samacharsecretary.com

भारतीय युवा स्टार वैभव सूर्यवंशी की अंडर-19 वर्ल्ड कप में रिकॉर्ड ब्रेकिंग तैयारी

नई दिल्ली साउथ अफ्रीका के खिलाफ यूथ वनडे सीरीज़ में तूफानी प्रदर्शन कर चर्चा में आए वैभव सूर्यवंशी अब अंडर-19 वर्ल्ड कप में इतिहास रचने को तैयार हैं। 15 जनवरी से शुरू हो रहे इस मेगा टूर्नामेंट में भारत की युवा टीम यूएसए के खिलाफ अपने अभियान की शुरुआत करेगी। वैभव की बल्लेबाज़ी का अंदाज़ आक्रामक है और उनके आंकड़े बताते हैं कि वह जहां भी खेले हैं, बड़े स्कोर किए हैं। ऐसे में अंडर-19 वर्ल्ड कप में उनसे कई बड़े रिकॉर्ड टूटने की उम्मीद की जा रही है। छक्कों का सबसे बड़ा रिकॉर्ड खतरे में वैभव सूर्यवंशी की बल्लेबाज़ी की सबसे बड़ी पहचान उनकी बाउंड्री हिटिंग है। उनके कुल रनों का बड़ा हिस्सा चौकों और छक्कों से आता है। अंडर-19 वर्ल्ड कप के एक सीज़न में सबसे ज्यादा छक्कों का रिकॉर्ड फिलहाल साउथ अफ्रीका के डेवाल्ड ब्रेविस के नाम है, जिन्होंने 2022 में 18 छक्के लगाए थे। वैभव की आक्रामक शैली को देखते हुए माना जा रहा है कि यह रिकॉर्ड इस बार टूट सकता है। स्ट्राइक रेट में नया कीर्तिमान संभव अंडर-19 वर्ल्ड कप इतिहास में सर्वश्रेष्ठ स्ट्राइक रेट का रिकॉर्ड भारत के शिखर धवन के नाम है, जिन्होंने 2004 में 93.51 की स्ट्राइक रेट से बल्लेबाज़ी की थी। वैभव सूर्यवंशी आमतौर पर 150 से ऊपर की स्ट्राइक रेट से रन बनाते हैं। ऐसे में उनका यह आंकड़ा टूर्नामेंट में नया बेंचमार्क सेट कर सकता है और यह रिकॉर्ड भी इतिहास बन सकता है। सबसे ज्यादा रन बनाने का भारतीय रिकॉर्ड अंडर-19 वर्ल्ड कप में भारत की ओर से सबसे ज्यादा रन बनाने का रिकॉर्ड सरफराज खान के नाम दर्ज है, जिन्होंने 2014 से 2016 के बीच 566 रन बनाए थे। वैभव सूर्यवंशी की निरंतरता और बड़ी पारियां खेलने की आदत को देखते हुए यह रिकॉर्ड भी उनके निशाने पर है, खासकर अगर भारत टूर्नामेंट में आगे तक जाता है। शतकों की संख्या में भी बदलाव संभव इस टूर्नामेंट में सबसे ज्यादा शतक लगाने का रिकॉर्ड फिलहाल जैक बर्नहैम और शिखर धवन के नाम है, दोनों ने तीन-तीन शतक लगाए हैं। वैभव सूर्यवंशी का शतक लगाने का ट्रैक रिकॉर्ड बेहद मजबूत रहा है। अगर वह अपने फॉर्म को बरकरार रखते हैं, तो शतकों की यह सूची भी बदल सकती है। सबसे बड़े व्यक्तिगत स्कोर पर नजर अंडर-19 वर्ल्ड कप में अब तक का सबसे बड़ा व्यक्तिगत स्कोर 191 रन का है, जो 2018 में हशिता बोयागोडा ने बनाया था। अब तक कोई भी बल्लेबाज़ इस टूर्नामेंट में दोहरा शतक नहीं लगा पाया है। वैभव सूर्यवंशी के पास न सिर्फ इस रिकॉर्ड को तोड़ने बल्कि इतिहास में पहला दोहरा शतक लगाने का भी सुनहरा मौका है।  

वाशिंगटन सुंदर की चोट पर केएल राहुल का बयान, बोले– मुझे अंदाजा नहीं था

वडोदरा भारतीय क्रिकेट टीम ने रविवार को वडोदरा में न्यूजीलैंड के खिलाफ हुए पहले वनडे मैच को 4 विकेट से जीत लिया। विजयी शॉट केएल राहुल के बल्ले से निकला। वह 29 रन बनाकर नाबाद लौटे। उनके साथ वाशिंगटन सुंदर भी 7 रन बनाकर नाबाद लौटे। मैच के बाद केएल राहुल ने कहा कि मुझे वाशिंगटन सुंदर की इंजरी की गंभीरता का अंदाजा नहीं था। मैच के बाद केएल राहुल ने कहा कि वाशिंगटन सुंदर पहली पारी के दौरान इंजर्ड हुए थे, इसकी जानकारी तो मुझे थी, लेकिन उनकी इंजरी गंभीर है और उन्हें दौड़ने में परेशानी है, ये मुझे तब पता चला जब वे बल्लेबाजी के लिए आए। सुंदर को रन के लिए विकेटों के बीच दौड़ने में दिक्कत हो रही थी। राहुल ने सुंदर की तारीफ करते हुए कहा कि इंजरी के बावजूद वह गेंद को अच्छी तरह हिट कर रहा था और स्ट्राइक बदलते हुए अपना काम कर रहा था। वाशिंगटन सुंदर न्यूजीलैंड की पारी के दौरान गेंदबाजी करते हुए इंजर्ड हो गए थे। उन्हें मैदान छोड़कर बाहर जाना पड़ा था। इंजरी की वजह से ही उनसे पहले बल्लेबाजी के लिए हर्षित राणा को भेजा गया था। सुंदर की इंजरी पर कप्तान शुभमन गिल ने कहा कि स्कैन के बाद ही इंजरी की गंभीरता का पता चल सकता है। जानकारी के मुताबिक सुंदर को साइड स्ट्रेन इंजरी हुई है। वाशिंगटन सुंदर की इंजरी ज्यादा गंभीर हुई तो टीम इंडिया की मुसीबत बढ़ सकती है। सुंदर टी20 विश्व कप 2026 की टीम का हिस्सा हैं। मैच की बात करें तो भारत ने टॉस जीतकर पहले गेंदबाजी का फैसला लिया था। न्यूजीलैंड ने 8 विकेट पर 300 रन बनाए थे। भारतीय टीम ने 49 ओवर में 6 विकेट पर 306 रन बनाकर मैच 4 विकेट से जीत लिया। 93 रन बनाने वाले विराट कोहली प्लेयर ऑफ द मैच रहे।  

रोमांचक मुकाबले में वेदांता कलिंगा लांसर्स की जीत, शूटआउट में एचआईएल जीसी पर 3-1 की बढ़त

रांची वेदांता कलिंगा लांसर्स ने पुरुष हीरो हॉकी इंडिया लीग में निर्धारित समय में स्कोर 1-1 से बराबर रहने के बाद हुए शूटाआउट में एचआईएल जीसी पर 3-1 से जीत दर्ज की। आज यहां मरांग गोमके जयपाल सिंह एस्ट्रो टर्फ हॉकी स्टेडियम में खेले गये मुकाबल में अजीत यादव (19वें) और अलेक्जेंडर हेन्ड्रिक्स (23वें) मिनट में अपनी-अपनी टीमों के लिए गोल किए। खास बात यह है कि वेदांता कलिंगा लांसर्स ने पूरे मैच में एक भी पेनल्टी कॉर्नर नहीं दिया। इस जीत के साथ विजेता टीम लीग की अंक तालिका में शीर्ष पर पहुंच गई हैं। एचआईएल जीसी ने इस मैच की शुरुआत में दबदबा बनाया, गेंद पर अधिकतर समय कब्जाये रखा। हालांकि, छह सर्कल एंट्री करने के बावजूद वे कोई खास सफलता हासिल नहीं कर पाए। वेदांता कलिंगा लांसर्स ने अपनी रणनीति बनाए रखी, काउंटर अटैक पर खेलते हुए खुद भी छह सर्कल प्रवेश किया। उन्हें खेल का पहला असली मौका पेनल्टी कॉर्नर के रूप में मिला, लेकिन वे पहले गोल रहित क्वार्टर में इसका फायदा नहीं उठा पाए। पहले क्वार्टर में दोनों टीमों में से किसी ने भी शॉट नहीं लगाया, जिसके बाद दूसरे क्वार्टर में एचआईएल जीसी ने अपने पहले ही प्रयास में बढ़त बना ली। कप्तान हार्दिक सिंह ने मिडफील्ड से मूव बनाया, जिसके बाद अजीत यादव (19’) ने करीब से शॉट मारकर डेडलॉक तोड़ा। लांसर्स ने तुरंत जवाब देने की कोशिश की और कुछ ही मिनटों में गोल पर कुछ शॉट और छह पेनल्टी कॉर्नर हासिल किए। आखिरकार, उन्हें एचआईएल जीसी के गोलकीपर जेम्स मज़ारेलो को पार करने का रास्ता मिल गया, जब अलेक्जेंडर हेन्ड्रिक्स (23’) ने एक ज़ोरदार ड्रैगफ्लिक से गोल किया और हाफ टाइम तक स्कोर 1-1 से बराबर कर दिया। दूसरा हाफ भी पहले हाफ की तरह ही शुरू हुआ, जिसमें एचआईएल जीसी ने गेंद पर कब्ज़ा बनाए रखा और मौका ढूंढने के लिए गेंद को अच्छे से पास किया। दूसरी ओर, लैंसर्स ब्रेक पर खतरनाक दिख रहे थे और अलेक्जेंडर हेंड्रिक्स के ज़रिए बढ़त लेने के करीब पहुँच गए थे, लेकिन जेम्स मज़ारेलो ने उन्हें रोक दिया, जो एचआईएल जीसी के लिए गोल में शानदार प्रदर्शन कर रहे थे। तीसरे क्वार्टर में दोनों टीमों के बीच कोई अंतर नहीं था। आखिरी क्वार्टर में, दोनों टीमें गोल करने में विफल रही और मैच का फैसला शूटआउट से हुआ। शूटआउट एक तनावपूर्ण मुकाबला था जिसमें दोनों गोलकीपर गोल में डटे रहे। अपने-अपने पहले प्रयास में गोल खाने के बाद, जेम्स मज़ारेलो और जेड स्नोडेन ने अगले दो खिलाड़ियों को रोक दिया। आर्थर वैन डोरेन ने लैंसर्स के लिए अपना संयम बनाए रखा, इससे पहले कि अजीत यादव एचआईएल जीसी के लिए चूक गए, जिससे दिलप्रीत सिंह ने शूटआउट में वेदांता कलिंगा लैंसर्स के लिए जीत पक्की कर दी।  

मुंबई इंडियंस अलर्ट! GG के इस धाकड़ खिलाड़ी से बचना होगा, वरना तय है 200 वोल्ट का झटका

नवी मुंबई अभी तक बेहतरीन प्रदर्शन करने वाली गुजरात जायंट्स (GG) की टीम अपने बल्लेबाजों के अच्छे खेल के दम पर मुंबई इंडियंस (MI) के खिलाफ मंगलवार को यहां होने वाले महिला प्रीमियर लीग (WPL) 2026 के मुकाबले में अपना विजय अभियान जारी रखने की कोशिश करेगी। जायंट्स का बल्लेबाजी क्रम काफी मजबूत है जिसकी बानगी उसके पहले दो मैच में देखने को मिली। इन दोनों मैच में उसने 200 से अधिक रन का स्कोर खड़ा करके जीत हासिल की।   इस खूंखार खिलाड़ी से बचकर रहना होगा दिल्ली कैपिटल्स के खिलाफ रविवार को मिली जीत से उसका आत्मविश्वास बढ़ना तय है क्योंकि सोफी डिवाइन ने शीर्ष क्रम में बल्लेबाजी करते हुए 42 गेंदों में 95 रन की शानदार पारी खेली और इसके बाद उसके गेंदबाजों ने अपने बड़े स्कोर का अच्छी तरह से बचाव किया। कप्तान एशले गार्डनर ने आगे बढ़कर नेतृत्व किया है और खुद उनके अनुसार वह डब्ल्यूपीएल के चौथे सत्र की इससे बेहतर शुरुआत की कल्पना नहीं कर सकती थीं। गार्डनर ने कहा, ‘‘मुझे ऐसा लगा जैसे हमने (दिल्ली कैपिटल्स) वह मैच छीन लिया हो। इस तरह के मैचों से ही खिलाड़ियों का आत्मविश्वास बढ़ता है और इससे यह पता चलता है कि हम किसी भी स्थिति से जीत सकते हैं।’’ शानदार फॉर्म में हैं नैट साइवर ब्रंट दिल्ली कैपिटल्स के खिलाफ बीच में कुछ रन गंवाने के बाद गुजरात जायंट्स की टीम गेंदबाजी विभाग में अधिक निर्मम होना चाहेगी। राजेश्वरी गायकवाड़ और काशवी गौतम जैसी अनुभवी भारतीय खिलाड़ियों के प्रदर्शन से गार्डनर भी खुश हैं। मुंबई इंडियंस ने भी पहले मैच में हार के बाद अपने दूसरे मैच में दिल्ली कैपिटल्स को हराया था और वह उसी तरह के प्रदर्शन को बरकरार रखने के लिए प्रतिबद्ध होगी। उसकी सबसे बड़ी मैच विजेता नैट साइवर ब्रंट शानदार फॉर्म में हैं, जबकि कप्तान हरमनप्रीत कौर ने भी दिल्ली कैपिटल्स के खिलाफ 42 गेंदों में 74 रन बनाकर अच्छा प्रदर्शन किया। हरमनप्रीत को इस बात की चिंता नहीं हरमनप्रीत ने कहा, ‘‘मुझे बल्लेबाजी करने में बहुत मजा आ रहा है और इसका श्रेय मैं भारतीय टीम को देती हूं। हमारा बल्लेबाजी क्रम काफी मजबूत है जिससे हमें खुलकर बल्लेबाजी करने की आजादी मिलती है। मुझे यह चिंता नहीं है कि मुझे आखिर तक बल्लेबाजी करनी होगी और शायद यही कारण है कि मैं इस समय अपनी बल्लेबाजी का पूरा लुत्फ उठा रही हूं।’’ मैच भारतीय समयानुसार शाम 7.30 बजे शुरू होगा। मुंबई इंडियंस: हरमनप्रीत कौर (कप्तान), नैट साइवर ब्रंट, हेली मैथ्यूज, अमनजोत कौर, जी कमलिनी, अमेलिया केर, शबनीम इस्माइल, संस्कृति गुप्ता, सजना सजीवन, राहिला फिरदौस, निकोला कैरी, पूनम खेमनार, त्रिवेणी वशिष्ठ, नल्ला रेड्डी, सैका इशाक, मिल्ली इलिंगवर्थ। गुजरात जायंट्स: एशले गार्डनर (कप्तान), बेथ मूनी, सोफी डिवाइन, रेणुका सिंह ठाकुर, भारती फुलमाली, टिटास साधु, काशी गौतम, कनिका आहूजा, तनुजा कंवर, जॉर्जिया वेयरहम, अनुष्का शर्मा, हैप्पी कुमारी, किम गार्थ, यास्तिका भाटिया, शिवानी सिंह, डैनी व्याट-हॉज, राजेश्वरी गायकवाड़, आयुषी सोनी।  

रिकॉर्ड्स के बादशाह कोहली: 28,000 रन सबसे कम पारियों में, सचिन और संगाकारा पीछे

नई दिल्ली भारत और न्यूजीलैंड के बीच खेले जा रहे पहले वनडे मैच में विराट कोहली ने शानदार शुरुआत की है। उन्होंने 25 रन बनाते ही एक बड़ी उपलब्धि हासिल की है। विराट कोहली अंतरराष्ट्रीय क्रिकेट में 28000 रन बनाने वाले अब दुनिया के तीसरे बल्लेबाज बन गए हैं। इतना ही नहीं उन्होंने यह रिकॉर्ड सबसे कम पारियों में बनाया है। यानी विराट कोहली सबसे तेज 28000 अंतरराष्ट्रीय रन बनाने वाले बल्लेबाज हैं।   विराट कोहली ने सचिन तेंदुलकर के सबसे तेज 28000 रनों के रिकॉर्ड को तोड़ दिया है। सचिन तेंदुलकर ने जहां 644 अंतरराष्ट्रीय पारियों में 28 हजार रन पूरे किए थे, वहीं विराट कोहली ने यह कारनामा सिर्फ 624 पारियों में ही कर दिया है। अंतरराष्ट्रीय क्रिकेट में अब तक सिर्फ तीन बल्लेबाजों ने 28000 से अधिक रनों का आंकड़ा पार किया है, जिसमें सचिन तेंदुलकर और कुमार संगाकारा के साथ अब विराट कोहली का नाम शामिल है। विराट कोहली ने अपने पारी के 42वें रन के साथ श्रीलंका के दिग्गज बल्लेबाज कुमार संगाकारा को भी पीछे कर दिया है। वे अब अंतरराष्ट्रीय क्रिकेट में सबसे ज्यादा रन बनाने वाले दुनिया के दूसरे बल्लेबात बन गए हैं। उनसे पहले सिर्फ सचिन तेंदुलकर का नाम है। सचिन तेंदुलकर ने अपने करियर में कुल 34357 रन बनाए हैं और लंबे समय से शीर्ष पर बने हुए। श्रीलंका के महान बल्लेबाज कुमार संगाकार भी कई वर्षों से दूसरे स्थान पर बने हुए थे। उन्होंने अंतरराष्ट्रीय क्रिकेट में 28016 रन बनाए थे, जिसे विराट कोहली ने अब तोड़ दिया है। कोहली अब संगाकारा के से आगे निकलते हुए सबसे ज्यादा रन बनाने वाले दुनिया के दूसरे बल्लेबाज बने हैं। उन्होंने संगाकार को तीसरे नंबर पर ढकेल दिया है। विराट कोहली की खास बात यह है कि उन्होंने बहुत कम पारियों में यह उपलब्धि हासिल की है। एक तरफ जहां संगाकारा ने कुल 666 पारियों में 28000 रन बनाए थे और सचिन ने यह उपलब्धि 644 पारियों में हासिल की थी, वहीं विराट कोहली ने सिर्फ 624 पारियों में यह कीर्तिमान स्थापित किया है। सचिन तेंदुलकर, विराट कोहली और कुमार संगाकारा के बाद अंतरराष्ट्रीय क्रिकेट में सर्वाधिक रन बनाने वाले बल्लेबाजों में टॉप-5 में रिकी पोंटिंग और महेला जयवर्धने का नाम शामिल है। पोंटिंग ने अपने करियर में जहां 27483 रन बनाए हैं, वहीं जयवर्धने ने 25957 रन बनाकर इस सूची में टॉप-5 में अपना नाम बरकरार रखा है। अंतरराष्ट्रीय क्रिकेट में सर्वाधिक रन बनाने वाले टॉप-5 बल्लेबाज सचिन तेंदुलकर- 34357 विराट कोहली- 28068 कुमार संगाकारा- 28016 रिकी पोंटिंग- 27483 महेला जयवर्धने- 25957

IND vs NZ विवाद: बुमराह को लेकर सवाल पर हर्षित ने खोया आपा, बयान से मचा हड़कंप

नई दिल्ली धाकड़ तेज गेंदबाज जसप्रीत बुमराह न्यूजीलैंड के खिलाफ वनडे सीरीज में भारतीय स्क्वॉड का हिस्सा नहीं हैं। उन्हें वर्कलोड मैनेज करने की वजह से आराम दिया गया है। बुमराह की गैर मौजूदगी में भारतीय पेस अटैक की कमान मोहम्मद सिराज संभाल रहे हैं। वडोदरा में आयोजित पहले वनडे में भारत का विकेट का खाता 22 ओवर में खुला। हालांकि, भारतीय गेंदबाजों ने न्यूजीलैंड को ज्यादा खुलकर खेलने का मौका नहीं दिया। सिराज के अलावा पेसर हर्षित राणा और प्रसिद्ध कृष्णा ने दो-दो शिकार किए। न्यूजीलैंड ने 300/8 का स्कोर बनाया और भारत ने 6 गेंद बाकी रहते चार विकेट से रोमांचक जीत दर्ज की।   वडोदरा वनडे में भारत की जीत के बाद हर्षित राणा प्रेस कॉन्फ्रेंस में आए। उन्होंने कई सवालों के जवाब दिए। हालांकि, जब हर्षित से बुमराह का जिक्र करते हुए सवाल किया गया तो उनका सब्र का बांध टूट गया। दरअसल, एक पत्रकार ने गेंदबाज से पूछा कि क्या बुमराह की अनुपस्थिति में भारतीय गेंदबाजों को नई गेंद से शुरुआती ओवरों में विकेट लेने में दिक्कत होती है? हर्षित ने जवाब में कहा, ''मुझे नहीं पता कि आप कौन सा क्रिकेट देख रहे हैं, लेकिन आज भले ही हमें शुरुआती विकेट नहीं मिले, फिर भी सिराज भाई ने बहुत अच्छी गेंदबाजी की। नई गेंद से भी हमने ज्यादा रन नहीं दिए। कभी आपको शुरू में विकेट नहीं मिलते हैं लेकिन बाद में मिल जाते हैं और हमने ऐसा ही किया। पिच धीमी थी, और उसमें ज्यादा उछाल भी नहीं था।'' बता दें कि हर्षित ने वडोदरा में भारत को पहला विकेट दिलाया। उन्होंने हेनरी निकोल्स को 22वें ओवर की चौथी गेंद पर विकेटकीपर केएल राहुल के हाथों कैच कराया। निकोल्स ने 69 गेंदों में 62 रन बनाए। उन्होंने डेवोन कॉनवे (67 गेंदों में 56) के साथ 117 रनों की ओपनिंग पार्टनरशिप की। कॉनवे को हर्षित ने 24वें ओवर में बोल्ड किया। उन्होंने न्यूजीलैंड के बल्लेबाजों को चकमा देने के लिए धीमी गेंदों के साथ कुछ तेज रफ्तार की गेंद भी डालीं। कॉनवे और निकोल्स ने आदर्श शुरुआत कराई लेकिन न्यूजीलैंड का मध्य क्रम इसका फायदा उठाने में विफल रहा। इसके बाद डेरिल मिचेल ने 71 गेंदों में 84 रन जुटाए। उन्होंने अपनी पारी के दौरान पांच चौके और तीन छक्के लगाए।  

कोहली की मेहनत के मुरीद शास्त्री, बोले– यही रूटीन बनाता है विराट को खास; गिल के लिए बताया सफलता का फॉर्मूला

नई दिल्ली विराट कोहली करियर के आखिरी पड़ाव पर इस अंदाज में खेल रहे हैं जैसे वो शुरुआती दौर में खेल रहे थे। रनों की वही भूख, मैदान में सब कुछ झोंक देने का वही जज्बा। फिटनेस भी वही, चपलता भी वही। निरंतरता तो लाजवाब। रविवार को जब वह न्यूजीलैंड के खिलाफ बल्लेबाजी कर रहे थे तब पूर्व कप्तान और पूर्व कोच रवि शास्त्री ने कॉमेंट्री के दौरान उनकी खूब तारीफ की। शास्त्री ने कहा कि कोहली का तो ये रूटीन है और उन्होंने उस वक्त दूसरे छोर पर बल्लेबाजी कर रहे भारत के कप्तान शुभमन गिल के लिए कहा कि उनके लिए कोहली के रूप में ब्लूप्रिंट तैयार है।   300 रनों के लक्ष्य का पीछा करने उतरी भारतीय टीम को 39 रन के स्कोर पर रोहित शर्मा के रूप में पहला झटका लगा। हिटमैन अच्छे लय में दिख रहे थे। 2 छक्के भी लगा चुके थे लेकिन 26 के निजी स्कोर पर वह जेमिसन की गेंद पर ब्रेसवेल को कैच थमा बैठे। उसके बाद दर्शकों की शोर के बीच विराट कोहली तीसरे नंबर पर बल्लेबाजी करने उतरे। दूसरे छोर पर कप्तान शुभमन गिल थे।गिल और कोहली के बीच शानदार शतकीय साझेदारी हुई। जब दोनों बल्लेबाजी कर रहे थे तभी कॉमेंट्री कर रहे हर्ष भोगले ने पूछा- भारत के इस आधुनिक महान क्रिकेटर से नई पीढ़ी क्या सीख सकती है? इसी के जवाब में शास्त्री ने किंग कोहली की जमकर तारीफ है। रवि शास्त्री ने कहा, ‘एक समय पर एक ही चीज पर ध्यान। भूख। शरीर को उसकी चरम सीमा पर ले जाने की ललक। और मैंने तो अपने समय में देखा है जब मैं टीम के साथ था (बतौर कोच), वर्क एथिक्स में संभवतः कोई उनसे ऊपर नहीं है। मैंने देखा है कि वह कैसे काम करते हैं। सुबह में कितने कैच पकड़ते हैं। आउटफील्ड में कैच फिर कीपर के ग्लव में थ्रो। उनकी बैटिंग और बाकी सारी चीजें, ये तो रूटीन है बस।’ शास्त्री ने आगे कहा, ‘विराट कोहली की तरह का प्रोफेशनलिज्म प्लान से नहीं आता। ये एक सिस्टम है। ये भीतर से क्रिकेट को जीने का तरीका है…तब बैटिंग इनविजिबल प्रॉसेस का विजिबल आउटपुट बन जाता है।’ AI से तैयार इन्फोग्राफ रवि शास्त्री ने गिल के लिए सलाह दी, 'और अगर गिल अपना करियर इस तरह का विराट बनाना चाहते हैं तो ब्लूप्रिंट पहले से तैयार है- भूख बनाए रखो, शरीर को बचाए रखो और ये सब रूटीन बना लो।'  

वाशिंगटन सुंदर न्यूजीलैंड सीरीज से बाहर, आयुष बडोनी ने उनकी जगह ली

राजकोट   भारतीय ऑलराउंडर वाशिंगटन सुंदर वडोदरा में खेले गए पहले वनडे मैच में पसली में चोट लगने के कारण न्यूजीलैंड के खिलाफ सीरीज से बाहर हो गए हैं. इस 26 वर्षीय खिलाड़ी ने 5 ओवर में 27 रन दिए और न्यूजीलैंड की पारी के बीच में ही मैदान से बाहर चले गए. इसके बाद वह क्षेत्ररक्षण के लिए मैदान पर नहीं उतरे. वह बाद में आठवें नंबर पर बल्लेबाजी करने आए। भारत ने यह मैच चार विकेट से जीता था. अब उनकी जगह आयुष बडोनी को रिप्लेसमेंट के तौर पर टीम में शामिल किया है. बीसीसीआई ने पोस्ट शेयर कर इस बात की जानदारी दी है. बडोनी दूसरे वनडे के वेन्यू राजकोट में टीम के साथ जुड़ेंगे आयुष बडोनी ने अबतक 21 फर्स्ट क्लास मैच में 1681 रन बनाए हैं. उनके नाम 4 शतक औऱ 7 अर्धशतक दर्ज है. लिस्ट ए में उनके नाम 693 रन दर्ज हैं, जहां उन्होंने एक शतक और 5 अर्धशतक ठोके हैं.  आयुष बडोनी की खासियत बडोनी की खासियत ये है कि वो नंबर 3 से नंबर 7 तक कहीं भी बैटिंग कर लेते हैं. इसके अलावा उनकी गेंदबाजी और फील्डिंग भी जोरदार है. प्रोफेशनल क्रिकेट में कुल 57 विकेट उनके नाम हैं. आईपीएल में ये खिलाड़ी लखनऊ सुपरजायंट के लिए खेलता है जिसमें वो 26 से ज्यादा की औसत से 963 रन बना चुके हैं. दूसरे और तीसरे वनडे के लिए भारत की अपडेट टीम: शुभमन गिल (कप्तान), रोहित शर्मा, विराट कोहली, केएल राहुल (विकेटकीपर), श्रेयस अय्यर (उपकप्तान), रवींद्र जड़ेजा, मोहम्मद सिराज, हर्षित राणा, प्रसिद्ध कृष्णा, कुलदीप यादव, नितीश कुमार रेड्डी, अर्शदीप सिंह, यशस्वी जयसवाल, ध्रुव जुरेल (विकेटकीपर), आयुष बडोनी  बता दें कि  वाशिंगटन चोटिल होने वाले तीसरे भारतीय खिलाड़ी हैं.  विकेटकीपर बल्लेबाज ऋषभ पंत पिछले हफ्ते साइड स्ट्रेन के कारण मौजूदा सीरीज से बाहर हो गए थे, जबकि तिलक वर्मा न्यूजीलैंड के खिलाफ पहले तीन टी20 अंतरराष्ट्रीय मैचों के लिए उपलब्ध नहीं हैं क्योंकि उन्हें ग्रोइन की चोट के लिए सर्जरी करवानी पड़ी थी.  भारत के वनडे कप्तान शुभमन गिल ने रविवार को भारत की जीत के बाद वाशिंगटन की स्थिति के बारे में जानकारी दी थी. गिल ने कहा, ‘‘वाशिंगटन सुंदर को साइड स्ट्रेन है और मैच के बाद उनका स्कैन किया जाएगा. ''

बांग्लादेश के ख़िलाफ़ आईसीसी का कड़ा रुख

बांग्लादेश के ख़िलाफ़ आईसीसी का कड़ा रुख ●  नीरज मनजीत बांग्लादेशी क्रिकेटर मुस्तफिजुर रहमान को रिलीज करने के मामले के बाद आईसीसी ने भी बांग्लादेश के ख़िलाफ़ कड़ा रुख अपना लिया है। हम पिछले एक साल से देख रहे हैं कि बांग्लादेश में हिन्दू अल्पसंख्यकों को निर्ममता से मारा जा रहा है। उनके घरों को जलाया जा रहा है और मंदिरों पर क्रूर हमले किए जा रहे हैं। इस बात को लेकर भारत का बहुसंख्यक समुदाय आंदोलित, आक्रोशित और बेहद फ़िक्रमंद है। आईपीएल के इस सीजन के लिए मुस्तफिजुर रहमान को कोलकाता नाइट राइडर्स ने ख़रीदा था। बहुसंख्यक समुदाय के ज़्यादातर लोगों को यह बात खटक रही थी कि उनके निर्दोष हिन्दू भाई वहाँ मारे जा रहे हैं और उनका कोई क्रिकेटर यहाँ से इतनी मोटी रकम ले जा रहा है। बहुसंख्यक समुदाय के विरोध और गुस्से को देखते हुए, उनके जज़्बात का ख़्याल रखते हुए बीसीसीआई ने कोलकाता राइडर्स के मालिकान से कहा कि वे फ़ौरन मुस्तफिजुर को फ्रेंचाइजी से बाहर कर दें।  ज़ाहिर था कि बांग्लादेश क्रिकेट बोर्ड (बीसीबी) पर इसकी प्रतिक्रिया होना ही थी। बीसीबी ने इसकी ख़िलाफ़त करते हुए कहा कि वे फरवरी में भारत की धरती पर खेले जाने वाले टी20 वर्ल्ड कप में तभी खेलेंगे, जब उनके सारे मैच श्रीलंका में स्थानांतरित किए जाएँ। बांग्लादेश बोर्ड के इस फ़ैसले पर आईसीसी ने बहुत ही कड़ा रुख अपनाया है। आईसीसी ने साफ़ तौर पर कहा है कि वर्ल्ड कप के सारे मैच जारी शेड्यूल के हिसाब से ही होंगे और बांग्लादेश की टीम को कोलकाता और मुंबई में पूर्व निर्धारित मैच खेलने होंगे। यदि बांग्लादेश की टीम भारत नहीं आती है, तो उन्हें  अंक गँवाने होंगे। बांग्लादेश को अपने चारों ग्रुप मैच ईडन गार्डन और वानखेड़े स्टेडियम में खेलने हैं। फ़िलहाल ये पूरा मामला अटका हुआ है और आईसीसी एवं बीसीबी के बीच बातचीत जारी है। मुस्तफिजुर रहमान को रिलीज करने को हमारे अपने कुछ प्रबुद्ध उदारवादियों ने ग़लत ठहराया है। उनका कहना है कि खेलों और खिलाड़ियों को राजनीति से दूर रखना चाहिए। उनकी बात से इत्तफ़ाक किया जा सकता है, बशर्ते कि हालात सामान्य हों। बांग्लादेश में तो परिस्थितियां असाधारण हैं। वहाँ हिंदुओं से अवांछित घृणा करनेवाले हिंसक चरमपंथियों का सत्ता पर कब्ज़ा है। इन प्रबुद्धजनों से पूछा जाना चाहिए कि दुनिया में ऐसा कौन सा इलाक़ा बचा है, जो राजनीति से अछूता है। खेद और आश्चर्य है कि ये उदारवादी प्रबुद्धजन हिंदुओं पर हो रहे क्रूर अत्याचार पर बड़ी ही चालाक किस्म की ख़ामोशी अख़्तियार कर लेते हैं और जैसे ही कोई कड़ा क़दम उठाया जाता है, ये ख़िलाफ़त पर उतर आते हैं। हम इन्हें तथाकथित नहीं कहेंगे, क्योंकि इनमें अधिकांश लोग मानवीय संवेदना से भरे प्रबुद्धजन हैं। मगर कहीं-न-कहीं इनकी मानवीय संवेदनाओं पर राजनीति अथवा विचारधारा की कट्टरता हावी हो जाती है।  उदारवाद का चोला पहने कुछ लोग तो वाकई ऐसे तथाकथित प्रबुद्धजन हैं, जो एक खास एजेंडे के तहत हिंदुओं पर बरती जा रही क्रूरता को जस्टिफाई करने लगते हैं। न्यूयॉर्क के नए नवेले मेयर जोहरान ममदानी को ही देख लीजिए, जो दिल्ली दंगों के आरोपियों उमर खालिद और शरजील इमाम की रिहाई के लिए कुछ सीनेटरों से मिलकर अमेरिका से अपना एजेंडा चला रहे हैं। खुद को लिबरल कहने वाले इन हृदयहीन लीडरों के पास दंगों में मारे जाने वाले निर्दोष लोगों के लिए एक शब्द भी नहीं है। ऐसे में इनका उदारवाद हमारे किस काम का है। मुस्तफिजुर को कोलकाता राइडर्स से बाहर किया जाना बांग्लादेश की अमानवीय घटनाओं की ख़िलाफ़त करने का एक प्रतीकात्मक क़दम है। इस मामले में बांग्लादेश की प्रतिक्रिया के बाद एक बार फिर  दुनिया का ध्यान अल्पसंख्यक हिंदुओं पर हो रहे अत्याचार की तरफ़ गया है। यही इस पूरे एपिसोड का उद्देश्य भी है।  खेलों में राजनीति की दखलंदाजी कोई पहली बार नहीं हो रही है। यह तो मात्र छोटा सा मामला है। 1980 में जब दुनिया में शीत युद्ध चरम पर था, तब अमेरिकी राष्ट्रपति जिमी कार्टर के कहने पर 65 देशों ने मॉस्को ओलंपिक का बहिष्कार कर दिया था। उस वक़्त अफ़ग़ानिस्तान में सोवियत संघ की आर्मी मौजूद थी। सोवियत आर्मी की दखलंदाजी के विरोध में अमेरिकी ब्लॉक के देश मॉस्को ओलंपिक में नहीं गए थे। इसके जवाब में 1984 के लॉस एंजिल्स ओलंपिक में सोवियत संघ के ब्लॉक के देश शामिल नहीं हुए थे। खेलों में राजनीति के दख़ल के ये सबसे बड़े मामले थे। इनके अलावा क्रिकेट में भी कई ऐसे दृश्य देखे गए हैं। 1970 में दक्षिण अफ्रीका की रंगभेद नीतियों की वजह से आईसीसी ने उस पर अतरराष्ट्रीय क्रिकेट खेलने की बंदिश लगा दी थी। यह बंदिश पूरे 21 साल तक चली थी। 1991 में जब दक्षिण अफ्रीका ने अपनी रंगभेदी नीतियों को बदला, तब जाकर यह बंदिश हटाई गई थी। 2003 में एकदिवसीय क्रिकेट विश्व कप के दौरान भी ऐसी घटनाएं हुई थीं। यह  विश्व कप दक्षिण अफ्रीका, ज़िम्बाब्वे और केन्या की संयुक्त मेजबानी में खेला गया था। इस टूर्नामेंट में इंग्लैंड और न्यूजीलैंड ने मेज़बान देशों में खेलने से इनकार कर दिया था। इंग्लैंड ने ब्रिटेन सरकार ज़िम्बाब्वे के राष्ट्रपति रॉबर्ट मुगाबे की नीतियों के चलते हरारे में मैच खेलने से इनकार कर दिया था। जबकि न्यूज़ीलैंड ने केन्या की राजधानी नैरोबी में सुरक्षा कारणों से खेलने से मना कर दिया था। दरअसल कुछ महीने पहले मोम्बासा में बम विस्फोट हुआ था। दोनों टीमों ने मैचों की जगह बदलने की मांग की  थी, पर आईसीसी ने इनकार कर दिया। नतीजतन ज़िम्बाब्वे और केन्या को वॉकओवर दे दिया गया था।  ———  

कोहली के 1 रन से टूटे सचिन के रिकॉर्ड, पोंटिंग और रूट के क्लब में शामिल हुए

वडोदरा भारत के स्टार क्रिकेटर विराट कोहली ने रविवार को न्यूजीलैंड के खिलाफ पहले वनडे मैच में शानदार बल्लेबाजी की। उन्होंने 301 के टारगेट का पीछा करते हुए 91 गेंदों में 93 रन बनाए। उन्होंने वडोदरा के मैदान पर आठ चौके और एक सिक्स जमाया। भारत ने चार विकेट से रोमांचक जीत दर्ज की और कोहली को प्लेयर ऑफ द मैच अवॉर्ड से नवाजा गया। कोहली ना सिर्फ 54वें वनडे शतक की दहलीज पर अटक गए बल्कि महान बल्लेबाज सचिन तेंदुलकर का एक रिकॉर्ड तोड़ने से भी चूक गए। हालांकि, कोहली के पास बुधवार को राजकोट में दूसरे वनडे में सचिन को पछाड़ने का मौका है। 1 रन बनाते ही टूटेगा सचिन का रिकॉर्ड कोहली इंडिया वर्सेस न्यूजीलैंड वनडे मैचों में सबसे ज्यादा रन बनाने का कीर्तिमान अपने नाम करने की कगार पर हैं। उन्होंने अब तक न्यूजीलैंड के खिलाफ 34 वनडे मुकाबलों में 1750 रन जुटाए हैं। उनके बल्ले से राजकोट वनडे में एक रन निकलते ही सचिन का रिकॉर्ड टूट जाएगा। सचिन ने अपने करियर में न्यूजीलैंड के सामने 42 वनडे खेलने के बाद 1750 रन बनाए। लिस्ट में तीसरे नंबर पर न्यूजीलैंड के पूर्व क्रिकेटर रॉस टेलर हैं, जिन्होंने भारत के विरुद्ध 35 मैचों में 1385 रन बनाए। उनके बाद केन विलियमसन (31 मैचों में 1239) हैं। विलियमसन मौजूदा सीरीज में न्यूजीलैंड स्क्वॉड का हिस्सा नहीं हैं। कोहली की पोंटिंग-रूट के क्लब में एंटी कोहली ने सचिन, रिकी पोंटिंग और जो रूट के धाकड़ क्लब में एंट्री कर ली है। वह इंटरनेशनल क्रिकेट में न्यूजीलैंड के खिलाफ तीन हजार प्लस रन बनाने वाले पांचव बल्लेबाज बन गए हैं। कोहली कीवी टीम के सामने 71 पारियों में 3020 रन बना चुके हैं। न्यूजीलैंड के विरुद्ध सर्वाधिक इंटरनेशनल रन का रिकॉर्ड सचिन के खाते में है। उन्होंने 80 पारियों में 3345 रन जोड़े। ऑस्ट्रेलिया के पूर्व कप्तान पोंटिंग ने 77 पारियों में 3145 रन जबकि इंग्लैंड के दिग्गज बल्लेबाज रूट ने 71 पारियों में 3097 रन बटोरे। सूची में चौथे पायदान पर साउथ अफ्रीका के पूर्व ऑलराउंडर जैक्स कैलिस हैं। उन्होंने न्यूजीलैंड के खिलाफ 76 पारियों में 3071 रन जुटाए।