samacharsecretary.com

मेरठ में धर्म आधारित विवाद: अब्दुल्ला रेजीडेंसी पर एंट्री रोक का आरोप, सरकार जांच में जुटी

मेरठ  यूपी में दिल्ली-मेरठ एक्सप्रेसवे के पास बन रही अब्दुल्ला रेजीडेंसी को लेकर विवाद हो गया है। आरोप लग रहा है कि इस कॉलोनी में केवल धर्म विशेष के लोगों को ही जगह दी जा रही है। यह भी कहा जा रहा है कि कॉलाेनी में अघोषित रूप से हिंदुओं को जगह देने पर रोक है। इसकी शिकायत मिलने पर स्थानीय विधायक और प्रदेश के ऊर्जा राज्य मंत्री डा.सोमेन्द्र तोमर ने डीएम और आवास विकास को जांच कराकर कार्रवाई के लिए कहा है। मंत्री ने आश्चर्य जताते हुए कहा कि कोई बिल्डर धर्म विशेष को लेकर आवंटन की बात कैसे कर सकता है? इसके साथ ही उक्त जमीन के स्वामित्व का भी मामला है। उधर, अब्दुल्ला रेजीडेंसी के बिल्डर महेन्द्र गुप्ता ने सभी आरोपों को बेबुनियाद बताया है। रेजीडेंसी में किसी को संपत्ति खरीदने पर कोई रोक नहीं है। इस बीच शनिवार को नायब तहसीलदार की अगुवाई में एक टीम ने मौके पर पहुंचकर अपने स्तर पर मामले की जांच भी की। हापुड़ रोड स्थित अब्दुल्ला रेजीडेंसी का काम पिछले कुछ सालों से चल रहा है। अब यह विवादों में है। आरोप है कि इस रेजीडेंसी में केवल धर्म विशेष के लोगों को ही प्रॉपर्टी खरीदने की सुविधा है। हाल में ही कॉलोनी में मस्जिद भी बनाई गई है। यह मामला जब ऊर्जा राज्य मंत्री डा.सोमेन्द्र तोमर के सामने आया है तो उन्होंने डीएम और आवास विकास को मामले की जांच के लिए कहा है। मंत्री का कहना है कि धार्मिक आधार पर किसी रेजीडेंसी का निर्माण नहीं किया जा सकता है। उन्होंने यह सवाल भी उठाया कि जब आवास विकास ने आसपास की जमीन का अधिग्रहण किया तो उक्त जमीन अधिग्रहण से मुक्त कैसे हो गई। उधर, चर्चा है कि यह जमीन जेल में बंद एक गैंगस्टर से जुड़ी है। हालांकि डेवलपर्स कोई और है। फिलहाल प्रशासन और आवास विकास ने मामले की जांच शुरू कर दी है। अब्दुल्ला रेजीडेंसी की ओर से आई ये सफाई बिल्डर महेन्द्र गुप्ता ने कहा कि अब्दुल्ला रेजीडेंसी को लेकर जो भी आरोप लगाये जा रहे हैं तो वे गलत और निराधार हैं। अब्दुल्ला रेजीडेंसी में किसी को संपत्ति खरीदने पर कोई रोक नहीं है। आवास विकास और रेरा से स्वीकृत कॉलोनी है। कुछ लोगों ने वेवजह इस तरह के आरोप लगाये हैं। उन्होंने कहा कि वह जांच के लिए पूरी तरह से तैयार हैं।  

इम्तिहान से पहले मेडिकल छात्र ने की खुदकुशी, कॉलेज में मचा हड़कंप

कोरबा मेडिकल कॉलेज के छात्र ने एक्जाम से घंटे भर पहले हॉस्टल में अपने कमरे में फांसी लगा ली. घटना की जानकारी मिलते ही मेडिकल कॉलेज में हड़कंप मच गया. घटना की सूचना मिलते ही मेडिकल कॉलेज के अधिकारियों के साथ सिविल लाइन थाना पुलिस की टीम जांच के लिए पहुंच गई. जानकारी के अनुसार, बिलासपुर निवासी मेडिकल कॉलेज के छात्र 24 वर्षीय हिमांशु कश्यप ने हॉस्टल के ए/13 कमरे में रह रहा था. आज उसका 11 बजे से फॉलोलैजी का एग्जाम था. इसके पहले ही उसने कमरे में फांसी लगा ली. इस बात की जानकारी मिलते ही मेडिकल कॉलेज के अधिकारी और पुलिस अधिकारी मौके पर पहुंचे. पढ़ाई में एक साल बेक में चल रहा हिमांशु फांसी लगाने से कुछ देर पहले मेडिकल कॉलेज के पास स्थित दुकान से रस्सी ख़रीद कर लाया था. सीसीटीवी फुटेज में मृतक रस्सी खरीदते हुए नजर आ रहा है. बहरहाल, इस घटना से कई सवाल खड़े हो गए हैं, जिनका उत्तर किसी के पास नहीं है.

लक्ष्मी राजवाड़े के खिलाफ साजिश? मंत्री और परिवार को खुलेआम धमकी

सूरजपुर महिला एवं बाल विकास मंत्री लक्ष्मी राजवाड़े और उनके परिवार को चौराहे पर सार्वजनिक रूप से घोटाले में फंसाने के साथ जान से मारने की धमकी देना युवक को भारी पड़ गया. ग्रामीण की शिकायत पर आरोपी युवक को पुलिस ने गिरफ्तार किया है. दरअसल, कसकेला के रहने वाले रवि यादव ने भटगांव थाने में लिखित शिकायत दी थी कि गांव में रहने वाले रविन्द्र यादव ने मंत्री लक्ष्मी राजवाड़े एवं उनके परिवार के घोटाले में फंसाने और सामने आने पर जान से मारने की धमकी दी है. भटगांव पुलिस ने शिकायत के आधार पर जांच की, जिसके बाद कार्रवाई करते आरोपी युवक को गिरफ्तार में किया है. मामले में पुलिस सौंपा गया शिकायत पत्र सोशल मीडिया में जमकर वायरल हो रहा है.

जमीन खरीदी-बिक्री में अड़चन, 5 डिसमिल रजिस्ट्री पर रोक और ऑनलाइन सिस्टम बना मुसीबत

रायपुर प्रदेश में जब से 5 डिसमिल से कम की कृषि जमीन की रजिस्ट्री पर रोक लगी है, तब से मानों जमीन खरीदी-बिक्री पर लगाम सी लग गई है. रायपुर जिले की बात करें तो पहले रोज रजिस्ट्री 200 से अधिक होती थी, लेकिन अब आंकड़ा बमुश्किल 150 पार हो रहा है. उल्लेखनीय है कि अधिकांश लोग 1000 वर्गफीट, 1500 वर्गफीट, 2000 वर्गफीट के प्लाट खरीदते हैं, लेकिन 5 डिसमिल से कम की जमीन की रजिस्ट्री बंद हो जाने से लोग छोटे साइज के प्लाट नहीं खरीद पा रहे हैं. दूसरी ओर बिल्डरों के प्रोजेक्ट को फायदा मिल रहा है. रजिस्ट्री को सुविधाजनक बनाने के लिए ऑनलाइन प्रक्रिया शुरू की गई हैं, लेकिन इससे भी लोगों को राहत नहीं मिल पा रही है. सभी दस्तावेज ऑनलाइन अपलोड करने और अपॉइंटमेंट लेने के बाद भी रजिस्ट्री पूरी नहीं हो पा रही है. कार्यालय के कंप्यूटर ऑपरेटरों को भी उतनी जानकारी नहीं रहती है. कई मामले उप पंजीयकों के हस्ताक्षर नहीं होने के चलते रुक गए हैं. उप पंजीयकों के छुट्टी में चले जाने से रजिस्ट्री जारी नहीं हो पाती है. भले ऑनलाइन से प्रक्रिया पूरी हो जाए. हाउसिंग बोर्ड, आरडीए के मामले अटक रहे हाउसिंग बोर्ड और आरडीए से मकान, फ्लैट, जमीन खरीदने वालों की रजिस्ट्री नहीं हो पा रही है. रजिस्ट्री कराने के लिए कई लोग चक्कर काट रहे है. दरअसल लोगों को फ्लैट, मकान और प्लाट बेचे गए हैं, वे हाउसिंग बोर्ड या आरडीए के नाम पर – नहीं चढ़े हैं. इस कारण उसकी र रजिस्ट्री नहीं हो पा रही है. ऐसे सैकड़ों 1 मामले पेंडिंग है. इसका अब तक समाधान नहीं निकाल पाए हैं. अवैध प्लाटिंग पर लगी रोक छोटे प्लाट की रजिस्ट्री पर लगने से आम लोगों की परेशानी बढ़ी है, तो दूसरी ओर अवैध प्लाटिंग में कमी दिख रही है. हालांकि, अवैध प्लाटिंग बंद नहीं हुई है. शहर के पुराना धमतरी रोड, सरोना, विधानसभा, कचना, नवा रायपुर, मंदिरहसौद आदि इलाकों में अवैध प्लाटिंग का खेल चल रहा है. लगातार छुट्टियों का भी असर लगातार सरकारी छुट्टी का भी असर रजिस्ट्री पर पड़ा है. शनिवार-रविवार के अलावा बीच के अन्य दिनों में अवकाश होने से रजिस्ट्री प्रभावित हुई है. इस सप्ताह भी शुक्रवार, शनिवार और रविवार को अवकाश हो गया. इसके बाद पितृपक्ष शुरू हो जाएगा, तो उसमें भी जमीन की खरीदी-बिक्री प्रभावित रहेगी.

PM के जन्मदिन पर सेवा सप्ताह की शुरुआत, हरियाणा के CM ने की तैयारी बैठक

चंडीगढ़  प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी का जन्मदिन 17 सितंबर को पूरे देश में अलग-अलग कार्यक्रमों के साथ मनाया जाएगा। इसी कड़ी में हरियाणा में भी 17 सितंबर से सेवा पखवाड़ा शुरू होगा, जो 2 अक्टूबर तक चलेगा। मुख्यमंत्री नायब सिंह सैनी ने इसको लेकर आज चंडीगढ़ में अहम बैठक बुलाई है। बैठक में कार्यक्रम की रूपरेखा और तैयारी को लेकर अधिकारियों को दिशा-निर्देश दिए जाएंगे। सीएम ने कहा कि प्रधानमंत्री का जन्मदिन सेवा भाव के साथ मनाना गर्व की बात है। मुख्यमंत्री नायब सैनी पहले ही साफ कर चुके हैं कि इस सेवा पखवाड़े को लेकर प्रदेश में पूरी तैयारी चल रही है। शहरों और सरकारी अस्पतालों की सफाई व्यवस्था को लेकर कई बैठकों का आयोजन हो चुका है। उन्होंने सामाजिक संस्थाओं और RWA से भी अपील की है कि वे इस अभियान में सक्रिय भूमिका निभाएं। इसके साथ ही उन्होंने बताया कि इस दौरान प्रदेश के अस्पतालों में आधुनिक स्वास्थ्य सेवाओं की शुरुआत की जाएगी, जिससे सरकारी अस्पतालों को निजी अस्पतालों के बराबर बनाया जा सके। हरियाणा में PM के जन्मदिन पर सेवा पखवाड़े की शुरुआत सेवा पखवाड़े का मुख्य उद्देश्य न सिर्फ सफाई व्यवस्था को मजबूत करना है बल्कि स्वास्थ्य सेवाओं को भी नई ऊंचाई देना है। मुख्यमंत्री ने जानकारी दी कि इस दौरान MRI, डिजिटल एक्स-रे, डायलिसिस जैसी सुविधाएं सरकारी अस्पतालों में उपलब्ध कराई जाएंगी। 17 सितंबर को आधुनिक अस्पतालों के पहले चरण का उद्घाटन किया जाएगा। इसके अलावा, हरियाणा सरकार इस सेवा पखवाड़े के दौरान राज्य के शहरों की स्वच्छता रैंकिंग भी तय करेगी, जैसे कि केंद्र सरकार राष्ट्रीय स्तर पर करती है। इससे नगर निकायों में प्रतिस्पर्धा बढ़ेगी और सफाई व्यवस्था में सुधार आएगा। मुख्यमंत्री ने विपक्ष पर भी निशाना साधा बैठक में मुख्यमंत्री ने विपक्ष पर भी निशाना साधा। उन्होंने कहा कि विपक्ष के पास कोई मुद्दा नहीं है और प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी की योजनाओं ने विपक्ष की राजनीति को खत्म कर दिया है। उन्होंने कहा कि आजादी के बाद पहली बार गरीबों और देश के विकास के लिए ठोस योजनाएं बनी हैं। विपक्ष केवल झूठ की राजनीति कर रहा है।

JPSC 11वीं, 12वीं और 13वीं परीक्षा की कट-ऑफ लिस्ट आई, इतने अभ्यर्थी पास

रांची झारखंड लोक सेवा आयोग (जेपीएससी) ने 11वीं, 12वीं और 13वीं संयुक्त सिविल सेवा परीक्षा की कट-ऑफ आधिकारिक वेबसाइट पर जारी कर दी है। यह कट-ऑफ लिस्ट फाइनल रिजल्ट के 40 दिन बाद आई है, जिसमें कुल 342 उम्मीदवार सफल हुए हैं। कट-ऑफ अंक श्रेणी और सेवा के अनुसार घोषित किए गए हैं। फाइनल कट-ऑफ में सामान्य वर्ग (यूआर) के लिए अंक 652, ओबीसी-2 के लिए 653.25, ओबीसी-1 के लिए 623.75, आर्थिक रूप से कमजोर वर्ग (ई डबूएस) के लिए 590.50, अनुसूचित जाति (एससी) के लिए 565.25 और अनुसूचित जनजाति (एसटी) के लिए 580.25 अंक निर्धारित किए गए हैं। मुख्य परीक्षा और सेवावार कट-ऑफ भी अलग-अलग सेवा के अनुसार जारी किए गए हैं, जैसे प्रशासनिक सेवा में यूआरका कट-ऑफ 652, पुलिस सेवा में यू आर का कट-ऑफ 674.50, वित्त सेवा में 656.25 और शिक्षा सेवा में 658.50 अंक है। परीक्षार्थियों की प्रतिक्रिया मिली-जुली रही। रांची की नीलू कुमारी ने आज कहा कि कट-ऑफ देर से आया लेकिन अब तैयारी का स्तर समझ में आया है, जबकि हजारीबाग के आकाश कुमार ने इसे ग्रामीण छात्रों के लिए चुनौतीपूर्ण बताया। आयोग ने कट-ऑफ जारी करने में तकनीकी जांच और डेटा सत्यापन को कारण बताया है और कहा कि पारदर्शिता प्राथमिकता है। अब चयनित उम्मीदवारों का दस्तावेज सत्यापन और नियुक्ति प्रक्रिया शुरू होगी, जिसमें सभी सफल अभ्यर्थियों को निर्धारित समयसीमा के भीतर कागजी कार्यवाही पूरी करनी होगी। विशेषज्ञों का कहना है कि बढ़ती कट-ऑफ अंक इस बात का संकेत है कि प्रतियोगी परीक्षाएं दिन-ब-दिन कठिन होती जा रही हैं।

भारी बारिश के बाद लुधियाना में तनाव, लोग मांग रहे भाखड़ा जलस्तर नियंत्रण

पंजाब  चंडीगढ़ व पंजाब के कई हिस्सों में शनिवार तड़के सुबह शुरू हुई तेज और लगातार बारिश ने एक बार फिर लोगों में दहशत फैला दी है। गांव ससराली कॉलोनी स्थित धुस्सी बंध, जहां पहले से ही हालात नाजुक बने हुए हैं, लगातार हो रही बारिश से फिर खतरे में आ सकता है। न केवल बांध की मरम्मत का काम प्रभावित होगा, बल्कि यदि रोपड़ से और पानी छोड़ा गया तो हालात काबू से बाहर हो सकते हैं। उपायुक्त हिमांशु जैन ने कहा कि फिलहाल स्थिति नियंत्रण में है। उन्होंने बताया, “कुछ जगहों पर दरारें आई थीं, लेकिन ग्रामीणों, सेना और एनजीओ की मदद से बनाए गए रिंग बंध ने पानी रोक लिया। अब यह इस पर निर्भर करेगा कि भाखड़ा से कितना पानी छोड़ा जाता है।” ससराली गांव के ग्रामीण, जहां बाढ़ का खतरा मंडरा रहा है, लगातार भगवान से बारिश रुकने की प्रार्थना कर रहे हैं। सरपंच सुरेंद्र सिंह नामधारी ने कहा कि बारिश के चलते बंध को मजबूत करने का काम ठप हो गया है क्योंकि न ट्रक और न ही ट्रॉली वहां तक पहुंच पा रही है। उन्होंने सरकार से अपील की कि बंध को मजबूत करने का काम पूरा करने दिया जाए और 2–3 दिन तक भाखड़ा से पानी न छोड़ा जाए। इस बीच, लगातार बारिश से लोग भी परेशान हो चुके हैं। चंदर नगर पुल, जनकपुरी, सलेम टाबरी, बस्ती जोधेवाल, शेरपुर, ग्यासपुरा आदि इलाकों में बारिश लोगों के लिए आफत साबित हो रही है। दिहाड़ी मजदूरों का कहना है कि निर्माण कार्य पूरी तरह से ठप होने से उन्हें भारी नुकसान उठाना पड़ रहा है। दिहाड़ी मजदूर मिस्त्री राम अनुज ने कहा, “बारिश न थमने से लोगों ने निर्माण कार्य रुकवा दिए हैं, जिससे हमारा गुजारा करना मुश्किल हो गया है।” लगातार हो रही बारिश से दूध, सब्जी, अखबार आदि की नियमित आपूर्ति भी प्रभावित हो गई है। सुबह 4:30 बजे से जारी बरसात ने जनजीवन अस्त-व्यस्त कर दिया है।

मौसम अपडेट: MP के 12 जिलों में भारी बारिश, अगले दिन बरसात की संभावना

भोपाल  मध्य प्रदेश में स्ट्रांग सिस्टम एक्टिव होने की वजह से लगातार बारिश का दौर चल रहा है। शनिवार को भी प्रदेश के 12 जिलों में भारी बारिश का अलर्ट जारी किया गया है। भोपाल में सुबह से बारिश हो रही है। शुक्रवार को इंदिरा सागर समेत 5 डैम के गेट खोलने पड़े। मौसम विभाग ने जिन जिलों में भारी बारिश का अलर्ट जारी किया है, उनमें उज्जैन, नीमच, मंदसौर, रतलाम, आगर-मालवा, झाबुआ, धार, शाजापुर, राजगढ़, गुना और श्योपुर शामिल हैं। यहां अगले 24 घंटे में ढाई से साढ़े 4 इंच तक पानी गिर सकता है। 20 जिलों में गिरा पानी शुक्रवार को उज्जैन में सवा 2 इंच और इंदौर में डेढ़ मिमी पानी गिर गया जबकि शिवपुरी में 1 इंच बारिश हुई। इसके अलावा भोपाल, दतिया, गुना, ग्वालियर, नर्मदापुरम, रतलाम, सिवनी, टीकमगढ़, बालाघाट, धार, बड़वानी, श्योपुर, दतिया, विदिशा, मुरैना समेत कई जिलों में हल्की बारिश का दौर जारी रहा। इसलिए हो रही तेज बारिश मौसम विभाग की सीनियर वैज्ञानिक डॉ. दिव्या ई. सुरेंद्रन ने बताया कि प्रदेश में शुक्रवार को बारिश के तीन स्ट्रॉन्ग सिस्टम एक्टिव रहे। इनमें एक मानसून समेत दो ट्रफ, एक लो प्रेशर एरिया (कम दबाव का क्षेत्र) शामिल हैं। शनिवार को भी सिस्टम की एक्टिविटी देखने को मिल सकती है इसलिए कई जिलों में भारी बारिश की चेतावनी दी गई है। प्रदेश में 40.6 इंच हुई बारिश मौसम विभाग के अनुसार, एमपी में अब तक 40.6 इंच बारिश हो चुकी है, जो सीजन की 110 प्रतिशत है। अब तक 32.4 इंच बारिश होनी थी। प्रदेश की सामान्य बारिश औसत 37 इंच है। पिछले मानसूनी सीजन में औसत 44 इंच बारिश हुई थी। गुना सबसे बेहतर है यहां 63.1 इंच बारिश हो चुकी है। गुना में सामान्य से 30 इंच पानी ज्यादा गिर चुका है। श्योपुर में 55.8 इंच, मंडला में 55.8 इंच और शिवपुरी में 53.3 इंच बारिश हुई है। इंदौर और उज्जैन संभाग के हैं। खरगोन में सबसे कम 25.1 इंच, खंडवा में 25.4 इंच, बुरहानपुर में 25.5 इंच, बड़वानी में 25.6 इंच और शाजापुर में 26.2 इंच बारिश हो चुकी है। 

स्कूल में अब ताज़ा और हेल्दी खाना, रांची के 1777 स्कूलों में शुरू हुआ पोषण बागान

रांची झारखंड की राजधानी रांची में बेहतर स्वास्थ्य और पर्यावरण जागरूकता फैलाने के लिए जिले के प्राथमिक और माध्यमिक स्कूलों में सुपोषण परियोजना के तहत पोषण बागान शुरू किए गए हैं। इस पहल का मकसद स्कूलों में ताजा और बिना कीटनाशक वाली सब्जियां उगाकर बच्चों को पौष्टिक भोजन उपलब्ध कराना और उन्हें खेती व सतत जीवन के बारे में प्रत्यक्ष अनुभव देना है। यह प्रोजेक्ट सिर्फ बच्चों को ताजी सब्जियां देने तक सीमित नहीं है, बल्कि कुपोषण की लड़ाई को एक नया आयाम दे रहा है और अन्य राज्यों के लिए भी एक नई राह दिखा सकता है। अभी तक 2,128 में से 1,771 स्कूलों में किचन गाडर्न तैयार हो चुके हैं जबकि दिसंबर 2025 तक जिले के सभी 2128 सरकारी स्कूलों में यह योजना पूरी तरह से लागू करने का लक्ष्य रखा गया है। इन बागानों में पालक, मेथी, सहजन, पपीता और मौसमी सब्जियां जैसे टमाटर, गाजर, भिंडी उगाई जाएंगी, जो बालकों में कुपोषण और एनीमिया जैसी समस्याओं को दूर करने में मदद करेंगी। अधिकारियों ने बताया कि ये बागान जीवित कक्षाएं साबित हो रही हैं, जहां बच्चे पौधा लगाना, कंपोस्ट बनाना और प्राकृतिक उर्वरक तैयार करना सीखेंगे। सीमित जगह वाले स्कूल वटिर्कल गार्डनिंग और ग्रो बैग जैसी तकनीकों को अपनाएंगे। साथ ही, यहां जैविक कचरे का पुनर्चक्रण भी होगा। शिक्षा अधीक्षक बादल राज ने आज कहा कि परियोजना से सामुदायिक सहभागिता भी बढ़ेगी, अतिरिक्त सब्जियां स्थानीय रूप से साझा की जाएंगी जिससे आत्मनिर्भरता और अभिभावक-विद्यालय संबंध मजबूत होंगे।' उन्होंने यह भी बताया कि सर्वोत्तम प्रदर्शन करने वाले स्कूलों को पुरस्कार भी दिए जाएंगे। सरकारी मध्य विद्यालय, ऑरमांझी के प्रिंसिपल नसीम अहमद ने कहा, 'यह पहल स्कूलों को स्वास्थ्य, शिक्षा और सततता के केंद्र में बदल रही है, जो न केवल बच्चों को बल्कि पूरे समुदाय के लिए हरित और स्वस्थ भविष्य का निर्माण कर रही है।'सुपोषण परियोजना से बच्चों के पोषण स्तर में सुधार के साथ-साथ उनमें अनुशासन, सहयोग और प्रकृति के प्रति सम्मान भी बढ़ेगा।  

अभिनेता आशुतोष राणा का महाकाल दरबार दौरा, अपने अंदाज में पेश किया शिव स्त्रोत

उज्जैन   फेसम फिल्म अभिनेता आशुतोष राणा शुक्रवार को मध्य प्रदेश की धर्मनगरी उज्जैन में स्थित विस्व प्रसिद्ध 12 ज्योतिर्लिंगों में से एक बाबा महाकाल के दरबार में पहुंचे। यहां उन्होंने नंदी हॉल में बैठकर शिव आराधना की और उसके बाद चांदी द्वार से बाबा महाकाल के दर्शन किए। बाबा महाकाल के दर्शन के बाद आशुतोष राणा ने नंदीजी का पूजन अर्चन किया और उनके कानों में अपनी मनोकामना भी कही। इसी के साथ मीडिया से चर्चा करते हुए उन्होंने अपने अंदाज में शिव तांडव का स्त्रोत भी सुनाया। महाकालेश्वर मंदिर के सहायक प्रशासक मूलचंद जुनवाल क कहना है कि, आशुतोष राणा बाबा महाकाल के अनन्य भक्त हैं। उन्होंने महाकालेश्वर मंदिर में शिव तांडव स्तोत्र का पाठ नंदी हॉल में बैठकर किया। अभिनेता आशुतोष राणा ने महाकालेश्वर भगवान के दर्शन किए। पूजन पुजारी पं. जितेन्द्र शर्मा एवं पं. दिनेश त्रिवेदी द्वारा करवाया गया। इसके बाद उन्होंने बाबा महाकाल के सामने शीश नवाया। महाकालेश्वर मंदिर प्रबंध समिति की ओर से सहायक प्रशासक मूलचंद जूनवाल एवं आशीष फलवाडिया द्वारा स्वागत व सत्कार किया गया। याद रहे कि आशुतोष राणा समय मिलते ही बाबा महाकाल के दर्शन के लिए उज्जैन आते हैं, बॉलीवुड के साथ-साथ मराठी, कन्नड़, तेलुगू, और तमिल फिल्म उद्योगों में भी सक्रिय हैं। 'मुझ पर बाबा की परम कृपा' अभिनेता आशुतोष राणा ने बाबा महाकाल के दर्शन करने के बाद मीडिया से चर्चा करते हुए कहा कि, कालों के कल बाबा महाकाल हमेशा अपना आशीर्वाद प्रदान करने के लिए मुझे बुलाते हैं। बाबा महाकाल तीनों लोगों के स्वामी हैं। यहां आकर मन आनंद से भर जाता है। बाबा की परम कृपा मुझ पर बनी हुई है। उन्होंने इस दौरान शिव तांडव स्त्रोत भी सुनाया।