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मिर्जापुर में पूर्व IAS दिव्या का बड़ा संकेत, नवरात्रि में करेंगी घोषणा

मिर्जापुर
पूर्व आईएएस दिव्या मित्तल इस्तीफे के बाद पहली बार मिर्जापुर में विध्ंयधाम पहुंची। इस दौरान दिव्या मित्तल ने अपनी नई पारी की ओर इशारा कर दिया। मां विंध्यवासिनी के दर्शन-पूजन के बाद पत्रकारों से हुई बातचीत के दौरान उन्होंने कहा कि मैंने राजनीति में आने की घोषणा की है, लेकिन किसी पार्टी में शामिल नहीं होने जा रही हूं। नवरात्र में ही नए कदम को सार्वजनिक करूंगी।

नवरात्र के पहले दिन रविवार को पूर्व आईएएस दिव्या मित्तल ने मां विंध्यवासिनी का विधि-विधान से दर्शन-पूजन किया। वह गेट नंबर दो पर पहुंचकर सामान्य कतार में खड़ी हुईं और करीब डेढ़ घंटे लाइन में लगे रहने के बाद गर्भगृह में मां का दर्शन किया। इसके बाद हवनकुंड में पहुंचकर आहुति अर्पित की। इसके बाद उन्होंने नौ दिनों का अनुष्ठान संकल्पित किया। विंध्यधाम के पुरोहित ने मां की चुनरी और माला पहनाकर उनका स्वागत किया। वहीं, दिव्या मित्तल ने मंदिर की छत पर पहुंचकर विशेष अनुष्ठान के लिए पुरोहित से संकल्प कराया।
 
मां के दर्शन को आई हूं : दिव्या
पत्रकारों से वार्ता में उन्होंने कहा कि नवरात्र के प्रथम दिन मां के दर्शन के लिए आई हूं। अभी मैं नौ दिनों तक विंध्याचल में ही रहूंगी। इन्हीं नौ दिनों में आगे की रूपरेखा तय करूंगी। मेरे आने वाले जीवन में जो भी नए कदम होंगे, उसकी घोषणा भी जल्द करूंगी। मैं जानती हूं कि मेरे राजनीति में आने की घोषणा के बाद आप लोगों की जिज्ञासा बढ़ गई है। इसकी जल्द घोषणा करूंगी। हां, इतना पक्का है कि किसी पार्टी में शामिल नहीं हो रही हूं। इस दौरान लहुरियादह की दुईजी देवी से भी भेंट करूंगी। उनकी तबीयत इन दिनों खराब है। उनका हमें आशीर्वाद मिला है।

राहुल से नहीं हुई मुलाकात
कांग्रेस के पूर्व अध्यक्ष राहुल गांधी से मुलाकात पर बोलीं कि मेरी कोई मुलाकात राहुल गांधी से नहीं हुई है। राजनीति एक ऐसी जगह है, जो देश को दिशा देती है। मैं सही दिशा में अपना पूरा समय लगाना चाहती हूं।

भारतीय प्रशासनिक सेवा (आईएएस) से इस्तीफा देकर राजनीति में आने की घोषणा कर चुकीं उत्तर प्रदेश के मिर्जापुर की पूर्व जिलाधिकारी दिव्या मित्तल का रविवार को जिगना में समर्थकों ने भव्य स्वागत किया। ग्रामीणों ने इस दौरान 'दिव्या मित्तल जिंदाबाद' और 'दिव्या दीदी जिंदाबाद' के नारे लगाए। राजनीति में आने की घोषणा के बाद मित्तल का इस क्षेत्र का यह पहला दौरा था। उनके पहुंचने पर महिलाओं ने गुलाब की मालाएं पहनाकर उनका स्वागत किया, जबकि लोगों ने उनकी गाड़ी पर फूलों की पंखुड़ियां बरसाईं। मित्तल ने समर्थकों को संबोधित करते हुए कहा, ‘आप लोगों ने मुझ पर इतने फूल बरसाये हैं। यह आपका प्यार है।’ उन्होंने कहा, 'आप हर बार मुझे भावुक कर देते हैं। ऐसा लगता है कि मिर्जापुर ने मुझे भावनाओं में रुलाने का ठेका ले लिया है। मिर्जापुर को हमेशा हंसते रहना चाहिए। किसी को रोना नहीं है।'

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