samacharsecretary.com

कांग्रेस में भीतरघात की चर्चा तेज, तीसरी राज्यसभा सीट जीतने की रणनीति में जुटी BJP

भोपाल  मध्यप्रदेश में राज्यसभा चुनाव की तस्वीर दो सीटों पर लगभग साफ हो चुकी है, लेकिन तीसरी सीट को लेकर सियासी हलचल लगातार बढ़ते जा रही है। भाजपा ने जहां अपने दो उम्मीदवारों के नाम घोषित कर दिए हैं, वहीं पार्टी ने चार नामांकन फॉर्म लेकर राजनीतिक गलियारों में नई अटकलों को जन्म दे दिया है। इससे संकेत मिल रहे हैं कि भाजपा तीसरी सीट पर भी कोई बड़ा दांव चल सकती है। जानकारी के अनुसार, प्रदेश नेतृत्व को भाजपा के केंद्रीय नेतृत्व के फैसले का इंतजार है। इसके बाद पार्टी तय करेंगी कि तीसरी सीट पर पार्टी सीधे उम्मीदवार उतारेगी या फिर किसी निर्दलीय प्रत्याशी को समर्थन देकर चुनावी मुकाबले को रोचक बनाएगी। इन अटकलों के बीच कांग्रेस ने भी विधायकों को एकजुट करने बैठक बुलाई है।   मीनाक्षी नटराजन की एंट्री के बाद बदला समीकरण कांग्रेस द्वारा मीनाक्षी नटराजन को राज्यसभा उम्मीदवार बनाए जाने के बाद भाजपा के लिए तीसरी सीट पर रणनीति बनाने की संभावनाएं और बढ़ गई हैं। राजनीतिक विश्लेषकों का मानना है कि यदि कांग्रेस ने कमलनाथ या दिग्विजय सिंह जैसे बड़े नेताओं को मैदान में उतारा होता तो भाजपा शायद अतिरिक्त जोखिम लेने से बचती। मीनाक्षी नटराजन के नाम की घोषणा के बाद अब भाजपा के भीतर तीसरी सीट पर चुनावी गणित साधने की कवायद तेज हो गई है। पार्टी के रणनीतिकार कांग्रेस के भीतर संभावित असंतोष और क्रॉस वोटिंग की संभावनाओं का भी आकलन कर रहे हैं।  आदिवासी चेहरे पर भी विचार सूत्र बताते हैं कि भाजपा तीसरी सीट के लिए किसी आदिवासी चेहरे को आगे बढ़ाने के विकल्प पर भी गंभीरता से विचार कर रही है। प्रदेश में आदिवासी राजनीति का बढ़ता महत्व और आगामी चुनावों को देखते हुए यह फैसला राजनीतिक रूप से बड़ा संदेश देने वाला हो सकता है। राजनीतिक गलियारों में यह चर्चा भी तेज है कि भाजपा किसी निर्दलीय उम्मीदवार को मैदान में उतारकर पर्दे के पीछे से समर्थन दे सकती है और चुनावी समीकरणों को अपने पक्ष में मोड़ने का प्रयास करेगी।  क्या कहता है चुनावी गणित? विधानसभा में वर्तमान में 228 सदस्य मतदान के पात्र हैं। राज्यसभा की एक सीट जीतने के लिए 57 वोटों की आवश्यकता है। भाजपा के पास 164 विधायक हैं, जबकि कांग्रेस के पास 63  विधायक हैं। दो सीटों पर अपने उम्मीदवारों को निर्वाचित कराने के बाद भाजपा के पास लगभग 50 वोट बचेंगे। ऐसे में तीसरी सीट जीतने के लिए उसे अतिरिक्त सात वोटों की जरूरत होगी। यही वजह है कि कांग्रेस में क्रॉस वोटिंग की आशंका और भाजपा की संभावित रणनीति को लेकर चर्चाएं तेज हैं। 8 जून तक बना रह सकता है सस्पेंस राजनीतिक सूत्रों का कहना है कि भाजपा फिलहाल सभी विकल्पों पर विचार कर रही है और अंतिम फैसला नामांकन की अंतिम तिथि के आसपास लिया जा सकता है। ऐसे में 8 जून तक तीसरी राज्यसभा सीट को लेकर सस्पेंस बने रहने की पूरी संभावना है। फिलहाल इतना तय है कि दो सीटों का चुनाव भले ही औपचारिक नजर आ रहा हो, लेकिन तीसरी सीट को लेकर पर्दे के पीछे राजनीतिक बिसात पूरी तरह बिछ चुकी है।  मंत्री के बयान से गर्माई सियासत प्रदेश भाजपा कार्यालय पहुंचे लोक निर्माण मंत्री राकेश सिंह ने पार्टी के घोषित उम्मीदवारों पर भरोसा जताते हुए कहा कि भाजपा ने ऐसे प्रत्याशियों को मैदान में उतारा है, जिन्होंने जमीन पर रहकर संगठन के लिए लंबे समय तक काम किया है। राज्यसभा की संभावित तीसरी सीट पर भाजपा उम्मीदवार उतारने की अटकलों के बीच जब उनसे सवाल किया गया तो उन्होंने रहस्यमयी अंदाज में जवाब दिया। राकेश सिंह ने कहा, "आपसे किसने कहा कि हम प्रत्याशी उतार रहे हैं, और यह भी किसने कहा कि हम प्रत्याशी नहीं उतार रहे हैं। समय का इंतजार कीजिए।" वहीं कांग्रेस में चल रही अंदरूनी खींचतान पर टिप्पणी करते हुए राकेश सिंह ने कहा कि कांग्रेस की कलह उनका आंतरिक मामला है, लेकिन उनकी स्थिति किसी से छिपी नहीं है।  

राज्यसभा चुनाव में BJP का शक्ति प्रदर्शन, तरुण चुघ-रजनीश अग्रवाल ने दाखिल किए नामांकन पत्र

भोपाल  मध्यप्रदेश से राज्यसभा के लिए भारतीय जनता पार्टी के प्रत्याशी तरुण चुघ और रजनीश अग्रवाल ने शनिवार को अपना नामांकन दाखिल कर दिया है। मुख्यमंत्री डॉ. यादव ने विधानसभा में दोनों का नामांकन पत्र दाखिल कराया।  दोनों ने भाजपा नेताओं के साथ शनिवार दोपहर करीब 12:30 बजे मध्य प्रदेश विधानसभा पहुंचकर अपना नामांकन पत्र दाखिल किया। नामांकन से पहले प्रदेश भाजपा कार्यालय में पार्टी विधायकों की महत्वपूर्ण बैठक आयोजित की गई। बैठक के बाद मुख्यमंत्री, प्रदेश अध्यक्ष और दोनों प्रत्याशी भाजपा कार्यालय स्थित शिव एवं हनुमान मंदिर पहुंचे, जहां उन्होंने पूजा-अर्चना कर जीत का आशीर्वाद लिया। इसके बाद सभी नेता विधानसभा के लिए रवाना हुए। नामांकन प्रक्रिया के दौरान विधानसभा परिसर में पार्टी के कई वरिष्ठ विधायक और पदाधिकारी भी मौजूद रहे।  हमारे प्रत्याशियों ने भरा नामांकन सीएम मोहन यादव ने कहा कि आज हमारे दोनों ही राज्यसभा प्रत्याशी का नामांकन भर दिया है। इस दौरान भाजपा की सभी दिग्गज नेता मौजूद रहे। इस समय हम सभी हर्ष और उल्लास के साथ हैं। भाजपा दुनिया की सबसे बड़ी राजनीतिक पार्टी है। हमारा राज्य संगठन की श्रेणी में सर्वश्रेष्ठ राज्यों की श्रेणी में आता है। हम सबने मिलकर उनका नॉमिनेशन फॉर्म जमा करवाया है। हम सभी वर्गों की सेवा के लिए प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के नेतृत्व में काम कर रहे हैं।  नामांकन से पहले बीजेपी दफ्तर में बैठक नामांकन दाखिल करने से पहले प्रदेश भाजपा कार्यालय में पार्टी विधायकों की एक बैठक बुलाई गई। इसमें दोनों प्रत्याशियों (तरुण चुग और रजनीश अग्रवाल) के अलावा मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव और भाजपा प्रदेश अध्यक्ष हेमंत खंडेलवाल विशेष रूप से मौजूद रहे। बैठक में चुनाव की रणनीति और एकजुटता को लेकर चर्चा हुई। मंदिर में पूजा-अर्चना के बाद निकला काफिला बैठक खत्म होने के बाद मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव, प्रदेश अध्यक्ष हेमंत खंडेलवाल और दोनों उम्मीदवार भाजपा कार्यालय परिसर में स्थित शिव और हनुमान मंदिर पहुंचे। वहां नेताओं ने जीत के लिए पूजा-अर्चना की और आशीर्वाद लिया। इसके बाद करीब 15 से ज्यादा कारों के भारी काफिले के साथ सभी नेता विधानसभा के लिए रवाना हुए। जब प्रत्याशी नामांकन दाखिल करने अंदर गए, तब रिटर्निंग ऑफिसर कक्ष के बाहर भाजपा के कई सीनियर विधायक एकजुट होकर बैठे नजर आए। भाजपा एक परिवार की तरह है यहां नेता अभिभावक- चुघ भोपाल में मीडिया को संबोधित करते हुए तरुण चुघ ने कहा कि मध्य प्रदेश भारत का दिल है। मप्र जब धड़कता है, समझें भारत धड़क रहा है। मप्र की तरक्की ही विकसित भारत का प्राण है। हम सब भाजपा के कार्यकर्ता हैं। मैं प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी, केंद्रीय गृह मंत्री अमित शाह और पार्टी के राष्ट्रीय अध्यक्ष नितिन नवीन का धन्यवाद करता हूं कि उन्होंने मुझे यह अवसर दिया। उन्होंने आगे कहा, ''पार्टी ने आगे बढ़ने, काम करने व समर्पण का मौका दिया है। पोस्टर, झंडे लगाने का मौका दिया तो झंडे गाड़े। जहां पार्टी नेतृत्व ने भेजा मैंने काम किया है। भाजपा एक परिवार की तरह है। यहां नेता अभिभावक है। आपको पिता की तरह समझाता भी है, मां की तरह दुलार भी करता है। भाई बहनों की तरह हाथ में हाथ देकर चलना भी सिखाता है। यह केवल भाजपा में ही है और कहीं नहीं मिल सकता। पहले भी कार्यकर्ता बोध से काम किया था आगे भी कार्यकर्ता बोध से काम करेंगे। जो संगठन ने कहा मैंने अक्षरश: पालन किया है।'' पूर्व मंत्री बोले- हमारे पास पूरा बहुमत और समर्थन नामांकन के दौरान खुरई से भाजपा विधायक और पूर्व मंत्री भूपेंद्र सिंह का एक बड़ा बयान सामने आया। उन्होंने पार्टी की मजबूत स्थिति पर भरोसा जताते हुए कहा- बीजेपी की तैयारी पूरी है, अगर पार्टी तीसरा कैंडिडेट भी चुनाव मैदान में उतारती है तो भी हमारी जीत तय है। हमारे पास पूरा बहुमत और समर्थन है। प्रदेश भाजपा कार्यालय पहुंचे लोक निर्माण मंत्री राकेश सिंह ने पार्टी के घोषित उम्मीदवारों पर भरोसा जताते हुए कहा कि भाजपा ने ऐसे प्रत्याशियों को मैदान में उतारा है, जिन्होंने जमीन पर रहकर संगठन के लिए लंबे समय तक काम किया है।