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भारत ही नहीं, दुनिया को दिशा देती है गीता : नायब सिंह सैनी का संबोधन

चंडीगढ़ अंतरराष्ट्रीय गीता महोत्सव के अंतर्गत सोमवार को धर्मक्षेत्र–कुरुक्षेत्र के केशव पार्क में भव्य और ऐतिहासिक वैश्विक गीता पाठ आयोजित किया गया। इस सामूहिक पाठ में 21 हजार बच्चों ने एक स्वर में गीता के श्लोकों का उच्चारण कर वह दिव्य दृश्य प्रस्तुत किया, जिसने पूरे वातावरण को ज्ञान, भक्ति और अध्यात्म से सराबोर कर दिया। इस अभूतपूर्व सहभागिता ने वसुधैव कुटुम्बकम् की भारतीय अवधारणा को साकार रूप दिया। इस कार्यक्रम में हरियाणा के मुख्यमंत्री नायब सिंह सैनी ने शिरकत की। मुख्यमंत्री ने कुरुक्षेत्र में वैश्विक गीता पाठ में भाग लेने वाले स्कूली छात्रों के लिए मंगलवार को विशेष अवकाश की भी घोषणा की। इस अवसर पर योग गुरु बाबा रामदेव और गीता मनीषी स्वामी ज्ञानानंद महाराज भी उपस्थित रहे। मुख्यमंत्री ने मार्गशीर्ष शुक्ल एकादशी एवं गीता जयंती के पावन पर्व की शुभकामनाएं देते हुए भगवान श्री कृष्ण से नागरिकों के जीवन को ज्ञान के आलोक से आलोकित करने की प्रार्थना की। उन्होंने कहा कि इसी शुभ तिथि पर 5163 वर्ष पूर्व भगवान श्रीकृष्ण द्वारा अर्जुन को श्रीमद्भगवद् गीता का दिव्य उपदेश दिया, जिसका संदेश आज भी संपूर्ण मानवता के लिए पथप्रदर्शक है। आज 21 हजार विद्यार्थियों द्वारा अष्टादशी श्लोकों के जाप से आकाश गूंज उठा है। यह गर्व की बात है कि आज भारत के विभिन्न क्षेत्रों के अलावा अनेक देशों में भी एक साथ इन श्लोकों के स्वर गूंज रहे हैं। उन्होंने कहा कि गीता पाठ का महत्व केवल धार्मिक नहीं बल्कि वैज्ञानिक भी है। वेद, उपनिषद और गीता के मंत्रों के उच्चारण से उत्पन्न होने वाली सकारात्मक ध्वनि तरंगें मन और मस्तिष्क को शांति प्रदान करती हैं, विचारों में नैतिकता लाती हैं और व्यक्ति को नई ऊर्जा प्रदान करती हैं। प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी की प्रेरणा से गीता महोत्सव बन चुका है अंतर्राष्ट्रीय उत्सव, कई देश कर रहे सहभागिता मुख्यमंत्री ने कहा कि कर्मयोगी प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी की ही प्रेरणा से हम गीता जयंती समारोह को अंतर्राष्ट्रीय स्तर पर मनाते हैं। उन्होंने वर्ष 2014 में अमेरिका की अपनी प्रथम यात्रा के दौरान 19 सितम्बर, 2014 को अमेरिका के तत्कालीन राष्ट्रपति बराक ओबामा को महादेव देसाई द्वारा लिखित पुस्तक "The Gita According to Gandhi" भेंट की। इस अद्भुत पहल से प्रेरित होकर हम वार्षिक गीता जयंती समारोह को वर्ष 2016 से अंतरराष्ट्रीय स्तर पर मनाने लगे हैं। इसमें कई देशों के प्रतिभागी और लाखों श्रद्धालु भाग लेते हैं। उन्होंने कहा कि 25 नवंबर को प्रधानमंत्री कुरुक्षेत्र में आयोजित अंतर्राष्ट्रीय गीता महोत्सव में शामिल हुए और महाभारत थीम आधारित अनुभव केंद्र का लोकार्पण किया। प्रधानमंत्री ने 28 नवंबर को कर्नाटक के उडुपी में भी इस अनुभव केंद्र का उल्लेख करते हुए देशवासियों से इसे देखने का आग्रह किया। आज यह महोत्सव उनके मार्गदर्शन में विश्वव्यापी स्वरूप ले चुका है। भगवान श्रीकृष्ण द्वारा दिया गया ‘कर्मण्येवाधिकारस्ते’ का उपदेश व्यक्ति को कर्तव्य पालन के मार्ग पर करता है अग्रसर मुख्यमंत्री ने कहा कि प्रधानमंत्री ने गीता के अलावा योग को भी पूरे संसार में फैलाने का काम किया है। उन्हीं के प्रयासों से हर साल 21 जून को अंतर्राष्ट्रीय योग दिवस मनाया जाता है। उन्होंने कहा कि वर्तमान समय में तनाव, क्रोध और अनिश्चितता जैसी कई चुनौतियां हैं, जिनसे निपटने के लिए गीता हमें जीवन के हर उतार-चढ़ाव में समभाव बनाए रखने की प्रेरणा देती है। उन्होंने कहा कि प्रतिदिन गीता का पाठ करने वाला व्यक्ति काम, क्रोध, लोभ, मोह और अहंकार से ऊपर उठ जाता है। गीता का प्रत्येक श्लोक ज्ञान का दीप है और प्रत्येक अध्याय जीवन का मार्गदर्शक। भगवान श्रीकृष्ण द्वारा दिया गया ‘कर्मण्येवाधिकारस्ते’ का उपदेश व्यक्ति को कर्तव्य पालन के मार्ग पर अग्रसर करता है और समाज में अनुशासन व संतुलन स्थापित करता है। यदि समाज का प्रत्येक व्यक्ति इस सिद्धांत को अपने जीवन में उतार ले, तो समाज में अनुशासन, समरसता और संतुलन स्वतः स्थापित हो जाएगा। गीता का संदेश कालातीत, यह केवल भारत ही नहीं, बल्कि पूरी मानवता के लिए प्रेरणा का स्रोत नायब सिंह सैनी ने कहा कि गीता का हर श्लोक हमें जीवन जीने की नई प्रेरणा देता है। गीता केवल अर्जुन और भगवान श्रीकृष्ण जी के बीच का संवाद ही नहीं है, यह हमारे हर प्रश्न का समाधान करती है। पौराणिक मान्यताओं के अनुसार जिस भी घर में गीता का नियमित रूप से पाठ होता है, वहां पर कभी किसी तरह की कोई नेगेटिव एनर्जी नहीं आ सकती। गीता हमें सिखाती है कि सुख-दुःख, सफलता असफलता, लाभ-हानि जीवन का हिस्सा हैं। इनसे विचलित हुए बिना हमें समभाव बनाए रखना चाहिए। यदि हर व्यक्ति इस शिक्षा को अपने जीवन में उतारे, तो आपसी संघर्ष और तनाव कम होगा। उन्होंने कहा कि गीता का संदेश कालातीत है—यह केवल भारत ही नहीं, बल्कि पूरी मानवता के लिए प्रेरणा का स्रोत है। यदि समाज का प्रत्येक व्यक्ति गीता के उपदेशों को अपनाए, तो कुरीतियाँ, असमानताएँ और संघर्ष स्वतः समाप्त हो जाएंगे और एक आदर्श समाज की स्थापना होगी। गीता के इस संदेश को अपनाकर हम एक दूसरे के साथ बेहतर संबंध स्थापित कर सकते हैं और समाज में समरसता ला सकते हैं। मुख्यमंत्री ने उपस्थिजन को गीता के ज्ञान को समझकर अपने जीवन में अपनाने और इसे दूसरों तक पहुंचाने का संकल्प दिलवाया।

शिक्षा विभाग में बड़ा फंड घोटाला: 59.28 लाख के गबन पर अधिकारियों पर केस दर्ज

नूंह नूंह जिले के पुन्हाना क्षेत्र के गांव सिंगार स्थित राजकीय वरिष्ठ माध्यमिक विद्यालय में लंबे समय से चल रहे बड़े वित्तीय घोटाले का खुलासा हुआ है। बिछोर थाना पुलिस ने स्कूल के तत्कालीन डीडीओ और मैसेंजर की कथित मिलीभगत से कर्मचारियों के यूनिक कोड का उपयोग कर 59 लाख 28 हजार से अधिक रुपये के गबन का मामला दर्ज किया है। इस गबन की शिकायत गणित अध्यापक हामिद हुसैन ने दर्ज कराई, जो 2009 से सितंबर 2017 तक सिंगार स्कूल में तैनात रहे थे। ट्रांसफर के बाद उन्होंने किसी प्रकार का एरियर, एलटीसी या भत्ता नहीं लिया था। लेकिन 2018 में सैलरी स्लिप निकालने पर उन्होंने पाया कि उनके यूनिक कोड का दुरुपयोग करते हुए मार्च 2018 में दो बार खाते का नाम और नंबर बदलकर 2.20 लाख रुपये एरियर और 16,500 रुपये शिक्षा भत्ता निकाल लिया गया था। जून 2016 का मामला इसी तरह जून 2016 में उनकी 2016-19 की एलटीसी राशि 49,140 रुपये भी बिना आवेदन के मैसेंजर वाहिद अहमद के खाते में भेज दी गई। जांच की मांग पर डीडीओ मोहम्मद अली और मैसेंजर ने केवल 25 रुपये की फर्जी रसीद दिखाई। बाद में दबाव बढ़ने पर वाहिद ने नकद 49 हजार रुपये लौटाए और नया चालान बनाने की बात कही। शिकायत में आरोप है कि दोनों अधिकारियों ने अन्य कर्मचारियों के यूनिक कोड से भी फर्जी बिल पास कर लाखों रुपये हड़पे। हामिद ने 2018 में ही इस धोखाधड़ी की शिकायत प्रिंसिपल से लेकर निदेशालय तक की थी। केस दर्ज एएसपी आयुष यादव के अनुसार, बिछोर पुलिस ने मोहम्मद अली (तत्कालीन DDO), वाहिद अहमद (मैसेंजर) और एसएस मास्टर के खिलाफ मुकदमा दर्ज कर लिया है और मुख्य आरोपियों की तलाश की जा रही है। शिकायतकर्ता ने 2016–19 के सभी वित्तीय रिकॉर्ड की फोरेंसिक जांच की मांग भी की है।

हरियाणा में स्कूल बंद: सीएम सैनी की घोषणा के बाद कल सभी स्कूलों में अवकाश

कुरुक्षेत्र  कुरुक्षेत्र जिले में चल रहे अंतरराष्ट्रीय गीता महोत्सव में आज 21 हजार विद्यार्थियों ने एक साथ एक मिनट के लिए वैश्विक गीता पाठ किया। इस कार्यक्रम में नायब सैनी, बाबा रामदेव और गीता मनीषी स्वामी ज्ञानानंद जी महाराज भी उपस्थित रहे। मुख्यमंत्री नायब सैनी ने ज्योतिसर तीर्थ पर जाकर माथा टेका। यहां मुख्यमंत्री ने पवित्र ग्रंथ गीता का पूजन किया और हवन-यज्ञ में आहुति डाली। कार्यक्रम के बाद सीएम नायब सैनी ने कल मंगलवार को कुरुक्षेत्र के स्कूलों में छुट्‌टी का ऐलान किया। मुख्यमंत्री नायब सैनी ने कहा कि गीता के अष्टादश श्लोक से पूरा आकाश गूंज उठा है। यह हमारे लिए बहुत ही खुशी की बात है कि भारत के साथ-साथ अनेक देशों में गीता के श्लोक गूंजे। इस गीता पाठ के केवल धार्मिक ही नहीं, बल्कि वैज्ञानिक महत्व भी है। यह अपने आप में एक प्रार्थना भी है।

AIIMS से महिपालपुर तक जाम मुक्त कॉरिडोर की शुरुआत, दिल्ली–गुरुग्राम यात्रा होगी बेहद आसान

गुरुग्राम  दिल्ली और गुरुग्राम के बीच यात्रा को आसान बनाने की दिशा में केंद्र सरकार एक बड़े इंफ्रास्ट्रक्चर प्रोजेक्ट पर तेजी से आगे बढ़ रही है. एम्स से गुरुग्राम होते हुए महिपालपुर मार्ग पर प्रस्तावित लगभग 30 किलोमीटर लंबे एक्सप्रेसवे की डीपीआर (डिटेल्ड प्रोजेक्ट रिपोर्ट) तैयार करने की जिम्मेदारी अंतरराष्ट्रीय स्तर की कंसल्टेंट कंपनी आरसीटी को सौंपी गई है. कंपनी डेढ़ से दो महीने के भीतर रिपोर्ट सौंप देगी, जिसके आधार पर तय होगा कि मार्ग का कौन-सा हिस्सा भूमिगत रहेगा और कहां एलिवेटेड स्ट्रक्चर बनाया जाएगा. इस एक्सप्रेसवे के बन जाने के बाद एम्स से गुरुग्राम-फरीदाबाद रोड की दूरी महज 25 से 30 मिनट में तय हो सकेगी. वर्तमान में यही दूरी तय करने में दो घंटे तक लग जाते हैं, जबकि एम्स से गुरुग्राम के सिरहौल बॉर्डर तक जाने में ही डेढ़ घंटे का समय लगता है. नई सड़क से न सिर्फ ट्रैफिक दबाव कम होगा, बल्कि दिल्ली-गुरुग्राम के बीच मौजूदा मार्गों पर भी भीड़ का बोझ घटेगा. फरीदाबाद रोड से होगा कनेक्शन एक्सप्रेसवे को गुरुग्राम में गांव घाटा के पास गुरुग्राम-फरीदाबाद रोड से जोड़ा जाएगा. इससे दिल्ली, गुरुग्राम और फरीदाबाद- तीनों शहरों के बीच कनेक्टिविटी और बेहतर हो जाएगी. यही नहीं, नोएडा, मेरठ, गाजियाबाद और मुरादाबाद वालों को भी इससे फायदा होगा. मेरठ से गुरुग्राम सिग्नल फ्री वहीं, मेरठ से सराय काले खां तक दिल्ली-मेरठ एक्सप्रेसवे से आसानी से पहुंच सकते हैं. इसके बाद एक्सप्रेसवे के समाप्त होने वाली जगह से लेफ्ट लेकर करीब 2 किलोमीटर बाद डीएनडी फ्लाइओवर पर जाएंगे और बिना रेड लाइट एम्स पहुंचेंगे. यहां से गु्रुग्राम के लिए बनने वाले नए एलिडवेटेड रोड की मदद से लोग बिना किसी रुकावट और सिग्नल के गुरुग्राम पहुंच जाएंगे. इस तरह इससे नोएडा, गाजियाबाद, मुरादाबाद, मेरठ के लोगों को भी फायदा होगा. 5 हजार करोड़ का मेगा प्रोजेक्ट प्रारंभिक फिजिबिलिटी रिपोर्ट में परियोजना को व्यवहार्य पाया गया है, जिसके बाद एनएचएआई ने औपचारिक रूप से डीपीआर तैयार करने का काम सौंप दिया है. इस बड़े प्रोजेक्ट पर लगभग 5,000 करोड़ रुपये की लागत आने का अनुमान है. डीपीआर पूरी होते ही निर्माण कार्य को मंजूरी देने की प्रक्रिया तेज कर दी जाएगी. उम्मीद है कि यह एक्सप्रेसवे दिल्ली-एनसीआर में यात्रा को आसान बनाते हुए ट्रैफिक प्रबंधन में गेम-चेंजर साबित होगा. यह नई सड़क जहां आम यात्रियों के लिए राहत लेकर आएगी, वहीं स्वास्थ्य, बिजनेस और आपातकालीन सेवाओं की मूवमेंट को भी नई गति मिलेगी. सरकार की यह पहल दिल्ली-गुरुग्राम की कनेक्टिविटी को भविष्य के लिए और भी आरामदायक बनाएगा.  

सरकार का बड़ा फैसला: हरियाणा में 20 IAS अधिकारियों के तबादले, जानें किसे कौन-सी अहम पोस्ट मिली

हरियाणा  हरियाणा सरकार ने प्रशासनिक स्तर पर बड़ा फेरबदल करते हुए 20 आईएएस अधिकारियों के तबादले के आदेश जारी किए हैं। यह फेरबदल तत्काल प्रभाव से लागू हो गया है, जिसका उद्देश्य राज्य के प्रशासनिक तंत्र को और मजबूत बनाना बताया जा रहा है। सरकार ने इस तबादले के जरिए कई महत्वपूर्ण पदों पर नए चेहरों को जिम्मेदारी सौंपी है, जिसमें कुछ अधिकारियों को उनके वर्तमान कार्यभार के साथ अतिरिक्त ड्यूटी भी सौंपी गई है। 

कचरे से कमाई तक: बबीता दीदी का नया इनोवेशन, गांव की बड़ी समस्या का अनोखा समाधान

फरीदाबाद  आजकल कचरे से बढ़ता प्रदूषण बहुत बड़ी समस्या बन गया है, वहीं फरीदाबाद शहर के कुछ लोग न सिर्फ कचरे का निपटान कर रहे हैं, बल्कि इसे कमाई का जरिया भी बना रहे हैं। कचरे से बनी यह खाद फरीदाबाद के साथ-साथ दिल्ली और गुरुग्राम जैसे शहरों के लोग भी खरीद रहे हैं। यह खाद एक नेचुरल प्रोसेस से बनती है और इसका इस्तेमाल किचन गार्डन और पार्कों में किया जाता है।  फरीदाबाद की समर पाम सोसायटी की रहने वाली बबीता सिंह पेशे से कंटेंट राइटर हैं और फ्रीलांसर के तौर पर काम करती हैं। उनकी कई किताबें पब्लिश हो चुकी हैं। बबीता सिंह को कचरे से खाद बनाने का आइडिया YouTube वीडियो देखकर आया। उन्होंने YouTube से खाद बनाने का पूरा प्रोसेस सीखा। उन्होंने 2021 में एक ड्रम से शुरुआत की। शुरुआत में वह अपनी और अपने पड़ोसियों की रसोई से कचरा इकट्ठा कर रही थीं। धीरे-धीरे, दूसरे लोग भी उनकी इस मुहिम से जुड़ने लगे। उनके पास ऐसे दर्जनों ड्रम हैं, जिनमें खाद तैयार की जा रही है। पूरी सोसायटी का कचरा यहीं पर डाला जाता है और उससे खाद तैयार की जाती है। सोसायटी में 776 से ज़्यादा परिवार रहते हैं। रोज़ाना 400 kg कचरा निकलता है। 

स्कूल बसें आमने-सामने भिड़ीं: रोहतक में बड़ा सड़क हादसा, कई मासूम जख्मी

रोहतक  रोहतक में लाखनमाजरा-जींद रोड पर सोमवार सुबह दो स्कूल बसों की भीषण टक्कर में 11 बच्चे और एक महिला घायल हो गए। हादसे में दो बच्चों की हालत गंभीर बताई जा रही है। सभी घायलों को उपचार के लिए पीजीआई रोहतक में भर्ती कराया गया है। प्रत्यक्षदर्शियों के अनुसार एक बस बच्चों को स्कूल लेकर जा रही थी, जबकि दूसरी बस बच्चों को एक शादी समारोह से वापस ला रही थी। जैसे ही दोनों वाहन लाखनमाजरा-जींद रोड पर आमने-सामने आए, तेज रफ्तार के कारण जोरदार भिड़ंत हो गई। टक्कर इतनी भीषण थी कि दोनों बसों का अगला हिस्सा बुरी तरह क्षतिग्रस्त हो गया। हादसे के तुरंत बाद मौके पर राहगीरों की भीड़ जुट गई और लोगों ने राहत-बचाव कार्य शुरू करते हुए बच्चों को बाहर निकाल अस्पताल पहुंचाया। घटना की जानकारी मिलते ही बच्चों के परिजन और संबंधित स्कूल प्रबंधन के अधिकारी भी पीजीआई पहुंच गए। डॉक्टरों के अनुसार, दो बच्चों की हालत नाजुक बनी हुई है, जबकि बाकी घायलों का इलाज जारी है। पुलिस ने दोनों बसों को कब्जे में लेकर मामले की जांच शुरू कर दी है। प्रारंभिक अनुमान के अनुसार, हादसा तेज रफ्तार और लापरवाही से ड्राइविंग की वजह से हुआ, हालांकि विस्तृत जांच रिपोर्ट के बाद ही स्थिति स्पष्ट होगी। स्थानीय लोगों ने प्रशासन से स्कूल बसों की फिटनेस, रूट परमिट और ड्राइवरों की जांच के लिए सख्त कदम उठाने की मांग की है, ताकि भविष्य में ऐसी घटनाओं को रोका जा सके।

अब सिर्फ 3 दिन में मिलेगा वजन माप सत्यापन सर्टिफिकेट

चंडीगढ़  हरियाणा सरकार ने खाद्य, नागरिक आपूर्ति एवं उपभोक्ता मामले विभाग की एक प्रमुख सेवा में बड़ा बदलाव किया है। विधिक माप विज्ञान संगठन के तहत अब वजन व माप उपकरणों के सत्यापन प्रमाण-पत्र के जारी करने और नवीनीकरण की अधिकतम समय सीमा 30 दिन से घटाकर सिर्फ 3 दिन कर दी गई है। इससे व्यापारियों, उद्योगों और व्यवसाय जगत को तेज़, पारदर्शी और सुगम सेवा का लाभ मिलेगा। इस सेवा के लिए विधिक माप विज्ञान अधिकारी (निरीक्षक) को निर्धारित अधिकारी, सहायक नियंत्रक को प्रथम शिकायत निवारण प्राधिकारी तथा उप नियंत्रक को द्वितीय शिकायत निवारण प्राधिकारी नामित किया गया है। यह बदलाव हरियाणा सेवा का अधिकार अधिनियम, 2014 के तहत लागू होगा। यह निर्णय नागरिकों को समयबद्ध, डिजिटल और कुशल सेवाएं उपलब्ध कराने की दिशा में एक महत्वपूर्ण कदम माना जा रहा है।

नौकरियों पर असर: सरकार ने सभी पुरानी भर्ती मांगें की खत्म, विभागों को नई रिक्तियां भेजने को कहा

चंडीगढ़  हरियाणा सरकार ने सरकारी नौकरियों की प्रक्रिया को अधिक पारदर्शी और तथ्यपूर्ण बनाने के लिए बड़ा कदम उठाया है। मुख्य सचिव कार्यालय से जारी आदेश में कहा गया है कि पहले भेजी गई ग्रुप-सी के खाली पदों की मांग अब मान्य नहीं मानी जाएगी। यानी अब तक विभागों द्वारा कर्मचारी चयन आयोग को भेजी गई रिक्विज़िशन पूरी तरह निरस्त मानी जाएगी और उन पर आगे कोई कार्रवाई नहीं होगी। यह निर्णय इसलिए लिया गया है क्योंकि कई विभागों द्वारा भेजी गई रिक्तियों में गलतियां, दोहराव और अधूरी जानकारी पाई गई थी। अब सभी विभागों, बोर्डों और निगमों को निर्देश दिया गया है कि वे अपने-अपने स्तर पर रिक्तियों की नई, सत्यापित और अद्यतन सूची तैयार करें। यह सूची अब 10 दिसंबर तक कर्मचारी चयन आयोग के पोर्टल पर अपलोड करनी अनिवार्य होगी। पहले यह समय सीमा 15 नवंबर थी, जिसे अब बढ़ाकर 10 दिसंबर किया गया है ताकि विभागों को सही आंकड़ा तैयार करने के लिए पर्याप्त समय मिल सके। क्लर्क भर्ती पर रोक पत्र का सबसे महत्वपूर्ण हिस्सा क्लर्क के पदों को लेकर है। आदेश में स्पष्ट लिखा है कि फिलहाल क्लर्क के पदों पर कोई नई मांग नहीं भेजी जाएगी। यदि किसी विभाग ने पहले से क्लर्क पदों की मांग भेज दी है, तो उसे तुरंत वापस लिया जाए। साथ ही, कर्मचारी चयन आयोग को निर्देशित किया गया है कि ऐसी मांगों पर आगे कोई कार्यवाही न करे। इससे साफ संकेत मिलता है कि क्लर्क श्रेणी के पदों की संख्या और आवश्यकता की सरकार पुनर्समीक्षा कर रही है। अब प्रक्रिया नए सिरे से यह बदलाव किसी नियम में संशोधन नहीं है, बल्कि रिक्तियों को सही रूप में संकलित करने की प्रक्रिया का पुनर्गठन है। पहले विभिन्न विभागों द्वारा अलग-अलग समय पर डिमांड भेजे जाने से आंकड़ों में असमानता और भ्रम पैदा हो जाता था। अब सभी विभाग एक साथ अद्यतन सूची भेजेंगे, जिसके आधार पर भर्ती प्रक्रिया आगे बढ़ाई जाएगी। सरकार का उद्देश्य यह सुनिश्चित करना है कि भर्ती सही, सटीक और एकीकृत जानकारी के आधार पर हो, न कि पुराने या गलत आंकड़ों पर। सभी विभागों को भेजे गए आदेश यह पत्र राज्य के सभी प्रशासनिक सचिवों, विभागाध्यक्षों, मंडलायुक्तों, उपायुक्तों और सभी बोर्डों एवं नगर निकायों के प्रबंध निदेशकों को भेजा गया है। यानी यह आदेश पूरे प्रदेश की शासन प्रणाली पर लागू होगा और किसी भी स्तर पर लापरवाही अब स्वीकार नहीं की जाएगी। सरकार ने साफ संदेश दिया है कि अब भर्ती प्रक्रिया तभी आगे बढेगी, जब सभी विभाग सही और अद्यतन रिक्तियों की सूची भेज देंगे। इसका असर सीधे उन युवाओं पर पड़ेगा जो सरकारी नौकरी की तैयारी कर रहे हैं, क्योंकि अब आगे होने वाली भर्तियां नई रिक्विज़िशन के आधार पर ही होंगी।  

प्रदूषण का कहर! देश के सबसे दूषित दो शहर हरियाणा में दर्ज

हरियाणा  दिल्ली-एनसीआर में वायु प्रदूषण खतरनाक स्तर पर है। हरियाणा की बात करें तो कई शहरों में प्रदूषण से राहत नहीं मिल रही है। देशभर के सबसे प्रदूषित शहरों में प्रदेश का सोनीपत और बहादुरगढ़ सबसे प्रदूषित हैं। वहीं देश के 7 सबसे प्रदूषित शहरों में 4 हरियाणा के शहर हैं।  जानें कौन से शहर कितना रहा एक्यूआई बता दें कि सोनीपत शनिवार को देश का सबसे प्रदूषित शहर रहा। सोनीपत का एक्यूआई 329 रहा। बहादुरगढ़ दूसरे स्थान पर रहा और एक्यूआई 322 दर्ज किया गया। इनके अलावा उत्तर प्रदेश के नोएडा और हापुड़ का एक्यूआई 310 रहा। इसके बाद हरियाणा के धारूहेड़ा का 309 एक्यूआई दर्ज किया गया। दिल्ली देश में प्रदूषित शहरों में छठवें स्थान पर रहा। यहां का एक्यूआई 305 है। प्रदेश के चरखी दादरी की हवा भी खराब रही और एक्यूआई 304 रहा।