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उप मुख्यमंत्री शुक्ल ने बाढ़ से बचाव के लिए दिये आवश्यक निर्देश

रीवा में नदी के ग्रीन बेल्ट में अतिक्रमण को तट-विस्तारिकरण की बनायें कार्ययोजना : उप मुख्यमंत्री शुक्ल  उप मुख्यमंत्री राजेन्द्र शुक्ल ने कलेक्ट्रेट में बाढ़ से बचाव के लिये विचार मंथन किया  उप मुख्यमंत्री शुक्ल ने बाढ़ से बचाव के लिए दिये आवश्यक निर्देश भोपाल  रीवा शहर में गत दिनों अत्यधिक वर्षा के कारण जलभराव होने से कई मोहल्ले प्रभावित हुए थे और बाढ़ की स्थिति निर्मित हो गई थी। उप मुख्यमंत्री राजेन्द्र शुक्ल ने कलेक्ट्रेट में बाढ़ से बचाव के लिये विचार मंथन किया। वर्ष 2016 की बाढ़ के बाद सिंचाई विभाग द्वारा बचाव के लिये बनाए गये प्रोजेक्ट में सुझाये गये बिन्दुओं पर विस्तार से विचार विमर्श किया। उप मुख्यमंत्री ने अधिकारियों को बाढ़ से बचाव के लिये आवश्यक अंतःक्षेपों पर कार्य के लिए दिशा-निर्देश दिये। उप मुख्यमंत्री शुक्ल ने कहा कि रीवा में नदी के किनारे ग्रीन-बेल्ट में अतिक्रमण को रोकें, जिससे नदी का प्रवाह अवरूद्ध नहीं हो। उन्होंने उन्नत पुल से आगे करहिया की तरफ नदी के प्रवाह में पद्मधर कालोनी से लगे किनारे को दोनों तरफ चौड़ा करने की कार्ययोजना पर कहा कि शासकीय भूमि के अतिरिक्त निजी भूमि स्वामियों की सहमति से यह कार्य कराया जाये, जिससे बार-बार आने वाली बाढ़ से मुक्ति मिले। उन्होंने करहिया पुल के नीचे बने वक्से के अवरोध को हटाने तथा चौड़ाई के बाद चैनलिंग करने के निर्देश दिये। नदी के अपस्ट्रीम में पूर्व निर्मित तीन बांधों के वेस्ट वेयर, बंड को दुरूस्त करने तथा गेट बंद करने की कार्ययोजना भेजें। कलेक्टर श्रीमती प्रतिभा पाल, पूर्व मुख्य अभियंता आर.एन. शर्मा, अध्यक्ष नगर निगम व्यंकटेश पाण्डेय, आयुक्त नगर निगम डॉ. सौरभ सोनवणे सहित प्रशासनिक और सिंचाई विभाग के अधिकारी उपस्थित रहे।  

कामन सर्विस सेंटर शासन और जनता के बीच बना मजबूत पुल: उप मुख्यमंत्री

भोपाल उप मुख्यमंत्री राजेन्द्र शुक्ल ने कहा कि केन्द्र व राज्य सरकार द्वारा जनकल्याणकारी योजनाओं का ग्रामीण क्षेत्रों में अंतिम व्यक्ति तक लाभ दिलाने में कामन सर्विस सेंटर की भूमिका महत्वपूर्ण है। सीएससी द्वारा हितग्राहियों से समस्त औपचारिकताओं की पूर्ति कराकर उन्हें योजनाओं का लाभ लेने के लिए पात्र बनाया जाता है। उन्होंने कामन सर्विस सेंटर के ग्रामीण क्षेत्र के इन्टरप्रेन्योर को अपनी शुभकामनाएँ देते हुए कहा कि वह जनकल्याण के कार्य में सतत क्रियाशील रहें। उप मुख्यमंत्री शुक्ल कृष्णा राजकपूर आडिटोरियम रीवा में कॉमन सर्विस सेंटर के 16वें स्थापना दिवस पर आयोजित संभाग स्तरीय कार्यशाला को संबोधित कर रहे थे। उप मुख्यमंत्री शुक्ल ने कहा कि राज्य सरकार द्वारा अनेक जनकल्याणकारी योजनाएँ संचालित की जा रही हैं जिनका आगे आकर लाभ लेना चाहिए। लाड़ली बहना योजना महिलाओं को आत्मनिर्भर बनाने में महत्वपूर्ण भूमिका का निर्वहन कर रही है जिसके माध्यम से प्रदेश की बहुत बड़ी आबादी आर्थिक तौर पर सशक्त हुई है। विधायक सिरमौर दिव्यराज सिंह, जिला पंचायत अध्यक्ष श्रीमती नीता कोल सहित स्थानीय जनप्रतिनिधि और सीएससी के प्रभारी उपस्थित रहे।  

इंदौर की नई उड़ान: क्या एक बार फिर नंबर वन बनेगा शहर? गुरुवार को खुलेंगे पत्ते

इंदौर सात साल से लगातार देश का सबसे स्वच्छ शहर चुना जा रहा इंदौर एक बार फिर इतिहास रचने जा रहा है। गुरुवार सुबह दिल्ली के विज्ञान भवन में स्वच्छ सर्वेक्षण (Swachh Survekshan) साल 2024 के परिणाम घोषित होंगे। राष्ट्रपति द्रौपदी मुर्मु इंदौर शहर को सम्मानित करेंगी। अंकों के मामले में इंदौर का इस बार भी पहले नंबर पर आना लगभग तय है। इंदौर को इस सर्वेक्षण में सुपर लीग में शामिल किया गया है। सुपर लीग में सिर्फ उन्हीं 23 शहरों को शामिल किया गया है, जो अब तक हुए सर्वेक्षणों में पहले, दूसरे या तीसरे स्थान पर रहे हैं।   काफी आगे निकल चुका इंदौर मतलब साफ है कि देशभर के शहरों के लिए स्वच्छता का मॉडल बन चुका इंदौर नंबर वन की प्रतियोगिता से बहुत आगे निकल चुका है। अब इंदौर मार्गदर्शक की भूमिका में है और अन्य शहरों को स्वच्छता का पाठ पढ़ाएगा। सुपर लीग में शामिल 23 शहरों में भी इंदौर के अंक सबसे ज्यादा हैं। कार्यक्रम में शामिल होने के लिए निगमायुक्त शिवम वर्मा की अगुवाई में नगर निगम की टीम दिल्ली पहुंच चुकी है। टीम में 18 सदस्य हैं। महापौर पुष्यमित्र भार्गव इजराइल से सीधे कार्यक्रम स्थल पर पहुंचेंगे।   लगातार सात साल से टॉप पर है इंदौर स्वच्छ सर्वेक्षण में वर्ष 2017 से इंदौर पहले नंबर पर आ रहा है। इंदौर को लेकर प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी भी कह चुके हैं कि दूसरे शहर जब कुछ करने का सोचते हैं, तब तक इंदौर वह काम कर चुका होता है। यह बात स्वच्छता को लेकर भी सही साबित हुई है। इंदौर के जनभागीदारी माडल की देशभर में तारीफ होती है। नवाचारों की सीरीज, आपसी समन्वय और कुछ नया करने का जज्बा हमें दूसरे शहरों से आगे रखता है। आज जब दूसरे शहर पहले, दूसरे और तीसरे स्थान के लिए जिद्दोजहद में लगे हैं। इंदौर लगातार सात वर्ष अव्वल रहकर खास पायदान पर पहुंच चुका है।   बड़ी स्क्रीन पर कार्यक्रम का होगा सीधा प्रसारण सुपर लीग में शामिल शहरों को सिर्फ अपने आपको ही स्वच्छ नहीं रखना है बल्कि उस शहर की सफाई व्यवस्था को भी पटरी पर लाना है, जिसकी जिम्मेदारी उन्हें 17 जुलाई को सौंपी जाएगी। स्वच्छ सर्वेक्षण के परिणाम घोषित होने के कार्यक्रम के साक्षी शहरवासी भी बन सकें, इसके लिए निगम मुख्यालय पर बड़ी स्क्रीन पर कार्यक्रम के सीधे प्रसारण की व्यवस्था की गई है।

स्पेन के साथ फिल्म को-प्रोडक्शन को लेकर मध्यप्रदेश सरकार ने किया एमओयू

मध्यप्रदेश और स्पेन के बीच फिल्म को-प्रोडक्शन को बढ़ावा देने हुआ एमओयू मध्यप्रदेश और स्पेन के बीच फिल्म निर्माण सहयोग के लिए ऐतिहासिक समझौता स्पेन के साथ फिल्म को-प्रोडक्शन को लेकर मध्यप्रदेश सरकार ने किया एमओयू फिल्मी दुनिया में नए द्वार: एमपी और स्पेन में को-प्रोडक्शन को लेकर साझेदारी मुख्यमंत्री डॉ. यादव की स्पेन फिल्म आयोग के साथ हुई महत्वपूर्ण चर्चा भोपाल  मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव ने स्पेन यात्रा के पहले दिन मैड्रिड में फिल्म आयोग के अध्यक्ष जुआन-मैनुअल गइमेरेन्स एवं अन्य प्रतिनिधियों के साथ एक महत्वपूर्ण बैठक में भारत और स्पेन के बीच फिल्म निर्माण के क्षेत्र में सहयोग की अपार संभावनाओं पर विस्तृत चर्चा की। बैठक में दोनों देशों को रचनात्मक और व्यावसायिक रूप से लाभ पहुँचाने वाले फिल्म को-प्रोडक्शन के अवसरों पर महत्वपूर्ण चर्चा के साथ फ़िल्म सह निर्माण को बढ़ावा देने एमओयू पर हस्ताक्षर किए गए। यह समझौता स्पेनिश फिल्म निर्माताओं को मध्यप्रदेश में शूटिंग स्थानों की पहचान करने के लिए प्रोत्साहित करता है। मुख्यमंत्री डॉ. यादव ने स्पेनिश प्रोडक्शन कंपनियों को मध्यप्रदेश में फिल्मांकन के लिए आमंत्रित किया और राज्य की विविधता, सरकारी सहयोग और अनुकूल माहौल का प्रमुखता से उल्लेख किया। इस दौरान मुख्यमंत्री डॉ. यादव ने फिल्म आयोग के अध्यक्ष जुआन-मैनुअल गइमेरेन्स को सम्मानित भी किया। बैठक में स्पेन फिल्म आयोग ने स्पेन में विदेशी फिल्म प्रोडक्शंस के लिए उपलब्ध विभिन्न इंसेंटिव्स, सब्सिडी और सहूलियतों की जानकारी साझा की, जिससे भविष्य के सहयोग को प्रभावी स्वरूप दिया जा सके। मुख्यमंत्री डॉ. यादव ने मध्यप्रदेश की विविध और दर्शनीय लोकेशन्स और राज्य की फिल्म-फ्रेंडली नीति को विस्तार से प्रस्तुत किया, जो अंतर्राष्ट्रीय प्रोडक्शंस के लिए एक आदर्श वातावरण प्रदान करती है। उन्होंने स्पेनिश निर्माताओं को मध्यप्रदेश में लोकेशन स्काउटिंग विज़िट के लिए आमंत्रित किया। बैठक में दोनों देशों की फिल्म नीतियों के बीच संभावित तालमेल और प्रक्रिया सरलता के बिंदुओं पर चर्चा हुई। भारत और स्पेन के बीच संयुक्त फिल्म समारोहों, वर्कशॉप्स और सांस्कृतिक आयोजनों की संभावनाओं पर भी विचार-विमर्श हुआ, जिससे दोनों देशों के बीच सांस्कृतिक आदान-प्रदान और मजबूत हो सकेगा। मुख्यमंत्री डॉ. यादव ने पोस्ट-प्रोडक्शन, वीएफएक्स, स्क्रिप्ट लेखन जैसे क्षेत्रों में द्विपक्षीय कौशल विकास और तकनीकी प्रशिक्षण के अवसरों पर सहयोग की आवश्यकता पर चर्चा की। स्पेन के प्रमुख फिल्म संस्थानों के साथ शॉर्ट टर्म कोर्स और एक्सचेंज प्रोग्राम शुरू करने की संभावनाओं पर भी बातचीत हुई। स्पेन में एक "मध्यप्रदेश फिल्म शोकेस" जैसे आयोजन की संभावना पर विचार किया गया, जिसका उद्देश्य राज्य की रचनात्मक क्षमता और लोकेशन्स को वैश्विक मंच पर प्रदर्शित करना है। बैठक से दोनों देशों के बीच फिल्म उद्योग में एक नए अध्याय की शुरुआत होगी जिससे भविष्य में कई रोमांचक संयुक्त परियोजनाएं भी मूर्त-रूप ले सकेंगी।       

सेंसर बोर्ड ने अहान पांडे के इंटीमेट सीन पर चलाई कैंची, 2 दिन बाद रिलीज हो रही है ‘सैयारा’

मुंबई  डायरेक्टर मोहित सुरी की रोमांटिक-ड्रामा फिल्म 'सैयारा', 18 जुलाई के दिन थियटर्स में रिलीज हो रही है. फिल्म से 'पांडे परिवार' का लाड़ला बेटा अहान पांडे डेब्यू करने जा रहे हैं. अहान के साथ फिल्म में अनीत पड्डा भी हैं. दोनों की ऑनस्क्रीन केमिस्ट्री ने फैन्स के बीच खलबली मचाई हुई है. हर किसी को इनकी जोड़ी अच्छी लग रह है. सेंसर बोर्ड ने फिल्म पर चलाई कैंची? फिल्म का सेंसर प्रोसेस पूरा हो चुका है. बॉलीवुड हंगामा की रिपोर्ट के मुताबिक, सेंसर बोर्ड ने फिल्म से कुछ सीन्स डिलीट करने की मांग की है. सेंट्रल बोर्ड ऑफ फिल्म सर्टिफिकेशन ने इसे U/A 16+ सर्टिफिकेट दिया है. मेकर्स को फिल्म में कुछ बदलाव करने के लिए कहा गया है. चार जगहों पर विवादित शब्दों को बदलने के लिए कहा है. हालांकि, लिस्ट में ये नहीं बताया गया है कि आखिर उनकी जगह और क्या शब्द इस्तेमाल में लाए जा सकते हैं.  इसके अलावा फिल्म में 10 सेकेंड के सेंशुअल, इंटीमेसी, बॉडी एक्स्पोजिंग विजुअल्स को हटाने के लिए कहा है. साथ ही जिस सीन में बाइक पर हीरो-हीरोइन हैं, वहां पर हेलमेट सेफ्टी के लिए डिस्क्लेमर डालने के लिए कहा है. जब ये सारे बदलाव फिल्म में कर दिए जाएंगे, तब जाकर फिल्म के मेकर्स को सेंसर सर्टिफिकेट दिया जाएगा.  सेंसर सर्टिफिकेट में फिल्म की लंबाई 156.50 मिनट्स लिखी है. यानी की 2 घंटे, 36 मिनट और 50 सेकेंड लंबी है ये फिल्म. सेंसर बोर्ड की ओर से ये इकलौती फिल्म नहीं, जिसके इंटीमेट सीन्स पर कैंची चलाई जा रही है. इससे पहले फिल्म 'सुपरमैन' से भी CBFC ने 33 सेकेंड का लंबा इंटीमेट सीन हटाने के लिए कहा था. तब जाकर फिल्म को U/A 13+ सर्टिफिकेट दिया था.  'सैयारा' की होने वाली है बड़ी ओपनिंग फिल्म एक बड़े बजट में बनी है. जिस तरह से फैन्स के बीच इस फिल्म को लेकर चर्चा हो रही है, उसके मुताबिक, ये एक बड़े लेवल पर ओपनिंग कर सकती है. कयास लगाए जा रहे हैं कि डबल डिजिट्स में इसकी ओपनिंग हो सकती है. बुधवार के दिन फिल्म की 45 हजार टिकट्स बिकी हैं. इसके अलावा 33,500 टिकट्स पीवीआर आयनोक्स, 11,500 टिकट्स सिनेपॉलिस में बिकी हैं. 2,059 टिकट्स मूवीमेक्स चेन में बिकी हैं. 

किसानों की राहत से जुड़ी खबर: PM धन-धान्य कृषि योजना आधिकारिक रूप से स्वीकृत

प्रधानमंत्री धन-धान्य कृषि योजना' को मिली मंजूरी नई पहल: प्रधानमंत्री धन-धान्य योजना को मिली मंजूरी, किसानों को मिलेगा लाभ किसानों की राहत से जुड़ी खबर: PM धन-धान्य कृषि योजना आधिकारिक रूप से स्वीकृत मुख्यमंत्री डॉ. यादव ने प्रधानमंत्री  मोदी का माना आभार भोपाल  केंद्रीय मंत्रि-परिषद द्वारा "प्रधानमंत्री धन-धान्य कृषि योजना" को मंजूरी दे दी गई। देश के 100 जिलों के किसानों का जीवन बदलने वाली इस योजना की मंजूरी पर मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव ने प्रधानमंत्री श्री नरेन्द्र मोदी का ह्रदय से आभार जताया है। मुख्यमंत्री डॉ. यादव ने कहा कि प्रधानमंत्री श्री मोदी के नेतृत्व में केंद्रीय मंत्रि-परिषद द्वारा इस कृषि योजना को मिली स्वीकृति अत्यंत अभिनंदनीय है। देश के 100 जिलों के समग्र विकास को समर्पित यह विशिष्ट योजना' उन्नत कृषि- समृद्ध किसान' और 'आत्मनिर्भर भारत' बनाने के संकल्प को नई दिशा और नई शक्ति देने जा रही है। उन्होंने कहा कि इस योजना से देश के अन्नदाताओं के जीवन में एक नया सूर्योदय होगा। 11 विभागों की 36 योजनाओं एवं प्राईवेट पार्टनरशिप से होगी संचालित केंद्रीय मंत्रि-परिषद ने 16 जुलाई को जारी वित्त वर्ष 2025-26 से आरंभ होकर 6 वर्ष की कालावधि के लिए शुरू होने वाली 'प्रधानमंत्री धन-धान्य कृषि योजना' को मंजूरी दी है, जो देश के 100 जिलों को कवर करेगी। योजना 11 विभागों की 36 मौजूदा योजनाओं, अन्य प्रादेशिक योजनाओं और निजी क्षेत्र के साथ पब्लिक पार्टनरशिप (जन साझेदारी) के जरिए लागू की जाएगी। इसमें 100 जिलों का चयन तीन प्रमुख संकेतकों यथा कम उत्पादकता, कम फसल तीव्रता और कम ऋण वितरण के आधार पर होगा। योजना के प्रभावी नियोजन, क्रियान्वयन और निगरानी के लिए जिला, राज्य और राष्ट्रीय स्तर पर समितियां गठित की जाएंगी। प्रत्येक धन-धान्य जिले में योजना की प्रगति की निगरानी 117 प्रमुख प्रदर्शन संकेतकों (केपीआई) के आधार पर की जाएगी। योजना का प्रमुख उद्देश्य कृषि उत्पादकता में वृद्धि करना, फसल विविधिकरण और टिकाऊ कृषि प्रथाओं को अपनाने को बढ़ावा देना है। पंचायत और ब्लॉक स्तर पर फसलोत्तर भंडारण को बढ़ाना, सिंचाई सुविधाओं में सुधार करना तथा दीर्घकालिक और अल्पकालिक ऋण की उपलब्धता को सुगम बनाना भी योजना के प्रमुख उद्देश्यों में शामिल है।  

CM यादव ने सांस्कृतिक महत्ता की सराहना की और स्पेन तथा भारत को संस्कृतियों को सहेजने वाला राष्ट्र बताया

भोपाल  मुख्यमंत्री डॉ. यादव ने  अपने स्पेन दौरे के पहले दिन मैड्रिड स्थित विश्व के सबसे प्रतिष्ठित कला संग्रहालयों में से एक प्राडो म्यूजियम का भ्रमण किया। उन्होंने संग्रहालय के भव्य संग्रह और इसकी सांस्कृतिक महत्ता की सराहना की और स्पेन तथा भारत को संस्कृतियों को सहेजने वाला राष्ट्र बताया। मुख्यमंत्री डॉ. यादव ने कहा कि प्राडो म्यूजियम सिर्फ कला प्रेमियों के लिए एक गंतव्य नहीं है, बल्कि यह शिक्षा,कला के संरक्षण और वैश्विक सांस्कृतिक संवाद का एक सशक्त मंच भी है। उन्होंने कहा कि यह संग्रहालय स्पेन की समृद्ध सांस्कृतिक पहचान और उसकी ऐतिहासिक कला परंपरा का जीता-जागता प्रतीक है। मैड्रिड में 1819 में स्थापित यह ऐतिहासिक संग्रहालय यूरोपीय कला के विशाल संग्रह के लिए जाना जाता है, जिसमें 12वीं शताब्दी से लेकर 20वीं शताब्दी की शुरुआत तक की उत्कृष्ट कृतियाँ शामिल हैं। मुख्यमंत्री डॉ. यादव ने स्पेनिश, इतालवी और फ्लेमिश कलाकारों की अमूल्य पेंटिंग्स को करीब से देखा। विशेष रूप से उन्होंने फ्रांसिस्को गोया, डिएगो वेलाज़क्वेज़, एल ग्रीको, हिरोनिमस बॉश, पीटर पॉल रूबेंस और टिटियन जैसे महान कलाकारों की अमर कृतियों में गहरी रुचि दिखाई। प्राडो म्यूजियम में लगभग 8 हजार से अधिक चित्र, 700 से अधिक मूर्तियाँ और विभिन्न प्रकार के ड्रॉइंग्स तथा मुद्रित दस्तावेजों का एक विशाल संग्रह है। मुख्यमंत्री डॉ. यादव ने इस बात को भी रेखांकित किया कि यह संग्रहालय स्पेन की "सॉफ्ट पावर" और सांस्कृतिक कूटनीति का एक महत्वपूर्ण हिस्सा है, जो अंतर्राष्ट्रीय मंच पर देश की कलात्मक विरासत मजबूत उपस्थिति दर्ज करता है।  

पैरामेडिकल कोर्सेस को हरी झंडी: जीवाजी विश्वविद्यालय में 13 अगस्त तक लें प्रवेश

ग्वालियर जीवाजी विश्वविद्यालय के इंस्टीट्यूट आफ पैरामेडिकल साइंसेज के अंतर्गत संचालित पैरामेडिकल पाठ्यक्रमों को मध्यप्रदेश सह-चिकित्सीय परिषद, भोपाल द्वारा सत्र 2024-25 के लिए मान्यता प्रदान कर दी गई है। यह मान्यता 15 जुलाई को जारी की गई। साथ ही परिषद द्वारा पाठ्यक्रमों में प्रवेश की अंतिम तिथि 13 अगस्त 2025 निर्धारित की गई है। इंस्टीट्यूट के समन्वयक प्रो नवनीत गरुड़ ने बताया कि छात्रों की रुचि और मांग को देखते हुए पिछले वर्ष सीटों में वृद्धि भी की गई थी। वर्तमान में संस्थान में तीन प्रमुख पाठ्यक्रम संचालित किए जा रहे हैं- बीपीटी (बैचलर आफ फिजियोथेरेपी) साढे चार वर्ष, बीएमएलटी (बैचलर आफ मेडिकल लैब टेक्नोलाजी) तीन वर्ष तथा डीएमएलटी (डिप्लोमा इन मेडिकल लैब टेक्नोलाजी) दो वर्ष। विश्वविद्यालय के इन कोर्सेस की विशेषता यह है कि यहां नियमित रूप से कक्षाएं संचालित होती हैं तथा परीक्षाएं समय पर सम्पन्न कराई जाती हैं। इसके साथ ही छात्रों को व्यावहारिक अनुभव दिलाने के उद्देश्य से उन्हें जिला अस्पताल ग्वालियर में प्रशिक्षण भी दिया जाता है। मान्यता मिलने के बाद इन पाठ्यक्रमों में अध्ययन कर रहे अंचल के छात्रों को न केवल गुणवत्तापूर्ण शिक्षा मिलेगी, बल्कि भविष्य में बेहतर करियर विकल्प भी प्राप्त होंगे।  संगीत विश्वविद्यालय में प्रवेश के लिए तिथि बढ़ी     राजा मानसिंह तोमर संगीत एवं कला विश्वविद्यालय में सत्र 2025- 26 के लिए प्रवेश की प्रक्रिया चल रही है, जिसकी अंतिम तिथि 15 जुलाई रखी गई थी। इस तिथि में बदलाव कर अब इस बढ़ाकर 31 जुलाई कर दिया गया है। इसके लिए विश्वविद्यालय की ओर से सूचना जारी की गई है। ये होंगी तय सीटें     कुलसचिव अरुण सिंह चौहान ने बताया कि सभी शासकीय और अशासकीय संगीत एवं कला महाविद्यालयों व अध्ययनशाला विभागों में स्नातक स्तर प्रति कक्षा प्रति विषय 40 सीट और स्नातकोत्तर स्तर प्रति कक्षा प्रति विषय 30 सीटें निर्धारित की गई हैं।     महाविद्यालयों व अध्ययनशाला विभागों में उपलब्ध संसाधनों के आधार पर अतिरिक्त सीट का प्रविधान रहेगा।     इसके अलावा लोक संगीत, लोक वाद्य, लोक नृत्य, लोक नाट्य एवं लोक कलाओं पर आधारित विशेष तिमाही स्ववित्तीय शार्ट टर्म कोर्सेस में भी एडमिशन लिया जा सकता है। यह होगी पूरी प्रकिया सबसे पहले छात्रों को एमपी ऑनलाइन के माध्यम से अपना रजिस्ट्रेशन कराना होगा। इसके बाद आवश्यक दस्तावेजों के साथ पंजीयन फार्म को विश्वविद्यालय अध्ययनशाला अथवा संबंधित महाविद्यालयों में जमा कराना होगा। संबंधित कोर्स संबंधी आवश्यक योग्यताएं पूर्ण होने पर ही अभ्यर्थियों का प्रवेश दिया जाएगा।

हेल्पलाइन लापरवाही मामला: सरकार का बड़ा एक्शन, दो सचिवों पर गिरी गाज

श्योपुर कलेक्टर अर्पित वर्मा द्वारा सीएम हेल्पलाइन के निराकरण को लेकर प्रतिदिन समीक्षा की जा रही है तथा सभी को निर्देश गए गए हैं कि सीएम हेल्पलाइन का निराकरण तत्परतापूर्वक गंभीरता से किया जाए। इसी क्रम में मुख्य कार्यपालन अधिकारी जिला पंचायत अतेन्द्र सिंह गुर्जर द्वारा सीएम हेल्पलाइन शिकायतों के निराकरण में रुचि नहीं लेने एवं कार्यों में लापरवाही के चलते जहां दो पंचायत सचिवों के विरूद्ध निलंबन की कार्रवाई की गई है।   13 अधिकारियों को नोटिस वहीं जनपद पंचायतों के 7 उपयंत्रियों, 3 एडीईओ सहित 13 पंचायतों के सचिव और ग्राम रोजगार सहायकों को कारण बताओ नोटिस जारी किए गए हैं। जारी आदेश के अनुसार जनपद पंचायत विजयपुर अंतर्गत ग्राम पंचायत गोहर के सचिव सोबरन कुशवाह और ग्राम पंचायत जाखेर के पंचायत सचिव राजेश जादौन को शासकीय कार्यों में लापरवाही एवं सीएम हेल्पलाइन में रुचि नहीं लेने के चलते निलंबित किया गया है। इन अधिकारियों को भेजे गए नोटिस निलंबन अवधि में दोनों सचिवों का मुख्यालय जनपद पंचायत विजयपुर किया गया है। इसी प्रकार सीएम हेल्पलाइन में शिकायतों के निराकरण नहीं करने पर जनपद पंचायत कराहल के उपयंत्री अजीत गिरी, जनपद पंचायत श्योपुर के दीपक धाकड़ एवं प्रेमनारायण राठौर, जनपद पंचायत विजयपुर के रामेश्वर गुप्ता, रामनिवास धाकड, शरद उच्चारिया एवं प्रियंका जादौन, सहायक विकास विस्तार अधिकारी जनपद श्योपुर अमन शिवहरे, एडीईओ विजयपुर अभिनंदन भदौरिया एवं देवेन्द्र प्रजापति को कारण बताओ नोटिस दिए गए हैं। इसी प्रकार जनपद पंचायत विजयपुर के ग्राम पंचायत पार्वती बड़ौदा, गसवानी, गढी, वीरपुर, रघुनाथपुर, देवरी, लाडपुरा, इकलौद, फरारा, सहसराम, कींजरी, आरोदा एवं मैदावली के पंचायत सचिवों और जीआरएस को नोटिस जारी किए गए हैं।

उत्कृष्ट विधायक के रूप में श्रीमती भावना बोहरा और लखेश्वर बघेल सम्मानित

राजनीतिक प्रतिबद्धताओं से ऊपर उठकर लोकहित और लोक कल्याण को दें प्राथमिकता – राज्यपाल रमेन डेका   राज्यपाल के मुख्य आतिथ्य में उत्कृष्टता अलंकरण समारोह संपन्न उत्कृष्ट विधायक के रूप में श्रीमती भावना बोहरा और लखेश्वर बघेल सम्मानित उत्कृष्ट संसदीय रिपोर्टिंग के लिए डॉ. राकेश कुमार पाण्डेय, योगेश मिश्रा और विश्वप्रकाश पुरेना पुरस्कृत रायपुर राज्यपाल रमेन डेका के मुख्य आतिथ्य में आज छत्तीसगढ़ विधानसभा परिसर में आयोजित "उत्कृष्टता अलंकरण समारोह" गरिमामय वातावरण में संपन्न हुआ। विधानसभा अध्यक्ष डॉ. रमन सिंह ने समारोह की अध्यक्षता की। मुख्यमंत्री विष्णु देव साय और नेता प्रतिपक्ष डॉ. चरणदास महंत विशिष्ट अतिथि के रूप में समारोह में शामिल हुए। "उत्कृष्टता अलंकरण समारोह" में वर्ष-2024 के लिए श्रीमती भावना वोहरा और लखेश्वर बघेल को उत्कृष्ट विधायक के रूप में सम्मानित किया गया। उत्कृष्ट संसदीय रिपोर्टिंग के लिए दैनिक भास्कर के विशेष संवाददाता डॉ. राकेश कुमार पाण्डेय, सुदर्शन न्यूज़ चैनल के राज्य ब्यूरो प्रमुख योगेश मिश्रा और सुदर्शन न्यूज़ के कैमरामेन विश्वप्रकाश पुरेना को समारोह में सम्मानित किया गया।   उप मुख्यमंत्री अरुण साव और विजय शर्मा, संसदीय कार्य मंत्री केदार कश्यप, सांसद श्रीमती ज्योत्सना महंत, बृजमोहन अग्रवाल और विजय बघेल, विधानसभा अध्यक्ष डॉ. रमन सिंह की धर्मपत्नी श्रीमती वीणा सिंह, मुख्यमंत्री विष्णु देव साय की धर्मपत्नी श्रीमती कौशल्या साय, मंत्रीगण और विधायकगण भी "उत्कृष्टता अलंकरण समारोह" समारोह में शामिल हुए। समारोह में छटवीं विधानसभा के लिए निर्वाचित विधायकों के प्रबोधन कार्यक्रम पर केन्द्रित पुस्तिका का विमोचन भी किया गया। "उत्कृष्टता अलंकरण समारोह" को मुख्य अतिथि के रूप में संबोधित करते हुए राज्यपाल रमेन डेका ने कहा कि यह समारोह न केवल व्यक्तिगत उपलब्धियों के सम्मान का अवसर है, बल्कि हमारी संसदीय परंपराओं को और अधिक सशक्त करने का माध्यम भी है। उन्होंने वर्ष-2024 के उत्कृष्ट विधायक के लिए चयनित श्रीमती भावना बोहरा और लखेश्वर बघेल, तथा उत्कृष्ट संसदीय पत्रकारिता के लिए चयनित डॉ. राकेश कुमार पाण्डेय, योगेश मिश्रा एवं विश्वप्रकाश पुरेना को बधाई दी।  राज्यपाल रमेन डेका ने समारोह में कहा कि आप सभी ने विधानसभा की गतिविधियों को ईमानदारी, संवेदनशीलता और जिम्मेदारी के साथ जनता तक पहुंचाने का कार्य किया है। आपकी यह भूमिका लोकतंत्र की पारदर्शिता और जवाबदेही सुनिश्चित करने में अत्यंत महत्वपूर्ण है। छत्तीसगढ़ विधानसभा की स्वस्थ परंपरा है जहां न केवल विधायकों, बल्कि पत्रकारों को भी सम्मानित किया जाता है। मेरा आप सभी से आग्रह है कि अपनी राजनीतिक प्रतिबद्धताओं से ऊपर उठकर सदैव लोकहित और लोक कल्याण को प्राथमिकता दें।  राज्यपाल डेका ने कहा कि  छत्तीसगढ़ विधानसभा अपनी स्थापना के रजत जयंती वर्ष में प्रवेश कर चुका है। यह अवसर हम सभी के लिए आत्ममंथन और नये संकल्प का क्षण है। हमारे संसदीय लोकतंत्र की आत्मा को जीवंत बनाए रखने के लिए  संसदीय परंपराओं और प्रक्रियाओं का आदरपूर्वक पालन आवश्यक है। किसी भी विधायी सदन की वास्तविक सार्थकता जनकल्याण में निहित होती है। देश और राज्य के समग्र विकास के लिए यह आवश्यक है कि सभी जनप्रतिनिधि दलगत सीमाओं से ऊपर उठकर, एकजुट होकर समन्वय और सहयोग की भावना के साथ कार्य करें।  समारोह को संबोधित करते हुए विधानसभा अध्यक्ष डॉ. रमन सिंह ने कहा कि छत्तीसगढ़ के 90 विधायक राज्य की तीन करोड़ जनता का प्रतिनिधित्व करते हैं। वे सभी श्रेष्ठ हैं। हर वर्ष दो उत्कृष्ट विधायकों का चयन कठिन काम है। इस बार 50 नए विधायक चुनकर आए हैं। छत्तीसगढ की विधानसभा जीवंत विधानसभा है। इसने अपना ‘छत्तीसगढ़िया स्वभाव’ नहीं छोड़ा है। सदभाव और सहयोग से जनहित के मुद्दों पर सक्रियता और गंभीरता से चर्चा करते हैं। मुख्यमंत्री विष्णु देव साय ने कार्यक्रम में अपने संबोधन में कहा कि आज का दिन हम सब के लिए खास है। ‘उत्कृष्टता अलंकरण समारोह‘ गर्व और प्रेरणा का अवसर है। विधानसभा लोकतंत्र का मंदिर है। यहां पर जनहित के मुद्दों को उठाना विधायकों का धर्म है। संसदीय रिपोर्टिंग सजगता और जिम्मेदारी भरा कार्य है। इस कार्य में मीडिया प्रतिनिधियों की महत्वपूर्ण भूमिका रहती है। इनकी मूल भूमिका को रेखांकित करने के लिए इन्हें सम्मानित करने की परंपरा हमारे विधानसभा में है। साय ने कहा कि हमारी विधानसभा की कार्यवाही को देशभर में सराहा जाता है। विधायकों की सक्रिय भागीदारी और मीडिया की निरंतर निगरानी ने छत्तीसगढ़ को लोकतंत्र की दृष्टि से एक आदर्श राज्य के रूप में स्थापित किया है। छत्तीसगढ़ विधानसभा देश की पहली और एकमात्र ऐसी विधानसभा है, जहां गर्भगृह में किसी विधायक के प्रवेश करते ही वे स्वमेव निलंबित हो जाते हैं। इस विशिष्टता और आत्म-अनुशासन ने छत्तीसगढ़ को राष्ट्रीय पटल पर एक नई पहचान दिलाई है। उन्होंने कहा कि छत्तीसगढ़ ने बीते वर्षों में न सिर्फ़ आर्थिक व सामाजिक क्षेत्र में प्रगति की है, बल्कि यहां की विधानसभा और संसदीय कार्यप्रणाली भी पूरे देश में मिसाल बनकर उभरी है। समारोह को संबोधित करते हुए विधानसभा में नेता प्रतिपक्ष डॉ. चरणदास महंत ने सम्मानित विधायकों और पत्रकारों को बधाई देते हुए कहा कि छत्तीसगढ़ विधानसभा के सदन में सदस्यों में राज्य के मुद्दों को लेकर मतभेद रहा है , लेकिन आपस में मन का भेद कभी नहीं रहा। उन्होंने कहा कि विधानसभा अध्यक्ष के रूप डॉ. रमन सिंह के आने से सदन में पक्ष और विपक्ष का बेहतर समन्वय देखने को मिला है और हम सभी एकता और भाईचारे के साथ आगे बढ़ रहे हैं। संसदीय कार्य मंत्री केदार कश्यप ने समारोह में शामिल अतिथियों और लोगों के प्रति आभार व्यक्त किया। विधानसभा के सचिव दिनेश शर्मा ने स्वागत भाषण दिया।