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मध्य प्रदेश के 50 लाख श्रमिकों के लिए बड़ी खबर, महंगाई भत्ते में ₹6 प्रतिदिन का इजाफा

भोपाल 

प्रदेश के सरकारी और निजी सेक्टर में काम करने वाले करीब 50 लाख श्रमिकों को एक अक्टूबर से 6 रुपए प्रतिदिन के मान से बढ़ा हुआ परिवर्तनशील महंगाई भत्ता दिया जाएगा।श्रम विभाग ने प्रदेश के श्रमिकों के लिए न्यूनतम वेतन दरों में बदलाव कर दिया है। 27 मार्च 2027 तक लागू रहने वाली इन नई दरों में बदलाव में सरकारी क्षेत्रों के 10 लाख और निजी सेक्टर खासतौर पर उद्योगों में काम कने वाले करीब 40 लाख श्रमिकों को न्यूनतम वेतन अधिनियम, 1948 के अंतर्गत यह लाभ मिलेगा, इसमें परिवर्तनशील महंगाई भत्ता भी शामिल है।

श्रमायुक्त ने यह बदलाव महंगाई सूचकांक के आधार पर किया है। श्रमायुक्त शीतला पटले द्वारा जारी आदेश में नई न्यूनतम वेतन दरें प्रतिदिन श्रम के आधार पर तय की गई हैं, जिसमें 67 सामान्य नियोजन में काम करने वाले श्रमिकों को 26 दिन के आधार पर न्यूनतम वेतन इस तरह दिया जाएगा।

इन 67 कैटेगरी में काम करने वालों को इसी आधार पर आने वाले समय में वेतन मिलेगा। अकुशल श्रमिक को महीने में 12575, अर्द्धकुशल श्रमिक को 13571, कुशल श्रमिक को 15294 और उच्च कुशल श्रमिक को 16919 रुपए प्रतिमाह वेतन मिलेगा जो 26 दिन के मान से दिया जाएगा।

मुद्रणालय (प्रिंटिंग प्रेस) और कृषि सेक्टर में काम करने वालों का वेतन
लिपिकीय वर्ग में अकुशल श्रमिक को ₹484, श्रेणी 1 को ₹588, श्रेणी 2 को ₹522 रुपए 26 दिन के मान से मासिक वेतन मिलेगा। उच्च कुशल श्रमिक को ₹651 मिलेंगे और इसमें भी श्रेणी एक को 648 रुपए, श्रेणी दो के श्रमिक को 634 और श्रेणी तीन के श्रमिक को 588 रुपए मिलेंगे। अर्द्धकुशल कैटेगरी में श्रेणी एक के श्रमिक को 588 और श्रेणी दो के श्रमिक को 522 रुपए प्रति दिन मिलेंगे।

अगरबत्ती श्रमिकों के लिए नई दरें:

अगरबत्ती रोलिंग (1000 अगरबत्ती रोल करने पर)- कुल ₹74.75

सुगंधित (सेंटेड) स्टिक- कुल ₹75

छह माह पहले बढ़ाए थे 9 रुपए प्रतिदिन
श्रम विभाग ने 1 अप्रैल 2026 से नई न्यूनतम वेतन दरें लागू की थीं। इसमें परिवर्तनशील महंगाई भत्ते के कारण श्रमिकों के वेतन में औसतन ₹9 प्रतिदिन यानी करीब ₹234 मासिक की बढ़ोतरी हुई थी। इसका फायदा सरकारी विभागों के करीब 10 लाख और निजी सेक्टर व उद्योगों के लगभग 40 लाख श्रमिकों को हुआ था।

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