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रायपुर: मंत्री लक्ष्मी राजवाड़े ने गौरेला–पेण्ड्रा–मरवाही जिले में विभागीय कार्यों की व्यापक समीक्षा की

रायपुर : मंत्री श्रीमती लक्ष्मी राजवाड़े ने गौरेला-पेण्ड्रा-मरवाही जिले में विभागीय कार्यों की व्यापक समीक्षा रिक्त पदों पर भर्ती प्रक्रिया तीन माह में पूर्ण करने के निर्देश बाल विवाह मुक्त छत्तीसगढ़ के लिए दिलाया शपथ रायपुर महिला एवं बाल विकास तथा समाज कल्याण मंत्री श्रीमती लक्ष्मी राजवाड़े ने गौरेला-पेंड्रा-मरवाही जिला प्रवास के दौरान विभागीय योजनाओं, प्रगति और मैदानी कार्यों की विस्तृत समीक्षा की। न्यू सर्किट हाउस में आयोजित बैठक में कलेक्टर श्रीमती लीना कमलेश मंडावी, जिला पंचायत सीईओ श्री मुकेश रावटे सहित दोनों विभागों के अधिकारी उपस्थित थे। मंत्री श्रीमती राजवाड़े ने कहा कि विभागीय योजनाएँ छोटे बच्चों, महिलाओं, दिव्यांगजनों और वरिष्ठ नागरिकों के जीवन में महत्वपूर्ण भूमिका निभा रही हैं। उन्होंने अधिकारियों-कर्मचारियों को जनसेवा को सर्वाेच्च प्राथमिकता देने तथा योजनाओं का व्यापक प्रचार-प्रसार सुनिश्चित करने के निर्देश दिए। उन्होंने आंगनबाड़ी कार्यकर्ता-सहायिका समेत सभी रिक्त पदों पर भर्ती प्रक्रिया अधिकतम तीन माह के भीतर पूरा करने के सख्त निर्देश दिए। साथ ही सभी उपस्थित अधिकारियों को बाल विवाह मुक्त छत्तीसगढ़ के संकल्प की शपथ दिलाई। जिला महिला एवं बाल विकास अधिकारी ने बताया कि लगातार प्रयासों से जिले में कुपोषण में 6.04 प्रतिशत की कमी आई है। महतारी वंदन योजना के तहत 94,780 हितग्राही लाभान्वित हो रहे हैं और 824 स्वीकृत आंगनबाड़ी भवनों में से 800 पूर्ण हो चुके हैं। सखी वन स्टॉप सेंटर भवन निर्माण भी प्रगति पर है। समाज कल्याण विभाग ने सामाजिक सुरक्षा पेंशन, दिव्यांगजन प्रमाणीकरण, छात्रवृत्ति और नशामुक्ति कार्यक्रमों की प्रगति की जानकारी दी। बैठक में सभी एकीकृत बाल विकास परियोजना अधिकारी, सुपरवाइजर एवं समाज कल्याण विभाग के अधिकारी उपस्थित रहे।

रायपुर: वनमंत्री केदार कश्यप ने कहा—सरदार पटेल का योगदान अविस्मरणीय, बस्तर में 15 किमी एकता मार्च सम्पन्न

रायपुर : सरदार पटेल का योगदान अविस्मरणीय -वन मंत्री  केदार कश्यप बस्तर में 15 किलोमीटर की एकता मार्च का समापन रायपुर लौह पुरुष सरदार वल्लभ भाई पटेल की 150 वीं जयंती के उपलक्ष्य में बस्तर जिले में खेल एवं युवा कल्याण विभाग द्वारा आयोजित 15 किलोमीटर लंबी एकता मार्च (यूनिटी मार्च) का सोमवार को जगदलपुर टाउन क्लब में भव्य समापन हुआ। यह पदयात्रा विकासखण्ड बकावंड के करीतगांव से आरंभ हुई, जिसमें जनप्रतिनिधियों, अधिकारी-कर्मचारियों, सामाजिक कार्यकर्ताओं, युवाओं, एनसीसी और एनएसएस कैडेट्स सहित बड़ी संख्या में स्थानीय नागरिकों ने उत्साहपूर्वक भाग लिया। सभी ने एकता, भाईचारे और राष्ट्रीय एकजुटता का संदेश दिया। बस्तर में 15 किलोमीटर की एकता मार्च का समापन यूनिटी मार्च देश की एकता को मजबूत करने की प्रेरणा देता है           वन मंत्री  केदार कश्यप ने समापन समारोह को संबोधित करते हुए कहा कि आधुनिक भारत के निर्माण में सरदार वल्लभ भाई पटेल का योगदान सदैव स्मरणीय रहेगा। उन्होंने अपनी अद्भुत संगठन क्षमता और दूरदर्शिता से देश की रियासतों को एकजुट कर भारत को एक मजबूत राष्ट्र के रूप में स्थापित किया। मंत्री  कश्यप ने कहा कि सरदार पटेल की 150 वीं जयंती पर आयोजित यह यूनिटी मार्च उनके आदर्शों को अपनाने और देश की एकता को मजबूत करने की प्रेरणा देता है, विशेषकर युवा पीढ़ी को उनके विचारों से सीख लेने की आवश्यकता है। सरदार पटेल ने 562 रियासतों को एकता के सूत्र में पिरोया          बस्तर सांसद  महेश कश्यप ने सरदार पटेल के राष्ट्रनिर्माण में दिए गए ऐतिहासिक योगदान का उल्लेख किया। उन्होंने कहा कि सरदार पटेल ने 562 रियासतों को एकता के सूत्र में पिरोकर अखंड भारत का निर्माण किया। सांसद  कश्यप ने प्रधानमंत्री  नरेन्द्र मोदी के मार्गदर्शन में आयोजित इस अभियान को पटेल के विचारों को जन-जन तक पहुँचाने की महत्वपूर्ण पहल बताया। कार्यक्रम में सभी ने आत्मनिर्भर भारत की दिशा में आगे बढ़ने और वर्ष 2047 तक विकसित भारत के लक्ष्य को प्राप्त करने का संकल्प लिया। मंदिर परिसर स्वच्छता अभियान चलाया और किया वृक्षारोपण          खेल एवं युवा कल्याण विभाग के प्रभारी अधिकारी  ऋषिकेश तिवारी ने बताया कि पदयात्रा करीतगांव से आरंभ होकर मालगांव पहुँचने पर प्रतिभागियों ने मंदिर परिसर में स्वच्छता अभियान और वृक्षारोपण किया। इसके बाद यात्रा दंतेश्वरी मंदिर के समीप रूद्रप्रताप देव टाउन क्लब प्रांगण में आयोजित सभा के साथ संपन्न हुई। कार्यक्रम में छत्तीसगढ़ राज्य अनुसूचित जनजाति आयोग के अध्यक्ष  रूपसिंह मंडावी, पूर्व विधायक डॉ. सुभाऊ कश्यप नगर पालिक निगम के सभापति  खेमसिंह देवांगन सहित अनेक स्थानीय जनप्रतिनिधि और बड़ी संख्या में लोग उपस्थित रहे।

रायपुर: मंत्री लक्ष्मी राजवाड़े ने सखी वन स्टॉप सेंटर और नशा मुक्ति केंद्र का किया निरीक्षण

रायपुर : मंत्री श्रीमती लक्ष्मी राजवाड़े ने सखी वन स्टॉप सेंटर और नशा मुक्ति केंद्र का किया निरीक्षण रायपुर महिला एवं बाल विकास तथा समाज कल्याण मंत्री श्रीमती लक्ष्मी राजवाड़े ने गौरेला-पेंड्रा-मरवाही जिले में संचालित सेवा संस्थानों का स्थल निरीक्षण किया। उन्होंने जिला चिकित्सालय परिसर में संचालित सखी वन स्टॉप सेंटर पहुंचकर वहां उपलब्ध सुविधाओं, केस रजिस्टर और संधारित पंजी का गहन अवलोकन किया। मंत्री श्रीमती राजवाड़े ने केंद्र में सुरक्षा, परामर्श, कानूनी सहायता और त्वरित सेवाओं की उपलब्धता सुनिश्चित करने के निर्देश भी दिए। इस दौरान गौरेला के गोरखपुर स्थित नशा मुक्ति सह पुनर्वास केंद्र का निरीक्षण किया। उन्होंने वहां उपचार ले रहे लोगों से आत्मीयता से बातचीत की, उनका हालचाल पूछा और नशामुक्त जीवन अपनाने की प्रेरणा दी। उन्होंने केंद्र में उपचार, काउंसलिंग, पुनर्वास गतिविधियों और उपलब्ध संसाधनों की भी समीक्षा की। निरीक्षण के दौरान विभागीय अधिकारी और कर्मचारी उपस्थित रहे। मंत्री श्रीमती राजवाड़े ने दोनों संस्थानों में सेवाओं को और अधिक मजबूत, संवेदनशील और जनहितकारी बनाने के निर्देश दिए।

वनमंत्री केदार कश्यप का ग्रामीणों से आग्रह—मतदाता सूची के गहन पुनरीक्षण में दें सक्रिय भागीदारी

रायपुर : वनमंत्री केदार कश्यप ने ग्रामीणों को किया जागरूक, मतदाता सूची के विशेष गहन पुनरीक्षण में सहयोग का आग्रह रायपुर वन एवं जलवायु परिवर्तन मंत्री  केदार कश्यप ने आज बस्तर तहसील के मुंडागांव, मांदलापाल और कुँगारपाल ग्रामों का दौरा किया। इस दौरान उन्होंने ग्रामीणों से सीधे संवाद करते हुए मतदाता सूची के विशेष गहन पुनरीक्षण कार्य की महत्ता पर जोर दिया। वनमंत्री  कश्यप ने कहा कि प्रत्येक पात्र नागरिक का नाम मतदाता सूची में शामिल होना चाहिए, ताकि कोई भी जानकारी के अभाव में मतदान के अधिकार से वंचित न रहे। उन्होंने ग्रामीणों से अपील की कि वे पुनरीक्षण कार्य के दौरान संबंधित अधिकारियों को सही जानकारी उपलब्ध कराएं और पूरी प्रक्रिया में सहयोग करें। बी एल ओ मतदाता को फार्म भरने में करें सहयोग      मंत्री  कश्यप ने कहा कि हमारी सरकार का लक्ष्य है कि सभी कल्याणकारी योजनाओं का लाभ सीधे जनता तक पहुंचे। कोई भी ग्रामीण जानकारी के अभाव में परेशान न हो। हम ग्रामीण क्षेत्रों में ही प्रत्येक समस्या का समाधान सुनिश्चित कर रहे हैं। उन्होंने अधिकारियों को निर्देश दिया कि गरीब, बुजुर्ग तथा अशिक्षित लोगों को फॉर्म भरने में किसी प्रकार की कठिनाई न हो और उन्हें पूरा सहयोग प्रदान किया जाए। इस अवसर पर जिला पंचायत अध्यक्ष मती वेदवती कश्यप, जिला पंचायत सदस्य  निर्देश दिवान और बड़ी संख्या में ग्रामीणजन उपस्थित रहे।

छत्तीसगढ़, ओडिशा और आंध्र प्रदेश के बीच इंटर-स्टेट कनेक्टिविटी होगी मजबूत

रायपुर : छत्तीसगढ़ के पहले राष्ट्रीय राजमार्ग सुरंग का ब्रेकथ्रू पूरा छत्तीसगढ़, ओडिशा और आंध्र प्रदेश के बीच इंटर-स्टेट कनेक्टिविटी होगी मजबूत  रायपुर छत्तीसगढ़ ने  अधोसंरचना विकास के क्षेत्र में एक महत्वपूर्ण और ऐतिहासिक मील का पत्थर पार किया है। भारतीय राष्ट्रीय राजमार्ग प्राधिकरण (NHAI) ने राज्य की पहली राष्ट्रीय राजमार्ग सुरंग का सफल ब्रेकथ्रू कर लिया है। 2.79 किलोमीटर लंबी यह सुरंग रायपुर-विशाखापट्टनम आर्थिक गलियारे (NH-130CD) का महत्वपूर्ण हिस्सा है, जिसका निर्माण भारतीय राष्ट्रीय राजमार्ग प्राधिकरण द्वारा तेजी से किया जा रहा है। यह छत्तीसगढ़, ओडिशा और आंध्र प्रदेश के बीच तेज़, सुरक्षित और निर्बाध कनेक्टिविटी स्थापित करेगा, जिससे क्षेत्रीय विकास को नई गति मिलेगी और यातायात व्यवस्था और अधिक मजबूत होगी। छत्तीसगढ़, ओडिशा और आंध्र प्रदेश के बीच इंटर-स्टेट कनेक्टिविटी होगी मजबूत गौरतलब है कि 30 सितम्बर 2025 को इस टनल के लेफ्ट हैंड साइड का ब्रेकथ्रू पूरा किया जा चुका था। आज हुए ब्रेकथ्रू के साथ टनल के दोनों हिस्सों का निर्माण एक निर्णायक चरण में पहुँच चुका है। यह सुरंग ट्विन ट्यूब टनल के रूप में विकसित की जा रही है, जो आधुनिक मानकों के अनुरूप अत्यंत सुरक्षित, सुगम और उच्च गुणवत्ता वाला यातायात अनुभव प्रदान करेगी।  रायपुर से विशाखापट्टनम तक 464 किमी लंबे सिक्स-लेन एक्सप्रेस-वे का अधिकांश निर्माण कार्य पूरा किया जा चुका है। यह राजमार्ग रायपुर, धमतरी, कांकेर, कोंडागांव, कोरापुट और सब्बावरम जैसे प्रमुख शहरों को जोड़ते हुए विशाखापट्टनम बंदरगाह तक पहुँचेगा। इसका निर्माण भारतमाला परियोजना के तहत किया जा रहा है। इसके पूर्ण रूप से तैयार हो जाने के बाद रायपुर से विशाखापट्टनम के बीच यात्रा समय में कमी आएगी, जिससे व्यापार, उद्योग और पर्यटन को गति मिलेगी तथा छत्तीसगढ़, ओडिशा और आंध्र प्रदेश के बीच इंटर-स्टेट कनेक्टिविटी और मजबूत होगी।

एसआईआर के संबंध में लोगों को किया जागरूक- उपमुख्यमंत्री

रायपुर : उपमुख्यमंत्री ने मतदान केंद्र पहुंचकर भरा अपना एसआईआर का फॉर्म एसआईआर के संबंध में लोगों को किया जागरूक- उपमुख्यमंत्री उपमुख्यमंत्री ने नागरिकों से विशेष गहन पुनरीक्षण में भाग लेने की अपील की रायपुर उपमुख्यमंत्री एवं कवर्धा विधायक  विजय शर्मा ने आज अपने कवर्धा प्रवास के दौरान मतदान केंद्र में जाकर अपना विशेष गहन पुनरीक्षण (एसआईआर) का फार्म भरा। इस अवसर पर उपमुख्यमंत्री  शर्मा कवर्धा के वार्ड क्रमांक 23 में स्थित मतदान केन्द्र क्रमांक 238 में पहुंचकर बीएलओ के साथ चर्चा कर अपना फॉर्म भरा। इस दौरान उन्होंने स्थानीय लोगों को एसआईआर के संबंध में विस्तृत जानकारी देकर जागरूक और लोगों को हो रही समस्या के संबंध में जाना। उन्होंने फार्म में त्रुटियों के प्रकरण को गंभीरता से लेते हुए समस्या का निराकरण करने के निर्देश दिए। एसआईआर के संबंध में लोगों को किया जागरूक       उप मुख्यमंत्री ने विशेष गहन पुनरीक्षण की आवश्यकता पर प्रकाश डालते हुए कहा कि लोकतंत्र को मजबूत बनाने और मतदाता सूची के शुद्धिकरण के लिए चुनाव आयोग द्वारा कराई जाने वाली यह एक अत्यंत आवश्यक प्रक्रिया है। मतदाता सूची के सही होने से निर्वाचन प्रक्रिया उचित तरीके से सम्पन्न हो सकेगी। एसआईआर की प्रक्रिया कराने के लिए अपने बीएलओ से संपर्क कर फॉर्म भर सकते हैं या खुद भी ऑनलाइन आवेदन भरा जा सकता है। उन्होंने बीएलओ के साथ बैठकर आये आवेदनों पर समीक्षा भी की।

मुख्यमंत्री ने की ग्राम सलखंड में महतारी सदन बनाने की घोषणा

रायपुर : मुख्यमंत्री विष्णुदेव साय बसना सलखण्ड में मां महालक्ष्मी पूजन कार्यक्रम में हुए शामिल मुख्यमंत्री ने की ग्राम सलखंड में महतारी सदन बनाने की घोषणा मुख्यमंत्री ने प्रदेशवासियों को संविधान दिवस की दी बधाई रायपुर मुख्यमंत्री  विष्णुदेव साय महासमुंद जिले के बसना तहसील अंतर्गत ग्राम सलखण्ड में ग्रामीणों द्वारा आयोजित महालक्ष्मी देवी पूजन कार्यक्रम में  शामिल हुए। इस अवसर पर मुख्यमंत्री श्री साय ने मां लक्ष्मी से प्रार्थना करते हुए प्रदेशवासियों के सुख-समृद्धि और उत्तम स्वास्थ्य की कामना की। पूजन कार्यक्रम के दौरान पुजारियों द्वारा पारंपरिक मंत्रोच्चार किया गया, जिसमें मुख्यमंत्री ने श्रद्धापूर्वक भाग लिया। इसके बाद उन्होंने ग्रामीणों से आत्मीय मुलाकात कर उनकी समस्याओं और स्थानीय विकास कार्यों की जानकारी ली। इस अवसर पर मुख्यमंत्री श्री विष्णुदेव साय की धर्मपत्नी श्रीमती कौशल्या साय एवं रायपुर उत्तर विधायक श्री पुरंदर मिश्रा भी साथ थे।  इस अवसर पर मुख्यमंत्री श्री साय ने ग्राम सलखंड में महतारी सदन की बनाने की घोषणा की। साथ ही यहां एनीकेट निर्माण के लिए जल संसाधन विभाग को आवश्यक जानकारी जुटाकर प्रस्ताव बनाने के निर्देश दिए। इस अवसर पर मुख्यमंत्री श्री विष्णुदेव साय ने उपस्थित जनों को संबोधित करते हुए कहा कि आज पवित्र अगहन मास के अवसर पर मां महालक्ष्मी की पूजा में शामिल होकर हृदय से अत्यंत आनंद और सौभाग्य की अनुभूति हो रही है। बसना और सलखंड के ग्रामवासियों ने वर्षों से जिस भक्ति और परंपरा को जीवित रखा है, वह छत्तीसगढ़ की सांस्कृतिक विरासत का गौरवपूर्ण उदाहरण है।अगहन मास हमारे अंचल के लिए अत्यंत पवित्र माना जाता है। यह मास अन्न, धन और समृद्धि का प्रतीक है। इसी समय नई फसल खेतों में लहलहाती है, और घर-परिवार में सम्पन्नता के द्वार खुलते हैं। मां महालक्ष्मी जीवन में केवल धन ही नहीं, बल्कि सुख, शांति, उत्तम स्वास्थ्य और सदभाव का आशीर्वाद भी प्रदान करती हैं। इसी भावना के साथ हम सभी इस पूजन में शामिल होते हैं। उन्होंने मां लक्ष्मी से राज्य के प्रत्येक नागरिक के लिए सुख-समृद्धि, उत्तम स्वास्थ्य, सुरक्षित वातावरण और उज्ज्वल भविष्य की कामना की। उन्होंने कहा कि हमारी सरकार गांव, गरीब, किसान, महिला और युवाओं के सर्वांगीण विकास के लिए प्रतिबद्ध है। हम जनता की आकांक्षाओं को पूरा करने के लिए संकल्पित हैं। सलखंड गांव की यह 25 वर्षों से चल रही परंपरा न केवल श्रद्धा का प्रतीक है, बल्कि सामाजिक एकता, भाईचारे और सामुदायिक जागरूकता का भी उदाहरण है। यहां आयोजित मेला ग्रामीण संस्कृति, लोकाचार और पारंपरिक विरासत को आगे बढ़ाने का माध्यम बन चुका है।  मुख्यमंत्री श्री साय ने संविधान की गरिमा, लोकतांत्रिक मूल्यों और राष्ट्रनिर्माण में जनभागीदारी के महत्व को बताते हुए कहा कि संविधान हमारे अधिकारों के साथ-साथ कर्तव्यों की भी याद दिलाता है और यही दस्तावेज भारत को एक सशक्त, एकजुट और प्रगतिशील राष्ट्र के रूप में आगे बढ़ने की दिशा देता है। मुख्यमंत्री ने छत्तीसगढ़ निर्माण समिति के सदस्यों के ऐतिहासिक योगदान का सम्मानपूर्वक उल्लेख किया और कहा कि समिति की दूरदृष्टि एवं प्रयासों ने आज के मजबूत और विकसित होते छत्तीसगढ़ की नींव रखी है।  मुख्यमंत्री श्री साय ने कहा कि प्रधानमंत्री श्री नरेंद्र मोदी के नेतृत्व में देश विकसित भारत के अग्रसर लक्ष्य की ओर तेजी से बढ़ रहा है। उन्होंने कहा कि केंद्र सरकार के सहयोग से अधोसंरचना, शिक्षा, स्वास्थ्य, महिला सशक्तिकरण और आवास निर्माण जैसे क्षेत्रों में उल्लेखनीय प्रगति हुई है। प्रधानमंत्री आवास योजना के अंतर्गत छत्तीसगढ़ को 18 लाख आवासों की स्वीकृति इसी संकल्प की महत्वपूर्ण उपलब्धि है। मुख्यमंत्री ने कहा कि महतारी वंदन योजना के तहत छत्तीसगढ़ की लगभग 70 लाख महिलाओं को लाभ प्रदान किया जा रहा है, जो महिलाओं के सम्मान और आर्थिक मजबूती की दिशा में एक बड़ी उपलब्धि है। मुख्यमंत्री श्री साय ने संविधान के प्रति निष्ठा, समरसता, समानता और राष्ट्रीय विकास के संकल्प के साथ आगे बढ़ने की अपील की और कहा कि केंद्र एवं राज्य सरकार की संयुक्त प्रतिबद्धता से छत्तीसगढ़ भी विकसित भारत के निर्माण में प्रमुख भूमिका निभाएगा।  कार्यक्रम में बसना विधायक श्री सम्पत अग्रवाल, महिला आयोग की सदस्य श्रीमती सरला कोसरिया, छत्तीसगढ़ राज्य बीज निगम के अध्यक्ष श्री चंद्रहास चंद्राकर, स्थानीय जनप्रतिनिधिगण, कलेक्टर श्री विनय कुमार लंगेह, पुलिस अधीक्षक श्री आशुतोष सिंह एवं बड़ी संख्या में ग्रामीणजन मौजूद थे।

मुख्यमंत्री ने की ग्राम सलखंड में महतारी सदन बनाने की घोषणा

रायपुर  मुख्यमंत्री श्री विष्णुदेव साय आज महासमुंद जिले के बसना तहसील अंतर्गत ग्राम सलखण्ड में ग्रामीणों द्वारा आयोजित महालक्ष्मी देवी पूजन कार्यक्रम में  शामिल हुए। इस अवसर पर मुख्यमंत्री श्री साय ने मां लक्ष्मी से प्रार्थना करते हुए प्रदेशवासियों के सुख-समृद्धि और उत्तम स्वास्थ्य की कामना की। पूजन कार्यक्रम के दौरान पुजारियों द्वारा पारंपरिक मंत्रोच्चार किया गया, जिसमें मुख्यमंत्री ने श्रद्धापूर्वक भाग लिया। इसके बाद उन्होंने ग्रामीणों से आत्मीय मुलाकात कर उनकी समस्याओं और स्थानीय विकास कार्यों की जानकारी ली। इस अवसर पर मुख्यमंत्री श्री विष्णुदेव साय की धर्मपत्नी श्रीमती कौशल्या साय एवं रायपुर उत्तर विधायक श्री पुरंदर मिश्रा भी साथ थे।  इस अवसर पर मुख्यमंत्री श्री साय ने ग्राम सलखंड में महतारी सदन की बनाने की घोषणा की। साथ ही यहां एनीकेट निर्माण के लिए जल संसाधन विभाग को आवश्यक जानकारी जुटाकर प्रस्ताव बनाने के निर्देश दिए। इस अवसर पर मुख्यमंत्री श्री विष्णुदेव साय ने उपस्थित जनों को संबोधित करते हुए कहा कि आज पवित्र अगहन मास के अवसर पर मां महालक्ष्मी की पूजा में शामिल होकर हृदय से अत्यंत आनंद और सौभाग्य की अनुभूति हो रही है। बसना और सलखंड के ग्रामवासियों ने वर्षों से जिस भक्ति और परंपरा को जीवित रखा है, वह छत्तीसगढ़ की सांस्कृतिक विरासत का गौरवपूर्ण उदाहरण है।अगहन मास हमारे अंचल के लिए अत्यंत पवित्र माना जाता है। यह मास अन्न, धन और समृद्धि का प्रतीक है। इसी समय नई फसल खेतों में लहलहाती है, और घर-परिवार में सम्पन्नता के द्वार खुलते हैं। मां महालक्ष्मी जीवन में केवल धन ही नहीं, बल्कि सुख, शांति, उत्तम स्वास्थ्य और सदभाव का आशीर्वाद भी प्रदान करती हैं। इसी भावना के साथ हम सभी इस पूजन में शामिल होते हैं। उन्होंने मां लक्ष्मी से राज्य के प्रत्येक नागरिक के लिए सुख-समृद्धि, उत्तम स्वास्थ्य, सुरक्षित वातावरण और उज्ज्वल भविष्य की कामना की। उन्होंने कहा कि हमारी सरकार गांव, गरीब, किसान, महिला और युवाओं के सर्वांगीण विकास के लिए प्रतिबद्ध है। हम जनता की आकांक्षाओं को पूरा करने के लिए संकल्पित हैं। सलखंड गांव की यह 25 वर्षों से चल रही परंपरा न केवल श्रद्धा का प्रतीक है, बल्कि सामाजिक एकता, भाईचारे और सामुदायिक जागरूकता का भी उदाहरण है। यहां आयोजित मेला ग्रामीण संस्कृति, लोकाचार और पारंपरिक विरासत को आगे बढ़ाने का माध्यम बन चुका है।  मुख्यमंत्री श्री साय ने संविधान की गरिमा, लोकतांत्रिक मूल्यों और राष्ट्रनिर्माण में जनभागीदारी के महत्व को बताते हुए कहा कि संविधान हमारे अधिकारों के साथ-साथ कर्तव्यों की भी याद दिलाता है और यही दस्तावेज भारत को एक सशक्त, एकजुट और प्रगतिशील राष्ट्र के रूप में आगे बढ़ने की दिशा देता है। मुख्यमंत्री ने छत्तीसगढ़ निर्माण समिति के सदस्यों के ऐतिहासिक योगदान का सम्मानपूर्वक उल्लेख किया और कहा कि समिति की दूरदृष्टि एवं प्रयासों ने आज के मजबूत और विकसित होते छत्तीसगढ़ की नींव रखी है।  मुख्यमंत्री श्री साय ने कहा कि प्रधानमंत्री श्री नरेंद्र मोदी के नेतृत्व में देश विकसित भारत के अग्रसर लक्ष्य की ओर तेजी से बढ़ रहा है। उन्होंने कहा कि केंद्र सरकार के सहयोग से अधोसंरचना, शिक्षा, स्वास्थ्य, महिला सशक्तिकरण और आवास निर्माण जैसे क्षेत्रों में उल्लेखनीय प्रगति हुई है। प्रधानमंत्री आवास योजना के अंतर्गत छत्तीसगढ़ को 18 लाख आवासों की स्वीकृति इसी संकल्प की महत्वपूर्ण उपलब्धि है। मुख्यमंत्री ने कहा कि महतारी वंदन योजना के तहत छत्तीसगढ़ की लगभग 70 लाख महिलाओं को लाभ प्रदान किया जा रहा है, जो महिलाओं के सम्मान और आर्थिक मजबूती की दिशा में एक बड़ी उपलब्धि है। मुख्यमंत्री श्री साय ने संविधान के प्रति निष्ठा, समरसता, समानता और राष्ट्रीय विकास के संकल्प के साथ आगे बढ़ने की अपील की और कहा कि केंद्र एवं राज्य सरकार की संयुक्त प्रतिबद्धता से छत्तीसगढ़ भी विकसित भारत के निर्माण में प्रमुख भूमिका निभाएगा।  कार्यक्रम में बसना विधायक श्री सम्पत अग्रवाल, महिला आयोग की सदस्य श्रीमती सरला कोसरिया, छत्तीसगढ़ राज्य बीज निगम के अध्यक्ष श्री चंद्रहास चंद्राकर, स्थानीय जनप्रतिनिधिगण, कलेक्टर श्री विनय कुमार लंगेह, पुलिस अधीक्षक श्री आशुतोष सिंह एवं बड़ी संख्या में ग्रामीणजन मौजूद थे।

CGPSC SSE 2025: 238 पदों के लिए आवेदन शुरू, जानें CMO, डिप्टी कलेक्टर और पुलिस सेवा की मुख्य जानकारियाँ

रायपुर छत्तीसगढ़ लोक सेवा आयोग (CGPSC) ने 2025 की राज्य सेवा भर्ती परीक्षा के लिए आधिकारिक नोटिफिकेशन जारी कर दिया है। इस बार कुल 238 पदों पर भर्तियां की जाएंगी। मुख्य नगर पालिका अधिकारी (CMO) के लिए सबसे अधिक 29 पद हैं, जबकि राज्य पुलिस सेवा में 28 पद और डिप्टी कलेक्टर के लिए 14 पदों की भर्ती होगी। परीक्षा पैटर्न और सिलेबस में कोई बदलाव नहीं CGPSC ने स्पष्ट किया है कि इस वर्ष भी परीक्षा पुराने पैटर्न के अनुसार ही आयोजित की जाएगी। प्रारंभिक और मुख्य परीक्षा की संरचना पिछली बार की तरह रहेगी, और सिलेबस में कोई बदलाव नहीं किया गया है। मुख्य नगर पालिका अधिकारी (CMO) के लिए चार साल बाद वैकेंसी मुख्य नगर पालिका अधिकारी पदों के लिए भर्ती पिछली बार 2020 में हुई थी, तब कुल 6 पदों के लिए परीक्षा आयोजित की गई थी। 2019 में नियमों में बदलाव के बाद यह पद राज्य सेवा परीक्षा के माध्यम से भरा जाता है। इस बार चार साल बाद फिर से CMO के पदों पर भर्ती हो रही है। कौन कर सकता है आवेदन ? उम्मीदवार के पास किसी भी मान्यता प्राप्त विश्वविद्यालय से ग्रेजुएशन की डिग्री होना जरूरी है। आयु 21 से 30 साल के बीच होनी चाहिए। आरक्षित वर्ग को छूट मिलेगी। कब से कब तक कर सकेंगे आवेदन ? प्रारंभिक परीक्षा के लिए आवेदन 1 दिसंबर 2025 से 30 दिसंबर 2025 के बीच ऑनलाइन माध्यम से किए जा सकते हैं। इस बार भी केवल ऑनलाइन आवेदन स्वीकार किए जाएंगे, डाक या पेपर आधारित आवेदन स्वीकार नहीं किए जाएंगे। आवेदन शुल्क 500 रुपये निर्धारित किया गया है। आयोग ने उम्मीदवारों को आवेदन में सुधार की सुविधा भी प्रदान की है, जिसमें सुधार प्रक्रिया पूरी होने के बाद शुल्क का भुगतान किया जा सकेगा।     आवेदन शुरू: 1 दिसंबर 2025     आवेदन की अंतिम तिथि: 30 दिसंबर 2025 (रात 11:59 बजे तक) आवेदन में किसी प्रकार की गलती होने पर उम्मीदवार 3 जनवरी से 7 जनवरी 2026 के बीच संशोधन कर सकेंगे। 22 फरवरी को होगी प्रारंभिक परिक्षा प्रीलिम्स परीक्षा 22 फरवरी 2026 को आयोजित की जाएगी। यह परीक्षा दो पालियों में होगी – पहली पाली सुबह 10 बजे से दोपहर 12 बजे तक और दूसरी पाली दोपहर 3 बजे से शाम 5 बजे तक। जबकि मुख्य परिक्षा 16, 17, 18 और 19 मई 2026 को निर्धारित की गई हैं। आवेदन और परीक्षा से संबंधित विस्तृत जानकारी के लिए उम्मीदवार छत्तीसगढ़ लोक सेवा आयोग की वेबसाइट psc.cg.gov.in पर देख सकते हैं।

कार्यक्रम में अफरा-तफरी के बीच आरक्षक की मौत, पंडित प्रदीप मिश्रा की कथा में दुखद घटना

भानुप्रतापपुर भानुप्रतापपुर के ग्राम कच्चे में बुधवार को पं प्रदीप मिश्रा के कार्यक्रम में ड्यूटी पर लगे आरक्षक की मौत हो गई है. मृतक जवान का नाम त्रिनाथ भंडारी पिता सुदेसिंह भंडारी (उम्र 26 वर्ष) है. वह जवान बस्तर फाइटर में साल 2023 से पदस्थ था. फिलहाल मौत का कारण स्पष्ट नहीं हो पाया है. जानकारी के मुताबिक, भानुप्रतापपुर में आयोजित प्रदीप मिश्रा शिव पुराण कथा कार्यक्रम में जवान त्रिनाथ की सुरक्षा व्यवस्था में डयूटी लगी थी. वह नारायणपुर जिले के सोनपुर का निवासी था. भीरा गांव स्थित सीएएफ कैंप में मंगलवार रात विश्राम कर रहा था. सुबह निर्धारित समय पर नहीं उठने पर उसके साथियों ने उसे उठाने की कोशिश की, लेकिन कोई प्रतिक्रिया न मिलने पर तत्काल उसे भानुप्रतापपुर सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र लाया गया. जहां डॉक्टरों ने उसे मृत घोषित कर दिया। भानुप्रतापपुर पुलिस ने मामले की सूचना मृतक के परिजनों को दे दी है. परिजनों के भानुप्रतापपुर पंहुचने के बाद शव का पोस्टमार्टम कराया गया. परिजनों के अनुसार जवान पहले से अस्वस्थ चल रहा था, हालांकि वास्तविक कारण पोस्टमार्टम रिपोर्ट के बाद ही स्पष्ट हो पाएगा.