samacharsecretary.com

79 कंटेस्टेंट्स को पछाड़कर कैटालिना ड्यूक बनीं मिस इंटरनेशनल 2025; रूश सिंधू का शानदार प्रदर्शन

 नई दिल्ली  जापान के टोक्यो में 27 नवंबर को मिस इंटरनेशनल 2025 का ग्रैंड फिनाले हुआ. जहां कोलंबिया की कैटालिना ड्यूक ने मिस इंटरनेशनल 2025 का खिताब अपने नाम किया. इस बार दुनिया भर से 80 सुंदरियों ने इस प्रतियोगिता में हिस्सा लिया था. इन 80 ब्यूटी क्वीन्स में भारत की बेटी रूश सिंधू ने भी हिस्सा लिया था और उन्होंने 12 साल बाद इस प्रतियोगिता में इतिहास रचा दिया.  इस साल के 2023 की मिस इंटरनेशनल वेंज़ुएला की अंद्रेआ रुबियो, 2019 की मिस इंटरनेशनल जापान मोमी ओकाडा और मैक्स पॉवर्स ने होस्टिंग की. प्रतियोगिता में टॉप 20 सुंदरियों ने स्विमसूट और इवनिंग गाउन राउंड में हिस्सा लिया. इसके बाद टॉप 10 ने पब्लिक स्पीकिंग राउंड में अपने सस्टेनेबल डेवलपमेंट गोल्स और सोसाइटी के लिए किए जाने वाले काम के बारे में बताया. भारत की बेटी ने रचा इतिहास भले ही रूश सिंधू मिस इंटरनेशनल 2025 का ताज नहीं जीत पाईं, लेकिन 12 साल के लंबे इंतजार के बाद, रूश ने टॉप 20 में जगह बनाकर भारत का नाम रोशन कर दिया है. हर तरफ उनकी खूबसूरती, आत्मविश्वास और स्टाइल के चर्चे हो रहे हैं.  रूश सिंधू को भारतीय फैन्स भी सोशल मीडिया पर भरपूर प्यार और सपोर्ट दे रहे थे, रूश की इस उपलब्धि यह साबित दिया है कि मेहनत और धैर्य से बड़ी से बड़ी प्रतियोगिता में भी नाम रोशन किया जा सकता है. कोलंबिया की चौथी जीत साल 2024 में वियतनाम की हुन्ह थी थान थोई ने यह ताज अपने नाम किया था, जोकोलंबिया देश की पहली विनर थीं. अब नई मिस इंटरनेशनल 2025  की 23 साल की कैटालिना ड्यूक बन गई हैं. सबसे खास बात यह है कि वो यह प्रतिष्ठित खिताब हासिल करने वाली देश की चौथी महिला बन गईं.  टॉप 4 में कौन-कौन ?     जिम्बाब्वे की योलांडा चिम्बारामी फर्स्ट रनर-अप रहीं     बोलीविया की पाओला गुजमान सांचेज को सेकंड रनर-अप रहीं.     इंडोनेशिया की मेलिजा जेवियरा यूलियन थर्ड रनर-अप बनीं.     फिलीपींस की मर्ना एस्गुएरा चौथे स्थान पर रही.  

अंतरराष्ट्रीय स्तर पर सफल होने के लिए मानसिक मजबूती जरूरी – सुश्री संजू देवी

रायपुर : छत्तीसगढ़ का गौरव है संजू, अपने खेल से राज्य को दिलाई अंतरराष्ट्रीय प्रतिष्ठा – श्री अरुण साव अंतरराष्ट्रीय स्तर पर सफल होने के लिए मानसिक मजबूती जरूरी – सुश्री संजू देवी उप मुख्यमंत्री श्री साव और अंतरराष्ट्रीय कबड्डी खिलाड़ी संजू ने प्रेस-कॉन्फ्रेंस में कबड्डी विश्व कप में भारत के खिताबी सफर को किया साझा रायपुर उप मुख्यमंत्री तथा खेल एवं युवा कल्याण मंत्री श्री अरुण साव और छत्तीसगढ़ की अंतरराष्ट्रीय कबड्डी खिलाड़ी सुश्री संजू देवी ने बांग्लादेश में आयोजित महिला कबड्डी विश्व कप में भारत के खिताबी जीत के सफर को साझा किया। इस विश्व कप में छत्तीसगढ़ के कोरबा जिले के छोटे से गांव केराकछार की 23 साल की सुश्री संजू देवी रावत को टूर्नामेंट का मोस्ट वेल्युबल प्लेयर चुना गया। फाइनल में भारत को मिले कुल 35 प्वाइंट्स में से 16 प्वाइंट्स अकेले संजू ने दिलाए। सेमी-फाइनल सहित अन्य मैचों में भी उन्होंने अपने उत्कृष्ट प्रदर्शन से भारत को चैंपियन बनाने में महत्वपूर्ण भूमिका निभाई। संजू की इस उपलब्धि के खास मायने हैं। वे अंतरराष्ट्रीय स्तर पर देश का प्रतिनिधित्व करने वाली राज्य की पहली कबड्डी खिलाड़ी हैं। कबड्डी विश्व कप के साथ ही उन्होंने इस साल मार्च में ईरान में आयोजित एशियन कबड्डी चैम्पियनशिप में भी भारत का प्रतिनिधित्व किया था और भारत को चैंपियन बनाने में अहम भूमिका निभाई थी।   छत्तीसगढ़ का गौरव है संजू, अपने खेल से राज्य को दिलाई अंतरराष्ट्रीय प्रतिष्ठा – श्री अरुण साव उप मुख्यमंत्री श्री अरुण साव ने आज नवा रायपुर स्थित अपने शासकीय निवास कार्यालय में आयोजित प्रेस-कॉन्फ्रेंस में बताया कि संजू देवी ने महिला कबड्डी विश्व कप में भारत को ऐतिहासिक जीत दिलाने में निर्णायक भूमिका निभाई। उन्होंने अपने उत्कृष्ट खेल कौशल से छत्तीसगढ़ को अंतरराष्ट्रीय स्तर पर प्रतिष्ठित किया है। वे छत्तीसगढ़ की ही नहीं, अपितु पूरे भारत की गौरव हैं। राज्य शासन के खेल एवं युवा कल्याण विभाग द्वारा संचालित बिलासपुर के बहतराई आवासीय बालिका कबड्डी अकादमी में प्रशिक्षण हासिल कर विश्व विजेता बनी संजू देशभर के लिए प्रेरणास्त्रोत बन गई है। वे वहां जुलाई-2023 से प्रशिक्षण ले रही हैं। अपनी लगन, कड़ी मेहनत और कबड्डी के प्रति जुनून से उन्होंने एक छोटे से गांव से निकलकर दो-दो अंतरराष्ट्रीय टूर्नामेंटों में भारत को चैंपियन बनाने में महती भूमिका निभाई है।  छत्तीसगढ़ का गौरव है संजू, अपने खेल से राज्य को दिलाई अंतरराष्ट्रीय प्रतिष्ठा – श्री अरुण साव उप मुख्यमंत्री श्री साव ने बताया कि बहतराई के स्वर्गीय बी.आर. यादव राज्य प्रशिक्षण केंद्र में अभी कबड्डी में 38 बालिकाएं, हॉकी में 35 बालक और 38 बालिकाएं, तीरंदाजी में 14 बालक और 14 बालिकाएं तथा एथलेटिक्स में 12 बालक और 7 बालिकाएं प्रशिक्षण ले रही हैं। उन्होंने कहा कि छत्तीसगढ़ सरकार खेल और खिलाड़ियों को आगे बढ़ाने तथा इनके प्रशिक्षण व आयोजनों के लिए जरूरी अधोसंरचनाएं उपलब्ध कराने के लिए प्रतिबद्ध है। खिलाड़ियों को राष्ट्रीय-अंतरराष्ट्रीय प्रतियोगिताओं के लिए तैयार करने के लिए सभी जरूरी कदम उठाए जाएंगे। विगत 24 नवम्बर को बांग्लादेश में संपन्न हुई महिला विश्व कप कबड्डी की विजेता भारतीय टीम की सदस्य और टूर्नामेंट की मोस्ट वेल्युबल प्लेयर चुनी गई संजू देवी ने प्रेस-कॉन्फ्रेंस में कहा कि अंतरराष्ट्रीय स्तर पर सफल होने के लिए मानसिक रूप से मजबूत होना जरूरी है। जब आप सभी बाधाओं से लड़कर पहली सीढ़ी पार करते हैं तभी दूसरी सीढ़ी पर चढ़ने का मौका मिलता है। संजू ने अपने गांव केराकछार से कबड्डी विश्व कप तक के सफर के बारे में बताया कि उन्होंने जनवरी-2024 में कोलकाता में आयोजित ईस्ट जोन इंटरयुनिवर्सिटी टूर्नामेंट में और जनवरी-2025 में भटिंडा में ऑल इंडिया इंटर यूनिवर्सिटी टूर्नामेंट में बिलासपुर विश्वविद्यालय की ओर से तथा विशाखापट्टनम, तमिलनाडु, नागपुर, महासमुंद और भजियापार (महाराष्ट्र) के ऑल इंडिया टूर्नामेंट में राज्य की ओर से भागीदारी की है। संजू ने बताया कि पिछले साल छत्तीसगढ़ कबड्डी संघ द्वारा आयोजित चयन स्पर्धा में अच्छे प्रदर्शन के फलस्वरूप इंडिया कैंप के लिए उनका चयन हुआ। इंडिया कैंप में उत्कृष्ट प्रदर्शन के आधार पर ईरान में हुए एशियन कबड्डी चैम्पियनशिप के लिए उन्हें भारतीय टीम में स्थान मिला। इसमें लगातार अच्छे प्रदर्शन के कारण उन्हें महिला कबड्डी वर्ल्ड कप की टीम में भी शामिल किया गया। वे भारतीय टीम के लिए गांधी नगर और सोनीपत में आयोजित चार कैंपों में शामिल हो चुकी हैं। युवा आयोग के अध्यक्ष श्री विश्व विजय सिंह तोमर, खेल एवं युवा कल्याण विभाग की संचालक श्रीमती तनूजा सलाम, उप संचालक श्रीमती रश्मि ठाकुर, छत्तीसगढ़ कबड्डी संघ के अध्यक्ष श्री शशिकांत बघेल और संजू देवी के कोच श्री दिल कुमार राठौर भी प्रेस-कॉन्फ्रेंस में मौजूद थे।

विश्व कप स्टार संजू देवी को CM साय की बधाई—रायपुर में किया सम्मानित

रायपुर : मुख्यमंत्री  साय ने महिला कबड्डी विश्व कप की स्टार खिलाड़ी संजू देवी को दी बधाई रायपुर महिला कबड्डी विश्व कप की स्टार खिलाड़ी छत्तीसगढ़ निवासी संजू देवी ने विगत दिवस मुख्यमंत्री  विष्णु देव साय से राजधानी रायपुर स्थित उनके निवास कार्यालय में सौजन्य भेंट की। मुख्यमंत्री  साय ने विश्व कप में उत्कृष्ट प्रदर्शन कर छत्तीसगढ़ और देश का नाम रोशन करने पर संजू देवी को हार्दिक बधाई एवं शुभकामनाएं दीं। उन्होंने कहा कि “आपने महिला सशक्तिकरण की एक नई मिसाल पेश की है। आपको देखकर प्रदेश की बेटियाँ खेल जगत में और अधिक उत्साह के साथ आगे बढ़ेंगी। यह उपलब्धि निस्संदेह आने वाली पीढ़ियों की खेल प्रतिभा को निखारने में प्रेरक साबित होगी।”मुलाकात के दौरान संजू देवी ने भी अपनी जीवन यात्रा, संघर्ष, और खेल से जुड़े अनुभव मुख्यमंत्री  साय के साथ साझा किए। उल्लेखनीय है कि महिला कबड्डी विश्व कप की स्टार खिलाड़ी संजू देवी कोरबा जिले के ग्राम केराकछार की निवासी हैं। उन्हें महिला कबड्डी विश्व कप में मोस्ट वैल्यूएबल प्लेयर का खिताब भी प्राप्त हुआ है। यह प्रतिष्ठित टूर्नामेंट 17 नवंबर से 24 नवंबर के मध्य बांग्लादेश की राजधानी ढाका में आयोजित किया गया था। मुलाकात के दौरान छत्तीसगढ़ युवा आयोग के अध्यक्ष  विश्व विजय सिंह तोमर, छत्तीसगढ़ कबड्डी संघ के प्रदेश अध्यक्ष  शशिकांत बघेल, कोषाध्यक्ष  सेवा राम साहू, पूर्व कोच  अनुज प्रताप सिंह, वर्तमान कोच  दिल कुमार राठौर सहित अन्य पदाधिकारी भी उपस्थित थे।

कनाडा फायरिंग केस: संदिग्ध हमलावर दिल्ली में गिरफ्तार, भारत लौटने की जानकारी मिली

नई दिल्ली कनाडा में कपिल शर्मा के KAP's कैफे पर फायरिंग करने के मुख्य षड्यंत्र में शामिल शूटर बंधु मान सिंह सेखों को दिल्ली पुलिस क्राइम ब्रांच ने गिरफ्तार किया है. बंधु मान सिंह सेखों गैंगस्टर गोल्डी बराड़ से जुड़ा हुआ है. फायरिंग की घटना के बाद यह गैंगस्टर भारत आया था. सेखों लॉरेंस बिश्नोई गैंग के मोस्ट वांटेड गैंगस्टर गोल्डी ढिल्लन के भी संपर्क में था. दिल्ली पुलिस क्राइम ब्रांच की यह बड़ी कामयाबी मानी जा रही है. गिरफ्तार किया गया आरोपी बंधु मान सिंह सेखों कनाडा में हुई गोलीबारी की घटना का मुख्य शूटर बताया जा रहा है. कैप्स कैफे में फायरिंग के मुख्य षड्यंत्र को समझने के लिए उसकी गिरफ्तारी अहम है. सेखों के गोल्डी बराड़ से जुड़े होने की वजह से दिल्ली पुलिस आगे की जांच कर रही है. कनाडा में फायरिंग के बाद भारत भागा गिरफ्तार शूटर बंधु मान सिंह सेखों ने कनाडा में कपिल शर्मा के 'कैप्स कैफे' पर फायरिंग की घटना को अंजाम दिया था. फायरिंग करने के बाद यह गैंगस्टर तुरंत भारत भाग आया था. दिल्ली पुलिस क्राइम ब्रांच ने उसे दिल्ली में गिरफ्तार किया है. गोल्डी बराड़ और ढिल्लन से संबंध जांच में पता चला है कि बंधु मान सिंह सेखों गैंगस्टर गोल्डी बराड़ का सहयोगी है. इसके अलावा, वह लॉरेंस बिश्नोई गैंग के मोस्ट वांटेड गैंगस्टर गोल्डी ढिल्लन के भी संपर्क में था. पुलिस अब इन गैंगस्टर कनेक्शन की गहराई से जांच कर रही है.

कर्मचारियों की छुट्टियों में बड़ा फेरबदल: नए नियम 1 जनवरी से लागू

भोपाल  मध्यप्रदेश के 7 लाख से अधिक सरकारी कर्मचारियों और अधिकारियों की छुट्टियों में बड़ा बदलाव होने जा रहा है। इसके लिए वित्त विभाग की तरफ से मध्य प्रदेश सिविल सेवा अवकाश नियम 2025 का नोटिफिकेशन जारी कर दिया है। जो कि 1 जनवरी 2026 से प्रभावी होगा। यानी लगभग 35 दिनों बाद अवकाश व्यवस्था में बदलाव देखने को मिलेगा। महिलाओं के अवकाश में होगा बदलाव महिला कर्मचारियों की चाइल्ड केयर लीव में बड़ा परिवर्तन किया गया है। अभी तक महिलाओं को 2 साल यानी 730 दिन की चाइल्ड केयर लीव के साथ पूरी सैलरी दी जाती थी। ऐसा नए नियमों में नहीं होगा, नए नियमानुसार 365 दिन 100 प्रतिशत वेतन और अगले 365 दिन सिर्फ 80 फीसदी वेतन दिया जाएगा। 30 दिन का अर्जित अवकाश मिलेगा नए नियमानुसार, कर्मचारियों को साल में 30 अर्जित अवकाश यानी EL देने का प्रावधान है। इसे 6 महीने 15 और अगले 6 महीने 15 के भाग में बांटा गया है। किसी भी कर्मचारी को एक साथ 5 साल से अधिक का लगातार अवकाश मंजूर नहीं किया जाएगा। अब कर्मचारियों की छुट्टी का अंतिम निर्णय अधिकारी का होगा।   1 साल से ज्यादा नहीं मिलेगी स्टडी लीव अध्ययन के लिए छुट्टियां लेने वाले कर्मचारियों को अवकाश की सुविधा मिलेगी। इसमें कर्मचारियों को एक साल तक की लीव स्टडी दी जाएगी। पूरी सर्विस में अधिकतम 24 महीने की छुट्टी ही मिलेगी। जिसमें कर्मचारी को स्वयं फीस संबंधी खर्चों का वहन करना होगा। साथ ही छुट्टी में जाने से पहले कर्मचारियों बॉन्ड भरना जरूरी होगा, ताकि कर्मचारी समय पर नौकरी पर वापस आ सके। मेडिकल लीव में होगा बदलाव नए नियमों में मेडिकल लीव में भी बदलाव किया गया है। इसमें कर्मचारियों के मेडिकल सर्टिफिकेट के बावजूद भी अवकाश मिलने की गारंटी नहीं होगी। अंतिम निर्णय स्वीकृत संबंधित अधिकारी पर निर्भर करेगा। पूरे सेवाकाल में 180 दिनों का आधा वेतन बिना मेडिकल सर्टिफिकेट के मिल सकेगा। यदि कर्मचारी उसी दौरान इस्तीफा देता है अवकाश अर्द्धवेतन अवकाश के समान ही माना जाएगा और अंतर राशि की वसूली की जाएगी। 

मुख्यमंत्री डॉ.यादव ने गीता जयंती महोत्सव के कार्यक्रमों की जानकारी प्राप्त कर दिए निर्देश

ऑन लाइन गीता प्रतियोगिता और गीता पाठ में अधिकाधिक जन भागीदारी सुनिश्चित की जाए मुख्यमंत्री डॉ.यादव ने गीता जयंती महोत्सव के कार्यक्रमों की जानकारी प्राप्त कर दिए निर्देश भोपाल  मुख्यमंत्री डॉ मोहन यादव ने आगामी 1 दिसंबर को गीता जयंती पर अंतर्राष्ट्रीय गीता महोत्सव पर राज्य में हो रहे कार्यक्रमों की तैयारी की जानकारी प्राप्त की और आवश्यक निर्देश दिए। मुख्यमंत्री डॉ. यादव ने अभ्युदय मध्य प्रदेश (गवर्नेंस एंड ग्रोथ समिट) निवेश से रोजगार (अटल संकल्प उज्जवल मध्य प्रदेश ) के अंतर्गत 25 दिसंबर को ग्वालियर में हो रहे कार्यक्रम के संबंध में भी अधिकारियों से चर्चा की। मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव ने गीता महोत्सव के संबंध में मुख्यमंत्री निवास समत्व भवन से वीडियो कॉन्फ्रेंस द्वारा जिला कलेक्टर्स और पुलिस अधिकारियों से चर्चा की। बैठक में मुख्य सचिव श्री अनुराग जैन सहित संबंधित वरिष्ठ अधिकारी उपस्थित थे। मुख्यमंत्री डॉ. यादव ने कहा है कि 1 दिसंबर गीता जयंती पर गीता महोत्सव के अंतर्गत होने वाली गतिविधियों में जन सामान्य की अधिक से अधिक सहभागिता सुनिश्चित की जाए। श्रीमद्भागवत गीता के विभिन्न अध्यायों की संस्कृत और हिंदी में, स्कूल कॉलेज के साथ-साथ जन सामान्य को प्रतियां उपलब्ध करवाकर, गीता पर केंद्रित क्विज आदि प्रतियोगिताएं आयोजित की जाएं। गीता ज्ञान के प्रसार से जन सामान्य की विचार प्रक्रिया और मानसिकता पर सकारात्मक प्रभाव होगा। उल्लेखनीय है कि श्रीमद्भगवतगीता ऑन लाइन ज्ञान प्रतियोगिता में प्रवृष्ठि 28 नवम्बर तक www.geetamahotsav.com पर होगी। जिसमें तीन श्रेणियों में भागीदारी की जा सकती है। सभी श्रेणियों के लिए पृथक -पृथक पुरस्कारों का प्रावधान भी किया गया है। यह पुरस्कार 26 जनवरी 2026 को दिए जाएंगे। मुख्यमंत्री डॉ. यादव ने कलेक्टर्स, को निर्देश दिए कि जिला स्तर पर अधिक से अधिक नागरिकों को विभिन्न प्रतियोगिताओं और गीता पाठ में भाग लेने के लिए प्रोत्साहित करें। गीता पाठ के कार्यक्रमों में होगी व्यापक सहभागिता मुख्यमंत्री डॉ.यादव ने गीता पाठ कार्यक्रम की तैयारियों की भी जानकारी प्राप्त की। उल्लेखनीय है कि 1 दिसंबर को अंतरराष्ट्रीय गीता जयंती पर मध्यप्रदेश में सभी विकास खंडों, जिला मुख्यालयों, संभागीय मुख्यालयों पर श्रीमद्भगवद्गीता के 15 वें अध्याय का पाठ किया जा रहा है। जन सामान्य द्वारा युगावतार भगवान श्रीकृष्ण के मानव कल्याण के संदेश को आत्मसात किए जाने के उद्देश्य को इस गीता पाठ से सफल बनाया जा सकता है। वीर भारत न्यास द्वारा गीता पाठ के साथ-साथ गीता प्रतियोगिता का आयोजन भी किया जा रहा है। जिसमें प्रदेश के विद्यार्थी बड़ी संख्या में हिस्सा ले रहे हैं।  

पेयजल पर भारी खर्च, पर नतीजा शून्य—शिवलालपुरा स्कूल में प्यासे बच्चे

मुरैना  सरकारी स्कूलों में पेयजल व्यवस्था को लेकर पीएचई विभाग द्वारा करोड़ों रुपए खर्च किए जा चुके हैं। विकासखंड सबलगढ़ की ग्राम पंचायत शिवलालपुरा स्थित शासकीय माध्यमिक विद्यालय के छात्र-छात्राएं पिछले लगभग छह माह से गंदा और मिट्टी युक्त पानी पीने को मजबूर हैं। विद्यालय में स्वच्छ पेयजल व्यवस्था पूरी तरह से ठप है, लेकिन जिम्मेदार विभाग इस गंभीर समस्या पर कोई ध्यान नहीं दे रहा है। शासन के निर्देश पर पीएचई विभाग द्वारा जिले के सरकारी स्कूलों में पेजयल के लिए प्रति स्कूल करीब सवा लाख रुपए खर्च करके हैडपंप में मोटर, स्कूल में टंकी, लेजम डालकर पेयजल की सप्लाई किए जाने का प्रावधान था लेकिन शिवलाल पुरा स्कूल में ऐसी कोई व्यवस्था नहीं की गई है। विद्यालय में 151 छात्र- छात्राएं और 6 शिक्षकों का स्टाफ है। स्कूल में पानी का अन्य कोई श्रोत न होने पर छात्र-छात्राएं हैडपंप से निकल रहे गंदे, मिट्टीयुक्त और दुर्गंध से भरे पानी को पीने के लिए मजबूर हैं। और मध्याह्न भोजन बनाने में भी इसी पानी का उपयोग किया जा रहा है। इससे बच्चों के स्वास्थ्य पर बुरा असर पड़ रहा है। इस गंदे पानी के सेवन से कई बच्चे पेट दर्द और उल्टी-दस्त की शिकायत भी कर चुके हैं। ग्रामीणों की मांग है कि विद्यालय में तत्काल स्वच्छ पेयजल की व्यवस्था की जाए, हैंडपंप की जांच कर उसे ठीक कराया जाए अथवा नई बोरिंग कराकर शुद्ध पानी की सप्लाई शुरू की जाए, ताकि बच्चों के स्वास्थ्य से हो रही खिलवाड़ को रोका जा सके। ग्रामीण बोले: जल्द सुधार नहीं तो करेंगे आंदोलन ग्रामीण और अभिभावकों में इस बात को लेकर भारी आक्रोश है। उनका कहना है कि यदि किसी बड़े अधिकारी या जनप्रतिनिधि के बच्चों को इस तरह का पानी पीना पड़े तो क्या तब भी विभाग आंखें बंद रखेगा। उन्होंने चेतावनी दी है कि यदि शीघ्र ही समस्या का समाधान नहीं हुआ तो वे स्कूल के सामने धरना-प्रदर्शन के साथ आंदोलन करेंगे। दो बार लिखा पीएचई को पत्र, नहीं हुई सुनवाई  संस्था प्रमुख द्वारा पीएचई (लोक स्वास्थ्य यांत्रिकी विभाग) 13 जनवरी 2025 एवं 08 जुलाई 2025 को पत्र लिखा जा चुका है। उसके बावजूद आज दिनांक तक न तो कोई अधिकारी विद्यालय पहुंचा और न ही समस्या के समाधान के लिए कोई कदम उठाया गया। पीएचई विभाग के अधिकारियों की लापरवाही के चलते किसी दिन गंभीर समस्या पैदा हो सकती है। ये बोले जिम्मेदार पीएचई विभाग को जब से हैडपंप खराब हुआ है अर्थात गंदा पानी दे रहा है, तब से दो बार पत्र लिखा जा चुका है लेकिन अधिकारियों द्वारा हैडपंप को दुरस्त करना तो दूर, मौके पर पहुंचकर देखा तक नहीं हैं। वीरेन्द्र सिंह, हेडमास्टर, शासकीय मिडिल स्कूल, शिवलाल का पुरा विद्याराम यादव, एसडीओ, पीएचई ने बताया यह बात सही है कि स्कूल प्रमुख का पत्र मिला है, हैडपंप खराब होने की जानकारी मिली है, हम जल्द ही उसमें छड़ बदलवाकर हैडपंप को दुरस्त करवाते हैं, जिससे स्वच्छ पानी मिल सके।  

उज्जैन में मिलेगा आधुनिक सफर का तोहफ़ा: 100 ई-बसें चलाने पर 10 करोड़ खर्च, नया डिपो भी बनेगा

उज्जैन  धार्मिक पर्यटन नगरी उज्जैन यात्रियों को ई-बस की सुविधा देने की तैयारी है। इसके लिए सुविधायुक्त ई-बस डिपो का निर्माण होगा। जहां एक समय में 100 ई-बस पार्क हो सकेंगी और सर्विसिंग व चार्जिंग की सुविधा भी रहेगी। 10 करोड़ से अधिक के प्रोजेक्ट के लिए दो कंपनियां ने रुचि दिखाई है। हालांकि तकनीकी कमी के बाद एक ही कंपनी की निविदा शेष है जिसे निर्णय के लिए निविदा समिति को भेजा है। मक्सीरोड स्थित पुराने सिटी बस डिपो को अब ई-बस डिपो के रूप में विकसित किया जाएगा। निगम ने इसके लिए 10.75 करोड़ की योजना बनाई है। डिपो में पार्किंग के अलावा, वर्कशॉप सेंटर, शेड, वॉशिंग एरिया, प्रशासनिक कार्यालय रहेंगे। कुछ सप्ताह पूर्व निगम ने इसके लिए टेंडर जारी किया था। फिलहाल निविदा को लेकर अंतिम निर्णय नहीं हुआ है। यदि स्वीकृति मिलती है तो अगले वर्ष ई-डिपो का निर्माण शुरू हो सकता है। चार्जिंग स्टेशन भी रहेंगे डिपो में बसों को चार्ज करने के लिए चार्जिंग स्टेशन रहेंगे। इसे स्थापित करने के लिए पृथक से 2.86 करोड़ रुपए का टेंडर जारी होगा। बाहरी विद्युतीकरण बुनियादी ढांचे की आपूर्ति, स्थापना, परीक्षण शामिल है।   21762 वर्ग मीटर में बनेगा डिपो मक्सीरोड पर पुराने डिपो की जमीन पर ही करीब 21 हजार 762 वर्गमीटर क्षेत्र में ई-बस डिपो विकसित किया जाएगा। 100 ई-बस जिनमें 7 मीटर लंबी 70 बस व 9 मीटर लंबी 30 बसें एक साथ पार्क हो सकेंगी। बता दें कि पूर्व में इस स्थान पर मप्र रोजडवेज का बस डिपो संचालित होता था जिसे बाद में नगर निगम ने उज्जैन सिटी बस सर्विस लिमिटेड के ऑफिस व सिटी बस डिपो के रूप में उपयोग किया।

मध्य प्रदेश में बनेगा 98 किलोमीटर फोरलेन हाईवे, 57 गांव परियोजना की जद में

छतरपुर  मध्यप्रदेश और उत्तर प्रदेश को जोड़ने वाले भोपाल-लखनऊ इकोनॉमिक कॉरिडोर के सागर-कानपुर फोरलेन वाले हिस्से में सड़क निर्माण कार्य तेजी से चल रहा है। जो कि औद्योगिक, पर्यटन और निवेश को नई गति प्रदान करेगा। इस सड़क का काम चार चरणों में पूरा किया जाना है। दरअसल, NHAI के द्वारा छतरपुर जिले में तीसरे और चौथे चरण में चौका गांव से कैमाहा चेकपोस्ट तक करीब 98 किलोमीटर लंबे फोरलेन निर्माण का काम शुरु कर दिया गया है। जिन जगहों पर भूमि अधिग्रहण और मुआवजे काम वितरण हो चुका है। वहां पर चौड़ीकरण का काम तेजी से किया जा रहा है। 57 गांवों से ली गई जमीन जिले के महाराजपुर, छतरपुर, बिजावर और बड़ामलहरा के 57 गांवों की ज़मीन का अधिग्रहण किया गया है। इसे बाद में लखनऊ से जोड़कर एक इकोनॉमिक कॉरिडोर बनाने की योजना है। इससे बुंदेलखंड के लोगों को न केवल बेहतर कनेक्टिविटी मिलेगी, बल्कि व्यावसायिक गतिविधियों में भी बढ़ोतरी होगी, जो क्षेत्र की आर्थिक स्थिति को सुदृढ़ करेगा। 55 किलोमीटर में 1008 करोड़ की लागत से होगा काम परियोजना के तीसरे चरण में 55 किमी सडक़ निर्माण पर 1008 करोड़ का खर्च आएगा। ये हिस्सा कई गांवों और कस्बों को सीधे इकोनॉमिक कॉरिडोर से जोड़ देगा। फोरलेन बनने के बाद भारी वाहनों की आवाजाही से जुड़ी समस्याएं समाप्त होंगी और सफर का समय भी घटेगा। 997 करोड़ की लागत से बनेगी सड़क परियोजना के चौथे चरण में 43 किमी फोरलेन सड़क के निर्माण पर 997 करोड़ स्वीकृत किए गए हैं। जो कि यूपी से कनेक्टिविटी को मजबूत बनाएगा। सडक़ चौड़ीकरण के लिए आवश्यक भूमि का मुआवजा वितरण अधिकांश क्षेत्रों में पूरा हो चुका है, जबकि शेष स्थानों पर प्रक्रिया अंतिम चरण में है। जहां मुआवजा मिल चुका है, वहां एनएचएआई ने अधिग्रहित जमीन पर कब्जा लेकर निर्माण कार्य शुरू कर दिया है। 

मुख्यमंत्री डॉ. यादव का निर्देश: कानून-व्यवस्था को सर्वोत्तम स्तर पर लाया जाए

कानून व्यवस्था की आदर्श स्थिति सुनिश्चित करें: मुख्यमंत्री डॉ. यादव मुख्यमंत्री डॉ. यादव ने वीडियो कांफ्रेंस द्वारा दिए निर्देश भोपाल मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव ने कहा है कि प्रदेश में नागरिकों का सामान्य जन-जीवन सुनिश्चित करने के लिए सभी तरह के अपराधों पर पूर्ण नियंत्रण की कार्यवाही की जाए। कानून व्यवस्था की जिले में अच्छी एवं आदर्श स्थिति रहे, यह कलेक्टर एसपी सुनिश्चित करें। मुख्यमंत्री डॉ. यादव ने गुरूवार की रात्रि मुख्यमंत्री निवास प्रदेश के समस्त कलेक्टर्स, एस पी से वीडियो कॉन्फ्रेंस द्वारा चर्चा की। मुख्यमंत्री डॉ. यादव के प्रमुख निर्देश • अपराध नियंत्रण पहली प्राथमिकता हो। • पुलिस की नियमित गश्त होना चाहिए। • किसानों को कहीं भी खाद की समस्या ना हो, उचित प्रबंधन करें। वितरण की व्यवस्था सुधारने पर ध्यान दें। खाद लेने के लिए अधिक देर लाइन में लगने की नौबत ना आए, ऐसी व्यवस्था बनाएं। किसी किसान को दिक्कत नहीं आनी चाहिए। • अधिकांश जिलों में ठंड की अधिकता को देखते हुए जनता के लिए व्यवस्थाएं बनाएं। गांवों से शहरों में या केंद्रों में खाद क्रय करने आए किसान बंधुओं के लिए भी शीतकाल से बचाव के आवश्यक उपाय करें।