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मुख्यमंत्री ने कालिका माता मंदिर में श्रद्धा भाव से पूजा-अर्चना की

मुख्यमंत्री ने कालिका माता मंदिर में की पूजा-अर्चना  मुख्यमंत्री ने कालिका माता मंदिर में श्रद्धा भाव से पूजा-अर्चना की वीरभूमि को किया प्रणाम, महारानी पद्मावती के जौहरस्थल भी गए सीएम योगी राजस्थान की धरती पर गूंजा ‘योगी-योगी’ चित्तौड़गढ़/लखनऊ  मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ वीरभूमि राजस्थान पहुंचे। उन्होंने जौहर श्रद्धांजलि समारोह में शामिल होने से पहले दुर्ग चित्तौड़गढ़ में ऐतिहासिक कालिका माता मंदिर में दर्शन-पूजन किया। सीएम ने मां को चुनरी भेंटकर श्रद्धा निवेदित की और प्रदेश व देशवासियों के मंगल के लिए प्रार्थना की। इसके बाद सीएम ने राजस्थान की वीरभूमि को नमन किया और महारानी पद्मावती के जौहर स्थल भी गए। मुख्यमंत्री ने यहां की वीरगाथाओं को प्रेरणास्रोत बताते हुए कहा कि हम आज इतिहास बनाने वाली धरती से साक्षात्कार कर रहे हैं। यह त्याग, बलिदान की परिपाटी का प्रतीक है। मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ जब जौहर श्रद्धांजलि समारोह में पहुंचे और मंच पर संबोधन के लिए खड़े हुए तो समूचा समारोह स्थल ‘योगी-योगी’ की गूंज से गुंजायमान हो उठा। इस दौरान केंद्रीय मंत्री गजेंद्र सिंह शेखावत, राजस्थान सरकार के मंत्री राज्यवर्धन सिंह राठौड़ आदि भी मौजूद रहे।

मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ 16 मार्च को लखनऊ में सिंगल क्लिक से लाभार्थियों के खातों में भेजेंगे धनराशि

प्रधानमंत्री आवास योजना (शहरी) 2.0 के तहत 90 हजार लाभार्थियों को पहली किस्त का डीबीटी हस्तांतरण मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ 16 मार्च को लखनऊ में सिंगल क्लिक से लाभार्थियों के खातों में भेजेंगे धनराशि मुख्यमंत्री जी 20 लाभार्थियों को आवास स्वीकृति प्रमाणपत्र करेंगे वितरित, विभिन्न जनपदों के लाभार्थियों से करेंगे वर्चुअल संवाद लखनऊ प्रधानमंत्री आवास योजना शहरी 2.0 के अंतर्गत लाभार्थी आधारित व्यक्तिगत आवास निर्माण के लगभग 90 हजार पात्र लाभार्थियों को मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ प्रथम किस्त जारी करेंगे। वे इस धनराशि को डीबीटी के माध्यम से सीधे लाभार्थियों के बैंक खातों में सिंगल क्लिक के जरिए भेजेंगे। यह कार्यक्रम 16 मार्च को अपराह्न 04.30 बजे लखनऊ में इंदिरा गांधी प्रतिष्ठान के जुपिटर हॉल में आयोजित किया जाएगा। इस अवसर पर मुख्यमंत्री योगी 20 लाभार्थियों को आवास स्वीकृति प्रमाणपत्र भी वितरित करेंगे। इसके साथ ही वे फतेहपुर, गोरखपुर, प्रयागराज, सहारनपुर, महाराजगंज तथा देवरिया के एक–एक लाभार्थी से वीडियो कॉन्फ्रेंसिंग के माध्यम से वर्चुअल संवाद भी करेंगे और उनसे योजना के लाभ एवं अनुभवों के बारे में जानकारी प्राप्त करेंगे।  प्रधानमंत्री आवास योजना शहरी 2.0 एक मांग आधारित योजना है। इसके अंतर्गत सभी पात्र शहरी लाभार्थियों को चरणबद्ध तरीके से आवास निर्माण के लिए वित्तीय सहायता प्रदान की जाती है। इस योजना का उद्देश्य प्रत्येक पात्र परिवार को सुरक्षित एवं पक्का आवास उपलब्ध कराना है, जिससे “सबके लिए आवास” की परिकल्पना को साकार किया जा सके। यह कार्यक्रम केवल धनराशि हस्तांतरण तक सीमित नहीं है, बल्कि प्रदेश सरकार की “सबके लिए आवास” की संकल्पना को धरातल पर उतारने की दिशा में उत्तर प्रदेश की स्पष्ट प्रतिबद्धता का भी प्रतीक है। राज्य सरकार के निरंतर प्रयासों से बड़ी संख्या में शहरी गरीब एवं जरूरतमंद परिवारों को आवास की सुविधा उपलब्ध कराई जा रही है, जिससे उनके जीवन स्तर में सकारात्मक बदलाव आ रहा है।

अपराध और अपराधियों के प्रति जीरो टॉलरेंस नीति के तहत होगी कार्रवाई: मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ

बदायूं सीबीजी प्लांट मामले में मुख्यमंत्री के निर्देश पर एसआईटी गठित बरेली मंडल के मंडलायुक्त की अध्यक्षता में विशेष जांच दल का किया गठन एसआईटी घटना से जुड़े सभी पहलुओं की गहनता से करेगी जांच अपराध और अपराधियों के प्रति जीरो टॉलरेंस नीति के तहत होगी कार्रवाई: मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ सीबीजी प्लांट परिसर की सुरक्षा बढ़ाते हुए वहां पुलिस चौकी की स्थापना कर दी गई है: मुख्यमंत्री बदायूं   जनपद बदायूं स्थित सीबीजी प्लांट में हुई दुर्भाग्यपूर्ण घटना के संबंध में मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ के निर्देश पर बरेली मंडल के मंडलायुक्त की अध्यक्षता में विशेष जांच दल (एसआईटी) का गठन किया गया है। मुख्यमंत्री ने सोशल मीडिया मंच एक्स पर पोस्ट कर कहा है कि मामले में त्वरित कार्रवाई की गई है और घटना की निष्पक्ष व पारदर्शी जांच सुनिश्चित की जाएगी। मुख्यमंत्री के निर्देश पर गठित एसआईटी घटना से जुड़े सभी पहलुओं की गहनता से जांच करेगी, ताकि किसी भी प्रकार की लापरवाही या संभावित साजिश की स्थिति सामने आने पर जिम्मेदार लोगों को चिन्हित कर कड़ी कार्रवाई की जा सके। मुख्यमंत्री ने अपने संदेश में कहा है कि इस मामले में मुख्य आरोपी को पहले ही गिरफ्तार किया जा चुका है। इसके बावजूद यदि जांच के दौरान किसी प्रकार की साजिश या अन्य आपराधिक संलिप्तता के संकेत मिलते हैं तो प्रदेश सरकार अपराध और अपराधियों के प्रति अपनी जीरो टॉलरेंस नीति के तहत सख्त कार्रवाई सुनिश्चित करेगी। घटना के बाद प्लांट की सुरक्षा व्यवस्था को और मजबूत करने के लिए प्रशासन ने त्वरित कदम उठाए हैं। मुख्यमंत्री के निर्देश पर सीबीजी प्लांट परिसर की सुरक्षा बढ़ाते हुए वहां पुलिस चौकी की स्थापना कर दी गई है, ताकि भविष्य में इस प्रकार की किसी भी घटना की संभावना को रोका जा सके और औद्योगिक प्रतिष्ठानों की सुरक्षा सुनिश्चित की जा सके। मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने इस दुखद घटना में प्रभावित परिवारों के प्रति गहरी संवेदना व्यक्त करते हुए कहा कि प्रदेश सरकार पीड़ित परिवारों के साथ पूरी मजबूती के साथ खड़ी है और न्याय सुनिश्चित करने के लिए हर आवश्यक कदम उठाए जा रहे हैं। उन्होंने अधिकारियों को निर्देश दिए हैं कि मामले की जांच पूरी गंभीरता के साथ की जाए तथा किसी भी दोषी को बख्शा न जाए।

सुरक्षा, स्वच्छता एवं सुव्यवस्था पर दिया जाए विशेष ध्यान: सीएम योगी

सीएम योगी ने सहारनपुर में मां शाकुंभरी देवी चैत्र नवरात्रि मेला की तैयारियों के संबंध में की समीक्षा बैठक सुरक्षा, स्वच्छता एवं सुव्यवस्था पर दिया जाए विशेष ध्यान: सीएम योगी होर्डिंग, प्रदर्शनी एवं एलईडी वाहन के माध्यम से जन कल्याणकारी योजनाओं का हो प्रचार-प्रसार: मुख्यमंत्री  पूरे मेला परिसर में सीसीटीवी कैमरे लगाने और एंटी रोमियो स्क्वाड को सक्रियता से कार्य करने का निर्देश स्वच्छता के लिए आमजनों का जागरूक होना जरूरी, मेला क्षेत्र को प्लास्टिक मुक्त करने का निर्देश सहारनपुर  मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ सहारनपुर पहुंचे और जनपद भ्रमण के दौरान सिद्धपीठ मां शाकुंभरी देवी मेला चैत्र नवरात्रि की तैयारियों के संबंध में समीक्षा बैठक की। मुख्यमंत्री ने 19 मार्च से प्रारम्भ होने वाली चैत्र नवरात्रि के अवसर पर सुरक्षा, स्वच्छता एवं सुव्यवस्था पर विशेष ध्यान देने और पूरे मेला क्षेत्र को प्लास्टिक मुक्त करने का निर्देश दिया। मुख्यमंत्री ने कहा कि मेले में तैनात किए जाने वाले कार्मिकों की काउंसलिंग की जाए और उन्हें बेहतर व्यवहार के लिए सजग किया जाए। मेला परिसर को सीसीटीवी कैमरों से आच्छादित किया जाए। बिना भेदभाव हर किसी की सुरक्षा सुनिश्चित की जाए। सुरक्षा के दृष्टिगत एंटी रोमियो स्क्वाड सक्रियता से कार्य करे। परम्परा के विपरीत कार्य करने वालों के विरुद्ध कार्रवाई की जाए। सुरक्षा के दृष्टिगत सिविल डिफेन्स एवं एनजीओ को भी जोड़ा जाए।  मुख्यमंत्री ने कहा कि स्वच्छता बनाए रखने के लिए जागरूकता की आवश्यकता है। उन्होंने सफाई कर्मियों के साथ भी बैठक करने और डम्पिंग स्थल का चयन दूर क्षेत्र में करने का निर्देश दिया। सीएम योगी ने कहा कि मेले में प्लास्टिक को बैन किया जाए। जागरूकता कार्यक्रम आयोजित किए जाएं। पुरुष एवं महिलाओं के लिए अलग-अलग प्रसाधन की व्यवस्था सुनिश्चित की जाए। मेले को सुव्यवस्थित सम्पन्न करवाने के लिए भीड़ प्रबंधन के दृष्टिगत कार्य किए जाएं। श्रद्धालुओं को शुद्ध पेयजल एवं अच्छी गुणवत्ता का भोजन तथा प्रसाद मिले, जिसमें किसी प्रकार की मिलावट न हो, इसको सुनिश्चित किया जाए।  मुख्यमंत्री ने निर्देश दिया कि मेला परिसर में पार्किंग की दर निर्धारित हो, जो कि साधारण रखी जाए। अवैध वसूली न होने पाए, इसका विशेष ध्यान रखा जाए। ई-रिक्शा, ऑटो के साथ ही दुकानदारों का भी सत्यापन करा लिया जाए। सरकारी विभागों के होर्डिंग, प्रदर्शनी एवं एलईडी वाहन के माध्यम से जन कल्याणकारी योजनाओं का प्रचार-प्रसार किया जाए। निर्बाध विद्युत की व्यवस्था रहे। चैत्र नवरात्रि में लगने वाले मेले की व्यवस्थाएं अच्छी हों, इसको ध्यान में रखकर तैयारियां की जाएं। यह एक पौराणिक मेला है, जिसमें देश के विभिन्न राज्यों एवं जनपदों से श्रद्धालु आते हैं। दर्शनार्थी भक्तगणों के बीच सरकार का बेहतर संदेश प्रसारित हो।  बैठक में मण्डलायुक्त डॉ. रूपेश कुमार एवं पुलिस उप महानिरीक्षक अभिषेक सिंह ने पीपीटी के माध्यम से प्रस्तुतिकरण दिया। इस अवसर पर राज्यमंत्री संसदीय कार्य एंव औद्योगिक विकास जसवंत सैनी, राज्यमंत्री लोक निर्माण विभाग ब्रजेश सिंह, विधायक नकुड मुकेश चौधरी, विधायक रामपुर मनिहारान देवेन्द्र निम, विधायक गंगोह किरत सिंह, विधायक नगर राजीव गुम्बर, महापौर डॉ. अजय सिंह, जिला पंचायत अध्यक्ष मांगेराम चौधरी, एडीजी भानू भास्कर, मुख्य विकास अधिकारी सुमित राजेश महाजन, एसपी देहात सागर जैन उपस्थित रहे।

उप निरीक्षक भर्ती परीक्षा संबंधी मामले पर मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ सख्त

व्यक्ति, जाति, पंथ व संप्रदाय की आस्था के विषय में अमर्यादित टिप्पणी स्वीकार नहीः मुख्यमंत्री  उप निरीक्षक भर्ती परीक्षा संबंधी मामले पर मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ सख्त सीएम ने दिया निर्देश- फील्ड में निकलकर फसलों को हो रहे नुकसान का तत्काल आकलन सुनिश्चित करें जिलाधिकारी मुख्यमंत्री ने सभी भर्ती बोर्ड के चेयरमैन को दिया निर्देश  सीएम योगी ने रविवार सुबह पश्चिम उत्तर प्रदेश में हुई बारिश से किसानों की फसलों के नुकसान की भी ली जानकारी  लखनऊ  उत्तर प्रदेश पुलिस उप निरीक्षक भर्ती परीक्षा में प्रश्न पत्र संबंधी मामले पर मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने सख्त रवैया अपनाया है। मुख्यमंत्री ने सभी भर्ती बोर्ड के चेयरपर्सन्स को निर्देश दिया कि किसी भी व्यक्ति/जाति/पंथ/सम्प्रदाय की मर्यादा एवं आस्था के विषय में अमर्यादित टिप्पणी न हो। ऐसी टिप्पणी किसी भी सूरत में स्वीकार्य नहीं है। उन्होंने कहा कि ⁠इसका संज्ञान लेते हुए सभी पेपर सेटर्स को भी निर्देशित करें और ⁠हैबिचुअल ऑफेंडर्स को तत्काल प्रतिबंधित किया जाए। यह विषय पेपर सेटर्स के एमओयू का भी हिस्सा बनाएं।  फील्ड में निकलकर फसलों को हो रहे नुकसान का तत्काल आकलन सुनिश्चित करें जिलाधिकारीः मुख्यमंत्री  मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने रविवार सुबह पश्चिमी उत्तर प्रदेश में हुई वर्षा से फसलों को होने वाले नुकसान संबंधी जानकारी ली। मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने सभी जिलाधिकारी समेत सभी अधिकारियों को फील्ड में रहकर किसानों से संवाद करने और उनकी फसलों के नुकसान का आकलन करने का निर्देश दिया। मुख्यमंत्री ने यह भी निर्देश दिया कि राहत आयुक्त फील्ड के अधिकारियों से सीधा समन्वय रखें। साथ ही ⁠फसलों को होने वाली क्षति का आकलन प्राप्त कर ससमय मुआवजे के वितरण की व्यवस्था सुनिश्चित करें।

सीएम योगी ने सहारनपुर में विकास कार्यों की समीक्षा की, मां शाकुंभरी देवी मंदिर में पूजा-अर्चना

सीएम योगी ने सहारनपुर में की विकास कार्यों की समीक्षा, मां शाकुंभरी देवी मंदिर में मंत्रोच्चार के साथ की पूजा-अर्चना मां शाकुंभरी देवी पर्यटन कॉरिडोर निर्माण की प्रगति का लिया जायजा, अक्टूबर माह में शारदीय नवरात्रि तक कार्य पूरा करने का दिया निर्देश निर्माण कार्यों में गुणवत्ता के साथ समयबद्धता का रखा जाए ध्यान- सीएम योगी एलिवेटेड रोड का निर्माण कार्य यथाशीघ्र किया जाए पूर्ण- सीएम योगी  सहारनपुर  मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ सहारनपुर जनपद में मां शाकुंभरी देवी सिद्धपीठ मंदिर पहुंचे और निर्माणाधीन पर्यटन विकास परियोजना का निरीक्षण किया। इस दौरान उन्होंने पर्यटन कॉरिडोर परियोजना के अंतर्गत निर्माणाधीन सोविनियर शॉप, टॉयलेट ब्लॉक, टूरिस्ट फैसिलिटेशन सेंटर, मल्टीलेवल पार्किंग की प्रगति को देखा। इसके उपरान्त उन्होंने भूरादेव एवं सिद्धपीठ मां शाकुंभरी देवी मंदिर में मंत्रोच्चार के साथ पूजा अर्चना की।      निरीक्षण के दौरान मुख्यमंत्री ने निर्देश दिए कि विकास कार्यों को गुणवत्ता सुनिश्चित करते हुए समय-सीमा में पूर्ण कराया जाए तथा अक्टूबर माह में पूर्ण होने वाली परियोजनाओं को शारदीय नवरात्रि तक तय मानकों के साथ पूरा कराएं। भूरा देव मंदिर से शाकुंभरी देवी मंदिर तक निर्माणाधीन एलिवेटिड रोड का कार्य यथाशीघ्र पूर्ण किया जाए।  निरीक्षण के दौरान संसदीय कार्य एवं औद्योगिक विकास राज्यमंत्री जसवंत सैनी, राज्यमंत्री लोक निर्माण ब्रजेश सिंह, विधायक नकुड मुकेश चौधरी, विधायक रामपुर मनिहारन देवेन्द्र निम, विधायक गंगोह किरत सिंह, विधायक नगर राजीव गुम्बर, एडीजी भानू भास्कर, मण्डलायुक्त डॉ. रूपेश कुमार, पुलिस उप महानिरीक्षक अभिषेक सिंह, मुख्य विकास अधिकारी सुमित राजेश महाजन, पूर्व विधायक नरेश सैनी एवं संबंधित अधिकारियों सहित जिलाध्यक्ष अजीत राणा, महानगर अध्यक्ष शीतल विश्नोई उपस्थित रहे।

योगी सरकार का सख्त कदम: गो हत्यारों और तस्करों पर कार्रवाई, 35 हजार से अधिक गिरफ्तार

योगी सरकार ने किया गो हत्यारों व तस्करों का दमन, सलाखों के पीछे धकेले गए 35 हजार से अधिक आरोपी सीएम योगी के निर्देश पर विशेष अभियान चलाकर गोकशी के संगठित नेटवर्क पर कसा गया शिकंजा, 14,182 मामले किये गये दर्ज गोकशी और तस्करी को रोकने के लिए वर्ष 2020 में उत्तर प्रदेश गोवध निवारण (संशोधन) अध्यादेश-20 लागू किया गया  13,793 आरोपियों पर गुंडा एक्ट, 178 पर एनएसए और 14,305 मामलों में गैंगस्टर के तहत की गई कार्रवाई आरोपियों की लगभग 83 करोड़ 32 लाख रुपये की संपत्ति भी जब्त लखनऊ योगी सरकार ने सूबे की सत्ता संभालने के बाद प्रदेश में गोकशी, गोतस्करों और अवैध पशु वध के खिलाफ जीरो टॉलरेंस नीति के तहत ताबड़तोड़ कार्रवाई की, जो आज भी लगातार जारी है। इसके साथ गोकशी को पूरी तरह से रोकने के लिए वर्ष 2020 में गोवध निवारण कानून में संशोधन किया गया और जून-2020 में उत्तर प्रदेश गोवध निवारण (संशोधन) अध्यादेश जारी किया गया। इसके तहत अब तक प्रदेश भर में गोकशी के 14,182 मामले दर्ज किए गए, जिनमें 35,924 आरोपियों को गिरफ्तार किया गया। 178 आरोपियों के खिलाफ एनसएसए की कार्रवाई की गई योगी सरकार का मानना है कि गोकशी पर नियंत्रण केवल कानून व्यवस्था का विषय नहीं बल्कि यह सामाजिक आस्था और ग्रामीण अर्थव्यवस्था से भी जुड़ा हुआ है। इसी को ध्यान में रखते हुए योगी सरकार द्वारा पुलिस, प्रशासन और विशेष कानूनों के माध्यम से लगातार कार्रवाई की जा रही है। गोकशी से जुड़े मामलों में गिरफ्तार किए गए आरोपियों के खिलाफ केवल सामान्य मुकदमे ही नहीं दर्ज किए गए, बल्कि उनके विरुद्ध कड़े कानूनों के तहत भी कार्रवाई की गई। गोकशी के मामले में 35,924 आरोपियों में से 13,793 के खिलाफ गुंडा एक्ट के तहत कार्रवाई की गई, जबकि 178 आरोपियों के खिलाफ राष्ट्रीय सुरक्षा कानून (एनएसए) की कार्रवाई की गई। इसके अलावा 14,305 मामलों में गैंगस्टर एक्ट के तहत कठोर कार्रवाई की गई है। योगी सरकार की सख्त कार्रवाई से गोकशी व गोतस्करी से जुड़े  संगठित गिरोहों पर प्रभावी अंकुश लगाने में मदद मिली। इस दौरान प्रदेश में सक्रिय गोकशी से जुड़े नेटवर्क को ध्वस्त किया गया और आरोपियों की संपत्तियों की भी जांच की गई। गोकशी पर अंकुश को गठित की गई विशेष टीमें गोकशी के मामलों में केवल गिरफ्तारी तक ही कार्रवाई सीमित नहीं रही, बल्कि आर्थिक स्तर पर भी अपराधियों पर प्रहार किया गया। गैंगस्टर एक्ट की धारा 14(1) के तहत कार्रवाई करते हुए लगभग 83 करोड़ 32 लाख रुपये की संपत्ति जब्त की गई। इसका उद्देश्य अपराध से अर्जित संपत्ति को जब्त करने से संगठित अपराधियों की आर्थिक ताकत कमजोर करना है ताकि भविष्य में ऐसे अपराधों को पूरी तरह रोका जा सके। इतना ही नहीं कई मामलों में अवैध कमाई से खरीदी गई जमीन, वाहन और अन्य संपत्तियों को भी कुर्क किया है। योगी सरकार ने गोकशी पर नियंत्रण के लिए पुलिस की विशेष टीमें का गठन किया। विशेष टीमों द्वारा खुफिया निगरानी, जिलास्तरीय टास्क फोर्स और सीमावर्ती क्षेत्रों में विशेष सतर्कता के जरिये गोकशी-गोतस्करी के नेटवर्क को ध्वस्त किया गया। साथ ही प्रदेश के कई संवेदनशील जिलों में रात के समय पुलिस गश्त बढ़ाई गई, वहीं पशु परिवहन से जुड़े मामलों की भी विशेष निगरानी की गई। इसके अलावा अवैध बूचड़खानों के खिलाफ लगातार अभियान चलाए गए। योगी सरकार की सख्त कार्रवाई से प्रदेश में अवैध पशु वध से जुड़े मामलों में काफी कमी आई है और संगठित गिरोहों की गतिविधियों पर अंकुश लगा है। उत्तर प्रदेश गोवध निवारण (संशोधन) अध्यादेश 2020 में नियमों को किया गया सख्त – अध्यादेश के तहत प्रदेश में गोहत्या पर 10 साल कठोर कारावास की सजा – 3 से 5 लाख तक जुर्माने का प्रावधान – गोवंश के अंगभंग करने पर 7 साल की जेल व 3 लाख जुर्माना

आज लखनऊ में ग्रीन कॉरिडोर का लोकार्पण, रक्षा मंत्री और मुख्यमंत्री करेंगे शुभारंभ

लखनऊ वासियों को मिलेगा ग्रीन कॉरिडोर का अनमोल तोहफा  रक्षा मंत्री राजनाथ सिंह व मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ आज करेंगे लोकार्पण  1519 करोड़ की लागत से विभिन्न कार्यों का होगा लोकार्पण व शिलान्यास  लखनऊ  रक्षा मंत्री राजनाथ सिंह व मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ शुक्रवार को लखनऊवासियों को अनमोल उपहार देंगे। राजधानी के लोगों को इस दिन ग्रीन कॉरिडोर की सौगात मिलेगी। यातायात व्यवस्था को और सुगम बनाने की दिशा में यह महत्वपूर्ण कदम होगा, जिसके तहत 1519 करोड़ की लागत से विभिन्न कार्यों का लोकार्पण व शिलान्यास किया जाएगा।  मुख्यमंत्री व रक्षा मंत्री ग्रीन कॉरिडोर के दूसरे चरण (डालीगंज से समतामूलक चौराहे तक) का लोकार्पण करेंगे। इसके साथ ही ग्रीन कॉरिडोर परियोजना के तीसरे व चौथे चरण का शिलान्यास भी होगा। तीसरे चरण के अंतर्गत समतामूलक चौक से शहीद पथ व चौथे चरण के अंतर्गत शहीद पथ से किसान पथ तक का निर्माण होगा। लोकार्पण के उपरांत रक्षा मंत्री व मुख्यमंत्री झूलेलाल वाटिका, गोमती तट पर जनसभा को भी सम्बोधित करेंगे।

“सीएम योगी ने हनुमानगढ़ी और रामलला के दरबार में माथा टेका, निर्माण कार्यों का किया निरीक्षण”

 अयोध्या गोरक्षपीठाधीश्वर व मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ गुरुवार को एक दिवसीय दौरे पर अयोध्या पहुंचे। उन्होंने सबसे पहले संकटमोचन हनुमानगढ़ी मंदिर में दर्शन-पूजन किया और प्रदेश की सुख-शांति की कामना की। इसके बाद सीएम योगी ने श्रीराम मंदिर में श्रीरामलला के चरणों में शीश झुकाया। उन्होंने श्रीराम मंदिर परिसर के निर्माण कार्यों की प्रगति की जानकारी भी ली। मुख्यमंत्री ने अपने दौरे की शुरुआत संकटमोचन हनुमानगढ़ी मंदिर से की। उन्होंने यहां विधिवत पूजा-अर्चना करते हुए प्रदेशवासियों के सुखमय जीवन की प्रार्थना की। यहां से निकल कर मुख्यमंत्री श्रीराम मंदिर पहुंचे। यहां उन्होंने श्रीरामलला के दर्शन किए, आरती उतारी और मंदिर की परिक्रमा की। इस अवसर पर उन्होंने मंदिर परिसर में निर्माण कार्यों की प्रगति की जानकारी भी ली। श्रीराम मंदिर ट्रस्ट के पदाधिकारियों ने मुख्यमंत्री को निर्माण कार्यों की वर्तमान स्थिति और आगामी योजनाओं से अवगत कराया। मुख्यमंत्री ने संतों से भी की मुलाकात, पूछा कुशलक्षेम मुख्यमंत्री ने हनुमानगढ़ी में संतों से भी मुलाकात की और उनका कुशलक्षेम जाना। मुख्यमंत्री यहां सबसे पहले महंत प्रेमदास जी महाराज से मिले। इसके बाद मुख्यमंत्री ने अन्य संतों से भी मिलकर उनका हालचाल जाना। इससे पहले मुख्यमंत्री के अयोध्या आगमन पर रामकथा पार्क हेलीपैड पर जनप्रतिनिधियों और अधिकारियों ने उनका स्वागत किया। इस दौरान जनपद के प्रभारी मंत्री/कृषि मंत्री सूर्य प्रताप शाही, महापौर गिरीश पति त्रिपाठी, विधायक वेद प्रकाश गुप्ता, रामचंद्र यादव, चंद्रभानु पासवान, अमित सिंह चौहान, श्रीराम जन्मभूमि तीर्थ क्षेत्र ट्रस्ट के महासचिव चंपत राय आदि मौजूद रहे।

त्योहार सौहार्दपूर्ण वातावरण में संपन्न हों, समाज विरोधी गतिविधियों व नई परंपरा की अनुमति नहीं: मुख्यमंत्री

त्योहारों और पुलिस भर्ती परीक्षा के दृष्टिगत मुख्यमंत्री सख्त, कानून-व्यवस्था व व्यवस्थाओं पर विशेष सतर्कता के निर्देश त्योहार सौहार्दपूर्ण वातावरण में संपन्न हों, समाज विरोधी गतिविधियों व नई परंपरा की अनुमति नहीं: मुख्यमंत्री एसआई भर्ती परीक्षा में शामिल होंगे 15.75 लाख अभ्यर्थी, परीक्षा की शुचिता से कोई समझौता नहीं: मुख्यमंत्री बड़ी संख्या में अभ्यर्थियों के आवागमन को देखते हुए सुचारु रहे ट्रैफिक व्यवस्था, कहीं जाम या अव्यवस्था न हो: मुख्यमंत्री प्रत्येक परीक्षा केंद्र के बाहर पीआरवी-112 की तैनाती सुनिश्चित हो, सोशल मीडिया पर सतत निगरानी रखी जाए: मुख्यमंत्री नवरात्र के दौरान प्रमुख शक्तिपीठों में सुगम दर्शन, सुरक्षा, स्वच्छता व पेयजल की समुचित व्यवस्था सुनिश्चित हो: मुख्यमंत्री प्रदेश में पेट्रोल-डीजल की आपूर्ति और वितरण सामान्य, कहीं भी अभाव नहीं कहीं भी किसी प्रकार की घबराहट या कृत्रिम संकट की स्थिति न बने, जमाखोरी व कालाबाजारी पर होगी सख्त कार्रवाई: मुख्यमंत्री लखनऊ  मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने मंगलवार को आगामी पर्व-त्योहारों, उत्तर प्रदेश पुलिस भर्ती परीक्षा तथा अन्य महत्वपूर्ण आयोजनों के दृष्टिगत कानून-व्यवस्था एवं प्रशासनिक तैयारियों की समीक्षा करते हुए अधिकारियों को सतर्कता और समन्वय के साथ कार्य करने के निर्देश दिए। मुख्यमंत्री ने कहा कि 13 मार्च को अलविदा की नमाज, 14-15 मार्च को उत्तर प्रदेश पुलिस भर्ती एवं प्रोन्नति बोर्ड द्वारा सब-इंस्पेक्टर एवं समकक्ष पदों की लिखित परीक्षा, 19 मार्च से चैत्र नवरात्र तथा 20-21 मार्च को ईद-उल-फितर मनाए जाने की संभावना है। ऐसे में यह अवधि कानून-व्यवस्था की दृष्टि से अत्यंत संवेदनशील है। सभी अधिकारी पूरी सतर्कता के साथ अपने दायित्वों का निर्वहन करें और यह सुनिश्चित करें कि सभी कार्यक्रम शांतिपूर्ण, सौहार्दपूर्ण वातावरण में संपन्न हों। मुख्यमंत्री ने निर्देश दिए कि किसी भी प्रकार की नई परंपरा शुरू करने की अनुमति न दी जाए और यह सुनिश्चित किया जाए कि किसी भी धार्मिक कार्यक्रम के कारण आमजन को असुविधा न हो। उन्होंने कहा कि समाज-विरोधी अथवा राष्ट्र-विरोधी गतिविधियों के प्रति ज़ीरो टॉलरेंस की नीति अपनाई जाए। एसआई भर्ती परीक्षा को लेकर विशेष सतर्कता बरतने के निर्देश देते हुए मुख्यमंत्री ने कहा कि 14 और 15 मार्च को प्रदेश के 1090 परीक्षा केंद्रों पर चार पालियों में परीक्षा आयोजित होगी, जिसमें 15 लाख 75 हजार से अधिक अभ्यर्थी पंजीकृत हैं। बड़ी संख्या में अभ्यर्थियों के अन्य जिलों से आने की संभावना को देखते हुए प्रभावी ट्रैफिक प्रबंधन सुनिश्चित किया जाए, ताकि कहीं भी जाम या अव्यवस्था की स्थिति न बने। उन्होंने कहा कि परीक्षा की शुचिता, और गोपनीयता से किसी प्रकार का समझौता नहीं किया जा सकता। सेक्टर मजिस्ट्रेट और स्टेटिक मजिस्ट्रेट पूरी जिम्मेदारी के साथ तैनात रहें तथा इंटेलिजेंस तंत्र पूरी तरह सक्रिय और सतर्क रहे। परीक्षा से पूर्व सभी जिलों में व्यवस्थाओं का पूर्वाभ्यास कराया जाए तथा सोशल मीडिया पर सतत निगरानी रखी जाए, ताकि किसी भी अफवाह या भ्रामक सूचना का तत्काल खंडन किया जा सके। मुख्यमंत्री ने निर्देश दिए कि प्रत्येक परीक्षा केंद्र के बाहर पीआरवी-112 की गाड़ी अनिवार्य रूप से तैनात रहे और जिला प्रशासन भर्ती बोर्ड के साथ समन्वय बनाकर परीक्षा को निष्पक्ष और शांतिपूर्ण ढंग से संपन्न कराए। चैत्र नवरात्र की तैयारियों की समीक्षा करते हुए मुख्यमंत्री ने कहा कि देवीपाटन मंदिर (बलरामपुर), शाकुम्भरी देवी (सहारनपुर), मां विंध्यवासिनी धाम (मीरजापुर), ललिता देवी (सीतापुर) सहित प्रमुख शक्तिपीठों में बड़ी संख्या में श्रद्धालुओं के आगमन की संभावना है। अयोध्या में 27 मार्च को रामनवमी के अवसर पर देशभर से श्रद्धालुओं के आने की संभावना है। ऐसे में श्रद्धालुओं की सुरक्षा, सुगम दर्शन, पेयजल, स्वच्छता और भीड़ प्रबंधन की समुचित व्यवस्था सुनिश्चित की जाए। मुख्यमंत्री ने निर्देश दिए कि नवरात्र के अवसर पर नगरों और गांवों में मंदिरों एवं धार्मिक स्थलों के आसपास विशेष स्वच्छता अभियान चलाया जाए तथा आवश्यकतानुसार अतिरिक्त स्वच्छताकर्मी तैनात किए जाएं। पुलिस स्थानीय परिस्थितियों के अनुरूप प्रभावी भीड़ प्रबंधन और फुट पेट्रोलिंग की कार्ययोजना लागू करे। मुख्यमंत्री ने मीरजापुर, बलरामपुर, सीतापुर, अयोध्या, मथुरा और सहारनपुर के जिलाधिकारी और पुलिस कप्तान से तैयारियों की जानकारी भी प्राप्त की। मुख्यमंत्री ने यह भी कहा कि 19 मार्च को ही माननीय राष्ट्रपति जी का अयोध्या और मथुरा आगमन प्रस्तावित है। इसके दृष्टिगत सभी आवश्यक प्रोटोकॉल व्यवस्थाएं समय से सुनिश्चित कर ली जाएं। मुख्यमंत्री ने हालिया वैश्विक परिस्थितियों के परिप्रेक्ष्य में पेट्रोल- डीजल की उपलब्धता की समीक्षा भी की। मुख्यमंत्री को अवगत कराया गया कि वर्तमान में प्रदेश में कहीं भी पेट्रोल और डीजल की कोई कमी नहीं है। आपूर्ति और वितरण सामान्य है। मुख्यमंत्री ने खाद्य एवं रसद विभाग के अधिकारियों को निर्देश दिए कि आमजन को किसी प्रकार की असुविधा न हो। कहीं भी किसी प्रकार की घबराहट या कृत्रिम संकट की स्थिति न बनने पाए। खाद्य एवं रसद विभाग के अधिकारी फील्ड में उतर कर निरीक्षण करते रहें। मुख्यमंत्री ने जमाखोरी और कालाबाजारी पर कड़ी निगरानी रखने के निर्देश देते हुए कहा कि किसी भी प्रकार की अनियमितता पाए जाने पर दोषियों के विरुद्ध सख्त कार्रवाई की जाए। वीडियो कॉन्फ्रेंसिंग के माध्यम से आयोजित इस बैठक में सभी मंडलायुक्त, जिलाधिकारी, अपर पुलिस महानिदेशक (जोन), पुलिस आयुक्त, पुलिस महानिरीक्षक (रेंज), वरिष्ठ पुलिस अधीक्षक/पुलिस अधीक्षक सहित शासन स्तर के वरिष्ठ अधिकारी उपस्थित रहे।