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हरियाणा में गन्ने के दाम बढ़ाने का ऐलान, 2027-28 में किसानों को मिलेगा 450 रुपये प्रति क्विंटल भाव

चंडीगढ़
 हरियाणा की चीनी मिलों में एक नवंबर से आरंभ होने वाले पेराई सत्र से पहले ही राज्य सरकार ने गन्ने के दामों में बढ़ोतरी कर दी है। अगले दो साल के लिए 35 रुपये प्रति क्विंटल की बढ़ोतरी की गई है।

मुख्यमंत्री नायब सिंह सैनी ने वीरवार को घोषणा की कि वर्ष 2026-27 के सीजन में गन्ने का भाव 430 रुपये प्रति क्विंटल होगा, जबकि वर्ष 2027-28 में इसे बढ़ाकर 450 रुपये प्रति क्विंटल किया जाएगा। इस तरह दो वर्षों में गन्ने के भाव में कुल 35 रुपये प्रति क्विंटल की बढ़ोतरी होगी। यह दीवाली से पहले किसानों के लिए बड़ी घोषणा है।

मुख्यमंत्री ने बताया कि वर्ष 2025-26 में गन्ने का भाव 415 रुपये प्रति क्विंटल था। इसे 15 रुपये बढ़ाकर वर्ष 2026-27 में 430 रुपये प्रति क्विंटल किया गया है। इसके बाद वर्ष 2027-28 में किसानों को 450 रुपये प्रति क्विंटल के भाव से गन्ने का भुगतान होगा।

गन्ने की पैदावार बढ़ेगी
उन्होंने कहा कि आमतौर पर गन्ने की पैदावार 700 से 800 क्विंटल प्रति हेक्टेयर होती है। इस आधार पर गन्ने के भाव में बढ़ोतरी से किसानों की आय प्रति सीजन प्रति एकड़ 10 हजार रुपये से 11 हजार 300 रुपये तक बढ़ेगी।

मुख्यमंत्री ने बताया कि पिछले दिनों कई किसान संगठनों से मुलाकात के दौरान किसानों ने डीजल, मजदूरी और खाद की कीमतें बढ़ने से खेती की लागत बढ़ने की चिंता व्यक्त की थी। गन्ने का भाव 450 रुपये प्रति क्विंटल करने से किसानों को बढ़ी हुई लागत की भरपाई में भी मदद मिलेगी।

किसान प्रोत्साहित होंगे
सीएम ने कहा कि गन्ने का भाव बढ़ने से किसान इसकी खेती करने के लिए प्रोत्साहित होंगे। इससे गन्ने की अधिक पैदावार होगी और चीनी मिलों को पर्याप्त मात्रा में गन्ना उपलब्ध हो सकेगा। इससे मिलें अपनी पूरी क्षमता का उपयोग कर सकेंगी। मुख्यमंत्री ने कहा कि अगले वर्ष का भाव पहले से घोषित होने पर किसानों को अपनी खेती की योजना बनाने में आसानी होगी।

राष्ट्रीय स्तर पर गन्ने की कमी के बीच यह कदम किसानों को दूसरी फसलों की ओर रुख करने से रोकने में भी मदद करेगा। उन्होंने दावा किया कि हरियाणा में गन्ने का रेट बाकी सभी राज्यों से अधिक है।

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