samacharsecretary.com

शिक्षकों को अब रोज़ देनी होगी ऑनलाइन उपस्थिति, MP शिक्षा विभाग ने जारी किए कड़े निर्देश

भोपाल
मध्य प्रदेश के तीन लाख से अधिक शिक्षकों व अतिथि शिक्षकों की ऑनलाइन हाजिरी पर सख्ती शुरू हो गई है। जबलपुर हाई कोर्ट के आदेश के बाद स्कूल शिक्षा विभाग ने फिर से सभी जिलों में आदेश कर ऑनलाइन हाजिरी को सख्ती से लागू करने के निर्देश दिए हैं। शिक्षकों को आदेशित किया गया है कि अगर इस महीने हमारे शिक्षक ऐप से उपस्थिति नहीं लगाई गई तो वेतन में कटौती होगी। प्रदेश के तीन लाख शिक्षकों पर ई-अटेंडेंस की सख्ती शुरू हो गई है।

अब नवंबर पेड दिसंबर माह में वेतन शिक्षकों को ई-अटेंडेंस के आधार पर ही मिलेगा। जिन शिक्षकों की ई-अटेंडेंस नहीं लगेगी, उनका वेतन काटा जाएगा। प्रदेश के शिक्षकों की ई-अटेंडेंस प्रणाली को जुलाई से हमारे शिक्षक ऐप के माध्यम से लागू किया है। शिक्षक इसका विरोध कर रहे हैं। इसे लेकर शिक्षक संगठनों ने हाई कोर्ट में याचिका लगाई है। इसी को लेकर गेस्ट टीचर को-र्डिनेशन कमेटी ने भी हाई कोर्ट में याचिका लगाई थी। सिंह ने 20 जून 2025 को राज्य सरकार द्वारा जारी उस आदेश को चुनौती दी थी, जिसके तहत एक जुलाई 2025 से पूरे प्रदेश में शिक्षकों के लिए ई-अटेंडेंस अनिवार्य कर दी गई थी।
 
याचिकाकर्ता की ओर हाईकोर्ट में लगी गेस्ट टीचर को-आर्डिनेशन कमेटी ने पीआईएल वापस लेते हुए यह दलील दी गई थी कि ग्रामीण और अंचल क्षेत्रों में मोबाइल नेटवर्क और इंटरनेट कनेक्टिविटी में गंभीर कठिनाइयां आ रही हैं। इसके अतिरिक्त कई शिक्षक स्मार्टफोन खरीदने में असमर्थ हैं, जिससे उनके लिए ई-अटेंडेंस दर्ज करना व्यावहारिक रूप से कठिन हो जाता है। विभाग ने आदेशित किया कि ऑनलाइन उपस्थिति नहीं तो वेतन कटौती की जाएगी। बता दें कि प्रदेश के 53 प्रतिशत शिक्षक ही ऑनलाइन हाजिरी लगा रहे हैं। वहीं 51 प्रतिशत प्राचार्य ऑनलाइन हाजिरी लगा रहे हैं। वहीं 90 प्रतिशत से अधिक अतिथि शिक्षक ऑनलाइन उपस्थिति दर्ज करा रहे हैं। इस कारण विभाग ने सख्ती दिखाई है।

भोपाल जिले में ई-अटेंडेंस को लेकर जारी हुए आदेश
भोपाल जिले के स्कूलों के ई-अटेंडेंस की अनिवार्यता की सख्ती पर जिला शिक्षा अधिकारी एनके अहिरवार ने आदेश जारी किए है। जारी आदेश में प्राचायों से कहा गया है कि आपके अपने अधीनस्थ सभी शिक्षकों को ई-अटेंडेंस के माध्यम से उपस्थिति दर्ज कराया जाना सुनिश्चित करें। साथ में प्रतिदिन ई-अटेंडेंस की प्रगति की समीक्षा करें। आगामी माह का वेतन ई-अटेंडेंस के आधार पर ही आहरित किया जाए। शिक्षकों की उपस्थिति के लिए संकुल प्राचार्य एवं संबंधित शिक्षक उत्तरदायी होंगे।

Leave a Comment

हम भारत के लोग
"हम भारत के लोग" यह वाक्यांश भारत के संविधान की प्रस्तावना का पहला वाक्य है, जो यह दर्शाता है कि संविधान भारत के लोगों द्वारा बनाया गया है और उनकी शक्ति का स्रोत है. यह वाक्यांश भारत की संप्रभुता, लोकतंत्र और लोगों की भूमिका को उजागर करता है.
Click Here
जिम्मेदार कौन
Lorem ipsum dolor sit amet consectetur adipiscing elit dolor
Click Here
Slide 3 Heading
Lorem ipsum dolor sit amet consectetur adipiscing elit dolor
Click Here