samacharsecretary.com

ज्यूरिख में अमेरिका–ईरान वार्ता: परमाणु मुद्दे पर सहमति के संकेत, पाकिस्तान मध्यस्थ भूमिका में

नई दिल्ली अमेरिका और ईरान के बीच स्थायी शांति समझौते और पश्चिम एशिया में शांति बहाली के लिए स्विट्जरलैंड के ज्यूरिख में उच्चस्तरीय वार्ता चल रही है. इसमें अमेरिका के उपराष्ट्रपति जेडी वेंस, ईरानी संसद के अध्यक्ष मोहम्मद बाघेर गालिबाफ और पाकिस्तान के प्रधानमंत्री शहबाज शरीफ समेत कई शीर्ष नेता भाग ले रहे हैं. कतर के प्रतिनिधि भी इन वार्ताओं में हिस्सा लेंगे. इसी बीच, ईरान के राष्ट्रपति मसूद पेजेश्कियान ने अमेरिका के साथ हुए प्रारंभिक समझौते को लेकर कई महत्वपूर्ण खुलासे किए हैं. उन्होंने कहा कि कतर में फ्रीज किए गए ईरान के 6 अरब डॉलर इस समझौते के तहत वापस किए जाएंगे. ईरान की तस्नीम न्यूज एजेंसी के मुताबिक राष्ट्रपति पेजेश्कियान ने कहा, 'समझौता ज्ञापन (MoU) की सभी शर्तें हमारे पक्ष में हैं और इन वार्ताओं तथा बातचीत की उपलब्धियां जल्द ही सामने आएंगी.' उन्होंने दावा किया कि अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप, जिन्होंने हालिया भाषण में ईरान पर कई प्रतिबंधों की बात की थी, अब उन्हीं मुद्दों को ईरानी जनता के अधिकार के रूप में स्वीकार कर चुके हैं. नेतन्याहू सबसे ज्यादा दुखी होंगे: पेजेश्कियान पेजेश्कियान ने इजरायल के प्रधानमंत्री बेंजामिन नेतन्याहू पर भी निशाना साधते हुए कहा कि स्विट्जरलैंड में हो रही वार्ता से सबसे अधिक असंतुष्ट वही होंगे. ईरानी राष्ट्रपति ने कहा, 'अमेरिका की केवल एक ही शर्त है कि हमारे पास परमाणु बम नहीं होना चाहिए. यह वही बात है जिसे हमारे शहीद नेता भी बार-बार कहते थे कि हम परमाणु बम नहीं चाहते. अमेरिका ने कहा कि इसे लिखकर हस्ताक्षर कर दीजिए और हमने हस्ताक्षर कर दिए.' अमेरिकी उपराष्ट्रपति जेडी वेंस रविवार सुबह ज्यूरिख पहुंचे, जबकि अमेरिकी राष्ट्रपति ट्रंप के विशेष दूत स्टीव विटकॉफ और सलाहकार जेरेड कुशनर पहले से ही वहां मौजूद थे. स्विट्जरलैंड रवाना होने से पहले फॉक्स न्यूज से बातचीत में वेंस ने कहा, 'आज सुबह जेरेड और स्टीव से बात हुई. मेरी समझ के अनुसार चीजें अच्छी दिशा में आगे बढ़ रही हैं.' ईरान की सरकारी न्यूज एजेंसी IRNA के मुताबिक, ईरानी प्रतिनिधिमंडल का नेतृत्व संसद अध्यक्ष मोहम्मद बाघेर गालिबाफ कर रहे हैं. प्रतिनिधिमंडल में विदेश मंत्री अब्बास अरागची, सुप्रीम नेशनल सिक्योरिटी काउंसिल के उप सचिव अली बाघेरी कानी और ईरान सेंट्रल बैंक के गवर्नर अब्दोलनासेर हेम्मती भी शामिल हैं. पाकिस्तान के प्रधानमंत्री शहबाज शरीफ भी रविवार को ज्यूरिख पहुंचे. उनके साथ सेना प्रमुख जनरल आसिम मुनीर और अन्य प्रतिनिधि भी मौजूद हैं. पाकिस्तान के विदेश कार्यालय ने शनिवार को जारी बयान में कहा, 'इस्लामाबाद एमओयू के तहत बनी सहमतियों को आगे बढ़ाने के लिए पाकिस्तान मध्यस्थ की भूमिका में प्रक्रिया को सुगम बनाना जारी रखेगा.' अमेरिका-ईरान ने साइन किया था एमओयू पिछले सप्ताह अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप और ईरानी राष्ट्रपति मसूद पेजेश्कियान ने एक एमओयू पर साइन किए थे, जिसने पश्चिम एशिया में शांति बहाली के लिए 60 दिनों की वार्ता प्रक्रिया की शुरुआत की. इस समझौते में पाकिस्तान ने प्रमुख मध्यस्थ और गारंटर की भूमिका निभाई है. वार्ता के तकनीकी चरण 19 जून से शुरू होने थे, लेकिन इजरायल और ईरान समर्थित हिजबुल्लाह के बीच नई झड़पों के कारण इसमें देरी हुई. स्विट्जरलैंड में हो रही इस उच्चस्तरीय वार्ता का उद्देश्य ईरान के परमाणु कार्यक्रम पर नियंत्रण और अमेरिका के साथ अंतरिम शांति समझौते को स्थायी शांति की दिशा में आगे बढ़ाना है. ईरान और अमेरिका के बीच एमओयू साइन होने के बाद स्ट्रेट ऑफ होर्मुजको फिर से खोल दिया गया था. यह वही रणनीतिक समुद्री मार्ग है, जहां से सामान्य परिस्थितियों में दुनिया की लगभग 20 प्रतिशत ऊर्जा आपूर्ति गुजरती है. हालांकि, ईरान ने शनिवार को दावा किया कि लेबनान में इजरायली हमलों के कारण उसने होर्मुज को फिर से बंद कर दिया है.

मौसम बदलाव का असर: मुंबई में बुखार और सांस की बीमारियों के केस में इजाफा

मुंबई मुंबई में इन दिनों सांस और तेज बुखार के मरीजों की संख्या में अच्छा-खासा इजाफा हुआ है। डॉक्टरों की प्राइवेट क्लीनिक्स पर भी लोगों की लाइन लगी रहती है। डॉक्टरों के मुताबिक अस्पतालों में स्वाइन फ्लू (H1N1) और कोविड के लिए बनाए गए ओपीडी काउंटर्स पर एक बार फिर मरीजों का आना शुरू हो गया है। टाइम्स ऑफ इंडिया की रिपोर्ट के मुताबिक मुंबई के नामी ब्रीच कैंडी अस्पताल की लैब में रोज कम से कम सात कोविड या फिर स्वाइन फ्लू के केस सामने आ रहे हैं। क्या होते हैं मरीजों के लक्षण आम तौर पर ऐसे मरीजों को तेज बुखार होता है। बुखार 102 से 103फारेन हाइट्स के बीच पहुंच जाता है। शरीर में दर्द, सीने में जलन और सांस लेने में परेशानी जैसे लक्षण देखे जाते हैं। फोर्टिस अस्पता के डॉक्टरों का कहना है कि इन दिनों स्टमक फ्लू के मामले भी तेजी से बढ़े हैं। क्या मॉनसून में देरी की वजह से बढ़ रहीं बीमारियां बीएमसी के हेल्थ ऑफिसर डॉ. दक्ष शाह के मुताबिक मौसम में बदलाव की वजह से बीमारियां बढ़ी हैं। मॉनसून में देरी होने की वजह से आर्द्रता बहुत ज्यादा है और उमस बर्दाश्त से बाहर हो गई है। ऐसी स्थिति में वायरस भी हवा में ज्यादा समय तक जीवित रहते हैं। स्वास्थ्य अधिकारियों का कहना है कि जब बारिश शुरू हो जाएगी तो अपने आप इस तरह की दिक्कतें कम होने लगेंगी। स्वास्थ्य अधिकारियों का कहना है कि इन दिनों प्रेग्नेंट महिलाओं, बच्चों, बुजुर्गों और गंभीर बीमारियों सो पीड़ित लोगों को ज्यादा देखरेख की जरूरत है। सांस के मरीजों को भी स्वास्थ्य का ज्यादा ध्यान देने की जरूरत है। अधिकारियों का कहना है कि बिना डॉक्टर के सलाह के दवाइयां लेना भी हानिकारक साबित हो सकता है। ऐसे में लोगों को सीधे डॉक्टर से संपर्क करना चाहिए। जहां तक हो सके भीड़ में मास्क का उपयोग करें। इसके अलावा साफ सफाई का भी ध्यान रखें। क्या हैं कोरोना के लक्षण कोरोना होने पर अचानक तेज बुखार आता है। इसके अलावा ठंड भी लग सकती है। शरीर में तेज दर्द, मांस पेशियों में ऐंठन, गले में खराश, सूखी खांसी, पेट की खराबी और डायरिया जैसे लक्षण भी देखने को मिल सकते हैं। वहीं स्वाइन फ्लू में तेज बुखार के साथ सीने में दर्द हो सकता है। तेज सिरदर्द, खूब पीना आना, नाक बहना और कमजोरी इसके लक्षण हैं। बारिश से मिली राहत चमचमाती धूप और उमस से परेशान मुंबईकरों को रविवार को थोड़ी राहत मिली है। मुंबई के बड़े इलाके में रविवार सुबह बारिश हुई जिसके बाद तापमान में भी गिरावट दर्ज की गई। बता दें कि महाराष्ट्र में मॉनसून के अटकने की वजह से जल संकट भी पैदा हो गया है। अब तक मॉनसून मुंबई नहीं पहुंच पाया है। हालांकि अब मौसम विभाग का कहना है कि मॉनसून के आगे बढ़ने के लिए स्थितियां अनुकूल हैं और जल्द ही यह मुंबई पहुंच जाएगा। मॉनसून महीने की शुरुआत में ही दक्षिण कोंकण में प्रवेश कर गया था। हालांकि पश्चिमी विक्षोभ समेत अन्य कारणों से मॉनसून पर ब्रेक लग गया। बृहन्मुंबई महानगरपालिका (बीएमसी) के अनुसार, सुबह छह बजे से सात बजे के बीच घाटकोपर स्थित महानगरपालिका द्वारा संचालित रामाबाई विद्यालय में सबसे अधिक 24 मिलीमीटर बारिश रिकार्ड की गई। इसके बाद चेंबूर अग्निशमन केंद्र में 20 मिलीमीटर और मानखुर्द अग्निशमन केंद्र में 16 मिलीमीटर बारिश हुई। इसके बाद सुबह सात बजे से आठ बजे के बीच महानगरपालिका द्वारा संचालित वर्ली सी-फेस विद्यालय और सावित्रीबाई फुले विद्यालय में 25-25 मिमी वर्षा दर्ज की गई, जो शहर में सर्वाधिक रही। इसके अलावा, लोअर परेल स्थित जी-दक्षिण वार्ड कार्यालय में 21 मिलीमीटर और वर्ली अग्निशमन केंद्र में 17 मिलीमीटर वर्षा रिकॉर्ड की गई। अधिकारियों ने बताया कि इस दौरान जलभराव या बारिश से संबंधित किसी बड़ी घटना की सूचना नहीं मिली।

अभिषेक बनर्जी का उदय और टीएमसी में डिजिटल राजनीति का बदलता चेहरा

  पश्चिम बंगाल पश्चिम बंगाल की राजनीति में ममता बनर्जी और उनके भतीजे अभिषेक बनर्जी के बीच का रिश्ता सिर्फ एक पारिवारिक बंधन नहीं बल्कि बंगाल की सत्ता और तृणमूल कांग्रेस (TMC) के भविष्य को तय करने वाला सबसे बड़ा राजनीतिक समीकरण रहा है। वर्तमान में अभिषेक बनर्जी की स्थिति टीएमसी में ममता बनर्जी के बाद नंबर दो की है, जिसे चुनौती देने वाला फिलहाल पार्टी में कोई दूसरा चेहरा नहीं है। हालांकि, तृणमूल कांग्रेस अपने इतिहास के सबसे अशांत और अस्तित्व के संकट वाले दौर से गुजर रही है। पार्टी में आंतरिक बगावत है। इससे पहले टीएमसी को सबसे बुरी हार का सामना करना पड़ा। अभिषेक बनर्जी इस पूरे चक्रव्यूह के केंद्र में आ गए हैं। समर्थकों के लिए वे पार्टी में पीढ़ीगत बदलाव का चेहरा हैं तो आलोचकों के लिए वे बंगाल के सबसे बड़े नेपो किड हैं, जिन पर पार्टी की मौजूदा दुर्दशा का ठीकरा फोड़ा जा रहा है। कैसे हुआ अभिषेक का उदय? ममता बनर्जी के कई भतीजे और भांजे हैं, लेकिन पार्टी के पुराने रणनीतिकारों का मानना है कि ममता के भाई अमित और भाभी लता के बेटे अभिषेक का उनकी राजनीतिक दुनिया में हमेशा एक विशेष स्थान रहा। जब ममता बनर्जी वाम मोर्चा के खिलाफ सड़कों पर एक बेहद कठिन और हिंसक राजनीतिक लड़ाई लड़ रही थीं, तब परिवार के युवा सदस्यों में अभिषेक ही थे जो उनकी इस राजनीतिक यात्रा के साथ जुड़े रहे। पश्चिम बंगाल में 2011 में टीएमसी की जीत के बाद अभिषेक बनर्जी को युवा मंच की कमान सौंपी गई। वरिष्ठ नेताओं ने इसे मुख्य संगठन के समानांतर एक नया पावर सेंटर माना, जिससे पार्टी के भीतर पहली बार असहजता पैदा हुई। 2014 के लोकसभा चुनाव में डायमंड हार्बर सीट से लोकसभा में उनकी एंट्री होती है। इसके बाद उनका राजनीतिक कद तेजी से बढ़ा। टीएमसी का बदला स्टाइल पारंपरिक बंगाली राजनेताओं के विपरीत अभिषेक बनर्जी ने राजनीति में एक प्रबंधन की नीति को पेश किया। कोलकाता और फिर बिजनेस मैनेजमेंट की पढ़ाई करने वाले अभिषेक ने तकनीक, डिजिटल आउटरीच, सोशल मीडिया अभियान और डेटा-आधारित चुनावी रणनीति को पार्टी का मुख्य हथियार बनाया। 2019 के लोकसभा चुनाव में जब भाजपा ने बंगाल में बड़ी बढ़त हासिल की, तब अभिषेक के नेतृत्व में ही टीएमसी ने अपना सबसे बड़ा कायाकल्प किया। उन्होंने राजनीतिक कंसल्टेंसी फर्म I-PAC को जिम्मेदारी सौंपी, जिसका नतीजा यह हुआ कि पार्टी ने 2021 के विधानसभा चुनाव में प्रचंड बहुमत के साथ सत्ता में वापसी की। क्यों बने विलेन? भले ही कॉरपोरेट और रणनीतिक तरीके से चुनाव जीत लिए गए हों, लेकिन इसने पार्टी के भीतर के पुराने और जमीन से जुड़े नेताओं को नाराज कर दिया। वरिष्ठ नेताओं की शिकायत थी कि दशकों के जमीनी काम से बने उनके राजनीतिक अनुभव को कंप्यूटर प्रेजेंटेशन और कंसल्टेंट्स के सुझावों से रिप्लेस किया जा रहा है। अभिषेक बनर्जी आज टीएमसी के राष्ट्रीय महासचिव हैं, लेकिन अनौपचारिक रूप से वे सर्वशक्तिमान नंबर दो हैं। यही कारण है कि आज जब पार्टी में सांसदों और विधायकों की सामूहिक बगावत हो रही है, तो सारा ठीकरा उन्हीं के सिर फूट रहा है। विपक्ष और नाराज नेताओं का मानना है कि सारी शक्ति एक नेता और उसके आंतरिक घेरे के पास केंद्रित हो गई है, जिससे जमीनी कार्यकर्ताओं का मोहभंग हुआ है। अभिषेक बनर्जी अपनी इस राजनीतिक विरासत और व्यक्तिगत उपलब्धि के बीच एक नाज़ुक मोड़ पर खड़े हैं। सत्ता की निकटता और उसकी पूर्ण कमान हासिल करने के इस संघर्ष के बीच, वे अपनी ही पार्टी की इस अभूतपूर्व और अप्रत्याशित संकट की घड़ी में कई गुटों के लिए विलेन बनकर उभरे हैं, जिससे पार पाना उनके राजनीतिक जीवन की सबसे बड़ी परीक्षा होगी।

बुधादित्य योग और भद्र राजयोग का शुभ संयोग, मिथुन-कन्या समेत इन राशियों पर बरसेगी किस्मत की मेहरबानी

मेष: 22 जून के दिन फाइनेंशियल दिक्कतों से छुटकारा पाने के लिए अपने पार्टनर से सलह लें। आज काफी मोटिवेटेड फील करेंगे। सही दृष्टिकोण के साथ आप अपने रोमांटिक सपनों को हकीकत में बदल सकते हैं। वर्क प्रेशर आज ज्यादा फील हो सकता है। वृषभ: 22 जून के दिन सिनीयर्स के साथ नोक-झोक से बचना बेहतर रहेगा। धन के मामले में लकी रहने वाले हैं आज आप। वर्क प्रेशर ज्यादा हो सकता है। अर्थीक स्थिति मजबूत रहेगी। करियर में कुछ नई जिम्मेदारियां मिल सकती हैं। मिथुन: 22 जून के दिन उत्साह से भरा रहेगा दिन। आज आपको काम पर फोकस करने की सलाह दी जाती है। अपनी डाइट को हेल्दी रखें। आगे बढ़ने और दुनिया को यह दिखाने से न डरें कि आप क्या कर सकते हैं। कर्क: 22 जून के दिन फाइनेंशियल स्थिति में थोड़े-बहुत उतार-चढ़ाव आ सकते हैं। स्किल्स में सुधार करना चाहते हैं, तो अब कदम उठाने का सही समय आ गया है। आज का दिन थोड़ा बिजी फील हो सकता है। सिंह: 22 जून का दिन आपके लिए काफी लकी माना जा रहा है। अपने कंफर्ट जोन से बाहर निकलें। बिजनेस कर रहे लोगों की किस्मत साथ देगी। अपने रास्ते में आने वाले अवसरों का लाभ उठाने का दिन है। कन्या: 22 जून के दिन मजाकिया बातचीत में खुद को शामिल करने के लिए तैयार रहें। आज के दिन कुछ ऐसा करें, जो आप हमेशा से करना चाहते थे। आपका अच्छा मूड होगा और यह उन लोगों को आकर्षित करेगा, जो कनेक्शन बनाने के लिए तैयार हैं। तुला: 22 जून के दिन आपको अपने फाइनेंस को मैनेज करने में आपका पार्टनर मदद कर सकता है। हेल्थ पर आज कड़ी नजर रखें। जो लोग रिलेशन में हैं, उनके लिए आज अपने जुनून को जगाने और अपनी पार्ट्नर्शिप में फिर से स्पार्क लाने का सही समय है। वृश्चिक: 22 जून के दिन अपने साथी की बात ध्यान से सुनें। विवाद को निपटाने के लिए समझौता करना जरूरी है। एक-दूसरे के साथ फिर से जुड़ने के लिए समय निकालें और हर पल का आनंद उठाएं। अपने रोज के कार्यक्रम से कुछ समय निकालें। धनु: 22 जून के दिन धैर्य रखें और टकराव को रोकने के लिए खुद को समझाएं। शाम होते-होते आपकी सभी मुश्किलें कम हो जाएंगी। अपने करियर को आगे बढ़ाने के लिए आज का दिन शुभ है। थोड़ा इमोशनल फील कर सकते हैं। मकर: 22 जून के दिन आप प्यार और परिवार के बीच फंसा हुआ महसूस कर सकते हैं। जबकि आपका दिल नई दोस्ती के लिए तरस सकता है। अपने ऊपर अत्यधिक बोझ डालने से बचने के लिए अपने जीवन में इन चीजों को संतुलित करने का तरीका खोजना अनिवार्य है। कुंभ: 22 जून के दिन ऐसी एक्टिविटी करें, जो आपको खुश और कॉन्फिडेंट बनाती है। आपकी आनंदमय ऊर्जा को बढ़ाने और उन लोगों को आकर्षित करने का सबसे अच्छा तरीका है, जो आपके जैसा ही महसूस करते हैं। मीन: 22 जून के दिन आपको कुछ मुश्किलों से जूझना पड़ सकता है। अगर आप अपने पार्टनर के साथ कोई प्लान बना रहे हैं, तो बातचीत के दौरान विवाद हो सकता है, जो तीखी बहस में बदल सकता है। खुलकर बातचीत करने की कोशिश करें। डिस्क्लेमर: इस आलेख में दी गई जानकारियों पर हम यह दावा नहीं करते कि ये पूर्णतया सत्य एवं सटीक हैं। विस्तृत और अधिक जानकारी के लिए संबंधित क्षेत्र के विशेषज्ञ की सलाह जरूर लें।  

गुना के डायल-112 हीरोज कार दुर्घटना में घायल हुए 5 व्यक्तियों को अस्पताल पहुँचाया

भोपाल  गुना जिले के थाना आरोन क्षेत्र में डायल-112 जवानों की तत्परता एवं साहसिक कार्रवाई से सड़क दुर्घटना में घायल 05 व्यक्तियों को सुरक्षित सहायता कर समय पर अस्पताल पहुँचाया गया। इस त्वरित कार्रवाई से घायलों को शीघ्र चिकित्सकीय सहायता उपलब्ध कराई जा सकी। 21 जून को राज्य स्तरीय पुलिस कंट्रोल रूम डायल-112, भोपाल को सूचना प्राप्त हुई कि थाना आरोन क्षेत्र अंतर्गत आरोन–राघौगढ़ मार्ग पर ग्राम शहरोक से आगे जंगल क्षेत्र में एक कार अनियंत्रित होकर सड़क से नीचे उतरकर दुर्घटनाग्रस्त हो गई है। तत्काल पुलिस सहायता की आवश्यकता है। सूचना प्राप्त होते ही आरोन थाना क्षेत्र में तैनात डायल 112 वाहन को घटनास्थल के लिए रवाना किया गया। डायल-112 स्टाफ सैनिक श्री शिवेंद्र रघुवंशी एवं पायलट श्री हेमराज भील ने मौके पर पहुँचकर पाया कि एक कार सड़क से नीचे उतरकर दुर्घटनाग्रस्त हो गई थी, जिसमें सवार 05 व्यक्ति गंभीर रूप से घायल हो गए थे। डायल-112 जवानों ने तत्परता एवं साहस का परिचय देते हुए दुर्घटनाग्रस्त वाहन में फँसे सभी घायलों को सुरक्षित बाहर निकाला तथा प्राथमिक सहायता प्रदान की। इसके बाद सभी घायलों को तत्काल डायल 112 वाहन से सिविल अस्पताल, आरोन पहुँचाया । डायल-112 जवानों की त्वरित सहायता एवं मानवीय कार्यवाही से सभी घायलों को समय पर चिकित्सा सहायता उपलब्ध हो सकी। डायल-112 हीरोज श्रृंखला के अंतर्गत यह घटना दर्शाती है कि मध्यप्रदेश पुलिस की डायल-112 सेवा आपात परिस्थितियों में त्वरित राहत, बचाव एवं सहायता प्रदान करने हेतु सदैव सजग, संवेदनशील एवं प्रतिबद्ध है।  

विगत 10 दिनों में 2 करोड़ 90 लाख रूपए से अधिक मूल्य के मादक पदार्थ एवं अन्य संपत्ति जब्त

भोपाल  मध्यप्रदेश पुलिस द्वारा प्रदेशभर में गांजा, एमडी ड्रग्स, स्मैक (हेरोइन), ब्राउन शुगर, डोडाचूरा तथा प्रतिबंधित कफ सिरप के अवैध उत्पादन, परिवहन, भंडारण एवं विक्रय में संलिप्त तस्करों के विरुद्ध लगातार कार्रवाई की जा रही है। पुलिस की तकनीकी, खुफिया एवं मैदानी स्तर पर समन्वित कार्रवाई के परिणामस्वरूप कई महत्वपूर्ण सफलताएं प्राप्त हुई हैं। इसी क्रम में विगत 10 दिनों में पुलिस ने विभिन्न जिलों में कार्रवाही में लगभग 2 करोड़ 90 लाख रुपए से अधिक मूल्य के मादक पदार्थ एवं अन्य संपत्ति जब्त की है। भोपाल क्राइम ब्रांच ने अवैध मादक पदार्थों के विरुद्ध बड़ी कार्रवाई करते हुए 170 किलो 90 ग्राम गांजा, 396 एल्यूमिनियम सिल्लियां तथा तस्करी में प्रयुक्त एक आइशर ट्रक सहित लगभग 1 करोड़ 33 लाख रुपये मूल्य की संपत्ति जब्त कर एक आरोपी को गिरफ्तार किया है। मंदसौर पुलिस ने अवैध मादक पदार्थों के विरूद्ध प्रभावी कार्रवाई करते हुए विभिन्न प्रकरणों में 607 किलोग्राम डोडाचूरा, 600 ग्राम एमडी ड्रग्स तथा तस्करी में प्रयुक्त वाहन सहित लगभग 66 लाख 30 हजार रुपए की संपत्ति जब्त कर 7 आरोपियों को गिरफ्तार किया। सतना पुलिस ने गोदाम में छापामार कार्रवाई कर 260 किलोग्राम गांजा एवं 7200 सीसी ऑनरेक्स कफ सिरप सहित लगभग 28 लाख रुपये है। उमरिया पुलिस ने प्रतिबंधित कफ सिरप के अवैध परिवहन के विरुद्ध कार्रवाई करते हुए वाहन, नकदी एवं अन्य सामग्री सहित लगभग 15 लाख 11 हजार रुपए की संपत्ति जब्त की है। साथ ही चार आरोपियों को गिरफ्तार किया है। उज्जैन पुलिस ने नरवर एवं जीवाजीगंज थाना क्षेत्रों में एमडी ड्रग्स तस्करी के विरुद्ध कार्रवाई करते हुए एमडी ड्रग्स एवं तस्करी में प्रयुक्त वाहन सहित लगभग 14 लाख 50 हजार रुपए की संपत्ति जब्त की है। मैहर पुलिस ने रामनगर क्षेत्र में कार्रवाई कर 35 किलो 90 ग्राम गांजा एवं परिवहन में प्रयुक्त वाहन सहित लगभग 14 लाख 25 हजार रुपए की संपत्ति जब्त की है। जबलपुर क्राइम ब्रांच एवं थाना पुलिस की संयुक्त कार्रवाई में 11 किलो 237 ग्राम गांजा एवं 30 किलो 631 ग्राम डोडाचूरा जब्त कर लगभग 7 लाख 61 हजार रुपए की संपत्ति जब्त की है। इसके अतिरिक्त ग्वालियर पुलिस ने दो अलग-अलग प्रकरणों में कार्रवाई करते हुए कुल 25 किलो 410 ग्राम से अधिक गांजा, एक इलेक्ट्रिक स्कूटी सहित लगभग 2 लाख 45 हजार रुपए से अधिक की संपत्ति, हरदा पुलिस ने एमडी पाउडर के साथ आरोपी को गिरफ्तार कर लगभग 2 लाख 20 हजार रुपए से अधिक की संपत्ति, दमोह पुलिस ने 20.5 किलोग्राम गांजा, मोटरसाइकिल एवं मोबाइल सहित लगभग 2 लाख रुपए की संपत्ति, सागर जिले के थाना बीना पुलिस ने 1.405 किलोग्राम गांजा एवं तस्करी में प्रयुक्त मोटरसाइकिल सहित लगभग 1 लाख 40 हजार रुपए की संपत्ति, खरगोन पुलिस ने ब्राउन शुगर तस्कर को गिरफ्तार कर लगभग 1 लाख रुपए मूल्य की ब्राउन शुगर, सीहोर पुलिस ने 24.780 किलोग्राम डोडा चूरा जब्त कर लगभग 1 लाख रुपए से अधिक की संपत्ति, डिंडोरी पुलिस ने लगभग 2 किलोग्राम गांजा सहित करीब 81 हजार रुपए की संपत्ति, अशोकनगर पुलिस ने स्मैक के साथ एक आरोपी को गिरफ्तार कर उसके कब्जे से लगभग 60 हजार रुपए की संपत्ति एवं पन्ना पुलिस ने लगभग 27 हजार रुपए अवैध गांजे के साथ आरोपी को गिरफ्तार किया है। मध्यप्रदेश पुलिस द्वारा नशा तस्करी के नेटवर्क को ध्वस्त करने, आर्थिक स्रोतों पर प्रहार करने तथा युवाओं को नशे के दुष्प्रभावों से बचाने के उद्देश्य से निरंतर कार्रवाई की जा रही है। मध्यप्रदेश पुलिस नागरिकों से अपील करती है कि नशीले पदार्थों के अवैध कारोबार, परिवहन अथवा बिक्री संबंधी किसी भी प्रकार की सूचना तत्काल स्थानीय पुलिस अथवा डायल-112 को उपलब्ध कराएं। नागरिकों की पहचान पूर्णतः गोपनीय रखी जाएगी।  

मध्यप्रदेश पर्यटन बोर्ड के अधिकारियों ने कुशाभाऊ ठाकरे अंतर्राष्ट्रीय कन्वेंशन सेंटर में किया योगाभ्यास

भोपाल  अंतर्राष्ट्रीय योग दिवस-2026 के अवसर पर मध्यप्रदेश पर्यटन बोर्ड द्वारा कुशाभाऊ ठाकरे अंतर्राष्ट्रीय कन्वेंशन सेंटर, भोपाल में राज्य स्तरीय योग कार्यक्रम का आयोजन किया गया। इस अवसर पर प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी के कोलकाता, पश्चिम बंगाल में आयोजित राष्ट्रीय कार्यक्रम से वर्चुअली जुड़कर उनका प्रेरणादायी मार्गदर्शन भी प्राप्त किया। अपने संबोधन में प्रधानमंत्री मोदी ने योग को विश्व शांति और बेहतर भविष्य के लिए आवश्यक बताते हुए कहा कि योग सबको जोड़ता है, सबको साथ लाता है और जब योग हमारे स्वभाव का हिस्सा बन जाता है, तब वह मानवीय एकता का आधार बनता है। उन्होंने कहा कि योग मानसिक और शारीरिक स्वास्थ्य के बीच संतुलन स्थापित करने का प्रभावी माध्यम है। कार्यक्रम में मध्यप्रदेश पर्यटन बोर्ड के प्रबंध संचालक एवं पर्यटन सचिव डॉ. इलैयाराजा टी., अपर प्रबंध संचालक डॉ. अभय बेडेकर तथा संत हिरदाराम मेडिकल कॉलेज के डॉ. अंकेश भदौरिया सहित सभी अधिकारियों और कर्मचारियों ने योगाभ्यास किया। "योग अपनाएं, स्वस्थ और संतुलित जीवन पाएं" सचिव पर्यटन एवं मध्यप्रदेश पर्यटन बोर्ड के प्रबंध संचालक डॉ. इलैयाराजा टी. ने अंतर्राष्ट्रीय योग दिवस की शुभकामनाएं देते हुए कहा कि योग केवल स्वास्थ्य गतिविधि नहीं, बल्कि हमारी आध्यात्मिक, सांस्कृतिक एवं जीवन मूल्यों से जुड़ी समृद्ध विरासत का अभिन्न हिस्सा है। योग हमें अनुशासन, आत्मविश्वास और जीवन जीने की श्रेष्ठ कला सिखाता है। "योग है स्वस्थ जीवन का आधार, इसे दिनचर्या का हिस्सा बनाएं" मध्यप्रदेश पर्यटन बोर्ड के अपर प्रबंध संचालक डॉ. अभय बेडेकर ने कहा कि योग को अपनी दैनिक दिनचर्या का अभिन्न हिस्सा बनाकर हम स्वस्थ, सुखी एवं समृद्ध समाज के निर्माण में महत्वपूर्ण योगदान दे सकते हैं। "योग फॉर हेल्दी एजिंग" थीम पर आयोजित हुआ सामूहिक योग सत्र पर्यटन बोर्ड के अधिकारियों के साथ सेवा समिति वृद्धाश्रम के बुजुर्गों ने भी उत्साह से योगाभ्यास किया। 12वें अंतर्राष्ट्रीय योग दिवस की ‘योग फॉर हेल्दी एजिंग’ थीम पर आयोजित सामूहिक योग सत्र में संत हिरदाराम आयुर्वेदिक एवं प्राकृतिक चिकित्सा संस्थान की प्रशिक्षित टीम द्वारा मध्यप्रदेश पर्यटन बोर्ड के अधिकारियों एवं कर्मचारियों को योगाभ्यास कराया। आयुष मंत्रालय, भारत सरकार द्वारा निर्धारित योग प्रोटोकॉल के अनुसार योग सत्र में प्रारंभिक प्रार्थना, सूक्ष्म व्यायाम, आसन, प्राणायाम, ध्यान तथा समापन प्रार्थना का अभ्यास कराया गया। इस अवसर पर सभी प्रतिभागियों ने उत्साहपूर्वक योगाभ्यास कर स्वस्थ एवं संतुलित जीवनशैली अपनाने का संकल्प लिया। प्रदेश के प्रमुख पर्यटन स्थलों पर गूंजा योग का संदेश प्रदेश के पर्यटन स्थलों पर पर्यटन बोर्ड और स्थानीय प्रशासन ने जन सहभागिता के माध्यम से सामूहिक योगाभ्यास किया और योग को दैनिक जीवन का हिस्सा बनाने का संकल्प लिया। अंतर्राष्ट्रीय योग दिवस के अवसर पर मध्यप्रदेश पर्यटन बोर्ड के अधिकारियों ने कुशाभाऊ ठाकरे अंतर्राष्ट्रीय कन्वेंशन सेंटर में और पर्यटन विकास निगम के अधिकारियों ने बोट क्लब पर योगाभ्यास किया। इसी तरह खजुराहो, सांची, उदयगिरी, ग्वालियर के किले, इंदौर की 56 दुकान, तामिया आदि पर्यटन स्थलों में "योग फॉर हेल्दी एजिंग" थीम पर आयोजित इस कार्यक्रम में छात्राओं को योग के माध्यम से शारीरिक एवं मानसिक स्वास्थ्य के महत्व से अवगत कराया गया। संयुक्त राष्ट्र संघ ने साल 2014 में 21 जून को अंतर्राष्ट्रीय योग दिवस किया था घोषित प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी की पहल पर संयुक्त राष्ट्र संघ ने 11 दिसंबर 2014 को एक प्रस्ताव पारित कर हर साल 21 जून को अंतर्राष्ट्रीय योग दिवस के रूप में मनाने की घोषणा की थी। इसके बाद, 21 जून 2015 को दुनिया भर में पहला आधिकारिक अंतर्राष्ट्रीय योग दिवस मनाया गया। देश की योग दर्शन की विरासत से आज पूरा विश्व समाज लाभान्वित हो रहा है।  

स्वस्थ तन, प्रसन्न मन और योग बने जीवन का धन : राज्यपाल श्री पटेल

भोपाल  अंतर्राष्‍ट्रीय योग दिवस राष्‍ट्रपति  द्रौपदी मुर्मु ने कहा है कि हम भारत की उस महान योग परंपरा का उत्सव मना रहे हैं, जिसने मानवता के लिये स्वस्थ, संतुलित और सार्थक जीवन का मार्ग प्रदान किया है। योग विश्व को हमारी सांस्कृतिक धरोहर का एक अनमोल उपहार है। यह हमारे ऋषियों-मुनियों की हजारों वर्षों की साधना का परिणाम है। आज भारतभूमि से स्वास्थ्य, संतुलन, शांति और आत्मकल्याण का संदेश विश्व में प्रसारित किया जा रहा है। “योग स्वस्थ आयु के लिए” थीम पर राष्‍ट्रीय कार्यक्रम कोलकाता में प्रधानमंत्री  नरेन्‍द्र मोदी के मुख्‍य आतिथ्‍य में आयोजित किया गया। प्रदेश में राष्‍ट्रपति  द्रौपदी मुर्मु के मुख्‍य आतिथ्‍य में जबलपुर के गैरीसन ग्राउंड में राज्य स्तरीय योग कार्यक्रम का आयोजन किया गया। कार्यक्रम में प्रधानमंत्री  मोदी के कोलकाता से आयोजित कार्यक्रम का सजीव प्रसारण देखा व सुना। कार्यक्रम की शुरूआत व अंत में राष्‍ट्रगीत एवं राष्‍ट्रगान किया गया। योगाभ्यास में मध्यप्रदेश के राज्यपाल  मंगुभाई पटेल, मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव, उप मुख्‍यमंत्री एवं जिले के प्रभारी मंत्री  जगदीश देवड़ा, उच्च शिक्षा, तकनीकी शिक्षा एवं आयुष मंत्री  इन्दर सिंह परमार, लोक निर्माण मंत्री  राकेश सिंह, पंचायत एवं ग्रामीण विकास तथा श्रम मंत्री  प्रहलाद सिंह पटेल, राज्‍यसभा सांसद  सुमित्रा बाल्‍मीक, सांसद  आशीष दुबे, विधायक  अजय विश्‍नोई, अशोक रोहाणी,  सुशील तिवारी इंदु, डॉ. अभिलाष पांडे,  नीरज सिंह,  संतोष बरकड़े, महापौर  जगत बहादुर सिंह अन्‍नू, मुख्‍य सचिव  अनुराग जैन, मध्‍यप्रदेश तीर्थ क्षेत्र एवं मेला प्राधिकरण अध्‍यक्ष  विनोद गोंटिया, नगर निगम अध्‍यक्ष रिकुंज विज,  रत्‍नेश सोनकर,  राजकुमार पटेल,  अखिलेश जैन,  अश्विनी परांजपे, संभागायुक्‍त  धनंजय सिंह, कलेक्‍टर  राघवेन्‍द्र सिंह, पुलिस अधीक्षक  संपत उपाध्‍याय, जनप्रतिनिधि, प्रशासनिक अधिकारी तथा लगभग 5 हजार योग साधकों ने सामूहिक योगाभ्यास में सहभागिता की। योग, आंतरिक शांति और सामूहिक कल्याण के लिये करता है प्रेरित कार्यक्रम को संबोधित करते हुए राष्‍ट्रपति  द्रौपदी मुर्मु ने नागरिकों को अंतर्राष्ट्रीय योग दिवस की हार्दिक शुभकामनाएं दीं। उन्‍होंने कहा कि हमारे शास्त्रों में शरीर, मन और आत्मा के संतुलन को जीवन की सफलता का आधार माना गया है। योग उसी संतुलन को स्थापित करने का मार्ग है। ‘योग’ शब्द का अर्थ है जोड़ना — व्यक्ति को स्वयं से, समाज को प्रकृति से और सम्पूर्ण मानवता को व्यापक विश्व चेतना से जोड़ना। योग एक सशक्त माध्यम है, जो हमें आंतरिक शांति, संतुलन और सामूहिक कल्याण की दिशा में आगे बढ़ाता है। आज जब विश्व अनेक चुनौतियों का सामना कर रहा है, तब योग मानवता को शांति, संतुलन, समरसता और सामूहिक कल्याण का मार्ग दिखाने में महत्वपूर्ण भूमिका निभा रहा है। योग, जीवनशैली का बनता जा रहा है अहम हिस्सा राष्ट्रपति  मुर्मु ने कहा कि वर्ष 2014 में भारत की पहल पर संयुक्त राष्ट्र महासभा ने प्रतिवर्ष 21 जून को अंतर्राष्ट्रीय योग दिवस के रूप में मनाने की घोषणा की। इस पहल से योग को विश्व कल्याण के एक सशक्त माध्यम के रूप में नई पहचान और व्यापक स्वीकार्यता मिली है। आज दुनिया के अनेक देशों में करोड़ों लोग योग को अपने दैनिक जीवन का अहम हिस्सा बना रहे हैं। योग अब जीवन शैली का अहम हिस्सा बनता जा रहा है। विदेशों में भी योग के प्रति लोगों का आकर्षण निरंतर बढ़ रहा है, और यह भारत की सांस्कृतिक शक्ति का सशक्त उदाहरण है। योग, बढ़ती आयु में स्वयं को स्वस्थ रखने में सहायक राष्‍ट्रपति  मुर्मु ने कहा कि अंतर्राष्ट्रीय योग दिवस 2026 की थीम “योग फॉर हेल्दी एजिंग” है। यह थीम समाज के वरिष्ठ नागरिकों के लिए स्वास्थ्य, सक्रियता, आत्मनिर्भरता और गरिमापूर्ण जीवन में योग की उपयोगिता को रेखांकित करती है। योग बढ़ती आयु में भी व्यक्ति को स्वस्थ, सक्रिय और आत्मनिर्भर बनाए रखने में बहुत सहायक है। योग, मन को शांति और देता है भावनात्मक संतुलन योग केवल शरीर को स्वस्थ रखने का माध्यम नहीं है, बल्कि यह मन को शांति और भावनात्मक संतुलन प्रदान करता है। आज की व्यस्त दिन चर्या और जीवन शैली से जुड़ी बीमारियां हमारे सामने एक बड़ी चुनौती हैं। इनकी रोकथाम और समग्र स्वास्थ्य के लिए योग एक सरल, प्रभावी और सुलभ उपाय है। योग, को बनाये दिनचर्या का अभिन्न हिस्सा राष्ट्रपति  मुर्मु ने कहा कि यह प्रसन्नता का विषय है कि भारत सरकार योग को जन-जन तक पहुंचाने के लिए योग शिक्षा, अनुसंधान, प्रशिक्षण और जन-जागरूकता के क्षेत्र में निरंतर कार्य कर रही है। सामूहिक प्रयासों से योग जन-जन तक पहुंचेगा और सामूहिक मानवता के कल्याण का आधार बनेगा। उन्‍होंने अंतर्राष्ट्रीय योग दिवस के अवसर पर सभी नागरिकों को योग को अपने दैनिक जीवन का अभिन्न हिस्सा बनाने का संकल्‍प दिलाया। योग, संतुलित, सरल और आनंदमयी जीवन की है पद्धति : राज्यपाल  पटेल राज्यपाल  पटेल ने कहा कि योग केवल शरीर को स्वस्थ बनाने का माध्यम ही नहीं, बल्कि यह संपूर्ण जीवन को संतुलित, सरल और आनंदमयी बनाने की पद्धति है। योग ही स्वस्थ तन, प्रसन्न मन और योग बने जीवन का धन है। भारतीय ज्ञान परंपरा ने स्वस्थ जीवन का जो मार्ग दिखाया था, आज पूरी दुनिया उसे अपना रही है। संयुक्त राष्ट्र संघ द्वारा भारतीय योग को अंतर्राष्ट्रीय सम्‍मान दिया गया। प्रधानमंत्री  मोदी की दूरदृष्टि और अटूट प्रतिबद्धता से ही योग को पूरी दुनिया में अपनाया गया है। राज्यपाल  पटेल ने कहा कि प्राणायाम के जरिए हम नई ऊर्जा और सकारात्मक सोच को अपनाते हैं। ध्यान हमें अपने अंदर झांकने का अवसर देता है और मन की शांति प्रदान करता है। रोजाना केवल 20 से 30 मिनट का योगाभ्यास, ध्यान और प्राणायाम हमारे लिए प्रभावी और सकारात्मक बदलाव लाने का सबसे सरल माध्यम है। आज योग को आत्मिक उन्नति का माध्यम बनाकर दिनचर्या में शामिल करने का संकल्प लें। योग, वैश्विक शांति के लिए एकमात्र उपाय : मुख्यमंत्री डॉ. यादव मुख्यमंत्री डॉ. यादव ने कहा कि 12वां अंतर्राष्ट्रीय योग दिवस दुनियाभर में उत्साह के साथ मनाया जा रहा है। इस वर्ष की थीम -योग फॉर हेल्दी एजिंग है। योग दिवस वैश्विक शांति और वैश्विक कल्याण को बढ़ावा देता है। प्रधानमंत्री  मोदी के कार्यकाल के सफलतम 12 वर्ष पूर्ण होने पर यह सुखद संयोग बना है, इस वर्ष राष्ट्रीय कार्यक्रम का नेतृत्व प्रधानमंत्री  मोदी द्वारा सांस्कृतिक और ऐतिहासिक नगरी कोलकाता से किया गया। दुनिया के करीब 2500 स्थानों पर योगाभ्यास किया , 210 से अधिक दूतावासों ने भी सामूहिक योग में भागीदारी की । भारत ने योग के रूप में दुनिया को … Read more

अंतर्राष्ट्रीय योग दिवस पर 15 हजार से अधिक श्रमिकों ने किया सामूहिक योगाभ्यास

भोपाल  श्रम और पंचायत एवं ग्रामीण विकास मंत्री प्रहलाद सिंह पटेल ने प्रदेश के श्रमिकों के कल्याण और उनके उत्तम स्वास्थ्य के लिए उन्हें योग से जुड़ने का विशेष आह्वान किया था। मंत्री पटेल के इस प्रेरक आह्वान का असर पूरे प्रदेश में देखने को मिला! अंतर्राष्ट्रीय योग दिवस के अवसर पर राज्य के औद्योगिक और विभिन्न कार्यक्षेत्रों में श्रमिकों ने बढ़-चढ़कर योगाभ्यास किया। प्रदेश के कुल 337 संस्थानों में 15 हजार से अधिक श्रमिकों ने सामूहिक योगाभ्यास कर स्वस्थ जीवन शैली अपनाने और योग को अपने जीवन का अभिन्न हिस्सा बनाने का संकल्प लिया। सचिव श्रम रघुराज राजेंद्रन ने कहा कि योग किसी एक दिवस तक सीमित न होकर, श्रमिकों के दैनिक जीवन का हिस्सा बनना चाहिए। उन्होंने इस बात पर बल दिया कि श्रमिक प्रतिदिन योग से जुड़ें, जिससे वे शारीरिक और मानसिक रूप से पूरी तरह स्वस्थ रह सकें। एक स्वस्थ और ऊर्जावान श्रमिक ही आत्मनिर्भर मध्यप्रदेश के निर्माण और प्रदेश के विकास में अपना महत्वपूर्ण योगदान दे सकता है। श्रम विभाग और मध्यप्रदेश श्रम कल्याण मंडल के प्रयासों से आयोजित इस प्रदेश स्तरीय योग कार्यक्रम में वरिष्ठ अधिकारियों ने भी सक्रिय सहभागिता दर्ज कराई। श्रम मंत्री पटेल ने स्वयं जबलपुर में आयोजित मुख्य कार्यक्रम में उपस्थित होकर श्रमिकों के साथ योग किया। इसी क्रम में, श्रम आयुक्त संदीप जी आर ने इंदौर के एमराल्ड हाइट्स स्कूल में आयोजित मंडल के विशेष कार्यक्रम में भाग लिया। प्रदेश के अलग-अलग अंचलों से प्राप्त तस्वीरों और जानकारियों के अनुसार, सभी वरिष्ठ अधिकारियों ने विभिन्न स्थानों पर आयोजित कार्यक्रमों में शामिल होकर श्रमिकों का उत्साहवर्धन किया।

1000 विशिष्टजन विशेष ट्रेन से करेंगे सोमनाथ धाम की यात्रा, 22 जून को रायपुर से मुख्यमंत्री करेंगे शुभारंभ

रायपुर  भारतीय संस्कृति, आस्था और राष्ट्रीय स्वाभिमान के प्रतीक सोमनाथ धाम से जुड़ने के लिए छत्तीसगढ़ से एक ऐतिहासिक सांस्कृतिक यात्रा का आयोजन किया जा रहा है। सोमनाथ स्वाभिमान पर्व के अंतर्गत 22 से 26 जून 2026 तक आयोजित होने वाली ‘‘सोमनाथ स्वाभिमान सांस्कृतिक यात्रा’’ में प्रदेश के 1000 विशिष्टजन विशेष ट्रेन के माध्यम से गुजरात स्थित सोमनाथ धाम पहुंचेंगे। यात्रा का शुभारंभ 22 जून को प्रातः 11 बजे रायपुर रेलवे स्टेशन से होगा। इस अवसर पर मुख्यमंत्री  विष्णुदेव साय मुख्य अतिथि के रूप में उपस्थित रहेंगे तथा पर्यटन, संस्कृति, धार्मिक न्यास एवं धर्मस्व मंत्री  राजेश अग्रवाल कार्यक्रम की अध्यक्षता करेंगे। इसके साथ ही रायपुर के जनप्रतिनिधि, सांसद, विधायक और महापौर सहित अनेक गणमान्य नागरिक भी समारोह में शामिल होंगे।  सोमनाथ स्वाभिमान पर्व भारत की उस सांस्कृतिक चेतना और गौरवशाली विरासत का प्रतीक है, जिसने हजार वर्षों की चुनौतियों के बाद भी अपनी आस्था और पहचान को अक्षुण्ण बनाए रखा। इसी ऐतिहासिक अवसर पर संस्कृति मंत्रालय, भारत सरकार द्वारा देशभर में विभिन्न कार्यक्रमों का आयोजन किया जा रहा है। छत्तीसगढ़ की यह सांस्कृतिक यात्रा उसी राष्ट्रीय अभियान का महत्वपूर्ण हिस्सा है, जिसका उद्देश्य नई पीढ़ी को भारत की सांस्कृतिक जड़ों, आध्यात्मिक धरोहर और राष्ट्रीय गौरव से जोड़ना है।  इस यात्रा की विशेषता यह है कि इसमें प्रदेश के विभिन्न जिलों से चयनित विशिष्टजन, पद्म पुरस्कार एवं राष्ट्रीय-अंतरराष्ट्रीय सम्मानों से सम्मानित कलाकार, साहित्यकार, संस्कृति कर्मी, समाजसेवी तथा जनप्रतिनिधि शामिल होंगे। यात्रा के माध्यम से छत्तीसगढ़ की लोक संस्कृति, परंपराओं और सांस्कृतिक विविधता का भी राष्ट्रीय स्तर पर प्रदर्शन होगा। प्रतिभागी अपने-अपने क्षेत्रों की पवित्र मिट्टी और नदियों का जल लेकर सोमनाथ पहुंचेंगे, जो भारत की सांस्कृतिक एकता, आध्यात्मिक समरसता और राष्ट्रीय अखंडता का प्रतीक बनेगा।  यात्रा के दौरान प्रतिभागियों को सोमनाथ मंदिर के दर्शन के साथ-साथ विभिन्न सांस्कृतिक और धार्मिक गतिविधियों में शामिल होने का अवसर मिलेगा। मंदिर दर्शन, सांस्कृतिक प्रस्तुतियां, कला यात्राएं तथा ऐतिहासिक और धार्मिक महत्व के स्थलों का भ्रमण इस कार्यक्रम का प्रमुख आकर्षण रहेगा। इससे न केवल प्रतिभागियों को भारत की गौरवशाली सांस्कृतिक विरासत को निकट से जानने का अवसर मिलेगा, बल्कि विभिन्न राज्यों के सांस्कृतिक प्रतिनिधियों के बीच संवाद और आदान-प्रदान भी बढ़ेगा।  संस्कृति विभाग के अनुसार यात्रा के लिए व्यापक तैयारियां की जा रही हैं। सभी जिलों से चयनित प्रतिभागियों के स्वास्थ्य परीक्षण, यात्रा व्यवस्था और आवश्यक दस्तावेजों की प्रक्रिया पूरी की जा रही है। विशेष ट्रेन के माध्यम से यात्रा को सुव्यवस्थित और सुरक्षित बनाने के लिए विभागीय अधिकारियों को जिम्मेदारियां सौंपी गई हैं।  सोमनाथ स्वाभिमान सांस्कृतिक यात्रा केवल एक धार्मिक यात्रा नहीं है, बल्कि यह भारत की सांस्कृतिक चेतना, गौरवशाली इतिहास और राष्ट्रीय एकता का जीवंत उत्सव है। छत्तीसगढ़ से निकलने वाली यह यात्रा प्रदेश की समृद्ध लोक परंपराओं, कला, साहित्य और आध्यात्मिक विरासत को राष्ट्रीय मंच पर नई पहचान प्रदान करेगी। साथ ही यह आयोजन समाज में सांस्कृतिक जागरूकता, राष्ट्रीय गौरव और भारतीय मूल्यों के प्रति नई प्रेरणा का संचार करेगा।