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शिक्षा कैलेंडर अपडेट: राजस्थान में 35 दिन की गर्मी छुट्टी, पढ़ाई के दिन बढ़े

 जयपुर अगर आप राजस्थान के स्कूलों में पढ़ते हैं या पढ़ाते हैं, और गर्मियों की लंबी छुट्टियों में नानी के घर जाने या पहाड़ों पर घूमने की लंबी प्लानिंग कर रहे हैं… तो थोड़ा रुक जाइए. क्योंकि इस बार आपकी छुट्टियों पर सरकार ने थोड़ी 'कैंची' चला दी है. हाल ही में शिक्षा विभाग ने सत्र 2026-2027 के लिए शिविरा पंचांग (Academic Calendar 2026-27) जारी कर दिया है. सबसे बड़ी अपडेट यह है कि इस बार ग्रीष्मावकाश यानी गर्मियों की छुट्टियां 17 मई, 2026 से शुरू होकर 20 जून, 2026 तक ही रहेंगी. यानी, जहां पहले 40 से 45 दिनों तक (30 जून तक) की लंबी छुट्टियां मिलती थीं, वहीं अब बच्चों को चिलचिलाती गर्मी में महज 35 दिन ही घर पर एंजॉय करने को मिलेंगे. आखिर सरकार ने छुट्टियां कम क्यों कीं? इसके पीछे दो बहुत बड़े और दिलचस्प कारण हैं. शिक्षा मंत्री मदन दिलावर ने हाल ही में जयपुर के शिक्षा संकुल में शिक्षक संगठनों के साथ एक अहम बैठक की. फोकस एक ही था- शिक्षा की गुणवत्ता में सुधार और बच्चों की सुरक्षा. इसी को ध्यान में रखते हुए इस बार शिक्षण दिवसों (Teaching Days) को बढ़ाकर 214 दिन कर दिया गया है. जब पढ़ाई के दिन बढ़ेंगे, तो जाहिर सी बात है कि छुट्टियों के दिन तो कम होंगे ही. दूसरा कारण 'अंतरराष्ट्रीय योग दिवस' को माना जा रहा है जो हर साल 21 जून को मनाया जाता है. पहले होता यह था कि स्कूल 30 जून तक बंद रहते थे, और योग दिवस के लिए टीचर्स और स्टूडेंट्स को छुट्टियों के बीच में एक दिन के लिए स्कूल आना पड़ता था. यह किसी सिरदर्द से कम नहीं था. लेकिन अब मास्टरस्ट्रोक देखिए. छुट्टियां 20 जून को ही खत्म हो रही हैं. यानी 21 जून को स्कूल खुलेंगे और सभी लोग एक साथ मिलकर बिना किसी छुट्टी कैंसल होने की टेंशन के, आराम से योगाभ्यास कर सकेंगे. 46 डिग्री के पार पहुंचा पारा, जैसलमेर सबसे गर्म राजस्थान के टेम्परेचर की बात करें तो इस वक्त जैसलमेर सबसे गर्म है. यहां तापमान 46.4 डिग्री सेल्सियस पर पहुंच गया है. इसी तरह बाड़मेर में 46.0 डिग्री, कोटा में 45.7 डिग्री और चूरू में तापमान 45.3 डिग्री सेल्सियस तक पहुंच गया है. IMD जयपुर के लेटेस्ट अपडेट के अनुसार, अगले 3 से 4 दिनों तक पश्चिमी और उत्तर-पूर्वी राजस्थान के कई हिस्सों में हीटवेव (लू) चलने की चेतावनी जारी की गई है, जिसके चलते उत्तर-पश्चिमी जिलों में कुछ स्थानों पर पारा 44 से 45 डिग्री तक पहुंच सकता है. हालांकि पश्चिमी और उत्तरी भागों में आज दोपहर बाद मेघगर्जन के साथ धूलभरी आंधी चल सकती है और कुछ स्थानों पर हल्की बूंदाबांदी होने के आसार हैं, जिससे यहां गर्मी से मामूली राहत मिल सकती है. सरकार ने बदला स्कूलों का बदला समय इस भीषण गर्मी को देखते हुए कई जिलों में स्कूलों के समय में बदलाव किया गया है. जयपुर, कोटा, चित्तौड़गढ़, जैसलमेर और दौसा में बच्चों को राहत देने के लिए सुबह की शिफ्ट में कक्षाएं चलाई जा रही हैं. कोटा में 12वीं कक्षा तक का समय सुबह 7:30 से 12:30 बजे तक कर दिया गया है. वहीं, दौसा में 8वीं कक्षा तक के लिए 24 अप्रैल से 2 मई तक समय सुबह 7:30 से 12:00 बजे रहेगा. जैसलमेर और चित्तौड़गढ़ में भी 8वीं तक के बच्चों का समय सुबह 7:30 से 12:00 बजे तक तय किया गया है. लू से बचने के लिए राजस्थान सरकार की गाइडलाइन राजस्थान सरकार के आपदा प्रबंधन विभाग ने स्पष्ट किया है कि इस भीषण लू में जरा सी लापरवाही भारी पड़ सकती है. लू से बचाव के लिए आमजन से कहा गया है कि दोपहर 12 बजे से 3 बजे के बीच अनावश्यक रूप से घर से बाहर न निकलें. जरूरी होने पर हल्के रंग के सूती और ढीले कपड़े पहनें, और सिर को हमेशा छाते या कपड़े से ढककर रखें. पर्याप्त पानी पिएं. ओआरएस (ORS), लस्सी, छाछ और नींबू पानी का सेवन बढ़ाएं. शराब, चाय, कॉफी और सोडा जैसे पेय पदार्थों से परहेज करें, क्योंकि ये डिहाइड्रेशन बढ़ाते हैं. बच्चों और पालतू जानवरों को भूलकर भी बंद खड़ी गाड़ी में अकेला न छोड़ें, अंदर का तापमान तेजी से बढ़ना जानलेवा साबित हो सकता है. चक्कर आने, कमजोरी या बेहोशी (हीट स्ट्रोक) की स्थिति में मरीज के शरीर को गीले कपड़े से पोंछें और तुरंत टोल-फ्री नंबर 108 या 112 पर कॉल करें.

सर्दियों की छुट्टियों का शेड्यूल जारी, राज्यों के स्कूलों में छुट्टियों की लिस्ट देखें

नई दिल्ली कड़कती ठंड की शुरुआत के साथ ही बच्चों को स्कूल भेजना किसी बड़े टास्क से कम नहीं होता है. उत्तर भारत में तो सर्दी ने अपना प्रचंड रूप दिखाना शुरू भी कर दिया है. तापमान में लगातार गिरावट देखी जा रही है. दिल्ली एनसीआर में वायु प्रदूषण का स्तर बढ़ता जा रहा है. बढ़ते AQI से खतरा मंडरा रहा है और सर्द हवाएं भी घर से निकलना मुश्किल कर रही हैं. ऐसे में बच्चों समेत अभिभावक और शिक्षकों को स्कूल की छुट्टी का इंतजार है जो बस अब खत्म होने जा रहा है. देश के अलग-अलग राज्यों में स्कूल की छुट्टी का ऐलान कर दिया गया है. आइए लिस्ट के जरिए जानते हैं कि किस राज्य में कब से सर्दियों की छुट्टियां होंगी? सर्दियों की छुट्टी से सिर्फ छात्रों की मौज नहीं सर्दियों की छुट्टी का मतलब ये नहीं है कि सिर्फ स्कूल के बच्चों के लिए है बल्कि अभिभावक और शिक्षकों के लिए भी एक ब्रेक टाइम होता है. बच्चों के साथ समय बिताने के लिए माता-पिता को भी टाइम मिलता है और हॉलिडे ट्रिप प्लान कर सकते हैं. जबकि, शिक्षकों के लिए भी एक रेस्ट टाइम होता है जो सर्दियों की छुट्टी में अपना समय आराम के साथ गुजार सकते हैं. भारत में कब से है स्कूलों में सर्दियों की छुट्टी? आमतौर पर हर साल दिसंबर के आखिरी सप्ताह से लेकर जनवरी के पहले या दूसरे सप्ताह तक सर्दियों की छुट्टी रहती है. लगभग 10 से 15 दिनों के लिए स्कूलों को बंद किया जाता है. सर्दियों से बच्चों की सुरक्षा के लिए उत्तरी भारत में स्कूलों की छुट्टी का लगभग सभी राज्यों द्वारा ऐलान कर दिया गया है. राज्यवार सर्दियों की छुट्टियों की तारीखों की लिस्ट उत्तर प्रदेश:– 20 दिसंबर से 31 दिसंबर 2025 तक पंजाब:- 22 दिसंबर 2025 से 10 जनवरी 2026 तक मध्य प्रदेश:- 23 दिसंबर 2025 से छुट्टियों की आखिरी तारीख हर जिले में तारीख अलग-अलग हो सकती है. ओडिशा:- 23 दिसंबर 2025 से 1 जनवरी 2026 तक हिमाचल प्रदेश:- 31 दिसंबर 2025 से छुट्टियों की आखिरी तारीख सभी जिलों में अलग-अलग हो सकती है. दिल्ली:– 1 जनवरी से 15 जनवरी 2026 तक हरियाणा:- 1 जनवरी से 15 जनवरी 2026 तक जम्मू-कश्मीर:- 22 दिसंबर 2025 से 10 जनवरी 2026 तक देश के सभी केंद्रीय विद्यालयों में सर्दियों की छुट्टियां 23 दिसंबर 2025 से 1 जनवरी 2026 तक रहेगी। स्कूलों में सर्दियों की लास्ट डेट के कंफर्मेशन के लिए स्कूल प्रशासन से भी संपर्क कर सकते हैं. 

मध्यप्रदेश में दिसंबर में स्कूलों की छुट्टियों की तारीखें घोषित, देखें पूरी लिस्ट

भोपाल  दिसंबर की शुरुआत के साथ ही छात्रों में छुट्टियों का रोमांच बढ़ जाता है। इस महीने में जहां क्रिसमस का निर्धारित अवकाश रहता है, वहीं सबसे ज़्यादा इंतजार होता है शीतकालीन छुट्टियों का। मध्य प्रदेश के शैक्षणिक कैलेंडर के आधार पर दिसंबर 2025 की संभावित छुट्टियों का अनुमान लगा लिया गया है। दिसंबर 2025 में संभावित छुट्टियां — पूरी डिटेल शीतकालीन अवकाश  मध्य प्रदेश में सर्दियों की छुट्टियां हर साल लगभग 10–12 दिनों की होती हैं। इस बार संभावित रूप से स्कूल 23 दिसंबर से 31 दिसंबर 2025 तक बंद रहेंगे। कुछ जिलों में यह अवकाश जनवरी के पहले सप्ताह तक भी बढ़ सकता है। यह आदेश प्रदेशभर के सरकारी और प्राइवेट दोनों ही स्कूलों में लागू होता है। 10वीं-12वीं के लिए स्कूल रहेंगे खुले दिसंबर में बोर्ड परीक्षा की तैयारी का अहम समय होता है। बोर्ड परीक्षा से पहले स्कूल में होने वाली परीक्षाएं 15 दिसंबर से 29 दिसंबर 2025 के बीच चलेंगी। जिन छात्रों की परीक्षाएं होंगी, उनके लिए स्कूल निर्धारित तिथियों पर खुले रहेंगे, ताकि तैयारी और परीक्षा दोनों सुचारू रूप से चल सकें।  क्रिसमस डे — अनिवार्य अवकाश 25 दिसंबर, क्रिसमस के दिन सभी स्कूलों में निश्चित सार्वजनिक अवकाश रहेगा। यह तारीख हर साल फिक्स होती है। सर्दियों की छुट्टियां क्यों होती हैं जरूरी? कड़ाके की ठंड को देखते हुए छात्रों के स्वास्थ्य और सुरक्षा को ध्यान में रखकर राज्य सरकार हर साल ये अवकाश घोषित करती है। यह समय बच्चों के लिए आराम, त्योहारों की खुशियां और नए साल की तैयारियों का होता है। दिसंबर 2025 में एमपी के स्कूलों में— 23 से 31 दिसंबर तक संभावित विंटर वेकेशन 25 दिसंबर को क्रिसमस की अनिवार्य छुट्टी  10वीं-12वीं बोर्ड परीक्षार्थियों के लिए स्कूल खुले यह महीना छात्रों और अभिभावकों दोनों के लिए त्योहारों और छुट्टियों से भरा होगा।