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कांग्रेस की रणनीतिक कवायद: हरियाणा में प्रवक्ता चयन के लिए ‘टैलेंट हंट’ की शुरुआत

चंडीगढ़  हरियाणा कांग्रेस ‘संगठन सृजन’ प्रक्रिया के तहत अब प्रदेश में टीवी पैनलिस्ट और प्रवक्ताओं की तलाश कर रही है। सत्तारूढ़ बीजेपी सरकार के लिख मुखर होकर बोलने वाली आवाज तलाशी जा रही हैं। इसके लिए राष्ट्रीय स्तर पर ‘टैलेंट हंट’ कार्यक्रम की शुरूआत की गई है। शनिवार को प्रदेश कांग्रेस कमेटी के मीडिया प्रमुख संजीव भारद्वाज ने हरियाणा में इस कार्यक्रम का विधिवत तौर पर आगाज कर दिया। पार्टी के राष्ट्रीय मीडिया विभाग ने हरियाणा को चार जोन में बांटा है। सभी जोन के अलग-अलग इंचार्ज बनाए हैं। अंबाला जोन का इंचार्ज संजीव भारद्वाज को बनाया है। इसी तरह से चांदवीर सिंह हुड्डा, केवल धींगढ़ा और प्रोफेसर राय सिंह को भी एक-एक जोन दिए गए हैं। अहम बात यह है कि जीटी रोड के पंचकूला, अंबाला, यमुनानगर, कुरुक्षेत्र, करनाल, पानीपत व कैथल जिलों वाले जोन में दक्षिण हरियाणा के महेंद्रगढ़ जिला को भी शामिल किया है। यहां बता दंे कि यह प्रदेशाध्यक्ष राव नरेंद्र सिंह का गृह जिला है। मीडिया से मुखातिब हुए संजीव भारद्वाज ने कहा कि प्रदेशभर के सभी जोन में टैलेंट हंट कार्यक्रम की शुरूआत हो गई है। उन्होंने कहा कि चौदह दिसंबर से इंटरव्यू प्रक्रिया शुरू होगी। एक माह में इस अभियान को पूरा करने का लक्ष्य केंद्रीय नेतृत्व की ओर स दिया गया है। उन्होंने कहा कि मीडिया पैनलिस्ट व प्रवक्ताओं में उन चेहरों को तवज्जो दी जाएगी, जिनकी राष्ट्रीय व प्रदेश के मुद्दों पर गहरी पकड़ है। महिलाओं को 33 प्रतिशत आरक्षण देने की कोशिश भी पार्टी की रहेगी। एक सवाल के जवाब में उन्होंने कहा कि उनके अधीन आने वाले जाने में अभी तक 30 से अधिक आवेदन आ चुके हैं। उन्होंने कहा कि शुक्रवार से ही आवेदन प्रक्रिया शुरू की गई है। आवेदनों की छंटनी व इंटरव्यू के बाद सभी जोन की लिस्ट बनाकर मीडिया विभाग के राष्ट्रीय चेयरमैन पवन खेड़ा के पास भेजी जाएगी। इसके बाद नेतृत्व की ओर से ही पैनलिस्ट और प्रवक्ताओं के नामों को अंतिम रूप देकर लिस्ट जारी की जाएगी।

पार्किंग की बड़ी सौगात: हरियाणा के इस शहर में तैयार होगी अत्याधुनिक मल्टी-लेवल पार्किंग

हिसार  हरियाणा से अच्छी खबर सामने आ रही है जहां हिसार शहर के सिटी थाना के सामने प्रस्तावित मल्टी स्टोरी पार्किंग बनाने की योजना 11 साल बाद सिरे चढ़ी। हिसार शहर के नगर निगम आयुक्त नीरज कुमार ने बताया कि मुख्य सचिव अनुराग रस्तोगी की अध्यक्षता में हुई। बैठक में हिसार शहर में मल्टी स्टोरी पार्किंग स्थल बनाने की योजना को हरी झंडी दिखा दी गई है। उन्होंने बताया कि यह जमीन जीएलएफ की हैं, जो लगभग 2 एकड़, 1 कनाल और 12 मरले है। जो नगर निगम को लगभग 15 करोड़ रुपए में हस्तांतरित हुई है।  जानें इसकी खासियत     इस पार्किंग स्थल का डिजाइन राष्ट्रीय औद्योगिक संस्थान कुरूक्षेत्र द्वारा तैयार किया गया है।      इस प्रोजेक्ट के निर्माण कार्य पर एजेंसी द्वारा 167 करोड़ रुपए खर्च किए जाएंगे।      इस पार्किंग स्थल पर एक साथ 850 वाहनों के खड़े होने की सुविधा मिलेगी।      पूरे पार्किंग स्थल को सीसीटीवी कैमरों की निगरानी में रखा जाएगा।     नगर निगम इस जमीन को 99 साल के पट्टे पर एजेंसी को देगी।      पार्किंग स्थल पर 3 बेसमेंट, भू- तल और 3 बहुमंजिला इमारत बनेगी।       ग्राउंड फ्लोर पर 1025 वर्ग मीटर का कम्यूनिटी हॉल बनाया जाएगा।      कम्यूनिटी हॉल के रखरखाव की जिम्मेदारी नगर निगम के पास होगी, बाकी हिस्से की जिम्मेदारी एजेंसी के पास रहेगी।   

नौकरी का बड़ा मौका: हरियाणा स्वास्थ्य विभाग में निकली सैकड़ों पदों पर भर्ती, तुरंत अप्लाई करें

चंडीगढ़  हरियाणा के मेडिकल सेक्टर में करियर बनाने की इच्छा रखने वाले युवाओं के लिए बड़ी खबर है। स्वास्थ्य विभाग ने ग्रुप-A मेडिकल ऑफिसर पदों के लिए भर्ती अधिसूचना जारी कर दी है। उम्मीदवार इसका विस्तृत नोटिफिकेशन विभाग की आधिकारिक वेबसाइट haryanahealth.gov.in पर देख सकते हैं। इस भर्ती के तहत कुल 450 रिक्त पद भरे जाएंगे। आवेदन प्रक्रिया 8 दिसंबर 2025 से ऑनलाइन मोड में शुरू होगी, जबकि इच्छुक उम्मीदवार 7 जनवरी 2026 तक आवेदन कर सकते हैं। योग्यता और आवश्यक शर्तें इस भर्ती के लिए आवेदन करने वाले अभ्यर्थियों के पास किसी मान्यता प्राप्त संस्थान से MBBS की डिग्री होना अनिवार्य है। साथ ही उम्मीदवार नेशनल मेडिकल कमीशन (NMC) या किसी राज्य मेडिकल काउंसिल में स्थायी रूप से रजिस्टर्ड मेडिकल प्रैक्टिशनर होना चाहिए।   हिंदी या संस्कृत का ज्ञान कम से कम 10वीं कक्षा स्तर तक होना आवश्यक है। जिन उम्मीदवारों के पास MD/MS या NMC मान्यता प्राप्त पीजी डिप्लोमा है, उन्हें चयन प्रक्रिया में प्राथमिकता दी जाएगी। इसके लिए वे अभ्यर्थी अप्लाई कर सकते हैं, जो स्वास्थ्य सेवाओं में सरकारी नौकरी प्राप्त करना चाहते हैं और आवश्यक योग्यता पूरी करते हैं।

हौसले की उड़ान: आर्थिक तंगी में पली बेटी ने बढ़ाया प्रदेश का मान, बास्केटबॉल में रजत पदक

अंबाला  अंबाला की एक साधारण और आर्थिक रूप से कमजोर परिवार की बेटी ने अंतरराष्ट्रीय स्तर पर बड़ा मुकाम हासिल किया है। जूनियर इंटरनेशनल बास्केटबॉल चैंपियनशिप में रजत पदक जीतकर अंजली ने अंबाला ही नहीं बल्कि पूरे हरियाणा और देश का नाम रोशन किया है। घर में जश्न का माहौल है। आज अंजली अपने परिवार के साथ कैबिनेट मंत्री अनिल विज से मिली, जहां मंत्री विज ने उसे आशीर्वाद देते हुए उसके उज्ज्वल भविष्य की शुभकामनाएं दीं। अंजली की कहानी संघर्ष और हौसले की मिसाल है। उनके पिता चाय की दुकान पर काम करते हैं, लेकिन आर्थिक चुनौतियों के बावजूद अंजली ने खेल को कभी नहीं छोड़ा। जुनून और मेहनत के दम पर उन्होंने गलतियों से सीखते हुए आगे बढ़ना जारी रखा। उनकी प्रतिभा को पहचान मिली जब यूपी के अलीगढ़ में लगे कैंप के दौरान एक महीने की ट्रेनिंग के बाद उनका चयन अंतरराष्ट्रीय टीम में हुआ।   इसके बाद अंजली थाईलैंड गई, जहां 9 देशों की टीमों ने हिस्सा लिया। फाइनल मुकाबले में भारतीय टीम का सामना उज़्बेकिस्तान से हुआ, जिसमें भारत को दूसरे स्थान से संतोष करना पड़ा और अंजली को रजत पदक मिला। अंजली का कहना है कि यह तो बस शुरुआत है और भविष्य में भारत के लिए गोल्ड मेडल जीतना उनका लक्ष्य है। 

जश्न बना मातम: शादी समारोह में DJ प्वाइंट पर आग, लाखों का सामान स्वाहा

करनाल करनाल जिला में तरावड़ी के वार्ड नंबर-4 की राणा कालोनी में एक डीजे वाली गाड़ी में भीषण आग लग गई। देखते ही देखते गाड़ी जलकर राख हो गई। डीजे की गाड़ी एक शादी समारोह में आई हुई थी।     मामले की जानकारी देते हुए तानिष नाम के युवक जिसके भाई की शादी है, ने बताया पड़ोसियों द्वारा आग लगने की जानकारी हमे मिली थी। बाहर आकर देखा तो डीजे वाली गाड़ी पूरी तरह से जल रही थी। पानी डालकर आग को बुझाने का प्रयास किया लेकिन तब तक गाड़ी में रखा सामान जल कर राख हो गया था। युवक द्वारा जानकारी देते हुए बताया गया तकरीबन तीन और 4:00 बजे के बीच में आग लगने की घटना हुई थी। गाड़ी और डीजे उनका खुद का था ।   परिवार के अन्य व्यक्ति द्वारा मामले की जानकारी देते हुए बताया गया देर रात तक डीजे पर सभी लोगो ने डांस किया । 3 और 4 बजे के बीच में हमे पड़ोसियों ने उठाया जब हमने बाहर आकर देखा तो डीजे वाली गाड़ी में आग लगी हुई थी ।    फिलहाल डीजे वाली गाड़ी में आग किसने लगाई यह तो जांच का विषय है इस बारे में अभी तक कोई भी पुख्ता जानकारी नहीं मिल पाई है। परिवार में शादी है परिवार पुलिस को जानकारी देगा या नहीं इस बारे में भी अभी कुछ कहा नहीं जा सकता।  

मेयर-आयुक्त की जांच में खुली सड़क परियोजना की खामियां, दो जूनियर इंजीनियरों पर गिरी गाज

यमुनानगर यमुनानगर मेयर सुमन बहमनी और नगर निगम आयुक्त महाबीर प्रसाद ने वीरवार को वार्ड-8 में डीएवी डेंटल कॉलेज के पास चल रहे सड़क चौड़ीकरण कार्य का औचक निरीक्षण किया। लगभग 12 लाख रुपये की लागत से लक्ष्मी टी स्टॉल से आरसी पाहुजा के घर तक सड़क चौड़ीकरण का काम किया जा रहा है। निरीक्षण के दौरान आयुक्त महाबीर प्रसाद ने इंटरलॉकिंग टाइलों को उखाड़कर गुणवत्ता की जांच की। जांच में पाया गया कि सड़क निर्माण में इस्तेमाल की जा रही सामग्री उच्च गुणवत्ता की नहीं थी तथा कई जगहों पर बेहद कम सामग्री डाली गई थी। गुणवत्ता में कमी देखकर मेयर और आयुक्त ने वहां मौजूद नगर निगम के कनिष्ठ अभियंताओं से निगरानी को लेकर पूछताछ की। लेकिन वे संतोषजनक जवाब नहीं दे सके। इसके बाद आयुक्त ने दो कनिष्ठ अभियंताओं को कारण बताओ नोटिस जारी करने और संबंधित एजेंसी की पेमेंट रोकने  के निर्देश दिए। कार्यकारी अभियंता ने मौके से टाइलों के नमूने लेकर जांच प्रक्रिया शुरू की। आयुक्त ने निर्देश दिए कि संबंधित एजेंसी को दिए गए अन्य विकास कार्यों की भी गुणवत्ता जांच की जाए। मेयर सुमन बहमनी ने कहा कि नगर निगम क्षेत्र में करोड़ों रुपये के विकास कार्य चल रहे हैं। ऐसे में गुणवत्ता पर कोई समझौता स्वीकार नहीं होगा। उन्होंने स्पष्ट किया कि निगम प्रशासन हर वार्ड में किए जा रहे विकास कार्यों की जांच करेगा और जहां भी लापरवाही मिलेगी, वहां संबंधित अधिकारियों व एजेंसी के खिलाफ सख्त कार्रवाई की जाएगी। नगर निगम आयुक्त महाबीर प्रसाद ने कहा कि डीएवी डेंटल कॉलेज के पास सड़क चौड़ीकरण के निरीक्षण में स्पष्ट रूप से क्वालिटी और क्वांटिटी दोनों में कमी पाई गई। ठेकेदार ने लापरवाही बरती और जेई अपनी जिम्मेदारी निभाने में असफल रहे। इसलिए दोनों जेई को कारण बताओ नोटिस जारी किया गया है। उन्होंने कहा कि नगर निगम क्षेत्र में चल रहे सभी विकास कार्यों का वे स्वयं निरीक्षण करेंगे। यदि कहीं भी कार्य में कोताही मिली तो संबंधित एजेंसी और अधिकारियों के खिलाफ कड़ी कार्रवाई सुनिश्चित की जाएगी।

टीचर ट्रांसफर ड्राइव की शुरुआत: हरियाणा में 20 दिसंबर को आएगा स्कोर कार्ड

चंडीगढ़  हरियाणा में सरकारी स्कूलों में तैनात शिक्षकों के लिए एक बड़ा अपडेट सामने आया है। शिक्षा विभाग ने बहुप्रतीक्षित ऑनलाइन टीचर ट्रांसफर ड्राइव 2025-26 का पूरा शेड्यूल जारी कर दिया है। संशोधित नीति लागू होने के बाद यह पहली बार है जब प्रदेश में बड़ी संख्या में शिक्षकों के तबादले होने जा रहे हैं। विभाग के अनुसार, 10 से 12 दिसंबर तक सभी शिक्षक अपनी सेवा और व्यक्तिगत जानकारी ऑनलाइन अपडेट कर सकेंगे। यह चरण सबसे अहम माना जा रहा है, क्योंकि इसी डाटा के आधार पर मेरिट प्वाइंट और फाइनल लिस्ट तैयार होगी। 20 दिसंबर को सभी शिक्षकों का विस्तृत स्कोर जारी होगा, जिसमें उम्र, सेवा अवधि, उपलब्धियां, व्यक्तिगत परिस्थितियां और पॉलिसी में तय अन्य मापदंड शामिल होंगे। अगर किसी शिक्षक को अपने स्कोर या अपडेटेड सर्विस डाटा में त्रुटि लगती है, तो वे 21 दिसंबर से 27 दिसंबर तक अपनी आपत्ति दर्ज करा सकेंगे। 28 दिसंबर से तीन जनवरी तक जिला स्तरीय कमेटियां इन दावों पर निर्णय लेंगी। चार जनवरी को जिला स्तर के फैसले प्रकाशित होंगे। इसके बाद शिक्षक चाहें तो प्रदेश स्तर पर अपील कर सकेंगे। पांच से दस जनवरी तक प्रदेश स्तरीय सुनवाई होगी। पांच से सात जनवरी तक प्रदेश स्तर पर आपत्तियां दर्ज कराने का समय दिया गया है। आठ से दस जनवरी तक राज्य स्तरीय कमेटी इन आपत्तियों पर अंतिम निर्णय लेगी। इसके बाद 11 और 12 जनवरी को फाइनल मेरिट प्वाइंट, फाइनल स्कोर और फाइनल लिस्ट जारी होगी। अंत में 12 जनवरी को ट्रांसफर ऑर्डर जारी होंगे। हालांकि ट्रांसफर पॉलिसी में शामिल शिक्षक नये स्कूलों में ज्वाइनिंग पहली अप्रैल से ही करेंगे। प्रक्रिया से पहले डीईओ को निर्देश ट्रांसफर ड्राइव लागू करने से पहले शुक्रवार को सुबह 11 बजे सभी जिला शिक्षा अधिकारी मुख्यालय के साथ वीडियो कॉन्फ्रेंसिंग में जुड़े। उन्हें डाटा अपडेट और वेरिफिकेशन की प्रक्रिया समय पर पूरा करने के निर्देश दिए गए। जिलों को कहा गया है कि वे प्रिंसिपल, हेडमास्टर, टीजीटी, पीजीटी और जेबीटी सहित सभी श्रेणी के शिक्षकों का डाटा निर्धारित समय में वेरिफाई करवाएं। मनोहर सरकार में आई थी पॉलिसी हरियाणा में शिक्षकों के तबादले हमेशा सरकारों के लिए चुनौती रहे। मुख्यमंत्री मनोहर लाल खट्टर ने अपने पहले कार्यकाल की शुरुआत में इसकी जड़ को समझते हुए शिक्षकों के लिए ऑनलाइन ट्रांसफर पॉलिसी लागू की। इसके बेहतर परिणाम आए। पॉलिसी को राष्ट्रीय स्तर पर सराहना मिली और कई राज्यों ने इस मॉडल को अपनाया। करीब नौ वर्षों बाद अब नायब सरकार ने इस पॉलिसी में बड़े बदलाव करते हुए नये सिरे से नोटिफिकेशन जारी किया है। संशोधित नीति के अनुसार ही अब तबादले होंगे।   अब शिक्षक सीधे स्कूल चुन सकेंगे पहले ट्रांसफर जोन सिस्टम पर आधारित थे, लेकिन अब शिक्षक अपनी पसंद के स्कूल को सीधे चुन सकेंगे। सरकार ने मोरनी, हथीन और नूंह ब्लॉक में तैनात शिक्षकों को बेसिक प्लस डीए पर दस प्रतिशत अतिरिक्त वेतन और अतिथि शिक्षकों को दस हजार रुपये अतिरिक्त भत्ता देने का निर्णय लिया है। पति पत्नी में केवल एक को मिलेगा लाभ पहले पति और पत्नी दोनों को ट्रांसफर में अतिरिक्त अंक मिलते थे, लेकिन नई नीति में केवल एक को ही यह लाभ मिलेगा। दूरी कम करने पर पांच अंक तय किए गए हैं। मेरिट कुल अस्सी अंकों की होगी, जिसमें साठ अंक उम्र के होंगे और बीस अंक अन्य कैटेगरी जैसे महिला, विधवा, विधुर, गंभीर बीमारी, दिव्यांगता और बेहतर परिणाम देने वाले शिक्षकों को मिलेंगे। शिक्षा मंत्री जुटे थे मुहिम में हरियाणा के शिक्षा मंत्री महिपाल सिंह ढांडा ऑनलाइन ट्रांसफर पॉलिसी में संशोधन को लेकर लंबे समय से प्रयासरत थे। उन्होंने विभागीय अधिकारियों के साथ कई दौर की बैठकें कीं और मुख्यमंत्री नायब सिंह सैनी से विचार विमर्श कर इसे अंतिम स्वरूप दिया। विगत दिवस भी उन्होंने पंचकूला में शिक्षा विभाग के वरिष्ठ अधिकारियों संग बैठक कर ट्रांसफर ड्राइव लागू करने की रणनीति तय की। इसके बाद विभाग ने प्रक्रिया शुरू कर दी है।

हैरान करने वाले आंकड़े! हरियाणा में 10 साल में टोल टैक्स में रिकॉर्ड उछाल, प्रति नागरिक पर बढ़ा बोझ

हरियाणा  हरियाणा में वाहन चालकों से ज्यादा टोल वसूला जा रहा है। पिछले साल के मुकाबले इस साल अक्टूबर तक गुजरात में टोल वसूली 1928.57 करोड़ रुपये कम हुई है, जबकि हरियाणा में इस अवधि में 368.57 करोड़ रुपये अधिक टोल वसूली हुई है।  हरियाणा में टोल वसूली ज्यादा और बजट आवंटन कम आंकड़ों के मुताबिक हरियाणा में टोल वसूली 2014-15 में 461.88 करोड़ से बढ़कर 2025–26 में 2,324.95 करोड़ यानी पांच गुना बढ़ गई है। दीपेंद्र हुड्डा के सवाल के जवाब में केंद्रीय सड़क परिवहन और राजमार्ग मंत्री नितिन गडकरी ने लोकसभा में यह जानकारी दी। दीपेंद्र हुड्डा ने कहा कि हरियाणा से तीन गुना बड़े प्रदेश गुजरात से ज्यादा टोल यहां वसूला जा रहा है। टोल वसूली के नाम पर हरियाणा की जनता की जेब खाली हो रही है। गुजरात में 62 टोल हैं, जबकि हरियाणा में 75 टोल के माध्यम से वसूली हो रही है। हरियाणा में टोल वसूली ज्यादा और बजट आवंटन कम है। केंद्र सरकार ने 3500 करोड़ के खेल बजट में से केवल 80 करोड़ ही हरियाणा को दिया है, जबकि गुजरात को 600 करोड़ का खेल बजट दिया। दीपेंद्र हुड्डा ने बताया कि हरियाणा में प्रति व्यक्ति सबसे ज्यादा 917.1 रुपये की टोल वसूली हो रही है।

सरकार का बड़ा फैसला: विदेशी ट्रेनिंग के लिए बदले नियम, कर्मचारियों को मिलेगा फायदा

चंडीगढ़  हरियाणा सरकार ने अधिकारियों और कर्मचारियों के विदेश यात्राओं से जुड़े नियमों में अहम बदलाव किए हैं। वित्त विभाग ने स्पष्ट किया है कि अब वे अधिकारी विदेशी प्रशिक्षण या स्टडी टूर पर जा सकेंगे, जिनकी यात्रा से सरकारी खजाने पर कोई आर्थिक बोझ नहीं पड़ेगा। नये दिशा-निर्देशों के अनुसार बाहरी एजेंसियों द्वारा स्पॉन्सर्ड विदेशी प्रशिक्षण यात्राओं पर प्रतिबंध नहीं रहेगा। यदि कोई अंतरराष्ट्रीय संस्था, विश्वविद्यालय या संगठन यात्रा का पूरा खर्च वहन करता है, तो ऐसे मामलों में वित्त विभाग की पूर्व अनुमति भी आवश्यक नहीं होगी। विभाग ने सभी विभागाध्यक्षों, मंडलायुक्तों, उपायुक्तों, एसडीएम और संबंधित अधिकारियों को निर्देश भेजे हैं कि स्पॉन्सर्ड प्रशिक्षण यात्राओं पर रोक लागू न की जाए। सरकार के अनुसार यह बदलाव प्रशासनिक दक्षता बढ़ाने और अधिकारियों को वैश्विक प्रथाओं से परिचित कराने के उद्देश्य से किया गया है। नई गाइडलाइन में यह भी प्रावधान जोड़ा गया है कि यदि मुख्य सचिव कार्यालय की ट्रेनिंग ब्रांच की सिफारिश पर किसी आईएएस या एचसीएस अधिकारी को विदेश प्रशिक्षण पर भेजा जाता है, तो वह भी प्रतिबंध से मुक्त रहेगा। सरकारी खर्च पर यात्राएं अब भी सीमित सरकार ने स्पष्ट किया है कि यह छूट केवल उन्हीं मामलों में लागू होगी, जहां राज्य सरकार पर कोई आर्थिक भार न आए। अन्य स्थितियों में विदेशी यात्राओं पर पुराने नियम और प्रतिबंध पहले की तरह जारी रहेंगे। नये प्रावधानों से अधिकारियों को अंतरराष्ट्रीय प्रशिक्षण कार्यक्रमों में भाग लेने के अधिक अवसर मिलेंगे और इससे प्रशासनिक गुणवत्ता, निर्णय क्षमता और वैश्विक तकनीक तथा प्रबंधन का अनुभव भी बढ़ेगा।

महेंद्रगढ़ के कनीना नपा के पूर्व प्रधान की सड़क हादसे में मौत, पूरे इलाके में शोक की लहर

महेंद्रगढ़ महेंद्रगढ़ के कनीना नगर पालिका के पूर्व प्रधान राजेंद्र सिंह लोढ़ा की सड़क हादसे में मौत हो गई। उनकी पुत्रवधु कनीना नगर पालिका की मौजूद चेयरपर्सन हैं। बताया जा रहा है कि यह हादसा गुरुवार शाम को हुआ, जब वे शादी समारोह में जा रहे थे। राजेंद्र सिंह लोढ़ा गुरुवार को रेवाड़ी से राजस्थान की ओर शादी समारोह में जा रहे थे। इसी दौरान बस ने उनकी कार को टक्कर मार दी। हादसे के बाद राजेंद्र सिंह लोढ़ा को रेवाड़ी के एक निजी अस्पताल में भर्ती कराया गया था। जहां देर रात डॉक्टरों ने उन्हें मृत घोषित कर दिया। इस हादसे में उनके साथ मौजूद एक व्यक्ति को भी गंभीर चोट लगी है। लोगों को जब इस घटना की जानकारी लगी तो कनीना कस्बा के व्यापारियों ने अपने प्रतिष्ठानों को बंद रख शोक जताया। वहीं अनेक प्राइवेट शिक्षण संस्थान भी बंद रहे। 3 बार लड़ा कनीना विधानसभा का चुनाव, नहीं बने विधायक  वहीं राजेंद्र लोढ़ा ने तीन बार कनीना विधानसभा का चुनाव भी लड़ा, मगर विधायक नहीं बन पाए। राजेंद्र लोढ़ा वर्ष 1987 से 1991 तथा बाद में 1995 से 2000 तक नगर पालिका कनीना के चेयरमैन भी रहे हैं।