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मुख्यमंत्री डॉ. यादव की घोषणा: हर नगरीय निकाय में बनेगा गीता भवन, भव्य रूप से मनाई जाएगी गीता जयंती

सभी नगरीय निकायों में गीता भवन बनेंगे- श्रद्धा और भक्ति से मनाई जायेगी गीता जयंती : मुख्यमंत्री डॉ. यादव मुख्यमंत्री नंदा नगर में आयोजित कथा में शामिल हुएव्यास पीठ की पूजा और आरती की प्रधानमंत्री  मोदी के कार्यकाल में देश में बह रही है सांस्कृतिक धारा   इंदौर  मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव ने कहा कि प्रदेश के सभी नगरीय निकायों में गीता भवन बनाये जायेंगे। सभी पर्व हर्षोल्लास के साथ मनाये जायेंगे। आगामी दिनों में गीता जयंती भी श्रद्धा और भक्ति के साथ मनाई जायेगी। बीते दिनों राज्य शासन ने विजया दशमी पर उत्साह के साथ शस्त्र पूजन के कार्यक्रम किये दीपोत्सव में गोवर्धन पूजा के कार्यक्रम हर्षोल्लास के साथ मनाए गये। इस उत्सव को गौ-संवर्धन के रूप में मनाया। राज्य शासन गौ-पालन को बढ़ावा देने के लिये हर स्तर पर कार्य कर रही है। गौ-शालाओं का बढ़ावा देने के साथ उसे संरक्षण भी दे रही है। गायों को खुराक के लिये दिये जाने वाली राशि बढ़ाकर दुगुनी कर दी है। मुख्यमंत्री डॉ. यादव सोमवार को नंदा नगर स्थित गणेश परिसर में मलूक पीठाधीश स्वामी राजेन्द्र दास देवाचार्य महाराज की कथा के अवसर पर अपना सम्बोधन दे रहे थे। मुख्यमंत्री डॉ. यादव ने कहा कि प्रधानमंत्री  नरेन्द्र मोदी के शासन में देश में एक ऐसी सांस्कृतिक धारा बह रही है। जिसके कारण चारों और उत्साह का वातावरण है। साधु-संतों का सम्मान हो रहा है। धार्मिक स्थानों पर श्रद्धालुओ की संख्या बढ़ रही है।  विदेश के राष्ट्रपति या प्रधानमंत्री भारत में आते हैं, तो हमारे प्रधानमंत्री  नरेन्द्र मोदी उन्हें हमारे मंदिरों का भ्रमण कराते है और उन्हें गीता और रामायण जैसे ग्रंथ भेंट करते हैं। उज्जैन में महाकाल लोक बनने के बाद उज्जैन की काया ही बदल गई है। अब वहाँ रिकार्ड तोड संख्या में  श्रद्धालु आ रहे हैं। सम्राट विक्रमादित्य की गौरव गाथाओं का गुणगान महानाट्य विक्रमादित्य के माध्यम से किया जा रहा है। इसका मंचन राजधानी दिल्ली के अलावा अन्य स्थानों पर भी हो चुका है। पहले कैलेण्डर में शक संवत होता था अब उसे विक्रम संवत कर दिया गया है। प्रधानमंत्री  मोदी के दृढ़ संकल्पों से काशी विश्वनाथ में सुंदर कॉरिडोर बन गया है। अयोध्या में भगवान राम का भव्य मंदिर बन चुका है। मर्यादा पुरूषोत्तम भगवान राम के पथ जहां-जहां पड़े वहाँ राम पथ बनाया गया है। चित्रकूट धाम का भी जीर्णोद्धार किया जायेगा। जहां-जहां योगेश्वर कृष्ण की लीलाएं हुई हैं, वहां भी तीर्थ स्थान बनाएं जायेंगे।  जानापाव में भगवान परशुराम की जन्म स्थली का भी विकास किया गया है। ऐसे और भी धार्मिक और सांस्कृतिक स्थलों का विकास किया जा रहा है। मुख्यमंत्री डॉ. यादव ने कहा कि संतों के द्वारा कही गई  कथा से हम सबको अच्छे संस्कार मिलते हैं। हमारे जीवन में नयी ऊर्जा का संचार होता है। जहां सामान्य मनुष्य की सोच समाप्त होती है, वहाँ से संतों के सोचने की शुरूआत होती है। उन्होंने कहा कि  मानव शरीर परमात्मा की सुंदर रचना है और इसके रोम-रोम में परमात्मा है। इस शरीर में सारी शक्तियां समाहित है। इसकी अनुभूति हमें संत कराते हैं। संतों के पास बैठने से हमारा जीवन मंगलमय होता है। मुख्यमंत्री डॉ. यादव ने व्यास पीठ का पूजन किया और आरती में शामिल हुए। मुख्यमंत्री एवं जनप्रतिनिधियों ने मलूक पीठाधीश स्वामी राजेन्द्र दास देवाचार्य महराज  स्वागत किया। नगरीय विकास एवं आवास मंत्री  कैलाश विजयवर्गीय ने कहा कि यह आयोजन विधायक  रमेश मेंदोला के माता-पिता की स्मृति में किया जा रहा है। इस तरह के आयोजन लगातार होना चाहिए। इस मौके पर जल संसाधन मंत्री  तुलसीराम सिलावट, महापौर  पुष्यमित्र भार्गव, विधायक  मधु वर्मा,  रमेश मेंदोला,  सुमित मिश्रा तथा  श्रवण सिंह चावड़ा, डॉ. निशांत खरे, संभागायुक्त डॉ. सुदाम खाड़े, पुलिस कमिश्नर  संतोष कुमार सिंह, कलेक्टर  शिवम वर्मा, नगर निगम आयुक्त  दिलीप कुमार यादव आदि मौजूद थे।  

डॉ. यादव का दावा: प्रदेश में बढ़ रही है सामाजिक समरसता और सद्भावना

डॉ. यादव का दावा: प्रदेश में बढ़ रही है सामाजिक समरसता और सद्भावना सरकार के प्रयासों से प्रदेश में बन रहा है सामाजिक सौहार्द का माहौल: मुख्यमंत्री भोपाल मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव की विशेष उपस्थिति में सोमवार को इंदौर में विधानसभा क्षेत्र क्रमांक 5 का सामाजिक समरसता सम्मेलन आयोजित किया गया।मुख्यमंत्री डॉ. यादव ने कहा कि पूर्व प्रधानमंत्री स्व. अटल बिहारी वाजपेयी के नेतृत्व में जो विकास एवं सामाजिक समरसता का सिलसिला प्रारंभ हुआ था, वह वर्तमान प्रधानमंत्री  नरेन्द्र मोदी के नेतृत्व में निरंतर जारी है। उन्होंने कहा कि डॉ. बाबा साहेब भीमराव अंबेडकर का सामाजिक समरसता के क्षेत्र में योगदान अमूल्य है। उनके बताए मार्गों पर चलकर प्रदेश में सामाजिक एकता और समानता का नया वातावरण स्थापित किया जा रहा है। कार्यक्रम में नगरीय विकास एवं आवास मंत्री  कैलाश विजयवर्गीय, जल संसाधन मंत्री  तुलसीराम सिलावट, विधायक  महेंद्र हार्डिया,  गोलू शुक्ला, डॉ. निशांत खरे,  सुमित मिश्रा, संभागायुक्त डॉ. सुदाम खाड़े, पुलिस कमिश्नर  संतोष कुमार सिंह, कलेक्टर  शिवम वर्मा और नगर निगम आयुक्त  दिलीप कुमार यादव सहित अन्य जनप्रतिनिधि एवं अधिकारी उपस्थित रहे। महापौर  पुष्यमित्र भार्गव ने कहा कि इंदौर में विकास का नया अध्याय लिखा जा रहा है। शहर में ड्रेनेज, जलप्रदाय लाइन और सड़कों का तेज़ी से विस्तार किया जा रहा है। उन्होंने बताया कि मुख्यमंत्री डॉ. यादव द्वारा आज 600 करोड़ रुपये लागत के विकास कार्यों का भूमि पूजन एवं लोकार्पण किया गया है। विधायक  महेंद्र हार्डिया ने कहा कि विधानसभा क्षेत्र क्रमांक 5 सामाजिक समरसता का उत्कृष्ट उदाहरण है, जहां हर समाज और वर्ग के लोग मिलकर विकास में भागीदार बन रहे हैं। कार्यक्रम को  सुमित मिश्रा ने भी संबोधित किया। इस अवसर पर जनप्रतिनिधि, विभिन्न समाज के वरिष्ठ जन और अन्य गणमान्य नागरिक मौजूद थे। 

मुख्यमंत्री डॉ. यादव इंदौर में पूर्वोत्तर सांस्कृतिक संस्थान द्वारा आयोजित छठ महोत्सव में हुए शामिल

अपनों के सुख समृद्धि के लिए कष्ट सहते हुए आनंद के साथ व्रत रखने वाली माता-बहनों को मेरा नमन : मुख्यमंत्री डॉ. यादव मुख्यमंत्री डॉ. यादव इंदौर में पूर्वोत्तर सांस्कृतिक संस्थान द्वारा आयोजित छठ महोत्सव में हुए शामिल मुख्यमंत्री ने जलाभिषेक कर किया छठ पूजन मुख्यमंत्री डॉ. यादव ने प्रदेशवासियों को दी छठ पर्व की शुभकामनाएं इंदौर  मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव ने कहा कि छठ पूजा में सूर्य उपासना, परिवार के स्वास्थ्य और जीवन के दीर्घायु के संकल्प का प्रतीक है। त्रेता युग से भगवान राम  की लम्बी आयु की कामना से यह छठ पूजा आरम्भ हुई। माताएं-बहनें अपनी आस्था एवं संस्कारों के साथ इस पर्व को मनाती हैं। हमारी मातृशक्ति अपने परिवार के कष्टों को दूर करने और सुख समृद्धि के लिए आनंद के साथ जीवन के कष्टों को सहन करते हुए यह व्रत रखती हैं। मैं इन माता-बहनों को नमन करता हूं। मुख्यमंत्री डॉ. यादव इंदौर के मन कामनेश्वर महादेव उद्यान में पूर्वोत्तर सांस्कृतिक संस्थान द्वारा आयोजित छठ महोत्सव में शामिल हुए। इस अवसर पर उन्होंने जलाभिषेक कर छठ पूजन किया। छठ महोत्सव में एक साथ बड़ी संख्या में माताओं-बहनों ने जलकुंड में उतरकर छठ पूजन किया। मुख्यमंत्री डॉ. यादव ने उपस्थित सभी माता-बहनों, नागरिकों के साथ ही प्रदेशवासियों को छठ पूजन की हार्दिक शुभकामनाएं दीं। छठ महापर्व सूर्य उपासना के साथ समाज में मातृशक्ति की भक्ति और शक्ति का प्रतीक  मुख्यमंत्री डॉ. यादव ने कहा कि छठ पर्व सामाजिक एकता, आस्था और लोक परंपरा का अद्वितीय संगम है। छठ पूजा विशेष रूप से बिहार एवं पूर्वांचल क्षेत्र के लिए यह प्रमुख पर्व है। बिहार से मालवांचल का संबंध लगभग एक हजार साल पुराना है और हमारे रिश्ते लगातार मजबूत हो रहे हैं। अब यह पर्व पूरे देश में श्रद्धा एवं उत्साह के साथ मनाया जाने लगा है। इंदौर में ही आज लगभग 200 से ज्यादा स्थानों पर छठ पूजन के कार्यक्रम हो रहे हैं। छठ पर्व हमारी सांस्कृतिक विविधता और एक भारत-श्रेष्ठ भारत की भावना को और मजबूत करता है। उन्होंने कहा कि छठ पर्व आस्था, संयम और प्रकृति के प्रति कृतज्ञता का प्रतीक है। यह पर्व समाज में सामूहिकता, अनुशासन और सांस्कृतिक एकता का संदेश देता है। उन्होंने कहा कि मध्यप्रदेश सरकार सभी धार्मिक और  सांस्कृतिक आयोजनों के सम्मान और संरक्षण के लिए प्रतिबद्ध है। छठ महापर्व सूर्य उपासना के साथ समाज में मातृशक्ति की भक्ति और शक्ति का भी प्रतीक है। माता-बहनों की आस्था और सुविधा के लिये प्रदेश में एक नहीं हजार कुण्ड बनाएंगे नगरीय विकास एवं आवास मंत्री  कैलाश विजयवर्गीय ने कहा कि हमारे देश में सनातन परम्परा आदिकाल से चली आ रही है। यहां पर हमारी माताएं-बहनें संस्कार और संस्कृति का पालन करते हुए व्रत रखती है और देवी-देवताओं की पूजा करती हैं। उन्होंने कहा कि भारत ही ऐसा देश है जहां इस तरह की पूजा कर माताएं-बहनें अपने पति की लम्बी आयु और परिवार की सुख समृद्धि के लिये व्रत रखती हैं। यही हमारी भारतीय परम्परा और संस्कार है। उन्होंने कहा कि माता-बहनों की आस्था और सुविधा के लिये प्रदेश में एक नहीं हजार कुण्ड बनाएंगे। मुख्यमंत्री की घोषणा पर इंदौर में बनाये जा रहे हैं तीन जल कुण्ड जल संसाधन मंत्री  सिलावट ने कहा कि प्रदेश सरकार मातृशक्ति के प्रति समर्पित है। उन्होंने बताया कि पिछली बार जब मुख्यमंत्री इंदौर आये थे तब उन्होंने छठ पूजा के लिये तीन बड़े जल कुण्ड बनाये जाने की घोषणा की थी। मुख्यमंत्री की घोषणा के अनुसार इंदौर के अन्नपूर्णा, पिपल्याहाना और छोटा बांगड़दा में कुण्ड बनाने का कार्य चल रहा है और शीघ्र ही बनकर तैयार हो जाएंगे।  इस अवसर पर महापौर  पुष्यमित्र भार्गव, विधायक  रमेश मेंदोला, डॉ. निशांत खरे,  सुमित मिश्रा, संभागायुक्त डॉ. सुदाम खाड़े, पुलिस आयुक्त  संतोष सिंह, कलेक्टर  शिवम वर्मा, पूर्वोत्तर सांस्कृतिक संस्थान के प्रदेश अध्यक्ष ठा. जगदीश सिंह, छठ महोत्सव अध्यक्ष ठा. दीनानाथ सिंह, संस्थान के युवा प्रकोष्ठ अध्यक्ष कुं. अरविंद सिंह सहित संस्थान के अन्य  पदाधिकारी, स्थानीय जनप्रतिनिधि, बड़ी संख्या में माताएं-बहनें एवं गणमान्य नागरिक मौजूद रहे।

अमृत 2.0, कायाकल्प और नगरीय अधोसंरचना योजनाओं के तहत इंदौर में विकास कार्यों का शुभारंभ

मुख्यमंत्री डॉ. यादव ने इंदौर में किया अमृत 2.0 योजना,कायाकल्प योजना एवं मुख्यमंत्री नगरीय क्षेत्र अधोसंरचना निर्माण योजना अंतर्गत करोड़ों के विकास कार्यों का भूमिपूजन इन विकास कार्यों से नगरीय अधोसंरचना का होगा सुदृढ़ीकरण भोपाल मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव ने इंदौर के विधानसभा क्षेत्र क्र.3 के आईडीए ग्राउंड में आयोजित भूमिपूजन समारोह एवं सामाजिक समरसता सम्मेलन में अमृत 2.0 योजना,कायाकल्प योजना एवं मुख्यमंत्री नगरीय क्षेत्र अधोसंरचना निर्माण योजना अंतर्गत कुल 50 करोड़ की लागत से सीवर,सड़क एवं रिवर फ्रंट डेवलपमेंट के विकास कार्यों का वर्चुअल भूमिपूजन किया। मुख्यमंत्री डॉ.यादव ने कहा कि नागरिकों को मूलभूत सुविधाएँ उपलब्ध कराने और शहरों को भविष्य की आवश्यकताओं के अनुरूप विकसित करने की दिशा में यह विकास कार्य एक महत्वपूर्ण कदम साबित होंगे जिससे नगरीय अधोसंरचना को मजबूती मिलेगी। विभिन्न जनकल्याणकारी योजनाओं के तहत हुआ इन विकास कार्यों का भूमिपूजन अमृत- 2.0 (अटल मिशन फॉर रिजुवनेशन एंड अर्बन ट्रांसफॉर्मेशन) योजना अंतर्गत शहर के मध्य क्षेत्र में छावनी चौराहे से चन्द्रभागा ब्रिज तक रू 6.00 करोड़ की लागत से 300 एमएम व्यास से 900 एमएम व्यास की कुल लम्बाई 3.0 किमी. की सीवर लाईन बिछाई जाने का कार्य किया जाएगा। उक्त कार्य से छावनी एवं आस-पास के अन्य क्षेत्रों में मास्टर प्लान की सड़क निर्माण के पूर्व ड्रेनेज लाईन बिछाई जाने से क्षेत्र के रहवासियों को जल निकासी और सीवरेज व्यवस्था को सुदृढ़ करने एवं कान्ह नदी शुद्धीकरण में लाभ मिलेगा। इस परियोजना के तहत शहर के मध्य क्षेत्र में सीवरेज के पुराने नेटवर्क को आधुनिक और अधिक क्षमता वाले नए नेटवर्क से बदला जाएगा। 3.0 कि.मी. लंबी इस सीवर लाइन से घनी आबादी वाले क्षेत्र के निवासियों को बेहतर स्वच्छता सुविधाएँ सुनिश्चित होगी। मुख्यमंत्री नगरीय क्षेत्र अद्योसंरचना निर्माण योजना के तहत रामबाग चौराहे से अहिल्या आश्रम तक रिव्हरफ्रंट विकास कार्य का भूमिपूजन किया। इस विकास कार्य की कुल लंबाई 1.13 किलोमीटर एवं लागत ₹19.25 करोड़ है। उक्त कार्य के अंतर्गत नदी के दोनों किनारों पर सौंदर्यीकरण संबंधित कार्य के तहत वाक-वे निर्माण, गेबियन वॉल, पिचिंग, स्ट्रीट लाईट व आकर्षक म्यूरल वाल आर्ट आदि कार्य किये जाना प्रस्तावित है। उक्त विकास कार्य के क्रियान्वयन से न केवल क्षेत्र के अद्योसंरचनात्मक सुधार होंगे,बल्कि यह स्थान एक प्रमुख पर्यटन और नागरिक आकर्षण का केंद्र भी बन सकेगा। सरवटे बस स्टेण्ड जूनी इन्दौर ब्रिज से चन्द्रभागा होते हुए पंढरीनाथ चौराहे तक शेष सड़क कार्य का भूमिपूजन किया। 12 करोड़ रुपये की लागत से वार्ड क्र.56 में पानी की टंकी निर्माण कार्य एवं 5 करोड़ की लागत से खेल स्टेडियम निर्माण करने की सौगात दी। इस अवसर पर नगरीय विकास एवं आवास मंत्री कैलाश विजयवर्गीय, जल संसाधन मंत्री तुलसीराम सिलावट, इंदौर सांसद शंकर लालवानी, इंदौर महापौर पुष्यमित्र भार्गव, विधायक गोलू शुक्ला, संभागायुक्त डॉ. सुदाम खाड़े, पुलिस कमिश्नर संतोष कुमार सिंह, कलेक्टर शिवम वर्मा, नगर निगम आयुक्त दिलीप कुमार यादव एवं अन्य जनप्रतिनिधि सहित बड़ी संख्या में नागरिक उपस्थित रहे।    

डॉ. यादव करेंगे ‘अनुगूँज’ कार्यक्रम की शुरुआत, सांस्कृतिक रंगों से रोशन होगा आयोजन

डॉ. यादव करेंगे 'अनुगूँज' कार्यक्रम की शुरुआत, सांस्कृतिक रंगों से रोशन होगा आयोजन सांस्कृतिक महोत्सव अनुगूँज का शुभारंभ, कार्यक्रम की शुरुआत मुख्यमंत्री डॉ. यादव करेंगे शासकीय विद्यालयों के 500 विद्यार्थी करेंगे अपनी सांस्‍कृतिक प्रतिभा का प्रदर्शन भोपाल स्कूल शिक्षा विभाग द्वारा शासकीय विद्यालयों के विद्यार्थियों की सहभागिता से आयोजित किये जाने वाले सांस्‍कृतिक कार्यक्रम "अनुगूंज" का आयोजन मंगलवार 28 अक्‍टूबर को भोपाल स्थित शासकीय सुभाष उत्कृष्ट विद्यालय, शिवाजी नगर में शाम 5:30 बजे से होगा। मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव कार्यक्रम के मुख्‍य अतिथि होंगे। जनजातीय कल्‍याण मंत्री कुँवर विजय शाह एवं स्कूल शिक्षा एवं परिवहन मंत्री  उदय प्रताप सिंह कार्यक्रम में विशेष अतिथि के रूप में उपस्थित रहेंगे। अनुगूँज के प्रथम भाग 'धनक' के अंतर्गत वाद्य संगीत के साथ ही भारत के विविध शास्‍त्रीय नृत्‍य ओडिसी, भरतनाट्यम, कथक और मणिपुरी नृत्‍य आदि की मनमोहक प्रस्‍तुतियाँ होंगी। कार्यक्रम के द्वितीय भाग 'रंगकार' के अंतर्गत 'नाटक ताना बाना टूट न जाए' का मंचन विद्यार्थियों द्वारा किया जा रहा है। कार्यक्रम के सहभागी विद्यार्थियों ने एक माह की अल्पावधि में इन प्रस्तुतियों के लिए खुद को तैयार किया है। आत्‍मानुशासन, लगन, उत्साह और जोश के साथ भोपाल सहित प्रदेश के विभिन्‍न अंचलों से शासकीय विद्यालयों के लगभग 500 विद्यार्थियों ने अपनी अभिव्यक्ति को नए सोपान देने का प्रयास अनुगूँज में किया है। स्कूल शिक्षा विभाग द्वारा अनुगूँज के आकल्पन को आकार देने के लिए प्रदेश के राष्ट्रीय और अंतर्राष्ट्रीय ख्‍यातिप्राप्‍त रंगकर्मी और कलाकारों को मेंटर्स के रूप में संयोजित किया गया है। इन मेंटर्स ने एक कुशल मार्गदर्शक के रूप में इस विशेष कार्यक्रम और भविष्य के लिए भी विद्यार्थियों को विभिन्न कलाओं में पारंगत कराया है। उल्‍लेखनीय है कि अनुगूँज समारोह स्कूल शिक्षा विभाग का एक रचनात्मक प्रयास है जो विद्यार्थियों की शिक्षा के साथ-साथ उनके रचनात्मक और सर्वांगीण विकास पर केंद्रित है। विद्यार्थियों के मार्गदर्शन के लिए प्रदेश के राष्‍ट्रीय और अंतर्राष्‍ट्रीय ख्‍याति प्राप्‍त कलाकार विद्यार्थियों का मार्गदर्शन कर रहे है। इनमें सुप्रसिद्ध संगीतकार मॉरिस लाजरस, ओडसी नृत्‍य की अंतर्राष्‍ट्रीय ख्‍याति प्राप्‍त नृत्‍य गुरू सु बिंदु जुनेजा, भरतनाट्यम शैली की शीर्षस्‍थ नृत्‍य गुरू सु भारती होम्‍बल, ख्‍याति प्राप्‍त कथक नृत्‍य गुरू मती पद्मजा रघुवंशी और मणिपुरी नृत्‍य शैली के प्रसिध्‍द आचार्य और राष्‍ट्रीय अंतर्राष्‍ट्रीय ख्‍याति प्राप्‍त नृत्‍य गुरू  एम.के. होजाइनगम्‍बा सिेंह, ख्‍यात रंग निदेशक  सादात भारती के साथ ही प्रसिद्ध मंच संचालक  विनय उपाध्‍याय जैसे शीर्षस्‍थ कला मनीषी शामिल हैं। एक भारत-श्रेष्‍ठ भारत की अवधारणा पर सजी अनुगूँज की इन प्रस्‍तुतियों को साकार करने के लिए देश की विभिन्‍न प्रदर्शनकारी सांस्‍कृतिक प्रस्‍तुतियों के प्रदर्शन के लिये विशाल मंच का निर्माण महाकाल की नगरी उज्‍जैन के महाकाल लोक के मॉडल पर तैयार किया गया है।  

आत्म निर्माण-राष्ट्र निर्माण और युग निर्माण की गतिविधियों के लिए युवा चिंतन शिविर का मध्यप्रदेश में होना गर्व का विषय : मुख्यमंत्री डॉ. यादव

गायत्री परिवार, समाज-संस्कृति-संस्कारों को पुष्पित-पल्लवित कर ऊर्जा का संचार कर रहा है : मुख्यमंत्री डॉ. यादव आत्म निर्माण-राष्ट्र निर्माण और युग निर्माण की गतिविधियों के लिए युवा चिंतन शिविर का मध्यप्रदेश में होना गर्व का विषय मुख्यमंत्री डॉ. यादव ने अखिल विश्व गायत्री परिवार के शिविर के शुभारंभ-सत्र को किया संबोधित भोपाल मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव ने कहा है कि मध्यप्रदेश देश का दिल है। जिस प्रकार हृदय, शरीर के रक्त को शुद्ध कर हमारी आयु बढ़ाता है, उसी प्रकार गायत्री परिवार समाज-संस्कृति-संस्कारों को पुष्पित-पल्लवित कर नई ऊर्जा का संचार कर रहा है। प्रांतीय युवा चिंतन शिविर के माध्यम से आत्म निर्माण-राष्ट्र निर्माण और युग निर्माण की यह गतिविधियां देश के दिल में बसे मध्यप्रदेश से संचालित हो रही हैं। हम सबको इस पर गर्व है। उन्होंने कहा कि देश को आजादी तो वर्ष 1947 में मिल गई थी लेकिन वैचारिक रूप से युवाओं को दृष्टि प्रदान करने के लिए डॉ. केशव बलिराम हेडगेवार ने राष्ट्रीय स्वयंसेवक संघ की स्थापना की। संघ का यह शताब्दी वर्ष है। पंडित मदन मोहन मालवीय, बाल गंगाधर तिलक और नेताजी सुभाष चंद्र बोस जैसे महापुरुषों ने भी युवाओं को आगे बढ़ने के लिए दृष्टि प्रदान कर योगदान दिया। मुख्यमंत्री डॉ. यादव सोमवार को शारदा विहार विद्यालय में आयोजित अखिल विश्व गायत्री परिवार के तीन दिवसीय प्रांतीय युवा चिंतन शिविर के शुभारंभ-सत्र को संबोधित कर रहे थे। मुख्यमंत्री डॉ. यादव ने दीप प्रज्ज्वलन कर कार्यक्रम का शुभारंभ किया। राज्य सरकार ने भगवान राम और कृष्ण के जीवन प्रसंगों को पाठ्यक्रमों में किया शामिल मुख्यमंत्री डॉ. यादव ने कहा कि बदलते दौर में भारतीय संस्कृति के सामने चुनौतियां हैं। परंतु भारत और विश्व में गायत्री परिवार की अखंड ज्योति भी प्रज्ज्वलित है। गायत्री परिवार, सर्वे भवंतु सुखिन: की सनातन भावना का पालन करते हुए मानवता की सेवा को ही अपना धर्म मानकर कार्य कर रहा है। शिक्षा, स्वास्थ्य, नारी उत्थान, पर्यावरण, ग्राम विकास और नशा मुक्ति के क्षेत्र में गतिविधियों के माध्यम से धर्म सेवा और राष्ट्र निर्माण का कार्य निरंतर जारी है। प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी के नेतृत्व में देश में शिक्षा नीति 2020 लागू की गई है। इसमें सनातन को समृद्ध करने और अपनी सांस्कृतिक विरासत पर गर्व करने वाले अध्याय जोड़े गए हैं। राज्य सरकार ने भगवान कृष्ण और राम के जीवन के प्रेरक प्रसंगों को भी पाठ्यक्रमों में शामिल किया है। हर्ष का विषय है कि गायत्री परिवार ने भारतीय सांस्कृतिक मूल्यों और सामाजिक विषमता को दूर करने की दिशा में कई उल्लेखनीय कार्य किए हैं। गायत्री परिवार ने संस्कारों की पद्धति को सरल और ग्राह्य बनाया मुख्यमंत्री डॉ. यादव ने कहा कि गायत्री परिवार ने विवाह सहित सभी संस्कारों की पद्धति को सरल और ग्राह्य भाषा में कराने की प्रक्रिया आरंभ की, जिससे जनसामान्य को संस्कारों का महत्व और उनमें निहित भावना समझने में मदद मिली। राज्य सरकार द्वारा वैदिक पद्धति से काल गणना के लिए वैदिक घड़ी तैयार की गई है। इसी क्रम में भारतीय ज्ञान परम्परा के अन्य महत्वपूर्ण विषयों पर भी कार्य जारी है। हम बदलेंगे-युग बदलेंगे की भावना गायत्री परिवार का आधार गायत्री परिवार के डॉ. चिन्मय पंड्या ने कहा कि अखिल विश्व गायत्री परिवार कोई संस्था नहीं बल्कि एक जीवन दर्शन है। यह एक विचार धारा है। पंडित राम शर्मा आचार्य ने गायत्री मंत्र को केवल जप नहीं बल्कि जीवन की दिशा बनाया। उन्होंने सिखाया कि युग परिवर्तन का आरंभ व्यक्ति के भीतर से होता है। उन्होंने 'हम बदलेंगे युग बदलेगा' की सीख देते हुए बतायाकि जब मनुष्य स्वयं सुधरता है तो परिवार सुधरता है। परिवार सुधरता है तो समाज बदलता है और समाज बदलता है तो राष्ट्र बदलता है। यही गायत्री परिवार के विचार का आधार है। माताजी भगवती देवी शर्मा ने इस विचार को मातृत्व का स्वर दिया और सेवा को साधना बना दिया। डॉ. पंड्या ने बताया आध्यात्मिक, नैतिक और सामाजिक मूल्यों पर आधारित विकसित भारत-2050 का खाका तैयार करना इस शिविर का उद्देश्य हैं। स्वस्थ युवा-सशक्त राष्ट्र, शालीन युवा-श्रेष्ठ राष्ट्र, स्वावलम्बी युवा-संपन्न राष्ट्र और सेवाभावी युवा-सुखी राष्ट्र इस आयोजन के लक्ष्य हैं। प्रांतीय चिंतन शिविर में केंद्रीय मंत्री दुर्गादास उइके, पिछड़ा वर्ग आयोग के अध्यक्ष रामकृष्ण कुसमारिया सहित बड़ी संख्या में गायत्री परिवार के सदस्य और युवा उपस्थित थे।  

डॉ. यादव बोले: परमात्मा ने शरीर सेवा के लिए दिया है, अच्छे कर्मों से बने समाज के आदर्श

परमात्मा ने शरीर कर्म के लिए दिया है, सत्कर्मों से समाज की करें सेवा: मुख्यमंत्री डॉ. यादव मुख्यमंत्री डॉ. यादव जबलपुर में रोटरी अवार्ड समारोह में हुए शामिल भोपाल मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव ने कहा है कि परमात्मा ने हमें शरीर अच्छे कर्मों के लिए दिया है, यदि हमारे कर्म सत्कर्म में बदल जाएं तो समाज का कल्याण हो जाएगा। रोटरी क्लब इसी दिशा में पूरे मनोयोग से कम कर रहा है और समाज को एक नई दिशा दे रहा है, जो हम सबके लिए प्रेरणादायक है। मुख्यमंत्री डॉ. यादव रविवार को संस्कारधानी जबलपुर में रोटरी इंटरनेशनल के अंतर्राष्ट्रीय अवार्ड समारोह को संबोधित कर रहे थे। मुख्यमंत्री डॉ. यादव द्वारा रोटरी इंटरनेशनल अवार्ड प्राप्त करने वाले रोटेरियन  अरुण कांत अग्रवाल एवं  संदीप जैन को सम्मानित किया गया। इस अवसर पर मुख्यमंत्री डॉ. यादव को रोटरी क्लब की मानद सदस्यता प्रदान की गई। मुख्यमंत्री डॉ. यादव ने कहा कि मां नर्मदा का उद्गम अमरकंटक से होता है और वह समुद्र में समाहित हो जाती है। मां नर्मदा ने जबलपुर को अद्भुत आशीर्वाद दिया है, इससे जबलपुर का नाम संस्कारधानी पड़ा है। मां नर्मदा के आशीर्वाद से ही जबलपुर का काला पत्थर संगमरमर में बदला जा रहा है यह केवल जबलपुर में ही संभव है। मां नर्मदा के आशीर्वाद से संस्कारधानी जबलपुर को रोटरी क्लब के लिए कार्य करने वाले महान सपूत मिले हैं, जिन्होंने अपने सामाजिक दायित्व और सेवा भाव से अंतर्राष्ट्रीय स्तर पर संस्कारधानी जबलपुर का नाम रोशन किया है। रोटरी इंटरनेशनल अवार्ड पाने वाले  अरुण कांत अग्रवाल और  संदीप जैन ने जो सेवा भाव दिखाया है वह अनुकरणीय और प्रेरणादायक है। विकास के मामलों में प्रदेश सरकार जन कल्याण की भावना से सामाजिक दायित्वों का निर्वहन कर रही है। यह काम रोटरी जैसी संस्था पिछले 120 सालों से कर ली रही है और इसने अपने कर्मों से साबित किया है कि नर सेवा ही नारायण सेवा है। मुख्यमंत्री डॉ. यादव ने रोटरी क्लब जबलपुर को जिला एक्सीलेंस अवार्ड मिलने के लिए बधाई दी और कहा कि सेवा के क्षेत्र में रोटरी क्लब इसी तरह आगे बढ़ता रहेगा। लोक निर्माण मंत्री  राकेश सिंह ने कहा कि रोटरी क्लब निस्वार्थ भाव से सेवा के अनेक प्रकल्पों को जमीन पर उतार रहा है। संस्कारधानी जबलपुर के लिए यह गर्व की बात है कि यहां के दो रोटेरियन को अंतर्राष्ट्रीय स्तर पर सम्मानित किया गया है। संस्कारधानी जबलपुर के रोटेरियन  अरुण कांत अग्रवाल को "स्वयं से परे सेवा पुरस्कार" के लिए चुना गया है पूरे विश्व में इस पुरस्कार के लिए 118 रोटेरियन का चयन किया गया है। इसी प्रकार गैर रोटेरियन क्षेत्र में  संदीप जैन को मानवता की सेवा में उत्कृष्टता के लिए विश्व पुरस्कार दिया गया है। यह पुरस्कार पूरे विश्व में केवल 39 लोगों को दिया गया है। संस्कारधानी जबलपुर की दो समाजसेवियों को यह पुरस्कार मिलना गर्व एवं सम्मान की बात है। कार्यक्रम में राज्यसभा सांसद  विवेक तंखा, मती सुमित्रा वाल्मिक, कार्यक्रम के संयोजक डॉ. जितेंद्र जामदार, विधायक  अखिलेश पांडे,  संतोष वरकड़े,  अखिलेश जैन और रोटरी परिवार की सभी सदस्य उपस्थित थे।  

डॉ. मोहन यादव इंदौर पहुंचे — 8 करोड़ रुपए की फूड एंड ड्रग लैब का उद्घाटन और शहर को मिलेंगी नई विकास सुविधाएँ

 इंदौर मुख्यमंत्री मोहन यादव आज सोमवार को इंदौर में कई कार्यक्रमों में शामिल होंगे। वे नंदानगर गोल स्कूल प्रांगण में कथा‑कार्यक्रम से अपने दिन की शुरुआत करेंगे। इसके बाद वे तलावली‑चांदा में 8.30 करोड़ की लागत से बनी नई फूड एंड ड्रग लैब का उद्घाटन करेंगे। यह लैब शहर की स्वास्थ्य व सुरक्षा पर्वाह को नया आयाम देगी। इसके बाद सीएम मोहन यादव ब्लू लोटस गार्डन, स्कीम‑140 में बरसाना गार्डन और ब्रिलियंट कन्वेंशन सेंटर नक्षत्र गार्डन में भी कार्यक्रमों में हिस्सा लेंगे।  इन विकास कामों का करेंगे भूमिपूजन मेयर पुष्यमित्र भार्गव ने बताया विधानसभा 3 और 4 में अमृत-2.0 योजना और मुख्यमंत्री नगरीय क्षेत्र अधोसंरचना निर्माण योजना के तह 55 करोड़ से अधिक के विभिन्न विकास कामों का शुभारंभ करेंगे। इसी कड़ी में अमृत-2.0 योजना के छावनी चौराहा से चंद्रभागा ब्रिज तक 6 करोड़ की लागत से 300 एमएम व्यास से 900 एमएम व्यास की कुल लंबाई 3.0 किमी. की सीवर लाइन बिछाई जाने का काम का शुभारंभ करेंगे। इससे क्षेत्र के रहवासियों को जलमल निकासी संबंधित आवश्यक सुविधाओं और कान्ह नदी शुद्धिकरण में लाभ मिलेगा। मुख्यमंत्री इसी योजना के तहत विधानसभा 4 के सुदामा नगर सेक्टर डी और ई में 30 करोड़ की लागत से कुल 34.235 किमी सीवर लाइन बिछाने का काम का शुभारंभ करेंगे। ऐसे ही रामबाग चौराहा से अहिल्या आश्रम तक रिव्हर फ्रंट तक19.25 करोड़ की लागत से कुल लंबाई 1.13 किमी से संबंधित विकास काम किया जाएगा। इसमें नदी के दोनों किनारों पर सौंदर्यीकरण संबंधित कार्य किया जाना प्रस्तावित है, जिसमें वाक-वे निर्माण, गेबियन वॉल, पिचिंग, स्ट्रीट लाइट और आकर्षक म्युरल वाल आर्ट आदि काम किए जाना प्रस्तावित है। इस क्षेत्र को एक रमणीय स्थल के रूप में विकसित किया जा सकेगा।

मुख्यमंत्री डॉ. यादव ने स्वदेशी को बढ़ावा देने और शासन की योजनाओं को जनजन तक पहुंचाने का किया आहवान

डॉ. यादव का जनप्रतिनिधियों से संवाद — विकास योजनाओं पर हुई विस्तृत चर्चा भोपाल मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव ने आत्मनिर्भर भारत और आत्मनिर्भर मध्यप्रदेश के संकल्प को पूरा करने के लिए अपने-अपने क्षेत्र में स्वदेशी एवं स्थानीय उत्पादों को प्रोत्साहित करने का आहवान जनप्रतिनिधियों से किया है। मुख्यमंत्री डॉ. यादव रविवार को जबलपुर के होटल कल्चुरी में संभाग के सभी सांसद एवं विधायकों के साथ आयोजित संवाद के कार्यक्रम को संबोधित कर रहे थे। मुख्यमंत्री डॉ. यादव ने कृषि आधारित उद्योगों को बढ़ावा देने, नव उद्यमियों को प्रोत्साहित करने तथा रोजगार परक कार्यों से युवाओं को जोड़ने की दिशा में शासन द्वारा किये जा रहे प्रयासों में सहभागी बनने पर जोर दिया। संवाद कार्यक्रम में लोक निर्माण मंत्री  राकेश सिंह, पंचायत एवं ग्रामीण विकास मंत्री  प्रहलाद सिंह पटेल, लोक स्वास्थ यांत्रिकी मंत्री मती संपतिया उइके, राज्यसभा सदस्य मती सुमित्रा बाल्मिकी, बालाघाट सांसद मती भारती पारधी, छिंदवाड़ा सांसद  विवेक बंटी साहू, नर्मदापुरम सांसद  दर्शन सिंह चौधरी सहित संभाग के सभी विधायक और अपर मुख्य सचिव  संजय दुबे मौजूद थे। मुख्यमंत्री डॉ. यादव ने केन्द्र एवं राज्य शासन द्वारा संचालित कल्याणकारी एवं विकासपरक योजनाओं के बेहतर क्रियान्वयन को लेकर चर्चा की। उन्होंने कहा कि सांसद एवं विधायक को अपने-अपने क्षेत्र में योजनाओं का कमजोर वर्ग के हर व्यक्ति तक लाभ पहुंचाने के लिए और ज्यादा प्रयास करने होंगे। मुख्यमंत्री ने कहा कि बीते दो वर्ष में उद्योग और रोजगार के लिए अभियान चलाये जाने के बाद अगला वर्ष कृषि और कृषि से जुड़े विकास कार्यों पर केन्द्रित होगा। मुख्यमंत्री डॉ. यादव ने बताया कि सरकार द्वारा रानी दुर्गावती के नाम पर अन्न प्रोत्साहन योजना शुरू की गई है। कोदो-कुटकी की खरीदी न्यूनतम समर्थन मूल्य पर खरीदी का निर्णय भी सरकार द्वारा लिया गया है। उन्होंने सांसदों एवं विधायकों से अपने-अपने क्षेत्र में कोदो-कुटकी के उपार्जन में सहयोग करने तथा अन्न के उत्पादन को प्रोत्साहित करने कहा। मुख्यमंत्री ने कृषि आधारित उद्योगों और प्राकृतिक खेती को प्रोत्साहित करने पर भी जोर दिया। साथ ही भावांतर योजना पर भी चर्चा की और सोयाबीन उत्पादन का किसानों को लाभ लेने के लिए प्रेरित करने का आहवान किया। मुख्यमंत्री डॉ. यादव ने 1 नवम्बर को मध्यप्रदेश स्थापना दिवस से लेकर 25 दिसम्बर को पूर्व प्रधानमंत्री स्व. अटल बिहारी वाजपेयी की जन्मशताब्दी वर्ष तक राज्य शासन द्वारा चलाये जाने वाले कार्यक्रमों के संबंध में सांसद एवं विधायकों के साथ चर्चा की। उन्होंने कहा कि 15 नवम्बर तक भगवान बिरसा मुंडा जयंती पर भी प्रदेशभर में कार्यक्रम आयोजित किये जायेंगे। हमारा उद्देश्य भगवान बिरसामुंडा सहित वीरांगना रानी दुर्गावती, रानी अवंतीबाई एवं राजा शंकर शाह-कुंवर रघुनाथ शाह जैसे जनजातीय नायकों के आदर्शों को सामने लाना तथा समाज और खास तौर पर युवाओं को इससे जोड़ना है। मुख्यमंत्री डॉ. यादव ने नर्मदा परिक्रमा पथ के लिये हो रहे कार्यों की सराहना की। उन्होंने विधायकों से कहा कि वे अपने-अपने क्षेत्र में सरकार की उपलब्धियों का व्यापक प्रचार-प्रसार करें और विधानसभा क्षेत्र में हुए विकासकार्यों पर केन्द्रित पुस्तिकाएं प्रकाशित करें। मुख्यमंत्री ने प्रशासन को जनोन्मुखी बनाने के लिए जनसुनवाई व्यवस्था को और बेहतर बनाने के लिये सांसद एवं विधायकों से सुझाव मांगे। उन्होंने स्कूलों, आंगनवाड़ी केन्द्रों एवं अस्पतालों की व्यवस्थाओं को बेहतर बनाने में भी सक्रिय सहयोग प्रदान करने का आग्रह करते हुए कहा कि सांसद एवं विधायक अपने-अपने क्षेत्र में रक्तदान शिविरों और स्वास्थ शिविर का आयोजन करें तथा हृदय रोग से पीडि़तों का आयुष्मान योजना के माध्यम से उपचार करायें। डॉ. यादव ने पीएम एयर एम्बुलेंस सेवा का भी प्रचार-प्रसार करने पर जोर दिया, जिससे ज्यादा से ज्यादा जरूरतमंद लोगों को इसका लाभ मिल सके। मुख्यमंत्री डॉ. यादव ने बैठक में जिला विकास समिति की बैठकों के आयोजन पर भी चर्चा की। उन्होंने कहा कि संभाग स्तर पर सांसदों एवं विधायकों की बैठकों के बाद अब जिला स्तर पर भी स्थानीय जनप्रतिनिधियों की बैठकें आयोजित की जायेंगी, जिससे विकास कार्यों को गति देने में सार्थक और परिणाममूलक चर्चा की जा सके। नक्सलियों के विरूद्ध बालाघाट में हुई कार्रवाई की सराहना मुख्यमंत्री डॉ. यादव ने नक्सलियों के विरूद्ध बालाघाट में की गई कार्रवाई की सराहना की और इसके लिये सुरक्षा बलों को बधाई दी। मुख्यमंत्री ने कहा कि प्रदेश में लाल सलाम को आखरी सलाम करने की दिशा में हम तेजी से आगे बढ़ रहे हैं। बैठक के प्रारंभ में लोक निर्माण मंत्री  राकेश सिंह ने मुख्यमंत्री डॉ. यादव का पुष्पगुच्छ भेंट कर स्वागत किया।  

मुख्यमंत्री डॉ. यादव का निर्देश: कानून-व्यवस्था मजबूत करें, नशे के खिलाफ सख्त अभियान चलाएं

कानून व्यवस्था को सुदृढ़ करें और नशे के खिलाफ हो सख्त कार्रवाई : मुख्यमंत्री डॉ. यादव मुख्यमंत्री ने जबलपुर में ली संभागीय बैठक कानून व्यवस्था और योजनाओं के मैदानी क्रियान्वयन की समीक्षा की भोपाल मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव ने कहा है कि संभाग में कानून व्यवस्था सुनिश्चित करने के सभी आवश्यक उपाय और नशे के खिलाफ अभियान चलाकर सख्ती से कार्यवाही करें। जो व्यक्ति बार-बार अपराध करता है, उस पर सख्त निर्णय लें। बदमाशों को सूचीबद्ध कर उन पर निगरानी रखें। मादक पदार्थों को लेकर लापरवाही बर्दाश्त नहीं की जायेगी। जबलपुर और नरसिंहपुर की तहर अन्य जिले भी अभियान चलाकर कार्यवाही करें। पुलिस अधीक्षक अपने जिले में नियंत्रण रखें, सिवनी जैसी शर्मनाक घटनाएं कहीं न हो। मुख्यमंत्री डॉ. यादव रविवार को जबलपुर में जिला एवं पुलिस प्रशासन सहित संभागीय अधिकारियों की बैठक को संबोधित कर रहे थे। मुख्यमंत्री डॉ. यादव ने कहा कि स्वास्थ को दृष्टिगत रखते हुए मरीजों को सरकारी हॉस्पिटल में ले जाना सुनिश्चित करें, कुछ ड्राईवर प्राइवेट हॉस्पिटल की ओर रुख करते हैं, अत: उन पर निगरानी रखें। उन्होंने कहा कि जन सहयोग के उदाहरण प्रस्तुत करें, अच्छे समाजसेवियों और जनप्रतिनिधियों को विश्वास में लें, गांवों में रात्रि विश्राम करें। हाई-वे पर स्थित ढाबों में अवैध मदिरा विक्रय पर कार्यवाही करें। यह सुनिश्चित करें कि कहीं भी सिविल आचरण के विरूद्ध कुछ न हो। मुख्यमंत्री डॉ. यादव ने सभी कलेक्टर्स से कहा कि जनसुनवाई में वे स्वयं बैठें और आवेदनों का निराकरण करें। विधानसभावार विजन डॉक्यूमेंटस के आधार पर कार्य हो। जिले का दस्तावेजीकरण हो। साहसिक एवं रोजगार आधारित गतिविधियों को बढ़ावा दें। उद्योग रोजगार वर्ष में समग्र रूप से औद्योगिक विकास की दिशा में कार्य करें। उन्होंने कहा कि आत्मनिर्भर मध्यप्रदेश, आत्मनिर्भर भारत का हिस्सा है, अत: सामाजिक समरसता का आयोजन हो और विकास की बातें करें। मुख्यमंत्री डॉ. यादव ने कहा कि 31 अक्टूबर को सरदार वल्लभ भाई पटेल, 1 नवम्बर को मध्यप्रदेश स्थापना दिवस और 15 नवम्बर को भगवान बिरसा मुंडा जयंती है। ऐसे अवसरों पर आयोजित कार्यक्रमों में विकास परक गतिविधियां आयोजित हों। उन्होंने कहा कि आत्मनिर्भर मध्यप्रदेश में युवा वर्ग को जोड़े, खेलकूद की गतिविधियां भी हो। मुख्यमंत्री डॉ. यादव ने कहा कि भावांतर योजना के क्रियान्वयन पर सतत नजर रखे। प्रतिबंधित दवाइयों पर और गौवंश तस्करी पर प्रभावी कार्यवाही करने के निर्देश दिये। उन्होंने कहा कि ऐसे अपराधी जिन्होंने अपराध कर संपत्ति अर्जित की है, उन पर राजसात जैसी आवश्यक कार्यवाही करें। भू-माफियों पर कार्यवाही हो, जिला बदर के आदेशों का सख्ती से पालन हो। उन्होंने समग्र विकास के लिए विकास समिति मॉडल बनाने के निर्देश भी दिये और कहा कि अच्छी प्रतिभाओं को प्रोत्साहित करें। बैठक में एसीएस  संजय दुबे, एडीजे, संभागायुक्त  धनंजय सिंह, जबलपुर व बालाघाट के आईजी, डीआईजी, संभाग के सभी कलेक्टर्स, पुलिस अधीक्षक, डीएफओ, सीईओ जिला पंचायत एवं संभागीय अधिकारी मौजूद थे। संभागायुक्त  सिंह ने शासन की प्राथमिकता के विषयों के साथ कृषि व कृषि संबद्ध विषयों प्रेजेन्टेशन दिया, जिसमें सोयाबीन भावांतर, धान व कोटो-कुटकी उपार्जन, उर्वरक वितरण, टेकहोम राशन, औद्योगिक नीति एवं निवेश प्रोत्साहन, राजस्व में नवाचार, मातृ एवं शिशु मृत्युदर तथा मातृवंदना आदि विषय शामिल थे। आईजी  प्रमोद वर्मा ने संभाग में कानून व्यवस्था और अपराध नियंत्रण के संबंध में प्रेजेन्टेशन दिया। आईजी बालाघाट ने नक्सल उन्मूलन के लिए की जा रही गतिविधियों के बारे में जानकारी दी। कलेक्टर जबलपुर व बालाघाट ने अपने जिले के विकासकार्यों के साथ शासन की प्राथमिकता के विषयों की जानकारी दी।