samacharsecretary.com

फेसबुक खाता बार-बार बंद, मार्क जुकरबर्ग ने META पर किया कानूनी हमला

वॉशिंगटन

अमेरिका में एक वकील ने फेसबुक की पैरेंट कंपनी मेटा के खिलाफ केस किया है। अब केस करने की वजह भी बड़ी दिलचस्प है, क्योंकि वकील का नाम मार्क जुकरबर्ग है। उनका कहना है कि फेसबुक बार-बार उनका अकाउंट सस्पेंड कर रहा है, जिसके चलते बिजनेस में हजारों डॉलर का नुकसान हुआ है। खबर है कि मामला कोर्ट पहुंचने के बाद कंपनी ने माफी मांगी है। खास बात है कि फेसबुक को फाउंडर का नाम भी मार्क जुकरबर्ग है।

मीडिया रिपोर्ट के अनुसार, इंडियाना के रहने वाले वकील जुकरबर्ग का कहना है कि कंपनी ने उनका अकाउंट गलत कारणों से ब्लॉक किया है। वह 38 सालों से कानूनी पेशे में हैं। उनका आरोप हैं कि फेसबुक ने बीते 8 सालों में 5 बार उनका खाता ब्लॉक किया है और हर बार उनपर आरोप लगाए गए कि वह किसी और के होने का नाटक करने के आरोप लगाए हैं।

वकील के ये भी आरोप हैं कि बार-बार बैन होने के कारण उनकी प्रैक्टिस पर असर पड़ा है। उन्होंने मैरियन सुपीरियर कोर्ट में केस किया और दावा किया है कि मेटा ने 11 हजार डॉलर की कीमत के विज्ञापन हटाकर अपनी एग्रीमेंट का उल्लंघन किया है।

जुकरबर्ग का कहना है कि उन्होंने फोटो आईडी, क्रेडिट कार्ड और खुद की कई फोटोज समेत कई पहचान दे दी हैं। उन्होंने कहा, 'उन्होंने मुझसे जो भी कहा मैंने किया। उन्होंने मुझसे कहा कि अगर आपको लगता है कि निलंबन उचित नहीं है तो आप अपील कर सकते हैं, तो मैंने अगले ही दिन अपील की। इसपर मुझे उनकी तरफ से कोई जवाब नहीं मिला और इस बात को अब 4 महीने हो गए हैं।'

वकील ने कहा, 'उन्होंने आखिरी बार जब ऐसा किया था, तब खाता चालू करने में 6 महीने से ज्यादा का समय लग गया था। तो मुझे नहीं पता कि मैं और उनका ध्यान किस तरह आकर्षित करूं।' आखिरी बार उनका खाता मई में बंद किया गया था और केस करने के बाद ही उसे बहाल किया गया था।

कंपनी ने इसे गलती बताया था और कहा था, 'हम जुकरबर्ग के धैर्य की सराहना करते हैं और भविष्य में इस तरह की किसी घटना से बचने के लिए काम कर रहे हैं।' वकील ने कहा है कि इस बैन के चलते उनके बिजनेस पर असर हुआ है।

 

Leave a Comment

हम भारत के लोग
"हम भारत के लोग" यह वाक्यांश भारत के संविधान की प्रस्तावना का पहला वाक्य है, जो यह दर्शाता है कि संविधान भारत के लोगों द्वारा बनाया गया है और उनकी शक्ति का स्रोत है. यह वाक्यांश भारत की संप्रभुता, लोकतंत्र और लोगों की भूमिका को उजागर करता है.
Click Here
जिम्मेदार कौन
Lorem ipsum dolor sit amet consectetur adipiscing elit dolor
Click Here
Slide 3 Heading
Lorem ipsum dolor sit amet consectetur adipiscing elit dolor
Click Here