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सिंहस्थ से पहले तैयार होगा भोपाल-इंदौर हाईवे का 31 करोड़ रुपये का फ्लाईओवर

 भोपाल  भोपाल शहर के सबसे प्रमुख सड़क जंक्शन को सुरक्षित करने की योजना ने महत्वपूर्ण पड़ाव पूरा कर लिया है। भोपाल-इंदौर राजमार्ग पर यह छह लेन का नया फ्लाईओवर है, जिसका निर्माण 31 करोड़ रुपयों की लागत से होगा। इसके बन जाने से भोपाल से इंदौर जाने वालों को खजुरी स्थित 11 मील जंक्शन की भीड़ का सामना नहीं करना पड़ेगा। विधानसभा अध्यक्ष नरेंद्र सिंह तोमर और क्षेत्रीय भाजपा विधायक रामेश्वर शर्मा ने बुधवार को इस परियोजना के निर्माण कार्य का भूमिपूजन किया। इस दौरान विधानसभा अध्यक्ष ने नरेंद्र सिंह तोमर ने कहा कि प्रदेश सरकार में सबका साथ-सबका विकास के तहत पूरे भोपाल में तेजी से विकास कार्य किए जा रहे हैं। इसी के तहत यह फ्लाईओवर का निर्माण कार्य किया जाएगा, जो कि 2028 में होने वाले उज्जैन सिंहस्थ के पहले तैयार हो जाएगा। ऐसे में इंदौर-भोपाल मुख्य मार्ग पर बढ़ते यातायात को विभाजित करने में मदद मिलेगी और इस सड़क पर हो रहे हादसे भी नियंत्रित होंगे। 18 महीने में निर्माण का लक्ष्य अधिकारियों ने बताया कि छह लेन के इस फ्लाईओवर की लंबाई 850 मीटर होगी। इसके निर्माण की जिम्मेदारी मध्य प्रदेश सड़क विकास निगम को मिली है। यह एजेंसी 18 महीने में निर्माण पूरा करने की लक्ष्य लेकर चल रही है। फ्लाईओवर के साथ उसपर पथप्रकाश व्यवस्था और सर्विस लेन भी बनाई जाएगी ताकि आवागमन सुगम बना रहे। भोपाल बाइपास को बाइपास करेगा खजूरी स्थित 11 मील तिराहे पर भोपाल बायपास व भोपाल इंदौर राजमार्ग आपस में जुड़ते हैं। इस तिराहे से औसतन दो लाख वाहन रोज गुजरते हैं। इसकी वजह से इस चौराहे पर अक्सर जाम लग जाता है। नया फ्लाईओवर जंक्शन से करीब 400 मीटर पहले शुरू होगा। जंक्शन तिराहे के ऊपर से गुजरकर यह खजुरी के पास उतरेगा। इसकी वजह से भोपाल से इंदौर या इंदौर से भोपाल की ओर आ रहे वाहनों को जाम से मुक्ति मिल जाएगी। बाइपास से आने वाले वाहन सर्विस रोड से होकर मुख्य सड़क पर पहुंचेंगे।     850 मीटर लंबा होगा फ्लाईओवर     6 लेन का होगा     31 करोड़ रुपयों में बनेगा     18 महीने में पूरा होगा     3 लाख लोग रोजाना गुजरेंगे  

जबलपुर को मिली गोल्फ टूर्नामेंट की मेजबानी, 8 नवंबर से लगेगा गोल्फ खिलाड़ियों का जमावड़ा

जबलपुर  गोल्फ फेडरेशन ऑफ इंडिया के तत्वाधान में देश भर में 'भारत गोल्फ महोत्सव' का आयोजन हो रहा है. इसका शुभारंभ प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के जन्मदिन 17 सितम्बर से हुआ और समापन 12 जनवरी को स्वामी विवेकानंद की जयंती पर होगा. सबसे खास बात यह है कि, इसी क्रम में जबलपुर को मेजबानी करने का मौका मिला है. इसका आयोजन आर्मी क्षेत्र (एप्टा) में 8 और 9 नवंबर को किया जाएगा, जो इसे और भी विशेष बनाता है. इस आयोजन के माध्यम से यह प्रयास किया जा रहा है कि, युवा मोबाइल स्क्रीन और नशे की आदत से निकलकर खेल के मैदान में आएं. यह दो दिवसीय महोत्सव आर्मी एरिया में आयोजित किया जा रहा है. जिसमें देश भर के गणमान्य व्यक्ति, गोल्फ खिलाड़ी और वीर जवान शामिल होंगे. 2 दिनों चलेगा गोल्फ महोत्सव 8 नवम्बर को जबलपुर में भारत गोल्फ महोत्सव का शुभारंभ होगा. विभिन्न कार्यक्रर्मों के साथ ही बाहर से आये गोल्फ खिलाड़ियों का रजिस्ट्रेशन दिन भर चलेगा. इस महोत्सव मे मुख्य केंद्र-बिंदु सामाजिक चेतना है. जिसके तहत कई लक्ष्यों पर ध्यान केंद्रित किया गया है. जिसमें पर्यावरण के प्रति लोगों को जागरूक करने के लिये गोल्फ जैसे खेल को प्रोत्साहित करना जो प्रकृति और हरियाली के बीच में खेले जाते हैं. 'मेक इन इंडिया' स्वदेशी और भारतीय उत्पादों को प्रोत्साहित करना. शिक्षा के प्रसार और गुणवत्ता को बढ़ावा देने के साथ ही युवाओं को नशे की लत से दूर रखकर खेल के मैदान में उतारना है. लोगों में बढ़ता मोटापा जो आज के समय की बहुत बड़ी समस्या है, लिहाजा इस समस्या के प्रति भी लोगों को जागरूक करना शामिल है. वीर जवानों के बीच होगा आयोजन गोल्फ फेडरेशन ऑफ इंडिया के जनरल सेक्रेटरी आर्यवीर आर्या ने जानकारी देते हुए बताया कि, "यह कार्यक्रम इसलिए भी विशेष है क्योंकि यह देश के वीर जवानों के बीच हो रहा है, यानी आर्मी एरिया में हो रहा है. इस दौरान वीर नारियों का सम्मान कर इस कार्यक्रम को और भी ज्यादा गौरवमय बनाया जाएगा. NTOBC रन, गोल्फ ट्रेनिंग के माध्यम से युवा प्रतिभाओं को प्रोत्साहन, पौधारोपण, स्वास्थ्य और प्रकृति के प्रति जागरूकता करना है. छात्रों को गोल्फ ट्रेनिंग भी दी जाएगी. रणदीप हुड्डा बढ़ाएंगे खिलाड़ियों का हौसला अगले दिन 9 नवम्बर को गोल्फ प्रतियोगिता का शुभारंभ होगा, जिसमें अभिनेता रणदीप हुड्डा भी शामिल होंगे. जिसके बाद दिन में गोल्फ प्रतियोगिता संपन्न होगी और शाम को अवार्ड वितरण के साथ ही कल्चरल प्रोग्राम, भव्य सांस्कृतिक कार्यक्रम और शहीदों के परिवार का सम्मान किया जाएगा. जिसके बाद इस 2 दिवसीय टूर्नामेंट का समापन होगा. गोल्फ फेडरेशन ऑफ इंडिया ने खेल प्रेमियों के साथ ही युवाओं और नागरिकों से अपील की है की विशेष तौर पर ज्यादा से ज्यादा संख्या में आयोजन से जुड़ कर इसे सफल बनाये. अभिनेता रणदीप हुड्डा ने बताया, ''मैं आ रहा हूं जबलपुर, जहां भारत गोल्फ महोत्सव के आयोजन में शामिल होऊंगा. इस दौरान वीर नारियों का ह्रदय से सम्मान किया जाएगा. हजारों की संख्या में प्लांटेशन और मैराथन का भी आयोजन होगा. सबको इस कार्यक्रम में शामिल होना चाहिए.''

मुख्यमंत्री डॉ. यादव एवं केन्द्रीय नागर विमानन मंत्री नायडू 10 नवम्बर को विमान करेंगे रवाना

भोपाल  विन्ध्यवासियों के लिये इंतजार की घड़ी समाप्त हो रही है। रीवा, विन्ध्य एवं आसपास के क्षेत्र के लोगों को वायु सेवा का नियमित लाभ मिलना शुरू हो जायेगा। रीवा से दिल्ली के लिये 72 सीटर विमान 10 नवम्बर को रीवा एयरपोर्ट से रवाना होगा। मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव एवं केन्द्रीय नागर विमानन मंत्री श्री राममोहन नायडू एलायंस एयर के एटीआर 72 को दोपहर 12 बजे दिल्ली के लिये रवाना करेंगे। उप मुख्यमंत्री श्री राजेन्द्र शुक्ल ने आगामी 10 नवम्बर को एयरपोर्ट रीवा में सुबह 11 बजे से आयोजित होने वाले शुभारंभ कार्यक्रम की तैयारियों की समीक्षा कर वरिष्ठ अधिकारियों को आवश्यक निर्देश दिये। एयरपोर्ट रीवा में मंच व्यवस्था सहित अन्य व्यवस्थाओं के संबंध में उप मुख्यमंत्री ने अधिकारियों को निर्देशित किया। उन्होंने कहा कि विन्ध्य क्षेत्र में हवाई सुविधाओं में वृद्धि हुई साथ ही आर्थिक सुदृढ़ता आई है। यह एयरपोर्ट केवल आधारभूत संरचना नहीं बल्कि विन्ध्य क्षेत्र के विकास को दिशा देने वाला माध्यम है। इससे क्षेत्र की आर्थिक, पर्यटन और औद्योगिक प्रगति का नया अध्याय लिखा जा रहा है। एटीआर-72 विमान के संचालन से विन्ध्य क्षेत्र के साथ ही जिले से लगे उत्तरप्रदेश के लोगों को भी इससे लाभ मिलेगा। उन्होंने बताया कि शीघ्र ही रीवा से इंदौर के लिये भी वायु सेवा शुरू होगी जिससे कनेक्टिंग तौर पर यात्रियों को इंदौर से देश के अन्य शहरों के लिये भी वायुयान उपलब्ध रहेंगे। इस अवसर पर एलायंस एयर के प्रतिनिधि श्री मुकेश जायसवाल व श्री यशवर्धन सिंह ने बताया कि 10 नवम्बर को वायुयान 12.10 बजे रीवा से दिल्ली रवाना होगा। इसके बाद 11 नवम्बर से सप्ताह में तीन दिन विमान का नियमित रूप से संचालन होगा। बैठक में आयुक्त रीवा संभाग श्री बी.एस. जामोद, आईजी श्री गौरव राजपूत, कलेक्टर श्रीमती प्रतिभा पाल, अध्यक्ष नगर निगम श्री व्यंकटेश पाण्डेय सहित प्रशासनिक एवं विभागीय अधिकारी उपस्थित रहे। 

उच्च शिक्षा मंत्री ने माउंट आबू में ‘माइंड–मनी मैनेजमेंट कॉन्फ्रेंस’ का किया शुभारंभ

भोपाल  उच्च शिक्षा, तकनीकी शिक्षा एवं आयुष मंत्री श्री इन्दर सिंह परमार ने कहा है कि मन का संयम ही सच्चा धन है। मंत्री श्री परमार ने कहा कि जीवन में धन और सफलता का संतुलन तभी संभव है जब मन स्थिर और संयमित हो। मन में यदि शांति नहीं है तो उपलब्धियाँ भी अधूरी लगती हैं। मंत्री श्री परमार बुधवार को राजस्थान स्थित माउंट आबू में ब्रह्माकुमारीज़ के आनंद सरोवर परिसर में, "थर्ड नेशनल माइंड–मनी मैनेजमेंट कॉन्फ्रेंस" के शुभारंभ अवसर पर मुख्य अतिथि के रूप में संबोधित कर रहे थे। मंत्री श्री परमार ने कहा कि ब्रह्माकुमारीज़ संस्थान, हमें यह सिखाता है कि सच्चा धन आंतरिक संतुलन और नीतिपूर्ण जीवन में है। उन्होंने कहा कि इस प्रकार के सम्मेलन, समाज में मूल्यों और नैतिकता की दिशा में एक मजबूत पहल हैं। वरिष्ठ राजयोग शिक्षिका डॉ. सविता दीदी, निदेशक आनंद सरोवर ने कहा कि जब मन स्थिर होता है तभी निर्णय सटीक होते हैं।“आज वित्तीय बुद्धिमत्ता के साथ भावनात्मक बुद्धिमत्ता का संगम आवश्यक है। धन की गति मन की दिशा से निर्धारित होती है। जब मन शांत और स्थिर होता है, तब निर्णयों में स्पष्टता आती है और सफलता टिकाऊ बनती है।” दीदी ने उपस्थित प्रतिभागियों को राजयोग ध्यान के माध्यम से भीतर की स्थिरता अनुभव करने के लिए प्रेरित किया। कार्यक्रम के संयोजक श्री ललित इनानी ने कहा कि कॉन्फ्रेंस का उद्देश्य है कि प्रोफेशनल्स न केवल बाहरी समृद्धि बल्कि मानसिक और आध्यात्मिक समृद्धि को भी अपना लक्ष्य बनाएं। व्यक्ति जब स्वयं के मूल स्वरूप को पहचानता है, तब वह धन का उपयोग समाज–कल्याण और आत्म–संतोष के लिए करता है।” राजस्थान के माउंट आबू में ब्रह्माकुमारीज़ के आनंद सरोवर परिसर में बुधवार को ‘थर्ड नेशनल माइंड–मनी मैनेजमेंट कॉन्फ्रेंस’ का शुभारंभ भव्य वातावरण में हुआ। यह राष्ट्रीय सम्मेलन 5 से 9 नवम्बर तक आयोजित होगा एवं इसमें देश से वित्त जगत, कॉर्पोरेट क्षेत्र, टैक्सेशन, बैंकिंग, चार्टर्ड अकाउंटेंसी और प्रशासनिक सेवाओं से जुड़े सैकड़ों पेशेवर सहभागिता कर रहे हैं। सम्मेलन के शुभारंभ पर विभिन्न राज्यों से आए सीए, बैंक अधिकारी, टैक्स विशेषज्ञ, युवा उद्यमी एवं वित्तीय कारोबार से संबंधित लोग उपस्थित रहे। कार्यक्रम में ‘माइंड–मनी’ विषय पर प्रेरक वीडियो प्रस्तुति, सांस्कृतिक संध्या तथा ‘राजयोग मेडिटेशन अनुभव सत्र’ आयोजित किए गए। पाँच दिवसीय सम्मेलन में विभिन्न सत्रों में विशेषज्ञों द्वारा ‘माइंडफुल लीडरशिप’, ‘वैल्यू–बेस्ड वेल्थ मैनेजमेंट’ और ‘स्ट्रेस–फ्री सक्सेस’ जैसे विषयों पर कार्यशालाएँ आयोजित की जाएँगी। प्रतिभागियों ने कहा कि यह सम्मेलन केवल धन प्रबंधन का प्रशिक्षण नहीं, बल्कि जीवन प्रबंधन का गहन पाठ है।  

अमरकंटक ताप विद्युत गृह चचाई की यूनिट नंबर 5 ने किया रिकार्ड कायम

मध्यप्रदेश के इतिहास में पहली बार किसी विद्युत उत्पादन यूनिट ने लगातार 400 दिन संचालित रहने का बनाया रिकार्ड ऊर्जा मंत्री श्री तोमर ने दी बधाई भोपाल मध्यप्रदेश पावर जनरेटिंग कंपनी (MPPGCL) के अमरकंटक ताप विद्युत गृह चचाई (ATPS) की 210 मेगावाट क्षमता की यूनिट नंबर 5 प्रदेश के इतिहास में ऐसी प्रथम विद्युत उत्पादन यूनिट होने का गौरव पाया जो लगातार 400 दिनों से संचालित है। यह यूनिट 1 अक्टूबर 2024 से निरंतर विद्युत उत्पादन कर रही है। यूनिट ने गत माह अक्टूबर की 4 तारीख को लगातार 365 दिन (एक वर्ष) तक निर्बाध विद्युत उत्पादन करने का तमगा हासिल किया था। यूनिट 5 के निर्बाध संचालन से प्रदेश के विद्युत ग्रिड को स्थिरता मिली और घरेलू व औद्योगिक उपभोक्ताओं को सुचारु विद्युत आपूर्ति सुनिश्चित हुई। इस उपलब्धि से न केवल म.प्र. पावर जनरेटिंग कंपनी की साख मजबूत हुई बल्कि यह प्रदेश की अन्य ताप विद्युत इकाइयों के लिए प्रेरणा स्रोत भी बनी है। ऊर्जा मंत्री ने ऐतिहासिक सफलता पर दी बधाई अमरकंटक ताप विद्युत गृह चचाई की यूनिट नंबर 5 की इस सफलता व उपलब्धि पर ऊर्जा मंत्री प्रद्युम्न सिंह तोमर और अपर मुख्य सचिव ऊर्जा श्री नीरज मंडलोई और प्रबंध संचालक मनजीत सिंह ने हर्ष व्यक्त करते हुए बधाई दी। उन्होंने कहा कि यह उपलब्धि अमरकंटक ताप विद्युत गृह चचाई के यूनिट नंबर के ऑपरेशन व मेंटेनेंस अभियंताओं व कार्मिकों की लगन, मेहनत व समर्पण का सबसे बड़ा उदाहरण है। 98.26 फीसदी का शानदार पीएएफ 210 मेगावाट की यूनिट ने जिस समय 400 दिन सतत् विद्युत उत्पादन करने का रिकार्ड बनाया तब 98.26 फीसदी प्लांट उपलब्धता फेक्टर (पीएएफ) व 94.58 प्रतिशत का शानदार प्लांट लोड फेक्टर (पीएलएफ) की उपलब्धि हासिल की। आँकड़े यूनिट की तकनीकी दक्षता और संचालन में उत्कृष्टता को दर्शाते हैं। चचाई के अभियंताओं व कार्मिकों ने दिखाया कमाल पावर जनरेटिंग कंपनी के प्रबंध संचालक श्री मनजीत सिंह ने कहा कि सामूहिक प्रयास, अनुशासित कार्यशैली व उच्च तकनीकी दक्षता से अमरकंटक ताप विद्युत गृह की यूनिट नंबर 5 जैसे परिणाम हासिल किए जा सकते हैं। चुनौतीपूर्ण कार्य लगातार एक वर्ष तक बिना रुकावट संचालन किसी भी ताप विद्युत इकाई के लिए अत्यंत चुनौतीपूर्ण कार्य है, जिसके लिए बॉयलर, टरबाइन, जनरेटर एवं सहायक प्रणालियों का सटीक रखरखाव, निरंतर निगरानी व तकनीकी समस्याओं का त्वरित समाधान जरूरी होता है। यह उपलब्धि मध्यप्रदेश पॉवर जनरेटिंग कंपनी लिमिटेड (MPPGCL) की समर्पित टीम के निरंतर परिश्रम व तकनीकी विशेषज्ञता का परिणाम है।  

मंत्री सारंग ने तैयारियों की समीक्षा कर दिए आवश्यक दिशा-निर्देश

भोपाल  सहकारिता मंत्री श्री विश्वास कैलाश सारंग ने गुरुवार को मंत्रालय में सहकारिता विभाग के वरिष्ठ अधिकारियों के साथ बैठक कर आगामी 14 से 20 नवम्बर राष्ट्रीय सहकारिता सप्ताह तथा अंतर्राष्ट्रीय सहकारिता वर्ष 2025 के समापन समारोह की तैयारियों की विस्तृत समीक्षा की। बैठक में मंत्री श्री सारंग ने कार्यक्रमों के प्रभावी संचालन और जनभागीदारी सुनिश्चित करने के लिए आवश्यक दिशा-निर्देश दिए। सप्ताह की थीम “आत्मनिर्भर भारत के माध्यम के रूप में सहकारिता” बैठक में बताया गया कि इस वर्ष राष्ट्रीय सहकारिता सप्ताह की थीम “आत्मनिर्भर भारत के माध्यम के रूप में सहकारिता” निर्धारित की गई है। यह विषय आत्मनिर्भर भारत के दृष्टिकोण को साकार करने में सहकारी समितियों की भूमिका को रेखांकित करता है। विशेष रूप से कृषि, ग्रामीण ऋण, सूक्ष्म-उद्यम, महिला सशक्तिकरण और स्थानीय उत्पादन जैसे क्षेत्रों में सहकारिता की भूमिका न केवल आर्थिक आत्मनिर्भरता की दिशा में महत्वपूर्ण है, बल्कि यह समावेशी एवं सतत विकास का भी आधार बन रही है। सप्ताह के दौरान होंगे जन-जागरण कार्यक्रम मंत्री श्री सारंग ने कहा कि सहकारिता सप्ताह के दौरान ऐसे जन-जागरण कार्यक्रम आयोजित किये जायें, जिनसे आम नागरिकों में सहकारिता के प्रति रुचि और जुड़ाव बढ़े। यह आवश्यक है कि सहकारिता आंदोलन की पहुँच गाँव-गाँव और शहर-शहर तक हो, जिससे “सहकार से समृद्धि” का भाव हर व्यक्ति के जीवन में उतर सके। विशेषज्ञों के साथ विचार-विमर्श मंत्री श्री सारंग ने निर्देश दिए कि नागरिक बैंकों को मुख्यधारा में लाने के प्रयासों पर विशेष ध्यान दिया जाये और इस दिशा में महाराष्ट्र के विशेषज्ञों के साथ एक विशेष विचार-विमर्श सत्र आयोजित किया जाये। उन्होंने कहा कि सहकारी समितियों द्वारा निर्मित स्वदेशी उत्पादों के प्रोत्साहन के लिए एक ऐसा मंच तैयार किया जाये, जहाँ स्थानीय उत्पादकों और उपभोक्ताओं को सीधे जोड़ा जा सके। साथ ही प्रदेश में होने वाली स्वदेशी केन्द्रित नवाचार आधारित प्रदर्शनी को विशेष महत्व दिया जायेगा, जिसमें आत्मनिर्भरता और स्थानीय उत्पादन को बढ़ावा देने वाले विचारों और नवाचारों को प्रमुखता दी जायेगी। विशेष संवाद ‘सहकारिता मंथन’ मंत्री श्री सारंग ने कहा कि प्रदेश की विभिन्न सहकारी संस्थाओं के प्रतिनिधियों के साथ एक विशेष संवाद कार्यक्रम ‘सहकारिता मंथन’ के रूप में आयोजित किया जाये, जिसमें विभाग से जुड़े मुद्दों पर चर्चा एवं समस्या-समाधान के ठोस प्रयास किये जायेंगे। उन्होंने उपार्जन और खाद वितरण व्यवस्था को अधिक पारदर्शी और सरलीकृत करने के लिये उपयोगी संवाद कार्यक्रम आयोजित करने का सुझाव दिया। बैठक में आयुक्त एवं पंजीयक सहकारिता श्री मनोज पुष्प, प्रबंध संचालक उपभोक्ता संघ श्री ऋतुराज रंजन, प्रबंध संचालक बीज संघ श्री महेन्द्र दीक्षित सहित विभाग के वरिष्ठ अधिकारी उपस्थित रहे। उल्लेखनीय है कि राष्ट्रीय सहकारिता सप्ताह प्रतिवर्ष 14 से 20 नवम्बर तक पूरे देश में मनाया जाता है। इस सप्ताह के दौरान सहकारी समितियों के योगदान को रेखांकित किया जाता है। उनकी उपलब्धियों को प्रदर्शित किया जाता है और सहकारिता आंदोलन को और अधिक सशक्त बनाने के लिए विचार-विमर्श एवं संवाद के कार्यक्रम किये जाते हैं। इस वर्ष का आयोजन “आत्मनिर्भर भारत” की भावना को सशक्त करने और सहकारिता को विकास की मुख्यधारा में लाने की दिशा में एक सार्थक पहल साबित होगा।  

बिजली के तार चोरी करने पर अज्ञात आरोपी के खिलाफ एफआईआर दर्ज

भोपाल  मध्य क्षेत्र विद्युत वितरण कंपनी द्वारा हरदा वृत्त के अंतर्गत ग्राम खामापड़वां और छीपाबड़ में बिजली के तार चोरी करने वाले अज्ञात आरोपित के विरूद्ध एफ.आई.आर दर्ज कराई गई है। सहायक प्रबंधक वितरण केन्द्र हरदा श्री अरूण कुमार चंदेले ने बताया कि वितरण केन्द्र हरदा संभाग (दक्षिण) के ग्राम खामापड़वां में 31 अक्टूबर से 01 नवंबर 2025 के बीच अज्ञात व्यक्ति द्वारा 11 केवी कुल 13 खंबे कुकरावत पंप फीडर के एएएसी रैकुन तीनों तार जिसकी लंबाई लगभग 0.91 किलोमीटर विद्युत लाइन जिसकी कीमत दो लाख, 55 हजार रूपए है, के तार चोरी कर लिए गए हैं। चोरी की जानकारी मिलने पर कंपनी द्वारा पंचनामा तैयार कर 04 नवंबर को थाना सिविल लाइन हरदा में अज्ञात आरोपी के विरुद्ध चोरी की एफआईआर दर्ज कराई गई है। थाना सिविल लाइन हरदा द्वारा भारतीय न्याय संहिता (बीएनएस) 2023 की धारा 303(2) के अंतर्गत एफ.आई.आर. दर्ज कर विवेचना शुरू कर दी है। सहायक प्रबंधक उपसंभाग खिरकिया श्री बालकृष्ण पल्हेवार ने बताया कि खिरकिया के ग्राम छीपाबड़ में 30 अक्टूबर रात्रि 10 बजे से 31 अक्टूबर 2025 सुबह 6 बजे के बीच अज्ञात व्यक्ति द्वारा 11 केवी पहट टेपिंग फीडर की 6 स्पॉन जो कि लगभग 2 किलोमीटर एसीएसआर कंडक्टर है, के तार चोरी कर लिए गए हैं। क्षेत्रीय लाइन कर्मचारी श्री मांगीलाल डाबर से चोरी की जानकारी मिलने पर कंपनी द्वारा पंचनामा तैयार कर 04 नवंबर को थाना छीपाबड़ जिला हरदा में अज्ञात आरोपी के विरुद्ध चोरी की एफआईआर दर्ज कराई गई है। थाना छीपाबड़ जिला हरदा द्वारा भारतीय न्याय संहिता (बीएनएस) 2023 की धारा 303(2) के अंतर्गत एफ.आई.आर. दर्ज कर विवेचना शुरू कर दी है।  

घाना, वियतनाम और श्रीलंका के साथ सहयोग पर की चर्चा

भोपाल  वर्ल्ड ट्रैवल मार्ट (WTM) लंदन 2025 का दूसरा दिन मध्य प्रदेश के लिए बेहद सार्थक और सफल रहा. इस प्रतिष्ठित वैश्विक मंच पर पर्यटन, संस्कृति, धार्मिक न्यास एवं धर्मस्व राज्य मंत्री (स्वतंत्र प्रभार) श्री धर्मेंद्र सिंह लोधी ने पर्यटन और सांस्कृतिक आदान-प्रदान में सहयोग के नए अध्याय जोड़ने के लिए भारत और विदेश के कई प्रमुख गणमान्य व्यक्तियों से मुलाकात की। इन सभी चर्चाओं में मध्य प्रदेश की समृद्ध विरासत, वन्य जीवन, आध्यात्मिकता और संस्कृति की झलक दिखाई दी, जिसने एक बार फिर इस बात को सिद्ध किया कि मध्य प्रदेश "अतुल्य भारत का हृदय" है। राज्य मंत्री श्री लोधी ने घाना की पर्यटन मंत्री सुश्री अबला द्ज़िफा गोमाशी के साथ सांस्कृतिक साझेदारी और वियतनाम के संस्कृति मंत्री श्री गुयेन वैन हंग के साथ विरासत-आधारित पर्यटन एवं संयुक्त प्रचार अभियानों को बढ़ावा देने पर गहन विमर्श किया। अंतर्राष्ट्रीय के साथ अंतर-राज्यीय संबंधों को मजबूती देते हुए, राज्य मंत्री श्री लोधी ने आंध्र प्रदेश के पर्यटन मंत्री श्री कंदुला दुर्गेश से मुलाकात की और आपसी सांस्कृतिक सहयोग की संभावनाओं पर चर्चा की। श्रीलंका के साथ हुई बैठक विशेष रूप से उल्लेखनीय रही। वहाँ के पर्यटन मंत्री श्री विजिथा हेराथ के साथ हुई बातचीत का मुख्य केंद्र, मध्य प्रदेश के बौद्ध सर्किट को श्रीलंका में लोकप्रिय बनाना और बदले में, श्रीलंका के रामायण ट्रेल से भारतीय यात्रियों को परिचित कराना था। इस महत्वपूर्ण साझेदारी को औपचारिक रूप देने के लिए, राज्य मंत्री श्री लोधी ने भारत सरकार के पर्यटन मंत्रालय के माध्यम से एक समझौता ज्ञापन (MoU) पर हस्ताक्षर करने की प्रक्रिया शुरू करने का भी प्रस्ताव रखा। राज्य मंत्री श्री लोधी ने बकिंघमशायर काउंसिल की मेयर सुश्री प्रेरणा भारद्वाज से भी भेंट की। इस मुलाकात का उद्देश्य ब्रिटेन में बसे भारतीय समुदाय के साथ सांस्कृतिक और पर्यटन संबंधों को प्रगाढ़ करना था। ये सभी बैठकें अंतरराष्ट्रीय पर्यटन के नक्शे पर मध्य प्रदेश की बढ़ती साख और साझा विरासत व टिकाऊ यात्रा अनुभवों को बढ़ावा देने की उसकी गहरी प्रतिबद्धता का प्रमाण हैं।  

अनुसूचित जाति-जनजाति कल्याण संबंधी योजनाओं पर संसदीय समिति का अध्ययन दौरा

जनजातीय क्षेत्रों में साक्षरता और कौशल बढ़ाने पर जोर भोपाल अनुसूचित जाति एवं जनजाति कल्याण संबंधी योजनाओं के लिए मध्यप्रदेश के अध्ययन दौरे पर आई संसदीय समिति ने गुरूवार को भोपाल में इन वर्गों के कल्याण की योजनाओं एवं उनकी वर्तमान सामाजिक आर्थिक स्थिति की समीक्षा की। बैठक की अध्यक्षता सांसद श्री फग्गन सिंह कुलस्ते ने की। संसदीय समिति ने जनजातीय क्षेत्र में साक्षरता दर बढ़ाने, जनजातीय एवं अनुसूचित वर्गों के विद्यार्थियों को कौशल संपन्न बनाने और मैदानी स्तर पर उनकी कल्याणकारी योजनाओं के प्रभावी क्रियान्वयन करने की अपेक्षा की। राज्य शासन की ओर से अपर मुख्य सचिव श्री अशोक बर्णवाल एवं पुलिस महानिदेशक श्री कैलाश मकवाना ने संसदीय समिति के सदस्यों को शासन के निर्णयों एवं कार्य योजनाओं से अवगत कराया। समिति के सदस्यों ने मुख्य रूप से अनुसूचित जाति और जनजातियों के विकास की योजनाओं, जल जीवन मिशन के कार्यों, केन्द्रीय बजट के व्यय की स्थिति, विभिन्न विभागों में पदों की स्थिति एवं प्रतिनिधित्व, रोजगार, स्वास्थ्य एवं शिक्षा संबंधी मुद्दे, संविधान के अनुच्छेद 275 के अंतर्गत दिए बजट के उपयोग, वन अधिकार, पेसा कानून के क्रियान्वयन, अनुसूचित जाति/जनजाति के विरुद्ध अपराध की रोकथाम संबंधी कानून पर चर्चा की। समिति को म.प्र. में योजनाओं के क्रियान्वयन संबंधी और प्रगति से अवगत कराया गया। अपर मुख्य सचिव श्री अशोक बर्णवाल ने अध्ययन समिति को प्रशासन की नीतियों एवं योजनाओं से अवगत कराते हुए बताया कि संविधान की भावना के अनुरूप नीतियाँ और योजनाएं बनाई जा रही है। अनुसूचित जाति, जनजातियों के विरुद्ध संभावित अपराधों को रोकने के लिए निगरानी तंत्र को सशक्त किया गया है। सरकारी नौकरियों, पदोन्नतियों में प्रतिनिधित्व का भी पूरा ध्यान रखा जा रहा है। प्रमुख सचिव जनजातीय कार्य श्री गुलशन बामरा ने संसदीय समिति को अवगत कराया कि पीएम जनमन अभियान में प्रदेश को 7300 करोड रुपए की प्रावधानित राशि मिली है। विगत 5 वर्षों में 812 करोड रुपए की परियोजनाएं स्वीकृत की गई हैं और प्रधानमंत्री आदि आदर्श ग्राम योजना में 499 करोड रुपए स्वीकृत किए गए। पीएम जनमन में हितग्राहीमूलक योजना में आधार कार्ड, जन धन बैंक खाता, आयुष्मान भारत, जाति प्रमाण पत्र, किसान क्रेडिट कार्ड, पीएम किसान सम्मान निधि, राशन कार्ड जैसे जरूरी दस्तावेज उपलब्ध कराने में प्रदेश ने 100% उपलब्धि हासिल की है। दूरस्थ गांव में मोबाइल मेडिकल यूनिट संचालित है। शिक्षा के लिए 106 छात्रावास स्वीकृत किए गए हैं। महिला एवं बाल विकास विभाग के अंतर्गत 704 आंगनवाड़ी केंद्र स्वीकृत किए गए हैं और 135 नए केंद्रों का प्रस्ताव भारत सरकार को भेजा गया है। इनमें से 628 संचालित है। हर घर नल से जल योजना में 8 लाख 43 हजार जनजातीय परिवारों के घरों में नल से जल पहुंच रहा है। दूरस्थ गांव में मोबाइल नेटवर्क के लिए मोबाइल टॉवर स्थापित किये जा रहे हैं। वन अधिकार अधिनियम के अंतर्गत प्रगति की जानकारी देते हुए प्रमुख सचिव श्री बामरा ने समिति सदस्यों को बताया कि 2 लाख 89 हजार दावों को मान्य किया गया है और 87 हजार दावों का दोबारा परीक्षण किया जा रहा है। इसके अतिरिक्त 28 हजार से ज्यादा सामुदायिक वन अधिकारों को मान्य किया गया है। संसदीय समिति के सदस्यों में श्रीमती प्रतिमा मंडल, श्री अर्जुन कुमार सागर, श्री जगन्नाथ सरकार, श्री हरिश्चंद्र मीणा, श्री गोविंद मुकथप्पा करजोल, श्री दग्गुमल्ला प्रसाद राव, एडवोकेट श्री चंद्रशेखर, श्री विष्णु दयाल राम लोकसभा से और राज्यसभा से श्रीमती सुमित्रा बाल्मिक, श्री मिथलेश कुमार, श्री रवांगारा नार्जरी, श्रीमती फुलो देवी नेताम, श्री देवेंद्र प्रताप सिंह, डॉ. वी. स‍विदासन, श्रीमती ममता ठाकुर शामिल थे। राज्य शासन की ओर से अपर मुख्य सचिव उच्च शिक्षा श्री अनुपम राजन, अपर मुख्य सचिव पंचायत श्रीमती दीपाली रस्तोगी, अपर मुख्य सचिव वित्त श्री मनीष रस्तोगी, प्रमुख सचिव श्री मनीष सिंह, प्रमुख सचिव स्वास्थ्य एवं चिकित्सा शिक्षा श्री संदीप यादव, आयुक्त अनुसूचित जाति श्री सौरभ कुमार सुमन एवं संबंधित विभागों के वरिष्ठ अधिकारी उपस्थित थे। आयुक्त जनजातीय विकास अधिकारी श्री श्रीमन शुक्ला ने बैठक का संचालन किया। 

नन्हीं परी की बड़ी जंग: सरकार ने बढ़ाया मदद का हाथ, दिल की सर्जरी के लिए बच्ची को एयरलिफ्ट किया गया

जबलपुर सिहोरा निवासी परिवार में दो दिन पहले जन्मी बच्ची के दिल में छेद है। इलाज के लिए गुरुवार को उसे मुंबई एयर एंबुलेंस कर ले जाएगा गया। जहां मुंबई के नारायणा अस्पताल में उसकी सर्जरी होगी। करीब 1:15 पर दिल्ली से एयर एम्बुलेंस डुमना एयरपोर्ट जबलपुर पहुंची। जहां से परिवार के साथ बच्ची को मुंबई के लिए उपचार हेतु भेजा गया। इस मौके पर सीएमएचओ डॉ संजय मिश्रा सहित चिकित्सा के वी सपोर्टिंग स्टाफ मौजूद रहा।क्षगौरतलब है कि बच्ची की बीमारी पता चलने पर बुधवार को गुरुनानक जयंती की छुट्‌टी के दिन राष्ट्रीय बाल स्वास्थ्य कार्यक्रम का ऑफिस खोला गया और डेढ़ घंटे में कागजी प्रक्रिया पूरी की गई। जुड़वां बच्चों का हुआ जन्म जानकारी के अनुसार जिले के सिहोरा में रहने वाले सत्येंद्र दाहिया की पत्नी शशि दहिया ने सोमवार दोपहर जुड़वां बच्चों को जन्म दिया। डाक्टर ने दोनों बच्चों की जांच की तो पता चला कि लड़का तो पूरी तरह से स्वस्थ है, लेकिन बच्ची के दिल में छेद है। डाक्टरों ने उसे मुंबई में इलाज कराने की सलाह दी। डाक्टरों ने कहा- जल्द इलाज न मिला तो उसकी जान जा सकती है। यह सुनते ही पिता सकते में आ गए। बच्ची की जान बचाने के लिए उन्हें न सिर्फ दस्तावेज तैयार कराने थे, बल्कि इलाज के लिए नवजात को मुंबई भी ले जाना था। परेशान पिता ने राष्ट्रीय बाल स्वस्थ्य कार्यक्रम के जिला प्रबंधक सुभाष शुक्ला से बात की। उन्हें बताया कि बच्ची के दिल में डॉक्टर ने छेद होना बताया है। ऐसे बढ़ी प्रक्रिया आगे आरबीएसके के तहत जितने भी दस्तावेज और बच्ची के इलाज से संबंधित कागज लगने थे, उसे तैयार करने के बाद सीएमएचओ डा. संजय मिश्रा को इसकी जानकारी दी गई। कुछ ही देर में सीएमएचओ आफिस पहुंच गए। जहां उनके साइन होने के बाद बच्ची के इलाज को लेकर सारे दस्तावेज तैयार हुए। स्वास्थ्य विभाग में पदस्थ डा. विनीता उप्पल और श्रेय अवस्थी ने एयर एंबुलेंस के लिए अधिकारियों से बात करते हुए दस्तावेज तैयार कराए। इस तरह गुरुवार को एयरलिफ्ट कर मुंबई के नारायणा अस्पताल ले जाने का रास्ता सुगम हुआ।