samacharsecretary.com

मुख्यमंत्री डॉ. यादव श्रीकृष्ण जन्माष्टमी महोत्सव में हुए शामिल, फोड़ी मटकी

इकॉनामिक कॉरिडोन बनने से सागर-छतरपुर का सफर होगा आसान कन्या विवाह एवं सामुदायिक भवन भी बनेगा भोपाल मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव ने कहा है कि छतरपुर में 10 करोड़ रुपए की लागत से स्टेडियम बनाया जाएगा। जिले में 30 एकड़ क्ष्रेत्र में गौशाला, एक करोड़ रुपए की लागत से कन्या विवाह भवन और सामुदायिक भवन के निर्माण सहित अन्य कार्य प्रारंभ किए जाएंगे। इसके साथ ही मैडिकल कॉलेज के निर्माण कार्य को गति प्रदान की जाएगी। इसके पास एक चिकित्सालय भी बनाया जायेगा। उन्होंने कहा कि एमपी-यूपी इकॉनामिक कॉरिडोर के अंतर्गत सागर-कबरई फोर लेन का निर्माण हो जाने पर संभागीय मुख्यालय सागर से छतरपुर मात्र दो घंटे में पहुंचा जा सकेगा। मुख्यमंत्री डॉ. यादव शनिवार को छतरपुर में श्रीकृष्ण जन्माष्टमी महोत्सव में शामिल हुए। इस अवसर पर उन्होंने माखन से भरी हुई मटकी भी फोड़ी। वे रोड शो में भी शामिल हुए। मुख्यमंत्री डॉ. यादव ने कहा कि भगवान श्रीराम उत्तर से दक्षिण और श्रीकृष्ण पूर्व से पश्चिम की तरफ गए। भारतीय संस्कृति को समझना है तो इनका स्मरण कर लीजिए। दुनिया भर में श्रीराम और श्रीकृष्ण से भारत की पहचान है। विश्व में बड़ी-बड़ी ताकतों से लड़ने का साहस दोनों आराध्यों से मिलता है, जिन्होंने आसुरी शक्तियों का अंत उन्हीं के घर में जाकर किया। बुंदेलखंड की धरती, वीरों की धरती है। यहां के पराक्रमी छत्रसाल महाराज और वीर आल्हा-ऊदल ने चंदेल राजाओं के लिए बड़ी लड़ाईयां लड़ीं। छतरपुर का गौरवशाली अतीत रहा है। विश्व धरोहर स्थल खजुराहो दुनिया में प्रख्यात है। पन्ना में हीरे मिलते हैं। पन्ना अपने टाइगर्स के लिए भी प्रसिद्ध है। केन-बेतवा लिंक परियोजना का मिलेगा लाभ मुख्यमंत्री डॉ. यादव ने कहा कि पूर्व मुख्यमंत्री सुश्री उमा भारती ने नदी जोड़ो अभियान का संकल्प लिया था। प्रधानमंत्री श्री नरेन्द्र मोदी ने अटलजी और उमा दीदी के सपने को पूरा किया है। केन-बेतवा लिंक परियोजना से बुंदेलखण्ड के किसानों को सिंचाई का लाभ मिलेगा। खेतों को पानी मिले तो फसल सोने सी हो जाती है। बुंदेलखंड की धरती के लिये यह नदी जोड़ो परियोजना वरदान है। बुंदेलखंड की धरती अनाज उत्पादन में पंजाब और हरियाणा को पीछे छोड़ेगी। आजकल तो पर्यटन भी उद्योग की तरह है। आज ग्वालियर रीजनल टूरिज्म कॉन्क्लेव में 3500 करोड़ रुपए के निवेश प्रस्ताव मिले हैं। इनसे युवाओं के लिए रोजगार के नए अवसर सृजित होंगे। मुख्यमंत्री डॉ. यादव ने कहा कि जब मैं उच्च शिक्षा मंत्री था, उस समय छतरपुर के महाविद्यालय को विश्वविद्यालय बनाने का कार्य शुरू किया गया था। राज्य सरकार का कोई संकल्प अधूरा नहीं रहेगा। भगवान श्रीकृष्ण के चरण जहां-जहां पड़े, राज्य सरकार उन्हें तीर्थ स्थल के रूप में विकसित करेगी। श्रीराम के वन-गमन पथ की तरह श्रीकृष्ण पाथेय बनाया जा रहा है। मुख्यमंत्री ने कहा कि जिनके घर गाय है वो गोपाल हैं। खेती के साथ किसानों की आय बढ़ाने के लिए डॉ. भीमराव अंबेडकर कामधेनु योजना शुरू की गई है। इसमें गोवंश क्रय पर पात्र हितग्राहियों को सब्सिडी का लाभ दिया जा रहा है। राज्य सरकार गोपालकों से गाय का दूध खरीदेगी। मुख्यमंत्री डॉ. यादव ने कहा कि प्रदेश में युवाओं को सरकारी नौकरी के अवसर उपलब्ध कराए जा रहे हैं। प्रदेश में 22 हजार से अधिक पुलिसकर्मियों की भर्ती के साथ 1 लाख नए पद सृजित किए गए हैं। उद्योगों के साथ स्वरोजगार को बढ़ावा दिया जा रहा है। रक्षाबंधन पर लाड़ली बहनों को 1500 रुपए भेजे गए। अब दीवापली के बाद भाईदूज से हर माह लाड़ली बहनों को 1500 रुपए की सौगात मिलेगी। वन एवं पर्यावरण राज्य मंत्री श्री दिलीप अहिरवार ने कहा कि महाराज छत्रसाल की नगरी में लोगों के लिए आज का दिन गौरवशाली है। मध्यप्रदेश में श्रीराम वन-गमन पथ, श्रीकृष्ण पाथेय, महाकाल लोक, ओंकारेश्वर लोक बन रहे हैं। विधायक श्रीमती ललिता यादव ने कहा कि मुख्यमंत्री डॉ. यादव ने छतरपुर को अनेकों सौगात दी हैं। छतरपुर में मैडिकल कॉलेज का निर्माण कार्य 60 प्रतिशत हो गया है। छत्रसाल महाविद्यालय का कार्य भी प्रगति पर है। छतरपुर को जल्द नए बस स्टैंड और ऑडिटोरियम मिलेंगे। बहुत जल्द छतरपुर को नगर निगम भी बनाया जाएगा, जिससे यहां विकास कार्यों को गति मिलेगी। छतरपुर की ऐतिहासिक विरासत को संजोए रखने के लिए चारों दिशाओं में छत्रसाल- द्वार तैयार करने का सुझाव है। यादव समाज के प्रदेश अध्यक्ष श्री जगदीश यादव ने कहा कि द्वापर में भगवान श्रीकृष्ण ने वंचित, शोषित, दलित वर्ग के लोगों के लिए कार्य किया, इसी प्रकार मध्यप्रदेश के मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव प्रदेशवासियों के कल्याण के लिए कार्य कर रहे हैं। छतरपुर की जनता को राज्य सरकार से बहुत उम्मीदें हैं। कार्यक्रम में विधायक श्री राजेश शु्क्ला, विधायक श्री अरविंद पटेरिया, विधायक श्री कामाख्या प्रसाद सिंह, पूर्व विधायक श्री प्रद्युम्न सिंह लोधी, यादव समाज के पदाधिकारियों सहित अनेक जनप्रतिनिधि एवं स्थानीय जन उपस्थित थे। मुख्यमंत्री डॉ. यादव ने किया सर्व सुविधा युक्त सेंट्रल ग्रंथालय का शुभारंभ मुख्यमंत्री डॉ. यादव ने 5 करोड़ की लागत से छतरपुर सिंचाई कॉलोनी स्थित आधुनिक सेंट्रल ग्रंथालय (लाइब्रेरी) का लोकार्पण भी किया। इस अवसर पर उन्होंने कहा कि पुस्तकालय की ज्ञान अर्जन में महत्वपूर्ण भूमिका होती है। उन्होंने पुस्तकालय में अध्ययन कर रहे विद्यार्थियों से चर्चा की और कहा कि इस लाइब्रेरी का पूरा लाभ लें और आगे बढ़ें। इस अवसर पर केंद्रीय सामाजिक न्याय एवं अधिकारिता मंत्री डॉ. वीरेंद्र कुमार, वन एवं पर्यावरण राज्यमंत्री श्री दिलीप अहिरवार, विधायक श्रीमती ललिता यादव, कमिश्नर श्री अनिल सुचारी, पुलिस महानिरीक्षक श्रीमती हिमानी खन्ना एवं जनप्रतिनिधि मौजूद थे।

यात्रियों के लिए खुशखबरी, त्योहार सीजन में दौड़ेगी कमलापति-दानापुर पूजा स्पेशल

भोपाल त्योहारों के अवसर पर यात्रियों को बेहतर सुविधा देने के लिए पश्चिम मध्य रेलवे ने दुर्गा पूजा, दीपावली एवं छठ पर्व के दौरान अतिरिक्त ट्रेन चलाने का फैसला किया है। इस क्रम में रानी कमलापति-दानापुर-रानी कमलापति के बीच द्वि-साप्ताहिक 11-11 ट्रिप पूजा स्पेशल ट्रेन चलाने का निर्णय लिया है। यह विशेष ट्रेन रानी कमलापति से प्रस्थान कर नर्मदापुरम, इटारसी, पिपरिया, गाडरवारा, नरसिंहपुर, जबलपुर, सिहोरा रोड, कटनी, मैहर एवं सतना स्टेशनों से होकर अपने गंतव्य तक पहुंचेगी। ट्रेन 01667 (रानी कमलापति-दानापुर) पूजा स्पेशल ट्रेन 01667 रानी कमलापति से दानापुर स्पेशल ट्रेन 27 सितंबर से 1 नवंबर तक द्वि-साप्ताहिक शनिवार एवं मंगलवार को एक्सप्रेस ट्रेन रानी कमलापति स्टेशन से दोपहर 2:25 बजे प्रस्थान कर, नर्मदापुरम 3:25 बजे, इटारसी 3:55 बजे, पीपरिया 5:10 बजे, गाडरवारा 5:45 बजे, नरसिंहपुर 6:25 बजे, जबलपुर रात 7:25 बजे, सिहोरा रोड 8:10 बजे, कटनी 9:20 बजे, मैहर 10:10 बजे, सतना 10:45 बजे पहुंचकर और अगले दिन रविवार एवं बुधवार को सुबह 8:45 बजे दानापुर स्टेशन पहुंचेगी।   ट्रेन 01668 (दानापुर-रानी कमलापति) इसी प्रकार ट्रेन 01668 दानापुर से रानी कमलापति स्पेशल ट्रेन 28 सितंबर से 2 नवंबर तक द्वि-साप्ताहिक रविवार एवं बुधवार को एक्सप्रेस ट्रेन दानापुर स्टेशन से सुबह 11 बजे प्रस्थान कर प्रयागराज छिवकी रात 8:30 बजे, पहुंचकर अगले दिन सतना रात 12:55 बजे, मैहर 1:28 बजे, कटनी 2:30 बजे, सिहोरा रोड 3:13 बजे, जबलपुर 3:50 बजे, नरसिंहपुर सुबह 5:00 बजे, गाडरवारा 5:30 बजे, पिपरिया 6 बजे, इटारसी 7:10 बजे, नर्मदापुरम 7:48 बजे पहुंचकर और सोमवार एवं गुरुवार को सुबह में 8:55 बजे रानी कमलापति स्टेशन पहुंचेगी।

फिशर का नया समाधान: AIIMS भोपाल में होम्योपैथी दवा से मरीजों को मिली जबरदस्त राहत

 भोपाल  गुदा विदर (एनल फिशर) जैसी गंभीर और दर्दनाक बीमारी से जूझ रहे मरीजों के लिए अखिल भारतीय आयुर्विज्ञान संस्थान (एम्स), भोपाल से एक बड़ी खुशखबरी आई है। एम्स के डाक्टरों ने एक अध्ययन में यह साबित किया है कि होम्योपैथी की एक दवा से इस बीमारी का इलाज बिना किसी ऑपरेशन के संभव है। इस सफलता के बाद अब मरीजों को असहनीय दर्द और सर्जरी की पीड़ा से मुक्ति मिलने की एक नई उम्मीद जगी है। यह महत्वपूर्ण अध्ययन एम्स के आयुष (होम्योपैथी) विभाग के डॉ. आशीष कुमार दीक्षित और सर्जरी विभाग के डा. मूरत सिंह यादव की टीम ने मिलकर किया है। इस शोध में एनल फिशर से पीड़ित 34 मरीजों को शामिल किया गया। इन सभी को तीन महीने तक होम्योपैथी दवा ''पियोनिया ऑफिसिनेलिस'' दी गई और साथ ही खान-पान में जरूरी परहेज और सुधार की सलाह दी गई। तीन महीने के इलाज में आए चौकाने वाले नतीजे तीन महीने के इलाज के बाद जो नतीजे सामने आए, वे चौंकाने वाले थे। अध्ययन में शामिल मरीजों के दर्द में 99 प्रतिशत तक की आश्चर्यजनक कमी दर्ज की गई। इलाज से पहले जहां दर्द का स्तर 10 में से नौ अंक पर था, वह इलाज के बाद घटकर लगभग शून्य पर आ गया। इसके अलावा मल त्याग के दौरान होने वाला असहनीय दबाव भी पूरी तरह समाप्त हो गया। सबसे बड़ी सफलता यह रही कि 34 में से 30 मरीजों, यानी लगभग 88 प्रतिशत लोगों के घाव पूरी तरह भर गए। इस पूरे इलाज के दौरान किसी भी मरीज पर कोई गंभीर दुष्प्रभाव नहीं देखा गया। सरल और सुरक्षित इलाज का विकल्प इस सफल अध्ययन पर डॉ. आशीष कुमार दीक्षित ने बताया कि हमारे नतीजे यह प्रमाणित करते हैं कि पियोनिया ऑफिसिनैलिस दवा एनल फिशर के दर्द को जड़ से कम करने, घाव को भरने और मल त्याग को सुगम बनाने में अत्यंत प्रभावी है। यह मरीजों को एक सरल और सुरक्षित इलाज का विकल्प देती है। वहीं, सर्जरी विभाग के डॉ. मूरत सिंह यादव ने कहा कि एनल फिशर के कई मरीजों को अंततः सर्जरी का सहारा लेना पड़ता है, जो कष्टदायक हो सकती है। यह शोध एक सुरक्षित और बिना ऑपरेशन वाले इलाज का रास्ता खोलता है।

नर्मदापुरम में नया स्टार्टअप: कला-शिल्प और पुरातात्विक धरोहर को मिलेगी नई पहचान

भोपाल राज्य की पुरातात्विक महत्व की कला को सुदृढ़ करने और सतत बाज़ार की उपलब्धता सुनिश्चित कराने के उद्देश्य से नर्मदापुरम में कला और शिल्प पर आधारित स्टार्टअप के लिए 'राफ्ट एंड रीज़न'  ने 'तसल्ली ब्रांड' के अंतर्गत नवाचार प्रारंभ किया है। इसमें नर्मदापुरम, भोपाल, छिंदवाड़ा, सीहोर, महेश्वर तथा धार जिले के चिन्हित शिल्प पर नवाचार किया जा रहा है। इसके अंतर्गत पुरातात्विक महत्व की कलाकृति को स्टोन पाउडर से बनाया जा रहा है और इस पर स्थानीय सागौन लकड़ी के साथ प्रयोग भी किया जा रहा है। यह कार्य हाथकरघा एवं हस्तशिल्प संचालनालय भोपाल, पुरातत्व संचालनालय भोपाल एवं पाटर्स द स्टूडियो नर्मदापुरम के सहयोग से किया जा रहा है। उल्लेखनीय है कि स्टार्टअप की पहली डिलीवरी बॉउर्नमाउथ, यूके में की गई है। इसे अमेजन ग्लोबल पर भी खरीदा जा सकता है। स्टार्टअप ने निर्यात लाइसेंस भी प्राप्त कर लिया है।  

बुंदेलखंड में नया धार्मिक स्थल, छतरपुर में बन रहा पहला श्रीकृष्ण धाम

छतरपुर  मध्य प्रदेश के छतरपुर में बुंदेलखंड का पहला श्रीकृष्ण धाम बनकर तैयार हो गया है। 30 अगस्त को पूरी भव्यता और गरिमा के साथ बनाए जा रहे श्रीकृष्ण महोत्सव में मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव मुख्य अतिथि के रूप में शामिल होंगे। छतरपुर विधायक और भाजपा की प्रदेश उपाध्यक्ष ललिता यादव ने बताया कि मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव मेला ग्राउण्ड में आयोजित मंचीय कार्यक्रम में शामिल होने के साथ ही भगवान श्रीकृष्ण की शोभायात्रा में भी शामिल होगे। उन्होंने बताया कि मुख्यमंत्री डॉ. यादव हवाई मार्ग से दोपहर 12 बजे छतरपुर आएगे। वे मेला ग्राउण्ड पहुंचेगे जहां मंचीय कार्यक्रम का आयोजन किया जाएगा। इस अवसर पर नौगांव रोड पर 2 करोड़ 20 लाख की लागत से बनने वाले श्रीकृष्ण धाम के बारे में एलईडी के माध्यम से प्रस्तुति दी जाएगी। श्रीकृष्ण धाम में भगवान श्रीकृष्ण का विग्रह होगा तथा बचपन से लेकर रहसलीला का चित्रण किया जाएगा। श्रीकृष्ण धाम में गरीब बेटियों के विवाह के लिए बेटी विवाह वाटिका बनाई जाएगी तथा बारातियों को ठहरने के लिए कमरों का भी निर्माण होगा। यहां सुंदर और आर्कषक पार्क एवं ध्यानकेंद्र भी बनाया जाएगा।  मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव यही पर श्रीकृष्ण धाम का भूमि-पूजन करेंगे। इस अवसर पर वृंदावन के कलाकारों द्वारा मयूर नृत्य और रहसलीला की मनोहारी प्रस्तुतियां दी जाएगी। बनारस के कलाकार शंखनाद करेंगे जबकि हरिद्धार के पंडितों द्वारा गंगा आरती की प्रस्तुति की जाएगी। समारोह में मुंबई की भजन गायिका द्वारा राधाकृष्णों के भजनों की प्रस्तुति दी जाएगी। मंचीय कार्यक्रम के बाद मेला ग्राउण्ड से भगवान श्रीकृष्ण की शोभायात्रा प्रारंभ होगी जो छत्रसाल चौक, महल, चौक बाजार, हटवारा होकर बस स्टैंड पहुंचेगी जहां इसका समापन हो जाएगा। शोभायात्रा में भगवान श्रीकृष्ण और राधा सहित विभिन्न अवतारों की झांकियां आकर्षण का केंद्र रहेगी। मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव सहित अनेक अतिथि शोभायात्रा में सहभागिता करेंगे। इस दौरान रास्ते में जगह-जगह मटकी फोड़ के आयोजन होगे। विधायक ललिता यादव ने सभी क्षेत्रवासियों, नगरवासियों, श्रद्धालुओं तथा भाजपा पदाधिकारी और कार्यकर्ताओं से श्रीकृष्ण महोत्सव में पूरी उत्साह और उमंग के साथ शामिल होने तथा मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव का स्वागत करने की अपील की है।

प्रदेश में सुव्यवस्थित खेल अधोसंरचना और सुदृढ़ खिलाड़ियों का निर्माण सतत प्रक्रिया : मंत्री सारंग

राष्ट्रीय खेल दिवस महोत्सव का दूसरा दिन: सरदारपुर की टीम ने मिनी ब्राजील विचारपुर को रोमांचक मुकाबले में 1-0 से हराया भोपाल राष्ट्रीय खेल दिवस से शुरू हुए प्रदेशव्यापी खेल महोत्सव के दूसरे दिन टीटी नगर स्टेडियम भोपाल में 'मिनी ब्राजील' के नाम से प्रसिद्ध शहडोल जिले के विचारपुर ग्राम और धार जिले के सरदारपुर ग्राम की महिला फुटबॉल टीमों के बीच रोमांचक मुकाबला हुआ। सहकारिता, खेल एवं युवा कल्याण मंत्री श्री विश्वास कैलाश सारंग ने मैच की शुरुआत की। अपने उद्बोधन में उन्होंने कहा कि प्रधानमंत्री श्री नरेन्द्र मोदी ने अपने मन की बात कार्यक्रम में विचारपुर ग्राम को “मिनी ब्राजील” के रूप में उल्लेखित कर पूरे देश को प्रेरित किया है। यह हमारे लिए गर्व और जिम्मेदारी दोनों है कि हम खेलों को जमीनी स्तर तक प्रोत्साहित कर उनके सपनों को साकार करें। मंत्री श्री सारंग ने कहा कि विचारपुर और सरदारपुर दोनों ही ग्रामों में फुटबॉल का माहौल बेहद सकारात्मक है और यहां हर घर में खेलों के प्रति विशेष लगाव देखने को मिलता है। उन्होंने आश्वस्त किया कि खेल एवं युवा कल्याण विभाग इन ग्रामों से प्रेरणा लेकर प्रदेश में फुटबॉल के और अधिक विस्तार और सुदृढ़ीकरण की दिशा में ठोस कदम उठाएगा। मैच का रोमांच मुकाबले की शुरुआत से ही सरदारपुर की टीम ने दबदबा बनाए रखा। पहले हाफ में ही सरदारपुर की कप्तान और अंतरराष्ट्रीय फुटबॉल खिलाड़ी सुश्री ज्योति चौहान ने शानदार गोल कर टीम को बढ़त दिलाई। इसके बाद विचारपुर की टीम ने पूरे दमखम से खेला, लेकिन बराबरी का गोल करने में सफल नहीं हो सकी। निर्धारित समय की समाप्ति पर स्कोर 1-0 रहा और सरदारपुर ने यह यादगार मुकाबला अपने नाम किया। मैच में उत्कृष्ट प्रदर्शन के लिए विचारपुर की गोलकीपर सुश्री उमा केवट और सरदारपुर की कप्तान सुश्री ज्योति चौहान को ₹21,000 की सम्मान राशि प्रदान कर सम्मानित किया गया। मंत्री श्री सारंग ने दोनों ही टीमों के खिलाड़ियों की सराहना करते हुए कहा कि यह मुकाबला प्रदेश में फुटबॉल को बढ़ावा देने के लिये मील का पत्थर साबित होगा। टीमों की सूची सरदारपुर टीम: ज्योति चौहान (कप्तान), सुनीता भाबर (गोलकीपर), चंचल, बुलबुल, गायत्री, दीपिका, रक्षा, स्नेहा, दामिनी, दिव्यांशी, मानवी, मनीषा, सोनू, अर्चिता, वंशिका, प्रतिभा। विचारपुर टीम: यशोदा सिंह (कप्तान), उमा केवट (गोलकीपर), एकता रजक, सपना गुप्ता, सानिया सिंह, सानिया कुंदे, रजनी सिंह, सोनू बैगा, राधनी सिंह, शबनम केवट, रेनू केवट, भारती बैगा, शीतल बैगा, पुनीता सिंह, स्नेहा सिंह, लक्ष्मी, सोहनी कोल। विशिष्ट अतिथि इस अवसर पर पूर्व क्रिकेटर और मोटिवेशनल स्पीकर श्री मदनलाल शर्मा, हाइपरफॉर्मेंस स्पोर्ट्स साइकोलॉजिस्ट डॉ. संजना किरन, खेल एवं युवा कल्याण विभाग के संचालक श्री राकेश गुप्ता, उप संचालक श्री बीएस यादव, पूर्व कमिश्नर श्री राजीव शर्मा सहित अन्य विभागीय अधिकारीगण भी उपस्थित रहे। कल रविवार को वीआईपी रोड से वॉटर स्पोर्ट्स तक निकलेगी सायकल रैली खेल महोत्सव के अंतिम दिन रविवार को मंत्री श्री सारंग के नेतृत्व में राजा भोज प्रतिमा वीआईपी रोड से लेक व्यू स्थित वॉटर स्पोर्ट्स अकादमी तक 5 किलोमीटर लंबी साइकल रैली निकाली जाएगी। यहाँ रैली के समापन पर वॉटर स्पोर्ट्स गतिविधियों का प्रदर्शन भी किया जायेगा।  

पहले आओ-पहले पाओ के आधार पर 1 से 6 सितंबर तक यूजी और पीजी के लिए विशेष सीएलसी चरण

भोपाल  उच्च शिक्षा विभाग के अंतर्गत शासकीय/अनुदान प्राप्त अशासकीय एवं अशासकीय महाविद्यालयों में, शैक्षणिक सत्र 2025-26 के लिये, स्नातक एवं स्नातकोत्तर कक्षाओं में प्रवेश के लिए "पहले आओ-पहले पाओ" के आधार पर 1 से 6 सितंबर तक विशेष सीएलसी चरण होगा। स्नातक एवं स्नातकोत्तर कक्षाओं में प्रवेश लेने के इच्छुक विद्यार्थियों के लिए, यह प्रवेश का अंतिम चरण है। आयुक्त उच्च शिक्षा श्री प्रबल सिपाहा ने बताया कि समस्त प्रवेश "पहले आओ-पहले पाओ" के आधार पर प्रदान किए जायेंगे और यह सुविधा केवल रिक्त सीटों के लिए ही होगी। रिक्त सीटों की जानकारी विद्यार्थी के लॉगिन एवं महाविद्यालय के लॉगिन पर प्रदर्शित होंगी। पंजीकृत विद्यार्थी सम्बंधित महाविद्यालय में सीधे प्रवेश शुल्क जमा करके प्रवेश प्राप्त कर सकेंगे। विद्यार्थी जिस महाविद्यालय में प्रवेश चाहते हैं, वहां सीट रिक्त होने पर सीधे महाविद्यालय पहुँच कर प्रवेश प्राप्त कर सकेंगे। विद्यार्थी, प्रवेश के विषय में समस्त जानकारी अथवा अन्य किसी समस्या के लिए संबंधित महाविद्यालय के हैल्प सेंटर पर संपर्क कर सकते हैं। नवीन पंजीकृत विद्यार्थी, केवल एक महाविद्यालय में पंजीयन करा सकेंगे। विद्यार्थी सम्बंधित महाविद्यालय के हैल्प सेंटर पर वेरिफिकेशन के बाद, शुल्क जमा कर उसी दिन प्रवेश प्राप्त कर सकेंगे। मेजर, माइनर के अतिरिक्त अन्य विषय में प्रवेश प्राप्त करने वाले विद्यार्थियों की पात्रता, विश्वविद्यालय अपने स्तर पर निर्धारित कर सकेंगे। समस्त सम्बंधित प्राचार्यों को विश्वविद्यालय से समन्वय कर इनके पात्रता निर्धारण की कार्यवाही करनी होगी। यह प्रक्रिया 1 से 6 सितंबर तक ही होगी। उक्त प्रक्रिया के अंतर्गत 6 सितंबर को शाम 5 बजे तक प्रवेश शुल्क जमा कर प्रवेश प्राप्त किया जा सकता है। यह भी स्पष्ट किया गया है कि 6 सितंबर को निर्धारित समय के बाद किसी भी दशा में प्रवेश मान्य नहीं होंगे।  

पंचायत एवं ग्रामीण विकास मंत्री पटेल ने ग्राम बांक, इंदौर में एम.आर.एफ. प्लांट का निरीक्षण किया

भोपाल  पंचायत एवं ग्रामीण विकास तथा श्रम मंत्री श्री प्रहलाद सिंह पटेल ने शनिवार को इंदौर की ग्राम पंचायत बांक में संचालित सामग्री पुनर्चक्रण सुविधा (MRF) प्लांट का निरीक्षण किया। इस अवसर पर उन्होंने संस्था ‘सृष्टि वेस्ट मैनेजमेंट’ द्वारा पिछले 2 वर्षों से किए जा रहे सूखा कचरा प्रबंधन कार्यों की विस्तृत जानकारी प्राप्त की। संस्था द्वारा प्रतिदिन 3700 घरों, 425 दुकानों, स्कूलों, मैरिज गार्डन और अस्पतालों से लगभग 800 किलोग्राम सूखा कचरा एकत्रित कर उसका वैज्ञानिक तरीके से निपटान किया जाता है। इस नवाचार की सराहना करते हुए श्री पटेल ने कहा कि यह मॉडल न केवल पर्यावरण संरक्षण में सहायक है, बल्कि आत्मनिर्भर ग्राम पंचायत की दिशा में भी एक महत्वपूर्ण कदम है। निरीक्षण के दौरान बताया गया कि इस पूरी प्रक्रिया पर प्रतिमाह लगभग 2 लाख 80 हजार रूपये का व्यय आता है, जबकि समुचित प्रबंधन के बाद संस्था को 70 हजार रूपये का लाभ भी हो रहा है। श्री पटेल ने इस कार्य को प्रशंसनीय, पर्यावरण हितैषी और सतत विकास की दिशा में प्रेरणादायक पहल बताया। इस अवसर पर सर्वश्री मधु वर्मा, मनोज पटेल, कान्हा पटेल एवं अन्य जनप्रतिनिधि उपस्थित रहे।  

बारिश से बिगड़ा MP का हाल, हाईवे जाम में दो घंटे तक फंसे यात्री

बुरहानपुर बाढ़ ने शनिवार को दूसरी बार इंदौर-इच्छापुर नेशनल हाइवे दो घंटे से ज्यादा समय तक जाम कर दिया। जिससे हाईवे पर वाहनों की लंबी कतारें लग गईं। इस जाम में एम्बुलेंस और यात्री बसें भी काफी देर तक फंसी रहीं। बाद में ग्रामीणों ने किसी तरह उन्हें पार कराया। दूसरे वाहन चालकों ने भी जान जोखिम में डाल कर हाइवे पार किया। इससे पहले गुरुवार देर रात भी असीरगढ़ से ढाई किमी दूर धूपगट्टा गांव के पास हाइवे पर पानी भर जाने से रात बारह बजे तक मार्ग अवरुद्ध हुआ था। पानी से हुआ भारी नुकसान निंबोला थाना प्रभारी राहुल कांबले ने हाइवे का निर्माण कर रही कंपनी और एनएचएआई के अधिकारियों को सूचना दी थी। बावजूद इसके निर्माण एजेंसी ने पहाड़ी नाले की जल निकासी का ठोस प्रबंध नहीं किया। जिसके चलते शनिवार दोपहर तीन बजे क्षेत्र में तेज वर्षा होने के बाद फिर न केवल हाईवे जाम हो गया, बल्कि धूपगट्टा गांव में भी पानी घुस गया। जिससे करीब दो दर्जन ग्रामीणों का गृहस्थी का सामान भी खराब हो गया। खेतों में दो से तीन फीट पानी भर जाने के कारण मक्का व अन्य फसलों को भी क्षति हुई है।   पुलिया छोटी करने से उपजी समस्या उल्लेखनीय है कि शुक्रवार को नईदुनिया टीम ने हाइवे पर बाढ़ का पानी आने का मूल कारण तलाशा था। जिसमें पता चला था कि बरसाती नाले पर नई पुलिया बनाई जा रही है। जिसके लिए निर्माण एजेंसी ने पानी को डायवर्ट करने एक पाइप डालकर अस्थाई पुलिया बनाई है। पहाड़ों से उतरने वाले पानी की मात्रा अधिक होती है। एक पाइप से केवल बीस प्रतिशत पानी ही निकल पा रहा है। जिसके चलते शेष पानी हाईवे और धूपगट्टा गांव में घुस कर तबाही मचा रहा है। अब तक 542 मिमी औसत वर्षा हुई बाढ़ नियंत्रण कक्ष से मिली जानकारी के अनुसार अब तक जिले में 542 मिमी औसत वर्षा हुई है। जिले की कुल औसत वर्षा 823 मिमी है। शनिवार सुबह तक बुरहानपुर में पांच मिमी, नेपानगर में 29 मिमी और धूलकोट क्षेत्र में 65 मिमी वर्षा दर्ज की गई है। जिससे ताप्ती नदी का जल स्तर भी बढ़ गया है। शनिवार दोपहर तीन बजे परसाडोह बांध का एक गेट भी खोला गया है। जिसके कारण ताप्ती नदी का जल स्तर देर रात अथवा कल तक और बढ़ने का अनुमान लगाया जा रहा है।

मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव ने कहा- पर्यटन किसी भी देश की अर्थव्यवस्था की मजबूती में बड़ी अहम भूमिका निभाता है

म.प्र. की पर्यटन नीति भा रही है निवेशकों को पर्यटन क्षेत्र में निवेश को बढ़ावा देने 7 निवेशकों को जारी किये एलओए 60 करोड़ से अधिक का होगा निवेश और रोजगार सृजन अधिकांश निवेशकों ने होटल रिसॉर्ट में दिखाई रूचि 75 करोड़ से अधिक के विरासत कार्यों का हुआ शिलान्यास शिल्पकारों के लिए वेबसाइट और ग्वालियर किले की कार्ययोजना का हुआ विमोचन निवेश के लिए हो रहे सर्वांगीण प्रयासों से अर्थव्यवस्था को मिलेगा बल : विधानसभा अध्यक्ष श्री तोमर मुख्यमंत्री डॉ. यादव ने प्रमुख निवेशकों और हितधारकों से किया संवाद भोपाल  मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव ने कहा है कि पर्यटन किसी भी देश की अर्थव्यवस्था की मजबूती में बड़ी अहम भूमिका निभाता है। पर्यटन से राष्ट्रीय आय तो बढ़ती ही है, साथ ही बड़े पैमाने पर रोजगार के अवसर भी सृजित होते हैं। पर्यटन और तीर्थाटन, ये हमारे देश और विशेषकर मध्यप्रदेश की समृद्धि के प्रमुख प्रवेश द्वार हैं। मध्यप्रदेश, देश का दिल है। प्रदेश की वैश्विक पहचान को नई ऊंचाइयों तक ले जाने के लिए ही पर्यटन विकास को विशेष महत्व दिया जा रहा है। राज्य सरकार समावेशी प्रयासों के जरिए समाज के सभी वर्गों को जोड़कर पर्यटन क्षेत्र के विस्तार और संवर्धन के लिए लगातार कार्य कर रही है। मुख्यमंत्री डॉ. यादव ने कहा कि ग्वालियर पर्यटन कॉन्क्लेव में साढ़े तीन हजार करोड़ के निवेश प्रस्ताव प्राप्त हुए हैं। पर्यटन क्षेत्र में निवेश को बढ़ावा देने के लिए 6 निवेशकों को लैटर ऑफ अलॉटमेंट प्रदाय किये गये, इससे 60 करोड़ से अधिक का निवेश और बड़ी संख्या में रोजगार सृजन होगा। मुख्यमंत्री डॉ. यादव शनिवार को ग्वालियर के राजमाता विजया राजे सिंधिया कृषि विश्वविद्यालय परिसर में आयोजित दो दिवसीय रीजनल टूरिज्म कान्क्लेव को संबोधित कर रहे थे। मुख्यमंत्री डॉ. यादव ने कहा कि मध्यप्रदेश की सांस्कृतिक, ऐतिहासिक और धार्मिक धरोहरें विश्व स्तर पर आकर्षण का केंद्र हैं। इनके संरक्षण और प्रचार-प्रसार से प्रदेश न केवल आर्थिक रूप से आत्मनिर्भर बनेगा, बल्कि ‘आत्मनिर्भर, विकसित और समृद्ध भारत’ के लक्ष्य को भी मजबूती मिलेगी। मुख्यमंत्री डॉ. यादव ने कहा कि प्रधानमंत्री श्री नरेन्द्र मोदी के मार्गदर्शन में आज राष्ट्रीय लघु उद्योग दिवस मनाया जा रहा है। इस शुभ अवसर पर ग्वालियर में पहली बार रीजनल टूरिज्म कॉन्क्लेव हो रहा है। ग्वालियर देश की राजधानी के करीब का क्षेत्र है। यहां राजा मानसिंह तोमर के काल में बना ऐतिहासिक किला दुनिया में पहचान रखता है। इसकी स्थापत्य कला अद्भुत है। बड़े-बड़े सत्ताधीशों को बुरे समय में इसी किले में बंदी बनाकर रखा गया। इस कठिन दौर में ग्वालियर में एक आध्यात्मिक आत्मा का प्रकटीकरण हुआ। मुरैना के मितावली के चौंसठ योगिनी मंदिर के डिजाइन के आधार पर वर्ष 1912 में दिल्ली में संसद भवन का निर्माण हुआ। यह दुनिया भर में लोकतंत्र का सबसे आकर्षक भवन है। अब नए संसद भवन को विदिशा के मंदिर के डिजाइन पर बनाकर तैयार किया गया है। इसमें बना डोम सांची स्तूप की कॉपी है। मुख्यमंत्री डॉ. यादव ने कहा कि जो पहली बार चीता देखते हैं, वो आश्चर्यचकित हो जाते हैं। चीता गांवों में घूमते नजर आते हैं। प्रदेश में मनुष्य और वन्य प्राणियों के बीच सह अस्तित्व और साहचर्य भाव नजर आता है। मुख्यमंत्री डॉ. यादव ने कहा कि ग्वालियर संगीत सम्राट तानसेन और बैजू बावरा की विरासत है। राजा मानसिंह तोमर संगीत विश्वविद्यालय, ग्वालियर के भवन निर्माण के लिए 50 करोड़ की धनराशि आवंटित की गई है। जीवाजी विश्वविद्यालय में पीएम उषा योजना के तहत विकास कार्यों के लिए भी बड़ी धनराशि दी गई है। मुख्यमंत्री डॉ. यादव ने कहा कि रीवा के बाद अब पर्यटन विकास के लिए ग्वालियर अंचल को भी कई सौगातें मिल रही हैं। ग्वालियर के राजा मानसिंह किले में विभिन्न विकास कार्यों के लिए इंडिगो कंपनी द्वारा अपने कॉर्पोरेट सोशल रेस्पांसिबिलिटी फंड (सीएसआर कोष) से 100 करोड़ रुपए दिए जा रहे हैं। मुख्यमंत्री डॉ. यादव ने कहा कि प्रधानमंत्री श्री मोदी पूरी दुनिया को देश की विरासतों और पर्यटन केंद्रों के बारे में बता रहे हैं। वे 'मेक इन इंडिया', 'मेड इन इंडिया', 'वोकल फॉर लोकल' और 'स्वदेशी अपनाओ' अभियान के जरिए देश के नागरिकों को स्वदेशी से स्वाबलंवन की ओर प्रवृत्त कर रहे हैं। मुख्यमंत्री डॉ. यादव ने कहा कि ग्वालियर की रीजनल टूरिज्म कॉन्क्लेव में उद्योगपति श्री सचिन गुप्ता ने 1000 करोड़ रुपए का निवेश प्रस्ताव दिया है। इसके अलावा अन्य निवेशकों एवं उद्योग समूहों की ओर से कुल 3500 करोड़ रुपए के निवेश प्रस्ताव राज्य सरकार को इस कान्क्लेव के माध्यम से मिले हैं। मुख्यमंत्री डॉ. यादव ने बताया कि यह कॉन्क्लेव 11 से 13 अक्टूबर तक आयोजित होने वाली 'मध्यप्रदेश ट्रैवल मार्ट' की तैयारियों का हिस्सा है। टूरिज्म सैक्टर के लिए यह महत्वपूर्ण होगा। मुख्यमंत्री डॉ. यादव ने बताया कि रविवार (31 अगस्त) को मुरैना जिले को अनेक सौगातें मिलेंगी। मुरैना के पीपरसेरा औद्योगिक प्रक्षेत्र में करीब 500 करोड़ रुपए की लागत से हाइड्रोजन कारखाने का शिलान्यास किया जा रहा है। कॉन्क्लेव में होटल एवं रिसोर्ट के लिए प्राप्त हुए निवेश प्रस्‍ताव कॉन्क्लेव में प्रमुख निवेशकों ने ग्वालियर–चंबल और सागर संभाग में निवेश की इच्छा जताकर पर्यटन के विकास की अपार संभावनाओं को रेखांकित किया। यह ऐतिहासिक पल दोनों संभागों के लिए आर्थिक समृद्धि और रोजगार के नए द्वार खोलेगा। निवेशकों को लैटर ऑफ अलॉटमेंट मुख्यमंत्री डॉ. यादव ने कॉन्क्लेव के दौरान पर्यटन क्षेत्र में निवेश को बढ़ावा देने के लिए 7 भूमियों के लिए 6 निवेशकों को लैटर ऑफ अलॉटमेंट (LOA) प्रदान किए। प्रदेश में इससे सीधे तौर पर 60 करोड़ रूपये से अधिक का निवेश और प्रत्यक्ष और अप्रत्यक्ष रूप से रोजगार के असंख्य अवसर पैदा होंगे। इन भूमियों पर होटल, रिसॉर्ट और ईको टूरिज्म यूनिट आदि का निर्माण किया जाएगा। श्री अरूण तिवारी को 40 कक्षों के साथ ईको टूरिज्म एक्टिविटी के लिये गांधी सागर मंदसौर और हेमाबर्डी धार में, श्री यश जैन को 20 कक्षों का रिसॉर्ट बनाने रहीपुरा बुराहनपुर में, श्रीमती स्मृति मुकुल थोराट, मेसर्स श्री साईं वेयर हाउस एण्ड एग्रो सर्विस को 20 कक्षों का रिसॉर्ट बनाने बिजाना शाजापुर में, श्री अमित उपाध्याय को 25 कक्षों का होटल/ रिसॉर्ट बनाने के लिये कागपुर विदिशा में, श्री संजय पाव को 22 कक्षों के साथ ईको टूरिज्म एक्टिविटीज के लिये गांधी सागर मंदसौर में और श्री विकास नेमा/प्रवीण … Read more