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भारी बारिश से बने बाढ़ जैसे हालात, रास्ते बंद और वाहन जलमग्न

शिवपुरी शिवपुरी शहर सहित जिले में शुक्रवार को आधी रात के बाद लगातार हो रही बारिश सुबह नौ बजे तक लगातार जारी रही। जिले भर में आठ घंटे में औसत 42.44 एमएम बारिश रिकाॅर्ड की गई। इस बारिश ने शहर सहित कई गांवों में बाढ़ जैसे हालात निर्मित कर दिए, जिससे लोग कुछ घंटों के लिए अपने घरों में कैद होकर रह गए। शहर की कई कॉलोनियां जलमग्न हो गईं।   रेलवे स्टेशन रोड पर वार्ड क्रमांक एक में नई पुलिस लाइन के पीछे बनी कालोनी पूरी कॉलोनी में कमर तक पानी भर गया, कई लोगों के घरों तक पानी पहुंच गया। पोहरी बस स्टैंड के पीछे मनीयर में पुलिया जलमग्न हो गई। वहीं रेलवे स्टेशन रोड पर पानी इतना ज्यादा था कि किसी नदी-नाले जैसा अहसास हो रहा था। इसके अलावा कई पाॅश कॉलोनियों में भी गलियों में पानी भर गया। बैराड़ के ग्राम जरिया में तो स्थिति यह बनी कि घरों के बाहर खड़ी गाड़ियां तक पानी में डूब गईं। इसके अलावा शहर के मनीयर, रातौर, पिपरसमां अंडर ब्रिज जलमग्न हो गए, जिसके कारण शहर आने के लिए लोगों को पांच से दस किमी का फेर खाकर आना पड़ा, हालांकि कुछ लोगों ने जोखिम उठाकर इन अंडर ब्रिज को क्रास करने का भी प्रयास किया। इसके अलवा पोहरी विधानसभा क्षेत्र के ग्राम हर्रई में भी आवागमन का रास्ता जलमग्न हो गया, जिससे गांव का अन्य जगहों से संपर्क कट गया।

युवाओं को स्वावलंबी बनाने का सशक्त माध्यम हैं सहकारी समितियां: मुख्यमंत्री डॉ. यादव

प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के नेतृत्व में सहकारिता को मिल रहे नए आयाम : मुख्यमंत्री डॉ. यादव नए कार्यों में सहकारी समितियों को दी जा रही है प्राथमिकता युवाओं को स्वावलंबी बनाने का सशक्त माध्यम हैं सहकारी समितियां युवाओं को दिए सहकारिता के मूल मंत्र किसी भी काम में सफल होने के लिए जरूरी है मजबूत आत्मविश्वास सफलता के लिए कार्य अनुभव और उसके संबंध में जानकारी आवश्यक सहकारिता को लेकर लागू है पारदर्शी व्यवस्था, अब 30 दिन में हो रहा नई समिति का पंजीयन महिलाएं समिति बनाकर सतपुड़ा टाइगर रिर्जव में चला रही हैं सफारी मुख्यमंत्री ने अंतर्राष्ट्रीय सहकारिता दिवस पर युवाओं से किया संवाद विद्यार्थियों की जिज्ञासाओं का किया समाधान भोपाल  मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव ने कहा है कि प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी और केंद्रीय गृह एवं सहकारिता मंत्री अमित शाह के नेतृत्व में मध्यप्रदेश के सहकारिता क्षेत्र को नए आयाम मिल रहे हैं। दुग्ध-उत्पादन, औद्योगिक विकास सहित अन्य क्षेत्रों में हो रहे नए कार्यों में सहकारी समितियों को प्राथमिकता मिलेगी। उन्होंने कहा कि सहकारिता समाज को एक करने के साथ ही युवाओं को बेरोजगारी से बचाने का माध्यम है। रोजगार का अर्थ सिर्फ सरकारी नौकरी नहीं है। युवाओं को स्वरोजगार और स्वावलंबन से जोड़ने के लिए प्रदेश सरकार संकल्पित है और वर्ष 2025 को रोजगार एवं उद्योग वर्ष के रूप में मना रही है। उन्होंने तीन नए आपराधिक कानूनों का उल्लेख करते हुए कहा कि प्रधानमंत्री मोदी के नेतृत्व में न्याय की देवी की आंखों से पट्टी हटी है, क्योंकि आंख पर पट्टी रहते हुए न्याय कैसे हो सकता है। नागरिकों के मूल अधिकार संविधान में उल्लेखित हैं और इसी भावना से व्यक्तियों के आपसी स्वावलंबन और सहभागिता का समावेश सहकारिता में है। वर्तमान सरकार में सहकारिता को लेकर व्यवस्था पूरी तरह पारदर्शी है। नई समिति की पंजीयन प्रक्रिया 30 दिन में पूर्ण की जा रही है। मुख्यमंत्री डॉ. यादव शनिवार को अंतर्राष्ट्रीय सहकारी दिवस के अवसर पर समन्वय भवन में म.प्र. राज्य सहकारी संघ एवं अपेक्स बैंक ट्रेनिंग कॉलेज की ओर से आयोजित सहकारी युवा संवाद कार्यक्रम को संबोधित कर रहे थे। मुख्यमंत्री डॉ. यादव ने सहकारिता ध्वज फहराकर समन्वय भवन में आयोजित कार्यक्रम का दीप प्रज्ज्वलित कर शुभारंभ किया। अपर मुख्य सचिव अशोक वर्णवाल कार्यक्रम में विशेष रूप से उपस्थित थे। कार्यक्रम में अतिथियों को पौधा भेंटकर स्वागत किया गया। मुख्यमंत्री डॉ. यादव ने सहकारी युवा संवाद कार्यक्रम में उपस्थित महाविद्यालयीन विद्यार्थियों से संवाद किया और उनकी जिज्ञासाओं का समाधान किया। मुख्यमंत्री डॉ. यादव ने सहकारिता से उद्योग प्राप्त करने वाली 30 महिलाओं को सिलाई मशीन टूल किट वितरण के प्रतीक स्वरूप एक महिला को सिलाई किट प्रदान की। मुख्यमंत्री डॉ. यादव ने कहा कि स्वतंत्रता के बाद सरदार वल्लभ भाई पटेल ने देश में सहकारिता का आंदोलन खड़ा करने के लिए गुजरात में अमूल की स्थापना की। हजारों लोगों को दुग्ध-उत्पादन से जोड़कर उनकी आय बढ़ाने और बेरोजगारी खत्म करने का कार्य किया। राज्य सरकार भी दुग्ध-उत्पादन बढ़ाने के लिए संकल्पबद्ध है। अभी दुग्ध-उत्पादन में प्रदेश तीसरे स्थान पर है, जो भविष्य में शीर्ष पर पहुंचेगा। इसी उद्देश्य से दुग्ध-उत्पादन में प्रदेश का योगदान 9 प्रतिशत से बढ़ाकर 20 प्रतिशत करने का लक्ष्य रखा गया है, जिसमें सहकारिता क्षेत्र की बड़ी भूमिका होगी। मुख्यमंत्री डॉ. यादव ने युवाओं को दिए मूल मंत्र मुख्यमंत्री डॉ. यादव ने युवाओं से संवाद करते हुए उन्हें सहकारिता क्षेत्र से जुड़े मूल मंत्र दिए। उन्होंने कहा कि सहकारिता में आने का एक सूत्र है- जब भी कोई नया काम करें तो आत्मविश्वास मजबूत रखें। युवा जिस भी क्षेत्र में काम करना चाहते हैं, पहले उसका अनुभव लें और यह भी देखें कि सहकारी समिति के माध्यम से इस क्षेत्र में क्या-क्या किया जा सकता है। सहकारी समिति के नेतृत्वकर्ता का दायित्व है कि पहले वह स्वयं पूरी जानकारी रखें और दूसरे साथियों को भी बताएं। सभी क्षेत्रों में युवाओं को आगे बढ़ाने के लिए कार्य कर रही सरकार मुख्यमंत्री डॉ. यादव ने कहा कि युवाओं के जीवन की असली परीक्षा कॉलेज की शिक्षा पूर्ण होने के बाद शुरू होती है। राज्य सरकार सभी क्षेत्रों में युवाओं को आगे बढ़ाने के लिए कार्य कर रही है। मध्यप्रदेश वन्य संपदा और जलराशियों से संपन्न है। प्रदेश में औद्योगिकीकरण को बढ़ावा देने के लिए भी सरकार संकल्पित है। हमारे युवा सभी साधनों से संपन्न होकर प्रदेश को आग बढ़ाए, इसी भावना से राज्य सरकार कार्य कर रही है। इसी उद्देश्य से अलग-अलग मंचों पर युवाओं से संवाद किए जा रहे हैं, जिससे भविष्य में उन्हें भी नेतृत्व का अवसर मिले। प्रधानमंत्री मोदी के नेतृत्व में भारत 2047 में विकसित राष्ट्र बनेगा। सहकारिता और भारतीय दर्शन के माध्यम से हम सबके कल्याण की प्रार्थना करते हैं। आय बढ़ाने के साथ समाज को एक करने की पहल है सहकारिता सहकारिता, खेल एवं युवा कल्याण मंत्री विश्वास कैलाश सारंग ने कहा कि आज विश्व अंतर्राष्ट्रीय सहकारिता दिवस मनाया जा रहा है। प्रधानमंत्री नरेन्‍द्र मोदी के नेतृत्व में देश की व्यवस्था में आमूलचूल परिवर्तन आया है। उन्होंने विकसित भारत के लिए सहकारिता को आगे बढ़ाने पर बल दिया। देश में सहकारिता मंत्रालय बनाकर केन्द्रीय मंत्री अमित शाह को जिम्मेदारी सौंपी। देश का इतिहास है कि जहां व्यक्ति है, वहां सहकारिता है। जब व्यक्ति का एक-दूसरे से समन्वय होगा, तभी देश एक होगा। सहकारिता केवल आय बढ़ाने का माध्यम नहीं, बल्कि देश और समाज को एक करने की पहल है। हमें रोजमर्रा की जिंदगी में सहकारिता को आत्मसात करना होगा। हमें 2047 तक विकसित भारत बनाना है। मुख्यमंत्री डॉ. यादव ने विद्यार्थियों की जिज्ञासा का किया समाधान मुख्यमंत्री डॉ. यादव के सामने महाविद्यालय छात्र-छात्राओं ने युवा संवाद कार्यक्रम में कई जिज्ञासाएं रखीं। एक छात्रा के सहकारी समिति बनाने की प्रक्रिया और शासकीय कार्य-प्रणाली संबंधी प्रश्न का उत्तर देते हुए मुख्यमंत्री डॉ. यादव ने कहा कि वर्तमान में सहकारिता में पारदर्शी व्यवस्था स्थापित की गई है और नई समितियों का पंजीयन 30 दिन में पूर्ण हो रहा है। एक अन्य छात्रा ने सहकारिता संबंधी विषय स्कूली पाठ्यक्रम में शामिल करने का सुझाव रखा। मुख्यमंत्री डॉ. यादव ने कहा कि हर विषय पाठ्यक्रम में रखना कठिन है। लोगों को स्वयं सहकारिता की ओर पहल करनी चाहिए। सहकारिता में सबका स्वागत है, इसमें शिक्षा या आय का कोई बंधन नहीं है। … Read more

शहडोल में तेज बारिश से तबाही, दीवार गिरने की घटना में दो लोगों की जान गई

शहडोल जिले में लगातार हो रही बरसात के चलते ग्रामीण इलाकों में पानी का भराव हो गया है, जिसके चलते लोग परेशान हो रहे हैं। यहां की ग्राम पंचायत केशवाही में बरसात के कारण लोगों को आवामन में दिक्कतों का सामना करना पड़ रहा है। हालात यह है कि पानी के भराव के कारण लोगों के घरों के अंदर रखा सामान खराब हो रहा है वहीं बिजली के करंट का खतरा भी बना हुआ है। यह स्थिति न केवल केशवाही की है बल्कि आसपास के कई गांवों की है। यहां पर शुक्रवार शनिवार की दरम्यानी रात को मझौली क्षेत्र के महरान टोला में मकान की दीवार गिर जाने से दो लोगों की दब जाने से मौत भी हो गई है।   ग्राम पंचायत के जिम्मेदारों की लापरवाही ग्राम पंचायत के जिम्मेदार लोगों की लापरवाही के कारण यहां पर बरसात का पानी गांव के अंदर भरा हुआ है और लोगों को नुकसान पहुंचा रहा है। यहां की ग्रेवल रोड बनाते समय पानी का निकास व पुलिया निर्माण कार्य नहीं कराया गया जिसके चलते हालात बदतर हो गए हैं। बरसात का पानी गांव में ऐसे भरा हुआ है जैसे तालाब हो।यहां की रोजगार सहायक ने अपने प्रभार के दौरान ग्रेवल रोड का निर्माण कराया था और पानी की निकासी नहीं कराई गई। अब हालात बदतर नजर आ रहे हैं। अब यहां की हालत को सुधारने के लिए न तो सरपंच आगे आ रहे हैं और न ही सचिव। दीवार गिरने से पति पत्नी की चली गई जान केशवाही क्षेत्र के महरान टोला में जवाहर महरा और उनकी पत्नी की मृत्यु भारी बरसात के कारण मकान की दीवार के नीचे दबने से हो गई है। दो लोगों की दर्दनाक मौत के चलते ग्रामीणों में आक्रोश है। यह घटना मझौली क्षेत्र के महरान टोला गांव में शनिवार की सुबह हुई है। बताया जा रहा है कि मकान की दीवार जर्जर थी जिसके कारण वह गिर गई और इस घटना में जवाहरलाल महरा और उसकी पत्नी डोमनियां महरा की दर्दनाक मौत हो गई। मुरूम निकालने के कारण दीवार हुई थी कमजोर दोनों मृतक उसी दीवार के पास खड़े थे जिसके चलते वह उसके नीचे दब गए। मृतकों के स्वजनों व ग्रामीणों ने मांग की है कि दोषियों पर सख्त कार्रवाई हो और उचित मुआवजा एवं सरकारी सहायता दी जाए।

सीएम यादव ने डॉ. मुखर्जी के कश्मीर एकीकरण और धारा 370 के विरोध में किए गए संघर्ष को ऐतिहासिक बताया

भोपाल  सीएम डॉ. मोहन यादव ने आज भारतीय जनता पार्टी के वरिष्ठ नेता एवं पूर्व मंत्री डॉ. गौरीशंकर शेजवार से मुलाकात की। इस अवसर पर नवनियुक्त प्रदेश अध्यक्ष हेमंत खंडेलवाल भी उनके साथ उपस्थित थे। मुलाकात के बाद पत्रकारों से बात करते हुए सीएम ने कहा कि प्रधानमंत्री मोदी के नेतृत्व में हम चहुमुंखी प्रगति कर रहे हैं। इस अवसर पर मुख्यमंत्री ने कहा कि रविवार को श्यामाप्रसाद मुखर्जी की जयंती पर प्रदेश सरकार बड़े स्तर पर दो कार्यक्रमों का आयोजन किया जा रहा है। उन्होंने कहा कि डॉ मुखर्जी का योगदान अतुलनीय है और आज भी हम सब उनके जीवन से प्रेरणा ग्रहण करते हैं। मुख्यमंत्री ने की वरिष्ठ बीजेपी नेता से भेंट सीएम डॉ. मोहन यादव ने मंत्री डॉ. गौरीशंकर शेजवार के भोपाल स्थित निवास पहुँचकर उनसे भेंट की और हालचाल जानें। इस मौके पर प्रदेश अध्यक्ष हेमंत खंडेलवाल भी उपस्थित रहे। इसके बाद पत्रकारों के सवालों का जवाब देते हुए मुख्यमंत्री ने कहा कि विक्रमोत्सव को एशिया का वाउ गोल्ड अवार्ड मिलने पर प्रसन्नता ज़ाहिर की। उन्होंने कहा कि प्रदेश और केंद्र सरकार युवा प्रतिभाओं को प्रोत्साहन देने के लिए पूरी तरह उनके साथ है और ये सौभाग्य की बात है कि प्रदेश के युवा नाम रोशन कर रहे हैं। डॉ. श्यामाप्रसाद मुखर्जी की जयंती पर होंगे प्रदेशस्तरीय कार्यक्रम  रविवार को जनसंघ के संस्थापक डॉ. श्यामाप्रसाद मुखर्जी की जयंती है। मुख्यमंत्री ने बताया कि इस मौके पर राज्य सरकार दो बड़े आयोजन करने जा रही हैं। उन्होंने कहा कि डॉ श्यामाप्रसाद का सबसे महत्वपूर्ण योगदान जम्मू-कश्मीर के पूर्ण एकीकरण के लिए उनका संघर्ष था। वे एक देश, एक विधान, एक निशान के प्रबल समर्थक थे और उन्होंने धारा 370 के खिलाफ जम्मू-कश्मीर बचाओ आंदोलन शुरू किया, जो बेहद उल्लेखनीय है। उन्होंने डॉ. मुखर्जी को याद करते हुए उन्हें नमन किया और कहा कि आज भी उनकी शिक्षा प्रासंगिक हैं और सभी उससे प्रेरणा लेते हैं।

औद्योगिक क्षेत्र बलियरी में विस्‍फोट से शहीद हुए श्रमिकों के स्‍मारक पुष्प अर्पित कर दी गई श्रद्धांजलि

औद्योगिक क्षेत्र बलियरी में विस्‍फोट से शहीद हुए श्रमिकों के स्‍मारक पुष्प अर्पित कर दी गई श्रद्धांजलि दो मिनट का मौन रख शहीद श्रमिको के आत्मा की शाति के लिए की गई प्रार्थन  सिंगरौली औद्योगिक क्षेत्र बलियरी में 5 जुलाई, 2009 को हुये  भीषण विस्‍फोट हादसे में 22 श्रम सेवक शहीद हो गये थे । शहीद श्रम सेवकों को गनियारी प्‍लाजा के पास के स्थित स्‍मृति स्‍मारक पर सिंगरौली विधानसभा के विधायक श्री राम निवास शाह, महापौर श्रीमती रानी अग्रवाल, कलेक्टर श्री चन्द्र शेखर शुक्ला, पुलिस अधीक्षक श्री मनीष खत्री , नगर निगम आयुक्त श्री डी.के शर्मा एवं विभिन्‍न औद्योगिक कम्‍पनियों के प्रतिनिधियों के द्वारा शहीदों के स्‍मारक पर श्रद्धा सुमन अर्पित करते श्रद्धांजलि दी गई है । तथा  दो मिनट का मौन रखकर शहीदों के आत्‍मा की शांति हेतु ईश्‍वर से कमाना की गई ।      इस अवसर पर विधायक सिंगरौली श्री शाह ने श्रमिको श्रद्धा सुमन अर्पित कर उन्हे याद किया। उन्होने कहा कि वो दिन अत्यन्त ही दुखद क्षण लेकर आया जब बलियरी विस्फोट मे हमारे 22 श्रमिक शहीद हो गये थे।  ऐसी घटना दोबारा घटित न हो इसके लिए सभी कंम्पनियां सुरंक्षा व्यवस्था के संबंध मे विधिवत कार्यक्रमो आयोजन कर लोगो को जागरूक करे। समय समय पर अपने सुरक्षा व्यवस्था की जॉच करे। उन्होने कहा कि जिले मे स्थापित कम्पनियो सुरंक्षा नियमो का शत प्रतिशत पालन सुनिश्चित करे। आज भी उस घटना को जिले के नागरिक भूल नही पाये है शहीद हुये श्रमिको के परिवारो से भेटकर उनके समस्याओ के संबध मे जानकारी लेकर उनका हर संभव मदद किया जाये।शहीद श्रमिको नमन करते हुयें महापौर ने कहा कि  एक्सप्लोसिव की गाड़िया शहर के बीच से गुजरती है जिससे दुर्घटना की संभावना बनी रहती  समय समय पर इनकी सुरंक्षा जॉच की जाये। सभी कंम्पनियो मे  निर्धारित गाईड लाईन के अनुसार सुरंक्षा व्यवस्था सुनिश्चित की जाये तथा  समय समय पर सुरंक्षा व्यवस्था की आडिट भी कराये। कलेक्टर श्री शुक्ला ने शहीद श्रमिको को नमन करते हुये कहा कि सभी कंम्पनिया सुरंक्षा नियमो अधिनियमो का शत प्रतिशत पालन करे।ताकि कोई भी दुर्घटना घटित न हो मै शहीद हुये श्रमिको को अंतरमन श्रद्धांजली अर्पित करता हू।उन्होने कहा कि जिस तरह से वाहन चलाते समय हेलमेट, बेल्ट से अपनी सुरंक्षा की जाती है उसी तरह से किसी भी कार्य सुरंक्षा अत्यन्त आवश्यक है। किसी भी दुर्घटना के होने पर अत्यन्त कष्ट होता है। सभी कम्पनियो को सुरंक्षा नियमो का पालन करना अनिवार्य है जिससे किसी भी प्रकार की अप्रिय घटना ना हो इसके लिए कंम्पनियो के वरिष्ट अधिकारी सुरंक्षा नियमो की जॉच करे। साथ कहा गया कि जिला प्रशासन द्वारा भी समय समय पर औद्योगिक कम्पनियो की आकस्मिक रूप से सुरक्षा जॉच कराई जायेगी।इस अवसर पर नगर निगम के उपायुक्त आरपी बैस, समाजसेवी रतिभान प्रसाद, नगर निगम के सहायक यंत्री एस एन द्विवेदी, सहायक विधि अधिकारी अक्षत उपाध्याय , प्रभारी अधिकारी नवजीवन बिहार संतोष तिवारी, उपयंत्री अनुज सिंह, स्वच्छता निरीक्षक विशाल सोनी, एवं श्रम विभाग से श्रम अधिकारी एवं श्रमिको के परिजन एवं श्रमिक गण उपस्थित रहे

‘प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने देश को नया मंत्र दिया , सहकारिता के साथ लोकतंत्र की भावना के साथ देश आगे बढ़ रहा : CM डॉ. यादव

भोपाल   'प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने देश को नया मंत्र दिया है। सहकारिता के साथ लोकतंत्र की भावना के साथ देश आगे बढ़ रहा है। परस्पर स्वावलंबन के साथ जीने का नाम ही सहकारिता है। इस मंत्र पर देश और प्रदेश में काम किया जा रहा है। हर दिन नए आंकड़े सामने आ रहे हैं। विद्यार्थियों वास्तविक जीवन जीकर जानकारी और अनुभव हासिल करते हैं। यह बात मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव ने 5 जुलाई को कही। सीएम डॉ. यादव अंतरराष्ट्रीय सहकारिता दिवस के मौके पर भोपाल के समन्वय भवन में आयोजित 'सहकारी युवा संवाद' को मुख्य अतिथि के रूप में संबोधित कर रहे थे। इस मौके पर उन्होंने कई युवाओं के साथ संवाद भी किया। कार्यक्रम में मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव ने कहा कि कॉलेज की पढ़ाई मात्र किताबी ज्ञान तक सीमित रहती है। हमारा प्रदेश प्राकृतिक संसाधनों से भरा है। इसे नदियों का मायका भी कहा जाता है। आधुनिकता के इस दौर में औद्योगिकीकरण की जरूरत है। इसीलिए हमने उद्योगों को बढ़ावा दिया है। उद्योगों के बढ़ने से प्रदेश में मौजूद वस्तुओं की कीमत बढ़ी है। युवाओं को नई दिशा और रोजगार के अवसर मिले हैं।  साकार करना है पीएम मोदी का सपना सीएम डॉ. मोहन यादव ने कहा कि प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी का सपना है कि हर व्यक्ति के सपनों को पंख मिलें। हमारी कामना है कि उन्नति के दरवाजे सबके लिए खुलें। मुख्यमंत्री डॉ. यादव ने कहा कि 2047 तक भारत नंबर वन बनेगा, इसके प्रयास किए जा रहे हैं। हमारी सहकारिता का सबसे बड़ा उदाहरण हमारी धार्मिक गतिविधियां हैं, जो बिना सबके कल्याण के पूरी नहीं होती। 

भाजपा सरकार हर वर्ग के हक में ठोस काम कर रही, ओबीसी को 27 % आरक्षण देने के लिए पूर्णरूप से प्रतिबद्ध: मुख्यमंत्री यादव

भोपाल  मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव ने शनिवार को मीडिया से बातचीत करते हुए कांग्रेस पर निशाना साधा। मुख्यमंत्री ने कहा कि हमारी सरकार ओबीसी वर्ग को 27 प्रतिशत आरक्षण देने के लिए प्रतिबद्ध है। अधिकारियों को निर्देश दिए हैं कि आंकड़ों के अनुसार कानून का मसौदा तैयार किया जाए, जिसे विधानसभा में प्रस्तुत किया जाएगा। 14 प्रतिशत बचे लोगों को भी आरक्षण का  लाभ मिले। प्रमोशन में सबको लाभ दिया गया। भाजपा सरकार आरक्षण भी ठोस काम कर रही हैं। भाजपा की सरकार ने तो सामान्य को भी 10 प्रतिशत का आरक्षण दिया हैं। मुख्यमंत्री ने कांग्रेस पर निशाना साधते हुए कहा कि कांग्रेस सिर्फ भ्रम फैलाने का काम करती है। हमने जातिगत जनगणना की पहल की, लेकिन कांग्रेस अब उसका श्रेय लेने की कोशिश कर रही है। सच ये है कि कांग्रेस ने कभी ओबीसी को न मुख्यमंत्री बनाया, न उन्हें आरक्षण देना चाहा। जनता अब सब जान चुकी है।  यहां कांग्रेस की दाल नहीं गलने वाली  राहुल गांधी के भोपाल दौरे को लेकर पूछे गए सवाल पर मुख्यमंत्री ने कहा कि राहुल गांधी यहां आकर क्या करेंगे? उनकी और कांग्रेस की दाल अब मध्यप्रदेश में नहीं गलने वाली है। उन्होंने कहा कि बाबा साहब आंबेडकर ने जीवन भर संघर्ष किया, लेकिन कांग्रेस ने उन्हें कभी सम्मान नहीं दिया। हमारी सरकार सभी वर्गों को साथ लेकर चल रही है।  मध्यप्रदेश को बताया शांति का टापू मुख्यमंत्री ने दावा किया कि कांग्रेस जितनी भी कोशिश कर ले, मध्यप्रदेश की शांति को भंग नहीं कर सकती। उन्होंने कहा कि मध्यप्रदेश शांति का टापू है और हमारी सरकार इस अमन-चैन को बनाए रखने के लिए पूरी तरह सजग है।  सीएम ने कहा कि केंद्र और राज्य सरकार दोनों ही सहकारिता के क्षेत्र को गंभीरता से ले रही हैं। प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के नेतृत्व में देश में सहकारिता विभाग का गठन किया गया है और मध्यप्रदेश में भी सरकार इस दिशा में प्रतिबद्धता से काम कर रही है।  

लोकतांत्रिक व्यवस्थाओं की जड़ें जितनी गहरी और स्थानीय स्तर पर सिंचित होंगी, हमारा राष्ट्र उतना ही सशक्त एवं आत्मनिर्भर बनेगा- कैलाश विजयवर्गीय

भोपाल  गुरुग्राम की पुण्यभूमि मानेसर में आयोजित शहरी स्थानीय निकायों के अध्यक्षों के राष्ट्रीय सम्मेलन में मध्य प्रदेश 'मॉडल स्टेट' के रूप में उभर करके सामने आया। सम्मेलन के अंतिम दिन मध्य प्रदेश के शहरी विकास एवं आवास मंत्री कैलाश विजयवर्गीय भी पहुंचे। यहां उन्होंने राज्यों एवं केंद्र शासित प्रदेशों के शहरी स्थानीय निकायों के अध्यक्षों के प्रथम राष्ट्रीय सम्मेलन के समापन सत्र को संबोधित करते हुए कहा कि प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के नेतृत्व में साल 2014 के बाद से शहरी स्थानीय निकाय के बजट में काफी वृद्धि हुई है। शहरी स्थानीय निकाय हमारे लोकतंत्र की नींव है। लोकतांत्रिक व्यवस्थाओं की जड़ें जितनी गहरी और स्थानीय स्तर पर सिंचित होंगी, हमारा राष्ट्र उतना ही सशक्त एवं आत्मनिर्भर बनेगा। मंत्री कैलाश विजयवर्गीय ने शहरी स्थानीय निकायों में जनभागीदारी अत्यंत आवश्यक है। इंदौर का उदाहरण को देते हुए जनभागीदारी के बारे में बताया। उन्होंने बीते समय की घटना का जिक्र करते हुए बताया कि एक बार इंदौर नगर निगम में फंड की कमी हो गई थी। तब उन्होंने आमजन से सीमेंट के लिए बोला था। उस दौरान जनभागीदारी की पहल से उनके पास 80 करोड़ रुपये की सीमेंट इकट्ठा हुई थी। इसी सीमेंट से फिर सड़कों का निर्माण कराया गया। ये जन सहभागिता की सफलता का प्रमाण है। आज अंतरराष्ट्रीय सहकारिता दिवस के पावन अवसर पर उन सभी सहकारी संस्थाओं को हार्दिक शुभकामनाएं, जो राष्ट्र के सामाजिक, आर्थिक और सांस्कृतिक विकास में महत्वपूर्ण भूमिका निभा रही हैं। उन्होंने कहा कि प्रधानमंत्री के दूरदर्शी नेतृत्व और केंद्रीय सहकारिता मंत्री जी के कुशल मार्गदर्शन में भारत में सहकारिता एक नई ऊर्जा और विस्तार के साथ आगे बढ़ रही है। गांव-गांव में रोजगार, संसाधन और सहभागिता का सशक्त माध्यम बन चुकी सहकारिता, आज समृद्ध और आत्मनिर्भर भारत के निर्माण की नींव बन रही है।  

शिवपुरी में तेज बारिश का कहर, कई गांव जलमग्न, रपटे में बाइक बही, हर्रई में पार्वती नदी का कहर

शिवपुरी  शिवपुरी में हो रही झमाझम बारिश के बाद शहरी क्षेत्र के इलाकों व कॉलोनियों में जलभराव और बाढ़ जैसी स्थिति निर्मित हो गई है। शिवपुरी शहर के नमो नगर, कमला हेरिटेज होटल के आगे रेलवे स्टेशन रोड, यहां पास स्थित पुलिस लाइन कॉलोनी, रामबाग कॉलोनी, सर्किट हाउस रोड, पीएस होटल के पास कॉलोनी, वार्ड क्रमांक एक बछोरा, वार्ड एक में ही तुलसी कॉलोनी आदि स्थान पर जलभराव और बाढ़ जैसे हालात हैं। शनिवार को सुबह जब यहां पर लोग उठे तो बारिश के बाद जलभराव की स्थिति देख हैरान रह गए। नमोनगर में तो हालत और भी ज्यादा परेशान करने वाले हैं। यहां पर कॉलोनी में तीन से चार फिट पानी ऊपर तक रहा। रात को तीन से चार घंटे तक तेज बारिश हुई इसके कारण यह स्थिति बनी। नालों पर अतिक्रमण शिवपुरी शहर में पानी निकासी के लिए बनाए गए नालों पर अतिक्रमण किए जाने के कारण यह स्थिति बनी है। शहर में अतिक्रमण की चपेट में आए नालों पर पानी निकलने के कोई साधन नहीं है। इसके अलावा शहरी क्षेत्र के आसपास के खेतों में अवैध कॉलोनी काटने के कारण लोग बारिश के बाद परेशानी के हालात में पहुंच गए हैं। जिला प्रशासन की नगर पालिका और अन्य प्रशासनिक अफसरों की कार्यप्रणाली पर सवाल खड़े हो रहे हैं। गांवों में भी भरा पानी शिवपुरी जिले में दो दिन से हो रही बारिश के बाद ग्रामीण इलाकों में भी बाढ़ जैसे हालात बन गए। जिले के बैराढ़, कोलारस, बदरवास आदि स्थानों पर भी गई गांव पानी से लबालब हो गए। जिले के कोलारस जनपद के लुकवासा से सेवन बसाई सोनपुरा होते हुए राजस्थान बॉर्डर तक जोड़ने वाली सड़क पानी में डूब गई। ग्रामीणों ने बताया कि यहां पर रोड तो बनाई लेकिन विभाग पुल बनना भूल गया। इसके कारण 15 से 20 गांवों के लोग परेशान हैं। ग्रामीण जोखिमपूर्ण तरीके से पानी से भरी पुलिया से टैक्टर निकाल रहा है। वहीं जिले के बैराड़ के ग्राम जोराई में बाढ़ जैसे हालात बन गए यहां पर एक गाड़ी पानी में डूब गई। वहीं कुंवरपुर गांव में भी नाले पर पानी का बहाव तेज देखा गया। सिंध नदी उफान पर है वहीं दूसरी ओर जिले से निकली सिंध नदी उफान पर है। जिले के कोलारस, बदरवास व देहरदा सहित अन्य इलाकों में निकली सिंध नदी में बारिश के बाद पानी का लेवल बढ़ा है। इसके कारण कई जगह पर जलभराव व नालों पर रपटों पर पानी का लेवल बढ़ गया है। इसके कारण कई ग्रामों में लोगों को आने-जाने में परेशानी हो रही है।

महाकौशल में भारी बारिश का कहर, कई जिलों में जनजीवन अस्त-व्यस्त, स्कूलों की छुट्टी घोषित

मंडला/डिंडोरी.  मानसून के सक्रिय होने के कारण महाकौशल के जिलों में बारिश का कहर जारी है। मौसम विभाग ने महाकौशल के जिलों में ऑरेंज अलर्ट घोषित किया है। नर्मदा सहित कई नदियां खतरे के निशान से ऊपर बह रही है। मंडला और डिंडोरी में बारिश के कारण स्कूलों में 5 जुलाई तक अवकाश घोषित कर दिया गया है। नदी के पुलों में पानी होने के कारण कई जिलों के बीच सड़क संपर्क टूट गया है। बाढ़ से कई हाईवे में यातायात ठप डिंडोरी जिले के गोरखपुर कस्बे के पास सिवनी नदी का पुल डूबने से जाने के कारण जबलपुर-अमरकंटक नेशनल हाईवे बंद हो गया है। खरमेर नदी के बढ़े जलस्तर के कारण अमरपुर जनपद का जिला मुख्यालय से संपर्क टूट गया है। सुरक्षा की दृष्टि से पुल पर पुलिसकर्मी तैनात किया गया है। थावर नदी उफान पर है और पानी पुल के उपर पहुंच गया है। जिससे कारण पिंडरई से केवलारी मार्ग पर आवागमन बंद है। जिला अस्पताल और घर में घुसा पानी बारिश के कारण शहर की सड़कें तालाब में तब्दील हो गयी है। बारिश का पानी लोगों के घरों में घुस गया। अस्पताल परिसर में घुटने तक पानी भरने से परेशानी हो रही है। नगर पालिका कर्मचारी जेसीबी मशीन का उपयोग कर पानी निकाल रहे हैं। औसत से दोगुनी बारिश मौसम विभाग के अनुसार पिछले 24 घंटों में 118.2 मिलीमीटर वर्षा दर्ज की गई। डिंडौरी में सर्वाधिक 34.2 मिलीमीटर और समनापुर में न्यूनतम 1.4 मिलीमीटर वर्षा हुई। पिछले वर्ष की तुलना में इस वर्ष दोगुनी बारिश हुई है। इस साल बारिष का आंकडा 1633 मिलीमीटर पहुंच गया है। पिछले वर्ष आज के दिन तक बारिष का आंकडा आंकड़ा 822 मिलीमीटर था। बारिश से जनजीवन प्रभावित जबलपुर-मंडला में बारिश के कहर से लोगों को जनजीवन बुरी तरह से प्रभावित हुआ है। जिले के कई गांव में पानी भरने के कारण लोग वोट के माध्यम से सुरक्षित स्थानों में पहुंचाया गया। नदियों के पुल में पानी होने कारण कई मार्ग में आवागमन पूरी तरह से बंद हो गया है। 250 ग्रामीण को सुरक्षित स्थान पर पहुंचाया जिला पंचायत मंडला के सीईओ श्रेयांस कुमट ने बताया कि गांवों में बारिश का भारी भर पर ग्रामीणों की सुरक्षा का ध्यान रखा गया। सुरक्षा की दृष्टि से दस गांव के ढाई सौ से अधिक लोगों को सुरक्षित स्थान में पहुंच गया है। लोगों के लिए पंचायत भवन में पुनर्वास केन्द्र बनाये गये थे। प्रशासन के दौरान उनके भोजन की व्यवस्था की गई। इसके अलावा तीन स्थानों में वोट के माध्यम से रेस्क्यू कर लोगों को सुरक्षित स्थान में पहुंचाया गया। कागज की तरह बहे ट्रक जिले की कई छोटी नदियों और नालों का पानी पुलिया पुल के ऊपर पहुंच गया था। सुरक्षा की दृष्टि से ऐसे स्थानों पर यातायात प्रतिबंधित कर दिया गया था। इसके अलावा बैरिकेट लगाते हुए प्रशासन और पुलिस के कर्मचारियों को तैनात किया गया था। जिले में भारी बारिश के चलते बरेला-पड़रिया रोड पर सलैया गांव के पास हिरन नदी की बाढ़ में गैस सिलेंडर से भरा ट्रक और भूसे से भरा ट्रक बह गए। सड़क के नीचे से बह गयी जमीन सीईओ ने बताया कि निवास-मार्ग में बारिश के कारण सड़क के नीचे की जमीन बह गयी थी। जिसके कारण की-रिंग जैसी स्थिति निर्मित हो गयी थी। सुरक्षा की दृष्टि से उक्त मार्ग में यातायात प्रतिबंधित कर दिया गया था। पीडब्ल्यूडी विभाग के अधिकारियों ने जाकर सड़क का निरीक्षण किया गया। सड़क के मरम्मत का कार्य शीघ्र प्रारंभ किया जायेगा।