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कलेक्टर त्रिपाठी का आह्वान, जनप्रतिनिधि जल संरक्षण में दें योगदान, कोरिया को मिले नई पहचान

जनप्रतिनिधि जल संरक्षण में दें योगदान ताकि कोरिया को मिले नई पहचान – कलेक्टर  चंदन त्रिपाठी पानी के एक-एक बूंद को संरक्षित किया जाए-सीईओ डॉ आशुतोष चतुर्वेदी जनभागीदारी से जलसंचय पर केंद्रीय भूमिजल बोर्ड की कार्यशाला सम्पन्न कोरिया कोरिया जिले में जल संरक्षण के अभियान को जनआंदोलन का रूप देने की दिशा में एक महत्वपूर्ण पहल की गई। जिला पंचायत कोरिया के मंथन कक्ष में कलेक्टर चंदन त्रिपाठी की उपस्थिति में जनभागीदारी से जलसंचय अभियान पर एक कार्यशाला आयोजित की गई। वैज्ञानिकों ने बताया जल संरक्षण का महत्व कार्यशाला में केंद्रीय भूमिजल बोर्ड से आए वैज्ञानिकों ने जिले के जनप्रतिनिधियों को जल संरक्षण के तकनीकी पहलुओं की जानकारी दी और सरल संरचनाओं के माध्यम से जल संचय को बढ़ाने के उपाय बताए। कार्यशाला में केंद्रीय भूमिजल बोर्ड के तकनीकी विशेषज्ञों ने बताया कि जल संरक्षण के लिए सबसे महत्वपूर्ण कार्य रिचार्ज जोन की पहचान करना है। उन्होंने बताया कि जमीन के भीतर चट्टानों के बीच बने गैप में पानी का संग्रह आसानी से किया जा सकता है, जिससे भूजल स्तर को तेजी से बढ़ाया जा सकता है। कोरिया जिले में जल संचय की असीम संभावनाएं केंद्रीय भूमिजल बोर्ड की विशेषज्ञ महिमा अवस्थी और शिप्रा ने बताया कि कोरिया जिले का अधिकांश क्षेत्र रिचार्ज जोन में आता है। जिले की लगभग सभी ग्राम पंचायतों में जल संरक्षण की संरचनाएं बनाकर भूजल संसाधनों को मजबूत किया जा सकता है। इस अभियान के सफल होने से जिले के साथ-साथ पूरे प्रदेश को भी लाभ मिलेगा। जनप्रतिनिधियों को निभानी होगी जिम्मेदारी कलेक्टर श्रीमती चंदन त्रिपाठी ने कहा कि जल संरक्षण को तेजी से आगे बढ़ाकर जन आंदोलन बनाना आवश्यक है। उन्होंने कहा कि यदि समय रहते जल संरक्षण के लिए प्रयास नहीं किए गए तो आने वाला भविष्य चुनौतीपूर्ण हो सकता है। उन्होंने सभी जनप्रतिनिधियों को इस अभियान में नेतृत्व की भूमिका निभाने की अपील की। पानी के एक-एक बूंद को संरक्षित किया जाए जिला पंचायत कोरिया के मुख्य कार्यपालन अधिकारी डॉ. आशुतोष चतुर्वेदी ने कहा आज पानी की किल्लत एक वैश्विक समस्या बन रही है। ऐसे में हम सबकी जिम्मेदारी है कि पानी के एक-एक बूंद को संरक्षित किया जाए। बारिश की पानी को बेवजह बहने की बजाय धरती के अंदर समाहित की जाए ताकि भूजल स्तर बढ़ सके। कैसे होता है भूमिगत जल रिचार्ज वैज्ञानिकों ने बताया कि जमीन के नीचे चट्टानों की परतों के आधार पर रिचार्ज और डिस्चार्ज जोन बनते हैं। जहां पानी जमीन के अंदर समा जाता है उसे रिचार्ज जोन कहा जाता है, जबकि जहां पानी बाहर निकल जाता है उसे डिस्चार्ज जोन कहा जाता है। जनप्रतिनिधियों ने जताई प्रतिबद्धता कार्यशाला में जिला पंचायत अध्यक्ष श्री मोहित पैकरा, उपाध्यक्ष श्रीमती वंदना राजवाड़े, नगर पालिका अध्यक्ष श्रीमती नविता शिवहरे, शिवपुर अध्यक्ष श्री अरुण जायसवाल, पटना नगर पंचायत अध्यक्ष श्रीमती गायत्री सिंह सहित कई जनप्रतिनिधियों ने जल संरक्षण को जनआंदोलन बनाने पर अपने विचार रखे। कार्यक्रम में एसडीएम बैकुंठपुर सहित जल संसाधन, कृषि, पंचायत एवं ग्रामीण विकास विभाग, ग्रामीण यांत्रिकी सेवा के अधिकारी तथा राजस्व विभाग के मैदानी कर्मचारी शामिल हुए।

छात्रावास में 11वीं के छात्र ने की आत्महत्या, कारण अज्ञात

कोरिया  जिले के सोनहत जनपद पंचायत अंतर्गत कटगोड़ी पोस्ट मैट्रिक छात्रावास में बीती रात एक दिल दहला देने वाली घटना सामने आई है, जहाँ 11वीं कक्षा में अध्ययनरत एक रहवासी छात्र ने आत्महत्या कर ली।  प्राप्त जानकारी के अनुसार, मृतक छात्र का नाम सुरेश बताया जा रहा है, जो कक्षा 11वीं में अध्ययनरत था। सुरेश ने बीती रात छात्रावास के भीतर ऐसा आत्मघाती कदम उठा लिया, जिससे उसकी मौत हो गई। अब सवाल यह है कि आखिर ऐसा कौन सा कारण या दबाव था, जिसकी वजह से छात्र सुरेश ने इतना बड़ा और आत्मघाती कदम उठा लिया। हालांकि आत्महत्या के पीछे का वास्तविक कारण अभी पूरी तरह से स्पष्ट नहीं है। घटना की सूचना मिलते ही सोनहत प्रशासन और पुलिस विभाग हरकत में आया। सोनहत एसडीएम अंशुल वर्मा, तहसीलदार संजय सिंह राठौर, थाना प्रभारी विनोद पासवान सहित पुलिस और स्वास्थ्य विभाग की एक टीम तत्काल कटगोड़ी छात्रावास पहुंची। टीम ने मौके पर पहुंचकर प्रारंभिक जांच शुरू कर दी है और मृतक छात्र के साथियों व छात्रावास प्रबंधन से पूछताछ की जा रही है। पुलिस ने फिलहाल छात्र के शव का पोस्टमार्टम करवाकर परिजनों को सौंप दिया है और मामले की गहनता से आगे की जांच में जुटी हुई है, उम्मीद है कि जल्द ही आत्महत्या के पीछे के कारणों का खुलासा हो पाएगा।

विवादित बयान पर एक्शन: कांग्रेस नेता विनोद तिवारी दिल्ली पुलिस की गिरफ्त में

रायपुर/नई दिल्ली. प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के खिलाफ कथित विवादित टिप्पणी करने के मामले में छत्तीसगढ़ कांग्रेस के पीसीसी संयुक्त महामंत्री विनोद तिवारी को दिल्ली पुलिस ने गिरफ्तार कर लिया है। पुलिस की टीम ने उन्हें उत्तर प्रदेश के कौशांबी जिले से हिरासत में लिया। जानकारी के अनुसार विनोद तिवारी कौशांबी में एक पारिवारिक कार्यक्रम में शामिल होने पहुंचे थे। इसी दौरान दिल्ली पुलिस की टीम वहां पहुंची और उन्हें हिरासत में लेकर गिरफ्तार कर लिया। बताया जा रहा है कि यह कार्रवाई 3 फरवरी को सोशल मीडिया पर की गई एक पोस्ट से जुड़े मामले में की गई है। सूत्रों के मुताबिक उक्त पोस्ट को लेकर पहले भी शिकायत दर्ज कराई गई थी, जिसके आधार पर दिल्ली पुलिस ने जांच शुरू की थी। जांच के बाद पुलिस टीम ने कौशांबी पहुंचकर उन्हें गिरफ्तार किया। फिलहाल दिल्ली पुलिस ने विनोद तिवारी को हिरासत में लेकर आगे की कानूनी प्रक्रिया शुरू कर दी है। इस कार्रवाई के बाद राजनीतिक हलकों में भी हलचल तेज हो गई है और मामले को लेकर विभिन्न प्रतिक्रियाएं सामने आ रही हैं।

राजनांदगांव को बनाएंगे मॉडल सिटी, CM साय ने कहा- आधुनिक सुविधाओं से होगा सुसज्जित

राजनांदगांव को आधुनिक सुविधाओं से सुसज्जित मॉडल सिटी के रूप में विकसित करेंगे : मुख्यमंत्री  विष्णु देव साय राजनांदगांव के विकास को नई गति: 2 हजार सीटर अत्याधुनिक ऑडिटोरियम सहित 226 करोड़ से अधिक के विकास कार्यों का भूमिपूजन रायपुर  मुख्यमंत्री  विष्णु देव साय आज नवा रायपुर स्थित मुख्यमंत्री निवास कार्यालय से नगर पालिक निगम राजनांदगांव के विभिन्न विकास कार्यों के भूमिपूजन कार्यक्रम में वर्चुअल रूप से शामिल हुए। इस अवसर पर उन्होंने 226 करोड़ रुपये से अधिक की लागत से होने वाले विभिन्न विकास कार्यों का भूमिपूजन किया। उन्होंने  राजनांदगांववासियों को बधाई देते हुए कहा कि यह भूमिपूजन केवल विकास कार्यों की शुरुआत नहीं, बल्कि शहर के उज्ज्वल भविष्य की मजबूत नींव है। मुख्यमंत्री  साय ने कहा कि राज्य सरकार ‘सबका साथ, सबका विकास, सबका विश्वास और सबका प्रयास’ के मूलमंत्र के साथ प्रदेश के संतुलित और समावेशी विकास के लिए निरंतर कार्य कर रही है। विकसित भारत के संकल्प को आगे बढ़ाते हुए विकसित छत्तीसगढ़ के निर्माण में राजनांदगांव की महत्वपूर्ण भूमिका है। उन्होंने कहा कि शहर की बढ़ती आबादी के अनुरूप नागरिक सुविधाओं का विस्तार करना सरकार की प्राथमिकताओं में शामिल है और इन परियोजनाओं के माध्यम से शहर के हर वार्ड तक विकास की किरण पहुंचाने का लक्ष्य रखा गया है। मुख्यमंत्री  साय ने कहा कि अमृत मिशन 2.0 के तहत शहर में घरेलू अपशिष्ट जल के वैज्ञानिक उपचार के लिए दो नए सीवरेज ट्रीटमेंट प्लांट स्थापित किए जाएंगे। इससे गंदे पानी को सीधे नदियों और नालों में जाने से रोका जा सकेगा और पर्यावरण संरक्षण के साथ-साथ नागरिकों के स्वास्थ्य की भी रक्षा होगी। उन्होंने कहा कि मुख्यमंत्री नगरोउत्थान योजना के अंतर्गत सड़कों का चौड़ीकरण और सौंदर्यीकरण किया जा रहा है, जिससे यातायात अधिक सुगम होगा और व्यापारिक गतिविधियों को भी गति मिलेगी। मुख्यमंत्री  साय ने कहा कि राजनांदगांव में 2 हजार सीटर का विशाल अत्याधुनिक ऑडिटोरियम बनाया जाएगा, जो संस्कारधानी की कला, साहित्य और सांस्कृतिक गतिविधियों को नया मंच प्रदान करेगा। इससे स्थानीय कलाकारों, साहित्यकारों और युवाओं को अपनी प्रतिभा प्रदर्शित करने के व्यापक अवसर मिलेंगे। उन्होंने कहा कि यह ऑडिटोरियम शहर की एक नई पहचान बनेगा। उन्होंने कहा कि इसके साथ ही ट्रांसपोर्ट नगर के उन्नयन, नाली निर्माण, पाइपलाइन विस्तार तथा शहर के 51 वार्डों में मूलभूत सुविधाओं के सुदृढ़ीकरण के लिए विशेष बजट प्रावधान किए गए हैं। मुख्यमंत्री  साय ने कहा कि स्वच्छ भारत मिशन के अंतर्गत कचरा प्रबंधन को सुदृढ़ बनाने के लिए नए संयंत्र स्थापित किए जा रहे हैं। हमारा लक्ष्य है कि राजनांदगांव केवल स्वच्छता सर्वेक्षण में भाग लेने वाला शहर न रहे, बल्कि देश के अग्रणी स्वच्छ शहरों में अपनी पहचान बनाए। उन्होंने कहा कि संसाधनों का लाभ सीधे जनता तक पहुंचाना सरकार की प्राथमिकता है और इसी उद्देश्य से विकास कार्यों की गति तेज की गई है। मुख्यमंत्री ने कहा कि विधानसभा अध्यक्ष डॉ. रमन सिंह के मार्गदर्शन और स्थानीय जनप्रतिनिधियों के सहयोग से राजनांदगांव तेजी से आगे बढ़ रहा है। उनके विजन और जनसहभागिता से शहर को छत्तीसगढ़ की एक मॉडल सिटी के रूप में विकसित किया जा रहा है। उन्होंने जिले के विकास से संबंधित लंबित अधोसंरचना प्रस्तावों को भी शीघ्र स्वीकृत करने का आश्वासन दिया। विधानसभा अध्यक्ष डॉ. रमन सिंह ने कार्यक्रम को संबोधित करते हुए कहा कि राजनांदगांव उनके दिल के बेहद करीब है और आज का दिन शहर के विकास की दिशा में महत्वपूर्ण पड़ाव है। उन्होंने मुख्यमंत्री का आभार व्यक्त करते हुए बताया कि संकल्प बजट 2026-27 में राजनांदगांव जिले के समग्र विकास के लिए 1000 करोड़ रुपये का प्रावधान किया गया है। डॉ. सिंह ने बताया कि शिवनाथ नदी के संरक्षण, संवर्द्धन और विकास के लिए 250 करोड़ रुपये की योजनाएँ स्वीकृत की गई हैं। इसके अलावा विभिन्न विभागों के माध्यम से अनेक विकास कार्य प्रस्तावित किए गए हैं, जिनमें पंचायत एवं ग्रामीण विकास विभाग के लिए 20 करोड़ रुपये, स्कूल शिक्षा विभाग के लिए 20 करोड़ रुपये, नगरीय प्रशासन विभाग के अंतर्गत 60 करोड़ रुपये, तथा लोक निर्माण विभाग के माध्यम से लगभग 200 करोड़ रुपये के कार्य शामिल हैं। उन्होंने बताया कि खेल सुविधाओं के विकास के लिए हॉकी स्टेडियम में टर्फ सहित अन्य सुविधाओं के निर्माण हेतु 8 करोड़ 80 लाख रुपये तथा दिग्विजय स्टेडियम में खेल अधोसंरचना सुदृढ़ करने के लिए 6 करोड़ रुपये का प्रावधान भी किया गया है, जिससे युवाओं को बेहतर खेल सुविधाएँ उपलब्ध होंगी। कार्यक्रम में राजनांदगांव जिले के प्रभारी मंत्री  गजेंद्र यादव, सांसद  संतोष पांडेय, छत्तीसगढ़ भवन एवं सन्निर्माण कर्मकार मंडल के अध्यक्ष डॉ. रामप्रताप सिंह तथा महापौर  मधुसूदन यादव सहित अन्य जनप्रतिनिधि उपस्थित थे। उल्लेखनीय है कि भूमिपूजन के अंतर्गत स्वीकृत परियोजनाओं में सीवरेज ट्रीटमेंट प्लांट निर्माण, सड़क चौड़ीकरण एवं उन्नयन, 2 हजार सीटर ऑडिटोरियम निर्माण, नाला निर्माण, पाइपलाइन विस्तार, ट्रांसपोर्ट नगर उन्नयन, कचरा प्रबंधन संयंत्र स्थापना तथा स्वच्छता संबंधी कार्य शामिल हैं। इन परियोजनाओं से राजनांदगांव के 51 वार्डों में बुनियादी सुविधाओं का व्यापक विस्तार होगा और शहर के समग्र विकास को नई गति मिलेगी।

संपत्तिकर नहीं चुकाने वाले बड़े बकायेदारों के परिसर किए सील

रायपुर. नगर निगम रायपुर के जोन क्रमांक-8 में संपत्तिकर (टैक्स) के बड़े बकायादारों के खिलाफ सख्त कार्रवाई की गई है। आयुक्त, अपर आयुक्त, उपायुक्त और जोन आयुक्त के निर्देश पर शुक्रवार 13 मार्च को कई वर्षों से टैक्स जमा नहीं करने वाले व्यावसायिक परिसरों को सील किया गया। निगम की ओर से पहले डिमांड बिल, डिमांड नोटिस और अंतिम नोटिस जारी किए गए थे, लेकिन इसके बाद भी बकाया राशि जमा नहीं करने पर कार्रवाई करते हुए परिसरों में ताला लगाकर सीलबंद किया गया। निगम प्रशासन के अनुसार इस कार्रवाई में वीर सावरकर नगर वार्ड-01 और पं. जवाहर लाल नेहरू वार्ड-02 क्षेत्र के कई संपत्ति मालिकों के खिलाफ कार्रवाई की गई। इनमें प्रीतम सिंह पिता जीत सिंह पर 5,29,434 रुपये, अशोक कुमार, विजय कुमार और विनोद कुमार (पिता टेकचंद नवानी) पर 2,25,857 रुपये, हरवंश सिंह, महेंद्र सिंह और सुरजीत कौर पर 4,52,317 रुपये, राहुल धारीवाल पिता राजेंद्र धारीवाल पर 1,83,697 रुपये, सुरेंद्र सिंह और गुरविंदर सिंह पिता प्रीतम सिंह पर 1,17,410 रुपये, आदिल खान पर 1,41,022 रुपये और संतोषी देवी पति रामनिवास पर 8,36,874 रुपये का बकाया होने के कारण उनकी व्यावसायिक संपत्तियों को सील किया गया। इसके अलावा पं. जवाहर लाल नेहरू वार्ड-02 में हैदर रज़ा के भवन पर भी कार्रवाई की गई। निगम के अनुसार भवन स्वामी द्वारा अब तक संपत्ति का टैक्स अधिरोपित नहीं कराया गया था, जिसके कारण परिसर को ताला लगाकर सील कर दिया गया। नगर निगम अधिकारियों ने चेतावनी दी है कि जिन संपत्ति मालिकों ने अब तक बकाया संपत्तिकर जमा नहीं किया है, वे जल्द से जल्द राशि जमा करें, अन्यथा इसी तरह की कार्रवाई आगे भी जारी रहेगी।

परीक्षा की तैयारी तेज: 5वीं और 8वीं की गोपनीय सामग्री बांटी गई, सुरक्षा के लिए थाने में जमा

दुर्ग. सत्र 2025-26 में छत्तीसगढ़ शासन के निर्देशानुसार कक्षा 5वीं एवं 8वीं की केन्द्रीकृत परीक्षा आयोजित की जाएगी। पांचवी की परीक्षा 16 मार्च ( सुबह 9 से 11 बजे ) तथा आठवीं की परीक्षा 17 मार्च ( सुबह 9 से 12 बजे ) से शुरू होंगे। इन परीक्षाओं के लिए गोपनीय सामग्रियों का वितरण सेजस जेआरडी दुर्ग से किया गया। धमधा तथा पाटन ब्लॉक के विद्यालयों के संकुल प्राचार्यों को प्रश्न पत्र के सील बंद पैकेट वितरित किए गए। संकुल प्राचार्यों ने पेटी में को गोपनीय सामग्रियों को रखकर सील किया, जिसे स्कूल बस के जरिए निकट के थाने में जमा कराया गया। जिला शिक्षा अधिकारी अरविंद मिश्रा द्वारा बसों को हरी झंडी दिखाकर रवाना किया गया। पांचवीं की परीक्षा में 23151 तथा आठवीं में 22700 विद्यार्थी शामिल होंगे। पांचवीं की परीक्षा के लिए 1077 तथा आठवीं के लिए परीक्षा केंद्र बनाए गए है। गोपनीय सामग्री वितरण के दौरान सहायक संचालक सीमा नायक व समृद्धि जोशी, एबीईओ संध्या ढीढी, आकांक्षा अग्रवाल व संगीता देवांगन तथा परीक्षा कक्ष प्रभारी नवनीत मौजूद थे। पांचवी-आठवीं की समय सारणी इस प्रकार :  पांचवी गणित 16 मार्च, अंग्रेजी 19 मार्च, हिंदी 23 मार्च, पर्यावरण 25 मार्च | आठवीं गणित 17 मार्च, हिंदी 20 मार्च, अंग्रेजी 24 मार्च, सामाजिक विज्ञान 30 मार्च, विज्ञान 2 अप्रैल तथा संस्कृत/ उर्दू 6 अप्रैल।

मुख्यमंत्री का स्नेह और प्रोत्साहन हमेशा हौसला बढ़ाता है : आकांक्षा सत्यवंशी

खेल अधोसंरचना के विकास से निखर रही प्रदेश की प्रतिभाएँ : मुख्यमंत्री  विष्णुदेव साय मुख्यमंत्री का स्नेह और प्रोत्साहन हमेशा हौसला बढ़ाता है :  आकांक्षा सत्यवंशी छत्तीसगढ़ की बेटी आकांक्षा सत्यवंशी ने बढ़ाया प्रदेश का मान, मुख्यमंत्री  विष्णुदेव साय ने किया सम्मान रायपुर मुख्यमंत्री  विष्णुदेव साय ने आज नवा रायपुर स्थित अपने निवास में आयोजित एक गरिमामय समारोह में भारतीय महिला क्रिकेट टीम की फिजियोथेरेपिस्ट और छत्तीसगढ़ की बेटी आकांक्षा सत्यवंशी को टाटा सिएरा कार उपहार स्वरूप प्रदान की। इस अवसर पर मुख्यमंत्री ने  आकांक्षा को बधाई देते हुए कहा कि हमारी बेटियों ने विश्व कप जीतकर देश का गौरव बढ़ाया है। उन्होंने महिला क्रिकेट टीम के सम्मान और प्रोत्साहन के लिए टाटा मोटर्स द्वारा कार उपहार देने की इस पहल की सराहना की। मुख्यमंत्री  साय ने कहा कि प्रदेश में खेल प्रतिभाओं की कोई कमी नहीं है और राज्य सरकार खेलों को बढ़ावा देने के लिए पूरी प्रतिबद्धता के साथ कार्य कर रही है। उन्होंने कहा कि खेल अधोसंरचना के निरंतर विकास से प्रदेश के खिलाड़ियों को बेहतर प्रशिक्षण मिल रहा है, जिसके परिणामस्वरूप वे राष्ट्रीय और अंतरराष्ट्रीय स्तर पर उत्कृष्ट प्रदर्शन कर रहे हैं। मुख्यमंत्री ने कहा कि बस्तर ओलंपिक और सरगुजा ओलंपिक जैसे प्रयासों के माध्यम से प्रदेश के सुदूर अंचलों के युवा भी खेलों से जुड़ रहे हैं। वहीं नेशनल ट्राइबल गेम्स की मेजबानी प्रदेश को मिलने से भी राज्य में खेलों के लिए सकारात्मक वातावरण निर्मित हुआ है। मुख्यमंत्री ने कहा कि महिला क्रिकेट टीम की यह ऐतिहासिक उपलब्धि प्रदेश की बेटियों को आगे बढ़ने के लिए प्रेरित करेगी। उन्होंने कहा कि पिछली मुलाकात के दौरान भी आकांक्षा का आत्मविश्वास और ऊर्जा बेहद प्रेरणादायक थी और आज भी उनमें वही उत्साह देखने को मिल रहा है। उन्होंने विश्वास व्यक्त किया कि यही जज्बा भविष्य में होने वाले विश्व कप में भी टीम को सफलता दिलाएगा। मुख्यमंत्री का स्नेह और प्रोत्साहन हमेशा हौसला बढ़ाता है :  आकांक्षा सत्यवंशी भारतीय महिला क्रिकेट टीम की फिजियोथेरेपिस्ट  आकांक्षा सत्यवंशी ने कहा कि विश्व कप जीतकर लौटने के बाद सबसे पहले प्रदेश के मुख्यमंत्री  विष्णुदेव साय ने पूरी टीम का उत्साहवर्धन किया और प्रदेश की बेटी के नाते उन्हें व्यक्तिगत रूप से मिलने के लिए आमंत्रित किया। उन्होंने कहा कि अभिभावक की तरह मुख्यमंत्री का यह स्नेह और प्रोत्साहन हमेशा उनका मनोबल बढ़ाता है। आकांक्षा ने कहा कि आज मुख्यमंत्री से यह सम्मान प्राप्त कर उनका दिन यादगार बन गया है और यह पल उनके जीवन में हमेशा विशेष रहेगा। उन्होंने फिजियोथेरेपिस्ट के रूप में टीम में अपनी भूमिका तथा विश्व कप जीत की यात्रा से जुड़े अनुभव भी साझा किए। इस अवसर पर भवन एवं अन्य सन्निर्माण कर्मकार मंडल के अध्यक्ष डॉ. रामप्रताप सिंह, मती आकांक्षा के परिजन तथा टाटा मोटर्स के प्रतिनिधि उपस्थित थे। उल्लेखनीय है कि भारतीय महिला क्रिकेट टीम को आईसीसी महिला विश्व कप 2025 में ऐतिहासिक जीत के उपलक्ष्य में टाटा मोटर्स द्वारा टाटा सिएरा एसयूवी कार उपहार स्वरूप प्रदान की जा रही है। इसी क्रम में छत्तीसगढ़ की निवासी और भारतीय महिला क्रिकेट टीम की फिजियोथेरेपिस्ट मती आकांक्षा सत्यवंशी को भी आज टाटा सिएरा कार भेंट की गई। भारतीय महिला क्रिकेट टीम ने पिछले वर्ष अपना पहला महिला विश्व कप खिताब जीतकर इतिहास रचा था। इस उपलब्धि के सम्मान में टाटा मोटर्स ने टीम की प्रत्येक खिलाड़ी को सिएरा एसयूवी के टॉप-एंड मॉडल भेंट करने की घोषणा की थी।

बच्चों की कलम से: क्या आपको भी क्रिकेट पसंद है मेरी तरह?

रायपुर  आखिर क्रिकेट है क्या? कुछ लोगों के लिए यह खेल होगा, तो कुछ लोगों के लिए रोजी-रोटी, तो किसी के लिए एक इमोशन| यह हर आयु के लोगों को पसंद आता है| एक ही छत के नीचे एक बच्चा, एक जवान, एक बूढ़ा सभी बैठते हैं क्रिकेट के रोमांच के लिए| यह खेल इंग्लैंड का राष्ट्रीय खेल है| यह भारत के गिल्ली डंडे के जैसा भी लगता है| इसमें कुल ग्यारह खिलाड़ी होते हैं| इसे खेलने के लिए हमें एक बल्ला और गेंद चाहिए होती है| एक विशाल गोलाकार मैदान के बीच बनी पिच पर इसे खेला जाता है| पिच को हर मैच के पहले रोल किया जाता है| भारत में तो लोग रोड पर भी क्रिकेट खेलते दिख जाएँगे| अब क्या कहूँ यही है हमारा भारत|  क्रिकेट में भारत कहीं भी पीछे नहीं| विश्व में जिसे बैटिंग का सरताज कहा जाता है वह भी एक भारतीय ही है- सचिन तेंदुलकर| दुनिया में लाखों बैट्समैन हुए हैं परंतु सचिन तेंदुलकर जैसा कोई नहीं| इस बात को तो पूरी दुनिया मानती है| जब सचिन सिर्फ तेरह साल के थे तब उन्होंने क्रिकेट की दुनिया में कदम रख लिया था| उन्होंने अपना पहला मैच पाकिस्तान के खिलाफ खेला था| उस समय की सबसे खतरनाक टीम पाकिस्तान के तेजतर्रार गेंदबाजों से पूरी दुनिया घबराती थीं| शोएब अख्तर और वसीम अकरम तो जान ले लेने वाली गेंद फेंकते थे| शोएब अख्तर ने पता नहीं कितने बल्लेबाजों के हेलमेट और बल्ले तोड़े हैं पर सचिन तेंदुलकर ने अपने पहले ही मैच में शोएब का सामना किया था| गेंद सीधा जाकर नाक पर लगी खून से लथपथ चेहरे को देख सभी ने कहा कि वापस चले जाओ परंतु पट्टी लगाकर वापस खेलने खड़ा हो गया मात्र सोलह वर्ष का बच्चा और उसने मैच में क्या पारी खेली| सभी को अचंभित कर दिया| उनकी स्टेट-ड्राइव की तो पूरी दुनिया दीवानी है| सौ से भी ज्यादा शतक मारे हैं उन्होंने अपने पूरे करियर में, अगर मैं कहूँ तो मेरे मनपसंद बल्लेबाज तो विराट कोहली हैं| मेरे मनपसंद गेंदबाज ऑस्ट्रेलिया के ब्रेट ली हैं उनका एक्शन मैकेनिकली परफेक्ट था| आस्ट्रेलिया टीम के पुराने कप्तान रिकी पोंटिंग भी काबिले तारीफ थे|  पहले पचास ओवरों के मैच चलन में थे जिसमें आपको अपनी तकनीक सुधारनी पड़ती थी और धीरज से खेलना पड़ता था, परंतु आजकल बीस ओवर के मैच प्रचलन में है| बल्लेबाज मात्र बीस ओवर में करीब दो सौ पचास रन बना देते हैं, परंतु पहले तो पचास ओवर में भी दो सौ  रन का एक बड़ा स्कोर होता था| आजकल की नई पीढ़ी तो पावर प्ले में विश्वास करती है यह सिर्फ एक खेल नहीं है यह कई लोगों के लिए की इमोशन की तरह है| यह हममें जोश लाता है| कभी-कभी तो दर्शक रो भी पड़ते हैं| यह खेल हमारे मानसिक और शारीरिक दोनों स्वास्थ को अच्छा रखता है| यह हममें धीरज और परफेक्शन लाता है इसलिए हमें इसके बारे में और जानना चाहिए| मैं खुद भी इस खेल से बहुत प्रभावित हूँ और मेरे जीवन में इससे कई छोटी-मोटी घटनाएँ जुड़ी है| आशा करता हूँ कि आप भी इस खेल को जरूर खेलना पसंद करेंगे मेरी तरह|. अथर्व पटौदिया       ब्राइटन इंटरनेशनल स्कूल रायपुर     

दुर्ग में 247 परिवारों को मिलेगा पीएम आवास का लाभ, राज्य शासन ने दी हरी झंडी

दुर्ग. भारत सरकार के शहरी विकास मंत्रालय द्वारा प्रधानमंत्री आवास योजना (शहरी) के अंतर्गत नगर पालिक निगम दुर्ग को बड़ी सौगात मिली है। निगम क्षेत्र के पात्र हितग्राहियों को पक्का आवास उपलब्ध कराने के उद्देश्य से कुल 247 बीएलसी आवासों की स्वीकृति प्राप्त हुई है। नगर निगम दुर्ग क्षेत्र के पात्र हितग्राहियों को योजना का लाभ प्रदान करने के लिए राज्य शासन द्वारा स्वीकृति जारी की गई है, जिससे अब लाभार्थियों को अपने घर के निर्माण के लिए आर्थिक सहायता उपलब्ध कराई जा सकेगी। नगर निगम दुर्ग द्वारा योजना के अंतर्गत स्वीकृत आवासों के निर्माण की प्रक्रिया को प्राथमिकता के साथ आगे बढ़ाया जाएगा, ताकि पात्र हितग्राहियों को समयबद्ध तरीके से योजना का लाभ मिल सके। योजना के अनुसार हितग्राही 30 से 45 वर्ग मीटर कारपेट क्षेत्रफल तक का आवास निर्माण कर सकेंगे। नगर निगम द्वारा जारी भवन अनुज्ञा में प्रस्तावित आवास का कारपेट क्षेत्रफल दर्ज किया जाएगा और उसी के अनुरूप निर्माण करना अनिवार्य होगा। साथ ही मिशन की मार्गदर्शिका अनुसार हितग्राहियों का जातिगत आधार पर वर्गीकरण ( अजजा, अजा, अपित्र एवं सामान्य) किया जाना भी सुनिश्चित किया जाएगा। योजना के अंतर्गत पात्र हितग्राहियों को आवास निर्माण के लिए कुल 2.50 लाख रुपये की अनुदान राशि (केंद्रांश 1.50 लाख एवं राज्यांश 1.00 लाख) चार किश्तों में प्रदान की जाएगी। इसमें फाउंडेशन स्तर पर 63 हजार रुपये, लिंटल स्तर पर 87 हजार रुपये, रूफ स्तर पर 65 हजार रुपये तथा पूर्ण स्तर पर 35 हजार रुपये जारी किए जाएंगे। इसके अलावा मुख्यमंत्री गृह प्रवेश सम्मान योजना के तहत जो हितग्राही निर्धारित 18 माह की अवधि में अपना आवास निर्माण पूर्ण कर गृह प्रवेश करेंगे, उन्हें अतिरिक्त 32,850 रुपये की प्रोत्साहन राशि सीधे खाते में दी जाएगी।

छत्तीसगढ़ में ‘गौधाम योजना’ की शुरुआत आज, बिलासपुर पहुंचेंगे मुख्यमंत्री विष्णु देव साय

रायपुर. मुख्यमंत्री विष्णु देव साय आज बिलासपुर जिले के दौरे पर रहेंगे। दौरे से पहले वे रायपुर स्थित मुख्यमंत्री निवास से वर्चुअल कार्यक्रम के माध्यम से राजनांदगांव नगर पालिका निगम क्षेत्र के विभिन्न विकास कार्यों का भूमि पूजन करेंगे और शहर को कई विकास कार्यों की सौगात देंगे। इसके बाद मुख्यमंत्री दोपहर 1 बजे रायपुर से बिलासपुर के लिए रवाना होंगे। बिलासपुर जिले के तखतपुर में वे गौ पूजा करेंगे, व्यवस्थाओं का निरीक्षण करेंगे और ग्रामीणों से चर्चा भी करेंगे। दोपहर 3 बजे बिलासपुर से “गौधाम योजना” का शुभारंभ करेंगे तथा पशुपालन सम्मेलन कार्यक्रम में भी शामिल होंगे। कार्यक्रमों के बाद मुख्यमंत्री शाम 5 बजे बिलासपुर से रायपुर लौटेंगे। यहां नवा रायपुर में शाम 6 बजे आयोजित “आदि परब 2026” कार्यक्रम में शामिल होने के बाद वे नवा रायपुर स्थित मुख्यमंत्री निवास के लिए रवाना होंगे। घुमंतू और निराश्रित गौवंश के संरक्षण के लिए गौधाम योजना का शुभारंभ रायपुर. मुख्यमंत्री विष्णु देव साय आज बिलासपुर से गौधाम योजना का शुभारंभ करेंगे। इस योजना के तहत प्रदेश में 29 गौधामों का उद्घाटन किया जाएगा। राज्य सरकार ने घुमंतू और निराश्रित गौवंश के संरक्षण के लिए बड़ा लक्ष्य तय किया है। इसके तहत पूरे प्रदेश में 1460 गौधाम स्थापित करने की तैयारी की जा रही है। प्रत्येक गौधाम में करीब 200 गौवंश को रखने की व्यवस्था की जाएगी, ताकि उनके संरक्षण और देखभाल को बेहतर बनाया जा सके।