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राज्यपाल मानसरोवर ग्लोबल विश्वविद्यालय के दीक्षांत समारोह में हुए शामिल

भोपाल

राज्यपाल  मंगुभाई पटेल ने कहा कि दीक्षित विद्यार्थियों के लिए भावी जीवन का वास्तविक उपदेश उनकी दीक्षांत शपथ में ही निहित है। इसलिए दीक्षित विद्यार्थी दीक्षांत शपथ का केवल एक दिन नहीं बल्कि आजीवन पालन करें। हमेशा विनम्र रहें। कभी अभिमान नहीं करें। माता-पिता, गुरूजनों और विश्‍वविद्यालय से प्राप्‍त शिक्षा और संस्‍कारों से जीवन में प्रगति प्राप्‍त करें। उन्‍होंने कहा कि दीक्षित होने वाले चिकित्‍सक हर क्षण पीड़ित मानवता की सेवा का संकल्‍प धारण करें। मरीजों के साथ अत्‍यंत आत्‍मीय व्‍यवहार करें। उनकी समस्‍याओं को धैर्य के साथ सुने और उपचार करें।

राज्‍यपाल  पटेल बुधवार को मानसरोवर ग्‍लोबल विश्‍वविद्यालय सीहोर के “दीक्षांत समारोह और ग्रेजुएशन डे” कार्यक्रम को संबोधित कर रहे थे। इस अवसर पर उन्‍होंने प्रख्‍यात भजन गायक पद्म अनूप जलोटा और मध्‍यप्रदेश के अंतर्राष्‍ट्रीय क्रिकेटर  रजत पा‍टीदार को मानद उपाधि प्रदान की। विश्वविद्यालय के दीक्षित विद्यार्थियों को उपाधि और पदक प्रदान किए। सभी को भावी जीवन के लिए शुभकामनाएं दी। कुशाभाऊ ठाकरे सभागार में आयोजित समारोह में उच्‍च शिक्षा मंत्री  इंदर सिंह परमार भी मौजूद थे।

''सेवा संकल्‍प की गतिविधियों का करें सतत आयोजन''

राज्‍यपाल  पटेल ने कहा कि विश्‍वविद्यालय, विद्यार्थियों में सेवा संस्कार विकसित करने के विशेष प्रयास करें। उन्हें वंचित वर्गों के कल्याण की प्रेरणा दें। विशेष अवसरों पर रक्तदान शिविर, सामाजिक सहभागिता आदि पर आधारित गतिविधियों का आयोजन करें। संस्थान के माध्यम से दूरस्थ, ग्रामीण इलाकों के प्रतिभावान बच्चों की बेहतरी के लिए जरूरी कदम उठाए जाए। उन्होंने विद्यार्थियों से कहा कि अपने ज्ञान और प्रतिभा से समाज एवं राष्ट्र निर्माण के लिए काम करें। विकसित भारत के संकल्प को साकार करने में योगदान दें।

उच्च शिक्षा मंत्री  इंदर सिंह परमार ने कहा कि शिक्षा, व्यक्ति का सर्वांगीण विकास करती है। जागरूक और आदर्श नागरिक बनाती है। सभी उपाधि प्राप्त विद्यार्थी, समाज और देश के कल्याण के लिए सतत चिंतनशील और प्रयत्‍नशील रहें।

मध्यप्रदेश निजी विश्वविद्यालय विनियामक आयोग के अध्यक्ष डॉ. खेमसिंह डेहरिया ने कहा कि दीक्षित विद्यार्थी, प्राप्त ज्ञान से अपने गांव, प्रदेश, संस्थान और देश का नाम रोशन करें। पद्म अनूप जलोटा ने विद्यार्थियों को जीवन की प्रत्येक सफलताओं में हमेशा विनम्र बने रहने की सलाह दी। अंतर्राष्ट्रीय क्रिकेटर  रजत पाटीदार ने दीक्षित विद्यार्थियों को प्रत्येक काम पूर्ण मनोयोग से करने और अपने क्षेत्र में निरंतर प्रगति करने की प्रेरणा दी।

राज्यपाल  पटेल ने समारोह का शुभारंभ माँ सरस्वती की प्रतिमा और भगवान धनवंतरी के चित्र के समक्ष दीप प्रज्ज्वलन कर किया। राज्यपाल  पटेल का विश्वविद्यालय की कुलाधिपति मती मंजुला तिवारी ने पुष्पगुच्छ और पौधा भेंट कर स्वागत किया। स्मृति चिन्ह भेंट कर अभिनंदन किया। स्वागत उद्बोधन प्रो. चान्सलर  गौरव तिवारी ने दिया। वाइस चान्सलर  ए.एस. यादव ने वार्षिक प्रतिवेदन प्रस्तुत किया।  ए.एस. राजपूत ने विद्यार्थियों को दीक्षांत शपथ दिलाई। कार्यक्रम में विभिन्न विश्वविद्यालय के कुलगुरू, पूर्व कुलगुरू, छात्र-छात्राएं और उनके परिजन उपस्थित रहे।

 

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