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‘योग को बनाइए जीवन का हिस्सा’ योग दिवस पर मुख्यमंत्री सम्राट चौधरी का बिहारवासियों से आह्वान

पटना आज पूरे देश और दुनिया के साथ-साथ बिहार में भी अंतर्राष्ट्रीय योग दिवस की धूम बेहद उत्साह के साथ देखी जा रही है। इस खास मौके पर राजधानी पटना के कंकड़बाग स्थित पाटलिपुत्र खेल परिसर में राज्य स्तरीय मुख्य योग समारोह का भव्य आयोजन किया गया। इस वर्ष योग दिवस की थीम "स्वस्थ आयु के लिए योग" (Yoga for Healthy Ageing) रखी गई थी, जिसका उद्देश्य बढ़ती उम्र में स्वस्थ और सक्रिय जीवनशैली को बढ़ावा देना है। मुख्यमंत्री सम्राट चौधरी के साथ इस सामूहिक योग शिविर में बिहार के स्वास्थ्य मंत्री निशांत कुमार, केंद्रीय मंत्री राजीव रंजन सिंह उर्फ ललन सिंह और पूर्व स्वास्थ्य मंत्री मंगल पांडेय समेत कई वीवीआईपी नेताओं, प्रशासनिक अधिकारियों और हजारों की संख्या में आम लोगों व खेल प्रेमियों ने एक साथ मिलकर विभिन्न योगासन और प्राणायाम किए। मुख्यमंत्री सम्राट चौधरी और स्वास्थ्य मंत्री निशांत कुमार ने किया योग कंकड़बाग खेल परिसर के विशाल मैदान में आयोजित इस भव्य शिविर में मुख्यमंत्री सम्राट चौधरी और सूबे के स्वास्थ्य मंत्री निशांत कुमार योग के रंग में पूरी तरह रंगे नजर आए। दोनों नेताओं ने आम लोगों के साथ चटाई पर बैठकर अनुलोम-विलोम, कपालभाति, भ्रामरी और सूर्य नमस्कार जैसे कई महत्वपूर्ण योगासनों का अभ्यास किया। इस दौरान मंच से संबोधित करते हुए मुख्यमंत्री सम्राट चौधरी ने कहा कि योग हमारी प्राचीन सनातन संस्कृति का एक अनमोल उपहार है, जो शरीर और मन दोनों को पूरी तरह संतुलित रखता है। उन्होंने बिहारवासियों से अपील की कि वे योग को केवल एक दिन का उत्सव न बनाएं, बल्कि इसे अपने दैनिक जीवन का अनिवार्य हिस्सा बनाएं ताकि एक स्वस्थ और समृद्ध बिहार का निर्माण किया जा सके ललन सिंह और मंगल पांडेय भी रहे मौजूद इस राज्य स्तरीय योग महोत्सव में जेडीयू के वरिष्ठ नेता व केंद्रीय मंत्री ललन सिंह और भाजपा के कद्दावर नेता व पूर्व स्वास्थ्य मंत्री मंगल पांडेय मौजूद रहे। वहीं, बिहार के स्वास्थ्य मंत्री निशांत कुमार ने इस मौके पर कहा कि उनका विभाग राज्य के कोने-कोने तक योग और वेलनेस सेंटरों के माध्यम से लोगों को जागरूक करने के लिए पूरी तरह प्रतिबद्ध है। कंकड़बाग पाटलिपुत्र खेल परिसर में सुरक्षा और डॉक्टरों की टीम के पुख्ता इंतजाम किए गए थे और कार्यक्रम के समापन पर सभी गणमान्य लोगों ने निरोग रहने और समाज में सकारात्मकता फैलाने का संकल्प लिया।

‘रोग और बुढ़ापे से बचना है तो योग अपनाइए’ योग दिवस पर सीएम योगी का संदेश

लखनऊ 12 वें अंतरराष्ट्रीय योग दिवस पर पूरा उत्तर प्रदेश योगमय हो गया है। प्रदेश के सभी जिलों में जगह-जगह योग के कार्यक्रम आयोजित किए गए हैं। सुबह-सुबह लोग घरों से निकले और पार्कों, खेल मैदानों, शिक्षण संस्थाओं और अन्य सार्वजनिक स्थलों पर योग करते नज़र आए। राज्यपाल आनंदीबेन पटेल ने राजभवन में और मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने झांसी में योग किया। अंतरराष्ट्रीय योग दिवस के मौके पर रविवार को प्रदेश भर में मंत्रियों, नेताओं के अलावा बड़ी संख्या में आमजन ने भी योगाभ्यास किया। रानी लक्ष्मीबाई के शहर झांसी केू लिए यह दिन बेहद खास रहा। अंतरराष्ट्रीय योग दिवस पर ‘स्वस्थ बुढ़ापे के लिए योग’ थीम के तहत किले की प्राचीर पर सजे योग कार्यक्रम में मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने योगासन किया। उन्होंने करीब 45 मिनट तक अनुलोम-विलोम, सूर्य नमस्कार सहित अन्य योग क्रियाएं कर झांसीवासियों को नियमित योग के माध्यम से निरोग रहने का मंत्र दिया। उन्होंने कहा कि जिसका शरीर योग से तपकर सशक्त हुआ है, वहां न रोग है और न ही बुढ़ापा। यदि रोग, बीमारी और बुढ़ापे से बचना है तो योग को अपनी कार्यशैली का हिस्सा बनाना होगा। मुख्यमंत्री के साथ योग कर बुंदेलखंड के लोग भी स्वयं को गौरवान्वित महसूस कर रहे थे। निर्धारित कार्यक्रम के अनुसार मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ सुबह 5:45 बजे सर्किट हाउस से रवाना हुए और 5:55 बजे किले की तलहटी स्थित परिसर में पहुंचे। सुबह 6 बजे योगाभ्यास शुरू हुआ। उनके साथ लखनऊ से आए प्रशिक्षक अभिषेक मिश्रा, सुधीर प्रजापति, अनुसया नरवरे सहित अन्य प्रशिक्षक मौजूद रहे। उन्होंने मुख्यमंत्री को योगाभ्यास कराया। सीएम योगी आदित्यनाथ ने कहा कि यह उनका सौभाग्य है कि उन्हें वीरांगना रानी लक्ष्मीबाई की ऐतिहासिक नगरी झांसी की धरती पर इस कार्यक्रम में शामिल होने का अवसर मिला। योगाभ्यास से पहले उन्होंने कहा कि भगवान शिव से शुरू हुई इस परंपरा को विभिन्न कालखंडों में योगियों ने पूरी दुिया तक पहुंचाया। हालांकि एक समय ऐसा भी आया जब लोग इसे लगभग विस्मृत कर चुके थे। उन्होंने कहा कि वह प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के आभारी हैं, जिन्होंने भारत की इस महान विरासत और परंपरा को विश्व पटल पर स्थापित किया। इससे 140 करोड़ भारतीयों का सम्मान बढ़ा है। प्रधानमंत्री के प्रयासों के कारण आज देशवासी अपनी विरासत पर गर्व की अनुभूति कर रहे हैं। उन्होंने दोहराया कि यदि रोग, बीमारी और बुढ़ापे से बचना है तो योग को नियमित रूप से अपनी जीवनशैली और कार्यशैली का हिस्सा बनाना होगा।

योग : स्वस्थ मानवता, संतुलित प्रकृति और सतत भविष्य का आधार- राजेन्द्र शुक्ल

भोपाल  भारत की प्राचीन सांस्कृतिक परंपरा ने विश्व को सदैव जीवन जीने की दिशा दी है। "वसुधैव कुटुम्बकम्" का भाव केवल एक दर्शन नहीं, बल्कि मानवता के कल्याण का मार्ग है। इसी परंपरा का अमूल्य उपहार है — योग। आज योग केवल भारत तक सीमित नहीं है, बल्कि सम्पूर्ण विश्व में स्वस्थ, संतुलित और शांतिपूर्ण जीवन का माध्यम बन चुका है। माननीय प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी जी के दूरदर्शी नेतृत्व में संयुक्त राष्ट्र द्वारा 21 जून को "अंतर्राष्ट्रीय योग दिवस" के रूप में मान्यता मिलना भारत की सांस्कृतिक शक्ति और आध्यात्मिक विरासत की वैश्विक स्वीकार्यता का प्रतीक है। यह केवल एक दिवस की औपचारिकता नहीं, बल्कि मानवता को बेहतर भविष्य देने का वैश्विक अभियान है। प्रधानमंत्री जी ने योग को जन-जन तक पहुँचाकर उसे आधुनिक जीवनशैली का हिस्सा बनाया है। आज विश्व के करोड़ों लोग योग को स्वास्थ्य, मानसिक संतुलन और आत्मिक शांति के लिए अपना रहे हैं। योग केवल व्यायाम नहीं, बल्कि जीवन का समग्र विज्ञान आज जब दुनिया जलवायु परिवर्तन, असंतुलित जीवनशैली, मानसिक तनाव और बढ़ती बीमारियों जैसी चुनौतियों का सामना कर रही है, तब योग केवल व्यायाम नहीं, बल्कि जीवन का समग्र विज्ञान बनकर सामने आता है। योग हमें यह सिखाता है कि जीवन केवल उपभोग का नाम नहीं है। भविष्य केवल संसाधनों के दोहन से सुरक्षित नहीं होगा। सतत विकास का अर्थ है — संसाधनों का सजग, संवेदनशील और विवेकपूर्ण उपयोग। प्रकृति का सम्मान और शरीर का सम्मान — दोनों एक-दूसरे से जुड़े हुए हैं। जिस प्रकार प्रकृति के संतुलन को बनाए रखना आवश्यक है, उसी प्रकार अपने शरीर और मन के संतुलन को बनाए रखना भी उतना ही आवश्यक है। योग हमें यही संतुलन सिखाता है। यही कारण है कि प्रधानमंत्री मोदी जी द्वारा दिए गए "Lifestyle for Environment (LiFE)" के मंत्र और योग का दर्शन एक-दूसरे के पूरक हैं। LiFE हमें जिम्मेदार जीवनशैली अपनाने की प्रेरणा देता है और योग उस जीवनशैली को व्यवहार में उतारने की शक्ति देता है।  मानवता का भविष्य उपभोग में नहीं, संयमित और सजग जीवन में निहित आज दुनिया में संसाधनों की प्रतिस्पर्धा बढ़ रही है, लेकिन मानवता का भविष्य केवल अधिक उपभोग में नहीं, बल्कि संयमित और सजग जीवन में निहित है। योग हमें भीतर से अनुशासित बनाता है। यह हमें सिखाता है कि सुख केवल भौतिक उपलब्धियों से नहीं, बल्कि मानसिक संतुलन और आत्मिक शांति से प्राप्त होता है। प्रधानमंत्री जी द्वारा दिए गए "पंच प्रण" के संकल्पों में विकसित भारत का निर्माण, गुलामी की मानसिकता से मुक्ति, विरासत पर गर्व, एकता और नागरिक कर्तव्य का भाव — इन सभी का आधार स्वस्थ और जागरूक नागरिक ही हो सकते हैं। योग इस दिशा में सबसे प्रभावी माध्यम है। जब व्यक्ति शारीरिक और मानसिक रूप से स्वस्थ होगा, तभी वह राष्ट्र निर्माण में अपनी सर्वोत्तम भूमिका निभा सकेगा। "फिट इंडिया मूवमेंट" भी इसी सोच का विस्तार है। स्वस्थ भारत ही सक्षम भारत बन सकता है। आज स्वास्थ्य का अर्थ केवल अस्पताल और उपचार नहीं रह गया है। आधुनिक स्वास्थ्य व्यवस्था का केंद्र अब "Preventive Healthcare" यानी रोगों की रोकथाम बन रहा है। यदि हम अपनी जीवनशैली को संतुलित रखें, नियमित योग करें, मानसिक तनाव को नियंत्रित करें और प्रकृति के अनुरूप जीवन जिएँ, तो अनेक बीमारियों से बचा जा सकता है। मध्यप्रदेश में सरकार स्वास्थ्य सेवाओं को केवल उपचार तक सीमित नहीं रख रही है, बल्कि लोगों को स्वस्थ जीवनशैली अपनाने के लिए प्रेरित कर रही है। योग, आयुष, पोषण, मानसिक स्वास्थ्य और जन-जागरूकता को हम स्वास्थ्य नीति का महत्वपूर्ण हिस्सा बना रहे हैं। हमारा प्रयास है कि नागरिक लंबे जीवन के साथ स्वस्थ, सक्रिय और गरिमापूर्ण जीवन जिएँ। आज विश्व के सामने एक बड़ी चुनौती "मानसिक स्वास्थ्य" भी है। आधुनिक जीवन में भौतिक सुविधाएँ बढ़ी हैं, लेकिन मानसिक शांति कम होती जा रही है। चारों ओर तनाव, प्रतिस्पर्धा, असुरक्षा और असंतुलन दिखाई देता है। ऐसे समय में योग हमें भीतर से जोड़ने का माध्यम बनता है। योग केवल शरीर को स्वस्थ और सशक्त बनाने का अभ्यास नहीं है, बल्कि यह मन, बुद्धि और आत्मा के बीच सामंजस्य स्थापित करने की प्रक्रिया है। जब व्यक्ति स्वयं के भीतर स्थिर होता है, तभी वह समाज और प्रकृति के प्रति संवेदनशील बनता है। योग हमें प्रतिक्रिया नहीं, बल्कि संतुलित दृष्टि सिखाता है। यह हमें बाहरी अराजकता के बीच भी भीतर की शांति खोजने की क्षमता देता है। यही कारण है कि आज योग की आवश्यकता केवल भारत को नहीं, सम्पूर्ण विश्व को है। जलवायु परिवर्तन के इस दौर में भी योग की प्रासंगिकता और बढ़ जाती है। बढ़ता प्रदूषण, असंतुलित खान-पान, निष्क्रिय जीवनशैली और मानसिक तनाव मानव शरीर की प्रतिरोधक क्षमता को प्रभावित कर रहे हैं। योग शरीर की प्राकृतिक प्रतिरोधक क्षमता को मजबूत करता है। यह व्यक्ति को शारीरिक रूप से सक्षम, मानसिक रूप से संतुलित और भावनात्मक रूप से स्थिर बनाता है। स्वस्थ मानव संसाधन ही किसी राष्ट्र की सबसे बड़ी पूंजी होते हैं। केवल आर्थिक संसाधन किसी देश को महान नहीं बनाते। यदि नागरिक स्वस्थ, जागरूक, अनुशासित और सकारात्मक होंगे, तभी राष्ट्र दीर्घकालिक विकास की दिशा में आगे बढ़ सकेगा। इसलिए योग केवल व्यक्तिगत अभ्यास नहीं, बल्कि राष्ट्र निर्माण का भी माध्यम है। आज आवश्यकता है कि हम योग को एक दिवस तक सीमित न रखें, बल्कि उसे दैनिक जीवन का हिस्सा बनाएँ। बच्चों से लेकर युवाओं और वरिष्ठ नागरिकों तक, हर आयु वर्ग के लिए योग उपयोगी है। विशेष रूप से वृद्धजन स्वास्थ्य और जेरियाट्रिक केयर के संदर्भ में योग की भूमिका अत्यंत महत्वपूर्ण है। स्वस्थ और शांतिपूर्ण वृद्धावस्था केवल चिकित्सा से नहीं, बल्कि संतुलित जीवनशैली से संभव है। योग वरिष्ठ नागरिकों को सक्रिय, आत्मनिर्भर और मानसिक रूप से सकारात्मक बनाए रखने में महत्वपूर्ण भूमिका निभाता है। भारत ने सदैव विश्व को केवल विचार नहीं, बल्कि जीवन का मार्ग दिया है। योग उसी मार्ग का प्रकाश है। यह शरीर, मन, समाज और प्रकृति — सभी के बीच संतुलन स्थापित करने की प्रक्रिया है। यदि मानवता को स्वस्थ, शांतिपूर्ण और सतत भविष्य की ओर बढ़ना है, तो योग को जीवन का हिस्सा बनाना ही होगा। आइए, हम सब योग को केवल अभ्यास नहीं, बल्कि जीवन दर्शन के रूप में अपनाएँ और स्वस्थ मानवता, संतुलित प्रकृति तथा विकसित भारत के निर्माण में अपनी भूमिका निभाएँ।  

राजस्थान विधानसभा अध्यक्ष वासुदेव देवनानी के नेतृत्व में योग दिवस के उपलक्ष्य में अधिकारी हुए शामिल

 जयपुर अंतर्राष्ट्रीय योग दिवस-2026 के उपलक्ष्य में राजस्थान विधानसभा परिसर स्थित कर्तव्य द्वार पर शुक्रवार प्रातः 6 बजे सामूहिक योग कार्यक्रम योगोत्‍सव का आयोजन किया गया। राजस्थान विधानसभा अध्यक्ष वासुदेव देवनानी के नेतृत्व में आयोजित इस कार्यक्रम में विधायकगण, विधानसभा सचिवालय के अधिकारी एवं कर्मचारियों ने उत्साहपूर्वक भाग लिया।  इस अवसर पर विधानसभा अध्यक्ष देवनानी ने कहा कि योग केवल व्यायाम नहीं, बल्कि शरीर, मन और आत्मा के बीच सामंजस्य स्थापित करने वाली भारतीय संस्कृति की अमूल्य धरोहर है। योग स्वस्थ शरीर, संतुलित मन एवं सकारात्मक जीवन दृष्टि प्रदान करता है। शारीरिक समन्वय, मानसिक एकाग्रता और आत्मविश्वास को बढ़ाता है। देवनानी ने कहा कि आज की भागदौड़ भरी जीवनशैली में योग तनावमुक्त जीवन, रोग प्रतिरोधक क्षमता में वृद्धि तथा स्वस्थ समाज के निर्माण का प्रभावी माध्यम है। उन्होंने सभी नागरिकों से योग को दैनिक जीवन का अभिन्न अंग बनाने का आह्वान किया।   सामूहिक योगाभ्यास की शुरुआत देवनानी ने दीप प्रज्‍ज्‍वलन के साथ किया। कार्यक्रम में विधायक गोपाल शर्मा, गोपीचन्‍द मीणा, हरि सिंह रावत, शंकर सिंह रावत, ताराचन्‍द जैन, श्रीमती गीता बरवड और श्रीमती शोभा रानी कुशवाहा मौजूद थे। वैदिक मंगलाचरण एवं प्रार्थना के साथ सूक्ष्म व्यायाम जैसी शिथिलीकरण क्रियाएं कराई गई। योगाचार्य सत्‍यपाल सिंह और योगाचार्य मेघसिंह ने सामान्‍य योग प्रोटोकाल के अनुरूप योगासन, प्राणायम, ध्‍यान और शांतिपाठ कराया। ताड़ासन, वृक्षासन, अर्धचक्रासन, पादहस्तासन एवं त्रिकोणासन का अभ्यास खडे होकर कराया गया। भद्रासन, वज्रासन, उष्‍ट्रासन, शशकासन, उन्‍तानमंडूकासन, वक्रासन और अर्ध-उष्ट्रासन का अभ्यास बैठकर कराया गया। उदर के बल लेट कर मकरासन, भुजंगासन, शलभासन, वहीं पीठ के बल लेट कर किए जाने वाले आसनों में सेतुबंधासन, उत्तानपादासन, अर्ध-हलासन, पवनमुक्तासन एवं शवासन का अभ्यास कराया गया। योगाभ्यास के दौरान प्रतिभागियों ने प्राणायाम एवं ध्यान की विभिन्न विधियों का भी अभ्यास किया, जिससे शारीरिक स्फूर्ति, मानसिक शांति और आत्मिक संतुलन का अनुभव प्राप्त हुआ।  कार्यक्रम का समापन देवनानी ने सामूहिक संकल्प के साथ किया। देवनानी ने विश्व कल्याण, मानव एकता और स्वस्थ जीवन की कामना के साथ योग ‘वसुधैव कुटुम्बकम्’ की भावना को सशक्त बनाते हुए सम्पूर्ण मानवता को स्वस्थ, सद्भाव और संतुलित जीवन को दिशा प्रदान करने का संकल्‍प कराया। योग कार्यक्रम में प्रमुख सचिव भारत भूषण शर्मा, विशिष्‍ट सहायक के.के. शर्मा सहित विधानसभा सचिवालय के अधिकारीगण, कर्मचारीगण एवं अन्य गणमान्यजन उपस्थित थे।  

योग दिवस पर छत्तीसगढ़ में भव्य कार्यक्रम, राज्यपाल और मुख्यमंत्री करेंगे शिरकत

रायपुर. योग दिवस पर इस बार 21 जून को “स्वस्थ आयु के लिए योग” थीम पर सामूहिक योगाभ्यास आयोजित होगा। छत्तीसगढ़ शासन द्वारा 21 जून अंतर्राष्ट्रीय योग दिवस के आयोजन को लेकर जिला मुख्यालयों से लेकर ग्राम पंचायत स्तर तक तैयारियां जिला प्रशासन की देखरेख में अंतिम चरण में हैं। जिला मुख्यालयों में आयोजित सामूहिक योगाभ्यास के कार्यक्रम में राज्यपाल, मुख्यमंत्री, उपमुख्यमंत्री द्वय, मंत्रीगण, सांसद एवं विधायकगण मुख्य अतिथि होंगे। छत्तीसगढ़ सामान्य प्रशासन विभाग द्वारा जारी आदेश के अनुसार जिला मुख्यालयों में आयोजित होने वाले सामूहिक योगाभ्यास में मुख्य अतिथि नामांकित किया गया है। राज्यपाल रमेन डेका के मुख्य आतिथ्य में 21 जून को राजधानी रायपुर में अंतर्राष्ट्रीय योग दिवस के मौके पर सामूहिक योगाभ्यास का कार्यक्रम आयोजित होगा। मुख्यमंत्री विष्णु देव साय के मुख्य आतिथ्य में सरगुजा जिले में सुबह 7 बजे सामूहिक योगाभ्यास होगा। इस कार्यक्रम की अध्यक्षता माननीय मंत्री श्याम बिहारी जायसवाल करेंगे। जारी आदेश के तहत केंद्रीय राज्य मंत्री तोखन साहू बिलासपुर में, उप मुख्यमंत्री अरुण साव दुर्ग में, उप मुख्यमंत्री विजय शर्मा कबीरधाम, विधानसभा अध्यक्ष डॉ. रमन सिंह राजनांदगांव में 21 जून 2026 को आयोजित होने वाले अंतर्राष्ट्रीय योग दिवस के अवसर पर जिला मुख्यालय में आयोजित होने वाले मुख्य कार्यक्रम के लिए मुख्य अतिथि होंगें। इसी प्रकार कोरिया जिले में मंत्री रामविचार नेताम, महासमुंद जिले में मंत्री दयालदास बघेल, सुकमा जिले में मंत्री केदार कश्यप, कांकेर जिले में मंत्री लखन लाल देवांगन, जांजगीर-चांपा जिले में मंत्री ओपी चौधरी, सारंगढ़-बिलाईगढ़ जिले में मंत्री टंकराम वर्मा, बलरामपुर-रामानुजगंज जिले में मंत्री लक्ष्मी राजवाड़े, जशपुर जिले में मंत्री राजेश अग्रवाल, कोरबा जिले में मंत्री गुरु खुशवंत साहेब और बालोद जिले में मंत्री गजेन्द्र यादव मुख्य अतिथि बनाए गए हैं। विभिन्न जिलों में योग दिवस के गरिमामय आयोजन की कमान माननीय सांसदों और विधायकों में बलौदाबाजार-भाटापारा जिले में सांसद बृजमोहन अग्रवाल, बेमेतरा जिले में सांसद विजय बघेल, मोहला-मानपुर-चौकी जिले में सांसद संतोष पांडेय 21 जून 2026 को आयोजित होने वाले अंतर्राष्ट्रीय योग दिवस के अवसर पर मुख्य अतिथि होंगे। इसी प्रकार सूरजपुर जिले में सांसद चिंतामणी महाराज, गरियाबंद जिले में सांसद रूपकुमारी चौधरी, रायगढ़ जिले में सांसद राधेश्याम राठिया, जांजगीर जिले में सांसद कमलेश जांगड़े, नारायणपुर जिले में सांसद महेश कश्यप और कोण्डागांव जिले में सांसद भोजराज नाग 21 जून को आयोजित होने वाले अंतर्राष्ट्रीय योग दिवस के अवसर पर मुख्य अतिथि होंगे। वहीं बीजापुर जिले में विधायक सुलता उसेंडी, खैरागढ़-छुईखदान-गंडई जिले में विधायक ललित चंद्राकर, गौरेला-पेण्ड्रा-मरवाही जिले में विधायक प्रणव कुमार मरपच्ची, मुंगेली जिले में विधायक पुन्नूलाल मोहले, धमतरी जिले में विधायक अजय चंद्राकर, मनेंद्रगढ़-चिरमिरी-भरतपुर जिले में विधायक रेणुका सिंह, बस्तर जिले में विधायक किरण सिंह देव और दंतेवाड़ा जिले में विधायक चैतराम अटामी मुख्य अतिथि बनाए गए हैं।

International Yoga Day 2026: गुरु नानक स्टेडियम में जुटेंगे 2000 योग साधक, भव्य आयोजन की तैयारी

अमृतसर पंजाब सरकार की स्वास्थ्य पहल सीएम की योगशाला के अंतर्गत 21 जून को अंतरराष्ट्रीय योग दिवस पूरे प्रदेश में उत्साहपूर्वक मनाया जाएगा। इसी कड़ी में अमृतसर में जिला स्तरीय योग समारोह का आयोजन गुरु नानक स्टेडियम (गांधी ग्राउंड) में किया जाएगा।. इस संबंध में जिला स्तरीय कार्यक्रम की तैयारियों की समीक्षा हेतु अतिरिक्त उपायुक्त (शहरी विकास) रुपिंदरपाल सिंह ने विभिन्न विभागों के अधिकारियों के साथ बैठक की। बैठक के दौरान उन्होंने कार्यक्रम को सफल बनाने के लिए अधिकारियों की जिम्मेदारियां निर्धारित कीं तथा सभी आवश्यक प्रबंध समय पर पूर्ण करने के निर्देश दिए। एडीसी रुपिंदरपाल सिंह ने बताया कि 12वें अंतरराष्ट्रीय योग दिवस को समर्पित यह जिला स्तरीय कार्यक्रम 21 जून को सुबह 6 बजे गुरु नानक स्टेडियम में आयोजित किया जाएगा। कार्यक्रम में योग विशेषज्ञों द्वारा सामूहिक योगाभ्यास कराया जाएगा तथा योग से जुड़े विभिन्न प्रदर्शन और स्वास्थ्य जागरूकता गतिविधियां भी आयोजित की जाएंगी। योग को दैनिक जीवन का हिस्सा बनाने की अपील एडीसी ने कहा कि योग केवल एक शारीरिक व्यायाम नहीं, बल्कि स्वस्थ जीवनशैली अपनाने का प्रभावी माध्यम है। नियमित योगाभ्यास से शारीरिक, मानसिक और भावनात्मक स्वास्थ्य बेहतर होता है तथा अनेक बीमारियों से बचाव संभव है। कार्यक्रम में आम नागरिकों, विद्यार्थियों, योग प्रशिक्षकों, स्वास्थ्य कर्मियों तथा विभिन्न सामाजिक संगठनों के प्रतिनिधियों सहित लगभग 2000 लोगों के शामिल होने की संभावना है। जिला प्रशासन द्वारा कार्यक्रम के लिए सभी आवश्यक सुविधाएं और व्यवस्थाएं सुनिश्चित की जा रही हैं। जागरूक समाज के निर्माण में योग की अहम भूमिका रुपिंदरपाल सिंह ने जिले के नागरिकों से अपील की कि वे 21 जून को प्रातः 5:45 बजे गुरु नानक स्टेडियम पहुंचकर इस आयोजन में भाग लें और योग को अपने दैनिक जीवन का हिस्सा बनाएं। उन्होंने कहा कि अंतरराष्ट्रीय योग दिवस स्वस्थ एवं जागरूक समाज के निर्माण की दिशा में एक महत्वपूर्ण अवसर है।  

अंतर्राष्ट्रीय योग दिवस पर MP में विशेष आयोजन, ‘स्वस्थ आयु के लिए योग’ थीम पर होंगे कार्यक्रम

अन्तर्राष्ट्रीय योग दिवस पर 21 जून को प्रदेश में स्वस्थ आयु के लिए योग थीम पर होगा विशेष कार्यक्रम जिला मुख्यालयों में राज्यपाल, मुख्यमंत्री, उपमुख्यमंत्री, मंत्रीगण, सांसदगण एवं विधायकगण होंगे मुख्य अतिथि सरगुजा में मुख्यमंत्री विष्णु देव साय के मुख्य आतिथ्य में होंगे आयोजन  रायपुर,  21 जून 2026 को इस बार “स्वस्थ आयु के लिए योग” थीम पर सामूहिक योगाभ्यास का कार्यक्रम आयोजित होगा। छत्तीसगढ़ शासन द्वारा 21 जून अंतर्राष्ट्रीय योग दिवस के आयोजन को लेकर  जिला मुख्यालयों से लेकर ग्राम पंचायत स्तर तक तैयारियां पूरी कर ली गई है।  जिला मुख्यालयों में आयोजित सामूहिक योगाभ्यास के कार्यक्रम में राज्यपाल, मुख्यमंत्री, उपमुख्यमंत्री द्वय, मंत्रीगण, सांसद एवं विधायकगण मुख्य अतिथि होंगे। छत्तीसगढ़ सामान्य प्रशासन विभाग द्वारा जारी आदेश के अनुसार जिला मुख्यालयों में आयोजित होने वाले सामूहिक योगाभ्यास में मुख्य अतिथि नामांकित किया गया है।  राज्यपाल रमेन डेका के मुख्य आतिथ्य में 21 जून को राजधानी रायपुर में अंतर्राष्ट्रीय योग दिवस के मौके पर सामूहिक योगाभ्यास का कार्यक्रम आयोजित होगा। मुख्यमंत्री विष्णु देव साय के मुख्य आतिथ्य में सरगुजा जिले में सुबह 7 बजे सामूहिक योगाभ्यास होगा। इस कार्यक्रम की अध्यक्षता माननीय मंत्री श्याम बिहारी जायसवाल करेंगे।          जारी आदेश के तहत केंद्रीय राज्य मंत्री तोखन साहू बिलासपुर में, उप मुख्यमंत्री अरुण साव दुर्ग में, उप मुख्यमंत्री विजय शर्मा कबीरधाम, विधानसभा अध्यक्ष डॉ. रमन सिंह राजनांदगांव में 21 जून 2026 को आयोजित होने वाले अंतर्राष्ट्रीय योग दिवस के अवसर पर जिला मुख्यालय में आयोजित होने वाले मुख्य कार्यक्रम के लिए मुख्य अतिथि होंगें। इसी प्रकार कोरिया जिले में मंत्री रामविचार नेताम, महासमुंद जिले में मंत्री दयालदास बघेल, सुकमा जिले में मंत्री केदार कश्यप, कांकेर जिले में मंत्री लखन लाल देवांगन, जांजगीर-चांपा जिले में मंत्री ओ.पी. चौधरी, सारंगढ़-बिलाईगढ़ जिले में मंत्री टंकराम वर्मा, बलरामपुर-रामानुजगंज जिले में मंत्री श्रीमती लक्ष्मी राजवाड़े, जशपुर जिले में मंत्री राजेश अग्रवाल, कोरबा जिले में मंत्री गुरु खुशवंत साहेब और बालोद जिले में मंत्री गजेन्द्र यादव 21 जून 2026 को आयोजित होने वाले अंतर्राष्ट्रीय योग दिवस के अवसर पर जिला मुख्यालय में आयोजित होने वाले मुख्य कार्यक्रम के लिए मुख्य अतिथि बनाए गए हैं।           विभिन्न जिलों में योग दिवस के गरिमामय आयोजन की कमान माननीय सांसदों और विधायकों  में बलौदाबाजार-भाटापारा जिले में सांसद बृजमोहन अग्रवाल, बेमेतरा जिले में सांसद विजय बघेल, मोहला-मानपुर-चौकी जिले में सांसद संतोष पांडेय 21 जून 2026 को आयोजित होने वाले अंतर्राष्ट्रीय योग दिवस के अवसर पर मुख्य अतिथि होंगे। इसी प्रकार सूरजपुर जिले में सांसद चिंतामणी महाराज, गरियाबंद जिले में सांसद श्रीमती रूपकुमारी चौधरी, रायगढ़ जिले में सांसद राधेश्याम राठिया, जांजगीर जिले में सांसद श्रीमती कमलेश जांगड़े, नारायणपुर जिले में सांसद महेश कश्यप और कोण्डागांव जिले में सांसद भोजराज नाग 21 जून 2026 को आयोजित होने वाले अंतर्राष्ट्रीय योग दिवस के अवसर पर मुख्य अतिथि होंगे। बीजापुर जिले में विधायक सुलता उसेंडी, खैरागढ़-छुईखदान-गंडई जिले में विधायक ललित चंद्राकर, गौरेला-पेण्ड्रा-मरवाही जिले में विधायक प्रणव कुमार मरपच्ची, मुंगेली जिले में विधायक पुन्नूलाल मोहले, धमतरी जिले में विधायक अजय चंद्राकर, मनेंद्रगढ़-चिरमिरी-भरतपुर जिले में विधायक श्रीमती रेणुका सिंह, बस्तर जिले में विधायक किरण सिंह देव और दंतेवाड़ा जिले में विधायक चैतराम अटामी को 21 जून 2026 को आयोजित होने वाले अंतर्राष्ट्रीय योग दिवस के अवसर पर मुख्य अतिथि बनाए गए हैं। सभी जिलों में अंतर्राष्ट्रीय योग दिवस के सामूहिक योग कार्यक्रमों की तैयारियां जिला प्रशासन की देखरेख में अंतिम चरण में हैं।

छत्तीसगढ़ में अंतर्राष्ट्रीय योग दिवस की तैयारियां तेज, मुख्य सचिव ने की उच्च स्तरीय समीक्षा बैठक

छत्तीसगढ़ में 12वें अंतर्राष्ट्रीय योग दिवस की तैयारियां तेज  मुख्य सचिव ने ली उच्च स्तरीय बैठक,  “स्वस्थ आयु के लिए योग” थीम निर्धारित  रायपुर,  छत्तीसगढ़ में आगामी 21 जून को 12वें अंतर्राष्ट्रीय योग दिवस का भव्य आयोजन किया जाएगा। इस वर्ष योग दिवस की थीम “स्वस्थ आयु के लिए योग” निर्धारित की गई है। आयोजन को व्यापक और सफल बनाने के लिए राज्य के मुख्य सचिव विकासशील ने आज मंत्रालय (महानदी भवन) में विभिन्न विभागों के वरिष्ठ अधिकारियों की एक उच्च स्तरीय बैठक ली और तैयारियों की समीक्षा की। सरगुजा में होगा राज्य स्तरीय मुख्य आयोजन          बैठक में अधिकारियों ने बताया कि इस वर्ष अंतर्राष्ट्रीय योग दिवस का संभावित राज्य स्तरीय मुख्य कार्यक्रम सरगुजा जिले में आयोजित होगा। मुख्य सचिव ने अधिकारियों को इसके लिए सभी आवश्यक और पुख्ता तैयारियां समय से पूरी करने के निर्देश दिए हैं। ग्राम पंचायत से लेकर जिला स्तर तक जन-भागीदारी           मुख्य सचिव विकासशील ने निर्देश दिए कि भारत सरकार के आयुष मंत्रालय के दिशा-निर्देशों के अनुरूप राज्य के सभी जिलों में योग कार्यक्रमों का आयोजन किया जाए। राज्य की प्रत्येक ग्राम पंचायत के प्रमुख स्थलों पर अनिवार्य रूप से योगाभ्यास कार्यक्रम आयोजित करने के लिए सभी कलेक्टर्स को निर्देश दिए गए हैं। कार्यक्रम के सफल क्रियान्वयन के लिए आयुष विभाग और समाज कल्याण विभाग के अधिकारियों को आपस में बेहतर समन्वय के साथ काम करने को कहा गया है। जिला स्तर पर अधिक से अधिक जन-सहभागिता सुनिश्चित करने के निर्देश भी दिए गए हैं। NEET परीक्षार्थियों का रखा जाएगा विशेष ध्यान            मुख्य सचिव ने अधिकारियों को सचेत करते हुए कहा कि 21 जून को ही नेशनल टेस्टिंग एजेंसी (NTA) द्वारा नीट (NEET) की पुनः परीक्षा भी आयोजित की जा रही है। इसे ध्यान में रखते हुए यह सुनिश्चित किया जाए कि योग दिवस के आयोजनों के कारण नीट परीक्षा केंद्रों और परीक्षार्थियों को किसी भी तरह की असुविधा या तकलीफ न हो। गिनीज वर्ल्ड रिकॉर्ड बनाने की तैयारी और डिजिटल पंजीयन            आयुष विभाग के अधिकारियों के अनुसार, भारत सरकार द्वारा इस बार व्यापक जनभागीदारी के निर्देश हैं। 14 जून 2026 से सुबह 6.15 बजे से 7.35 बजे तक ऑनलाइन योग अभ्यास सत्र के माध्यम से गिनीज वर्ल्ड रिकॉर्ड बनाने का प्रयास किया जा रहा है। आम नागरिकों की सहभागिता बढ़ाने के लिए टोल-फ्री नंबर 1800-315-7008 जारी किया गया है, जिस पर मिस्ड कॉल देकर आसानी से पंजीयन कराया जा सकता है। अधिकारियों ने  बताया कि आयुष मंत्रालय द्वारा योग संगम पोर्टल-2026 प्रारंभ किया गया है। जिसके माध्यम से विभिन्न संस्थाएं, विभाग, शैक्षणिक संस्थान, स्थानीय निकाय,  स्वायत्तशासी संस्थाएं, सार्वजनिक उपक्रम योग संस्थान एवं सामुदायिक संगठन दिनांक 21 जून 2026 को आयोजित होने वाले अंतर्राष्ट्रीय योग दिवस कार्यक्रमों के लिए पंजीयन एवं  कार्यक्रम के उपरांत विवरण एवं फोटोग्राफ अपलोड किये जा सकते है। शासन के समस्त विभागों के सचिव, विभागाध्यक्ष, संभागायुक्त एवं कलेक्टरों को अधीनस्थ संस्थाओं, कार्यालयों को उक्त पोर्टल पर पंजीयन कराने एवं आयोजन उपरांत कार्यक्रम की जानकारी पोर्टल में अपलोड करने हेतु निर्देशित करने कहा गया है। पंजीयन हेतु वेब पोर्टल https//:yoga.ayush.gov.in/yoga-sangam  है।           मंत्रालय में आयोजित इस महत्वपूर्ण बैठक में वन एवं जलवायु परिवर्तन विभाग के अपर मुख्य सचिव मनोज कुमार पिंगुआ, गृह विभाग की प्रमुख सचिव श्रीमती निहारिका बारिक सिंह, स्कूल शिक्षा विभाग के सचिव डॉ. कमलप्रीत सिंह, आवास एवं पर्यावरण विभाग के सचिव अंकित आनंद समेत नगरीय प्रशासन, वाणिज्यिक कर, कृषि, श्रम और आयुष विभाग के सचिव एवं योग आयोग के वरिष्ठ अधिकारी उपस्थित थे।

योग में बना नया इतिहास, 35 हजार विद्यार्थियों और शिक्षकों ने एक साथ कर रचा विश्व रिकॉर्ड

35 हजार से अधिक छात्रों, प्राध्यापकों ने सामूहिक योग कर बनाया विश्व रिकॉर्ड प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी के आह्वान पर मालवांचल यूनिवर्सिटी में आयोजित हुआ योग महोत्सव इंदौर प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी के आह्वान पर आयुष मंत्रालय द्वारा अंतर्राष्ट्रीय योग दिवस की तैयारियों के अंतर्गत देशभर में आयोजित किए जा रहे योग महोत्सव एवं काउंटडाउन कार्यक्रमों की श्रृंखला की शुरूआत हो गई है।  नेमावर रोड़ स्थित मालवांचल यूनिवर्सिटी इंदौर में सामूहिक योग महोत्सव का आयोजन किया गया। इस कार्यक्रम में प्रधानमंत्री के योगगुरू एवं एस. व्यासा यूनिवर्सिटी के कुलगुरू पद्मडॉ. एच. आर. नागेन्द्र, उच्च शिक्षा, तकनीकी शिक्षा एवं आयुष मंत्री इंदरसिंह परमार, नगरीय प्रशासन एवं आवास मंत्री कैलाश विजयवर्गीय, जल संसाधन मंत्री तुलसीराम सिलावट, संस्थान के डायरेक्टर सुरेश सिंह भदोरिया, डॉ. मयंक भदोरिया, डॉ. दीप्ति सिंह हाड़ा सहित अमलतास तथा इंडेक्स समूह संस्थानों के छात्र, नागरिक और सामाजिक संगठन आदि शामिल हुए। कार्यक्रम में मालवांचल एवं अमलतास यूनिवर्सिटी के 35 हजार से अधिक विद्यार्थियों ने सामूहिक योग कर विश्व रिकॉर्ड बनाया। विद्यार्थियों के साथ योगगुरू पद्मडॉ. एच. आर. नागेन्द्र, उच्च शिक्षा, तकनीकी शिक्षा एवं आयुष मंत्री इंदरसिंह परमार, नगरीय प्रशासन एवं आवास मंत्री कैलाश विजयवर्गीय, जल संसाधन मंत्री तुलसीराम सिलावट, संस्थान के डायरेक्टर सुरेश सिंह भदोरिया, डॉ. मयंक भदोरिया ने भी सामूहिक योग किया। इस मौके पर अपने संबोधन में योगगुरू पद्मडॉ. एस. आर. नागेन्द्र ने कहा कि प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी की योग के प्रति रूचि और आस्था के चलते योग आज पूरी दुनिया में फैल गया है। भारत में 30 करोड़ लोग आज से जुड़े हैं और यह संख्या दिनों-दिन बढ़ती ही जा रही है। मध्यप्रदेश देश का हृदय स्थल है और इंदौर देश का सबसे स्वच्छ शहर है। हमें पूरे मध्यप्रदेश के नागरिकों को योग से जोड़ना है। उन्होंने कहा कि प्रदेश के सभी विश्वविद्यालयों में योग पाठ्यक्रम को शामिल किया जाए। इस बार अंतर्राष्ट्रीय योग दिवस पर एक बड़ा योग का कार्यक्रम कलकता में किया जाएगा। योग केवल आसन नहीं है बल्कि एक जीवन पद्धति है। योग करने से व्यक्ति स्वस्थ रहता है और उसके सम्पूर्ण व्यक्तित्व का विकास होता है। उल्लेखनीय है कि प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के दूरदर्शी नेतृत्व में वर्ष 2015 से अंतर्राष्ट्रीय योग दिवस का आयोजन विश्व स्तर पर निरंतर विस्तार प्राप्त कर रहा है। आज यह दिवस 190 से अधिक देशों में मनाया जा रहा है और लाखों लोग योग को अपने दैनिक जीवन का हिस्सा बना रहे हैं। इस मौके पर प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी के द्वारा अंतर्राष्ट्रीय योग दिवस के पूर्व दिए गए संदेश में कहा गया कि योग भारत की प्राचीन ज्ञान परम्परा का वह अमूल्य उपहार है जिसने सम्पूर्ण विश्व को समरसता और स्व से समष्टि तक की यात्रा का मार्ग दिखाया है। आज योग दुनिया के करोड़ों लोगों के सकारात्मक परिवर्तन का आधार बन रहा है। शरीर को स्वस्थ बनाने के साथ मन को स्थिरता, बुद्धि को स्पष्टता और जीवन को उद्देश्य प्रदान करने वाली योग एक जीवन पद्धति है। इस वर्ष अंतर्राष्ट्रीय योग दिवस की थीम "योग फॉर हेल्दी एजिंग" है। योग हमें हर आयु में शारीरिक सक्रियता, मानसिक संतुलन और सकारात्मक दृष्टिकोण प्रदान कर उनके बीमारियों से बचाव और लड़ने में मदद करता है। प्राचार्य श्रीमती रेशमा खुराना ने बताया कि आज का यह योग महोत्सव संस्थान के 11 जोन में एक साथ किया गया, जिसमें मालवांचल, अमलतास एवं इंडेक्स संस्थान के 35 हजार से अधिक छात्र-छात्राओं ने सामूहिक योग किया। कार्यक्रम में योगगुरु पद्मडॉ. एच. आर. नागेन्द्र की उपस्थिति में नगरीय प्रशासन मंत्री कैलाश विजयवर्गीय द्वारा मालवांचल यूनिवर्सिटी के प्रमुख भदोरिया को योग का विश्व रिकॉर्ड बनने पर प्रमाण-पत्र भेंट किया गया। इस मौके पर संस्थान के प्राध्यापक, विद्यार्थी एवं नागरिक बड़ी संख्या में उपस्थित थे।  

CM डॉ. यादव बोले- योग और खजुराहो हमारी सांस्कृतिक विरासत के मजबूत स्तंभ

योग और खजुराहो दोनों भारतीय संस्कृति के हैं अभिन्न स्तंभ : मुख्यमंत्री डॉ. यादव विश्व धरोहर खजुराहो में हुआ “योग महोत्सव 2026” मुख्यमंत्री डॉ. यादव ने कार्यक्रम को वीडियो संदेश से किया संबोधित भोपाल मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव ने कहा है कि भारतीय योग परम्परा को सांस्कृतिक मूल्यों से जोड़कर स्वस्थ, जागरूक एवं आध्यात्मिक रूप से समृद्ध समाज के निर्माण की दिशा में लगातार प्रयास किए जा रहे हैं। उन्होंने कहा कि योग और खजुराहो, दोनों ही सदियों से भारतीय संस्कृति के अभिन्न स्तंभ रहे हैं। हमारी सरकार योग के प्रचार के लिए सभी जरूरी कदम उठा रही है। योग को प्रदेश के घर-घर तक पहुंचाने के लिए आयुष विभाग द्वारा इन दिनों ''घर-घर योग-हर व्यक्ति निरोग" अभियान भी चलाया जा रहा है। मुख्यमंत्री डॉ. यादव ने बुधवार को अंतर्राष्ट्रीय योग दिवस-2026 के 25 दिवसीय काउंटडाउन के अवसर पर यूनेस्को द्वारा घोषित विश्व धरोहर स्थल खजुराहो में आयोजित “योग महोत्सव 2026” कार्यक्रम को वीडियो संदेश के जरिए संबोधित किया। वीडियो संदेश में मुख्यमंत्री डॉ. यादव ने कहा कि योग आज सिर्फ एक व्यायाम नहीं, बल्कि 'वन अर्थ-वन हेल्थ' की भावना को साकार करने वाला जीवन दर्शन बन चुका है। मध्यप्रदेश सरकार घर-घर योग हर व्यक्ति निरोध के भाव से योग और आयुष चिकित्सा को जन-जन तक पहुंचाने के लिए कार्य कर रही है। आयुष विभाग के माध्यम से आरोग्य मंदिरों, योग वेलनेस सेंटर्स और विभिन्न जनजागरुकता की गतिविधियों के माध्यम से योग को दैनिक जीवन का हिस्सा बनाने के लिए सफल अभियान चलाया जा रहा है। मुख्यमंत्री डॉ. यादव ने प्रसन्नता व्यक्त करते हुए कहा कि अंतर्राष्ट्रीय योग दिवस से पहले काउंटडाउन इवेंट से देशभर में लाखों लोग जुड़ रहे हैं। आज की युवा पीढ़ी भी योग को सहर्ष स्वीकार कर रही है। हम योग को सांस्कृतिक मूल्यों के साथ जोड़कर एक स्वस्थ, जागरूक और आध्यात्मिक रूप से समृद्ध समाज के निर्माण की दिशा में निरंतर आगे बढ़ रहे हैं। मुख्यमंत्री डॉ. यादव ने कहा कि सबके सहयोग से हम योग को हर नागरिक के जीवन का हिस्सा बनाने की ओर बढ़ रहे हैं। केन्द्रीय आयुष मंत्रालय का यह आयोजन अंतर्राष्ट्रीय योग दिवस-2026 की राष्ट्रव्यापी तैयारियों में एक और महत्वपूर्ण मील का पत्थर साबित हुआ है। यह कार्यक्रम योग के माध्यम से समग्र स्वास्थ्य और कल्याण को बढ़ावा देने के प्रति केन्द्र और राज्य सरकार की प्रतिबद्धता का भी प्रतीक है। मुख्यमंत्री डॉ. यादव ने प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी, केंद्र और राज्य सरकार के आयुष मंत्रालय के अधिकारियों और जिला प्रशासन, छतरपुर को खजुराहो में इस विशेष आयोजन को सफल बनाने के लिए बधाई और शुभकामनाएं दीं। कार्यक्रम को केंद्रीय आयुष और स्वास्थ्य एवं परिवार कल्याण राज्यमंत्री (स्वतंत्र प्रभार) प्रतापराव जाधव, उच्च शिक्षा, आयुष एवं तकनीकी शिक्षा मंत्री इंदर सिंह परमार, संस्कृति एवं पर्यटन राज्यमंत्री (स्वतंत्र प्रभार) धर्मेंद्र सिंह लोधी और सांसद खजुराहो विष्णुदत्त शर्मा ने भी संबोधित किया।