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विनेश फोगाट का एशियन गेम्स 2026 सपना टूटा, ट्रायल्स में युवा पहलवान मीनाक्षी से मिली हार

नई दिल्ली

भारतीय कुश्ती में 30 मई (शनिवार) को एक बड़ा उलटफेर देखने को मिला. दिल्ली के इंदिरा गांधी स्टेडियम में आयोजित एशियन गेम्स ट्रायल्स के सेमीफाइनल में दिग्गज महिला पहलवान विनेश फोगाट को हार का सामना करना पड़ा. विनेश को युवा रेसलर मीनाक्षी गोयत ने विमेंस 53 किलो भारवर्ग के मुकाबले में 6-4 से हरा दिया. इस हार के साथ विनेश फोगाट का एशियन गेम्स 2026 में जगह बनाने का सपना टूट गया. हालांकि मुकाबले के बाद उनका रिएक्शन सबसे ज्यादा चर्चा में आ गया.

हार के तुरंत बाद विनेश फोगाट मैट से बाहर गईं, लेकिन कुछ ही पलों बाद वह दोबारा लौट आईं. उन्होंने भारतीय कुश्ती महासंघ (WFI) के अध्यक्ष संजय सिंह की तरफ इशारा करते हुए कहा, 'मैं वापस आऊंगी.' विनेश का ये रिएक्शन तेजी से वायरल हो रहा है.

मुकाबले की बात करें तो मीनाक्षी ने शुरुआत से ही बेहद आक्रामक कुश्ती दिखाई., उन्होंने विनेश को संभलने का मौका नहीं दिया और लगातार अंक बटोरती रहीं. विनेश ने अनुभव के दम पर वापसी की कोशिश जरूर की, लेकिन युवा पहलवान ने दबाव बनाए रखा और आखिर में 6-4 से मुकाबला जीत लिया.

यह जीत इसलिए भी खास मानी जा रही है क्योंकि मीनाक्षी पिछले कुछ समय से शानदार फॉर्म में हैं. उन्होंने 2026 एशियन रेसलिंग चैम्पियनशिप में सिल्वर मेडल जीतकर पहले ही अपनी ताकत दिखा दी थी. किर्गिस्तान के बिश्केक में हुए उस टूर्नामेंट के बाद अब एशियन गेम्स ट्रायल्स में विनेश फोगाट जैसी स्टार को हराकर उन्होंने साफ संकेत दे दिया है कि भारतीय महिला कुश्ती में नई पीढ़ी तेजी से आगे बढ़ रही है.

WFI से विनेश की हुई थी खटपट
डब्ल्यूएफआई लगातार विनेश फोगाट की एंट्री का विरोध कर रहा था. महासंघ ने दिल्ली हाई कोर्ट के उस आदेश को सुप्रीम कोर्ट में चुनौती दी थी, जिसमें विनेश फोगाट को ट्रायल्स में हिस्सा लेने देने के निर्देश दिए गए थे. लेकिन आखिर में सुप्रीम कोर्ट से राहत मिलने के बाद विनेश के ट्रायल्स में उतरने का रास्ता साफ हुआ.

तीन बार ओलंपिक खेल चुकी विनेश फोगाट पहले 57 किलोग्राम वर्ग में वापसी करने की तैयारी कर रही थीं. उन्होंने उत्तर प्रदेश के गोंडा में आयोजित सीनियर ओपन रैंकिंग टूर्नामेंट में हिस्सा लेने का फैसला किया था, लेकिन वहां भी डब्ल्यूएफआई ने उन्हें खेलने की अनुमति नहीं दी थी. इसके बाद मामला कोर्ट तक पहुंचा और फिर कानूनी लड़ाई शुरू हुई. आखिरकार विनेश को राहत मिली और वह एशियन गेम्स ट्रायल्स में उतर सकीं.

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