samacharsecretary.com

ऐशबाग में टूटेंगे 600 पुराने मकान, उनकी जगह बनेंगे बहुमंजिला आवासीय परिसर

 भोपाल 
राजधानी भोपाल के ऐशबाग इलाके में रहने वाले सैकड़ों परिवारों के लिए बड़ी खबर सामने आई है। यहां जर्जर हो चुके 600 ईडब्ल्यूएस मकानों को गिराए जाने की प्रक्रिया शुरू कर दी गई है। मध्य प्रदेश हाउसिंग बोर्ड ने सभी निवासियों को 13 नवंबर तक अपने घर खाली करने और सामान हटाने का अंतिम नोटिस जारी कर दिया है। निर्धारित समय सीमा के बाद प्रशासन की ओर से विध्वंस अभियान चलाया जाएगा।

ज्यादातर मकानों पर अवैध कब्जा
हाउसिंग बोर्ड की ओर से जारी प्रेस विज्ञप्ति के अनुसार, ऐशबाग क्षेत्र के इन 600 जर्जर मकानों में से वर्तमान में केवल 110 यूनिटों में ही उनके मूल कानूनी आवंटी निवास कर रहे हैं। बाकी के बचे हुए अधिकांश मकानों पर अनाधिकृत या अवैध कब्जा बताया गया है। सुरक्षा की दृष्टि से भोपाल नगर निगम (BMC) ने मई 2016 में ही इन संरचनाओं को असुरक्षित घोषित कर दिया था, जिसके बाद साल 2018 में भी नोटिस जारी किए गए थे।

जर्जर मकानों की जगह बनेगा नया कॉम्प्लेक्स
मौजूदा जर्जर संरचनाओं को पूरी तरह ढहाकर उनकी जगह एमपी री-डेवलपमेंट पॉलिसी, 2022 के तहत एक आधुनिक बहुमंजिला आवासीय परिसर का निर्माण किया जाएगा। इस प्रोजेक्ट का मुख्य उद्देश्य पुराने और खतरनाक हो चुके आवासों को हटाकर नागरिकों को सुरक्षित और बेहतर आवास उपलब्ध कराना है। हाउसिंग बोर्ड के मुताबिक, यह पूरी कार्रवाई पुलिस और भोपाल नगर निगम के सहयोग से शांतिपूर्ण और कानूनी तरीके से पूरी की जाएगी।

अनधिकृत कब्जाधारियों को नहीं मिलेगा कोई फायदा
हाउसिंग बोर्ड ने स्पष्ट किया है कि पुनर्विकास योजना का लाभ केवल उन्हीं लोगों को मिलेगा जो वैध रूप से इन मकानों के आवंटी हैं। जो मूल कानूनी आवंटी मकान खाली करने के लिए लिखित सहमति देंगे, उन्हें पुनर्निर्माण की अवधि के दौरान कलेक्टर रेट के हिसाब से मासिक किराया सहायता दी जाएगी। हालांकि, अनाधिकृत रूप से रह रहे कब्जाधारियों को इस वित्तीय सहायता या नए फ्लैट का कोई लाभ नहीं मिलेगा।

पात्र परिवारों को मिलेंगे बड़े फ्लैट
पुनर्विकास नीति के तहत बनने वाले नए बहुमंजिला परिसरों में मूल आवंटियों को कई तरह की सुविधाएं दी जाएंगी। योजना के नियमों के अनुसार, पात्र और मूल कानूनी आवंटियों को उनके मौजूदा फ्लैट्स के मुकाबले 20 प्रतिशत बड़े नए फ्लैट्स उपलब्ध कराए जाएंगे। हाउसिंग बोर्ड और स्थानीय प्रशासन ने सभी रहवासियों से अपील की है कि वे किसी भी कानूनी कार्रवाई से बचने के लिए तय समय सीमा के भीतर अपने घर स्वयं खाली कर दें।

 

Leave a Comment

हम भारत के लोग
"हम भारत के लोग" यह वाक्यांश भारत के संविधान की प्रस्तावना का पहला वाक्य है, जो यह दर्शाता है कि संविधान भारत के लोगों द्वारा बनाया गया है और उनकी शक्ति का स्रोत है. यह वाक्यांश भारत की संप्रभुता, लोकतंत्र और लोगों की भूमिका को उजागर करता है.
Click Here
जिम्मेदार कौन
Lorem ipsum dolor sit amet consectetur adipiscing elit dolor
Click Here
Slide 3 Heading
Lorem ipsum dolor sit amet consectetur adipiscing elit dolor
Click Here