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मुख्यमंत्री ने 1.33 लाख से अधिक किसानों के खातों में 233 करोड़ रुपए भावांतर राशि अंतरित की

भोपाल  मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव ने कहा है कि भावांतर भुगतान, अन्नदाता के उत्थान का पर्याय है। अन्नदाता को दी गई एमएसपी की गारंटी की पूर्ति करते हुए सोयाबीन भावांतर योजना में 1 लाख 33 हजार किसानों के खाते में 233 करोड रुपए की राशि अंतरित की गई है। यह इस बात का प्रमाण है कि हमने जो कहा उसे कर दिखाया। उन्होंने कहा कि प्रधानमंत्री श्री नरेन्द्र मोदी के मार्गदर्शन में प्रदेश में अनेक किसान हितैषी योजनाएं संचालित की जा रही है। मध्यप्रदेश किसानों को उपज का उचित लाभ दिलवाने के लिए भावान्तर योजना लागू करने वाला देश का पहला राज्य है। पिछले साल सोयाबीन का भाव 4800 रुपए था, इस बार किसानों को 500 रुपए प्रति क्विंटल का लाभ देकर 5300 रुपए से अधिक कीमत पर सोयाबीन खरीदा जा रहा है। भावान्तर योजना के लिए प्रदेश में 9 लाख से अधिक किसानों ने सोयाबीन बेचने के लिए पंजीयन किया। आज 1.33 लाख किसानों के खाते में राशि भेजी गई है। हमारी सरकार ने योजना की शुरुआत करने के 15 दिन में ही किसानों से किया वादा पूरा किया है। मुख्यमंत्री डॉ. यादव गुरूवार को देवास से प्रदेश के 1.33 लाख सोयाबीन उत्पादक किसानों को भावान्तर योजना के अंतर्गत 233 करोड़ रुपए की राशि अंतरित करने के बाद विशाल जनसभा को संबोधित कर रहे थे। मुख्यमंत्री डॉ. यादव ने दीप प्रज्ज्वलित कर कार्यक्रम का शुभारंभ कर कन्या-पूजन भी किया। वंदे मातरम के गान ने वातावरण को देशभक्ति की भावना का संचार किया। मुख्यमंत्री डॉ. यादव ने देवास जिले के सर्वांगीण विकास के लिए 183.25 करोड़ लागत के विकास कार्यों का भूमि-पूजन किया। साथ ही हितग्राहियों को जैविक खेती, कृषि यंत्र एवं पीएमएफएमई सहित विभिन्न योजनाओं में हितलाभ वितरित किए। मुख्यमंत्री डॉ. यादव ने कृषि यंत्रों एवं जैविक खेती को प्रोत्साहित करने वाली प्रदर्शनी का शुभारंभ कर अवलोकन किया। 220 से अधिक मुख्य और 80 उप मंडियों में की जा रही खरीदी : सारी प्रक्रिया ई-मंडी पोर्टल पर मुख्यमंत्री डॉ. यादव ने कहा कि प्रदेश में वर्ष-2026 को कृषि आधारित उद्योग वर्ष के रूप में मनाया जाएगा। उन्होंने कहा कि भावांतर योजना पंजीकृत किसान 15 जनवरी तक अपनी सोयाबीन मंडियों में बेच सकेंगे। पूरे प्रदेश में 220 से अधिक मुख्य मंडियों और 80 उप मंडियों में खरीदी की जा रही है। रेट पारदर्शी तरीके से तय हो रहे हैं, सारी प्रक्रिया ई-मंडी पोर्टल पर है, किसान का डाटा अपने आप दिख रहा है, पैसा सीधे ऑनलाइन खाते में पहुंचने की व्यवस्था की गई है और हर कदम पर रियल टाइम एंट्री और सीसीटीवी से निगरानी की जा रही है। किसानों की सुविधा के लिए भावांतर कॉल सेंटर भी स्थापित किया गया है। भावांतर योजना लागू होने से फसल बेचने में किसानों को होने वाली कई परेशानियां दूर हो गई हैं। उन्होंने कहा कि प्रदेश में एक दिसंबर को गीता जयंती भी पूरी भव्यता के साथ मनाई जाएगी। प्रदेश के नगरों में गीता भवन बनाए जा रहे हैं। साथ ही प्रत्येक विकासखंड में वृंदावन ग्राम बनाए जाएंगे। नरवाई की समस्या के निदान के लिए लगाए जा रहे हैं कम्प्रेस्ट बायो गैस प्लांट मुख्यमंत्री डॉ. यादव ने कहा कि हमारे लिए धरती पुत्र किसान और सीमा पर जवान, दोनों समान सम्मान का भाव रखते हैं। धरती पुत्र किसानों से देश की विशेष पहचान बनी है। किसानों की समृद्धि के लिए राज्य सरकार खेती के साथ-साथ गोपालन को भी प्रोत्साहित कर रही है। किसान प्राकृतिक खेती अपनाने के लिए पंजीयन कराएं और 4 हजार रुपए प्रति एकड़ अनुदान का लाभ उठाएं। प्रदेश में दूध उत्पादन बढ़ाने के लिए डॉ. भीमराव अंबेडकर कामधेनु योजना शुरू की गई है। योजना में अगर कोई किसान 40 लाख रूपए लागत का डेयरी व्यवसाय शुरू करता है तो राज्य सरकार की ओर से 10 लाख रुपए की सब्सिडी दी जाएगी। मुख्यमंत्री डॉ. यादव ने कहा कि किसानों के लिए नरवाई की समस्या खत्म करने की दिशा में कदम उठाते हुए प्रदेश में कम्प्रेस्ड बायोगैस प्लांट का शुभारंभ किया गया है। बहनों का आर्थिक सशक्तिकरण सनातन संस्कृति का गौरव मुख्यमंत्री डॉ. यादव ने बुधवार 12 नवम्बर को लाड़ली बहनों को जारी बढ़ी हुई राशि का उल्लेख करते हुए कहा कि प्रदेश की बहनों और किसानों को लगातार सौगातें मिल रही हैं। बहनों का आर्थिक सशक्तिकरण सनातन संस्कृति का गौरव है। भारत दुनिया का एक मात्र देश है, जो मातृ सत्ता को स्वीकार करता है। उन्होंने कहा कि जहां देवियों का वास है, वही देवास है। उन्होंने देवास स्थित नोट प्रेस का उल्लेख करते हुए कहा कि यहां के नोट दुनिया में भारत का मान बढ़ाते हैं। भले ही नोट अर्थव्यवस्था को गति देते हों, लेकिन सोयाबीन, कपास और गेहूं का उत्पादन देश की अर्थव्यवस्था को आधार प्रदान करता है। कृषि उत्पादन में मध्यप्रदेश का योगदान देश में महत्वपूर्ण है। राज्य सरकार ने मोटे अनाज 'श्रीअन्न' पर दिया बोनस मुख्यमंत्री डॉ. यादव ने कहा कि राज्य सरकार ने मोटा अनाज 'श्रीअन्न' खरीदने के लिए मंडला, बालाघाट, जबलपुर सहित 11 जिलों के लिए किसानों को कोदो-कुटकी पर 1000 रुपए प्रति क्विंटल बोनस दिया है। धान और गेहूं उत्पादक किसानों को भी बोनस का लाभ मिला है, चरणबद्ध रूप से गेहूं की कीमतें बढ़ाई जा रही है। संकल्प पत्र में किये वादे को पूरा करते हुए लाड़ली बहना योजना में बहनों के लिए भी राशि बढ़ाकर 1500 रुपए कर दी गई है। किसानों को सोलर पंप लगाने के लिए अनुदान का लाभ दिया जा रहा है। मुख्यमंत्री डॉ. यादव ने कहा कि अब प्रत्येक 7 दिन में प्रदेशवासियों को विभिन्न योजनाओं के अंतर्गत राशि अंतरित की जाएगी। प्रदेश में औद्योगीकरण को प्रोत्साहित करने के लिए राज्य सरकार को पिछले दिनों भारत सरकार की ओर से 4 पुरस्कार प्राप्त हुए हैं। देवास जिले में भावान्तर योजना के लिए सबसे अधिक हुआ पंजीयन कृषि मंत्री श्री एदल सिंह कंषाना ने कहा कि मध्यप्रदेश किसानों के लिए भावान्तर योजना संचालित करने वाला देश का इकलौता राज्य है। प्रधानमंत्री श्री मोदी के मार्गदर्शन में राज्य सरकार जनकल्याणकारी योजनाओं को धरातल पर उतारने का कार्य कर रही है। मुख्यमंत्री डॉ. यादव के नेतृत्व में राज्य में किसान हितैषी सरकार है। मुख्यमंत्री का किसान मोर्चा और नागरिकों ने किया स्वागत मुख्यमंत्री डॉ. यादव के देवास पहुँचने पर … Read more

MSME सम्मेलन में सीएम मोहन यादव का बड़ा ऐलान, ₹200 करोड़ अनुदान और भूमि आवंटन पत्र वितरित होंगे

भोपाल  मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव आज होटल ताज फ्रंट में आयोजित एमएसएमई सम्मेलन में शामिल होंगे। वे यहां एमएसएमई विकास नीति के तहत प्रदेश के 48 जिलों की 700 से अधिक एमएसएमई इकाइयों को सिंगल क्लिक के माध्यम से 200 करोड़ से अधिक की अनुदान राशि अंतरित करेंगे। यह सम्मेलन प्रदेश में सूक्ष्म, लघु और मध्यम उद्यम क्षेत्र के विकास और स्टार्टअप इकोसिस्टम को मजबूत करने के उद्देश्य से आयोजित किया जा रहा है। इस अवसर पर एमएसएमई मंत्री चेतन्य काश्यप और उद्योग नीति एवं निवेश प्रोत्साहन विभाग के प्रमुख सचिव राघवेंद्र कुमार सिंह भी मौजूद रहेंगे। 200 करोड़ की अनुदान राशि और 1 करोड़ का स्टार्टअप सहयोग सीएम डॉ. मोहन यादव एमएसएमई सम्मेलन के दौरान एमएसएमई विकास नीति के अंतर्गत प्रदेश के 48 जिलों की 700 से अधिक इकाइयों को सिंगल क्लिक के माध्यम से 200 करोड़ से अधिक की अनुदान राशि अंतरित करेंगे। साथ ही, स्टार्टअप नीति 2025 के अंतर्गत 80 से अधिक स्टार्टअप्स को 1 करोड़ से अधिक की सहायता राशि भी प्रदान की जाएगी। सम्मेलन के दौरान मुख्यमंत्री 200 से अधिक औद्योगिक भूखंडों के आवंटन के लिए आशय पत्र वितरित करेंगे। इसके साथ मुख्यमंत्री उद्यम क्रांति योजना के तहत सेवा पखवाड़ा अभियान के अंतर्गत 350 से अधिक हितग्राहियों को ऋण उपलब्ध कराया गया है, जिसमें से 100 से अधिक हितग्राहियों को इस कार्यक्रम में हितलाभ वितरण भी किया जाएगा। नवीन औद्योगिक क्षेत्रों का शिलान्यास सम्मेलन में मुख्यमंत्री मोहन यादव 113.78 करोड़ की लागत से बनने वाले तीन नवीन औद्योगिक क्षेत्रों का वर्चुअल शिलान्यास करेंगे। यहां स्टार्टअप और निर्यात प्रोत्साहन पर दो विशेष सत्र रखे गए हैं। मुख्यमंत्री बालाघाट और टीकमगढ़ के उद्यमियों व उद्योग संघों से वर्चुअल माध्यम से संवाद भी करेंगे। एमओयू साइन होगा सम्मेलन में एमएसएमई विभाग और ओएनडीसी (Open Network for Digital Commerce) के बीच एक समझौता ज्ञापन पर हस्ताक्षर होंगे। इसके अलावा 7.57 करोड़ की लागत से बनने वाले तीन नवीन कार्यालय भवनों का शिलान्यास भी किया जाएगा। विभाग की एमएसएमई और स्टार्टअप गतिविधियों के अंतर्गत उद्यमियों और स्टार्टअप प्रतिनिधियों द्वारा अपने अनुभव और सफलताएं भी साझा की जाएंगी

मुख्यमंत्री मोहन यादव का बयान: अवैध लाउडस्पीकरों पर कार्रवाई और मांस बिक्री पर कड़े नियम लागू

इंदौर   मध्य प्रदेश के मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव ने इंदौर में विश्व हिंदू परिषद (विहिप) की अखिल भारतीय बैठक में भाग लिया। इस अवसर पर उन्होंने कहा कि राज्य सरकार नए कानूनों को लागू करने में तेजी से काम कर रही है और कानून का पालन सभी के लिए अनिवार्य है। लाउडस्पीकर और मांस की बिक्री पर सख्त सरकार मुख्यमंत्री ने अपने संबोधन में कहा, "सरकार बनते ही हमने लाउडस्पीकर के शोर को नियंत्रित किया। आप अपने धर्म का पालन करें, इसमें कोई रोक नहीं है, लेकिन कानून का पालन तो सबको करना पड़ेगा।" उन्होंने इस बात पर जोर दिया कि उनकी सरकार ने प्रदेश भर में 60,000 से अधिक अवैध लाउडस्पीकर हटाने का काम किया है। इसके अलावा, उन्होंने कहा कि राज्य में मांस बेचने वालों को खाद्य सुरक्षा नियमों का कड़ाई से पालन करना होगा। उन्होंने कहा, "इस राज्य के अंदर मछली-मांस सबके ठिकाने लगाए गए हैं, अपनी सरकार के माध्यम से। कानून सबके लिए बराबर है।" विहिप की बैठक और अन्य कार्यक्रमों में शिरकत यह बैठक शहर के एक निजी गार्डन में आयोजित की गई, जिसमें विश्व हिंदू परिषद के वरिष्ठ पदाधिकारी और अन्य नेता शामिल हुए। विहिप की बैठक के बाद, मुख्यमंत्री डॉ. यादव दलाल बाग पहुंचे और श्री जैन श्वेताम्बर मालवा महासंघ के 14वें अधिवेशन एवं श्रीसंघ मिलन समारोह में भी शामिल हुए। इन कार्यक्रमों में भाग लेने के बाद मुख्यमंत्री भोपाल के लिए रवाना होंगे।  

दिल्ली में सीएम यादव की उद्योगपतियों से बैठक, फोकस टेक्सटाइल सेक्टर

भोपाल   मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव आज तीन सितंबर को दिल्ली में होने वाले "इन्वेस्टमेंट अपॉर्च्युनिटीज इन पीएम मित्रा पार्क" के इंटरैक्टिव सेशन में शामिल होंगे। इस अवसर पर केंद्रीय कपड़ा मंत्री गिरिराज सिंह भी मौजूद रहेंगे। इंटरैक्टिव सेशन में टेक्सटाइल सेक्टर के निवेशकों और नीति-निर्माताओं की मौजूदगी में मध्यप्रदेश में निवेश के अवसरों पर विचार-विमर्श होगा। केन्द्रीय मंत्री सिंह भारत के टेक्सटाइल सेक्टर की बढ़ती वैश्विक भूमिका और पीएम मित्रा पार्क की अहमियत पर अपने विचार रखेंगे। मुख्यमंत्री डॉ. यादव निवेशकों के साथ वन-टू-वन मीटिंग कर राज्य में उपलब्ध अधोसंरचना, नीतिगत सहयोग और नए अवसरों की जानकारी देंगे। साथ ही टेक्सटाइल हब के रूप में पहचान बना रहे मध्य प्रदेश की विशेषताओं से निवेशकों को अवगत कराएंगे। मुख्यमंत्री द्वारा यह भी बताया जाएगा कि कैसे पीएम मित्रा पार्क प्रदेश की औद्योगिक तस्वीर को बदलने वाला साबित होगा और रोजगार के नए अवसर सृजित करेगा। मुख्यमंत्री डॉ. यादव निवेशकों और उद्योगपतियों के साथ टेक्सटाइल क्षेत्र में निवेश संबंधी प्रस्तावों और संभावनाओं पर भी संवाद करेंगे। इंटरैक्टिव सेशन में वस्त्र मंत्रालय के वरिष्ठ अधिकारी केंद्रीय योजनाओं और टेक्सटाइल क्षेत्र में बढ़ते वैश्विक अवसरों पर जानकारी देंगे। मध्य प्रदेश के उद्योग विभाग और टेक्सटाइल विभाग के अधिकारियों द्वारा निवेशकों को मध्यप्रदेश में उपलब्ध संसाधनों, क्लस्टर आधारित विकास और विशेष पैकेज का प्रेजेंटेशन दिया जाएगा। केंद्रीय वस्त्र मंत्रालय की सचिव नीलम शमी राव और वस्त्र मंत्रालय के अतिरिक्त सचिव रोहित कंसल भी अपने विचार साझा कर टेक्सटाइल उद्योग में नई संभावनाओं और केंद्र सरकार की नीतियों की जानकारी देंगे। मध्यप्रदेश के प्रमुख सचिव औद्योगिक नीति एवं निवेश प्रोत्साहन राघवेन्द्र सिंह टेक्सटाइल सेक्टर में मध्य प्रदेश की नीतिगत पहल, निवेश प्रोत्साहन योजनाओं और औद्योगिक परिदृश्य की विस्तृत जानकारी देंगे। उल्लेखनीय है कि मध्य प्रदेश में प्रस्तावित पीएम मित्रा पार्क आधुनिक टेक्सटाइल इंडस्ट्री के लिए वर्ल्ड क्लास सुविधाओं से युक्त एकीकृत हब के रूप में विकसित किया गया है। यह पार्क कपड़ा उद्योग को नई ऊंचाइयों पर ले जाने के साथ-साथ बड़े पैमाने पर निवेश और रोजगार सृजन का आधार बनेगा।  

मुख्यमंत्री डॉ. यादव द्वारा विक्रमादित्य वैदिक घड़ी स्थापित करने पर कैबिनेट के सदस्यों ने माना आभार

भोपाल मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव द्वारा मुख्यमंत्री निवास में विक्रमादित्य वैदिक घड़ी स्थापित किए जाने पर मंत्रि-परिषद के सदस्यों ने शॉल और पुष्प-गुच्छ भेंट कर आभार व्यक्त किया। मंत्रियों ने कहा कि यह पहल भारतीय परंपरा, वैदिक गणना और वैज्ञानिक दृष्टिकोण को नई पीढ़ी तक पहुंचाने वाली है, जो प्रदेश की सांस्कृतिक पहचान को और मजबूत करेगी। विक्रमादित्य वैदिक घड़ी भारतीय ज्ञान परंपरा और आधुनिक तकनीक का अद्भुत संगम है। यह घड़ी केवल समय बताने तक सीमित नहीं है, बल्कि सूर्योदय, सूर्यास्त, राहुकाल, अभिजीत मुहूर्त और चंद्रमा की स्थिति जैसी जानकारी भी उपलब्ध कराती है। इसमें वैदिक समय के साथ-साथ भारतीय मानक समय और ग्रीनविच मानक समय का तुलनात्मक अध्ययन भी संभव है। इस अनूठी घड़ी के साथ मोबाइल एप भी तैयार किया गया है, जो 189 से अधिक भाषाओं में उपलब्ध है और विश्वभर के 7000 से अधिक स्थानों के लिए समय व पंचांग की जानकारी देता है। मंत्रियों ने कहा कि उज्जैन की वैदिक और सांस्कृतिक परंपरा से प्रेरित यह घड़ी मुख्यमंत्री निवास में स्थापित होना गर्व की बात है। यह पहल प्रदेश की गौरवशाली धरोहर को अंतरराष्ट्रीय मंच पर पहचान दिलाने के साथ युवाओं को वैदिक विज्ञान और गणना प्रणाली से जोड़ने में सहायक सिद्ध होगी। इस अवसर पर परिवहन, स्कूल शिक्षा मंत्री श्री उदय प्रताप सिंह, खाद्य नागरिक आपूर्ति एवं उपभोक्ता संरक्षण मंत्री श्री गोविंद सिंह राजपूत, अनुसूचित जाति कल्याण मंत्री श्री नागर सिंह चौहान, ऊर्जा मंत्री श्री प्रद्युम्न सिंह तोमर, संस्कृति, पर्यटन, धार्मिक न्यास और धर्मस्व राज्यमंत्री (स्वतंत्र प्रभार) श्री धर्मेंद्र सिंह लोधी, कौशल विकास एवं रोजगार राज्यमंत्री (स्वतंत्र प्रभार) श्री गौतम टेटवाल, पशुपालन एवं डेयरी राज्यमंत्री (स्वतंत्र प्रभार) श्री लखन पटेल, मछुआ कल्याण एवं मत्स्य विकास राज्यमंत्री (स्वतंत्र प्रभार) श्री नारायण सिंह पवार सहित अन्य मंत्री शामिल थे।  

मुख्यमंत्री डॉ. यादव ने कहा- कटनी माइनिंग कॉन्क्लेव में मिले 56,414 करोड़ के निवेश प्रस्ताव

कॉन्क्लेव में हुए 3 एमओयू प्रदेश के लिये होंगे महत्वपूर्ण माइनिंग से है कटनी की पहचान विकास में किसान और जवान की तरह उद्योगपति का भी है योगदान हमारी संस्कृति शोषण की नहीं दोहन की है, जिओ और जीने दो प्रदेश में हैं उद्योग हितैषी नीतियां, उद्योग अनुरूप वातावरण उद्योगपति निवेश का बड़े से बड़ा सपना देखें, मध्यप्रदेश सरकार है उनके साथ प्रदेश में मेजर और माइनर मिनरल्स के साथ ही क्रिटिकल मिनरल्स भी क्षेत्रवार इंडस्ट्रियल कॉन्क्लेव के बाद अब हो रही है सेक्टरवाइज कॉन्क्लेव प्रधानमंत्री श्री मोदी के नेतृत्व में मध्यप्रदेश को बनाएंगे नंबर वन राज्य मानवता से जीने का नाम ही है राम राज्य भोपाल  मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव ने कहा है कि खनिज संसाधनों के मामले में मध्यप्रदेश कभी किसी से पीछे नहीं रहा है। अब नई परिस्थितियों और संभावनाओं के अनुरूप हम मध्यप्रदेश को देश के माइनिंग स्टेट के रूप में विकसित करने की दिशा में तेजी से आगे बढ़ रहे हैं। उन्होंने कहा कि मध्यप्रदेश में निवेश का यही सही समय है। आप मध्यप्रदेश में अपना उद्योग लगाईए, बड़े सपने देखिए, इन्हें पूरा करने में हम आपकी हर संभव मदद करेंगे। मुख्यमंत्री डॉ. यादव ने निवेशकों से अपील की कि दिल खोलकर मध्यप्रदेश में बेहिचक निवेश कीजिए, हम आपको निराश नहीं होने देंगे। मुख्यमंत्री डॉ. यादव ने कहा कि कटनी में आज हुई कॉन्क्लेव में मिले निवेश प्रस्ताव यह दर्शाते है कि देश के विभिन्न अंचलों के उद्योगपतियों को मध्यप्रदेश आकर्षित कर रहा है। मुख्यमंत्री डॉ. यादव शनिवार को कटनी में आयोजित मध्यप्रदेश माइनिंग कॉन्क्लेव 2.0 में खनन क्षेत्र के उद्योगपतियों और खनन उद्योग लगाने के इच्छुक निवेशकों को संबोधित कर रहे थे। मुख्यमंत्री डॉ. यादव ने हर्ष जताते हुए कहा कि मध्यप्रदेश में खनिजों की खोज और खनन क्षेत्र में नई संभावनाओं को एक्सप्लोर करने की दिशा में यह आयोजन बहुत सफल रहा है। कटनी कॉन्क्लेव से सरकार को आठ माइनिंग कम्पनियों द्वारा 56 हजार 414 करोड़ रुपए के निवेश प्रस्ताव मिले हैं। ये निवेश प्रस्ताव हमें और बेहतर करने की नई ऊर्जा देकर उत्साहित भी करते हैं। उन्होंने बताया कि राज्य शासन ने क्रिटिकल मिनरल की खोज, प्रसंस्करण और संवर्धन के लिए कोल इंडिया लिमिटेड के साथ एमओयू किया। शासन ने खनन क्षेत्र में आर्टिफियल इंटेलीजेन्स, आईओटी, ब्लॉक चेन, रिमोट सेंसिंग के उपयोग के मद्देनजर धनबाद की टेक्समिन आईएसएम के साथ भी एमओयू किया। इसी तरह खनिज अन्वेषण अनुसंधान के लिए राज्य शासन ने भारतीय विज्ञान शिक्षा एवं अनुसंधान संस्थान, भोपाल के साथ भी एमओयू साइन किए गए हैं। यह एमओयू मध्यप्रदेश के खनिज क्षेत्र को ऊँचाइयां प्रदान करेंगे। मुख्यमंत्री डॉ. यादव ने कहा है कि हमारे धर्म में तांबे का महत्व सोने-चांदी से अधिक है। प्रधानमंत्री श्री नरेन्द्र मोदी एक विजनरी लीडर हैं। उन्होंने हर वर्ग की जरूरतों को पूरा करते हुए गुजरात में विकास का जो मॉडल खड़ा किया, आज हम सभी उससे परिचित हैं। मुख्यमंत्री डॉ. यादव ने कहा कि गो माता हमें दूध उपलब्ध कराती है और बच्चे को भी पिलाती है। भारतीय संस्कृति की धारा दोहन की है, शोषण की नहीं। दुनिया के बड़े-बड़े देश अपना माल खपाने के लिए चालाकी का रास्ता अपना रहे हैं। आज हमारे उद्योगपति आगे बढ़ रहे हैं। उद्योगपति अपने साथ दूसरों को भी रोजगार के अवसर उपलब्ध कराते हैं। आइए मध्यप्रदेश से जुड़िए, यहां पर्याप्त लैंड बैंक, बिजली, पानी है। प्रदेश में शीघ्र ही एयर कार्गो की सुविधा भी मिलेगी और दो मेट्रोपोलिटन सिटी भी बनने जा रहे है। मुख्यमंत्री डॉ. यादव ने कहा है कि कटनी में खनिज का भंडार है। अब तो क्रिटिकल मिनरल्स भी मिल रहे हैं। पन्ना में हीरे मिलते हैं तो कटनी में भी सोना मिल सकता है। राज्य सरकार ने सभी सेक्टर्स के विकास के लिए पारदर्शी नीतियां लागू की हैं। पहले इंडस्ट्री कॉन्क्लेव कीं, अब सेक्टर आधारित कॉन्क्लेव कर रहे हैं। आगामी 27 अगस्त को उज्जैन में स्प्रिरीचुअल कॉन्क्लेव हो रही है और ग्वालियर में भी 31 अगस्त को टूरिज्म कॉन्क्लेव होगी। राज्य सरकार धार्मिक पर्यटन को बढ़ावा देने के लिए कार्य कर रही है। जब भारत 2047 तक विकसित देश बनेगा तो प्रदेश की परिस्थितियां भी  बदल जाएगी। राज्य सरकार ने युवाओं के प्रशिक्षण के लिये कई योजनाएं बनाई हैं। कटनी को 25 अगस्त को बड़ी सौगात मिलने वाली है। प्रदेश में पीपीपी मोड पर मेडिकल कॉलेजों के साथ अस्पताल शुरू किए जा रहे हैं। राज्य सरकार मेडिकल कॉलेज खोलने पर 1 रुपए में 25 एकड़ जमीन देगी। केंद्रीय स्वास्थ्य मंत्री के समक्ष 25 अगस्त को 4 मेडिकल कॉलेजों के लिए एमओयू होगा। मुख्यमंत्री डॉ. यादव ने कहा है कि प्रदेश में ईज ऑफ डूइंग के लिए 29 तरह की अनुमतियों को कम करके मात्र 10 कर दिया गया है। प्रदेश सरकार ने श्रम कानून में बदलाव करते हुए महिलाओं को नाइट शिफ्ट में काम करने की अनुमति दी है। प्रदेश सरकार की नीतियों से आज दूसरे राज्य भी सीख ले रहे हैं। मध्यप्रदेश देश का नंबर-1 राज्य बने, इसके लिए तेज गति से कार्य हो रहे हैं।  इनके बीच हुए एमओयू कॉन्क्लेव में राज्य शासन ने क्रिटिकल मिनरल की खोज , प्रसंस्करण और संवर्धन के लिए कोल इंडिया लिमिटेड के साथ एमओयू किया। डॉ. चंद्र शेखर सिंह एचओडी क्रिटिकल मिलरल्स, श्री बिरांची दास डायरेक्टर एचआरएसएसईएल, श्री फ्रैंक नोबेल ए डायरेक्टर एंड जीडीएम एमपी स्टेट माइनिंग कॉरपोरेशन और प्रमुख सचिव श्री उमाकांत उमराव ने एमओयू का आदान-प्रदान किया। यह समझौता दुनिया की सबसे बड़ी खनन कंपनी और राज्य खनन अन्वेषण एजेंसियों के माध्यम से मध्यप्रदेश को क्रिटिकल मिनरल्स के क्षेत्र में नई ऊंचाइयां देगा। खनन क्षेत्र में आर्टिफियल इंटेलीजेन्स, आईओटी, ब्लॉक चेन, रिमोट सेंसिंग के उपयोग के मद्देनजर धनबाद की टेक्समिन आईएसएम के साथ और खनिज अन्वेषण अनुसंधान के लिए भारतीय विज्ञान शिक्षा एवं अनुसंधान संस्थान, भोपाल के साथ भी एमओयू साइन हुआ। कॉन्क्लेव में मुख्यमंत्री डॉ. यादव ने उद्योगपतियों के साथ वन-टू-वन मीटिंग भी की।  मुख्यमंत्री डॉ. यादव ने उघोगपतियों से किया वर्चुअल संवाद मुख्यमंत्री डॉ. यादव ने कॉन्क्लेव में श्री राजीव मुंद्रा (कोलकाता) , श्री जेपी अग्रवाल (श्रीलंका), श्री विवेक भाटिया (दिल्ली), श्री वी.साईंराम (कोचीन), श्री थॉमस चेरियन (हैदराबाद) से उनकी निवेश योजनाओं एवं अनुभव को लेकर वर्चुअल संवाद किया। उद्योगपतियों ने मुख्यमंत्री डॉ. यादव का आभार मानते हुए कहा कि … Read more

टेक्सटाइल निवेश पर बार्सिलोना में सीएम यादव की बड़ी पहल, निवेशकों को उपलब्ध करायेंगे हर सुविधा

मुख्यमंत्री डॉ. यादव ने बार्सिलोना में टेक्सटाइल मशीनरी कंपनियों के पदाधिकारियों के साथ की राउंड टेबल बैठक मुख्यमंत्री डॉ. यादव ने बार्सिलोना में टेक्सटाइल कंपनियों संग की राउंड टेबल मीटिंग टेक्सटाइल निवेश पर बार्सिलोना में सीएम यादव की बड़ी पहल, निवेशकों को उपलब्ध करायेंगे हर सुविधा टेक्सटाइल सेक्टर में निवेश अनुकूल माहौल और नीतियों की दी जानकारी निवेशकों को उपलब्ध करायेंगे हर सुविधा भोपाल  मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव ने स्पेन यात्रा के तीसरे दिन बार्सिलोना में विश्व की अग्रणी टेक्सटाइल मशीनरी कंपनियों के प्रतिनिधियों के साथ एक उच्च स्तरीय राउंड टेबल बैठक की। बैठक का आयोजन मध्यप्रदेश को टेक्सटाइल मशीनरी मैन्युफैक्चरिंग हब के रूप में स्थापित करने और यूरोपीय टेक्नोलॉजी प्रोवाइडर्स के साथ साझेदारी को बढ़ावा देने के उद्देश्य से किया गया। मुख्यमंत्री डॉ. यादव ने मध्यप्रदेश के टेक्सटाइल सेक्टर में निवेश के लिए अनुकूल माहौल और निवेशक अनुकूल नीतियों पर प्रकाश डाला। उन्होंने बताया कि मध्यप्रदेश टेक्सटाइल निवेश आकर्षित करने में भारत में अग्रणी है। उन्होंने राज्य सरकार द्वारा प्रदान की जाने वाली सुविधाएं, जैसे विशेष टेक्सटाइल पार्क, SEZ और निवेशकों के लिए प्रोत्साहन योजनाओं पर विस्तृत चर्चा की। उन्होंने निवेशकों की आवश्यकताओं और अपेक्षाओं को समझने पर जोर दिया जिससे उनकी जरूरतों के अनुरूप नीतियां और सुविधाएं प्रदान की जा सकें। मुख्यमंत्री डॉ. यादव ने कहा कि “मध्यप्रदेश टेक्सटाइल मशीनरी मैन्युफैक्चरिंग के लिए भी आदर्श है। राज्य सरकार वैश्विक कंपनियों के साथ साझेदारी कर टेक्नोलॉजी ट्रांसफर और सस्टेनेबल प्रोडक्शन को बढ़ावा देने के लिए प्रतिबद्ध है। मेक इन इंडिया और मेक इन एमपी के तहत निवेश का आहवान बैठक में यूरोपीय टेक्सटाइल मशीनरी कंपनियों को मध्यप्रदेश में अपनी उत्पादन इकाइयां स्थापित करने के लिए प्रोत्साहित कर आमंत्रित किया गया। मध्यप्रदेश में टेक्सटाइल मशीनरी मैन्युफैक्चरिंग हब की स्थापना, भारतीय और यूरोपीय कंपनियों के बीच साझेदारी को बढ़ावा देना, टेक्नोलॉजी ट्रांसफर, और नॉलेज एक्सचेंज की संभावनाओं पर चर्चा की गई। यह पहल मेक इन इंडिया और मेक इन एमपी के तहत विश्व स्तरीय टेक्सटाइल मशीनरी के उत्पादन को बढ़ावा देने और विशेष टेक्सटाइल पार्क व SEZ की स्थापना पर केंद्रित थी। वैश्विक टेक्सटाइल कंपनियों की भागीदारी बैठक में वैश्विक स्तर की टेक्सटाइल टेक्नोलॉजी कंपनियों आर्थर इमैनुएल, यूएस की अग्रणी टेक्सटाइल टेक्नोलॉजी स्टार्टअप लॉन्च के फाउंडर, एनरिक सिला, जीनोलॉजिया के सीईओ और संस्थापक, जे जामिन्टरनेशनल, इटली की प्रीमियम वीविंग और स्पिनिंग मशीनरी निर्माता कंपनी,ग्राज़ियानो मैकटेक, इटली की फाइबर प्रोसेसिंग और यार्न प्रोडक्शन में विशेषज्ञता वाली कंपनी,जोसे मारिया ब्रोंको, इटली के टेक्सटाइल इंजीनियरिंग विशेषज्ञ, शामिल थे। मध्यप्रदेश से प्रमुख टेक्सटाइल कंपनियों बेस्ट कॉर्प, प्रतिभा सिंटेक्स, श्रीजी पॉलिमर्स, और डीबी ग्रुप ने भी इस बैठक में हिस्सा लिया।  

सीएम यादव के ससुर का निधन, अंतिम संस्कार में शामिल नहीं होंगे मुख्यमंत्री

 रीवा  मध्य प्रदेश के मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव के ससुर, ब्रह्मदीन यादव का मंगलवार रात को 99 वर्ष की आयु में निधन हो गया। उन्होंने उत्तर प्रदेश के सुल्तानपुर के विवेकानंद नगर स्थित अपने आवास पर अंतिम सांस ली। उनके पार्थिव शरीर को रीवा ले जाया गया है, जहां बुधवार को उनका अंतिम संस्कार किया जाएगा। यह दुखद खबर सुनते ही स्थानीय भाजपा नेताओं और परिचितों का उनके आवास पर आना शुरू हो गया ताकि वे उन्हें श्रद्धांजलि दे सकें। बता दें कि सीएम मोहन यादव और उनकी पत्नी सीमा यादव दुबई में हैं,उन्हें निधन की सूचना मिल गई है। मुख्यमंत्री मोहन यादव के साले, सदानंद यादव ने बताया, "उन्हें कोई बीमारी या ऐसी कोई समस्या नहीं थी। मोहन यादव अभी नहीं आ पाएंगे, क्योंकि वे विदेश दौरे पर हैं। उन्हें यह जानकारी मिल गई है। अंतिम संस्कार यहीं रीवा में ही किया जाएगा।" ब्रह्मदीन यादव की तबीयत मंगलवार शाम को अचानक खराब हो गई थी। इससे पहले 27 जून को भी सांस और पेट संबंधी परेशानियों के चलते उनकी तबीयत बिगड़ गई थी। उन्हें उत्तर प्रदेश के सरकारी मेडिकल कॉलेज के आईसीयू में भर्ती कराया गया था। मुख्यमंत्री यादव की पत्नी और उनकी बेटी, सीमा यादव, 28 जून को उनसे मिलने आई थीं। इसके कुछ ही समय बाद वह मध्य प्रदेश लौट गई थीं। कुछ समय के सुधार के बाद, ब्रह्मदीन यादव को 30 जून को अस्पताल से छुट्टी मिल गई थी और वे घर आ गए थे। हालांकि, मंगलवार शाम को उनकी तबीयत अचानक फिर बिगड़ गई। उन्हें तुरंत अस्पताल ले जाया गया, लेकिन डॉक्टरों ने उन्हें मृत घोषित कर दिया। बता दें कि 2023 में उनकी पत्नी का भी निधन हो गया था। मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव इस समय दुबई और स्पेन के सात दिवसीय विदेश दौरे पर हैं। इस दौरान वे उद्योगपतियों, निवेशकों और फिल्म निर्माताओं के साथ बैठकें करने वाले हैं। उनकी पत्नी, सीमा यादव भी इस दौरे पर उनके साथ गई हैं। ब्रह्मदीन यादव के निधन की खबर मुख्यमंत्री के दुबई से स्पेन के लिए रवाना होने के बाद आई। सीएम डॉ. मोहन यादव सात दिन की दुबई और स्पेन यात्रा पर हैं। सीएम के साथ पत्नी सीमा यादव भी विदेश दौरे पर हैं। जिस वक्त उनके ससुर के निधन की खबर आई, उस दौरान सीएम दुबई से स्पेन के लिए रवाना हो चुके थे। वे जरूरी बैठकों और दूरी के कारण रीवा नहीं पहुंच पाएंगे। वहीं, मुख्यमंत्री के दोनों बेटे अभिमन्यु और वैभव अपनी बुआ कलावती यादव के साथ फ्लाइट से रीवा पहुंच रहे हैं। संघ से जुड़े थे, कई आंदोलन किए 27 जून की रात ब्रह्मादीन यादव का स्वास्थ्य बिगड़ गया था। उन्हें सांस और पेट से संबंधित बीमारी के बाद राजकीय मेडिकल कॉलेज के ICU वार्ड में एडमिट कराया गया था। 28 जून को उनकी बेटी और सीएम मोहन यादव की पत्नी सीमा यादव अपनी बेटी के साथ उन्हें देखने पहुंची थीं। फिर वे मध्यप्रदेश लौट आई थीं।​​​​​​​ ब्रह्मादीन यादव शुरुआत से राष्ट्रीय स्वयंसेवक संघ (आरएसएस) से जुड़े थे। विद्यार्थी जीवन में उन्होंने कई आंदोलन किए। इसके बाद पुलिस की गिरफ्तारी से बचने के लिए घर से भागकर मुंबई चले गए। उनका असली नाम ब्रह्मानंद था, लेकिन गिरफ्तारी से बचने के लिए उन्होंने बाद में अपना नाम ब्रह्मादीन रख लिया। उन्होंने मुंबई में पढ़ाई शुरू की। पढ़ाई पूरी करके फिर यूपी आ गए। इसके बाद नौकरी के लिए मध्यप्रदेश के रीवा पहुंचे। यहां एक राजकीय स्कूल में नौकरी मिल गई। 1987 में वो प्रिंसिपल के पद से रिटायर्ड हुए थे। ब्रह्मदीन यादव अपने बेटे विवेकानंद यादव के साथ सुल्तानपुर में रहते थे। विवेकानंद यादव सरस्वती विद्या मंदिर में शारीरिक शिक्षा के शिक्षक (पीजीटी) के रूप में कार्यरत हैं। ब्रह्मदीन यादव के तीन बेटे और एक बेटी थीं, जिनका नाम सीमा यादव है। सीमा यादव की शादी 1994 में उज्जैन में मोहन यादव से हुई थी। उनका परिवार मूल रूप से उत्तर प्रदेश के अंबेडकरनगर जिले की भीटी तहसील के कोदरा ददवा गांव का रहने वाला है। अपनी छात्र जीवन के दौरान, ब्रह्मदीन यादव राष्ट्रीय स्वयंसेवक संघ (RSS) से गहराई से जुड़े हुए थे और उन्होंने कई आंदोलनों का नेतृत्व किया। गिरफ्तारी से बचने के लिए, वे मुंबई चले गए और अपना नाम ब्रह्मानंद से बदलकर ब्रह्मदीन कर लिया। आंदोलन से जुड़े सरकारी रिकॉर्ड में उनका नाम दर्ज नहीं था, लेकिन पुलिस और प्रशासन ने उनकी पैतृक भूमि गांव में जब्त कर ली थी, जिससे परिवार के पास बहुत कम बचा था। मुंबई में अपनी शिक्षा पूरी करने के बाद, ब्रह्मदीन उत्तर प्रदेश लौट आए और फिर मध्य प्रदेश के रीवा में एक सरकारी स्कूल की नौकरी के लिए चले गए। वे 1987 में प्रिंसिपल के पद से रिटायर हुए। उनकी बेटी सीमा ने 1989 में रीवा से भूगोल में एमए किया था और वे लंबे समय से छात्र आंदोलनों से जुड़ी हुई थीं। उनकी मुलाकात मोहन यादव से 1984 में एक छात्र परिषद के कार्यक्रम के दौरान हुई थी, जहां मोहन यादव राष्ट्रीय मंत्री के रूप में कार्य कर रहे थे। परिवार की सहमति से, दोनों की शादी उसी साल उज्जैन में हुई। ब्रह्मदीन के सबसे बड़े बेटे, रामानंद यादव, भारतीय वायु सेना से रिटायर अधिकारी हैं और अब अपने परिवार के साथ जबलपुर में रहते हैं। दूसरे बेटे सदानंद यादव रीवा में विद्या भारती के साथ काम करते हैं। ब्रह्मदीन यादव का अंतिम संस्कार बुधवार को रीवा में किया जाएगा। बेटे के साथ रहते थे ब्रह्मादीन यादव रिटायर होने के बाद ब्रह्मादीन यादव सुल्तानपुर में अपने बेटे विवेकानंद यादव के साथ रहते थे। विवेकानंद सरस्वती विद्या मंदिर में शारीरिक शिक्षक (पीजीटी) हैं। ब्रह्मादीन यादव के तीन बेटे और एक बेटी हैं। इकलौती बेटी सीमा की शादी 1994 में मोहन यादव से उज्जैन में हुई थी। मूल रूप से परिवार अंबेडकरनगर जिले की भीटी तहसील के कोडड़ा डड़वा गांव से है। 30 जून को हालत में सुधार के बाद अस्पताल से उन्हें घर ले जाया गया था। मंगलवार शाम को अचानक उनका स्वास्थ्य बिगड़ गया। जब तक परिजन उन्हें लेकर हॉस्पिटल पहुंचते, उनकी सांसें थम गईं। साल 2023 में ब्रह्मादीन यादव की पत्नी का निधन हुआ था। विद्यार्थी परिषद के कार्यक्रम में हुई थी मुलाकात उनकी बेटी सीमा यादव ने … Read more

मुख्यमंत्री डॉ. यादव ने कहा- सरकार प्रवासी उद्यमियों को निवेश के लिये अनुकूल माहौल देगी

भोपाल  मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव की दुबई यात्रा के पहले दिन भारतीय प्रवासी समुदाय, विशेष रूप से इंदौर से जुड़े उद्यमियों ने गर्मजोशी से स्वागत किया। इंदौरी इंटरनेशनल बिजनेस नेटवर्क (IIBN) द्वारा एक विशेष आयोजन किया गया जिसमें 25 से अधिक सीईओ उपस्थित रहे और 15 से अधिक प्रमुख उद्यमियों ने मध्यप्रदेश में निवेश की रूचि दिखाते हुए अपने निवेश प्रस्ताव दिए। वर्तमान में IIBN यूएई में 750 से अधिक सदस्यों के साथ एक स्थापित लाइसेंस प्राप्त समुदाय है जिसमें व्यापारी, डॉक्टर, इंजीनियर, बैंकर, शिक्षाविद् सहित विभिन्न क्षेत्रों के प्रोफेशनल शामिल हैं। IIBN के सदस्यों ने मुख्यमंत्री डॉ. यादव को निवेश प्रस्तावों के संबंध में विस्तार से जानकारी दी। कार्यक्रम में IIBN की कोर कमेटी के सदस्य श्री अजय कसलीवाल, श्री प्रेम भाटिया, सुश्री अंजू भाटिया, श्री निलेश जैन, श्री मनोज झारिया, श्री नसीर खान और अमित श्रीनिवास ने जानकारी दी कि यूएई में निवासरत इंदौरी प्रवासी निवेश की संभावनाओं को लेकर अत्यंत उत्साहित हैं। उन्हें राज्य सरकार से मिलने वाले मार्गदर्शन और सहयोग को लेकर पूरा विश्वास है। सस्टेनेबल सिटी के लिए 1000 करोड़ निवेश का प्रस्ताव इस अवसर पर दुबई में रहने वाले सीए श्री प्रवीण मेहता ने वरिष्ठ नागरिकों की देखभाल के लिए निजी क्षेत्र में 100 करोड़ रुपये की लागत से एक परियोजना और शून्य कार्बन उत्सर्जन वाले सस्टेनेबल सिटी के लिए लगभग 1000 करोड़ रुपये के निवेश का प्रस्ताव दिया। मुख्यमंत्री डॉ. यादव ने कहा कि राज्य सरकार भी उन वरिष्ठ नागरिकों के कल्याण के लिए विशेष कार्यक्रम चला रही है, जिनके बच्चे विदेशों में हैं। उन्होंने कहा, “अगर आपके बच्चे बाहर हैं, तो हम आपका परिवार हैं।” मुख्यमंत्री ने बताया कि स्वास्थ्य विभाग और संबंधित कलेक्टर इन वरिष्ठ नागरिकों की देखभाल के लिए सक्रिय रूप से कार्य कर रहे हैं। विदेशी विश्वविद्यालयों के कैंपस का प्रस्ताव कार्यक्रम में दुबई स्थित फ्यूचर वाइज एजुकेशन की सीईओ सुश्री अंजू भाटिया ने राष्ट्रीय शिक्षा नीति 2020 के तहत मध्यप्रदेश में विदेशी विश्वविद्यालयों के कैंपस की स्थापना का प्रस्ताव दिया। उन्होंने कहा कि इससे राज्य के विद्यार्थियों को अंतरराष्ट्रीय डिग्री अपने ही राज्य में प्राप्त करने का अवसर मिलेगा। श्री प्रेम भाटिया ने बताया कि वे इंदौर से दुबई आने वाले शुरुआती परिवारों में से एक हैं। आज उनकी बदौलत 400 से अधिक परिवार यूएई में रोजगार प्राप्त कर सफलतापूर्वक कार्य कर रहे हैं। मुख्यमंत्री डॉ. यादव ने प्रवासी भारतीयों के प्रस्तावों की सराहना करते हुए कहा कि सरकार प्रवासी उद्यमियों को राज्य में निवेश के लिये हर संभव सहयोग और अनुकूल वातावरण प्रदान करने के लिए प्रतिबद्ध है। 

सीएम यादव ने डॉ. मुखर्जी के कश्मीर एकीकरण और धारा 370 के विरोध में किए गए संघर्ष को ऐतिहासिक बताया

भोपाल  सीएम डॉ. मोहन यादव ने आज भारतीय जनता पार्टी के वरिष्ठ नेता एवं पूर्व मंत्री डॉ. गौरीशंकर शेजवार से मुलाकात की। इस अवसर पर नवनियुक्त प्रदेश अध्यक्ष हेमंत खंडेलवाल भी उनके साथ उपस्थित थे। मुलाकात के बाद पत्रकारों से बात करते हुए सीएम ने कहा कि प्रधानमंत्री मोदी के नेतृत्व में हम चहुमुंखी प्रगति कर रहे हैं। इस अवसर पर मुख्यमंत्री ने कहा कि रविवार को श्यामाप्रसाद मुखर्जी की जयंती पर प्रदेश सरकार बड़े स्तर पर दो कार्यक्रमों का आयोजन किया जा रहा है। उन्होंने कहा कि डॉ मुखर्जी का योगदान अतुलनीय है और आज भी हम सब उनके जीवन से प्रेरणा ग्रहण करते हैं। मुख्यमंत्री ने की वरिष्ठ बीजेपी नेता से भेंट सीएम डॉ. मोहन यादव ने मंत्री डॉ. गौरीशंकर शेजवार के भोपाल स्थित निवास पहुँचकर उनसे भेंट की और हालचाल जानें। इस मौके पर प्रदेश अध्यक्ष हेमंत खंडेलवाल भी उपस्थित रहे। इसके बाद पत्रकारों के सवालों का जवाब देते हुए मुख्यमंत्री ने कहा कि विक्रमोत्सव को एशिया का वाउ गोल्ड अवार्ड मिलने पर प्रसन्नता ज़ाहिर की। उन्होंने कहा कि प्रदेश और केंद्र सरकार युवा प्रतिभाओं को प्रोत्साहन देने के लिए पूरी तरह उनके साथ है और ये सौभाग्य की बात है कि प्रदेश के युवा नाम रोशन कर रहे हैं। डॉ. श्यामाप्रसाद मुखर्जी की जयंती पर होंगे प्रदेशस्तरीय कार्यक्रम  रविवार को जनसंघ के संस्थापक डॉ. श्यामाप्रसाद मुखर्जी की जयंती है। मुख्यमंत्री ने बताया कि इस मौके पर राज्य सरकार दो बड़े आयोजन करने जा रही हैं। उन्होंने कहा कि डॉ श्यामाप्रसाद का सबसे महत्वपूर्ण योगदान जम्मू-कश्मीर के पूर्ण एकीकरण के लिए उनका संघर्ष था। वे एक देश, एक विधान, एक निशान के प्रबल समर्थक थे और उन्होंने धारा 370 के खिलाफ जम्मू-कश्मीर बचाओ आंदोलन शुरू किया, जो बेहद उल्लेखनीय है। उन्होंने डॉ. मुखर्जी को याद करते हुए उन्हें नमन किया और कहा कि आज भी उनकी शिक्षा प्रासंगिक हैं और सभी उससे प्रेरणा लेते हैं।