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नागपुर मंडल में विकास कार्यों के चलते 9 पैसेंजर ट्रेनें रद्द

बिलासपुर. दक्षिण पूर्व मध्य रेलवे जोन बिलासपुर ने नागपुर मंडल में विकास कार्यों का हवाला दे छत्तीसगढ़ से गुजरने वाली 9 पैसेंजर ट्रेनों को निरस्त कर दिया है। रेलवे ने बताया है कि दक्षिण पूर्व मध्य रेलवे के नागपुर मंडल में अधोसंरचना विकास कार्य करने के लिए समपार फाटक क्रमांक 481 (किमी 948/19-21) बोरतलाव–दरेकसा खंड पर बॉक्स पुशिंग कार्य के लिए आरएच-गर्डर (RH-Girder) लॉन्चिंग एवं डी-लॉन्चिंग का कार्य किया जाना प्रस्तावित है। इस कार्य के निष्पादन के लिए 13-14 फरवरी 2026 को अप एवं डाउन लाइन पर तथा 13-14 मार्च 2026 को डी-लॉन्चिंग के लिए ट्रैफिक कम पावर ब्लॉक कार्य तथा तृतीय लाइन पर लॉन्चिंग एवं डी-लॉन्चिंग का कार्य किया जाएगा। जिससे कुछ यात्री गाड़ियों का परिचालन प्रभावित रहेगा। रद्द की जाने वाली गाड़िया– 1) गाड़ी संख्या 68721 रायपुर – डोंगरगढ़ मेमू दिनांक – 13, 14 फरवरी एवं 13, 14 मार्च 2026 को रद्द रहेगी। 2) गाड़ी संख्या 68723 डोंगरगढ़ – गोंदिया मेमू दिनांक – 13, 14 फरवरी एवं 13, 14 मार्च 2026 को रद्द रहेगी। 3) गाड़ी संख्या 68724 गोंदिया – रायपुर मेमू दिनांक – 14, 15 फरवरी एवं 14, 15 मार्च 2026 को रद्द रहेगी। 4) गाड़ी संख्या 68741 दुर्ग – गोंदिया मेमू दिनांक – 13, 14 फरवरी एवं 13, 14 मार्च 2026 को रद्द रहेगी। 5) गाड़ी संख्या 68744 नेताजी सुभाष चंद्र बोस इतवारी – गोंदिया मेमू दिनांक – 13, 14 फरवरी एवं 13, 14 मार्च 2026 को रद्द रहेगी। 6) गाड़ी संख्या 68711 डोंगरगढ़ – गोंदिया मेमू दिनांक – 13, 14 फरवरी एवं 13, 14 मार्च 2026 को रद्द रहेगी। 7) गाड़ी संख्या 68716 नेताजी सुभाष चंद्र बोस इतवारी – गोंदिया मेमू दिनांक – 13, 14 फरवरी एवं 13, 14 मार्च 2026 को रद्द रहेगी। 8) गाड़ी संख्या 68715 बालाघाट – नेताजी सुभाष चंद्र बोस इतवारी मेमू दिनांक – 13, 14 फरवरी एवं 13, 14 मार्च 2026 को रद्द रहेगी। 9) गाड़ी संख्या 68714 नेताजी सुभाष चंद्र बोस इतवारी – बालाघाट मेमू दिनांक – 13, 14 फरवरी एवं 13, 14 मार्च 2026 को रद्द रहेगी। विनियमित (Regulated) गाड़ियां-     गाड़ी संख्या 18109 टाटा–नेताजी सुभाष चंद्र बोस इतवारी एक्सप्रेस – दिनांक 13.02.2026 एवं 13.03.2026 को दुर्ग–बोरतलाव खंड के बीच विनियमित की जाएगी।     गाड़ी संख्या 18239 कोरबा – नेताजी सुभाष चंद्र बोस इतवारी दिनांक 13.02.2026 एवं 13.03.2026 को दुर्ग–बोरतलाव खंड के बीच विनियमित की जाएगी।

दो बाइकों की टक्कर में पति-पत्नी समेत 3 की मौत

रायपुर. राजधानी रायपुर में फिर से रफ्तार का कहर देखने को मिला है. विधानसभा थाना इलाके में गुरुवार रात भीषण सड़क हादसा हुआ. दो तेज रफ्तार बाइक की आपस में भिड़ंत हो गई. (Raipur News) हादसे में पति-पत्नी समेत तीन की मौत हो गई, जबकि एक गंभीर रूप से घायल हुआ. मृतकों की पहचान टेकारी निवासी भोजराज विश्वकर्मी, प्यारी बाई विश्कर्मा और मांढर निवासी सुभम यादव के रूप में हुई है. जानकारी के अनुसार, घटना गुरुवार देर रात की बताई जा रही है. बाइक सवार भोजराज विश्कर्मा, प्यारी बाई विश्कर्मा और सुभम यादव की मौत हो गई. सूचना पर पुलिस की टीम मौके पर पहुंची। मृतकों के शव बरामद कर पोस्टमार्टम के लिए भेज दिया गया है. एक गंभीर रूप से घायल है, जिसे अस्पताल में भर्ती कराया गया. फिलहाल उसका इलाज जारी है. 

छत्तीसगढ़ में बिजली टैरिफ पर जन सुनवाई, नागरिकों को मिलेगा अपनी राय रखने का मौका

छत्तीसगढ़ राज्य विद्युत टैरिफ याचिकाओं पर जन सुनवाई रायपुर  राज्य के स्वामित्व वाली बिजली कंपनियों छत्तीसगढ़ राज्य विद्युत उत्पादन कंपनी लिमिटेड, छत्तीसगढ़ राज्य विद्युत पारेषण कंपनी लिमिटेड, छत्तीसगढ़ राज्य विद्युत वितरण कंपनी लिमिटेड एवं छत्तीसगढ़ राज्य भार प्रेषण केंद्र द्वारा वित्तीय वर्ष 2024-25 के टू-अप, वर्ष 2026-27 से 2029-30 तक की वार्षिक राजस्व आवश्यकता (ARR), टैरिफ निर्धारण तथा पूंजीगत निवेश योजना के अनुमोदन संबंधी याचिकाएँ आयोग के समक्ष प्रस्तुत की गई हैं। छत्तीसगढ़ राज्य विद्युत वितरण कंपनी लिमिटेड द्वारा दिनांक 11.07.2025 के टैरिफ आदेश के पुनरीक्षण हेतु भी याचिका दायर की गई है। उक्त याचिकाओं के सारांश जनवरी माह में विभिन्न समाचार पत्रों में प्रकाशित किए जा चुके हैं तथा विस्तृत याचिकाएँ आयोग की वेबसाइट www.cserc.gov.in एवं संबंधित याचिकाकर्ता कंपनियों की वेबसाइट पर उपलब्ध हैं। आयोग द्वारा उपरोक्त याचिकाओं पर ऑनलाईन एवं ऑफलाईन जन सुनवाई आयोजित की गई है। उक्त याचिकाओं पर आयोजित ऑनलाईन जन सुनवाई में सम्मिलित होने के लिये आयोग द्वारा विद्युत वितरण कंपनी के छः क्षेत्रों, दिनांक 17/02/2026 को दुर्ग, बिलासपुर, राजनांदगांव एवं दिनांक 18/02/2026 को अंबिकापुर, जगदलपुर एवं रायगढ़ में मुख्य अभियंता / कार्यपालक निदेशक के कार्याल में व्यवस्था की गई है. इच्छुक व्यक्ति निम्नलिखित तिथि एवं समय पर मुख्य अभियंता/कार्यपालक निदेशक के क्षेत्रिय कार्याल में उपस्थित होकर ऑन लाईन आयोग कार्यालय से जुड़ कर जन सुनवाई में भाग ले सकते हैं। ऑनलाइन जन-सुनवाई (क्षेत्रीय स्तर पर) 17 फरवरी 2026 दुर्ग प्रातः 10:30 से दोपहर 12:00 बजे तक बिलासपुर दोपहर 12:00 से 01:30 बजे तक राजनांदगांव दोपहर 03:00 से 04रू30 बजे तक 18 फरवरी 2026 अंबिकापुर- प्रातः 10:30 से दोपहर 12 रू00 बजे तक जगदलपुर- दोपहर 12:00 से 01:30 बजे तक रायगढ़ दोपहर 03:00 से 04:30 बजे तक आयोग द्वारा उक्त याचिकाओं पर दिनांक 19/02/2026 को कृषि, घरेलू, गैर-घरेलू श्रेणी एवं दिनांक 20/02/2026 को स्थानीय निकाय, निम्न दाब एवं उच्च दाब उद्योक के लिए आयोग कार्यालय, रायपुर में भी प्रत्यक्ष जन सुनवाई आयोजित की गई है। इच्छुक उपभोक्ता / पक्षकार निम्नलिखित तिथि व समय पर उपस्थित होकर अपनी आपत्तियों एवं सुझाव प्रस्तुत कर सकते हैं। आयोग कार्यालय, रायपुर में प्रत्यक्ष जन-सुनवाई 19 फरवरी 2026 (गुरुवार) दोपहर 12:00 01:30 बजे तक कृषि एवं कृषि संबंधी कार्य दोपहर 02:30 04:00 बजे तक घरेलू उपभोक्ता सायं 04:00 05:30 बजे तक गैर-घरेलू उपभोक्ता 20 फरवरी 2026 (शुक्रवार) दोपहर 12:00 01:30 बजे तक स्थानीय निकाय/नगर निगम / ट्रेड यूनियन आदि दोपहर 02:30 04:00 बजे तक निम्न दाब उद्योग सायं 04:00 05:30 बजे तक उच्च दाब उद्योग विस्तृत जानकारी एवं याचिकाएँ आयोगे की वेबसाइट www.cserc.gov.in पर उपलब्ध

फसल खराब होने पर ग्रामीणों ने मक्का प्लांट में की तोड़-फोड़

कोंडागांव. जिले के कोकोड़ी गांव में स्थित मां दंतेश्वरी मक्का प्रसंस्करण प्लांट में देर रात ग्रामीणों ने घुसकर जमकर हंगामा किया. आक्रोशित ग्रामीणों ने प्लांट परिसर में खड़ी कार, ट्रैक्टर सहित कई वाहनों में तोड़फोड़ कर दी. घटना में प्रारंभिक तौर पर 10 से 20 लाख रुपये तक के नुकसान का अनुमान लगाया जा रहा है. सूचना मिलते ही छत्तीसगढ़ पुलिस और प्रशासन की टीम मौके पर पहुंची. कोंडागांव के एसपी, एसडीएम सहित वरिष्ठ अधिकारियों ने घटनास्थल का निरीक्षण कर स्थिति को नियंत्रित करने का प्रयास किया. एहतियातन क्षेत्र में अतिरिक्त पुलिस बल तैनात किया गया है. हालांकि गांव में अभी भी तनावपूर्ण माहौल बना हुआ है. अपशिष्ट जल से फसल खराब होने का आरोप ग्रामीणों का आरोप है कि मक्का प्लांट से निकलने वाला तरल अपशिष्ट (वेस्ट) उनके खेतों तक पहुंच रहा है, जिससे फसलें खराब हो रही हैं. किसानों का कहना है कि वे लंबे समय से प्रशासन को आवेदन देकर कार्रवाई की मांग कर रहे थे, लेकिन उनकी शिकायतों पर कोई ठोस कदम नहीं उठाया गया. इसी नाराजगी के चलते ग्रामीणों ने सामूहिक रूप से प्लांट का घेराव कर दिया. बताया जा रहा है कि रातभर गांव के लोगों ने प्लांट को चारों ओर से घेर रखा. बाहरी व्यक्तियों के प्रवेश पर रोक लगा दी गई. एक वाहन चालक को जान बचाने के लिए रातभर जंगल में छिपकर रहना पड़ा. स्थिति इतनी बिगड़ गई कि कुछ समय के लिए पुलिस बल को भी पीछे हटना पड़ा. प्रबंधन की भूमिका पर उठे सवाल ग्रामीणों ने प्लांट के एमडी विनोद खन्ना पर भी सवाल उठाए हैं. उनका आरोप है कि प्रबंधन की लापरवाही और नियमित निगरानी के अभाव में समस्या बढ़ती गई. ग्रामीणों का कहना है कि यदि प्लांट प्रबंधन समय रहते शिकायतों पर ध्यान देता तो हालात इस स्तर तक नहीं पहुंचते. हालांकि, प्रबंधन की ओर से अब तक कोई आधिकारिक प्रतिक्रिया सामने नहीं आई है. जांच और शांति की अपील प्रशासन ने पूरे मामले की जांच शुरू कर दी है. नुकसान का आकलन किया जा रहा है और प्रदूषण से जुड़े आरोपों की भी जांच की जाएगी. अधिकारियों ने ग्रामीणों से शांति बनाए रखने की अपील की है. फिलहाल, कोकोड़ी गांव में हालात तनावपूर्ण हैं और प्रशासन स्थिति पर नजर बनाए हुए है.

शासकीय उचित मूल्य की दुकान के सेल्समैन ने बायोमेट्रिक लेकर भी नहीं दिया राशन

रायपुर/आरंग. शासन की सार्वजनिक वितरण प्रणाली के अंतर्गत योजनाओं को जमीनी स्तर पर कैसे पलीता लगाया जाता है, इसकी एक तस्वीर ग्राम पंचायत नारा में देखने को मिली है. ग्रामीणों की माने तो यहां के शासकीय उचित मूल्य की दुकान के सेल्समैन रामलाल रात्रे ने न केवल नियमों की धज्जियां उड़ाई हैं, बल्कि लगभग 300 गरीब परिवारों के मुंह से निवाला छीनकर एक बड़े भ्रष्टाचार को अंजाम दिया है. ग्रामीणों ने अपना दुखड़ा सुनाते हुए बताया कि सेल्समैन ने चालाकी से सभी हितग्राहियों के बायोमेट्रिक (अंगूठा) मशीन पर ले लिए, ताकि रिकॉर्ड में वितरण ‘सफल’ दिखाई दे. लेकिन जब राशन देने की बारी आई, तो हितग्राहियों को खाली झोला लेकर घर लौटना पड़ा. पिछले 3 महीनों से यही खेल चल रहा है. ग्रामीणों ने बताया कि सेल्समेन रामलाल रात्रे बायोमेट्रिक मशीन पर अंगूठा लगवा लेने के बाद कहते थे कि ऊपर से राशन नहीं आया है, जब आएगा तब देंगे, लेकिन महीना बीत जाने के बाद भी राशन नहीं मिलता था. ऑडिट में फूटा ‘घोटाले का फोड़ा’ ग्रामीणों की लगातार शिकायतों के बाद जब फूड इंस्पेक्टर ने दुकान का औचक निरीक्षण और स्टॉक ऑडिट किया, तो भ्रष्टाचार की परतें उखड़ती चली गईं. जांच के दौरान सेल्समैन रामलाल रात्रे डर के मारे फरार रहा, जो स्वयं उसके गुनाह की पुष्टि करता है. राशन दुकान के ताले को कटर मशीन से तोड़ा गया फिर जांच कार्यवाही शुरू हो सकी. सूत्रों के अनुसार, दिसंबर और जनवरी माह के लिए नागरिक आपूर्ति निगम ने जो आबंटन भेजा था, वह कागजों में तो बंट गया, लेकिन भौतिक रूप से गायब है. शासकीय उचित मूल्य की दुकान संख्या 442003103 में 495.94 क्विंटल चावल, 16.39 क्विंटल शक्कर और 16.22 क्विंटल नमक का आबंटन हुआ है. लेकिन हितग्राहियों को अभी तक राशन का वितरण नहीं हो पाया है. निरीक्षण के दौरान राशन दुकान में चावल ही नहीं मिला है. प्रशासन की चुप्पी और ग्रामीणों का आक्रोश हैरानी की बात यह है कि इतनी बड़ी मात्रा में राशन का गबन बिना किसी ऊंचे संरक्षण के संभव नहीं है. ग्रामीण पिछले कई महीनों से दर-दर की ठोकरें खा रहे हैं, लेकिन अब तक आरोपी सेल्समैन की गिरफ्तारी नहीं होना प्रशासनिक सुस्ती पर सवाल खड़े करता है. खाद्य विभाग के सूत्रों के अनुसार, सेल्समैन पर आवश्यक वस्तु अधिनियम और गबन की विभिन्न धाराओं के तहत एफआईआर दर्ज करने की तैयारी की जा रही है. दुकान की जांच में सामने आई गड़बड़ियां निरीक्षण करने पहुंची खाद्य निरीक्षक पुष्पा चौधरी ने बताया कि हितग्राहियों की शिकायत पर ग्राम पंचायत नारा स्थित शासकीय उचित मूल्य का निरीक्षण किया गया है, जिसमें कई गड़बड़ियां सामने आई है. मौके पर कुछ हितग्राही आए थे जिनका बायोमेट्रिक लेकर उन्हें अभी तक राशन नहीं दिया गया है. अन्य हितग्राहियों की जानकारी लेते हुए बीते महीनों में राशन दुकान को आबंटित चावल, शक्कर और नमक की मात्रा का आंकलन किया जा रहा है. जांच रिपोर्ट उच्चाधिकारियों को भेजा जाएगी, जिसके बाद आवश्यक कार्रवाई की जाएगी.

संपत्ति कर जमा नहीं करने पर चार बड़े बकायेदारों के व्यावसायिक परिसर सील

रायपुर. रायपुर नगर निगम ने वर्षों का बकाया संपत्ति कर वसूलने में सख्ती दिखाई है. वर्षों से संपत्ति कर नहीं पटाने वाले चार बड़े बकायेदारों की 6 व्यावसायिक परिसरों को निगम ने सील कर दिया है. निगम की इस कार्यवाही से बकायादारों में हड़कंप मचा हुआ है. नगर पालिक निगम रायपुर के आयुक्त आईएएस कुमार विश्वदीप के आदेशानुसार और अपर आयुक्त राजस्व कृष्णा खटीक, उपायुक्त राजस्व जागृति साहू जोन 10 जोन कमिश्नर विवेकानंद दुबे के निर्देशानुसार कार्यवाही करते हुये उनके सम्बंधित 6 व्यावसायिक परिसरों को तत्काल ताला लगाकर सीलबंद की कार्यवाही की गई है. नगर निगम जोन 10 राजस्व विभाग की टीम द्वारा जोन सहायक राजस्व अधिकारी गौरीशंकर साहू के मार्ग निर्देशन में नगर निगम जोन 10 क्षेत्र अंतर्गत पण्डित विद्याचरण शुक्ल वार्ड क्रमांक 50, बाबू जगजीवन राम वार्ड क्रमांक 53 और लेफ्टिनेंट अरविन्द दीक्षित वार्ड क्रमांक 56 क्षेत्र अंतर्गत विगत कई वर्षों से रायपुर नगर निगम राजस्व विभाग को बकाया राशि अदा नही करने वाले सम्बंधित 4 भिन्न बड़े बकायादारों को डिमांड बिल, डिमांड नोटिस एवं अंतिम नोटिस जारी करने के उपरांत भी सम्पतिकर (टैक्स) जोन कार्यालय में जमा नहीं करने के कारण सख्ती से कार्यवाही करते हुये उनके सम्बंधित 6 व्यावसायिक परिसरों को तत्काल ताला लगाकर सीलबंद की कार्यवाही की गई है. रायपुर नगर पालिक निगम जोन 10 क्षेत्र अंतर्गत पण्डित विद्याचरण शुक्ल वार्ड क्रमांक 50 अंतर्गत 7923831 रू. के बड़े बकायादार ज्योति केशवानी / केवलराम केशवानी बाबू जगजीवन राम वार्ड कमाक 53 अंतर्गत 107056 रू. के बड़े बकायादार भरत कुमार प्रिथवानी 111195 रू, 3994684 रू., 266768 रू. के बड़े बकायेदार किशोर कुमार प्रिथवानी, लेफ्टिनेंट अरविन्द दीक्षित वार्ड क्रमांक 56 अंतर्गत 91890 रू. के बड़े बकायादार रेखा लाल / एल. के. लाल द्वारा नगर निगम रायपुर के जोन क्रमांक 10 राजस्व विभाग को बकाया राशि अदा नहीं किये जाने पर रायपुर नगर पालिक निगम जोन 10 राजस्व विभाग द्वारा सम्बंधित स्थलों पर पहुंचकर भिन्न 4 बड़े बकायादारों से सम्बंधित उनके विभिन्न 6 व्यवसायिक प्रतिष्ठानों को तत्काल ताला लगाकर सीलबंद करने की कार्यवाही की गयी.

होली से पहले किसानों के लिए खुशखबरी, छत्तीसगढ़ में गन्ना किसानों के खातों में पहुंचे पैसे; तुरंत चेक करें स्टेटस

रायपुर  होली से पहले छत्तीसगढ़ के गन्ना किसानों के लिए बड़ी राहत भरी खबर सामने आई है। प्रदेश के उप मुख्यमंत्री विजय शर्मा के विशेष प्रयासों से भोरमदेव सहकारी शक्कर उत्पादक कारखाना मर्यादित द्वारा किसानों के खातों में 4.73 करोड़ रुपये की राशि ट्रांसफर की गई है। कारखाना प्रबंधन के अनुसार अब तक कुल 14,518 गन्ना किसानों को 51.51 करोड़ रुपये का भुगतान किया जा चुका है। त्योहार से पहले हुए इस भुगतान से किसानों को आर्थिक मजबूती मिली है और वे आगामी कृषि कार्यों की तैयारी बेहतर ढंग से कर सकेंगे। भुगतान प्रक्रिया लगातार जारी कलेक्टर एवं कारखाने के प्राधिकृत अधिकारी गोपाल वर्मा के मार्गदर्शन में भुगतान प्रक्रिया पारदर्शी और समयबद्ध तरीके से जारी है। प्रशासन और कारखाना प्रबंधन किसानों के हितों को प्राथमिकता देते हुए त्वरित भुगतान सुनिश्चित कर रहे हैं, जिससे सहकारी व्यवस्था में किसानों का भरोसा और मजबूत हुआ है। पेराई और उत्पादन में बेहतर प्रदर्शन चालू पेराई सत्र में अब तक: 2,42,990 मीट्रिक टन गन्ने की पेराई 2,86,743 क्विंटल शक्कर का उत्पादन यह उपलब्धि किसानों के सहयोग, जिला प्रशासन के मार्गदर्शन और कारखाने की बेहतर कार्यप्रणाली का संयुक्त परिणाम है। गन्ना आपूर्ति को लेकर अहम अपील कारखाना प्रबंधन ने शेयरधारक एवं गैर-सदस्य गन्ना उत्पादकों से सर्वे के अनुरूप अधिकतम गन्ना आपूर्ति करने की अपील की है। पिछले पेराई सत्र 2024-25 और वर्तमान सत्र 2025-26 में सर्वे अनुमान के अनुसार गन्ना आपूर्ति नहीं होने से पेराई क्षमता का पूर्ण उपयोग नहीं हो सका।  पर्याप्त गन्ना आपूर्ति से: पेराई अवधि बढ़ेगी उत्पादन में वृद्धि होगी समय पर भुगतान जारी रहेगा उपविधि धारा 07(02)(घ) के अनुसार सदस्य किसानों के लिए उत्पादित गन्ना कारखाने में देना अनिवार्य है। लगातार आपूर्ति नहीं करने पर सदस्यता समाप्त किए जाने का प्रावधान भी है। किसानों के लिए अतिरिक्त सुविधाएं कारखाना केवल एफआरपी भुगतान ही नहीं करता, बल्कि: रिकवरी राशि का अतिरिक्त भुगतान शासन द्वारा घोषित बोनस का वितरण रियायती दर पर शक्कर उपलब्ध उन्नत बीज वितरण प्रशिक्षण सुविधा कारखाना परिसर में “बलराम सदन” ,केवल 5 रुपये में गरम भोजन की कैंटीन,इन प्रयासों से किसानों की आर्थिक और सामाजिक उन्नति सुनिश्चित की जा रही है। सामूहिक सहभागिता से मजबूत होगा कारखाना प्रबंधन ने सभी किसानों से अपील की है कि वे सर्वे के अनुसार अधिकतम गन्ना कारखाने में दें, ताकि सहकारी व्यवस्था मजबूत हो और क्षेत्र के किसानों का भविष्य सुरक्षित रहे। होली से पहले किसानों के खातों में राशि ट्रांसफर होना ग्रामीण अर्थव्यवस्था के लिए भी सकारात्मक संकेत माना जा रहा है।

9000 फीट की ऊंचाई पर राजिम कुंभ कल्प का प्रचार

रायपुर. पर्वतारोहण एवं ट्रैकिंग के क्षेत्र में सक्रिय ग्राम पोंड़, जिला गरियाबंद के युवा खेमराज साहू ने हिमाचल प्रदेश की बर्फीली वादियों में राजिम कुंभ कल्प मेला 2026 का प्रचार कर जिले एवं प्रदेश का गौरव बढ़ाया है। उन्होंने कुल्लू जिले की सोलंग वैली से पतालसू पीक ट्रैक के दौरान लगभग 9000 फीट की ऊंचाई पर माइनस 6 डिग्री तापमान में तिरंगा एवं छत्तीसगढ़ महतारी की छायाप्रति के साथ मेले का संदेश प्रदर्शित किया। उल्लेखनीय है कि पतालसू पीक की कुल ऊंचाई लगभग 13,900 फीट है। 03 फरवरी 2026 को अत्यधिक बर्फबारी एवं प्रतिकूल मौसम के कारण कुल्लू जिला प्रशासन द्वारा ऊंचाई वाले क्षेत्रों में ट्रैकिंग पर प्रतिबंध लगा दिया गया था। निर्धारित मार्ग पर 8 से 10 फीट तक बर्फ जमी होने के बावजूद खेमराज साहू एवं उनके साथियों ने एडवेंचर वैली के प्रशिक्षु माउंटेनियर के मार्गदर्शन में सोलंग वैली से शगाडुग के जंगलों के रास्ते ट्रैकिंग का प्रयास किया। सीने तक जमी बर्फ को हटाते हुए एवं कठिन परिस्थितियों का सामना करते हुए लगभग 9000 फीट की ऊंचाई पर उन्होंने सफलतापूर्वक तिरंगा लहराते हुए राजिम कुंभ कल्प मेला 2026 का प्रचार किया। इस अभियान में छत्तीसगढ़ के नितेश अग्रवाल, राजनांदगांव तथा ओड़िशा की प्रवासिनी सहित अन्य साथी शामिल रहे। पूर्व में वर्ष 2023 में खेमराज साहू केदारकंठा (12,500 फीट), उत्तराखंड में भी जिले का प्रतिनिधित्व कर चुके हैं तथा उनका नाम वर्ल्ड वाइड बुक ऑफ रिकॉर्ड में दर्ज है।

बोड़ेगाँव में ‘सर्विस ऑन व्हील्स’ की दस्तक, 137 लोगों को मिली सरकारी सेवा

रायपुर. जिले के अंतिम छोर बोड़ेगाँव पहुँचा ‘सर्विस ऑन व्हील्स’ सेवा रथ, 137 हितग्राहियों को मिला लाभ मोहला-मानपुर-चौकी जिले में संचालित ‘सर्विस ऑन व्हील्स’ (दिव्यांगजन एवं वृद्धजन सेवा रथ) बुधवार को जिले के अंतिम छोर, महाराष्ट्र सीमा से लगे दूरस्थ एवं सीमावर्ती ग्राम बोड़ेगाँव पहुँचा। प्रशासन की इस संवेदनशील पहल से ग्रामीणों में उत्साह का वातावरण देखा गया। पूर्व में जहां शासकीय योजनाओं का लाभ लेने हेतु ग्रामीणों को दूरस्थ मुख्यालय तक जाना पड़ता था, वहीं अब सेवाएं सीधे गाँव तक पहुँच रही हैं। सेवा रथ के माध्यम से दिव्यांगजन एवं वृद्धजनों को विभिन्न योजनाओं का लाभ प्रदान किया गया। इस दौरान 48 डीएलसी भौतिक सत्यापन, 34 आधार सीडिंग, 32 वय वंदन योजना पंजीयन तथा 23 हितग्राहियों को सहायक उपकरण वितरित किए गए। इस प्रकार कुल 137 हितग्राही लाभान्वित हुए। कार्यक्रम के दौरान ग्रामीणों को नशामुक्ति की शपथ भी दिलाई गई। ग्रामीणों ने प्रशासन की इस पहल की सराहना करते हुए इसे दूरस्थ क्षेत्र के लिए उपयोगी एवं राहतकारी कदम बताया। 

डेयरी क्षेत्र में नवाचार पर जोर, उपमुख्यमंत्री विजय शर्मा व मंत्री केदार कश्यप का संदेश

रायपुर. उपमुख्यमंत्री  विजय शर्मा और वन मंत्री  केदार कश्यप ने दी शुभकामनाएं, उन्नत डेयरी मॉडल अपनाने का आह्वान उपमुख्यमंत्री विजय शर्मा एवं वन मंत्री केदार कश्यप ने आज नया रायपुर स्थित निवास में गुजरात के बनासकांठा जिले के शैक्षणिक भ्रमण पर जा रहे बस्तर संभाग के पशुपालकों और बिहान समूह की दीदियों से आत्मीय मुलाकात की। इस दौरान उन्होंने प्रतिभागियों से संवाद कर भ्रमण के उद्देश्य और उससे मिलने वाली संभावित सीख पर चर्चा की।         उपमुख्यमंत्री  शर्मा ने कहा कि यह भ्रमण केवल देखने का कार्यक्रम नहीं, बल्कि सीखने और उसे अपने क्षेत्र में लागू करने का अवसर है। उन्होंने प्रतिभागियों से आग्रह किया कि वे बनासकांठा के सफल डेयरी सहकारी मॉडल, प्रबंधन प्रणाली और तकनीकी नवाचारों का गंभीर अध्ययन कर बस्तर में दुग्ध उत्पादन एवं आजीविका संवर्धन के क्षेत्र में सकारात्मक परिवर्तन लाने में योगदान दें।        वन मंत्री  केदार कश्यप ने कहा कि इस शैक्षणिक भ्रमण से उन्नत पशुपालन तकनीक, संतुलित चारा विकास, दुग्ध संकलन एवं प्रसंस्करण प्रणाली, गुणवत्ता नियंत्रण, डेयरी उत्पाद निर्माण और विपणन व्यवस्था का व्यवहारिक ज्ञान प्राप्त होगा। सहकारी मॉडल के माध्यम से ग्रामीण अर्थव्यवस्था को सशक्त बनाने की दिशा में यह पहल अत्यंत महत्वपूर्ण है।      उल्लेखनीय है कि उपमुख्यमंत्री के विशेष प्रयासों से प्रतिभागी गुजरात में बनास डेयरी, अमूल डेयरी तथा राष्ट्रीय डेयरी विकास बोर्ड सहित विभिन्न डेयरी संस्थानों का अवलोकन करेंगे। बनासकांठा अपनी उत्कृष्ट दुग्ध उत्पादन प्रणाली और मजबूत सहकारी ढांचे के लिए देश-विदेश में प्रसिद्ध है।