samacharsecretary.com

8वें वेतन आयोग में कर्मचारियों को मिल सकते हैं 14 लाख रुपये तक, जानिए कैसे बनेगा पूरा हिसाब

नई दिल्ली

8वें वेतन आयोग की टीम अब अगली बैठक चेन्‍नई में करने वाली है. इसके बाद कुछ और शहारों में इसकी बैठक होगी, फिर फाइनल रिपोर्ट सरकार को सौंपी जाएगी. इसके बाद कर्मचारी कैबिनेट की मंजूरी का इंतजार करेंगे, तब जाकर 8वां वेतन आयोग देश में लागू कर दिया जाएगा। 

1 करोड़ से ज्‍यादा के कर्मचारी और पेंशनर्स
भले ही 8वां वेतन आयोग कभी भी लागू किया जाए, लेकिन यह जनवरी 2026 से ही प्रभावी माना जाएगा. एक्‍सपर्ट्स का कहना है कि 1 करोड़ से अधिक केंद्रीय कर्मचारियों और पेंशनभोगियों को जनवरी 2026 से जोड़कर एक साथ एरियर भेजा जाएगा. आइए जानते हैं यह एरियर कितना हो सकता है। 

14 लाख रुपये से ज्‍यादा का एरियर
एक कैलकुलेशन के मुताबिक, अगर 8वां वेतन आयोग लागू होने में 20 महीने की देरी होती है, तो लेवल 7 के कर्मचारियों को 20 महीने के एरियर के तौर पर ₹14 लाख से ज्‍यादा का अमाउंट एकमुश्‍त मिल सकता है. अब आइए जानते हैं लेवल 4 से 7 तक के बीच कर्मचारियों को कितना एरियर दिया जाएगा।     वेतन आयोग के लागू होने में जितनी देरी होगी, बकाया यानी एरियर की रकम उतनी ही बड़ी होती जाएगी. सूत्रों और एक्‍सपर्ट्स का अनुमान है कि 8वें वेतन आयोग की स‍िफारिशों को पूरी तरह से लागू होने में करीब 20 महीने या उससे ज्‍यादा का समय लग सकता है।        

कितना फिटमेंट फैक्‍टर? 
अगर 2.57 के फिटमेंट फैक्‍टर के आधार पर बेसिक सैलरी का कैलकुलेशन किया जाता है, तो मंथली पे ज्‍यादा होगा और उतना ही कर्मचरियों को एरियर दिया जाएगा. यह एरियर कर्मचारियों और पेंशनर्स को एकसाथ भेजा जा सकता है।        

लेवल 7 के कर्मचारियों की कुल सैलरी एरियर
अनुमानित बेसिक पे 7वें वेतन आयोग के तहत 44,900 रुपये माने, तो 2.57 फिटमेंट फैक्‍टर पर 8वें वेतन आयोग के तहत अनुमानित बेसिक पे ₹1,15,393 होगा. ऐसे में मंथली एरियर ₹70,493 बनेगा और अब 20 महीने का कुल एरियर देखें तो ₹70,493 ✕ 20 = ₹14,09,860 यानी 14.10 लाख रुपये होगा।        

लेवल 6 से 4 लेवल तक के कर्मचारियों का कितना एरियर बनेगा 
इसी आधार पर कैलकुलेशन करें तो लेवल 6 के कर्मचारियों का 20 महीने बाद एरियर ₹11.11 लाख, लेवल-5 के कर्मचारियों का एरियर ₹9.13 लाख और लेवल-4 के कर्मचारियों को एरियर ₹8 लाख रुपये होगा। 

Leave a Comment

हम भारत के लोग
"हम भारत के लोग" यह वाक्यांश भारत के संविधान की प्रस्तावना का पहला वाक्य है, जो यह दर्शाता है कि संविधान भारत के लोगों द्वारा बनाया गया है और उनकी शक्ति का स्रोत है. यह वाक्यांश भारत की संप्रभुता, लोकतंत्र और लोगों की भूमिका को उजागर करता है.
Click Here
जिम्मेदार कौन
Lorem ipsum dolor sit amet consectetur adipiscing elit dolor
Click Here
Slide 3 Heading
Lorem ipsum dolor sit amet consectetur adipiscing elit dolor
Click Here