samacharsecretary.com

मुख्यमंत्री डॉ. यादव ने जबलपुर के सूर्या हॉफ मैराथन-2025 में नई दिल्ली से वर्चुअली जुड़कर दी बधाई

भोपाल  मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव ने रविवार को जबलपुर में सूर्या हॉफ मैराथन-2025 के तृतीय संस्करण की नई दिल्ली से वर्चुअली जुड़ कर आयोजन के लिए बधाई और शुभकामनाएं दीं। मुख्यमंत्री डॉ. यादव ने इस अवसर पर जबलपुर में विद्यमान मध्य भारत एरिया के जनरल ऑफिसर कमांडिंग लेफ्टिनेन्ट जनरल श्री पदम सिंह शेखावत और सूर्या हॉफ मैराथन के आयोजन से जुड़ी सेना की टीम और धावकों से वर्चुअली संवाद किया। लेप्टिनेन्ट जनरल श्री पी.एस. शेखावत ने बताया कि यह मैराथन जबलपुर को भारत के खेल मानचित्र पर उभारने के उद्देश्य से आयोजित की जा रही है। समाज के सभी वर्गों, मुख्यत: युवा वर्ग में खेल कूद और स्वास्थ्य के प्रति जागरूकता लाना, जबलपुर को पर्यटन केन्द्र के रूप में बढ़ावा देना और पर्यावरण संरक्षण का संदेश देना भी मैराथन का उद्देश्य है। मैराथन से होने वाली आय का एक भाग दृष्टि बाधित केन्द्र के उत्थान को समर्पित किया जाएगा। इस मैराथन को क्रमश: 21, 10, 05 और 03 किलोमीटर श्रेणी में आयोजित किया गया। इसमें मध्यप्रदेश के अलावा अन्य राज्यों से भी विभिन्न आयु वर्गों के लगभग 10 हजार धावकों ने भाग लिया।  

मुख्यमंत्री डॉ. यादव ने कहा- जनजातीय समुदाय के अधिकारों की रक्षा के प्रतिबद्ध राज्य सरकार

प्रधानमंत्री मोदी ने बढ़ाया जनजातीय समुदाय का गौरव भोपाल मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव ने कहा है कि राज्य सरकार जनजातीय समुदाय के जल, जंगल जमीन संबंधी अधिकारों की रक्षा के लिए प्रतिबद्ध है। पेसा कानून के माध्यम से जनजाति क्षेत्र की ग्राम सभाओं को सशक्त बनाया गया है। भगवान बिरसा मुंडा ने इन्हीं अधिकारों की रक्षा के लिए अंग्रेजों के विरुद्ध संघर्ष किया था। उन्होंने कहा कि प्रधानमंत्री श्री नरेन्द्र मोदी के नेतृत्व में जनजातीय समुदाय को गौरव और सम्मान मिला है। मुख्यमंत्री डॉ. यादव ने कहा कि जनजाति कल्याण के लिए राज्य सरकार ने 47,296 करोड़ रुपए का बजट रखा है जो पिछले साल से 15 प्रतिशत ज्यादा है। तेंदूपत्ता संग्राहकों का संग्रहण पारिश्रमिक 3 हजार रुपये प्रति मानक बोरा से बढ़ाकर 4 हजार रुपये किया। वन अधिकार अधिनियम में 2 लाख 89 हजार व्यक्तिगत और 28754 सामुदायिक दावे मान्य कर पीएम आवास, कपिल धारा, डीजल पंप, पीएम किसान सम्मान निधि, केसीसी आदि योजनाओं का लाभ दिया गया है। मुख्यमंत्री डॉ. यादव ने कहा कि केंद्र द्वारा संचालित योजनाओं में भी मध्यप्रदेश अग्रणी भूमिका निभा रहा है। पीएम जनमन योजना में 98 करोड़ 30 लाख और धरती आबा योजना में 401 करोड़ 56 लाख से अधिक के लोकार्पण- शिलान्यास हुए है। इसके अंतर्गत 21 जिलों में 66 मोबाइल मेडिकल यूनिट संचालित है। प्रधानमंत्री वन-धन केंद्र योजना में 20 जिलों में 126 वन-धन केंद्र स्थापित है। प्रदेश के 18,338 घरों के विद्युतीकरण के लिए 78 करोड़ 94 लाख रुपये की कार्ययोजना स्वीकृत की गई है। मुख्यमंत्री डॉ. यादव ने कहा कि जनजातीय समुदाय के बच्चों के लिए शिक्षा की पूरी व्यवस्था की गई है। उन्हें निःशुल्क किताबें, निःशुल्क गणवेश और निःशुल्क साइकिल दी जा रही है। बच्चों को प्री मैट्रिक और पोस्ट मैट्रिक छात्रवृत्ति प्रदान की जा रही है। वर्ष 2024-25 में 40 लाख से अधिक छात्रों को 1 हज़ार 566 करोड़ रूपये छात्रवृत्ति दी गई है। जनजातीय विद्यार्थियों को आकांक्षा योजना के अंतर्गत NEET, CLAT, JEE प्रवेश परीक्षाओं की कोचिंग दी जा रही है। राष्ट्रीय संस्थानों जैसे IIT, AIIMS, NIT, NLIU में प्रवेश लेने पर 50 हजार रुपए तक प्रोत्साहन राशि दी जा रही है। विदेश में उच्च अध्ययन के लिए छात्रवृत्ति दी जा रही है। मुख्यमंत्री डॉ. यादव ने कहा कि प्रधानमंत्री जनमन और धरती आबा योजना में अनुसूचित जनजाति छात्रों के लिए 210 छात्रावास स्वीकृत किए गए हैं। राज्य के 3 एकलव्य पॉलीटेक्निक कॉलेज मंडला, झाबुआ और हरसूद में अनुसूचित जनजाति वर्ग के 1,040 विद्यार्थी अध्ययनरत हैं। संघ लोक सेवा आयोग तथा मध्यप्रदेश लोक सेवा आयोग द्वारा आयोजित सिविल सेवा परीक्षाओं में सफल होने वाले अभ्यर्थियों को प्रोत्साहन राशि दी जा रही है। क्षमता एवं कौशल उन्नयन करते हुए 18 हजार से अधिक जनजातीय युवाओं को कौशल प्रशिक्षण उपलब्ध कराया गया है। भगवान बिरसा मुंडा स्वरोजगार योजना, टंट्या मामा आर्थिक कल्याण योजना के माध्यम से पिछले 4 वर्षों में 9,065 जनजातीय युवाओं को स्वरोजगार व आर्थिक सशक्तिकरण के लिए लगभग 418.67 करोड़ रुपये की सहायता दी गई है। सिकलसेल हीमोग्लोबिनोपैथी मिशन सभी 89 जनजातीय विकासखंडों में लागू किया गया है। अब तक 1.17 करोड़ से अधिक लोगों की स्क्रीनिंग की गई है। बैगा, सहारिया और भारिया जनजाति की महिलाओं के लिए वरदान बनी आहार अनुदान योजना में प्रतिमाह बहनों को 1500 रुपये मिल रहे हैं। मुख्यमंत्री ने कहा कि जनजातीय गरिमा का पूरा मान सम्मान रखा गया है। रानी दुर्गावती एवं जनजातीय राजा भभूत सिंह की स्मृति में कैबिनेट बैठक का आयोजन किया गया। जबलपुर एयरपोर्ट और मदन महल फ्लायओवर रानी दुर्गावती के नाम पर और पचमढ़ी अभयारण्य का नाम राजा भभूत सिंह के नाम पर किया गया है। विशेष पिछड़ी जनजाति के युवाओं को पुलिस, सेना एवं होमगार्ड में भर्ती के लिये प्रशिक्षण के लिए बैगा, भारिया एवं सहरिया बटालियन गठित होगी। छिंदवाड़ा में श्री बादल भोई जनजातीय स्वतंत्रता संग्राम सेनानी संग्रहालय एवं जबलपुर में राजा शंकर शाह और रघुनाथ शाह स्वतंत्रता संग्राम सेनानी संग्रहालय का लोकार्पण किया गया। भगोरिया को राजकीय उत्सव के रूप में मनाया गया। 

मुख्यमंत्री डॉ. यादव ने ऐतिहासिक और धार्मिक धरोहर गोपाल मंदिर का किया औचक निरीक्षण

मुख्यमंत्री ने जीर्णोद्धार और विकास कार्यों का लिया जायजा मंदिर परिसर में नवनिर्मित सभागृह बनेगा गीता भवन एक दिसम्बर को गीता जयंती पर नवनिर्मित सभागृह किया जाएगा लोकार्पित भोपाल मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव ने शुक्रवार को इंदौर के ऐतिहासिक और धार्मिक धरोहर गोपाल मंदिर का औचक निरीक्षण किया। उन्होंने मंदिर में पूजा-अर्चना भी की। मुख्यमंत्री डॉ. यादव विकास कार्यों का जायजा लिया। उन्होंने कहा कि मंदिर परिसर में नवनिर्मित सभागृह को “गीता भवन” के रूप में विकसित किया गया है। गीता जयंती के अवसर पर इसे एक दिसंबर को जनता को समर्पित किया जाएगा। उन्होंने बताया कि यह सभागृह 500 सीट का रहेगा। इसमें सभी अत्याधुनिक सुविधाएं रहेंगी। यह सभागृह धार्मिक और सांस्कृतिक महत्व का केन्द्र बनेगा। मुख्यमंत्री डॉ. यादव ने गोपाल मंदिर में बच्चों को स्नेहपूर्वक दुलार किया और आसपास के दुकानदारों से भी चर्चा की। मुख्यमंत्री डॉ. यादव ने पूरे मंदिर परिसर में चल रहे विकास कार्यों और जीर्णोद्धार के कार्यों को देखा। उन्होंने निर्देश दिए कि मंदिर को अपने प्राचीन तथा गौरवशाली स्वरूप में पुनर्स्थापित किया जाए।   मुख्यमंत्री डॉ. यादव ने कहा कि प्रदेश शासन द्वारा निर्णय लिया गया है कि गीता जयंती पर पूरे मध्यप्रदेश में विविध कार्यक्रम आयोजित किए जाएंगे। हर जिले में गीता भवन विकसित किए जाएंगे ताकि धार्मिक, सांस्कृतिक और अध्यात्मिक गतिविधियों को बढ़ावा मिल सके। निरीक्षण के दौरान जल संसाधन मंत्री श्री तुलसीराम सिलावट, विधायक श्रीमती मालिनी लक्ष्मण सिंह गौड़, पुलिस कमिश्नर श्री संतोष कुमार सिंह, कलेक्टर श्री शिवम वर्मा, नगर निगम आयुक्त श्री दिलीप कुमार यादव, स्मार्ट सिटी के मुख्य कार्यपालन अधिकारी श्री अर्थ जैन एवं श्री सुमित मिश्रा सहित अन्य जनप्रतिनिधि शामिल थे। मुख्यमंत्री डॉ. यादव का लाड़ली बहनों और स्वच्छता दीदियों ने जताया आभार  मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव का शुक्रवार को इंदौर में लाड़ली बहनों और स्वच्छता दीदियों ने पुष्प-गुच्छ और पुष्प-मालाओं से स्वागत किया। मुख्यमंत्री डॉ. यादव का लाड़ली बहनों ने उन्हें हर माह 1500 रुपये दिए जाने और स्वच्छता दीदियों के लिए नगर निगम के माध्यम से अनेक सुविधाएं उपलब्ध कराने के लिए आभार जताया। इस अवसर पर जल संसाधन मंत्री श्री तुलसीराम सिलावट, विधायक श्रीमती मालिनी लक्ष्मण सिंह गौड़, पुलिस कमिश्नर श्री संतोष कुमार सिंह, कलेक्टर श्री शिवम वर्मा, नगर निगम आयुक्त श्री दिलीप कुमार यादव, अतिरिक्त पुलिस कमिश्नर श्री अमित सिंह, श्री सुमित मिश्रा, अपर आयुक्त नगर निगम श्री रोहित सिसोनिया एवं श्री सुमित मिश्रा सहित अन्य अधिकारी और जनप्रतिनिधि मौजूद थे। इंदौर के प्रसिद्ध पोहे का लिया आनंद मुख्यमंत्री डॉ. यादव ने इंदौर के राजवाड़ा के एक रेस्टोरेंट में मौजूद लोगों से चर्चा की। उन्होंने इंदौर के प्रसिद्ध पोहे का आनंद भी लिया।

मुख्यमंत्री डॉ. यादव जबलपुर में करेंगे भव्य राज्य स्तरीय समारोह का शुभारंभ

जनजातीय प्रतिभाओं को करेंगे सम्मानित विकास कार्यों का होगा भूमि-पूजन, लोकार्पण भोपाल  मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव जबलपुर में भगवान बिरसा मुंडा की जयंती पर जनजातीय गौरव दिवस का भव्य राज्य स्तरीय समारोह का शुभारंभ करेंगे। यहाँ जिलों से निकलने वाली जनजातीय गौरव रथ यात्राओं का समागम होगा। बड़ी संख्या में जनजातीय समुदायों के सदस्य पारंपरिक वेशभूषा और अपने पारंपरिक वाद्य यंत्रों के साथ एकत्र होंगे। प्रधानमंत्री श्री नरेन्द्र मोदी कार्यक्रम को गुजरात के नर्मदा जिले से संबोधित करेंगे और विकास परियोजनाओं का शुभारंभ करेंगे। सभी राज्य इस कार्यक्रम से जुड़ेंगे। कार्यक्रम में उप मुख्यमंत्री श्री जगदीश देवड़ा जनजातीय कार्य मंत्री डॉ. कुंवर विजय शाह, लोक निर्माण मंत्री श्री राकेश सिंह सहित जनप्रतिनिधि एवं जनजातीय समुदाय के प्रतिनिधि विशेष रूप में उपस्थित रहेंगे। इस अवसर पर मुख्यमंत्री डॉ. यादव जनजातीय गौरव को दर्शाने वाली प्रदर्शनी का शुभारंभ करेंगे। प्रदर्शनी भगवान बिरसा मुंडा के जीवन और योगदान पर आधारित है। जनजातीय महानायकों में रानी दुर्गावती, शंकर शाह, रघुनाथ शाह, टंट्या भील के जीवन और योगदान को भी दर्शाया जायेगा। मुख्यमंत्री इस अवसर पर जनजातीय धर्म गुरुओं का सम्मान करेंगे और उत्कृष्ट उपलब्धियां हासिल करने वाले जनजातीय समाज के सदस्यों को सम्मानित किया जाएगा। अंतरराष्ट्रीय महिला क्रिकेट खिलाड़ी सुश्री क्रांति गौड़, राज्य सरकार के सहयोग से लंदन में पढ़ाई कर रहे श्री आसाराम पलवी और श्री रवि मेडा और लिसेस्टर विश्वविद्यालय में अध्ययन कर रहे का भी सम्मान होगा। कार्यक्रम में भारत सरकार तथा मध्यप्रदेश द्वारा जनजाति कल्याण की योजनाओं और उपलब्धियों को प्रदर्शित किया जाएगा। जनजातीय स्वतंत्रता संग्राम सेनानियों और महानायकों के प्रति सम्मान प्रदर्शन करते हुए उनसे संबंधित पोस्टर, डिजिटल विषय वस्तु प्रदर्शित किया जाएगा। जनजातीय व्यंजनों के स्टॉल लगाए जाएंगे। 'एक जिला-एक उत्पाद' योजना में कृषि एवं उद्यानिकी विभाग, आजीविका मिशन के स्टॉल, जनजातीय युवा उद्यमियों के स्टार्टअप, स्वास्थ्य परीक्षण शिविर, प्राकृतिक खेती, श्रीअन्न, पशुपालन, मत्स्य पालन, वनोपज का प्रदर्शन किया जाएगा। इसके अलावा बैगा, कोल, गोंड भारिया और सहरिया जनजाति के स्टाल भी लगाए जाएंगे। मुख्यमंत्री डॉ. यादव जनजातीय समाज के विभिन्न क्षेत्रों में उपलब्धियां हासिल करने वाले प्रतिभाओं का सम्मान करेंगे। सम्मानित होने वालों में पद्मश्री श्री अर्जुन सिंह धुर्वे, पद्मश्री भज्जू सिंह श्याम, श्रीमती फुलझरिया बाई , श्रीमती उजियारो बाई, सुश्री रागिनी मार्को, सुश्री सुष्टि सिंह शामिल है। कक्षा 10 वीं और 12वीं के जनजाति छात्र-छात्राओं को शंकर शाह, रानी दुर्गावती मेधावी विद्यार्थी पुरस्कार के लिए सम्मानित किया जाएगा। मुख्यमंत्री करेंगे निर्माण कार्यों का भूमि पूजन, लोकार्पण मुख्यमंत्री डॉ. यादव छिंदवाड़ा के हर्रई, खमारपानी और दमुआ में सांदीपनि विद्यालयों का लोकार्पण करेंगे। साथ ही जबलपुर की कुंइम तहसील में संयुक्त तहसील अनुभागीय अधिकारी कार्यालय का लोकार्पण करेंगे और 14 विभिन्न श्रेणी में विभागीय आवास का लोकार्पण करेंगे। मुख्यमंत्री जिन विकास कार्यों का भूमि पूजन करेंगे, उसमें 100 सीटर बालक एवं 100 सीटर बालिका छात्रावास भवन हर्रई जिला छिंदवाड़ा, 100 सीटर बालक एवं 100 सीटर बालिका छात्रावास भवन अमरवाड़ा जिला छिंदवाड़ा, 50 सीटर बालक एवं 50 सीटर बालिका छात्रावास भवन मलाजखंड जिला छिंदवाड़ा और 50 सीटर बालक एवं 50 लीटर बालिका छात्रावास भवन परसवाड़ा जिला छिंदवाड़ा और संभागीय कार्यालय भवन का निर्माण शामिल है। प्रतिभाएं होंगी सम्मानित डिंडोरी जिले के समनापुर विकासखंड के धुरकुटा गांव के पद्मश्री अर्जुन सिंह धुर्वे लोक गीतों और नृत्य को लोकप्रिय बनाने के लिए प्रसिद्ध है। डिंडोरी के करंजिया विकासखंड के पाटनगढ़ के पद्मश्री भज्जू सिंह श्याम गोंडी भित्ति चित्रकला के प्रचार-प्रसार और संरक्षण के लिए जनजातीय समुदाय में पारंपरिक रूप से प्रचलित चित्रकला को गांव-गांव और क्षेत्र से आगे बढ़ते हुए कैनवास पर गोंडी चित्रकला को नई पहचान दिलाई है। डिंडोरी के समनापुर विकासखंड के गौरा कन्हरी गांव की श्रीमती फुलझरिया बाई को देशज अनाज के बीजों के संग्रहण और उत्पादन में वृद्धि करने के लिए सम्मानित किया जाएगा। इसी विाकसखंड के इसी पौड़ी किवाड़ गांव की श्रीमती उजियारो भाई को जल संरक्षण के सराहनीय कार्य करने के लिए सम्मानित किया जाएगा। सुश्री रागिनी मार्को को 2023-24 में आर्चरी खेल में अंतरराष्ट्रीय एवं राष्ट्रीय स्तर पर उच्च प्रदर्शन के लिए विक्रम अवार्ड से सम्मानित किया गया। सुश्री सृष्टि सिंह को आर्चरी खेल में अंतरराष्ट्रीय स्तर पर ग्रैंड प्रिक्स भूटान में एक स्वर्ण पदक एवं आश्चर्य वर्ल्ड कप स्टेज 4 में भाग लिया। 

मुख्यमंत्री डॉ. यादव मोरतलाई में जनजातीय गौरव दिवस कार्यक्रम में हुए शामिल

हमारी धरती और संस्कृति ही हमारी पहचान जनजातियां हमारी मुकुट मणियां हैं, यह हर प्रदेशवासी के लिए है गौरव की बात पानसेमल और वरला में उद्वहन सिंचाई परियोजना मंजूर सभी 51 गांवों को मिलेगा सिंचाई के लिए पानी मोरतलाई का मिडिल स्कूल प्रोन्नत होगा हाईस्कूल में रायचूर हाईस्कूल में अब हायर सेकेंडरी की कक्षाएं भी प्रारंभ होंगी मोरतलाई में धरती आबा भगवान बिरसा मुंडा की आदमकद प्रतिमा का किया लोकार्पण 133 करोड़ रूपए लागत के 11 विकास कार्यों का किया लोकार्पण एवं भूमिपूजन   भोपाल   मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव ने कहा है कि मध्यप्रदेश जनजातियों का अपना घर है, जिस ट्राइबल स्टेट भी कहा जाता है। यह उपमा ही हमारे अस्तित्व का सबसे बड़ा अभिनंदन है। जनजातियां, हमारी मुकुट मणियां हैं, यह प्रत्येक मध्यप्रदेशवासी के लिए अत्यंत गौरव और सम्मान की बात है। अबुआ दिशुम-अबुआ राज यानी हमारी धरती, हमारा राज। हमारी धरती और संस्कृति ही हमारी पहचान है और इसी पहचान का उत्सव हम सब आज बड़वानी में मना रहे हैं। मुख्यमंत्री ने कहा कि जनजातीय गौरव दिवस वह शंखनाद है, जिसने नई पीढ़ी को वीर जननायकों के बलिदान, शौर्य और साहस से परिचित कराया है। मुख्यमंत्री डॉ. यादव शुक्रवार को बड़वानी जिले की पानसेमल विधानसभा क्षेत्र के ग्राम मोरतलाई में जनजातीय गौरव दिवस के मौके पर आयोजित कार्यक्रम को संबोधित कर रहे थे। मुख्यमंत्री डॉ. यादव ने ग्राम मोरतलाई में धरती आबा भगवान बिरसा मुंडा की भव्य आदमकद प्रतिमा का लोकार्पण किया। साथ ही बड़वानी जिले के लिए 133 करोड़ रुपये से अधिक की लागत वाले 6 विकास कार्यों का लोकार्पण एवं 5 विकास कार्यों का भूमिपूजन किया। इसमें 46 करोड़ से अधिक की लागत से तैयार राजपुर से दवाना मार्ग का लोकार्पण और 14 करोड़ 86 लाख रूपए की लागत से सेंधवा में नवीन शासकीय महाविद्यालय भवन, बलवाड़ी का भूमिपूजन शामिल है। मुख्यमंत्री डॉ. यादव ने स्थानीय जनप्रतिनिधियों की मांग पर पानसेमल और बारला में उद्वहन सिंचाई परियोजना के विस्तार की घोषणा करते हुए कहा कि अब क्षेत्र के सभी 51 गांवों के किसानों को सिंचाई के लिए जल दिया जाएगा। मुख्यमंत्री ने पानसेमल में रेस्टहाउस बनाने और यहीं पर अनुविभागीय अधिकारी (पुलिस) का कार्यालय (एसडीओपी आफिस) खोलने, टेमला में हायर सेकेंडरी स्कूल खोलने, मोरतलाई के मिडिल स्कूल को हायर सेकेंडरी स्कूल में प्रोन्नत करने एवं रायचूर में उपलब्ध हाई स्कूल को हायर सेकेंडरी स्कूल में प्रोन्नत करने की घोषणा की। मुख्यमंत्री ने रामगढ़ से सापखड़की तक पक्की रोड बनाने की घोषणा भी की। उन्होंने कहा कि विकास की बात पर हमें सबका साथ चाहिए। सबके साथ और सहयोग से ही प्रदेश को विकास की ऊंचाइयों तक लेकर जाएंगे। मुख्यमंत्री डॉ. यादव ने कहा कि हमारे जनजातीय भाई-बहनों ने सदैव अपनी माटी और अपनी संस्कृति के लिए जी-जान एक किया है। राजा भभूत सिंह से लेकर रानी अवंतिबाई तक अनेक जनजातीय नायकों की कहानी हमें आश्चर्य से भर देती है। मुख्यमंत्री ने कहा कि बड़वानी आते ही मन जनजातीय रंग में रंग गया है। मैं वीरों की भूमि बड़वानी की माटी से तिलक करता हूं, क्योंकि इस मिट्टी के कण-कण में रण है। यहां की मिट्टी ने भीमा नायक, खाज्या नायक और वीर बिरजू नायक जैसे अमर बलिदानियों को जन्म दिया। इन वीरों ने अपने पराक्रम से अंग्रेजों को छठी का दूध याद दिला दिया। इन सभी अमर सपूतों के चरणों में नमन है। उन्होंने कहा कि जनजातीय संस्कृति, परम्पराओं और आप सभी भाइयों-बहनों की उपस्थिति ने ही इस कार्यक्रम को गरिमामय बनाया है। उन्होंने सभी को राष्ट्रीय जनजातीय गौरव दिवस (15 नवम्बर) की अग्रिम बधाई और शुभकामनाएं देते हुए कहा कि पूरे प्रदेश में धरती आबा भगवान बिरसा मुंडा की 150वीं जन्म जयंती भव्य स्वरूप में मनाई जा रही है। मुख्यमंत्री डॉ. यादव ने कहा कि प्रधानमंत्री श्री नरेन्द्र मोदी ने 5 साल पहले जनजातीय नायकों को सम्मान देने की परंपरा की शुरुआत की। हमारे जनजातीय नायकों ने जनजाति अंचलों से स्वतंत्रता के लिए आवाज उठाई और भारत माता के जयकारे लगाते हुए अंग्रेजों से आजादी की लड़ाई लड़ी। उन्होंने अंग्रेजों से कहा था कि ये धरती खाली करो… ये जल, जंगल और जमीन हमारी है। भारत 1947 में आजाद तो हो गया, लेकिन तत्कालीन सरकारों ने समाज के नायकों को भुलाने का कार्य किया, खुद सत्ता के नशे में चूर हो गए। किसी भी जनजातीय नायक को कभी सम्मान नहीं दिया। मुख्यमंत्री डॉ. यादव ने कहा कि राज्य सरकार भावान्तर योजना का लाभ देते हुए किसानों से 5328 रुपए प्रति क्विंटल सोयाबीन खरीद रही है। लाड़ली बहनों की शुरुआत से लेकर अब तक 45 हजार करोड़ की राशि लाड़ली बहनों को दी गई है। हर महीने रक्षाबंधन और भाईदूज मन रही है। किसानों के खाते में 12 हजार रुपए सम्मान निधि भेजकर दिवाली मनाई जा रही है। मुख्यमंत्री ने कहा कि सीमा पर जवान और खेतों में किसान, हमारे लिए दोनों बराबर है, यही हमारी नीति है। राज्य सरकार किसानों की आय बढ़ाने के लिए गोपालन और पशुपालन को बढ़ावा दे रही है। राज्य सरकार ने डॉ. भीमराव अंबेडकर कामधेनु योजना की शुरुआत की है। जिसमें किसानों को डेयरी व्यवसाय शुरू करने पर अधिकतम 10 लाख रुपए तक अनुदान दिए जाने का प्रावधान है। मुख्यमंत्री ने प्रबुद्धजन से किया संवाद, नागरिकों ने पुष्प वर्षा कर किया आत्मीय स्वागत मुख्यमंत्री डॉ. यादव के ग्राम मोरतलई में कार्यक्रम स्थल पहुँचने तक ग्रामीणों ने पुष्प वर्षा कर आत्मीय स्वागत किया। मुख्यमंत्री ने भी ग्रामीणों का अभिवादन करते हुए उन्हें जनजातीय गौरव दिवस की शुभकामनाएं दी। कार्यक्रम स्थल पर लगी विकास प्रदर्शनी के अवलोकन के दौरान जनजातीय बहनों के साथ मुख्यमंत्री ने सेल्फी ली। मुख्यमंत्री डॉ. यादव ने कार्यक्रम में आए जनजातीय समुदाय के पुजारों से संवाद कर क्षेत्र के विकास संबंधी चर्चा की। साथ ही जनजातीय संस्कृति को बढ़ावा देने में उनके योगदान के लिए 10-10 हजार रूपये की प्रोत्सहान राशि देने की घोषणा की। सांसद श्री गजेंद्र सिंह पटेल ने कहा कि प्रधानमंत्री श्री मोदी ने भगवान बिरसा मुंडा की जयंती 15 नवंबर को "जनजातीय गौरव दिवस" के रूप में घोषित किया है। इसके लिए जनजातीय बंधु उनके आभारी हैं। मुख्यमंत्री डॉ. यादव प्रदेश के हर जिले को अनेक सौगातें दे रहे हैं। उन्होंने पानसेमल और बारला सिंचाई परियोजना के विस्तार को स्वीकृति प्रदान करने की … Read more

मुख्यमंत्री ने गोपाल मंदिर के जीर्णोद्धार और विकास कार्यों का लिया जायजा

मुख्यमंत्री डॉ. यादव ने ऐतिहासिक और धार्मिक धरोहर गोपाल मंदिर का किया औचक निरीक्षण मुख्यमंत्री ने गोपाल मंदिर के जीर्णोद्धार और विकास कार्यों का लिया जायजा गोपाल मंदिर परिसर में नवनिर्मित सभागृह बनेगा गीता भवन एक दिसम्बर को गीता जयंती पर नवनिर्मित सभागृह किया जाएगा लोकार्पित भोपाल मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव ने शुक्रवार को इंदौर के ऐतिहासिक और धार्मिक धरोहर गोपाल मंदिर का औचक निरीक्षण किया। उन्होंने मंदिर में पूजा-अर्चना भी की। मुख्यमंत्री डॉ. यादव विकास कार्यों का जायजा लिया। उन्होंने कहा कि मंदिर परिसर में नवनिर्मित सभागृह को “गीता भवन” के रूप में विकसित किया गया है। गीता जयंती के अवसर पर इसे एक दिसंबर को जनता को समर्पित किया जाएगा। उन्होंने बताया कि यह सभागृह 500 सीट का रहेगा। इसमें सभी अत्याधुनिक सुविधाएं रहेंगी। यह सभागृह धार्मिक और सांस्कृतिक महत्व का केन्द्र बनेगा। मुख्यमंत्री डॉ. यादव ने गोपाल मंदिर में बच्चों को स्नेहपूर्वक दुलार किया और आसपास के दुकानदारों से भी चर्चा की। मुख्यमंत्री डॉ. यादव ने पूरे मंदिर परिसर में चल रहे विकास कार्यों और जीर्णोद्धार के कार्यों को देखा। उन्होंने निर्देश दिए कि मंदिर को अपने प्राचीन तथा गौरवशाली स्वरूप में पुनर्स्थापित किया जाए।   मुख्यमंत्री डॉ. यादव ने कहा कि प्रदेश शासन द्वारा निर्णय लिया गया है कि गीता जयंती पर पूरे मध्यप्रदेश में विविध कार्यक्रम आयोजित किए जाएंगे। हर जिले में गीता भवन विकसित किए जाएंगे ताकि धार्मिक, सांस्कृतिक और अध्यात्मिक गतिविधियों को बढ़ावा मिल सके। निरीक्षण के दौरान जल संसाधन मंत्री  तुलसीराम सिलावट, विधायक मती मालिनी लक्ष्मण सिंह गौड़, पुलिस कमिश्नर  संतोष कुमार सिंह, कलेक्टर  शिवम वर्मा, नगर निगम आयुक्त  दिलीप कुमार यादव, स्मार्ट सिटी के मुख्य कार्यपालन अधिकारी  अर्थ जैन एवं  सुमित मिश्रा सहित अन्य जनप्रतिनिधि शामिल थे। मुख्यमंत्री डॉ. यादव का लाड़ली बहनों और स्वच्छता दीदियों ने जताया आभार  मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव का शुक्रवार को इंदौर में लाड़ली बहनों और स्वच्छता दीदियों ने पुष्प-गुच्छ और पुष्प-मालाओं से स्वागत किया। मुख्यमंत्री डॉ. यादव का लाड़ली बहनों ने उन्हें हर माह 1500 रुपये दिए जाने और स्वच्छता दीदियों के लिए नगर निगम के माध्यम से अनेक सुविधाएं उपलब्ध कराने के लिए आभार जताया। इस अवसर पर जल संसाधन मंत्री  तुलसीराम सिलावट, विधायक मती मालिनी लक्ष्मण सिंह गौड़, पुलिस कमिश्नर  संतोष कुमार सिंह, कलेक्टर  शिवम वर्मा, नगर निगम आयुक्त  दिलीप कुमार यादव, अतिरिक्त पुलिस कमिश्नर  अमित सिंह,  सुमित मिश्रा, अपर आयुक्त नगर निगम  रोहित सिसोनिया एवं  सुमित मिश्रा सहित अन्य अधिकारी और जनप्रतिनिधि मौजूद थे। इंदौर के प्रसिद्ध पोहे का लिया आनंद  मुख्यमंत्री डॉ. यादव ने इंदौर के राजवाड़ा के एक रेस्टोरेंट में मौजूद लोगों से चर्चा की। उन्होंने इंदौर के प्रसिद्ध पोहे का आनंद भी लिया।  

टेक्नोलॉजी में नई उड़ान: डॉ. यादव ने कॉन्क्लेव 2.0 में उद्योग प्रतिनिधियों से की सीधी बातचीत

मुख्यमंत्री डॉ. यादव ने एमपी टेक ग्रोथ कॉन्क्लेव 2.0 में विभिन्न कंपनियों के प्रतिनिधियों से की वन-टू-वन चर्चा नए निवेश प्रस्तावों और औद्योगिक क्लस्टरों की स्थापना पर हुई बातचीत भोपाल मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव ने 'एमपी टेक ग्रोथ कॉन्क्लेव 2.0' के दौरान विभिन्न राष्ट्रीय और अंतर्राष्ट्रीय कंपनियों के प्रतिनिधियों से वन-टू-वन चर्चा की। इससे मध्यप्रदेश में निवेश संभावनाओं, औद्योगिक क्लस्टरों, तकनीकी केंद्रों और नवाचार आधारित परियोजनाओं को बढ़ावा मिलेगा। वन-टू-वन में आईटी, ड्रोन, एयरोस्पेस, सेमीकंडक्टर, रक्षा, ईवी मैन्युफैक्चरिंग, फिल्म टेक्नोलॉजी और ग्लोबल कैपेबिलिटी सेंटर जैसे क्षेत्रों में निवेश, भूमि आवंटन, नीति प्रोत्साहन और प्रशिक्षण सुविधाओं को लेकर चर्चा हुई। मुख्यमंत्री डॉ. यादव ने भारतीय सेना के मेजर जनरल गौतम महाजन, ब्रिगेडियर एम.एस. रंधावा, ब्रिगेडियर दीपक पुरी, कर्नल मनोजित सिन्हा, लेफ्टिनेंट कर्नल अरिजीत चंद्र सेन से मुलाक़ात की। इस दौरान राज्य सरकार और भारतीय सेना के मिलिट्री कॉलेज ऑफ़ टेलीकम्युनिकेशन इंजीनियरिंग के बीच साइबर सुरक्षा और कृत्रिम बुद्धिमत्ता (एआई) के क्षेत्र में संयुक्त अनुसंधान एवं विकास के लिये एमओयू पर हस्ताक्षर हुए। यह समझौता रक्षा एवं नागरिक तकनीकी सहयोग को सुदृढ़ कर मध्यप्रदेश को तकनीकी नवाचार में अग्रणी बनाएगा। मुख्यमंत्री डॉ. यादव ने एएनएसआर ग्लोबल के सह-संस्थापक एवं प्रबंध निदेशक  विक्रम आहूजा से मध्यप्रदेश में नया "जीसीसी हब” स्थापित करने के संबंध में चर्चा की। बैठक में हब के लिए उपयुक्त स्थान, कार्यालय अवसंरचना, पूंजी निवेश, प्रशिक्षण एवं भर्ती प्रोत्साहन, जीसीसी पॉलिसी और इंसेंटिव फ्रेमवर्क के तहत सहयोग पर चर्चा हुई। मुख्यमंत्री डॉ. यादव ने अनंत टेक्नोलॉजीज लिमिटेड के संस्थापक डॉ. सुब्बाराव पवुलुरी से मुलाक़ात की। इस दौरान डिफेंस क्लस्टर की स्थापना, निवेश प्रोत्साहन, भूमि आवंटन और अवसंरचना विकास पर चर्चा हुई। मुख्यमंत्री ने वेना इंडिया के निदेशक  गौतम यादव एवं सह-निदेशक  पार्थ सेन गुप्ता से भी वन-टू-वन चर्चा की। प्रतिनिधियों ने बताया कि कंपनी द्वारा इंदौर में ग्लोबल कैपेबिलिटी सेंटर (जीसीसी) पहले ही स्थापित किया जा चुका है। मध्यप्रदेश ग्लोबल कैपेबिलिटी नीति 2025 के तहत प्रोत्साहनों और भोपाल-इंदौर जैसे शहरों में भविष्य के विस्तार पर चर्चा हुई। मुख्यमंत्री डॉ. यादव से एमरॉल्ड इन्फ्राइस्पैट लिमिटेड के निदेशक  अनिल ज्ञानचंद भंसाली ने मुलाकात कर बिंदौरी (भोपाल) स्थित EMC-2 में पीसीबी मैन्युफैक्चरिंग यूनिट की स्थापना के प्रस्ताव पर चर्चा की। एमपी सेमीकंडक्टर नीति-2025 के तहत विद्युत एवं गैर-विद्युत प्रोत्साहनों की मांग, भूमि आवंटन में छूट और राज्य में सेमीकंडक्टर क्षेत्र के विकास अवसरों पर विचार-विमर्श हुआ। थॉमसन सेमीकंडक्टर्स प्रा. लि. के सीईओ डॉ. निवास अनंत ने बताया कि कंपनी प्रदेश में दो बड़ी परियोजनाओं में निवेश करना चाहती है, जिसमें पैकेजिंग-परीक्षण इकाई, ईवी बस और ट्रक मैन्युफैक्चरिंग इकाई शामिल हैं। भूमि आवंटन, पर्यावरण सहायता, ऊर्जा-जल आपूर्ति, लॉजिस्टिक्स सुविधाएँ तथा पीएलआई, फेम, पीएम ई-ड्राइव जैसी योजनाओं के लाभ पर चर्चा हुई। बीवीजी इंडिया लिमिटेड के चेयरमैन एवं प्रबंध निदेशक  हनुमंत राव गायकवाड़ ने प्रदेश में वैश्विक ड्रोन एवं रोबोटिक्स क्लस्टर स्थापित करने की इच्छा जताई, जिसमें प्रशिक्षण, परीक्षण और अनुसंधान सुविधाएँ शामिल होंगी। मध्यप्रदेश ड्रोन नीति-2025 के अंतर्गत भूमि, बुनियादी ढांचा, पीएलआई लाभ और विनियामक सहयोग पर विचार हुआ। आर.डब्ल्यू.एस. मोराविया इंडिया प्रा. लि. के सेंटर हेड  विशाल डकोलिया ने बताया कि कंपनी ने इंदौर में अपनी जीसीसी सुविधा का निर्माण पूरा कर लिया है और अब उसका विस्तार करना चाहती है। लाइट एन लाइट ग्रुप के सैयद जावेद अली ने प्रदेश में आधुनिक फिल्म एवं शूटिंग उपकरण विनिर्माण इकाई स्थापित करने का प्रस्ताव दिया। फिल्म पर्यटन नीति, जीएसटी एवं स्टाम्प ड्यूटी छूट, बिजली रियायत और सिंगल विंडो प्रणाली जैसे प्रोत्साहनों पर भी चर्चा हुई। सोलुजेनिक्स के डायरेक्टर  चंद्र कोठापु से निवेश प्रोत्साहनों और भोपाल-इंदौर में विस्तार की संभावनाओं पर चर्चा की। सोरिंग एयरोटेक प्रा. लि. के प्रतिनिधि  दैविश जैन और डॉ. मनोज देशपांडे से ड्रोन क्लस्टर भूमि आवंटन, ड्रोन नीति-2025, स्टार्टअप नीति तथा स्थानीय विश्वविद्यालयों के साथ स्किल डेवलपमेंट सहयोग पर चर्चा की गई। क्लिनीसप्लाइज लिमिटेड की निदेशक सु प्रेरीता बहेती और ऑपरेशनल हेड  अभिषेक वास्तव से भी चर्चा की। वन-टू-वन चर्चा ने निवेशकों में मध्यप्रदेश के प्रति विश्वास और उत्साह को नई गति दी है। प्रदेश सरकार उद्योगों के लिए अनुकूल नीतियाँ, पारदर्शी प्रक्रियाएँ और मजबूत बुनियादी ढांचा प्रदान करने के लिए संकल्पित है। मध्यप्रदेश अब भारत का तकनीकी और औद्योगिकी हब बनकर उभर रहा है।  

मुख्यमंत्री डॉ. यादव बोले — भारत की ऋषि परंपरा हमारा गौरव, दद्दा जी से मिलना सौभाग्य की बात

भारत में प्राचीन काल से है ऋषि परंपरा, दद्दा जी से मिलना मेरा सौभाग्य : मुख्यमंत्री डॉ. यादव मुख्यमंत्री कटनी में दद्दा जी धाम में प्राण प्रतिष्ठा महोत्सव में हुए शामिल भोपाल  मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव ने कहा है कि भारत में प्राचीन ऋषि परंपरा रही है। दद्दा जी ने करोड़ों शिवलिंग निर्माण करवाए। उन्होंने कहा ‍कि दद्दा जी से मिलना मेरे जीवन का सौभाग्य रहा है। मुख्यमंत्री डॉ. यादव ने सत्संग और भक्ति के माध्यम से समाज को संस्कार दिए। संस्कारों से लोगों के विकार दूर होते हैं और जीवन धन्य हो जाता है। शिव निराकार ब्रह्म हैं। महाकाल की कृपा हम सभी पर है। राज्य सरकार ने भगवान राम और कृष्ण से जुड़े सभी स्थलों को तीर्थ के रूप में विकसित करने की योजना बनाई है। मुख्यमंत्री डॉ. यादव ने कटनी जिले के झिंझरी स्थित दद्दा जी धाम में आयोजित प्राण प्रतिष्ठा महोत्सव एवं असंख्य पार्थिव शिवलिंग निर्माण महारुद्राभिषेक में ये बातें कहीं। मुख्यमंत्री डॉ. यादव ने गृहस्थ संत पूज्य पंडित देवप्रभाकर शास्त्री दददा जी के समाधि स्थल पहुंच कर पुष्पांजलि अर्पित कर आशीर्वाद लिया। उन्होंने वैदिक मंत्रोच्चार के साथ पूजा-अर्चना कर कटनी जिला एवं प्रदेशवासियों की सुख, समृद्धि एवं जन-कल्याण की कामना की। मुख्यमंत्री डॉ. यादव ने कहा कि पवित्र गीता के विविध पक्षों से विश्व को परिचित कराने के लिए राज्य सरकार लाखों विद्यार्थियों के लिए गीता-ज्ञान प्रतियोगिता आयोजित करवा रही है। उज्जैन में सिंहस्थ : 2028 के भव्य आयोजन के लिए तैयारियां की जा रही हैं। दद्दाजी का आशीर्वाद हम सभी के साथ है। कटनी के दद्दाजी धाम की प्रतिष्ठा दुनिया में पहुंचेगी। दुनिया सनातन संस्कृति और हमारी तरफ देख रही है। मुख्यमंत्री डॉ. यादव ने कहा कि शिरडी सहित अन्य तीर्थ स्थलों की तरह ही कटनी का दददा जी धाम भी भविष्य में देव स्थान के रूप में विख्यात होगा। मुख्यमंत्री डॉ. यादव ने कहा कि भगवान महाकाल और दद्दा जी के आर्शीवाद से हम उज्जैन में होने वाले सिंहस्थ को भव्यता प्रदान करेंगे। उन्होंने कहा कि प्रधानमंत्री  नरेन्द्र मोदी के नेतृत्व में देश में सनातन संस्कृति का पवित्र अनुष्ठान चल रहा है। राज्य सरकार भी इस दिशा मे अनेक कार्य कर रही है। मुख्यमंत्री ने इस पवित्र कार्य के लिए संत समाज से मार्गदर्शन करने का आग्रह किया। इसके पूर्व मुख्यमंत्री डॉ. यादव ने मंचासीन धर्माचार्यो और साधु-संतों का सम्मान कर आशीर्वाद प्राप्त किया। विजयराघवगढ़ विधायक  संजय सत्येन्द्र पाठक नें संबोधित करते हुए दददा जी के व्यक्तिव, कृतित्व व जीवन वृतांत पर विस्तृत प्रकाश डालते हुए कहा कि यह महोत्सव धर्म, अध्यात्म और भक्ति का अद्भुत संगम है। यहाँ विश्वकल्याण के लिये असंख्य पार्थिव शिवलिंग निर्माण, महारुद्राभिषेक एवं अमृतमयी कथा का आयोजन हो रहा है। प्रातःकाल शिव आराधना और संध्याकाल हरिकथा एवं भजन संध्या के माध्यम से दद्दा जी धाम में दिव्यता का आलोक व्याप्त है। प्राण प्रतिष्ठा समारोह में प्रदेश के परिवहन एवं स्कूल शिक्षा मंत्री और कटनी जिले के प्रभारी मंत्री  उदय प्रताप सिंह, खाद्य नागरिक आपूर्ति एवं उपभोक्ता सरंक्षण मंत्री  गोविंद सिंह राजपूत, खजुराहो सांसद  विष्णुदत्त शर्मा, विधायक विजयराघवगढ़  संजय सत्येन्द्र पाठक, फिल्म अभिनेता आशुतोष राणा सहित धर्माचार्य और सुप्रसिद्ध कथा वाचक पंडित मोहित मराल गोस्वामी, कथा वाचक पंडित इन्द्रेश उपाध्याय, पंडित अनिरूद्धाचार्य  महाराज सहित स्थानीय जनप्रतिनिधि तथा समाजसेवी बड़ी संख्या में उपस्थित रहे।  

जननायकों की जीवनी को पाठ्यक्रमों में किया गया शामिल

कदम से कदम मिलाकर करेंगे सहयोग मुख्यमंत्री डॉ. यादव ने भगवान बिरसा मुंडा की 150 जयंती एवं जनजातीय गौरव वर्ष के उपलक्ष्य में आल इंडिया एनजीओ मीट का किया शुभारंभ भोपाल  मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव ने कहा है कि हम गौरव से भरे हैं कि मध्यप्रदेश, देश का सर्वाधिक जनजातीय आबादी वाला प्रदेश है। प्रदेश में जनजातीय वर्ग की 21 प्रतिशत आबादी निवास करती है। जनजातीय वर्ग के लोग प्रकृति का संरक्षण करते हुए इसी की छाया में अपना जीवन बिताते हैं। इन सभी जनजातियों के शैक्षणिक, सामाजिक, आर्थिक एवं सांस्कृतिक विकास के लिए हमारी सरकार कटिबद्ध है। जनजातियों के सर्वांगीण विकास के लिए सरकार द्वारा कई योजनाएं चलाई जा रही हैं। उन्होंने कहा कि भगवान बिरसा मुंडा की 150वीं जयंती को बेहद गौरवपूर्ण तरीके से मनाई जाएगी। जनजातीय वर्ग के कल्याण के लिए विचार मंथन जरूरी है। इसके लिए देशभर से स्वयंसेवी संस्थाओं के पदाधिकारी भोपाल में एकत्रित हुए हैं। इस विचार मंथन से जो अमृत निकलेगा, वह हमारी पूंजी है। जनजातियों के कल्याण के लिए सरकार सभी स्वयंसेवी संस्थाओं एवं कल्याणकारी कार्यक्रम चलाने वाली संस्थाओं के साथ कदम से कदम मिलाकर आगे बढ़ेगी। मुख्यमंत्री डॉ. यादव ने कहा कि सरकार में जनजातीय वर्ग से जुड़े कल्याण कार्यों के मंत्री डॉ. कुंवर विजय शाह जनजातीय वर्ग के कल्याण के लिए नवाचारों के धनी हैं। उन्होंने जनजातीय वर्ग के चिकित्सकों को माला के स्थान पर आला भेंटकर न केवल सम्मान किया वरन सभी को सरकार की योजनाओं का लाभ लेने के लिए प्रेरित भी किया। मुख्यमंत्री डॉ. यादव बुधवार को कुशाभाऊ ठाकरे अंतर्राष्ट्रीय कन्वेंशन सेंटर में भगवान बिरसा मुंडा की 150 जयंती एवं जनजातीय गौरव वर्ष के उपलक्ष्य में केन्द्र एवं राज्य सरकार के संयुक्त तत्वावधान में आयोजित ऑल इंडिया एनजीओ मीट को संबोधित कर रहे थे। मुख्यमंत्री डॉ. यादव ने दीप प्रज्ज्वलित कर एक दिवसीय मीट का शुभारंभ किया। मुख्यमंत्री डॉ. यादव ने कहा कि जनजातीय समुदाय के शैक्षणिक, आर्थिक और सामाजिक कल्याण के लिए गैर-सरकारी संस्थाओं की भूमिका महत्वपूर्ण है। इस पुनीत कार्य में राज्य सरकार पूरी प्रतिबद्धता के साथ संस्थाओं के साथ खड़ी है। जनजातीय कल्याण हमारी सरकार की प्रतिबद्धता है। राज्य सरकार ने रानी दुर्गावती के 300वें जयंती वर्ष में उन्हें समर्पित कैबिनेट बैठक का आयोजन जबलपुर में किया। राज्य सरकार राजा शंकर शाह, कुंवर रघुनाथ शाह के जनहितैषी कार्यों को भी जनता के बीच लेकर आई है। हमारी सरकार ने खरगोन जैसे ट्राइबल बेल्ट में टंट्या मामा भील के नाम पर विश्वविद्यालय स्थापित किया है। मुख्यमंत्री डॉ. यादव ने कहा कि शासन के कार्यों में स्वयंसेवी संस्थाओं का सहयोग मिलने से लक्ष्य प्राप्ति में आसानी होती हैं। उन्होंने कहा कि 15 नवम्बर 2025 को प्रदेश के जबलपुर और आलीराजपुर में आयोजित राज्य स्तरीय समारोह के जरिए भगवान बिरसा मुण्डा का 150वां जन्म जयंती समारोह मनाया जा रहा है। मुख्यमंत्री डॉ. यादव ने कहा कि हम गौरवान्वित हैं कि देश-प्रदेश के जनजातीय भाईयों के कल्याण के क्षेत्र में कार्य कर रहे एनजीओ के नेशनल कॉन्क्लेव आयोजन का सौभाग्य हमें मिला है। उन्होंने कहा कि केन्द्र एवं राज्य सरकार ने हमेशा जनजातीय सशक्तिकरण को ही अपनी नीतियों के केन्द्र में रखा है। जनजातीय कल्याण से जुड़ी योजनाओं को लागू करने तथा दूर-दराज के क्षेत्रों में जनजातीय समुदायों के स्वास्थ्य, शिक्षा, संस्कृति, रोजगार, पर्यटन विकास जैसे क्षेत्रों में एनजीओ बड़ी महत्वपूर्ण भूमिका निभाते हैं। मध्यप्रदेश है जनजातियों से पुष्पित और पल्लवित भूमि मुख्यमंत्री डॉ. यादव ने कहा कि मध्यप्रदेश जनजातियों का घर है। देश में सबसे ज्यादा जनजातियां मध्यप्रदेश में निवास करती हैं। उन्होंने कहा कि प्रधानमंत्री श्री नरेन्द्र मोदी के नेतृत्व में जनजातियों का गौरव लौटा है। हमारे प्रधानमंत्री श्री मोदी उन्हें पूज रहे हैं। आज राष्ट्रपति भवन से लेकर गांवों के पंचायत भवनों तक जनजातीय भाई-बहनों की उपस्थिति इस बात का प्रमाण है। पीएम जन-मन और धरती आबा जैसे अभियान जनजातीय भाई-बहनों के सशक्तिकरण का आधार बन रहे हैं। गरीब कल्याण के लिए चलाई जा रही अनेक योजनाओं से जनजातीय भाई-बहनों का जीवन आसान हुआ है। पेसा नियमों ने जनजातीय भाई-बहनों को सशक्त बनाया है। मध्यप्रदेश में जनजातीय जननायकों की स्मृतियों को सहेज रही है हमारी सरकार मुख्यमंत्री डॉ. यादव ने कहा कि भगवान बिरसा मुंडा की जयंती को जनजातीय गौरव दिवस के रूप में मनाना हो या देश भर में जननायकों के सम्मान में संग्रहालयों और स्मारकों का निर्माण हो। हम अपने जननायकों की स्मृतियां सहेज रहे हैं। पाठ्यक्रमों में जननायकों की जीवनी को शामिल किया गया है, जिससे आने वाली पीढ़ी अपने असली नायकों से परिचित हो सके। हमारी सरकार ने जन-जन तक अमर राजा शंकरशाह और कुंवर रघुनाथ शाह की वीरता को पहुँचाने और उनकी स्मृतियों को सहेजने के लिए जबलपुर में राजा शंकर शाह और रघुनाथ शाह स्वतंत्रता संग्राम सेनानी संग्रहालय का निर्माण कराया है। भोपाल स्थित हबीबगंज रेलवे स्टेशन का नाम रानी कमलापति के नाम पर और पातालपानी रेलवे स्टेशन का नामकरण जननायक टंट्या भील स्टेशन किया गया। हम प्रदेश में जननायकों और वीरांगनाओं की शौर्य गाथा जन-जन तक पहुंचा रहे हैं। वीरांगना रानी दुर्गावती को समर्पित 2 कैबिनेट बैठक जबलपुर और सिंग्रामपुर (दमोह) में हो चुकी हैं। बीते 3 जून को हमने पचमढ़ी में राजा भभूत सिंह को समर्पित कैबिनेट बैठक की। मुख्यमंत्री डॉ. यादव ने कहा कि एन.जी.ओ. समाज में सकारात्मक बदलाव लाने, वंचितों एवं हाशिये पर खड़े समूहों की आवाज उठाने व सरकार और जनता के बीच एक कडी के रूप में कार्य करने वाली संस्थाएं हैं। एन.जी.ओ. ग्रामीण विकास एवं सामाजिक कल्याण के क्षेत्र में योजनाओं को लागू करने और सरकारी नीतियों को जमीनी स्तर पर पहुँचाने में सरकार एवं जनता की मदद करते हैं। एन.जी.ओ. का शिक्षा, स्वास्थ्य, आजीविका एवं वन अधिकार अधिनियम के क्रियान्वयन आदि के क्षेत्र में काफी महत्वपूर्ण योगदान रहा है। आज के इस नेशनल कॉन्क्लेव में 4 सेक्टरों शिक्षा, स्वास्थ्य, आजीविका, वन अधिकार अधिनियम एवं ट्राइबल गर्वनेंस पर इन्टरैक्टिव चर्चाएं होंगी। इसमें प्राप्त निष्कर्ष केन्द्र एव राज्य सरकार को अपनी योजनाओं के निर्माण एवं क्रियान्वयन में महत्वपूर्ण योगदान देंगे। केंद्रीय जनजातीय कार्य मंत्रालय में डिप्टी डायरेक्टर जनरल सुश्री अंशु सिंह ने कहा कि जनजातीय गौरव भगवान बिरसा मुंडा की 150वीं वर्षगांठ के अवसर पर यह सम्मेलन आयोजित किया गया है। केंद्र सरकार की ओर से पीएम जन-मन और धरती आबा जनजातीय … Read more

भोपाल में आज नेशनल कॉन्क्लेव की शुरुआत, मुख्यमंत्री डॉ. यादव करेंगे उद्घाटन

राज्यपाल श्री पटेल समापन सत्र के होंगे मुख्य अतिथि स्वास्थ्य, शिक्षा, आजीविका, प्रशासन पर विशेषज्ञ करेंगे चर्चा भोपाल  मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव जनजाति कार्य मंत्रालय, भारत सरकार और मध्यप्रदेश जनजाति कार्य विभाग द्वारा संयुक्त रूप से जनजाति कल्याण के लिए कार्य कर रहे अशासकीय संगठनो की नेशनल कॉन्क्लेव का भोपाल में 12 नवंबर को शुभारंभ करेंगे। राज्यपाल श्री मंगुभाई पटेल नेशनल कॉन्क्लेव के समापन सत्र के मुख्य अतिथि होंगे। जनजाति कार्य मंत्री डॉ. कुंवर विजय शाह मुख्य अतिथि होंगे। कॉन्क्लेव का आयोजन कुशाभाऊ ठाकरे इंटरनेशनल कन्वेंशन सेंटर में किया गया है। इसमें देश के 500 से ज्यादा विषय विशेषज्ञ जनजातीय कल्याण से जुड़े हुए विषयों पर चर्चा करेंगे। नेशनल कॉन्क्लेव में विषय विशेषज्ञ स्वैच्छिक संस्थाओं एवं प्रयासों के माध्यम से जनजातीय समुदाय के सशक्तिकरण से जुड़े विभिन्न पहलुओं पर चर्चा करेंगे। जनजाति समुदाय की शिक्षा, स्वास्थ्य, आजीविका, वन अधिकार, शासन, प्रशासन से जुड़े मुद्दों पर विशेषज्ञ अपने-अपने विचार रखेंगे। जनजातीय समुदाय की शिक्षा और सशक्तिकरण में शैक्षिक संगठनों की भूमिका, चुनौतियां एवं मुद्दे, वर्तमान में शिक्षा का स्तर, समग्र शिक्षा में शैक्षिक संगठनों की भूमिका पर विशेष चर्चा होगी। जनजातीय समुदाय की महिलाओं के स्वास्थ्य एवं पोषण से जुड़ी समस्याओं और चुनौतियां, टीकाकरण एवं अन्य राष्ट्रीय स्वास्थ्य कार्यक्रमो की पहुंच बढ़ाने, टेली मेडिसिन, एमहेल्थ जैसे आधुनिक हस्तक्षेप से स्वास्थ्य सेवा बढ़ाने में अशासकीय संगठनों की भूमिका पर विचार होगा। कॉन्क्लेव में जनजातीय अर्थव्यवस्था से जुड़ी समस्याओं, और आजीविका बढ़ाने, जनजातीय युवाओं में उद्यमिता बढ़ाने, आजीविका के नए अवसर, स्वसहायता समूहों के माध्यम से आर्थिक उद्यमिता को बढ़ावा देने जैसे विषयों पर विचार विमर्श होगा। इसमें स्वैच्छिक संगठनों की भूमिका तय की जाएगी, साथ ही वन अधिकार अधिनियम के क्रियान्वयन में आ रही कठिनाइयों पर भी चर्चा होगी। कॉन्क्लेव में जनजातीय विकास एवं शासन प्रशासन से जुड़े विषयों, राज्य की भूमिका, पंचायत राज संस्थाओं, ग्राम सभा पारंपरिक जनजातीय संस्थाओं जनजाति विकास एजेंसियों की भूमिकाओं पर भी चर्चा होगी।