षिण अफ्रीका: अपना पहला खिताब जीतने की कोशिश में दक्षिण अफ्रीका ने अनुभवी तेज गेंदबाज शबनिम इस्माइल को टीम में शामिल किया है लेकिन उनकी असली ताकत नेदिन डि क्लर्क, सुने लूस, क्लो ट्रायोन और डेन वान नीकर्क जैसी खिलाड़ी हैं जो खेल के किसी भी चरण में शानदार प्रदर्शन कर सकती हैं। शांत स्वभाव वाली लॉरा वोलवार्ट की कप्तानी वाले दक्षिण अफ्रीका के पास मारिजेन कैप, अयाबोंगा खाका और एनेरी डर्कसेन के रूप में एक काबिल गेंदबाजी इकाई है। टीम को भारत और ऑस्ट्रेलिया के ग्रुप में जगह मिली है इसलिए सेमीफाइनल में जगह बनाने के लिए उन्हें हर समय सतर्क रहना होगा। छुपा रुस्तम: श्रीलंका विश्व कप से पहले श्रीलंका की टीम शानदार फॉर्म में है। टीम ने बांग्लादेश और वेस्टइंडीज के खिलाफ उनके घर पर पांच मैच जीते हैं। श्रीलंका की सबसे बड़ी स्टार कप्तान चामरी अटापट्ट्रू हैं जिन्हें टूर्नामेंट में बल्ले से अहम भूमिका निभानी होगी। टीम हालांकि पिछले कुछ वर्षों में अपनी इस स्टार खिलाड़ी पर निर्भरता कम करने में कामयाब रही है। श्रीलंका ने हसिनी परेरा, विश्मी गुणरत्ने, हर्षिता समरविक्रमा, नीलाक्षिका सिल्वा और कविशा दिलहारी जैसी प्रतिभावान खिलाड़ियों को तैयार किया है। हालांकि टीम के पास भरोसेमंद तेज गेंदबाजी आक्रमण नहीं है इसलिए स्पिनरों से उम्मीद की जाएगी कि वे विरोधी टीम पर लगाम कसें। इंग्लैंड में धीमे गेंदबाज कितना असर डाल पाएंगे यह बहस का विषय है। टूर्नामेंट में यह टीम की कमजोरी साबित हो सकती है।