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जनजातीय क्षेत्रों में स्वास्थ्य शिविरों का आयोजन, सराहनीय पहल : राज्यपाल पटेल

राज्यपाल श्री मंगुभाई पटेल ने किया बैहर में महा आरोग्य शिविर का शुभारंभ भोपाल राज्यपाल श्री मंगुभाई पटेल ने कहा कि बैहर (बालाघाट) जैसे दूरस्थ और जनजातीय बहुल इलाके में स्‍वास्‍थ्‍य शिविर का आयोजन किया जाना सराहनीय प्रयास है। इसका लाभ इस क्षेत्र की स्थानीय और जनजातीय जनता को मिलेगा। राज्यपाल श्री मंगुभाई पटेल ने गुरूवार को बालाघाट जिले के जनजातीय बहुल क्षेत्र बैहर के एकलव्य विद्यालय परिसर में आयोजित महा आरोग्य शिविर के शुभारंभ अवसर पर कही। राज्यपाल श्री पटेल ने कहा कि अधिकांशत: जनजातीय समुदाय में अनुवांशिक सिकल सेल बीमारी बहुतायत में पाई जाती है। इस बीमारी की रोकथाम के लिये बच्चों के विवाह से पहले जिस तरह कुण्डली मिलाई जाती है उसी तरह बच्चो के सिकलसेल कार्ड का मिलान करना चाहिये। यदि लड़का और लड़की दोनो सिकल  सेल के वाहक है तो उनकी आपस में शादी नहीं करनी चाहिए। राज्यपाल श्री पटेल ने कहा कि वनांचल क्षेत्र में औषधि पौधों से दवाई बनाने के कारखाने लगाने के शासन स्तर पर प्रयास किए जाएंगे। राज्यपाल श्री पटेल ने कहा कि केन्द्र सरकार ने वर्ष-2047 तक सिकल सेल रोग के उन्मूलन का लक्ष्य रखा है। इसके लिये 15 हजार करोड़ रुपये का प्रावधान किया है। उन्होंने कहा कि हम सभी को संकल्प लेना होगा कि सामूहिक प्रयास और जागरूकता से वर्ष 2047 तक कोई भी बच्चा सिकल सेल से ग्रसित पैदा नही होना चाहिये। राज्यपाल श्री पटेल ने कहा कि बालाघाट में सिकलसेल की पहचान के लिये 4 लाख 36 हजार  818 लोगो की जांच की गई है। राज्यपाल श्री पटेल ने कहा कि मध्यप्रदेश में विशेष पिछड़ी जनजातीय बैगा, भारिया और सहरिया रहती है। इन जनजातियों के सर्वांगीण विकास के लिये पीएम जनमन योजना लागू की गई है। इस योजना में केन्द्र सरकार द्वारा 24 हजार करोड़ रुपये का प्रावधान किया गया है। इस योजना में 9 विभागों को शामिल किया गया है। इसी प्रकार जनजातीय बाहुल्‍य क्षेत्रों के विकास के लिये धरती आबा ग्राम उत्कर्ष योजना लागू की गई है। इस योजना में 80 हजार करोड़ रुपये का प्रावधान किया गया है। जिसमें केन्द्र सरकार द्वारा 70 प्रतिशत और राज्य सरकार द्वारा 30 प्रतिशत राशि दी जा रही है। राज्यपाल श्री पटेल ने कहा कि केन्द्र और प्रदेश सरकार समाज के हर वर्ग की बेहतरी और कल्याण के लिये योजनाऍ बना रही है। इन योजनाओं से गरीबो का जीवन संवर रहा है। आयुष्मान कार्ड पर 5 लाख रूपये तक का इलाज मुफ्त में किया जा रहा है। महिलाओं को आत्मनिर्भर बनाने के लिये स्व‍-सहायता समूहों के माध्यम से रोजगार मूलक गतिविधि से जोड़ा जा रहा है। इससे गरीब महिलाऍ लखपति बन रही है। उन्होंने कहा कि स्व-सहायता समूहों की महिलाओं को ड्रोन चलाने का प्रशिक्षण देकर ड्रोन दीदी के नाम से नई पहचान दिलाई जा रही है। उज्‍जवला योजना में गरीब परिवार की महिला को नि:शुल्क गैस कनेक्शन दिया जा रहा है। केन्द्र और राज्य सरकार गरीब लोगों को पक्का मकान बनाकर दे रही है। स्वच्छता अभियान में हर गरीब के घर पक्के शौचालय बनाये जा रहे है। हितग्राहियों को किया हितलाभ वितरण राज्यपाल श्री पटेल ने सिकल  सेल से पीड़ित युवती को दिव्यांग प्रमाण पत्र, वनाधिकार अधिनियम के अन्तर्गत घुरसीबहरा एवं मुरैण्डा के हितग्राहियों को सामुदायिक वन पट्टा तथा लातरी के हीरालाल, बिसनलाल एवं फूलचंद को व्यक्तिगत वन पट्टा प्रदान किया। आजीविका मिशन के अन्तर्गत 34 महिला समूहों को 1.06 करोड़ रूपये की राशि का चेक प्रदान किया। कार्यक्रम में सामाजिक न्याय विभाग की ओर से हितग्राहियों को वृद्धावस्था पेंशन एवं दिव्यांग पेशन 280 वृद्धजनों को व्हील चेयर, कान की मशीन, छड़ी, कमोड चेयर एवं अन्य सहायक उपकरण प्रदाय किये गये। कृषि विभाग की ओर से  हितग्राहियों को फसल बीमा दावा राशि व कृषि यंत्र की अनुदान राशि वितरित की गई। राज्यपाल श्री पटेल के शिविर में पहुंचने पर पारंपरिक बैगा नृत्य से उनका स्वागत किया गया। कार्यक्रम में आयुष विभाग द्वारा आयुष पद्धति से उपचार के प्रदर्शन के स्टॉल लगाये गये थे। इस अवसर पर जनजातीय कार्य मंत्री डॉ. कुंवर विजय शाह, पूर्व मंत्री श्री रामकिशोर कावरे, स्थानीय जनप्रतिनिधि, कलेक्टर श्री मृणाल मीना, पुलिस अधीक्षक श्री आदित्य मिश्रा, गणमान्य नागरिक, बड़ी संख्या में आमजन उपस्थित थे।

DGP ने दिया सैल्यूट, सैनिकों की श्रद्धांजलि में बना ‘ऑपरेशन सिंदूर पार्क’

करनाल देश की सरहद पर दुश्मनों को मुंहतोड़ जवाब देने वाले जांबाज सैनिकों को सम्मान देने के लिए राष्ट्रीय डेयरी अनुसंधान संस्थान (NDRI), करनाल ने एक अनोखी पहल की है। यहां सैनिकों की बहादुरी और शौर्य को नमन करते हुए 'ऑपरेशन सिंदूर पार्क' विकसित किया गया है। इस पार्क को महिलाओं के सुहाग और सौभाग्य के प्रतीक माने जाने वाले सिंदूर के पौधों से सजाया जा रहा है। इस पार्क का शुभारंभ हरियाणा के पुलिस महानिदेशक (DGP) शत्रुजीत कपूर ने किया। उन्होंने पहला सिंदूर का पौधा रोपकर सैनिकों के शौर्य को सैल्यूट किया। NDRI प्रशासन ने बताया कि आने वाले समय में इस पूरे पार्क में सैकड़ों सिंदूर के पौधे लगाए जाएंगे। ऑपरेशन सिंदूर का नामकरण NDRI के निदेशक डॉ. धीर सिंह ने बताया कि पहलगाम में हुई आतंकी घटना के बाद भारतीय सैनिकों द्वारा की गई जवाबी कार्रवाई को "ऑपरेशन सिंदूर" नाम दिया गया था। इस ऑपरेशन ने भारतीय सेना की ताकत को विश्व स्तर पर स्थापित किया। उसी बहादुरी को सलाम करने के लिए संस्थान में यह पार्क तैयार किया गया है।   शुभ माना जाता है यह पौधा मान्यताओं के अनुसार, घर में सिंदूर का पौधा लगाना शुभ माना जाता है। इससे नकारात्मक ऊर्जा दूर होती है और परिवार में शांति बनी रहती है। यह पौधा वास्तु शास्त्र के लिहाज से भी सकारात्मक ऊर्जा देने वाला माना जाता है। क्या है सिंदूर का पौधा? सिंदूर का पौधा विक्सा ओरेलाना (Bixa Orellana) के नाम से जाना जाता है। इस पर गुच्छों में छोटे-छोटे हरे फल लगते हैं, जो पकने पर लाल हो जाते हैं। इन्हें सुखाकर पाउडर बनाया जाता है, जिसे सिंदूर कहा जाता है। भारत में यह पौधा मुख्यतः उष्णकटिबंधीय क्षेत्रों में मिलता है, जबकि इसकी अधिकता दक्षिण और मध्य अमेरिका में पाई जाती है।

मोदी सरकार का नया बिल, पीएम और सीएम को हटाने की योजना और केजरीवाल का असर

नई दिल्ली मोदी सरकार प्रधानमंत्री, मुख्यमंत्रियों और मंत्रियों को गंभीर आरोप के मद्देनजर 30 दिनों से ज्यादा की जेल के बाद पद से हटाने वाला बिल लेकर आई है, जिसपर हंगामा मच गया है। अमित शाह के बुधवार को बिल लोकसभा में पेश करते हुए कांग्रेस, सपा, एआईएमआईएम समेत पूरे विपक्ष ने इसका जमकर विरोध किया। विपक्ष का आरोप है कि इस बिल के कानून बनने के बाद केंद्र सरकार उन राज्यों को टारगेट करेगी, जहां विपक्षी दलों की सरकार है, जबकि कानून के हिसाब से जब तक कोई आरोपी दोषी न साबित हो जाए, तब तक उसे निर्दोष ही माना जाता है। फिलहाल, इस बिल को ज्वाइंट पार्लियामेंट्री कमेटी (जेपीसी) को भेज दिया गया है, जहां पक्ष-विपक्ष, दोनों के सांसद बिल के प्रावधानों पर विचार करेंगे, और फिर इसे अगले संसद सत्र में पास करवाने की कोशिश की जा सकती है। इस बिल के लाए जाने के बाद सवाल उठ रहे हैं कि आखिर सरकार ने इसे लाने का फैसला क्यों किया। इसके पीछे वजह दिल्ली के पूर्व मुख्यमंत्री अरविंद केजरीवाल और तमिलनाडु के पूर्व मंत्री सेंथिल बालाजी बताए जा रहे हैं। केजरीवाल और बालाजी से कैसा कनेक्शन? जहां अरविंद केजरीवाल दिल्ली के पूर्व मुख्यमंत्री हैं तो वहीं, सेंथिल बालाजी तमिलनाडु सरकार के पूर्व मंत्री हैं। हालांकि, दोनों में एक खास कनेक्शन यह है कि दोनों पर गंभीर भ्रष्टाचार के आरोप लगे और फिर जेल हुई, लेकिन काफी समय तक पद से इस्तीफा नहीं दिया। पिछले साल लोकसभा चुनाव से पहले दिल्ली के कथित शराब घोटाले में केजरीवाल की गिरफ्तारी हुई और लंबे समय तक उन्होंने जेल से ही सरकार चलाई। एनडीटीवी ने सरकार के सूत्रों के हवाले से बताया, ''केजरीवाल के गिरफ्तारी के बाद भी इस्तीफा न देने की वहज से केंद्र सरकार ने एक महीने से ज्यादा जेल में बंद सीएम, मंत्रियों को हटाने के लिए कानून बनाने का फैसला किया।'' दिल्ली के कथित शराब घोटाले में आम आदमी पार्टी के कई मंत्रियों की गिरफ्तारी हुई थी। इसमें मार्च में केजरीवाल को अरेस्ट किया गया। माना जा रहा था कि वह गिरफ्तारी होने के बाद अपने पद से इस्तीफा दे देंगे, लेकिन ऐसा नहीं हुआ। उन्होंने जेल से ही सरकार चलाई और जब वे जेल से बाहर आ गए, तब सितंबर में उन्होंने सीएम पद से इस्तीफा देते हुए आतिशी को मुख्यमंत्री पद की कमान सौंपी। सरकार के सूत्रों ने बताया कि जब केजरीवाल ने जेल से ही सरकार चलाने का फैसला किया था और इस्तीफा देने से मना कर दिया था, तभी सरकार यह कानून लेकर आना चाहती थी, लेकिन उस समय इसे प्रतिशोध की राजनीति की तरह विपक्ष इसे पेश करता। इसी वजह से सरकार ने इंतजार किया और अब मॉनसून सत्र में यह बिल लेकर आई। बालाजी के मामले से भी ऐक्शन में आई सरकार वहीं, तमिलनाडु के पू्र्व मंत्री सेंथिल बालाजी को भी 2023 में भ्रष्टाचार के एक मामले में अरेस्ट किया गया था, लेकिन उसके बाद भी वह बिना विभाग के मंत्री बने रहै। इस पर मद्रास हाई कोर्ट तक को आपत्ति जतानी पड़ी, जिसके बाद उन्होंने इस्तीफा दे दिया। हालांकि, जमानत मिलते ही उन्हें फिर से मंत्री पद दे दिया गया। लेकिन एक सुनवाई के दौरान जब सुप्रीम कोर्ट ने उन्हें इस्तीफा देने या जमानत रद्द करने की धमकी दी, तब उन्होंने अपना पद छोड़ा। सरकारी सूत्र ने बताया कि इस मजाक को खत्म करने की जरूरत है। इसी के चलते सरकार अब पीएम-सीएम और मंत्रियों को हटाने वाला बिल लेकर आई है। हालांकि, चूंकि संविधान संशोधन के तहत दो तिहाई बहुमत की जरूरत होती है, जिसकी वजह से बिल के संसद में पारित होना मुश्किल लगता है। अगर सरकार को बिल पास करवाना है तो उसे विपक्ष को भी साथ लेना पड़ेगा। हालांकि, विपक्षी सांसदों के विरोध के स्तर को देखते हुए यह कहना कठिन है कि वे बिल के वर्तमान प्रावधानों पर सहमत होंगे।  

पति ने प्रेमिका के साथ रहने के लिए पत्नी की सुपारी दी, इंदौर में पांच गिरफ्तार

इंदौर कनाड़िया पुलिस ने 28 वर्षीय रानी की हत्या में उसके पति ईश्वर सोनगरा, तोषिका सोनगरा, शूटर मुजफ्फर सहित पांच को गिरफ्तार किया। तोषिका निजी स्कूल की एडमिन है और उसने तीन साल पूर्व स्कूल बस के ड्राइवर ईश्वर से शादी कर ली थी। दोनों ने साथ रहने के लिए की मंशा से रानी को रास्ते से हटाने साजिश की और मुजफ्फर को सुपारी देकर हत्या करवा दी। एडिशनल डीसीपी जोन-2 अमरेंद्रसिंह के मुताबिक ग्राम कनाड़िया निवासी रानी पति ईश्वर सोनगरा की अज्ञात बदमाशों ने गोली मारकर हत्या की थी। ईश्वर एमवाय अस्पताल ले गया और एक्सीडेंट में मृत बताकर शव मर्च्युरी में रखवा दिया। पोस्टमार्टम रिपोर्ट में गोली मिलने पर पुलिस ने ईश्वर को हिरासत में लिया तो हत्या स्वीकार ली पर तोषिका और शूटर की जानकारी नहीं दी। पुलिस ने कॉल डिटेल (सीडीआर) और पब्लिक स्वीच्ड टेलिफोन नेटवर्क (पीएसटीएन) डेटा के आधार पर तोषिका सोनगरा निवासी कनाड़िया, अमन पुत्र महेश मिमरोट निवासी गणराज नगर(खजराना), मोहम्मद समद पुत्र मोहम्मद रफीक निवासी गोसिया मंदिर के पास (खजराना) मुजफ्फर पुत्र सलीम खान निवासी गांधी ग्राम कॉलोनी (खजराना) को भी गिरफ्तार कर लिया।   पुलिस कर रही बदमाश की तलाश आरोपी मुजफ्फर भी स्कूल बस चलाता है और ईश्वर और तोषिका से दोस्ती है। उसने ही सुपारी लेकर रानी को गोली मारी थी। पुलिस हथियार की सप्लाई करने के मामले में एक बदमाश की तलाश कर रही है। एक की तो सड़क हादसे में आठ दिन पूर्व मौत हो चुकी है। हत्या और पिस्टल के लिए गोल्ड आई एडमिन टीआइ डा.सहर्ष यादव के मुताबिक तोषिका से तीन साल पूर्व ईश्वर ने शादी कर ली थी। रानी इसका विरोध करती थी। उसको बच्चों के लिए स्कूल में नौकरी करना पड़ी थी। गोली मारकर फरार हो गया मुजफ्फर तोषिका और ईश्वर ने साथ में साजिश की और रुपयों की व्यवस्था के लिए गोल्ड लोन लिया। ईश्वर ने पिस्टल के लिए 20 हजार और हत्या के लिए रानी ने 40 हजार रुपये दिए। मुजफ्फर ने समद से पिस्टल मांगी। समद ने अमन मिमरोट और अमन ने अमन देवड़ा व एक अन्य से मुलाकात करवाई। देवड़ा और उसके साथी का एक्सीडेंट हो चुका है। देवड़ा की उसमें मौत हो गई जबकि साथी की हालत गंभीर है। पुलिस के मुताबिक हत्या के पूर्व रानी की रैकी की गई थी। 14 अगस्त को स्कूल से आते वक्त मुजफ्फर बगैर नंबर की बाइक से हेलमेट लगाकर कनाड़िया पहुंचा और गोली मारकर फरार हो गया।

दिल्ली पुलिस के नए सीपी: IPS सतीश गोलचा, अनुभव में शामिल अन्य राज्य का DGP पद

नई दिल्ली  IPS अधिकारी सतीश गोलचा को दिल्ली का नया पुलिस कमिश्नर नियुक्त किया गया है। वह इस समय डीजी (जेल) के पद पर थे। गोलचा एजीएमयूटी कैडर (अरुणाचल प्रदेश-गोवा-मिजोरम-केंद्र शासित प्रदेश) के 1992 बैच के आईपीएस अधिकारी हैं। दिल्ली के 26वें पुलिस कमिश्नर बने सतीश गोलचा 1 मई 2024 को तिहाड़ जेल के डीजी बनाए गए थे। गोलचा डीसीपी, जॉइंट सीपी और स्पेशल सीपी के पद पर भी सेवा दे चुके हैं। वह अरुणाचल प्रदेश के डीजीपी भी रह चुके हैं। गृह मंत्रालय ने गुरुवार को एक आदेश जारी कर कहा कि सक्षम अधिकारी की मंजूरी से गोलचा को दिल्ली का नया पुलिस आयुक्त नियुक्त किया गया है। उनकी नियुक्ति कार्यभार संभालने के दिन से प्रभावी होगी। गोलचा को एसबी के सिंह के स्थान पर यह जिम्मेदारी दी गई है। होम गार्ड के महानिदेशक सिंह को इसी महीने 1 तारीख को दिल्ली पुलिस के आयुक्त का अतिरिक्त प्रभार दिया गया था।  

कृषि एवं किसान कल्याण मंत्री ने किया प्रधानमंत्री कृषि सिचाई योजना-जलछाजन विकास 2.0 की समीक्षा

कृषि रोड मैप से सिंचाई क्षमता और फसल आच्छादन में हुई उल्लेखनीय वृद्धि: विजय कुमार सिन्हा बिहार   माननीय मंत्री, कृषि एवं किसान कल्याण विभाग भारत सरकार श्री शिवराज सिंह चौहान की अध्यक्षता में वीडियो कॉन्फ्रेंसिंग के माध्यम से प्रधानमंत्री कृषि सिचाई योजना-जलछाजन विकास 2.0 योजना की समीक्षा की गई। इस अवसर पर माननीय उप मुख्यमंत्री सह कृषि मंत्री श्री विजय कुमार सिन्हा भी उपस्थित थे।  माननीय केन्द्रीय मंत्री श्री शिवराज सिंह चौहान ने कहा कि प्रधानमंत्री कृषि सिचाई योजना-जलछाजन विकास 2.0 योजना वर्षा आधारित क्षेत्र के लिए वरदान है, जो इस क्षेत्र की तस्वीर को बदल सकती है। अगले 05 वर्षों के लिए नई योजना जलछाजन विकास 3.0 की तैयारी हमे अभी से शुरू करनी चाहिए तथा चालू योजना में शत्-प्रतिशत व्यय प्राप्त किया जाये, जिससे आगामी योजना को प्रभावी ढंग से लागू किया जा सके। नदियों का जीर्णोद्धार, झीलों का जीर्णोद्धर तथा पहाड़ी क्षेत्र में टपकन तकनीक से इस योजना का लाभ किसानों तक पहुँचाया जाये।  माननीय उप मुख्यमंत्री-सह-कृषि मंत्री, बिहार श्री विजय कुमार सिन्हा ने बताया कि प्रधानमंत्री कृषि सिचाई योजना-जलछाजन विकास 2.0 योजना के अंतर्गत हमारे राज्य के 18 जिलों में 35 परियोजनाएँ चल रही है, इस योजना के तहत कुल 171600 हे० भूमि का उपचार किया जा रहा है। इस योजना से वर्षा सिंचित क्षेत्रों में मृदा एवं जल संरक्षण कार्य करने से हमारे किसानों को अत्याधिक लाभ हो रहा है। माननीय उप मुख्यमंत्री ने कहा कि कृषि रोड मैप, जो बिहार सरकार की एक महत्वाकांक्षी पहल है। जिसके अंतर्गत मृदा एवं जल संरक्षण के लिए राज्य सरकार के स्तर से भी कई योजनाओं यथा पक्का चेक डैम निर्माण, तालाब निर्माण, कुआँ निर्माण एवं आहर जीर्णाेद्धार इत्यादि का कार्यान्वयन कर रहे है। इन सभी योजनाओं के कार्यान्वयन से भी राज्य में सिंचाई क्षमता का विस्तार हुआ है। श्री सिन्हा ने कहा कि केन्द्र सरकार के सम्मिलित प्रयास से भारतीय कृषि अनुसंधान परिषद् द्वारा कराए गए सर्वेक्षण के उपरांत यह ज्ञात हुआ है कि फसल आच्छादन का रकवा 52 लाख हे० से बढ़कर 62 लाख हे० हो गया है। साथ ही फसल सघनता भी 144 से बढ़कर 180 हो गया है। उन्होंने कहा कि प्रधानमंत्री कृषि सिंचाई योजना के अंतर्गत राज्य में जल संरक्षण हेतु विभिन्न संरचना निर्माण यथा पक्का चेक डैम निर्माण, तालाब निर्माण, कुआँ निर्माण, साद अवरोधक बाँध, आहर जीर्णाेद्धार इत्यादि के साथ-साथ पौधा रोपन, जीविकोपार्जन तथा उत्पादन प्रणाली घटक के अंतर्गत भी बड़े पैमाने पर कार्य कराये जा रहे है, जिससे की सिंचाई क्षमता में विस्तार के साथ-साथ फसलों के उत्पादन एवं उत्पादकता तथा हरित क्षेत्र में वृद्धि हुई है।  इस अवसर पर कृषि निदेशक श्री नितिन कुमार सिंह, निदेशक, भूमि संरक्षण श्री राधा रमण सहित विभाग के वरीय पदाधिकारी मौजूद थे।

अनमोल सिनेमा पर 23 अगस्त होगा ‘द भूतनी’ और ‘औरों में कहां दम था’ का प्रीमियर

मुंबई,  अनमोल सिनेमा पर 23 अगस्त को फिल्म ‘द भूतनी’ और ‘औरों में कहां दम था’ का प्रीमियर होगा। इस शनिवार, 23 अगस्त को दोपहर 1:30 बजे फिल्म ‘औरों में कहां दम था’ और शाम 7:30 बजे ‘द भूतनी’, का प्रमिरयर अनमोल सिनेमा पर होगा। फिल्म द भूतनी में संजय दत्त, मौनी रॉय, सनी सिंह और पलक तिवारी मुख्य भूमिकाओं में हैं। वहीं ‘औरों में कहां दम था’ में अजय देवगन,तब्बू और जिमी शेरगिल अहम भूमिका में हैं। संजय दत्त ने कहा, द भूतनी का सफर सच में बेहद मज़ेदार और अनोखा रहा है, जो सही मायने में लीक से हटकर फिल्म है। बदकिस्मती से, रिलीज़ के दौरान इस फिल्म को सिनेमाघरों में पर्याप्त स्क्रीन नहीं मिल पाई, और यह हमारी उम्मीद से कम समय तक चली। कभी-कभी कुछ फ़िल्में शोर-शराबे में पीछे रह जाती हैं। पर ये फ़िल्म हमने बड़े प्यार और सच्ची लगन से बनाई है। हमें इसकी कहानी और उसके पीछे के जज्बातों पर पूरा भरोसा था। मुझे पूरी उम्मीद है कि यह फ़िल्म दर्शकों के दिलों को छू लेगी।” मौनी रॉय ने कहा, द भूतनी में मोहब्बत के किरदार निभाने का अनुभव मेरे लिए सच में बड़ा रोमांचक था। सच में यह किरदार बेहद दिलचस्प होने के साथ-साथ रहस्यमयी और काफी संजीदगी भरा भी है, जिसमें भावनाओं की कई परत दिखाई देती है। इस किरदार की गहराई को समझना मेरे लिए ख़ुशी भरा अनुभव था, और सिनेमाघरों में रिलीज़ के बाद इस फिल्म को मिले ज़बरदस्त प्यार के लिए मैं बहुत शुक्रगुज़ार हूँ। संजय दत्त सर के साथ काम करना मेरे लिए सम्मान की बात है। वह सेट पर काफी सहज रहते हैं और सब में नई ऊर्जा जागते हैं। और सिद्धांत सचदेव का तहे दिल से शुक्रिया, जिन्होंने मुझे चुनौती भरे और लीक से हटकर इस किरदार के लिए मुझ पर भरोसा जताया। 'द भूतनी' में वाकई हर किसी के लिए कुछ-न-कुछ जरूर है डर, हंसी, और दिल को छू लेने वाली बातें। अब मुझे उस पल का बेसब्री से इंतज़ार है, जब दर्शक इस फ़िल्म का भरपूर आनंद लेंगे।  

एटा में सीमेंट प्लांट का उद्घाटन, CM योगी बोले- नीति स्पष्ट होने पर मिलते हैं विकास के नतीजे

एटा मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने एटा में सीमेंट प्लांट का सीएम योगी ने उद्घाटन किया। सीएम ने कहा कि आज एटा की पहचान न सिर्फ सीमेंट और पावर प्लांट से है, बल्कि अपने परंपरागत उद्यम जलेसर के घंटा और घुंघरू से भी है। देवस्थान की पूजा और संगीत की महफिल, दोनों जलेसर के बिना अधूरी हैं। सीएम योगी ने कहा कि पीएम मोदी ने 2047 तक विकसित भारत का लक्ष्य रखा है। इसी कड़ी में यूपी को भी विकसित करना होगा। विधान परिषद में 24 घंटे लगातार बहस हुई विधानसभा और विधान परिषद में 24 घंटे लगातार बहस हुई, सेक्टर और थीम तय किए गए। अब विशेषज्ञ हर जिले में जाकर युवाओं को तैयार करेंगे और जनता के सुझावों से रोडमैप बनेगा।  मुख्यमंत्री ने कहा कि श्री सीमेंट सिर्फ उद्योग नहीं, बल्कि राष्ट्रीय उत्तरदायित्व भी निभा रहा है। अकेले एटा यूनिट ने अब तक 183 शहीद परिवारों को मुफ्त सीमेंट उपलब्ध कराया है। जवानों ने ऑपरेशन सिंदूर में अपने शौर्य और पराक्रम से दुश्मनों के दांत खट्टे किए  सीएम योगी ने कहा कि जब भारतीय जवानों ने ऑपरेशन सिंदूर में अपने शौर्य और पराक्रम से दुश्मनों के दांत खट्टे कर दिए, तो यह तभी संभव हुआ जब पूरा देश एकजुट खड़ा रहा। श्री सीमेंट का योगदान इसी राष्ट्रीय भावना को मजबूत करता है। उन्होंने बताया कि बुलंदशहर और एटा के बाद, चित्रकूट में श्री सीमेंट ने 40 मेगावाट का ग्रीन एनर्जी प्लांट लगाया है। सरकार ने उन्हें ओपन एक्सेस की सुविधा दी है ताकि वहां बनी बिजली का उपयोग यहीं हो सके। औद्योगिक नीति के तहत किए गए सभी वायदे समय पर पूरे कर रही सरकार  सीएम ने श्री सीमेंट को आश्वस्त किया कि प्रदेश सरकार अपनी औद्योगिक नीति के तहत किए गए सभी वायदे समय पर पूरे करेगी। एटा आधुनिक इंफ्रास्ट्रक्चर, चार-लेन कनेक्टिविटी और लोक कल्याणकारी योजनाओं के साथ विकास की नई बुलंदियों पर पहुंचेगा।  इस अवसर पर उत्तर प्रदेश सरकार के औद्योगिक विकास मंत्री नंद गोपाल गुप्ता नंदी, पूर्व मंत्री विधानपरिषद के सदस्य डॉ. महेंद्र सिंह, विधायक सत्यपाल सिंह राठौर, संजीव कुमार दिवाकर, वीरेंद्र सिंह लोधी, विपिन कुमार डेविड, आशीष यादव, श्री सीमेंट के चेयरमैन हरि मोहन बांगड़ और मैनेजिंग डायरेक्टर नीरज अखौरी उपस्थित रहे। सीएम योगी ने प्लांट परिसर में पौधारोपण किया योगी आदित्यनाथ ने एटा में श्री सीमेंट के प्लांट के उद्घाटन से पूर्व पूरे प्लांट की विजिट की। इस दौरान उन्होंने प्लांट में मशीनरी और इसकी कार्यप्रणाली के बारे में भी जानकारी ली। उन्हें साइट मैप के माध्यम से भी पूरे प्लांट के विषय में जानकारी दी गई। इस दौरान सीएम योगी ने प्लांट परिसर में पौधारोपण भी किया।   

बिना सूचना लगातार गायब सात डॉक्टर सेवा से होंगे बर्खास्त

डिप्टी सीएम ब्रजेश पाठक ने दिए निर्देश, कहा- कार्यों के प्रति लापरवाही पर होगी सख्त कार्रवाई  लखनऊ बिना किसी सूचना के लगातार गायब डॉक्टरों पर गाज गिरेगी। डिप्टी सीएम ब्रजेश पाठक ने लगातार गैरहाजिर सात डॉक्टरों को बर्खास्त करने के निर्देश दिए हैं। झांसी जिला चिकित्सालय में तैनात हड्डी रोग विशेषज्ञ डॉ. मुकुल मिश्र, अमेठी के बाजार शुक्ल न्यू सीएचसी के डॉ. विकास कुमार मिश्र, अमेठी के जगदीशपुर न्यू सीएचसी के डॉक्टर विकलेश कुमार शर्मा, बरेली सीएमओ के अधीन डॉ. दीपेश गुप्ता, सीतापुर मिश्रिख सीएचसी में गायनी की डॉ. श्वेता सिंह, बाल रोग विशेषज्ञ डॉ. विक्रांत आनंद और हाथरस जिला चिकित्सालय के पैथोलॉजिस्ट डॉ. मोहम्मद राफे लंबे समय से गैरहाजिर चल रहे थे। स्वास्थ्य विभाग के जिम्मेदार अधिकारियों ने संपर्क किया लेकिन जवाब नहीं आया। डिप्टी सीएम ने मामले को गंभीरता से लिया। गैरहाजिर डॉक्टरों को सेवा से बर्खास्त करने के निर्देश दिए हैं। गैरहाजिर शिक्षक को आरोप पत्र बदायूं राजकीय मेडिकल कॉलेज में ईएनटी विभाग के सहायक आचार्य डॉ. अभिषेक कुमार शाह वर्ष 2023 से लगातार अनुपस्थित चल रहे हैं। उन्हें आरोप पत्र देकर विभागीय कार्रवाई की जाएगी। समुचित इलाज न मिलने की शिकायत पर होगी कार्यवाही  पीलीभीत जिला महिला चिकित्सालय में मरीज को समुचित इलाज न मिलने की शिकायत को डिप्टी सीएम ने गंभीरता से लिया है। शिकायत के प्रथम दृष्टया मुख्य चिकित्सा अधीक्षक डॉ. राजेश कुमार को आरोप पत्र देकर उनके खिलाफ विभागीय कार्यवाही की जाएगी। निविदा शर्तों में नियमों की अनदेखी पड़ी भारी निविदा प्रक्रिया के नियम और शर्तों की अनदेखी करना हमीरपुर के मुख्य चिकित्साधिकारी को महंगा पड़ा। डिप्टी सीएम ब्रजेश पाठक ने हमीरपुर के मुख्य चिकित्साधिकारी डॉ. गीतम सिंह के खिलाफ आरोप पत्र देकर विभागीय कार्रवाई के निर्देश दिए हैं।

नारकोटिक, साइबर, सोशल मीडिया, फेक करेंसी और कैश जब्ती के लिए खास सेल गठित

पटना इस वर्ष अक्टूबर-नवंबर में संभावित विधानसभा चुनाव में सशक्त मॉनीटरिंग करने के लिए पांच अलग-अलग सेल का गठन किया गया है। पुलिस मुख्यालय के निर्देश पर इन सेल का गठित आर्थिक अपराध इकाई (ईओयू) के अंतर्गत किया गया है। इसकी जानकारी डीआईजी (आर्थिक अपराध) मानवजीत सिंह ढिल्लो ने संवाददाताओं से बात करने के दौरान दी। उन्होंने कहा कि जिन पांच विशेष सेल का गठन किया गया है, उसमें मादक पदार्थ (नारकोटिक्स) तस्करी की रोकथाम, साइबर अपराध, सोशल मीडिया पर निगरानी, फर्जी मुद्रा (फेक करेंसी) और कैश के अवैध लेनदेन पर निगरानी रखने से संबंधित सेल शामिल हैं। चुनाव के दौरान इन तमाम अवैध गतिविधियों पर समुचित नजर रखने का दायित्व इन विशिष्ट सेल को सौंपा गया है। चुनाव के दौरान सभी तरह की अनैतिक गतिविधि पर नजर रखना पुलिस की प्राथमिकता होगी। इसे ध्यान में रखते हुए पुलिस मुख्यालय ने सभी संबंधित सेल और पुलिस के अन्य महकमों को खासतौर से निर्देश जारी किया है। डीआईजी ने बताया कि हाल में इसे लेकर केंद्रीय और राज्य सरकार की विशेष एजेंसियों के अधिकारियों के साथ समन्वय बैठक हुई थी। इसमें इनके रोकथाम से संबंधित गहन चर्चा की गई थी और गठित सभी विशिष्ट पांच सेलों को पूरी तरह से सक्रिय रहने के लिए कहा गया है। इन पांच सेल में अलग-अलग स्तर के पदाधिकारियों की तैनाती भी कर दी गई है। इन सभी सेल के कामकाज की सतत मॉनीटरिंग ईओयू के माध्यम से पुलिस मुख्यालय करेगा। इन विशिष्ट सेल के स्तर पर सभी थानों से समन्वय स्थापित कर रोजाना के कामकाज की पड़ताल की जाएगी और इनके स्तर से किए गए कार्यों की निगरानी की जाएगी।  गौरतलब है कि चुनाव के दौरान कैश का अवैध तरीके से फ्लो बढ़ने की आशंका काफी बढ़ जाती है। इसका ध्यान रखते हुए सेल हर छोटी-बड़ी गतिविधि और लेनदेन पर नजर रखने के साथ ही इससे संबंधित खूफिया जानकारी एकत्र करने पर खासतौर से फोकस करेगी, ताकि ससमय उचित कार्रवाई की जा सके। विधानसभा चुनाव में पारदर्शिता बनाए रखने और किसी तरह के कदाचार की संभावना पर अंकुश लगाने में इन पांच सेल की भूमिका अधिक बढ़ जाती है।