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टी20 में धमाकेदार शतक के बाद ईश्वरन टेस्ट दौड़ में शामिल; अश्विन का गंभीर और अगरकर पर तंज

नई दिल्ली  भारतीय क्रिकेट टीम के लिए खिलाड़ियों के चयन को लेकर पिछले कुछ समय से लगातार सवाल उठते रहे हैं। आरोप लग रहे कि घरेलू क्रिकेट में प्रदर्शन के बजाय आईपीएल में प्रदर्शन के आधार पर खिलाड़ियों को चुना जा रहा। टेस्ट के लिए स्पेशलिस्ट के बजाय कामचलताऊ ऑलराउंडरों को ठूसा जा रहा है। प्लेइंग इलेवन में खिलाड़ी ऑलराउंडर की हैसियत से जगह पा रहा लेकिन उससे या तो बिल्कुल भी गेंदबाजी नहीं कराई जा रही या बहुत ही कम। इस बीच दिग्गज पूर्व स्पिनर आर अश्विन ने चयन प्रक्रिया पर तीखा कटाक्ष किया है। उन्होंने कहा कि अभिमन्यु ईश्वरन ने टी20 में शतक जड़ दिया है, अब तो वह टेस्ट मैच खेलेंगे ही।   अभिमन्यु ईश्वरन ने कभी आईपीएल नहीं खेला। घरेलू क्रिकेट में वह लंबे फॉर्मेट में लगातार अच्छा प्रदर्शन करते आ रहे हैं। पश्चिम बंगाल का ये ओपनर रणजी ट्रॉफी में साल दर साल खूब रन बरसा रहा लेकिन उसे टेस्ट डेब्यू का मौका नहीं मिल रहा। कई बार वह भारत के टेस्ट स्क्वाड का हिस्सा बनते रहे हैं लेकिन बेंच ही गर्म करते रहे हैं। 109 प्रथम श्रेणी मैचों में वह 47.85 के शानदार औसत से 8136 रन बनाने, कई बार स्क्वाड का हिस्सा बनने के बावजूद वह टीम इंडिया की प्लेइंग इलेवन में जगह बनाने के लिए तरस गए हैं। कभी आईपीएल न खेलने वाले ईश्वरन ने सैयद मुश्ताक अली ट्रॉफी में पंजाब के खिलाफ सिर्फ 66 गेंदों में 130 रन की जबरदस्त पारी खेलकर दिखाया है कि उनमें तेजी से रन बनाने और हर फॉर्मेट में खेलने की क्षमता है। हालांकि उस मैच में बंगाल की जीत नहीं हुई लेकिन ईश्वरन की पारी ने सबका ध्यान खींचा है। ईश्वरन को लेकर अजीत अगरकर की अगुआई वाली चयन समिति, मुख्य कोच गौतम गंभीर और टीम मैनेजमेंट के रवैये पर कटाक्ष करते हुए रविचंद्रन अश्विन ने कहा है कि अब चूंकि इस खिलाड़ी ने टी20 में शतक जड़ दिया है तो आखिरकार टेस्ट टीम के लिए उनके नाम पर विचार किया जाएगा। अपने यूट्यूब चैनल एश की बात पर अश्विन ने कहा, 'अभिमन्यु ईश्वन ने अब टी20 में भी शतक जड़ दिया है। अब हम उन्हें निश्चित तौर पर देखेंगे (टेस्ट में)। चूंकि उन्होंने टी20 में रन बनाए हैं तो अब हम निश्चित तौर पर उन्हें टेस्ट टीम में देखेंगे।' विराट कोहली और रोहित शर्मा के टेस्ट से संन्यास लेने के बाद भी ईश्वरन को इंग्लैंड के खिलाफ टेस्ट सीरीज में प्लेइंग इलेवन में जगह नहीं मिली। आईपीएल 2025 में अच्छा प्रदर्शन करने वाले साई सुदर्शन को मौका मिला लेकिन ईश्वरन इंतजार ही करते रहे। इसे लेकर ईश्वरन का सार्वजनिक तौर पर दर्द भी छलक चुका है। अक्टूबर में रेवस्पोर्ट्ज से बातचीत में उन्होंने कहा था, 'हां, ये कभी-कभी चुभता है। आप अपनी सारी कोशिश कर लेते हैं, कड़ी ट्रेनिंग करते हैं, और सपना होता है कि आप खेलें, अच्छा प्रदर्शन करें और जीत में योगदान दें। लेकिन मैं भाग्यशाली हूं कि मेरे पास एक सॉलिड सपोर्ट सिस्टम है- मेरा परिवार, मेरे दोस्त और कोच। वे मुझे जमीन से टिके रहने और हौसला बनाए रखने में मदद करते हैं।'

गंभीर विवाद पर शास्त्री का बड़ा बयान: ‘मेरे साथ ऐसा होता तो खेल बदल देता’—गंभीर का समर्थन करने से इंकार

नई दिल्ली  पूर्व कप्तान और टीम इंडिया के पूर्व कोच रवि शास्त्री भारतीय टेस्ट क्रिकेट के धीरे-धीरे हो रहे पतन से दुखी हैं। 2012 से 2024 तक घर में एक भी सीरीज नहीं हारने वाली टीम इंडिया गौतम गंभीर के हेड कोच बनने के बाद 2 होम सीरीज हार चुकी है। हार भी ऐसी-वैसी नहीं। सफाया वाली हार। पिछले साल न्यूजीलैंड ने 3-0 से हराया तो इस साल दक्षिण अफ्रीका ने 2-0 से मात दी। रवि शास्त्री ने टेस्ट में भारत के शर्मनाक प्रदर्शन के लिए कोच गौतम गंभीर का बचाव करने से इनकार किया है। उन्होंने कहा कि अगर ये उनके साथ होता तो वह सारी जिम्मेदारी खुद पर लेते। मीडिया की तरफ से एक पॉडकास्ट के टीजर में रवि शास्त्री कहते हैं, ‘आप बताइए मुझे। गुवाहाटी में क्या हुआ- 100 रन पर एक विकेट से आप 130 रन पर 7 पर पहुंच जाते हैं। ये टीम खराब भी नहीं है। उनके पास बहुत टैलेंट हैं। खिलाड़ियों को भी कुछ जिम्मेदारी लेनी चाहिए। आप क्रिकेट खेलने की जब शुरुआत करते हैं, तब से स्पिन खेले हैं।’ जब इंटरव्यू करने वाले ने उनसे ये पूछा कि क्या वह मुख्य कोच गौतम गंभीर का बचाव कर रहे हैं, तब शास्त्री ने कहा, 'मैं (उनका) बचाव नहीं कर रहा। 100 प्रतिशत (वह भी जिम्मेदार हैं)। क्या मैं कुछ गलत कह रहा हूं? अगर यह मेरे साथ होता, मैं पहली रिस्पॉन्सबिलिटी लेता। लेकिन उसके बाद मैं टीम मीटिंग में खिलाड़ियों को भी नहीं बख्शता।' रवि शास्त्री जब कोच थे तब विराट कोहली टेस्ट में कप्तान हुआ करते थे। उस दौर में भारत घर में क्या, दूसरे देशों में जाकर उन्हें उनके ही घर में हराने और सीरीज जीतने का मद्दा रखता था। शास्त्री-कोहली के दौर में भारत ने घर में सिर्फ दो टेस्ट हारे थे। एक 2017 में पुणे टेस्ट और दूसरा 2021 में चेन्नई टेस्ट। लेकिन गौतम गंभीर के कार्यकाल में भारत घर में खेले गए पिछले 7 टेस्ट मैच में 5 में हार चुका है। रवि शास्त्री भारत के सबसे सफल कोच में से एक हैं। उनके कार्यकाल में 2017 से 2021 तक भारत का टेस्ट में जीत प्रतिशत 65 का था। उनके ही कार्यकाल में भारत ने पहली बार ऑस्ट्रेलिया में टेस्ट सीरीज जीता था और तीन साल बाद फिर से वो कारनामा दोहराया था। 2016 से 2021 तक लगातार 42 महीनों तक भारतीय टीम टेस्ट रैंकिंग में नंबर-1 पर विराजमान रही और 2021 का वर्ल्ड टेस्ट चैंपियनशिप भी खेला था।  

ग्लेन मैक्सवेल नहीं खेलेंगे IPL 2026, इमोशनल नोट लिखकर कहा—‘थैंक यू फैंस’

नई दिल्ली  ऑस्ट्रेलिया के दिग्गज क्रिकेटर ग्लेन मैक्सवेल आईपीएल 2026 के मिनी ऑक्शन में हिस्सा नहीं लेंगे। उन्होंने मंगलवार को इस बात की पुष्टि की। वह आंद्रे रसेल, फाफ डु प्लेसिस के बाद तीसरे बड़े खिलाड़ी हैं जिन्होंने 16 दिसंबर को आबू धाबी में होने वाले मिनी ऑक्शन से पीछे हटे हैं। फाफ तो आईपीएल के बजाय अब पाकिस्तान सुपर लीग में खेलेंगे। ऑलराउंडर मोईन खान भी पीएसएल में खेलते दिखेंगे। ग्लेन मैक्सवेल ने मंगलवार को सोशल मीडिया पर एक इमोशनल पोस्ट के जरिए अपने फैसले की जानकारी दी। वह 37 साल के हैं और जिस तरह उन्होंने काफी सोच विचार के बाद नीलामी में शामिल नहीं होने का फैसला किया, उसका मतलब है कि अब वह आईपीएल को अलविदा कह चुके हैं। उन्होंने लिखा, ‘आईपीएल में कई अविस्मरणीय सीजन के बाद मैंने फैसला किया है कि इस साल नीलामी के लिए अपना नाम नहीं दूंगा। ये एक बड़ा फैसला है। इस लीग ने मुझे जो कुछ भी दिया, उसका आभार।’ उन्होंने आगे लिखा, ‘आईपीएल ने मुझे एक क्रिकेटर और शख्स के तौर पर गढ़ने में मदद की। मैं खुशकिस्मत हूं कि विश्वस्तरीय खिलाड़ियों के साथ खेला, शानदार फ्रेंचाइजी का प्रतिनिधित्व किया और अतुलनीय जुनून वाले फैंस के सामने परफॉर्म किया। भारत की यादें, चुनौतियां और ऊर्जा मेरे साथ हमेशा रहेंगी। इतने सालों में मुझे सपोर्ट करने के लिए आप सभी का शुक्रिया। उम्मीद करते हैं कि जल्द मिलेंगे। चीयर्स, मैक्सी। ’ विस्फोटक बल्लेबाजी के लिए मशहूर मैक्सवेल को पिछली बार पंजाब किंग्स ने 4.2 करोड़ रुपये में खरीदा था। स्टार ऑलराउंडर आईपीएल 2025 के 7 मैचों में खेले थे लेकिन अपनी ख्याति के अनुरुप प्रदर्शन नहीं कर पाए थे। वह पिछले सीजन में सिर्फ 48 रन ही बना पाए थे और सिर्फ 4 विकेट झटके थे। ग्लेन मैक्सवेल ने 141 आईपीएल मैचों में 18 अर्धशतकों के साथ कुल 2819 रन बनाए। उनके नाम आईपीएल में 41 विकेट भी दर्ज हैं।

क्यों है हर्षित राणा GG के भरोसेमंद? संदीप शर्मा का पुराना बयान बना बड़ी कुंजी

नई दिल्ली  दिग्गज भारतीय पेसर संदीप शर्मा की एक क्लिप फिर से वायरल हो रही है, जिसमें उन्होंने हर्षित राणा को लेकर बात की थी। हर्षित राणा ने रांची में इंडिया और साउथ अफ्रीका के बीच खेले गए पहले वनडे मैच में 3 विकेट हॉल प्राप्त किया था। बहुत चर्चा हर्षित राणा की टीम में जगह को लेकर हो रही थी, जिसके लिए गौतम गंभीर पर भी सवाल उठे कि हेड कोच उनकी तरफदारी कर रहे हैं। हालांकि, संदीप शर्मा ने एक बड़ा ही दमदार तर्क देकर समझाया था कि हर्षित राणा जैसे खिलाड़ियों को टीम में जगह कैसे मिलती है और इतने मौके क्यों दिए जाते हैं?   मानवेंद्र के साथ बातचीत में संदीप शर्मा ने बताया था कि हर्षित राणा का सिलेक्शन सेंटीमेंट पर नहीं, बल्कि क्लियर लॉन्ग-टर्म प्रोजेक्शन पर आधारित था। उन्होंने बताया था कि एक बार जब सिलेक्टर किसी रेयर स्किलसेट को पहचान लेते हैं, तो अगला कदम उस टैलेंट को मैच्योर होने के लिए काफी समय देने का होता है। यही इस समय हर्षित राणा के साथ हो रहा है। संदीप ने बताया था, “आप या तो एक स्किल या टैलेंट को पहचानते हैं या एक बार जब आप उस टैलेंट को पहचान लेते हैं, तो आप उसे मैच्योर होने के लिए काफी समय देते हैं। उसके साथ यही हुआ है। वह 140 से ज़्यादा की स्पीड से बॉलिंग करता है, उसकी हाइट अच्छी है, बॉडी मजबूत है। अगर आप उसके साथ कुछ साल काम करें, तो वह बहुत अच्छा बॉलर बन सकता है।” संदीप शर्मा ने जोर देकर ये कहा था कि तेज गेंदबाजों को तैयार करना हमेशा एक जुआ होता है और चयनकर्ता जानबूझकर यह जोखिम उठाते हैं। उन्होंने बताया था, "अगर आप ऐसे पांच खिलाड़ी चुनते हैं, तो सिर्फ एक या दो ही अच्छा करते हैं। तीन या चार बार आप गलत होंगे। इसीलिए सिलेक्टर्स के लिए यह मुश्किल है, क्योंकि उन्हें मौके लेने पड़ते हैं। वह 23 से 24 साल का है और उसे खेलना होगा, कुछ हिट्स लेने होंगे और आगे बढ़ना होगा।" केएल ने भी हर्षित को सराहा कप्तान शुभमन गिल और उपकप्तान श्रेयस अय्यर के चोटिल होने की वजह से कप्तानी कर रहे केएल राहुल ने भी इस युवा गेंदबाज की तारीफ की थी और कहा था, "हर्षित खास है। कोई लंबा, कोई जो तेज गेंद डाल सके, कोई जो पिच पर हिट कर सके। भारत को इसी की तलाश थी। वह अभी भी डेवलप हो रहा है, लेकिन हमें उसमें बहुत पोटेंशियल दिखता है।”  

शुभमन गिल की टीम इंडिया में वापसी? साउथ अफ्रीका के खिलाफ टी20 सीरीज पर नजर

नई दिल्ली  कप्तान शुभमन गिल साउथ अफ्रीका के खिलाफ पहले टेस्ट मैच के दौरान चोटिल हुए थे, जिसके बाद वह अगला टेस्ट नहीं खेल सके। गिल मेहमान टीम के खिलाफ वनडे सीरीज का भी हिस्सा नहीं हैं, लेकिन अब उनके टी20 सीरीज में खेलने की उम्मीद है। शुभमन गिल के सोमवार से बेंगलुरु में बीसीसीआई सेंटर ऑफ एक्सीलेंस (सीओई) में होने की उम्मीद है। गिल अपनी गर्दन की चोट की रिकवरी के लिए तुरंत रिहैब शुरू करेंगे। उम्मीद है कि सीओई टी20 फॉर्मेट के उपकप्तान को अंतरराष्ट्रीय क्रिकेट फिर से शुरू करने की इजाजत दे सकता है। शुभमन गिल साउथ अफ्रीका के खिलाफ कोलकाता में खेले गए टेस्ट सीरीज के पहले मैच की पहली पारी में चौका लगाने के दौरान चोटिल हुए थे। इसके बाद गिल दोबारा इस सीरीज में नहीं खेल सके। इसके बाद गिल अपनी गर्दन की चोट को लेकर सलाह लेने के लिए मुंबई में स्पेशलिस्ट के पास गए। उन्होंने अपने घर लौटने से पहले तीन दिन वहीं बिताए। उस बीच गिल ने अपना पर्सनल रिहैब जारी रखा। सोमवार को वह बेंगलुरु के लिए निकले। साउथ अफ्रीका के खिलाफ पांच मुकाबलों की टी20 सीरीज 9 दिसंबर से शुरू होगी। अगले कुछ दिनों में इसके लिए भारतीय टीम के चुने जाने की उम्मीद है। शुभमन गिल ने अपनी रिकवरी पर कड़ी मेहनत की है। वह जल्द से जल्द मैदान पर लौटने के लिए बहुत उत्सुक हैं। सूत्रों ने क्रिकबज से कहा, "गिल ने रिहैब प्रोसेस के दौरान बहुत मेहनत की है। अब वह सीओई में है। अगर सब कुछ प्लान के मुताबिक रहा, तो गिल 6-7 दिसंबर तक कटक में होंगे, जब टी20 टीम के इकट्ठा होने की उम्मीद है।" ऐसी उम्मीद की जा रही है कि तेज गेंदबाज जसप्रीत बुमराह भी साउथ अफ्रीका के खिलाफ आगामी टी20 सीरीज में खेलते नजर आ सकते हैं। बुमराह को वनडे सीरीज से आराम दिया गया है। भारत और साउथ अफ्रीका के बीच 9 दिसंबर को कटक में पहला टी20 मुकाबला खेला जाएगा, जिसके बाद 11 दिसंबर को न्यू चंडीगढ़ में अगले मैच का आयोजन होगा। दोनों देश धर्मशाला में 14 दिसंबर को सीरीज का तीसरा मैच खेलेंगे। लखनऊ में 17 दिसंबर को सीरीज का चौथा मैच खेला जाएगा, जबकि 19 दिसंबर को अहमदाबाद में सीरीज के पांचवें मैच का आयोजन होगा।

दुनिया के इकलौते प्लेयर: वैभव सूर्यवंशी ने तीसरा T20 शतक ठोककर उड़ाया पर्दा

 कोलकाता  14 साल के वैभव सूर्यवंशी ने फ‍िर गर्दा उड़ा दिया है. वैभव ने सैयद मुश्ताक अली ट्रॉफी 2025 में महाराष्ट्र के खिलाफ मुकाबले में शतक ठोक दिया. उन्होंने 58 गेंद में करियर का तीसरा टी20 शतक पूरा किया. वैभव ने 61 गेंद में सात छक्कों और 7 चौकों की मदद से 108 रन बनाकर नाबाद रहे. उनकी पारी से बिहार ने कोलकाता के ईडन गार्डन्स में  पृथ्वी शॉ की कप्तानी वाली महाराष्ट्र टीम के सामने तीन विकेट पर 176 का स्कोर बनाया. सूर्यवंशी इस शतक के साथ दुनिया के पहले टीनेजर (किशोर) बन गए, जिन्होंने 14 की उम्र में तीन टी20 शतक जड़े हों. उन्होंने अभी महज 16 ही टी20 मैच खेले हैं. वैभव ने पहली बार सैयद मुश्ताक अली ट्रॉफी में शतक लगाया. इसके साथ ही वैभव ने अपने करियर में एक और उपलब्धि जोड़ दी है. वह सिर्फ 14 साल 250 दिन की उम्र में SMAT में शतक लगाने वाले सबसे युवा बैटर भी बन गए.  इस फॉर्मेट मे बिहार के लिए यह उनका पांचवां ही मैच था. वैभव ने इससे पहले आईपीएल 2025 में शतक लगाकर कमाल किया था. फिर एशिया कप राइजिंग स्टार्स में यूएई के खिलाफ भी शतक बनाया था. इस मुकाबले में 144 रन उनके बल्ले से आए थे जो टी20 फॉर्मेट में उनका हाइएस्ट स्कोर है.  वैभव का सबसे स्लो टी20 शतक कौन सा है?  वैसे यह वैभव का यह सबसे धीमी शतक रहा. उन्होंने एशिया कप राइजिंग स्टार्स 2025 में यूएई के खिलाफ 32 गेंद में ही सैकड़ा पूरा कर लिया. यह संयुक्त रूप से भारतीय बल्लेबाजों में तीसरा सबसे तेज शतक रहा. तब कतर में आयोजित राइजिंग स्टार्स एशिया कप के दौरान वैभव को पहली बार इंडिया A कैप मिली थी. उस पारी में वैभव क्रिस गेल के 175 रन के रिकॉर्ड को चुनौती देने की ओर बढ़ रहे थे, लेकिन वो अंततः 42 गेंदों पर 144 रन बनाकर 13वें ओवर में आउट हुएः उनकी पारी में 15 छक्के और 11 चौके शामिल थे़ यानी 42 में से 26 गेंदों पर बाउंड्री लगी, जिनमें से कई तो स्टेडियम से बाहर तक गईंः  दरअसल, उनके 144 में से 134 रन (93.05%) बाउंड्री से आए, और T20 मैच में चौकों-छक्कों से इतने रन बनाना इतिहास में सिर्फ तीन खिलाड़ियों ने इससे बेहतर किया हैः इसी दौरान 14 वर्षीय सूर्यवंशी दुनिया के ऐसे इकलौते बल्लेबाज बने, जिन्होंने 35 गेंदों या उससे कम में दो T20 शतक लगाए हों, वैभव ने इससे पहले आईपीएल 2025 में राजस्थान रॉयल्स की तरफ से खेलते हुए लखनऊ सुपर जायंट्स के खिलाफ 35 गेंद में सेंचुरी कंपलीट की थी.  पूरे 20 ओवर रही वैभव की बल्लेबाजी  महाराष्ट्र के खिलाफ मुकाबले में सूर्यवंशी ने ओपनिंग करते हुए पूरे 20 ओवर बल्लेबाजी की. उनके अलावा बाकी बल्लेबाज तेजी से रन नहीं जुटा पाए जिससे बिहार की टीम 200 रन तक नहीं पहुंच सकी. सूर्यवंशी के बाद आकाश राज 26 रन के साथ हाइएस्ट स्कोरर रहे. वैभव ने राजवर्धन हंगरगेकर, जलज सक्सेना, अर्शिन कुलकर्णी जैसे गेंदबाजों के सामने यह शतक ठोका.  रोचक बात यह है कि वैभव के कर‍ियर की 16 पारियों में सूर्यवंशी के तीनों T20 शतक तीन अलग-अलग टीमों के लिए आए हैं. उनकी धमाकेदार बल्लेबाजी ने क्रिकेट जगत को तब चौंका दिया, जब उन्होंने IPL 2025 में राजस्थान रॉयल्स की ओर से गुजरात टाइटंस के खिलाफ सिर्फ 35 गेंदों में तूफा शतक जड़ दिया था. इस पारी के साथ वह लीग के इतिहास में सबसे तेज भारतीय शतक लगाने वाले बल्लेबाज बन गए थे.  किशोरावस्था में सबसे अधिक T20 शतक 3 – वैभव सूर्यवंशी (16 पारियां)* 2 – गुस्ताव मैकियॉन (11 पारियां) 2 – आयुष म्हात्रे (10 पारियां) वैभव के नाम हैं ये भी कीर्तिमान      वैभव ने IPL 2025 ऑक्शन में इतिहास रचा, जब 13 साल की उम्र में वे IPL कॉन्ट्रैक्ट हासिल करने वाले सबसे युवा खिलाड़ी बने. राजस्थान रॉयल्स ने उन्हें 1.1 करोड़ रुपये में खरीदा था.      इससे पहले वह भारत अंडर-19 टीम का हिस्सा रह चुके थे, जहां उन्होंने ऑस्ट्रेलिया अंडर-19 के खिलाफ चार दिवसीय मैच में 58 गेंदों पर शतक लगाया था, वह ACC अंडर-19 एशिया कप 2024 के फाइनल तक पहुंचने वाली भारतीय टीम का भी हिस्सा थे, जिसमें उन्होंने 44 की औसत से 176 रन बनाए थे.      सूर्यवंशी के नाम एक ट्रिपल सेंचुरी (नाबाद 332 रन) भी दर्ज है, जो उन्होंने बिहार के अंडर-19 रंधीर वर्मा टूर्नामेंट में बनाई थी.   

क्यों छिनी महान क्रिकेटर से हॉल ऑफ फेम की उपाधि? ऑस्ट्रेलिया क्रिकेट का बड़ा फैसला

नई दिल्ली ऑस्ट्रेलिया के पूर्व ओपनर माइकल स्लेटर की मुश्किलें कम होने का नाम नहीं ले रही हैं। घरेलू हिंसा के कई मामलों में फंसे माइकल स्लेटर से अब क्रिकेट NSW हॉल ऑफ फेम का स्टेटस छीन लिया गया है। इसके अलावा उनकी लाइफ मेंबरशिप भी रद्द कर दी गई है। घरेलू हिंसा के कई मामलों के चलते इस साल की शुरुआत में माइकल स्लेटर को चार साल की सजा सुनाई गई थी। अब सोमवार 1 दिसंबर की शाम को क्रिकेट NSW की जनरल मीटिंग में इस बड़े कदम की पुष्टि की गई कि अब वे एनएसडब्ल्यू के हॉल ऑफ फेमर नहीं होंगे। महान ओपनर को शराब की लत लग गई थी, जिसके कारण वे गलत हरकतों में पड़ गए थे। मेंबर्स और डेलीगेट्स ने स्लेटर को दिए गए सभी सम्मान हटाने के लिए बोर्ड के सपोर्ट वाले प्रस्ताव का समर्थन किया। करीब एक दशक पहले माइकल स्लेटर को यह सम्मान दिया गया था। 2015 में क्रिकेट NSW ने उन्हें हॉल ऑफ फेम में शामिल किया गया था और 2016 में लाइफ मेंबरशिप दी थी। 1993 और 2001 के बीच कुल 74 टेस्ट और 42 वनडे इंटरनेशनल मैच माइकल स्लेटर ने ऑस्ट्रेलिया के लिए खेले। इसके अलावा एनएसडब्ल्यू के लिए भी वे लंबे समय तक प्रोफेशनल क्रिकेट में एक्टिव रहे थे। हालांकि, 2016 के बाद से उन पर कई महिलाओं ने गंभीर आरोप लगाए। 5 महिलाओं ने उनसे सुरक्षित रहने के लिए पुलिस प्रोटेक्शन की मांग की थी। 55 साल के माइकल स्लेटर के खिलाफ क्रिकेट एनएसडब्ल्यू ने ऐसा इसलिए किया है, क्योंकि उन पर बार-बार गंभीर घरेलू हिंसा के केस लग रहे थे। यहां तक कि माइकल स्लेटर को अप्रैल 2025 में क्वींसलैंड के मारूचीडोर डिस्ट्रिक्ट कोर्ट ने चार साल की जेल की सजा भी इस पर सुनाई थी, लेकिन कस्टडी में पहले ही समय बिताने के बाद सजा कुछ हद तक कम कर दी गई थी। क्वींसलैंड के सनशाइन कोस्ट पर गला घोंटने, मारपीट, चोरी और एक महिला का पीछा करने जैसे कई अपराधों के लिए दोषी ठहराया। सजा सुनाने वाले जज ने साफ तौर पर उसके व्यवहार को शराब की लत से जोड़ा और चेतावनी दी कि रिहैबिलिटेशन से काम नहीं चलेगा।  

Harendra Singh ने टीम इंडिया की कोचिंग से इस्तीफा, वजह निजी कारण

नई दिल्ली एक अप्रत्याशित घटनाक्रम में भारतीय महिला हॉकी टीम के मुख्य कोच हरेंद्र सिंह ने ‘निजी कारणों’ का हवाला देकर तुरंत प्रभाव से पद से इस्तीफा दे दिया है. हॉकी इंडिया ने देर शाम जारी बयान में कहा ,‘‘ भारतीय महिला हॉकी टीम के मुख्य कोच हरेंद्र सिंह ने निजी कारणों से पद से इस्तीफा दे दिया है.’’ हरेंद्र सिंह ने अप्रैल 2024 में ही पद संभाला था और समझा जा रहा था कि वह लॉस एंजिलिस ओलंपिक 2028 तक टीम के साथ रहेंगे. सूत्रों ने बताया, तोक्यो ओलंपिक 2020 में चौथे स्थान पर रही टीम के मुख्य कोच नीदरलैंड के शोर्ड मारिन की भारतीय टीम में इस पद पर वापसी हो सकती है. अचानक हुए घटनाक्रम में हरेंद्र सिंह ने हॉकी इंडिया को ईमेल भेजकर सूचित किया है कि वह तुरंत प्रभाव से पद छोड़ रहे हैं. उन्होंने यह भी कहा कि यह विशुद्ध रूप से उनका ‘निजी फैसला’ है. इस फैसले के बारे में हरेंद्र ने कहा ,‘‘ भारतीय महिला हॉकी टीम का कोच रहना मेरे कैरियर की बड़ी उपलब्धि रही है. मैने निजी कारणों से इस्तीफा देने का फैसला किया है लेकिन मेरा दिल हमेशा इस बेहतरीन टीम के साथ रहेगा. हॉकी इंडिया के साथ सफर मेरे लिये खास रहेगा और मैं भारतीय हॉकी को शीर्ष स्तर तक ले जाने के उनके प्रयासों में सहयोग करता रहूंगा.’ सूत्रों ने बताया कि मारिन की भारतीय महिला हॉकी टीम के कोच के रूप में वापसी हो सकती है जिनके मार्गदर्शन में भारतीय टीम तोक्यो ओलंपिक में ऐतिहासिक प्रदर्शन करते हुए चौथे स्थान पर रही थी । मारिन ने अगस्त 2021 में महिला हॉकी टीम के मुख्य कोच के पद से इस्तीफा दिया था । सूत्रों ने इस्तीफे का कारण टीम का खराब प्रदर्शन बताया है । हॉकी इंडिया के एक सूत्र ने कहा ,‘‘ पिछले डेढ साल में टीम ने अपेक्षित नतीजे नहीं दिये हैं जबकि सारी मनचाही सुविधायें कोच को दी गई. फिटनेस भी बड़ा मसला रहा है और टीम में दर्जन भर खिलाड़ी चोटिल हैं.’’ हॉकी इंडिया के अध्यक्ष दिलीप टिर्की ने बयान में कहा ,‘‘हम हरेंद्र सिंह को उनकी सेवाओं के लिये धन्यवाद देते हैं. भारतीय हॉकी के लिये उनकी प्रतिबद्धता जगजाहिर है. हम जल्दी ही उनके विकल्प की घोषणा करेंगे.’ हरेंद्र सिंह लखनऊ विश्व कप 2016 विजेता भारतीय जूनियर पुरूष हॉकी टीम के कोच रहे थे. वह भारतीय महिला टीम के मुख्य कोच के रूप में वापसी से पहले 2021 से 2024 तक अमेरिका की राष्ट्रीय पुरूष हॉकी टीम के कोच थे. वह सितंबर 2017 में भारतीय सीनियर महिला टीम के मुख्य कोच बने जिसने उस साल महिला एशिया कप जीता था. इसके बाद वह मई 2018 में शोर्ड मारिन की जगह भारतीय पुरूष टीम के मुख्य कोच बने लेकिन जनवरी 2019 में खराब प्रदर्शन के चलते उन्हें पद से हटा दिया गया था. इससे पहले वह तीन बार पुरूष टीम के अंतरिम मुख्य कोच भी रहे. भारतीय महिला हॉकी टीम का प्रदर्शन पिछले एक साल में निराशाजनक रहा है. एफआईएच प्रो लीग 2024 . 25 में भारतीय टीम ने 16 मैचों में महज दो जीत दर्ज की और तीन मैच ड्रॉ खेले जबकि उसे 11 मैच में हार सामना करना पड़ा. भारतीय टीम 10 अंक के साथ नौ टीम की तालिका में अंतिम स्थान पर रही और अगले सत्र के लिये क्वालीफाई करने में नाकाम रही. राजगीर में नवंबर में एशियाई चैम्पियंस ट्रॉफी में भारत ने खिताब जीता लेकिन वहां जापान और कोरिया की दोयम दर्जे की टीमें थी. एशिया कप में फाइनल हारने के बाद भारतीय टीम विश्व कप के लिये सीधे क्वालीफाई नहीं कर पाई और अब क्वालीफायर्स खेलने होंगे. हॉकी इंडिया महासचिव भोलानाथ सिंह ने कहा ,‘‘ हम हरेंद्र सिंह को भारतीय टीम के लिये उनके योगदान को लेकर धन्यवाद देते हैं. भारतीय महिला टीम की क्वालीफायर्स के लिये तैयारी जारी रहेगी.’’

टीम की बड़ी जीत, मगर कोहली ने किया इग्नोर? बार-बार बुलाने के बावजूद जश्न में नहीं हुए शामिल

नई दिल्ली दक्षिण अफ्रीका जब से भारत के दौरे पर आई है, इंडियन ड्रेसिंग रूम में जश्न की जगह लटके और बुझे चेहरों ने ले ली थी। घर में ही दोनों टेस्ट में टीम इंडिया को करारी शिकस्त झेलनी पड़ी। लेकिन ओडीआई सीरीज शुरू होते ही जैसे वक्त बदल गया। विराट कोहली, रोहित शर्मा और कप्तान केएल राहुल की शानदार पारियों और उसके बाद कुलदीप यादव और हर्षित राणा की शानदार गेंदबाजी से भारत ने पहले वनडे में ऑस्ट्रेलिया को 17 रन से शिकस्त दी। लंबे वक्त बाद भारतीय ड्रेसिंग रूम में जश्न का संयोग बना लेकिन लगता है कि अंदरखाने माहौल तनावपूर्ण है। टीम इंडिया की जीत के बाद होटल में जश्न मन रहा था। कप्तान केएल राहुल केट काट रहे थे। तमाम खिलाड़ी जुटे हुए थे। तभी विराट कोहली खुद में मगन वहां से गुजरते हैं और जश्न में शामिल नहीं होते। बार-बार उन्हें पुकारा भी गया लेकिन वह अनसुना करके चल दिए। उधर मैच के बाद रोहित शर्मा और गौतम गंभीर में बातचीत के विजुअल भी वायरल हैं। सवाल उठ रहा कि इंडियन ड्रेसिंग रूम में सब ठीक तो है। मैच खत्म होने के बाद भारतीय टीम अपने होटल लौट आई थी। शुभमन गिल की गैरमौजूदगी में वनडे सीरीज में कप्तानी कर रहे केएल राहुल जीत का जश्न मनाने के लिए केक काट रहे होते हैं। उसका वीडियो सोशल मीडिया पर अब वायरल है। जश्न चल रहा है। केक काटने की तैयारी हो रही है। तभी प्लेयर ऑफ द मैच चुने गए विराट कोहली लॉबी में दाखिल होते दिखते हैं। वह केएल राहुल को केक काटते हुए देखते हैं लेकिन वह न रुकते हैं और न जश्न में शामिल होते हैं। वह अपनी ही धुन में मगन उसी चाल से आगे बढ़ जाते हैं जबकि उन्हें बार-बार आवाज दी जाती है- विराट सर, विराट सर। कोहली सीधे एलिवेटर की तरफ बढ़ जाते हैं। गौतम गंभीर और रोहित शर्मा में गंभीर चर्चा इस बीच भारत के मुख्य कोच गौतम गंभीर और पूर्व कप्तान रोहित शर्मा लॉबी एरिया में बैठे हुए कुछ गहन चर्चा करते हुए दिख रहे हैं। इससे पहले दोनों ड्रेसिंग रूम में भारत की जीत के बाद बातचीत करते दिख रहे थे और उसमें बैटिंग कोच सितांशु कोटक भी शामिल थे। सोशल मीडिया पर एक और क्लिप वायरल है। भारत की जीत के बाद का क्लिप है। विराट कोहली सीढ़ियां चढ़कर ड्रेसिंग रूम की तरफ जाते हैं। कांच के उस पार गौतम गंभीर दिख रहे हैं लेकिन उनके नजदीक जान पर कोहली अपने मोबाइल फोन में व्यस्त हो जाते हैं। गंभीर उन्हें देख रहे होते हैं लेकिन ऐसा लग रहा कि किंग कोहली उन्हें पूरी तरह नजरअंदाज करके आगे बढ़ जा रहे हैं। विराट कोहली-रोहित शर्मा और गौतम गंभीर के बीच सब ठीक नहीं? सोशल मीडिया पर ये क्लिप ऐसे वक्त वायरल हो रहे हैं जब कुछ मीडिया रिपोर्ट्स में दावा किया जा रहा कि कोहली-रोहित और टीम मैनेजमेंट में सब ठीक नहीं चल रहा। रिपोर्ट्स के मुताबिक रोहित शर्मा और मुख्य चयनकर्ता अजीत अगरकर में बिल्कुल भी बातचीत नहीं होती। इसी तरह विराट कोहली और गौतम गंभीर में भी कोई खास बातचीत नहीं होती। एक कोच और एक पूर्व कप्तान और खिलाड़ी के बीच जैसे बातचीत होनी चाहिए, वैसी तो बिल्कुल नहीं। मीडिया रिपोर्ट में दावा किया गया है कि वनडे टीम के दोनों दिग्गजों विराट कोहली और रोहित शर्मा के साथ गौतम गंभीर के रिश्ते उतने अच्छे नहीं दिख रहे, जितने होने चाहिए। इस मुद्दे को लेकर बीसीसीआई आने वाले दिनों में टीम मैनेजमेंट से बात कर सकता है।

टीम इंडिया का नेक्स्ट मैच फिक्स! जानें कब, कहां और किससे होगी भिड़ंत

नई दिल्ली केएल राहुल की अगुवाई वाली टीम इंडिया ने साउथ अफ्रीका के खिलाफ तीन मैच की वनडे सीरीज का आगाज जीत के साथ किया। रांची में खेले गए पहले वनडे को भारत ने 17 रनों से जीता। इस मैच में विराट कोहली ने 52वां ऐतिहासिक शतक जड़ महफिल लूटी, वहीं जोड़ीदार रोहित शर्मा ने भी अर्धशतक जड़ उनका भरपूर साथ दिया। पहले बैटिंग करते हुए टीम इंडिया ने 349 रन बोर्ड पर लगाए। इस टारगेट को डिफेंड करने में अहम रोल हर्षित राणा और कुलदीप यादव ने अदा किया। हर्षित ने अपने पहले ही ओवर में दो विकेट निकलकर मेहमानों को बैकफुट पर धकेल दिया, वहीं कुलदीप याव ने 4 विकेट चटकाए। टीम इंडिया की नजरें अब दूसरे वनडे को भी जीतकर सीरीज में 2-0 की अजेय बढ़त बनाने पर होगी। आईए जानते हैं IND vs SA दूसरा वनडे कब और कहां खेला जाएगा? IND vs SA दूसरा वनडे कब, कहां और कैसे देखें लाइव? India vs South Africa दूसरा वनडे बुधवार, 3 दिसंबर को रायपुर के शहीद वीर नारायण सिंह अंतर्राष्ट्रीय स्टेडियम में खेला जाना है। इंडिया वर्सेस साउथ अफ्रीका दूसरा वनडे भारतीय समयानुसार 1 बजकर 30 मिनट पर शुरू होगा। IND vs SA दूसरे वनडे को टीवी पर आप स्टार स्पोर्ट्स के विभिन्न चैनलों पर लाइव देख सकते हैं, वहीं दूसरा वनडे की लाइव स्ट्रीमिंग जियोहॉटस्टार ऐप और वेबसाइट पर होगी। रायपुर के शहीद वीर नारायण सिंह अंतर्राष्ट्रीय स्टेडियम में भारत ने अभी तक सिर्फ एक ही वनडे मैच खेला है। यह वनडे भारत और न्यूजीलैंड के बीच 2023 में खेला गया था। इस मैच में भारत ने 179 गेंदें शेष रहते 8 विकेट से बड़ी जीत दर्ज की थी। भारत ने पहले बैटिंग करते हुए न्यूजीलैंड को मात्र 108 रनों पर ढेर कर दिया था। 15 के स्कोर पर ही न्यूजीलैंड की आधी टीम पवेलियन लौट गई थी। इस स्कोर को टीम इंडिया ने 20.1 ओवर में चेज कर शानदार जीत दर्ज की थी। IND vs SA पूरा शेड्यूल- दूसरा ODI- 3 दिसंबर, शहीद वीर नारायण सिंह इंटरनेशनल स्टेडियम, रायपुर 1:30 PM तीसरा ODI- 6 दिसंबर, ACA-VDCA क्रिकेट स्टेडियम, विशाखापत्तनम 1:30 PM पहला T20I- 9 दिसंबर बाराबती स्टेडियम, कटक 7:00 PM दूसरा T20I- 11 दिसंबर महाराजा यादविंद्र सिंह इंटरनेशनल स्टेडियम, चंडीगढ़ (मुल्लानपुर) 7:00 PM तीसरा T20I- 14 दिसंबर HPCA स्टेडियम, धर्मशाला 7:00 PM चौथा T20I- 17 दिसंबर इकाना क्रिकेट स्टेडियम, लखनऊ 7:00 PM पांचवां T20I- 19 दिसंबर नरेंद्र मोदी स्टेडियम, अहमदाबाद 7:00 PM