samacharsecretary.com

गांधी मेडिकल कॉलेज में रिक्त चिकित्सा अधिकारी सीनियर रेसिडेंट एवं जूनियर रेसिडेंट के पदों की भर्ती को लेकर बैठक सम्पन हुई

भोपाल  भोपाल के गांधी मेडिकल कॉलेज में रिक्त चिकित्सा अधिकारी एवं सीनियर रेसिडेंट एवं जूनियर रेसिडेंट के पदों की भर्ती की जाना प्रस्तावित है। उपरोक्त भर्ती को लेकर एडमिन ब्लाक तृतीय तल में जी. एम. सी. रोस्टर निर्धारण समिति की बैठक का आयोजन किया गया ,जिसमे केई प्रमुख मुद्दों पर चर्चा की गई।      समिति के सदस्य बंशीलाल धनवाल ने बताया की राज्य के सभी शासकीय अर्ध शासकीय, निगम, मंडल आदि कार्यालयों में कार्यरत शासकीय सेवकों का स्थापना शाखा में एक स्थाई रिकॉर्ड जो रोस्टर पंजी के नाम से संधारित होता है, इसी 100 बिंदु रोस्टर पंजी के मान से सीधी भर्ती अथवा पदोन्नति की प्रक्रिया वर्गवार संपन्न होती है। जो की एक शासकीय नियम है। समिति की बैठक के प्रारंभ में श्री धनवाल ने जीएमसी की स्थानीय यूनिटों में रिक्त पदों को रोस्टर पंजी से मिलान करने के लिए, रोस्टर पंजी का अवलोकन करने की बात कहीं। तो सम्बंधित शाखा प्रभारी ने रोस्टर पंजी संधारित होने की बात तो स्वीकारी,  लेकिन सदन के समक्ष प्रस्तुत नहीं कर पाये। तदोपरांत सदन के सभापति डॉक्टर लोकेंद्र दवे ने बैठक स्थगित कर दी, ओर कहा कि भर्ती प्रक्रिया से पहले अगली बैठक में, 100 बिंदु रोस्टर पंजी सदन के समक्ष प्रस्तुत करे।          बैठक में डॉक्टर लोकेंद्र दवे प्राध्यापक रेस्पिरेटरी मेडिसिन विभाग,  बंशीलाल धनवाल संभागीय अध्यक्ष अजाक्स  भोपाल संभाग, डॉक्टर आशीष कोष्टी प्राध्यापक पैथोलॉजी विभाग,  डॉक्टर हरेसिंह मकवाने सहायक प्राध्यापक बायोकेमेस्ट्री विभाग , डॉक्टर देवेंद्र चौधरी सहायक प्राध्यापक जनरल सर्जरी विभाग , डॉक्टर अनिल सेजवार प्राध्यापक मेडिसिन विभाग , डॉक्टर मुकेश हिंडोलिया सहायक प्राध्यापक फार्मोक्लॉजी विभाग तथा  अजय वर्मा गांधी मेडिकल कॉलेज भोपाल उपस्थित रहे। 

नए साल में करें नई शुरूआतः 2026 में ओरल हेल्थ पर दें खास ध्यान – डॉ सोनिया दत्ता

भोपाल डॉ सोनिया दत्ता, एमडीएस, पीएचडी; प्रोफेसर, पब्लिक हेल्थ डेन्टिस्ट्री के अनुसार, क्या आप जानते हैं कि आपकी ओरल हेल्थ यानि मुंह के स्वास्थ्य का असर शरीर के पूरे स्वास्थ्य पर पड़ता है। उदाहरण के लिए अगर आपके मसूड़ों में सूजन है तो इसका असर पाचन पर, हृदय पर और पूरी सेहत पर भी पड़ सकता है। तो क्यों न नए साल की शुरूआत के साथ अपनी आदतों में कुछ बदलाव लाएं और मुंह की देखभाल पर विशेष ध्यान दें। अक्सर जब भी सेहत की बात आती है तो हम अपने खाने, व्यायाम, और नींद जैसे पहलुओं की बात करते हैं। क्योंकि हमें लगता है कि ये सभी पहलु हमारे स्वास्थ्य पर सीधा असर डालते हैं। लेकिन एक और महत्वपूर्ण पहलु है आपका मुंह, जिससे पूरे शरीर का स्वास्थ्य जुड़ा है। इसलिए अगर आप 2026 में अपनी सेहत की देखभाल का संकल्प लेने जा रहे हैं, तो सबसे पहले ओरल केयर पर ध्यान दें। आयुर्वेद को अपनाएं-आयुर्वेदिक जड़ी बूटियां को सदियों से मुंह के स्वास्थ्य के लिए कारगर माना जाता रहा है। ऐसी ही कुछ जड़ी-बूटियां हैं: लौंग का तेल- यह मुंह में बैक्टीरिया को पनपने से रोकता हैं, और असहजता को दूर करता है।; पुदीना सत्वा- सांसों की ताज़गी बनाए रखता है।; तोमर बीज- मसूड़ों को साफ एवं स्वस्थ बनाता है।; डाबर रैड जैसे टूथपेस्ट में ये सभी जड़ी-बूटियां हैं, इसे आईडीए की सील ऑफ एक्सेप्टेन्स भी मिली है। ऐसे में प्राकृतिक और कारगर है।  2026 में अपनाएं छोटी-छोटी आदतें-ये आदतें ला सकती हैं बड़ा बदलाव: दिन में दो बार पूरे दो मिनट तक ब्रश करें-40 सैकण्ड में जल्दी-जल्दी नहीं।; डाबर रैड टूथपेस्ट जैसे आयुर्वेदिक टूथपेस्ट चुनें।; रोज़ाना अपनी जीभ को साफ़ करें।; फ्लॉस या इंटरडेंटल क्लीनर का इस्तेमाल करें।; ज़्यादा पानी पीएं, ऐसा करने से लार अच्छी बनेगी, जो आपके मुंह को भीतर से सुरक्षित रखेगी।  अगर आप ओरल केयर के लिए बेहतर रूटीन अपनाते हैं, तो इसका असर आपको तुरंत दिखने लगेगा और लम्बे समय तक महसूस होगा। मुंह की देखभाल सही तरह से करने पर दांतों का इनेमल मजबूत होता है, प्लॉक कम जमता है और मसूड़े स्वस्थ रहते हैं। दोपहर तक भी आपकी सांसों की ताज़गी बरक़रार रहती है। ऐसा करने से आप सेंसिटीविटी, कैविटी और इन्फेक्शन से बचे रहते हैं। इसके अलावा मुंह की सही देखभाल आपके पूरे शरीर के स्वास्थ्य को बनाए रखने में मदद करती है।

यूपी पुलिस आज अपराधियों के लिए भय और नागरिकों के लिए विश्वास का बनी है प्रतीक: योगी आदित्यनाथ

"पुलिस मंथन" वरिष्ठ पुलिस अधिकारी सम्मेलन-2025   मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने पुलिस मुख्यालय में आयोजित सम्मेलन में साझा किया 'स्मार्ट पुलिसिंग का विजन मुख्यमंत्री योगी बोलेः साढ़े आठ वर्षों में यूपी पुलिस की छवि, संरचना और कार्यप्रणाली में ऐतिहासिक परिवर्तन सम्मेलन में बीट पुलिसिंग से साइबर सुरक्षा तक तकनीक आधारित पुलिसिंग पर व्यापक मंथन डेटा आधारित, वैज्ञानिक और नागरिक केंद्रित पुलिसिंग पर मुख्यमंत्री योगी का रहा फोकस लखनऊ पुलिस मुख्यालय में आयोजित दो दिवसीय राज्यस्तरीय वरिष्ठ पुलिस अधिकारी सम्मेलन- 2025 ‘पुलिस मंथन’ का शनिवार को मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ की अध्यक्षता में हुआ। मुख्यमंत्री योगी द्वारा अपने सम्बोधन में यूपी पुलिस के अब तक के कार्य, सुधार और उपलब्धियों की सराहना करते हुए कहा कि पिछले साढ़े आठ वर्षों में उत्तर प्रदेश ने अपने परसेप्शन और कानून-व्यवस्था की छवि में उल्लेखनीय परिवर्तन किया है। उन्होंने कहा कि उत्तर प्रदेश पुलिस के प्रयासों से उत्तर प्रदेश को आज देश-दुनिया में एक रोल मॉडल की तरह देखा जा रहा है और परिवर्तन की यह पहचान जनता के अनुभवों से सिद्ध होती है, न कि आत्मप्रशंसा से। इस दौरान उन्होंने स्मार्ट पुलिसिंग का विजन साझा करते हुए मुख्यमंत्री योगी ने बताया कि वर्ष 2017 से अब तक पुलिसिंग के हर स्तर पर व्यापक बदलाव हुए, भर्ती, प्रशिक्षण, अवसंरचना, तकनीक, साइबर सुरक्षा, फॉरेंसिक क्षमता, पुलिस कमिश्नरेट व्यवस्था, UP-112, सेफ सिटी मॉडल, महिला पुलिस भर्ती, और प्रीडिक्टिव पुलिसिंग की दिशा में निर्णायक प्रगति की गई है। पहले जहां प्रशिक्षण क्षमता सीमित थी, वहीं आज बड़े पैमाने पर 60,000 से अधिक आरक्षियों का प्रशिक्षण प्रदेश के अन्दर ही कराया जा रहा है। 75 जनपदों में साइबर थाने, 12 एफएसएल लैब और फॉरेंसिक यूनिवर्सिटी जैसे संस्थागत बदलाव प्रदेश की नई सोच को दर्शाते हैं। उन्होंने कहा कि आज यूपी पुलिस अपराधियों के लिए भय और आम नागरिकों के लिए विश्वास व सम्मान का भाव स्थापित कर रही है। पुलिस की भूमिका अब केवल प्रतिक्रियात्मक नहीं, बल्कि प्रो-एक्टिव और प्रीडिक्टिव पुलिसिंग की ओर बढ़ चुकी है। उनके द्वारा बेस्ट प्रैक्टिसेस साझा करने, नवाचार अपनाने और समयबद्ध व बिंदुवार कार्य प्रस्तुत करने की आवश्यकता पर बल दिया गया। अंत में मुख्यमंत्री योगी ने विश्वास व्यक्त किया कि यह दो दिवसीय पुलिस मंथन कार्यक्रम नीति, रणनीति और बेहतर क्रियान्वयन के जरिए समग्र पुलिसिंग को नई दिशा देगा और यूपी पुलिस अपने कार्यों को उसी आत्मविश्वास के साथ आगे बढ़ाती रहेगी। सम्मेलन के उद्घाटन सत्र में पुलिस महानिदेशक राजीव कृष्ण ने मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ का सम्मेलन में दो दिन उपस्थित रहकर मार्गदर्शन देने हेतु हृदय से आभार व्यक्त किया । उन्होंने कहा कि उत्तर प्रदेश पुलिस के गरिमामयी इतिहास में यह एक विशिष्ट क्षण है, जब माननीय मुख्यमंत्री जी ने अपने व्यस्त कार्यक्रम से समय निकालकर इस मंथन में सहभागिता की है। उनकी उपस्थिति यह भरोसा देती है कि राज्य नेतृत्व पुलिसिंग की चुनौतियों को समझता है, सुधार की प्रक्रिया में मार्गदर्शक है और परिणामों के प्रति पूरी तरह प्रतिबद्ध है।      पुलिस महानिदेशक ने विभिन्न सत्रों की रूपरेखा एवं उद्देश्य पर प्रकाश डालते हुए, 2017 के बाद  मुख्यमंत्री योगी के नेतृत्व में उत्तर प्रदेश पुलिस की परिवर्तनकारी यात्रा का उल्लेख किया। उन्होंने भर्ती, प्रशिक्षण, आधारभूत संरचना, तकनीक-आधारित नागरिक सेवाओं, फॉरेंसिक सुदृढ़ीकरण, cyber policing, मिशन शक्ति केन्द्र, विशेष इकाइयों के गठन तथा अपराध के प्रति zero tolerance नीति के प्रभाव को रेखांकित करते हुए कहा कि सम्मेलन का लक्ष्य प्रत्येक सत्र से स्पष्ट उत्तरदायित्व, निर्णयों की स्पष्ट timeline और ठोस परिणाम सुनिश्चित करना है, ताकि यह मंथन कक्षों से निकलकर फील्ड में दिखाई दे और नागरिकों तक बेहतर, responsive एवं citizen-first police service पहुँचे। सम्मेलन के प्रथम दिवस कुल 07 सत्र आयोजित किए गए, जिनमें प्रत्येक सत्र के  07 नोडल वरिष्ठ आईपीएस अधिकारी एवं उनकी टीम द्वारा विभिन्न विषयों पर प्रस्तुतीकरण दिया गया ।   शनिवार को आयोजित सत्रों का सार * सत्र- 01 में Beat Policing विषय के नोडल अधिकारी एस०के० भगत, अपर पुलिस महानिदेशक, अपराध के नेतृत्व में उनकी टीम द्वारा बीट पुलिसिंग से सम्बन्धित समस्या तथा उसके समाधान एवं Best practices के बारे में प्रस्तुतीकरण दिया गया । तत्पश्चात माननीय मुख्यमंत्री जी के द्वारा यक्ष ऐप का लोकार्पण किया गया । ‘यक्ष ऐप’- AI और Big Data Analysis की सहायता से तैयार किये गये बीट बुक का डिजिटल स्वरूप है। इसके माध्यम से बीट पर अपराध, अपराधियों तथा संवेदनशील क्षेत्रों का समग्र डाटा उपलब्ध होगा, जिससे पुलिस कार्यवाही अधिक तथ्यात्मक, विश्लेषणात्मक एवं लक्षित रूप में की जा सकेगी। यह ऐप बीट कर्मियों के रोज़मर्रा के कार्यों को आसान, सुव्यवस्थित एवं प्रभावी बनाने में भी मददगार होगा । •सत्र- 02 में Crime Against Women, Children and Human Trafficking विषय की नोडल अधिकारी पद्मजा चौहान, अपर पुलिस महानिदेशक, महिला एवं बाल सुरक्षा संगठन के नेतृत्व में उनकी टीम द्वारा प्रदेश में महिलाओं एवं बच्चों से सम्बन्धित प्रमुख कार्य, उपलब्धियां, चुनौतियां एवं भावी कार्ययोजना जिसमें नवस्थापित मिशन शक्ति केन्द्र, समुदाय स्तर पर किये जा रहे जागरूकता कार्यक्रम एवं पारिवारिक विघटन के साथ लैंगिक अपराधों से पीड़ित बालिकाओं की देखभाल एवं संरक्षण, मिशन-शक्ति के द्वारा महिलाओं एवं बाल-सुरक्षा, मिशन-शक्ति केन्द्र के द्वारा सकारात्मक बदलाव, Family Dispute Resolution Clinic (FDRC), एवं बलात्कार के प्रकरणों में कानून प्रवर्तन पर प्रस्तुतीकरण दिया गया ।  

सरकारी कार्यालयों, सामुदायिक सभागारों, ग्राम पंचायत भवनों और ग्राम सभा स्थलों पर लगेंगे पोस्टर

विकसित भारत की संकल्पना साकार करने के लिए सीएम योगी ने अफसरों को दिए निर्देश लखनऊ उत्तर प्रदेश में रोजगार को लेकर योगी सरकार की सोच जमीन पर उतरती दिख रही है। मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ के विजन के तहत “विकसित भारत जी राम जी” योजना के जरिए गांव-गांव रोजगार, प्रशिक्षण और आजीविका के अवसर देने की ठोस पहल शुरू हो गई है। सरकार का लक्ष्य है कि हर परिवार तक काम की गारंटी पहुंचे और रोजगार की जानकारी गांव-गांव लोगों को चौपाल लगाकर दी जाए। सीएम योगी ने अफसरों को निर्देश दिए हैं कि विकसित भारत की संकल्पना को साकार करने के लिए सभी तैयारियां पूरी कर ली जाएं। इस दिशा में प्रदेश भर में व्यापक जनजागरूकता अभियान चलाया जाएगा। इसके अंतर्गत सरकारी कार्यालयों, पंचायत भवनों, सामुदायिक केंद्रों और ग्राम सभाओं में पोस्टर, बैनर और वाल पेंटिंग के जरिए लोगों को योजनाओं से जोड़ा जाएगा। साथ ही चौपालों पर संवाद के जरिए सीधे आम लोगों को रोजगार संबंधित योजनाओं की जानकारी दी जाएगी। हर पात्र व्यक्ति तक पहुंचाया जाएगा सीधा लाभ इस अभियान के तहत रोजगार एवं आजीविका गारंटी अधिनियम (VB-G RAM G) को प्रभावी रूप से लागू किया जा रहा है। इसका मकसद सिर्फ योजना बनाना नहीं, बल्कि हर पात्र व्यक्ति तक उसका लाभ पहुंचाना है। इसके तहत चौपाल पर चर्चा के साथ घर-घर योजना की जानकारी दी जाएगी। गांव-गांव लगने वाली इन चौपालों में लोगों को रोजगार की योजनाओं, काम के अवसरों और अधिकारों के बारे में बताया जाएगा। अपनी जरूरतें और सुझाव सीधे प्रशासन तक पहुंचा सकेंगे पोस्टर, बैनर और वाल पेंटिंग से योजना का प्रचार किया जाएगा। इसके साथ ही सरकारी कार्यालयों, पंचायत भवनों, स्कूलों, सामुदायिक हॉल और सार्वजनिक स्थलों पर प्रचार सामग्री लगाई जाएगी। जिससे कोई भी व्यक्ति इसकी जानकारी से अछूता न रहने पाए। रेलवे स्टेशन और बस अड्डों पर भी संदेश से संबंधित लोगो लगाए जाएंगे। सभी तक जानकारी पहुंचाने के लिए सार्वजनिक स्थलों पर प्रचार प्रसार का निर्णय लिया गया है। योगी सरकार का प्रयास है कि रोजगार से जुड़े फैसलों में आमजन की भागीदारी रहे। चौपालों के माध्यम से लोग अपनी जरूरतें और सुझाव सीधे प्रशासन तक पहुंचा सकेंगे। आत्मनिर्भर भारत की दिशा में साबित होगा बड़ा कदम मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ का अधिकारियों को स्पष्ट संदेश है कि विकसित भारत का सपना तभी साकार होगा जब गांव मजबूत होंगे और हर हाथ को काम मिलेगा। इसी सोच के साथ प्रशासन को निर्देश दिए गए हैं कि योजनाएं सिर्फ कागजों तक सीमित न रहें, बल्कि हर जरूरतमंद तक पहुंचें। यह अभियान न केवल रोजगार के अवसर बढ़ाएगा, बल्कि ग्रामीण अर्थव्यवस्था को मजबूती देकर आत्मनिर्भर भारत की दिशा में बड़ा कदम साबित होगा।

मुख्यमंत्री डॉ. यादव ने अस्पताल भवन और क्रिटिकल केयर यूनिट का किया भूमि-पूजन

650 बिस्तरीय नवीन चिकित्सालय भवन की मिली सौगात भोपाल मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव ने शनिवार को सतना में शासकीय मेडीकल कॉलेज में 383 करोड रूपये की लागत से निर्मित होने वाले 650 बिस्तरीय नवीन चिकित्सालय भवन का भूमि-पूजन किया। चिकित्सालय भवन का निर्माण हो जाने से मेडिकल कॉलेज के समीप ही 650 बिस्तर के आधुनिक अस्पताल की सुविधा उपलब्ध हो जायेगी। मेडिकल कॉलेज के विद्यार्थियों को उपचार की प्रेक्टिस के लिए अब दूर नहीं जाना पडेगा। सतना शहर में ही आधुनिक अस्पताल की सौगात मिलेगी। मुख्यमंत्री डॉ. यादव ने जिला अस्पताल सतना में बनने वाले 100 बिस्तरीय आधुनिक वार्ड और 50 बिस्तरीय क्रिटिकल केयर हेल्थ वार्ड का शिलान्यास भी किया। इसकी लागत 32 करोड 54 लाख रूपये है। मुख्यमंत्री डॉ. यादव ने सतना में 100 सीटर श्रमिक विश्राम गृह का भी शिलान्यास किया। इसकी लागत 6 करोड 16 लाख रूपये है। इस अवसर पर जिले के प्रभारी मंत्री श्री कैलाश विजयवर्गीय मंत्री, नगरीय विकास एवं आवास राज्यमंत्री श्रीमती प्रतिमा बागरी, सांसद श्री गणेश सिंह, विधायक चित्रकूट श्री सुरेन्द्र सिंह गहरवार, जनप्रतिनिधि, मेडीकल कॅलेज के डीन डॉ. एस.पी. गर्ग, चिकित्सक और नर्सिग स्टॉफ उपस्थित रहा।  

नए साल की शुरुआत में ठिठुरन बढ़ाएगा मौसम, बिहार के सभी जिलों में ऑरेंज अलर्ट जारी

पटना  बिहार में ठंड का असर लगातार तेज होता जा रहा है। मौसम विज्ञान केंद्र, पटना की ताजा रिपोर्ट के मुताबिक राज्य के लगभग सभी जिलों में शीतलहर और घने कोहरे का प्रकोप बना हुआ है। इसे देखते हुए 31 दिसंबर से 1 जनवरी 2026 तक के लिए मौसम विभाग ने अलर्ट जारी करते हुए लोगों को सतर्क रहने की सलाह दी है। बिहार मौसम विभाग ने ठंड व कोहरे को लेकर ऑरेंज अलर्ट जारी किया है। विभाग के अनुसार उत्तर बिहार से लेकर दक्षिण बिहार तक अधिकतर जिले इस चेतावनी के दायरे में हैं। घने कुहासे के कारण सुबह और रात के समय Visibility बेहद कम रहने की आशंका है, जिससे सड़क और रेल यातायात प्रभावित हो सकता है।    मौसम विभाग का अनुमान है कि नए साल की शुरुआत भी ठंड और घने कोहरे के बीच होगी। ऐसे में खासतौर पर सुबह और देर रात अतिरिक्त सावधानी बरतने की जरूरत है।  बुजुर्गों और बच्चों के लिए खास चेतावनी मौसम विभाग और डॉक्टरों के अनुसार ठंड और कोहरे का सबसे ज्यादा असर बुजुर्गों, बच्चों और बीमार लोगों पर पड़ सकता है। लोगों को सलाह दी गई है कि—     सुबह-शाम अनावश्यक बाहर निकलने से बचें     गर्म कपड़े पहनें     वाहन चलाते समय Fog Light का इस्तेमाल करें     बहुत जरूरी होने पर ही लंबी यात्रा करें     मौसम से जुड़े ताजा अपडेट पर नजर रखें।  

सतना का नया बस स्टेण्ड अटल बिहारी वाजपेयी अंतर्राज्यीय बस अड्डा के नाम से जाना जाएगा

चित्रकूट को बनाएंगे भव्य और दिव्य धाम मध्यप्रदेश में नए साल से चलेंगी सरकारी बसें बरगी नहर परियोजना से सतना जिले की 1.5 लाख हैक्टेयर कृषि भूमि होगी सिंचित मुख्यमंत्री डॉ. यादव ने सतना में 652.54 करोड़ रूपए से अधिक लागत के विकास कार्यों का किया लोकार्पण एवं भूमिपूजन भोपाल  मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव ने कहा है कि हम भारत रत्न स्व. अटल बिहारी वाजपेयी का जन्मशती वर्ष मना रहे हैं। अटल जी के जन्मशती वर्ष में ही मध्यप्रदेश का रीयलस्टिक डेवलपमेंट (अभ्युदय) हो रहा है। हम मध्यप्रदेश में सरकार नहीं, परिवार चलाते हैं। प्रदेश के हर घर को परिवार मानकर जनहित के निर्णय ले रहे हैं। हमारे निर्णयों में अंत्योदय भी है और ग्रामोदय भी। सतना जिला भगवान श्रीराम की कर्मभूमि रहा है। इसलिए हमारी सरकार चित्रकूट को भव्य और दिव्य धाम के रूप में विकसित करेगी। मुख्यमंत्री ने कहा कि प्रधानमंत्री श्री नरेन्द्र मोदी ने सतना को स्मार्ट सिटी योजना की सौगात देकर विकास कार्यों की गंगा बहा दी है। मुख्यमंत्री डॉ. यादव शनिवार को सतना के आईएसबीटी परिसर में आयोजित लोकार्पण एवं शिलान्यास कार्यक्रम को संबोधित कर रहे थे। मुख्यमंत्री डॉ. यादव ने 31 करोड़ रूपए की लागत से नवनिर्मित आईएसबीटी का लोकार्पण किया और इसका नामकरण 'अटल बिहारी वाजपेयी अंतर्राज्यीय बस अड्डा' करने की घोषणा की। अटल जी राजनीति में शुचिता और राष्ट्रीयता के प्रतीक है। उन्होंने राष्ट्र, धर्म और जनकल्याण के लक्ष्यों को लेकर सरकार चलाई। भारतीय संसद में 50 वर्षो तक अटल जी की निर्भीक वाणी गूंजती रही। मुख्यमंत्री डॉ. यादव ने कहा कि सतना में आईएसबीटी बन चुका है। राज्य सरकार की भी पूरी तैयारी है कि नए साल से प्रदेश में सरकारी बसों का संचालन प्रारंभ हो जाएगा। मुख्यमंत्री सुगम लोक परिवहन सेवा के नाम से प्रदेश के गांव-गांव तक सस्ती और सुविधाजनक बस परिवहन सेवा प्रारंभ कर दी जाएंगी। शहरों में लग्जरी बसें चलाई जाएंगी। मुख्यमंत्री डॉ. यादव ने घोषणा करते हुए कहा कि सतना विमानतल की एयरस्ट्रिप की वर्तमान लंबाई बढ़ाकर अब 1800 मीटर तक की जाएगी, जिससे यहां जेट विमान भी उतर सकें। मुख्यमंत्री डॉ. यादव ने कहा कि सतना जिले का कोना-कोना सिंचित किया जाएगा। बरगी नहर परियोजना का पूरा लाभ सतना जिले को मिलेगा। इससे यहां की डेढ़ लाख हैक्टेयर से अधिक कृषि भूमि को सिंचाई की स्थायी सुविधा मिलेगी। मुख्यमंत्री डॉ. यादव ने सतना में 652.54 करोड़ रुपये से अधिक की लागत वाले 12 विकास कार्यों का लोकार्पण एवं भूमिपूजन किया। इसमें नवीन आधुनिक आईएसबीटी एवं धवारी क्रिकेट स्टेडियम के नवीनीकरण कार्य के लोकार्पण सहित करीब 383 करोड़ रुपए की लागत से निर्मित होने वाले 650 बिस्तरीय नवीन अस्पताल का भूमिपूजन भी शामिल है। मुख्यमंत्री डॉ. यादव ने कहा कि यह तीनों सौगातें सतना के विकास में चार चांद लगाएंगी। कार्यक्रम में मुख्यमंत्री डॉ. यादव ने हितलाभ भी वितरित किये। मुख्यमंत्री डॉ. यादव ने कहा कि यह पूरा सप्ताह मध्यप्रदेश के विकास का ऐतिहासिक सप्ताह रहा है। धार और बैतूल में पीपीपी मॉडल पर मेडिकल कॉलेज का भूमिपूजन हुआ। ग्वालियर में "अभ्युदय मध्यप्रदेश ग्रोथ समिट" का आयोजन हुआ। कुल 2 लाख करोड़ रुपए से अधिक के औद्योगिक विकास कार्यों का लोकार्पण-शिलान्यास हुआ। भोपाल मेट्रो शुरू हुई और आज विन्ध्य के विकास को भी नए पंख लग रहे हैं। मुख्यमंत्री डॉ. यादव ने कहा है कि भगवान श्रीराम ने सतना के पास चित्रकूट धाम में 11 वर्ष गुजारे थे। राज्य सरकार चित्रकूट धाम सहित सतना जिले के विकास के लिए संकल्पित है। यहां भगवान कामता नाथ विराजे हैं। देश-दुनिया के पर्यटक मंदाकनी नदी के किनारे चित्रकूट आ रहे हैं। अयोध्या के बाद चित्रकूट का अलग ही महत्व है। भगवान श्रीराम के जीवन से रिश्तों की मर्यादा समझी जा सकती है। उन्होंने सुग्रीव से मित्रता करके आदर्श उदाहरण प्रस्तुत किया है। श्रीराम और श्रीकृष्ण के जीवन से मित्रता का महत्व सीखने की आवश्यकता है। राज्य सरकार सनातन संस्कृति और राष्ट्र के कल्याण कार्यों को आगे बढ़ाते हुए विरासत का संरक्षण कर रही है। प्रदेश की बहन-बेटियों को लाड़ली बहना योजना के माध्यम से हर माह 1500 रुपए की राशि मिल रही है। मुख्यमंत्री ने कहा कि सतना में दिल्ली-मुंबई से भव्य बस स्टैंड बनकर तैयार हो चुका है। राज्य में पहले परिवहन विभाग की लाल बसें चलती थीं। अब गांव-गांव तक प्रधानमंत्री श्री मोदी ने सड़कें बनवा दी हैं। मुख्यमंत्री डॉ. यादव ने कहा कि भारत रत्न पूर्व प्रधानमंत्री स्व. श्री अटल बिहारी वाजपेयी का जन्म शताब्दी वर्ष में प्रदेश को अनेक जनकल्याणकारी योजनाओं की सौगात मिल रही है। अटलजी एक आदर्श राजनेता थे। उन्होंने देश में 24 दलों को मिलाकर सरकार चलाई, लेकिन एक वोट कम होने पर पद भी त्याग दिया। अटलजी की 101वीं जयंती के मौके पर ग्वालियर और लखनऊ में भव्य कार्यक्रम आयोजित किए गए। मुख्यमंत्री डॉ. यादव ने कहा कि सतना में 650 बेडेड नए अस्पताल भवन का शिलान्यास हो गया है। अमृत 2.0 योजना के माध्यम से सतना को अनेक विकास कार्यों की सौगात मिली है। यहां 7 करोड़ रूपए की लागत से आधुनिक क्रिकेट स्टेडियम का लोकार्पण भी हुआ है। इसमें डे-नाईट क्रिकेट मैच हो सकेंगे। मुख्यमंत्री ने कहा कि राज्य सरकार विकास के लिए सदैव जनता के साथ खड़ी है। नए साल में बरगी नहर से सतना जिले की डेढ़ लाख हेक्टेयर अतिरिक्त भूमि सिंचित होगी। प्रधानमंत्री श्री नरेन्द्र मोदी के कर कमलों से चित्रकूट को भी केन-बेतवा नदी जोड़ो परियोजना का लाभ मिलेगा। प्रदेश के सभी तीर्थों को भी हम पर्याप्त जल उपलब्ध कराएंगे।  

हरियाणा के युवाओं के हक पर सवाल! 70–80% नौकरियां बाहरी लोगों को देने का आरोप, राव नरेंद्र सिंह का हमला

चंडीगढ़ कांग्रेस की हरियाणा इकाई के अध्यक्ष राव नरेंद्र सिंह ने शनिवार को राज्य की भारतीय जनता पार्टी (भाजपा) सरकार पर तीखा हमला बोला और आरोप लगाया कि 70-80 प्रतिशत सरकारी नौकरियां ‘बाहरी लोगों’ को दी जा रही हैं। राव ने सरकारी भर्ती पर राज्य की नीति पर सवाल उठाते हुए पूछा कि क्या हरियाणा के युवा इतने ‘अक्षम’ हो गए हैं कि उन्हें अन्य राज्यों के अभ्यर्थियों के लिए नौकरियों से वंचित किया जा रहा है। उन्होंने ‘हरियाणा पावर यूटिलिटीज’ में सहायक अभियंता भर्ती को तत्काल रद्द करने की भी मांग की। कांग्रेस नेता ने मांग की कि मुख्यमंत्री नायब सिंह सैनी इस मुद्दे पर अपना रुख स्पष्ट करें क्योंकि उनकी ‘चुप्पी’ गंभीर सवाल उठाती है। उन्होंने कहा कि नौकरी की स्थिति हरियाणा के मेहनती युवाओं के अधिकारों पर सीधा हमला है, जो उन्हें अपने ही राज्य में दोयम दर्जे का नागरिक बना देगी। बड़ी संख्या में हरियाणा के बाहर के लोगों को नौकरी के लिए चयनित किया जा रहा है। उन्होंने कहा कि ‘सुनियोजित साजिश’ के तहत शिक्षक, पटवारी, क्लर्क, सहायक अभियंता, दीवानी न्यायाधीश और राज्य सिविल सेवा के पदों के साथ-साथ मेडिकल कॉलेजों और तकनीकी शिक्षा विभाग के पदों पर बड़ी संख्या में हरियाणा से बाहर के अभ्यर्थियों का चयन किया गया। हाल की सहायक अभियंता भर्ती का हवाला देते हुए उन्होंने कहा कि 214 चयनित अभ्यर्थियों में से 185 राज्य के बाहर से थे। उन्होंने दावा किया कि भाजपा सरकार को हरियाणा की पहचान या उसके युवाओं की कोई चिंता नहीं है। राव ने यह चेतावनी दी कि नीति आरक्षित श्रेणी के युवाओं को भी प्रभावित कर सकती है। उन्होंने आरोप लगाया कि स्थानीय युवाओं की कीमत पर राज्य में बाहरी लोगों को बसाने के लिए अधिवास नियमों में बदलाव का इस्तेमाल किया जा रहा है।

ड्रग्स तस्करी का पर्दाफाश, 52,000 नशीले कैप्सूलों के साथ 5 आरोपी गिरफ्तार

अबोहर  नगर थाना नंबर 2 की पुलिस को गत रात उस समय बड़ी सफलता हाथ लगी जब पुलिस टीम ने गुप्त सूचना के आधार पर शहर के लाईनपार क्षेत्र में नशीले कैप्सूल व गोलियां बेचने वाले एक गिरोह के पांच जनों को भारी मात्रा में ट्रामाडोल गोलियों व प्रीगाबालिन कैप्सूलों सहित गिरफ्तार कर लिया। पुलिस ने उनके खिलाफ एनडीपीएस की धारा 22, 29, 61, 85 के तहत मामला दर्ज कर लिया है जिन्हें अदालत में पेश कर उनका पुलिस रिमांड हासिल कर कडी पूछताछ की जाएगी। जानकारी देते हुए थाना प्रभारी मनिंदर सिंह ने बताया कि सहायक सबइंस्पैक्टर बलविंदर सिंह गत रात पुलिस टीम सहित महाराणा प्रताप मार्केट के निकट गश्त कर रहे थे तो उन्हें मुखबिर ने सूचना दी कि सीडफार्म पक्का निवासी सुखविंदर सिंह पुत्र मिटठू सिंह, विमल कुमार पुत्र पालाराम व नवदीप सिंह पुत्र निशान सिंह तथा ईदगाह बस्ती निवासी आकाश पुत्र बिटटू टांक व बाबा दीप सिह नगर निवासी मोहित पुत्र सुखमंदर सिंह इन्होंनें नई आबादी गली नबर 21 में एक मकान किराये पर लिया हुआ है और यह लोग वहां पर भारी मात्रा में ट्रामाडोल व प्रीगाबालिन कैप्सूलों को स्टोर कर युवकों को चोरी छिपे बेचते हैं जिस पर पुलिस ने बताए स्थान पर दबिश दी तो उक्त सभी युवकों को करीब 52000 प्रेगाबालिन कैप्सूलों व 100 ट्रामाडोल गोलियों सहित गिरफ्तार किया। 

MP Board Exam 2026: 5वीं और 8वीं की डेटशीट घोषित, जानें परीक्षा की तारीखें

भोपाल मध्य प्रदेश में 5वीं और 8वीं कक्षा की बोर्ड परीक्षा की डेटशीट जारी कर दी गई है। एमपी 5वीं 8वीं बोर्ड परीक्षा 26 फरवरी 2026 से शुरू होगी। परीक्षाएं सिंगल शिफ्ट में सुबह 9:00 बजे से दोपहर 12:00 बजे के बीच होंगी। स्कूल 10 फरवरी और 10 मार्च, 2026 के बीच प्रैक्टिकल परीक्षाएं आयोजित करेंगे। प्रथम भाषा के रूप में हिन्दी/उर्दू/मराठी का चयन करने पर द्वितीय भाषा अंग्रेजी और प्रथम भाषा के रूप में अंग्रेजी का चयन करने पर द्वितीय भाषा के रूप में हिंदी का चयन करना अनिवार्य होगा। 8वीं की परीक्षा फर्स्ट लैंग्वेज के पेपर के साथ शुरू होगी। मैथ्स का पेपर 25 फरवरी को होगा। 26 फरवरी को सामाजिक विज्ञान की परीक्षा होगी। एमपी 5वीं बोर्ड परीक्षा टाइम टेबल तारीख विषय 20 फरवरी, 2026 हिंदी (SCERT, NCERT), अंग्रेजी (SCERT, NCERT), उर्दू, मराठी 21 फरवरी, 2026 गणित, संस्कृत (SCERT, NCERT) 23 फरवरी, 2026 हिंदी (SCERT, NCERT), अंग्रेजी (SCERT, NCERT) 25 फरवरी, 2026 पर्यावरण अध्ययन 26 फरवरी, 2026 सामाजिक विज्ञान – (संस्कृत/ क्षेत्रीय भाषा), हिंदी/ उर्दू/ पंजाबी, संस्कृत (SCERT, NCERT) एमपी बोर्ड 8वीं का टाइम टेबल तारीख दिन विषय 20 फरवरी, 2026 शुक्रवार पहली भाषा – (संस्कृत/ क्षेत्रीय भाषा), हिंदी (SCERT, NCERT), अंग्रेजी (SCERT, NCERT), मराठी (SCERT, NCERT) 21 फरवरी, 2026 शनिवार दूसरी भाषा – (संस्कृत/ क्षेत्रीय भाषा), संस्कृत (SCERT, NCERT), हिंदी (SCERT, NCERT), अंग्रेजी (SCERT, NCERT) 23 फरवरी, 2026 सोमवार तीसरी भाषा – (अंग्रेजी / क्षेत्रीय भाषा), अंग्रेजी (SCERT, NCERT), हिंदी / मराठी (SCERT, NCERT) 26 फरवरी, 2026 गुरुवार सामाजिक विज्ञान – (संस्कृत/ क्षेत्रीय भाषा), संस्कृत (SCERT, NCERT), हिंदी / मराठी (SCERT, NCERT) 28 फरवरी, 2026 शनिवार विज्ञान (SCERT, NCERT) एमपी में 5वीं और 8वीं दोनों बोर्ड परीक्षाओं में करीब 24 लाख से ज्यादा छात्र शामिल हो सकते हैं।