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कड़ाके की ठंड से कांपा राजस्थान, फसलों पर जमी बर्फ से किसान चिंतित

जयपुर राजस्थान में उत्तरी हवाओं के असर से सर्दी लगातार तेज होती जा रही है। बीकानेर, जयपुर और भरतपुर संभाग में तापमान में गिरावट दर्ज की गई, जबकि शेखावाटी क्षेत्र में पारा लुढ़ककर 3 डिग्री सेल्सियस तक पहुंच गया। सीकर और फतेहपुर में न्यूनतम तापमान 2.9 डिग्री सेल्सियस रहा, जो पहाड़ी क्षेत्र माउंट आबू (5°C) से भी कम है। मौसम केंद्र जयपुर ने गुरुवार को पश्चिमी विक्षोभ के प्रभाव से उदयपुर, जोधपुर और अजमेर संभाग में बादल छाने की संभावना जताई है। बुधवार सुबह उदयपुर में हल्का कोहरा रहा। पिछले 24 घंटों में प्रदेश का न्यूनतम तापमान फतेहपुर में 2.9°C रिकॉर्ड हुआ। सीकर में 4°C, नागौर 5.2°C, चूरू 5.6°C, करौली 7.1°C, झुंझुनूं 7.5°C, लूणकरणसर 4.5°C और अलवर 6.5°C दर्ज किया गया। माउंट आबू में न्यूनतम तापमान 5°C रहा। बर्फीली हवाओं के चलते दिन में भी शीतलहर का असर जारी है। धूप निकलने के बावजूद ठंड से राहत नहीं मिल रही। सभी शहरों में अधिकतम तापमान 30°C से नीचे रहा। बाड़मेर में सबसे अधिक तापमान 29.4°C दर्ज हुआ। मौसम में बदलाव की संभावना 27 नवंबर को जालोर, सिरोही, पाली, उदयपुर, राजसमंद, भीलवाड़ा और अजमेर में बादल छा सकते हैं तथा हल्की बारिश/बूंदाबांदी की आशंका है। 28 नवंबर को दौसा, जयपुर, टोंक, अजमेर, भीलवाड़ा, चित्तौड़गढ़, राजसमंद और उदयपुर जिलों में भी हल्की वर्षा की संभावना जताई गई है। शहर — अधिकतम / न्यूनतम     अजमेर — 24.4 / 11.4     भीलवाड़ा — 24 / 13.2     वनस्थली (टोंक) — 25.6 / 9.3     अलवर — 25.8 / 6.5     जयपुर — 25 / 11.6     पिलानी — 25.7 / 7     सीकर — 26.5 / 4     कोटा — 24.3 / 14.2     चित्तौड़गढ़ — 26.3 / 13.4     उदयपुर — 24.4 / 13.8     बाड़मेर — 29.4 / 14.9     जैसलमेर — 27.6 / 12.9     जोधपुर — 27.4 / 13.6     बीकानेर — 26.4 / 13.2     चूरू — 25.8 / 5.6     श्रीगंगानगर — 26.6 / 8.7     नागौर — 26.4 / 5.2     बारां — 25.4 / 13.2     हनुमानगढ़ — 25.2 / 10.8     जालौर — 28.1 / 13     फतेहपुर — 26.4 / 2.9     करौली — 24.2 / 7.1     दौसा — 25.7 / 6.5     प्रतापगढ़ — 26.1 / 16.8     झुंझुनूं — 25.5 / 7.2  

ग्वालियर-चंबल में बढ़ी ठंड, मध्यप्रदेश के कई शहरों में पारा 10 डिग्री से कम

भोपाल  मध्यप्रदेश में सर्द हवाओं ने फिलहाल अपना असर बनाए रखा है। ग्वालियर सहित प्रदेश के 7 शहरों में रात का पारा 10 डिग्री से नीचे दर्ज हो रहा है। खासतौर पर ग्वालियर-चंबल क्षेत्र में कड़ाके की ठंड महसूस की जा रही है। वहीं रतलाम, नरसिंहपुर, सिवनी, बैतूल और नर्मदापुरम जैसे इलाकों में रात का तापमान 15 से 19 डिग्री के बीच बना हुआ है। दिन के वक्त भी मौसम का दोहरा स्वरूप देखने को मिल रहा है। कुछ जिलों में हल्की धूप राहत दे रही है, जबकि कई जगह दिन भी ठंडे बने हुए हैं।  हालही में थोड़ी राहत के बाद मध्य प्रदेश में एक बार फिर ठंड ने तेवर दिखाना शुरू कर दिए हैं। पिछले 24 घंटों के दौरान प्रदेश के कई जिलों में रात के तापमान में तेजी से गिरावट दर्ज की गई है। मौजूदा समय में चंबल संभाग सबसे ठंडा क्षेत्र बन गया है। वहीं, मौसम विभाग आगामी दिनों में नया पश्चिमी विक्षोभ सक्रिय होने की संभावना जताते हए अगले एक-दो दिन के भीतर प्रदेशभर में एक बार फिर कड़ाके की ठंड का दौर शुरु होने का संभावना जता रहे हैं। मौसम केंद्र भोपाल के अनुसार, बुधवार रात को सबसे कम तापमान नौगांव में 7.8 डिग्री सेल्सियस दर्ज किया गया। इसके बाद रीवा में 8.9, ग्वालियर में 9.3, दतिया में 9.6, खजुराहो में 9.8 और सीधी में ठीक 10 डिग्री तापमान रहा। यानी प्रदेश के कुल 7 शहरों का न्यूनतम तापमान 10 डिग्री से नीचे चला गया। चंबल संभाग (ग्वालियर, दतिया, मुरैना, भिंड, श्योपुरकला) में सबसे ज्यादा ठंड पड़ रही है। वहीं, रतलाम, नरसिंहपुर, सिवनी, बैतूल और नर्मदापुरम में न्यूनतम तापमान 15 से 19 डिग्री के बीच रहा। अगले दो दिनों तक तापमान में  जारी रहेंगा उतार-चढ़ाव  मौसम वैज्ञानिकों का कहना है कि हवा के रुख में बदलाव और हल्के बादलों की मौजूदगी से ऐसी स्थिति बनी है। अगले दो दिनों तक तापमान में यही उतार-चढ़ाव जारी रहने की संभावना है, इसके बाद प्रदेश में फिर से कड़ाके की सर्दी दस्तक देगी। सीनियर मौसम वैज्ञानिक डॉ. दिव्या ई. सुरेंद्रन के अनुसार, देश के दक्षिणी हिस्से में सक्रिय निम्न दाब क्षेत्र (लो प्रेशर एरिया) के कारण मध्यप्रदेश में जगह-जगह बादल घिर रहे हैं। इससे दिन में ठंडक बढ़ी है और रात के पारे में भी अनियमित गिरावट- बढ़ोतरी देखने को मिल रही है। इस वजह से तेज ठंड नहीं मौसम विभाग के अनुसार, पहाड़ी राज्य- उत्तराखंड, हिमाचल प्रदेश और जम्मू-कश्मीर में बर्फबारी जरूर हो रही है, लेकिन विंड पैटर्न यानी, हवा की दिशा बदलने की वजह से उत्तरी हवाएं प्रदेश में नहीं आ रही है। दूसरी ओर, बंगाल की खाड़ी में एक लो प्रेशर एरिया एक्टिव है। जिसकी वजह से प्रदेश में हल्के बादल है। इससे दिन में ठंडक बढ़ गई है, जबकि रात के तापमान में 5 से 6 डिग्री की बढ़ोतरी देखने को मिल रही है। मंगलवार-बुधवार की बात करें तो भोपाल में 15.4 डिग्री, इंदौर में 15.1 डिग्री, ग्वालियर में 9.3 डिग्री, उज्जैन में 16.5 डिग्री और जबलपुर में तापमान 15.2 डिग्री सेल्सियस रहा। वहीं, छतरपुर के नौगांव में सबसे कम 7.8 डिग्री, मुरैना में 8.8 डिग्री, रीवा में 8.9 डिग्री, दतिया-चित्रकूट में 9.6 डिग्री, खजुराहो में 9.8 डिग्री और सीधी में तापमान 10 डिग्री दर्ज किया गया। इस बार नवंबर में रिकॉर्ड तोड़ चुकी ठंड मौसम विभाग की माने तो इस साल मध्यप्रदेश में नवंबर में ही ठंड ने रिकॉर्ड तोड़ दिए। भोपाल में 84 साल बाद सबसे ज्यादा ठंड रही तो इंदौर में 25 साल का रिकॉर्ड टूटा। लगातार 15 दिन तक प्रदेश में शीतलहर भी चली, लेकिन नवंबर के आखिरी सप्ताह में कड़ाके की ठंड से थोड़ी राहत मिल रही है। पहाड़ों में बर्फबारी जल्दी, इसलिए शीतलहर चली बता दें कि प्रदेश में 6 नवंबर से ही कड़ाके की ठंड का दौर शुरू हो गया था। आम तौर पर नवंबर के दूसरे पखवाड़े से तेज ठंड पड़ती है, लेकिन इस बार पहाड़ी राज्य- हिमाचल प्रदेश, उत्तराखंड और जम्मू-कश्मीर में समय से पहले बर्फबारी हो गई। इस वजह से बर्फीली हवाओं से एमपी भी कांप उठा। भोपाल में लगातार 15 दिन तक शीतलहर चली। रिकॉर्ड के अनुसार, साल 1931 के बाद शीतलहर के यह सबसे ज्यादा दिन है। दूसरी ओर, यहां रात का पारा 5.2 डिग्री तक पहुंच गया, जो ओवरऑल रिकॉर्ड भी रहा। क्यों नहीं बढ़ रही कड़ाके की ठंड? मौसम विभाग के मुताबिक, उत्तराखंड, हिमाचल और जम्मू-कश्मीर में बर्फबारी जारी है, लेकिन हवा की दिशा बार-बार बदलने से ठंडी उत्तरी हवाएं एमपी तक नहीं पहुंच रहीं। दूसरी ओर बंगाल की खाड़ी में सक्रिय लो प्रेशर सिस्टम हल्के बादलों को प्रदेश तक ला रहा है, जिसके कारण दिन में ठंड बढ़ने के साथ रात के तापमान में 5–6 डिग्री की बढ़ोतरी भी दर्ज की गई है। इन शहरों का तापमान बीते 24 घंटों में भोपाल 15.4 डिग्री, इंदौर 15.1 डिग्री, ग्वालियर 9.3 डिग्री, उज्जैन 16.5 डिग्री और जबलपुर 15.2 डिग्री सेल्सियस दर्ज हुआ। छतरपुर के नौगांव में न्यूनतम तापमान 7.8 डिग्री, मुरैना में 8.8 डिग्री, रीवा 8.9 डिग्री, दतिया-चित्रकूट 9.6 डिग्री, खजुराहो 9.8 डिग्री और सीधी 10 डिग्री रहा। नवंबर में ठंड ने तोड़े रिकॉर्ड इस साल नवंबर महीने में ठंड ने कई पुराने रिकॉर्ड पीछे छोड़ दिए। भोपाल में 84 साल बाद सबसे सर्द नवंबर दर्ज हुआ, वहीं इंदौर में 25 साल पुराना रिकॉर्ड टूटा। प्रदेश भर में लगातार 15 दिन तक शीतलहर चलती रही, हालांकि नवंबर के अंतिम सप्ताह में कड़ाके की ठंड से कुछ राहत मिली है। समय से पहले पहाड़ों में बर्फबारी का असर एमपी में 6 नवंबर से ही तेज ठंड का दौर शुरू हो गया था, जबकि आमतौर पर नवंबर के दूसरे हिस्से में सर्दी बढ़ती है। हिमाचल, उत्तराखंड और जम्मू-कश्मीर में सामान्य से पहले हुई बर्फबारी के कारण ठंडी हवाएं जल्दी ही मैदानी इलाकों में पहुंच गईं और प्रदेश कांप उठा।भोपाल में लगातार 15 दिन शीतलहर चलना 1931 के बाद सबसे लंबा क्रम रहा। रात का पारा यहां 5.2 डिग्री तक लुढ़क गया, जो अब तक का कुल रिकॉर्ड है।  सुबह कोहरा…इसलिए गाड़ी संभलकर चलाने की सलाह प्रदेश में ठंड का असर भले ही कम हुआ हो, लेकिन सुबह व रात में कोहरा छा रहा है। इसलिए एक्सपर्ट ने लोगों को सुरक्षित ड्राइविंग … Read more

उत्तर भारत में सर्दी ने पकड़ी रफ्तार, पंजाब-चंडीगढ़ के लिए IMD ने जारी की अहम रिपोर्ट

पंजाब  पंजाब और चंडीगढ़ में ठंड एक बार फिर तेज हो गई है। कई इलाकों में सुबह-शाम हल्की धुंध और सूखी हवा चलने से ठिठुरन बढ़ गई है। मौसम विभाग के अनुसार पिछले 24 घंटों में न्यूनतम तापमान 0.5°C गिरा है। फरीदकोट सबसे ठंडा जिला रहा, जहां तापमान 4°C दर्ज हुआ। विभाग के अनुसार नवंबर के आख़िर या दिसंबर की शुरुआत में पंजाब में बारिश होने की संभावना है। बारिश के बाद ठंड और बढ़ेगी, लेकिन हवा की गुणवत्ता में सुधार होगा। लोगों को स्वास्थ्य को लेकर खास सावधानी बरतने की सलाह दी गई है। आने वाले दिनों में मौसम कैसा रहेगा? – अगले 7 दिनों तक बारिश की कोई संभावना नहीं। – कुछ इलाकों में हल्की धुंध जारी रहेगी। – रात के तापमान में कोई बड़ा बदलाव नहीं आएगा। – दिल्ली–अंबाला और अंबाला–अमृतसर हाइवे पर मौसम साफ रहेगा। हवा की गुणवत्ता बुरी तरह बिगड़ी पंजाब के लगभग सभी शहरों में AQI 100 से ऊपर दर्ज हुआ है। रूड़की को छोड़ बाकी सभी शहर प्रदूषण की मार झेल रहे हैं। अमृतसर: 196 बठिंडा: 159 जालंधर: 133 खन्ना: 142 लुधियाना: 122 मंडी गोबिंदगढ़: 213 (सबसे प्रदूषित) चंडीगढ़ सेक्टर 22: 155

न्यूनतम तापमान में बढ़ोतरी, आबू में पारा 1 डिग्री दर्ज

जयपुर उत्तर भारत से चल रही सर्द हवाओं का असर अब राजस्थान में धीरे-धीरे कम हो रहा है। इसके चलते सीकर, चूरू, झुंझुनूं और माउंट आबू सहित कई शहरों में न्यूनतम तापमान में बढ़ोतरी दर्ज की गई। हिल स्टेशन माउंट आबू में गुरुवार को तापमान जमाव बिंदु से ऊपर दर्ज हुआ। मौसम केन्द्र जयपुर ने अगले दो सप्ताह का पूर्वानुमान जारी किया है, जिसके अनुसार प्रदेश में मौसम शुष्क रहेगा, आसमान साफ रहेगा और तापमान में बड़े बदलाव की संभावना नहीं है। गुरुवार को माउंट आबू में न्यूनतम तापमान 1 डिग्री सेल्सियस दर्ज हुआ। नागौर में 6.2, फतेहपुर में 6.1, सिरोही में 7.2, सीकर में 7.5, अलवर में 9.5, उदयपुर में 9.2, चित्तौड़गढ़ और चूरू में 9, बारां व करौली में 9.9, जालोर में 8, जयपुर में 12.3, अजमेर में 10.8, वनस्थली (टोंक) में 10.3, बाड़मेर व जैसलमेर में 13.8, जोधपुर में 10.9, बीकानेर में 12.8 और गंगानगर में 11.7°C दर्ज किया गया। सीकर जिले के ग्रामीण क्षेत्रों में भी ठंडी हवाओं से राहत महसूस की गई। अधिकतम तापमान में उतार-चढ़ाव सर्द हवाओं के कमजोर होने से कई जिलों में अधिकतम तापमान में हल्की बढ़ोतरी हुई। चित्तौड़गढ़, कोटा, अलवर और जालोर में दिन का तापमान करीब 1 डिग्री बढ़ा, जबकि शेखावाटी क्षेत्र में गिरावट रही।सबसे ज्यादा अधिकतम तापमान बाड़मेर में 32.5°C रिकॉर्ड किया गया। जैसलमेर और बीकानेर में 31.2, जोधपुर में 31, फलोदी में 29.2, जालौर में 30.2, नागौर में 29.7, चूरू और चित्तौड़गढ़ में 29.4, अलवर में 28.8 और जयपुर में 27.5°C दर्ज हुआ। सिरोही 23.6°C के साथ सबसे ठंडा रहा। अगले दो सप्ताह मौसम रहेगा शुष्क मौसम विभाग के अनुसार राज्य में 4 दिसंबर तक दिन का तापमान सामान्य के आसपास रहने की उम्मीद है, जबकि रात का तापमान सामान्य से 2–3 डिग्री कम रह सकता है। पूरे प्रदेश में अगले दो हफ्तों तक आसमान साफ रहेगा और दिन के समय तेज धूप मिलेगी।  

कड़कड़ाती ठंड ने बढ़ाई सिहरन: राजस्थान में तापमान में तेज गिरावट

जयपुर राजस्थान में बर्फीली हवा का असर लगातार बना हुआ है। बुधवार को भी माउंट आबू का तापमान शून्य डिग्री सेल्सियस पर दर्ज किया गया, जहां रातभर पड़ी ओस जमकर बर्फ में बदल गई। हालांकि सुबह के बाद खिली धूप ने लोगों को कुछ राहत दी, लेकिन पहाड़ी इलाकों में ठिठुरन अब भी बरकरार है। माउंट आबू के अलावा फतेहपुर, नागौर, सीकर और दौसा समेत कई जिलों में भी ठंड का असर तेज रहा। मौसम विभाग ने संकेत दिए हैं कि राज्य में अगले कुछ दिनों तक मौसम शुष्क रहेगा और तापमान में कोई बड़ा बदलाव नहीं देखने को मिलेगा। हालांकि शीतलहर में कमी से जनजीवन में थोड़ी राहत बनी रहेगी। पिछले 24 घंटों के आंकड़ों पर नजर डालें तो माउंट आबू के बाद सबसे ठंडा शहर सीकर रहा, जहां न्यूनतम तापमान 5.5 डिग्री सेल्सियस दर्ज हुआ। नागौर में पारा 5.9 डिग्री, फतेहपुर में 6.9 डिग्री और दौसा में 6.7 डिग्री सेल्सियस पर पहुंच गया। जालौर में 7 डिग्री, सिरोही में 7.4 डिग्री, बारां में 7.8 डिग्री और करौली में 8.7 डिग्री तापमान दर्ज किया गया। वहीं चूरू और चित्तौड़गढ़ का तापमान 8.2 डिग्री रहा। पिलानी, वनस्थली, भीलवाड़ा, उदयपुर, अजमेर और कोटा के तापमान में भी मामूली गिरावट देखने को मिली, जबकि जयपुर का न्यूनतम तापमान 11.8 डिग्री सेल्सियस रिकॉर्ड किया गया। दिन के तापमान में हल्की बढ़ोतरी प्रदेश में दिन के अधिकतम तापमान में मामूली बढ़ोतरी हुई है जिससे दिन के वक्त लोगों को शीत लहर से राहत है। फतेहपुर में अधिकतम तापमान बढ़कर 31 डिग्री सेल्सियस पर पहुंच गया, जबकि सीकर में 29 डिग्री और पिलानी में 29.5 डिग्री सेल्सियस दर्ज हुआ। जोधपुर का अधिकतम तापमान 30.4 डिग्री, फलोदी में 30 डिग्री, बीकानेर में 30.6 डिग्री, जैसलमेर में 31.5 डिग्री और बाड़मेर में 32.1 डिग्री सेल्सियस रिकॉर्ड किया गया। मौसम केंद्र जयपुर के निदेशक राधेश्याम शर्मा ने बताया कि राज्य के दक्षिणी क्षेत्रों में पूर्वी हवाओं का प्रभाव बढ़ रहा है। इन हवाओं के चलते अगले कुछ दिनों में न्यूनतम तापमान में 1 से 2 डिग्री सेल्सियस की बढ़ोतरी की संभावना है। इसका सीधा असर उदयपुर और कोटा संभाग के जिलों पर पड़ेगा, जहां सर्दी में हल्की कमी आने की उम्मीद है।

सर्दी ने पकड़ा जोर: मध्य प्रदेश के आधे प्रदेश में कोल्ड वेव, स्कूलों का समय बदला

भोपाल  प्रदेश में उत्तर से आती ठंडी हवाओं ने सर्दी का असर तेज कर दिया है। भोपाल और इंदौर समेत कई शहरों में तापमान सीजन के न्यूनतम स्तर पर पहुंच गया है। भोपाल में नवंबर की अब तक की सबसे ठंडी रात दर्ज की गई। मौसम विभाग ने अगले दो दिनों के लिए प्रदेश के बड़े हिस्से में शीतलहर का अलर्ट जारी किया है। मौसम विभाग के अनुसार, भोपाल, इंदौर और राजगढ़ में मंगलवार को तीव्र शीतलहर की स्थिति रहेगी। इसके अलावा धार, बड़वानी, खरगोन, खंडवा, हरदा, बैतूल, देवास, सीहोर, शाजापुर, विदिशा, रायसेन, सागर, शिवपुरी, निवाड़ी, टीकमगढ़, छतरपुर, सतना, पन्ना, दमोह, जबलपुर, कटनी, मैहर और शहडोल में शीतलहर की चेतावनी प्रभावी है।  भोपाल, इंदौर और राजगढ़ में मंगलवार को सीवियर कोल्ड वेव यानी तीव्र शीतलहर का अलर्ट है। वहीं, धार, बड़वानी, खरगोन, खंडवा, हरदा, बैतूल, देवास, सीहोर, शाजापुर, विदिशा, रायसेन, सागर, शिवपुरी, निवाड़ी, टीकमगढ़, छतरपुर, सतना, पन्ना, दमोह, जबलपुर, कटनी, मैहर और शहडोल में शीतलहर की चेतावनी जारी की गई है। इंदौर में कलेक्टर शिवम वर्मा ने 18 नवंबर से स्कूलों की टाइमिंग सुबह 9 बजे से करने के आदेश जारी किए हैं। भोपाल में भी जिला शिक्षा अधिकारी ने सभी स्कूलों में नर्सरी से लेकर 8वीं तक की कक्षा सुबह 8:30 बजे से पहले नहीं लगाने के निर्देश दिए हैं। ग्वालियर, देवास, झाबुआ, छिंदवाड़ा, सागर, शहडोल और खंडवा में भी स्कूल लगने के समय में बढ़ोतरी की जा चुकी है। वहीं, जबलपुर-उज्जैन समेत अन्य जिलों में बच्चों को राहत नहीं मिल पाई है। भोपाल में 84 साल का रिकॉर्ड टूटा सीनियर मौसम वैज्ञानिक डॉ. दिव्या ई. सुरेंद्रन ने बताया कि भोपाल में नवंबर का रात का तापमान ब्रेक हो गया है। रविवार-सोमवार की रात में पारा 5.2 डिग्री सेल्सियस रहा था। इससे पहले साल 1941 में 6.1 डिग्री तापमान रहा था। वर्तमान में प्रदेश में मौसम साफ है। इस वजह से उत्तरी हवाओं का असर ज्यादा बना रहेगा। 22 नवंबर से देश के दक्षिण-पूर्वी खाड़ी में एक लो प्रेशर एरिया (निम्न दबाव का क्षेत्र) एक्टिव हो रहा है। इससे पहले प्रदेश में अगले 2 दिन तक शीतलहर का अलर्ट है। राजगढ़ सबसे ठंडा, पारा 5.8 डिग्री सोमवार-मंगलवार की रात राजगढ़ सबसे ठंडा रहा। यहां पारा 5.6 डिग्री सेल्सियस दर्ज किया गया। पचमढ़ी में तापमान 6.4 डिग्री रहा। उमरिया में 7.6 डिग्री, नौगांव में 7.8 डिग्री, शिवपुरी में 8 डिग्री, बैतूल में 8.7 डिग्री, धार में 8.8 डिग्री, मलाजखंड में 8.9 डिग्री, खंडवा में 9.4 डिग्री, छिंदवाड़ा में 9.5 डिग्री, खरगोन-मंडला में 9.6 डिग्री तापमान दर्ज किया गया। बड़े शहरों की बात करें तो भोपाल में पारे में 3 डिग्री सेल्सियस की बढ़ोतरी दर्ज की गई है। रविवार-सोमवार की रात यहां तापमान रिकॉर्ड 5.2 डिग्री सेल्सियस था। इससे नवंबर की सर्दी का 84 साल का रिकॉर्ड ब्रेक हो गया था। इसके बाद तापमान 8.2 डिग्री पर आ गया। इंदौर में 7.7 डिग्री, ग्वालियर में 10.5 डिग्री, उज्जैन में 11 डिग्री और जबलपुर में पारा 9 डिग्री सेल्सियस दर्ज किया गया।

झारखंड में बढ़ी सर्दी: 11 जिलों में शीतलहर की चेतावनी, तापमान में गिरावट

रांची हिमालयी राज्यों में जारी बफर्बारी का सीधा असर अब झारखंड के मौसम पर दिखने लगा है। इस बार दिसंबर में महसूस होने वाली कड़ाके की ठंड नवंबर की शुरुआत से ही दस्तक दे चुकी है। कई जिलों में न्यूनतम तापमान 10 डिग्री सेल्सियस से नीचे पहुंच गया है। मैक्लुस्कीगंज में बीते रविवार को पारा गिरकर 6 डिग्री तक पहुंच गया, जो इस सीजन का सबसे न्यूनतम तापमान है। राजधानी रांची और आसपास के इलाकों में भी सुबह-शाम ठिठुरन काफी बढ़ गई है। ग्रामीण क्षेत्रों में घना कोहरा छाया है, जिससे आवागमन में परेशानी हो रही है। मौसम विभाग ने राज्य के 11 जिलों-गढ़वा, पलामू, चतरा, हजारीबाग, रामगढ़, रांची, खूंटी, सिमडेगा, गुमला, लोहरदगा और लातेहार के लिए शीतलहर की चेतावनी जारी की है। इन जिलों में अगले 24 घंटों तक यलो अलर्ट प्रभावी रहेगा। घने कोहरे और तेज ठंडी हवा का सबसे अधिक असर बच्चों, बुजुर्गों और सुबह-शाम बाहर रहने वाले लोगों पर पड़ रहा है। डॉक्टरों का कहना है कि अचानक तापमान गिरने से सर्दी, खांसी, सांस की दिक्कत और ब्रेन स्ट्रोक के मामले बढ़ रहे हैं। सदर अस्पताल में ब्रेन स्ट्रोक मरीजों की संख्या 30 प्रतिशत बढ़ गई है। रिम्स में रोज छह से सात मरीज पहुंच रहे हैं। मौसम वैज्ञानिक अभिषेक आनंद के अनुसार, 18 नवंबर से न्यूनतम तापमान में तीन डिग्री तक बढ़ोतरी हो सकती है, जिससे हल्की राहत मिलने की संभावना है। उन्होंने बताया कि हिमालय में जारी बफर्बारी आगे भी झारखंड के मौसम को प्रभावित करेगी। अगले 3-4 दिनों तक हल्की राहत के बाद तापमान फिर से गिर सकता है। लोगों को ठंड से बचाव के आवश्यक उपाय अपनाने की सलाह दी गई है।  

तेज शीतलहर का कहर: झारखंड में ठंड से जनजीवन प्रभावित

रांची झारखंड के कई जिलों में पहाड़ों से आने वाली उत्तर वेग वाली ठंडी हवाओं ने मौसम को अचानक से और ज्यादा ठंडा कर दिया है। रांची के मैक्लुस्कीगंज में पारा 6 डिग्री सेल्सियस तक गिर गया है, जो इस मौसम का सबसे न्यूनतम तापमान माना जा रहा है। गुमला में भी न्यूनतम तापमान 6.2 डिग्री दर्ज किया गया है। पिछले 24 घंटों के दौरान राज्य के कई जिलों में तापमान में लगभग 7 डिग्री तक गिरावट आई है जिससे गरीब, बुजुर्ग व बच्चे खासकर सचेत रहने की जरूरत है। मौसम विभाग ने रांची, रामगढ़, बोकारो, गढ़वा, पलामू, चतरा, हजारीबाग, लातेहार, लोहरदगा, गुमला, खूंटी और सिमडेगा जिलों में शीतलहर की संभावना को देखते हुए यलो अलर्ट जारी किया है। विभाग ने चेताया है कि इन इलाकों में सुबह और रात के समय ठंड और अधिक कड़क रहेगी, जबकि दिन के दौरान मौसम में हल्की धूप के कारण शुष्क हालात रहेंगे। रांची का न्यूनतम तापमान 11 डिग्री से गिरकर करीब 9 डिग्री के आसपास रहने की संभावना है। राज्य के अन्य जिलों में डालटनगंज 9.1 डिग्री, बोकारो 9.6 डिग्री, हजारीबाग 9.3 डिग्री, लोहरदगा 8.6 डिग्री, खूंटी 7.7 डिग्री और सिमडेगा 8 डिग्री तक तापमान पहुंच गया है। पूरे राज्य में ठंडी हवा की रफ्तार बनी रहेगी मौसम विभाग के अनुसार बोकारो में 7 डिग्री, गुमला में 6.2 डिग्री, डालटनगंज में 6 डिग्री और जमशेदपुर में 4 डिग्री की गिरावट दर्ज की गई है। डॉक्टर ने लोगों से विशेष रूप से बच्चों, बुजुर्गों और रोगग्रस्तों को ठंड से बचाव के लिए गर्म कपड़े पहनने और सुबह-शाम बाहर निकलते समय सावधानी बरतने के निर्देश दिए हैं। तेज ठंड से स्वास्थ्य प्रभावित हो सकता है इसलिए अलाव या हीटर का इस्तेमाल करने और पौष्टिक आहार लेने की सलाह दी गई है। मौसम विभाग ने अलर्ट जारी करते हुए अगले 24 घंटों में ठंड के और बढ़ने की संभावना जताई है। पूरे राज्य में ठंडी हवा की रफ्तार बनी रहेगी, जिससे ठंड का कड़ापन और बढ़ जाएगा। ऐसे में लोगों से आग्रह है कि वह ठंड से बचाव के लिए उचित तैयारी रखें।  

ठंड का प्रकोप तेज़: कई राज्यों में अगले 48 घंटे शीतलहर की चेतावनी

नई दिल्ली देश में मौसम का तेजी से बदलता मिजाज परेशानी बढ़ा रहा है। उत्तर और मध्य भारत शीतलहर, कोहरे और गिरते पारे की चपेट में हैं, जबकि दक्षिण भारत में पूर्वोत्तर मानसून के असर से भारी बारिश की संभावना जताई गई है। इससे स्वास्थ्य, खेती, यातायात और बिजली आपूर्ति पर व्यापक प्रभाव पड़ सकता है। मौसम विभाग के ताजा पूर्वानुमान के अनुसार उत्तर और मध्य भारत में ठंड का प्रकोप तेजी से बढ़ रहा है। 16 और 17 नवंबर को शीतलहर की स्थिति सबसे अधिक दिखने की संभावना है। मध्य प्रदेश, छत्तीसगढ़, झारखंड, उत्तर प्रदेश और पूर्वी राजस्थान में न्यूनतम तापमान में तेज गिरावट दर्ज की जाएगी, जिससे सुबह और रात के समय सर्दी का असर बेहद तीखा रहेगा। उत्तराखंड के पहाड़ी इलाकों में पाला पड़ने से ठिठुरन काफी बढ़ गई है। तड़के कड़क सर्दी, दोपहर में हल्की धूप और शाम ढलते ही फिर से बढ़ती ठंड के साथ मौसम तेजी से अपना रंग बदल रहा है। अधिक ऊंचाई वाले क्षेत्रों में तापमान 5 डिग्री सेल्सियस से नीचे लुढ़क गया है। तापमान में उतार-चढ़ाव की वजह से लोगों में सर्दी-जुकाम और अन्य स्वास्थ्य समस्याएं बढ़नी शुरू हो गई हैं। हिमाचल प्रदेश-जम्मू-कश्मीर में तापमान शून्य से नीचे हिमाचल प्रदेश और जम्मू-कश्मीर में भी ठंड ने रिकॉर्ड स्तर छू लिए हैं। ताबो का तापमान माइनस 5.3, कुकुमसेरी माइनस 4.1, केलांग माइनस 3.6 और कल्पा 0.4 डिग्री सेल्सियस दर्ज किया गया है। मौसम विभाग का अनुमान है कि आने वाले दिनों में मौसम साफ रहेगा, हालांकि रात के समय ठंड और तेजी पकड़ सकती है। इसके विपरीत ऊना में कल 28.2 डिग्री सेल्सियस के साथ सबसे अधिक तापमान दर्ज किया गया। कोहरा और दृश्यता में कमी का खतरा अगले 5 दिनों तक उत्तर प्रदेश, बिहार, पंजाब, पश्चिम मध्य प्रदेश और पूर्वोत्तर भारत के कई हिस्सों में हल्के से मध्यम कोहरा छाने की संभावना है। कई इलाकों में सुबह के समय दृश्यता 500 मीटर तक सीमित हो गई है। विशेषज्ञों ने सड़क और रेल यातायात के दौरान गति नियंत्रित रखने, हेडलाइट-फॉग लाइट का उपयोग करने और अतिरिक्त सावधानी बरतने की सलाह दी है ताकि दुर्घटनाओं के जोखिम कम हों। दक्षिण भारत: भारी बारिश का अलर्ट जारी दक्षिण भारत में पूर्वोत्तर मानसून सक्रिय है और बारिश का दौर जारी है। श्रीलंका के दक्षिणी क्षेत्र और दक्षिण-पश्चिम बंगाल की खाड़ी पर बना ऊपरी हवाओं का चक्रवाती प्रसार तथा बांग्लादेश के आसपास मौजूद दूसरा चक्रवात नमी के परिवहन को बढ़ा रहे हैं, जिसके कारण भारी बारिश की परिस्थितियां बन रही हैं। आगामी दिनों में तमिलनाडु, केरल और द्वीप समूहों में भारी बारिश की आशंका है, जबकि तटीय आंध्र प्रदेश, तटीय कर्नाटक और दक्षिण आंतरिक कर्नाटक में हल्की से मध्यम बारिश देखी जा सकती है।

राजस्थान में शीतलहर का असर गहरा, सीकर में येलो अलर्ट घोषित

जयपुर उत्तर भारत से लगातार आ रही बर्फीली हवाओं ने राजस्थान में सर्दी का असर बनाए रखा है। मौसम विभाग ने रविवार को सीकर जिले में कोल्ड-वेव का येलो अलर्ट जारी किया है। वहीं जयपुर और अजमेर संभाग के जिलों में सुबह-शाम शीतलहर की स्थिति बनी हुई है। अधिकांश जिलों में न्यूनतम तापमान 10 डिग्री सेल्सियस से नीचे रिकॉर्ड किया जा रहा है। शनिवार को राज्य के 13 शहरों में तापमान सिंगल डिजिट में दर्ज हुआ। मौसम केंद्र जयपुर के अनुसार आगामी दिनों में भी प्रदेश में सुबह-शाम तेज सर्दी और हल्की शीतलहर का असर रहने की संभावना है। पिछले 24 घंटे में तापमान सीकर फतेहपुर में 5°C और सीकर में 5.4°C तापमान दर्ज हुआ। सीकर, अजमेर और टोंक में सुबह-शाम शीतलहर का प्रभाव देखा गया। नागौर में न्यूनतम तापमान 6.1°C, चूरू 7.9°C, पिलानी 8.5°C, अलवर 8.4°C, वनस्थली (टोंक) 8.6°C, भीलवाड़ा 9.4°C, दौसा 6.9°C और झुंझुनूं 8.6°C रिकॉर्ड हुआ। अजमेर में 10°C, उदयपुर और जोधपुर 10.2°C, जयपुर 12.4°C, कोटा 13.1°C, बाड़मेर 15.4°C, जैसलमेर 12.6°C, बीकानेर 13.6°C, गंगानगर 10.7°C, डूंगरपुर 12.9°C और हनुमानगढ़ में 12.2°C तापमान दर्ज किया गया। दिन में भी बढ़ी ठंड, अधिकतम तापमान में गिरावट राज्य में दिन के तापमान में भी मामूली गिरावट दर्ज हुई है। शनिवार को अधिकतम तापमान 1 डिग्री तक गिरा। बाड़मेर 32.4°C के साथ सबसे गर्म शहर रहा। जैसलमेर में 30.9°C, फलौदी 30°C, बीकानेर 31.3°C, अजमेर 27.8°C, जयपुर 28.4°C, सीकर 27.5°C और कोटा में 27.8°C दर्ज हुआ। उदयपुर शनिवार को सबसे ठंडा रहा, जहां दिन का अधिकतम तापमान 25.6°C तक रहा। रविवार को सीकर में अलर्ट मौसम विभाग ने रविवार को सीकर में कोल्ड-वेव का येलो अलर्ट जारी किया है। जयपुर और अजमेर संभाग के कुछ इलाकों में भी हल्की शीतलहर का असर रहेगा। हालांकि तापमान में किसी बड़े बदलाव की संभावना नहीं है और सर्दी इसी तरह बनी रहेगी।