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बच्चों के पोषण अभियान के साथ महिलाओं की आर्थिक समृद्धि को मजबूती देगी यह पहल: मुख्यमंत्री विष्णुदेव साय

रायपुर छत्तीसगढ़ सरकार द्वारा प्रधानमंत्री श्री नरेंद्र मोदी की एक और गारंटी को पूरा करते हुए रेडी टू ईट निर्माण का कार्य पुनः महिला स्व-सहायता समूहों को सौंपने के निर्णय पर अमल की पहल की शुरुआत आज रायगढ़ जिले से की गई है।  मुख्यमंत्री श्री विष्णुदेव साय ने रायगढ़ में आयोजित कार्यक्रम में 10 महिला स्व-सहायता समूहों को रेडी टू ईट निर्माण एवं वितरण के लिए अनुबंध पत्र सौंपे। इस अवसर पर वित्त मंत्री श्री ओ.पी. चौधरी, रायगढ़ सांसद श्री राधेश्याम राठिया, राज्यसभा सांसद श्री देवेंद्र प्रताप सिंह, विधायक श्री पुरंदर मिश्रा, जिला पंचायत अध्यक्ष श्रीमती शिखा रविंद्र गबेल, महापौर श्री जीवर्धन चौहान एवं जिला पंचायत सदस्य श्रीमती सुषमा खलखो उपस्थित थीं। मुख्यमंत्री श्री साय ने कहा कि राज्य सरकार ने आंगनबाड़ी केंद्रों के लिए पूरक पोषण आहार (रेडी टू ईट) के निर्माण एवं वितरण का कार्य महिला स्व-सहायता समूहों को सौंपने का निर्णय लिया है। यह कार्य प्रारंभिक चरण में 6 जिलों में पायलट प्रोजेक्ट के रूप में प्रारंभ किया जाएगा। रायगढ़ इस पहल का पहला जिला बना है, जहाँ 10 महिला स्व-सहायता समूहों को अनुबंध पत्र वितरित किए गए हैं। मुख्यमंत्री ने कहा कि इन समूहों की बहनें अब आंगनबाड़ी के बच्चों को पौष्टिक आहार उपलब्ध कराने के साथ-साथ इस कार्य से अपनी आमदनी भी बढ़ाएंगी, जिससे वे आर्थिक रूप से सशक्त बन सकेंगी। यह योजना महिलाओं को स्वरोजगार के साथ-साथ सामाजिक और आर्थिक सशक्तिकरण की दिशा में भी एक सार्थक पहल है। साथ ही, बच्चों को पोषण युक्त आहार प्रदान कर राज्य के पोषण स्तर में सुधार लाने में भी यह योजना महत्वपूर्ण भूमिका निभाएगी। मुख्यमंत्री श्री साय ने अपने संबोधन में कहा कि विगत डेढ़ वर्ष के कार्यकाल में प्रधानमंत्री श्री नरेंद्र मोदी जी की गारंटी के अधिकांश कार्यों को धरातल पर उतारा गया है। प्रधानमंत्री आवास योजना, 3100 रुपये प्रति क्विंटल की दर से धान खरीदी, दो वर्षों का बकाया बोनस वितरण, महतारी वंदन योजना के तहत महिलाओं को प्रतिमाह 1000 रुपये की सहायता राशि, तेन्दूपत्ता संग्रहण दर में  5500 रुपये प्रति मानक बोरा की वृद्धि तथा चरण पादुका योजना की पुनः शुरुआत जैसे कार्य इसके सशक्त उदाहरण हैं। साथ ही, रामलला दर्शन योजना एवं तीर्थयात्रा योजना के माध्यम से प्रदेशवासियों को धार्मिक स्थलों की यात्रा का लाभ भी दिया जा रहा है। मुख्यमंत्री ने बताया कि अटल डिजिटल सेवा केन्द्रों की शुरुआत की गई है, जिसका उद्देश्य ग्रामीण क्षेत्रों के लोगों को उनके गांव में ही बैंकिंग सेवाएं उपलब्ध कराना है। अब तक प्रदेश की 1,460 पंचायतों में ऐसे सेवा केन्द्र स्थापित किए जा चुके हैं, जिससे हजारों माताएं और बहनें सरल, सुरक्षित और सुलभ बैंकिंग सेवाओं का लाभ उठा रही हैं। आने वाले समय में शेष पंचायतों को भी इस सुविधा से जोड़ा जाएगा। इस अवसर पर वित्त मंत्री श्री ओ.पी. चौधरी ने कहा कि राज्य सरकार महिलाओं को आत्मनिर्भर बनाने हेतु सतत कार्य कर रही है। पूरे देश में 3 करोड़ लखपति दीदी बनाने का जो लक्ष्य रखा गया है, उसके अनुरूप छत्तीसगढ़ सरकार योजनाबद्ध तरीके से कार्य कर रही है। इसी दिशा में रेडी टू ईट योजना प्रारंभ की जा रही है, जिसके प्रथम चरण में 6 जिलों को शामिल किया गया है। रायगढ़ ऐसा पहला जिला है जहाँ महिला समूहों को अनुबंध पत्र सौंपे गए हैं। वित्त मंत्री ने अनुबंध प्राप्त सभी महिला समूहों से गुणवत्ता युक्त कार्य करने का आह्वान किया और कहा कि वे इस योजना को एक आदर्श मॉडल के रूप में प्रस्तुत करें। यह पहल न केवल महिलाओं को आर्थिक रूप से सशक्त बनाएगी, बल्कि राज्य के पोषण अभियान को भी मजबूती प्रदान करेगी। उल्लेखनीय है कि रायगढ़ जिले में रेडी टू ईट कार्य हेतु 10 महिला समूहों का चयन किया गया है, जिन्हें अनुबंध पत्र प्रदान किए गए हैं। इन समूहों को रेडी टू ईट यूनिट की स्थापना हेतु प्रधानमंत्री फॉर्मेलाइजेशन ऑफ माइक्रो फूड प्रोसेसिंग एंटरप्राइज़ (PMFME) योजना के अंतर्गत उद्योग विभाग द्वारा पूंजीगत सब्सिडी प्रदान की जाएगी।रायगढ़ जिले की रायगढ़ शहरी, रायगढ़ ग्रामीण, पुसौर, खरसिया, घरघोड़ा, तमनार, लैलूंगा, मुकड़ेगा, धरमजयगढ़ एवं कापू परियोजनाओं के अंतर्गत आंगनबाड़ी केंद्रों में रेडी टू ईट वितरण हेतु महिला समूहों का चयन किया गया है।

MSME क्षेत्र के लिए वैकल्पिक वित्तीय स्रोतों पर केंद्रित कार्यशाला का आयोजन सफलतापूर्वक सम्पन्न

धमतरी  छत्तीसगढ़ के सूक्ष्म, लघु एवं मध्यम उद्यमों (एमएसएमई) को पारंपरिक बैंकिंग साधनों से आगे बढ़कर वैकल्पिक वित्तीय स्रोतों से सहायता प्राप्त करने के लिए प्रोत्साहित करने के उद्देश्य से रेजिंग एंड एक्सेलरेटिंग एमएसएमई परफॉर्मेंस आरएएमपी योजना के तहत ’’वैकल्पिक वित्तपोषण” पर आज एक दिवसीय कार्यशाला आयोजित की गई। यह कार्यशाला सुबह 10 से दोपहर दो बजे तक जिंजर लीफ रेस्टोरेंट रुद्री में आयोजित की गई। जिला व्यापार एवं उद्योग केन्द्र के महाप्रबंधक ने बताया कि यह योजना भारत सरकार के सूक्ष्म, लघु एवं मध्यम उद्यम मंत्रालय तथा विश्व बैंक द्वारा संयुक्त रूप से वित्तपोषित है। इसका उद्देश्य एमएसएमई क्षेत्र को सशक्त बनाना, वित्तीय पहुंच को आसान करना तथा उन्हें प्रतिस्पर्धी एवं सतत् विकास की दिशा में आगे बढ़ाना है। कार्यशाला श्री योगेश कुमार द्वारा प्रतिभागियों आरएएमपी योजना की जानकारी दी गई। इसके बाद ब्रांच ऑफिस इन-चार्ज सिडबी रायपुर के श्री अमित खरे ने सिडबी के माध्यम से एमएसएमई को उपलब्ध विभिन्न वित्तीय सहायता योजनाओं की विस्तृत जानकारी साझा की। वहीं एनएसई श्री उर्मिल ने एनएसई इमर्ज में सूचीकरण की प्रक्रिया, आवश्यक दस्तावेज, पात्रता मानदंड और इससे मिलने वाले लाभों पर प्रस्तुति दी।           कार्यशाला में इनवॉसमार्ट के श्री निखिल ने बिल डिस्काउंटिंग और ट्रेड्स प्लेटफॉर्म के संचालन एवं लाभों की जानकारी दी। उन्होंने बताया कि ट्रेड्स प्लेटफॉर्म विलंबित भुगतानों की समस्या के समाधान, समयबद्ध भुगतान सुनिश्चित करने और एमएसएमई के नकदी प्रवाह में सुधार के लिए एक प्रभावी माध्यम है। इस कार्यशाला में जिला व्यापार उद्योग केंद्र के प्रबंधक श्री प्रशांत चंद्राकर, अग्रणी बैंक प्रबंधक श्री इंद्र कुमार टिलवानी, राइस मिलर्स एसोसिएशन के श्री मोहन गोलछा, कोल्ड स्टोरेज एसोसिएशन के श्री संतोष शाह, सीए श्री अभिषेक पारख सहित जिले के 40 से अधिक सूक्ष्म, लघु एवं मध्यम उद्यमियों, राइस मिलर्स, महिला उद्यमियों एवं चार्टर्ड अकाउंटेंट्स ने हिस्सा लिया। कार्यशाला के अंत में प्रतिभागियों ने विषय की उपयोगिता पर सकारात्मक प्रतिक्रिया दी और ऐसी कार्यशालाओं को निरंतर आयोजित करने की मांग की। यह कार्यशाला एमएसएमई के लिए पूंजी बाजार में प्रवेश, वैकल्पिक वित्त स्रोतों की समझ और वित्तीय सशक्तिकरण की दिशा में एक सार्थक पहल सिद्ध हुई।

वनांचल में वनोपज बना आजीविका का आधार, केदार कश्यप ने बताया बदलाव का सूत्र

वन मंत्री की अध्यक्षता में आईडीसी की बैठक सम्पन्न वनोपज राजकीय व्यापार अर्न्तविभागीय समिति रायपुर वन मंत्री श्री केदार कश्यप की अध्यक्षता में आज वनोपज राजकीय व्यापार अर्न्तविभागीय समिति(आईडीसी)की 307वीं बैठक नवा रायपुर स्थित मंत्री निवास कार्यालय में सम्पन्न हुई। वनोपज राजकीय व्यापार अर्न्तविभागीय समिति की बैठक में महत्वपूर्ण निर्णय लिए गए। वन मंत्री श्री कश्यप ने कहा कि बैठक में लिए गए जनकल्याणकारी निर्णयों से राज्य में लघु वनोपजों के व्यापार को ज्यादा मजबूती मिलेगी और वनांचल के लोगों की आय में बढ़ोत्तरी होगी साथ ही साथ उनके जीवन स्तर में आर्थिक बदलाव भी आयेगा। मंत्री श्री कश्यप ने उम्मीद जताई है कि इससे वनोपज निर्यात को भी प्रोत्साहन मिलेगा। वन मंत्री मंत्री श्री केदार कश्यप ने 306वीं बैठक में लिए गए निर्णयों की प्रगति की समीक्षा की। बैठक में वर्ष 2023-24, तथा 2024-25 के लिए भारत सरकार की न्यूनतम समर्थन मूल्य (एमएसपी) योजना के अंतर्गत 16 प्रमुख वनोपजों जैसे महुआ फूल, तेंदूपत्ता (बीज रहित), गोंद, हर्रा, बहेरा, चिरौंजी, कोदो, कुल्थी, रागी, गिलोय, कुसुम बीज, बहेड़ा बीज आदि वनोपज की समर्थन मूल्य पर खरीदी के प्रस्ताव को समिति के समक्ष प्रस्तुत किया गया। इसी तरह बैठक में वर्ष 2024-25 एवं 2025 के लिए समर्थन मूल्य योजनांतर्गत वनोपजों की विक्रय दरों के निर्धारण को लेकर आवश्यक दिशा-निर्देश एवं प्रस्तावों पर भी समिति द्वारा विचार किया गया। इस अवसर पर सचिव वन श्री अमरनाथ प्रसाद, प्रधान मुख्य वन संरक्षक श्री व्ही. श्रीनिवास राव, राज्य लघु वनोपज संघ के प्रबंध संचालक श्री अनिल साहू, श्रीमती सलमा फारूकी सहित अन्य वरिष्ठ विभागीय अधिकारी उपस्थित रहे।

छत्तीसगढ़ की झलक दिखाने वाला दर्शनीय भवन होगा विधानसभा की नई बिल्डिंग – अरुण साव

विधानसभा के नए भवन का काम सितम्बर तक पूर्ण करने का लक्ष्य, इंटीरियर और फर्नीचर का काम जोरों पर उप मुख्यमंत्री अरुण साव ने निर्माणाधीन विधानसभा भवन के कार्यों का किया निरीक्षण, निर्धारित समय पर काम पूर्ण करने के दिए निर्देश छत्तीसगढ़ की झलक दिखाने वाला दर्शनीय भवन होगा विधानसभा की नई बिल्डिंग – अरुण साव रायपुर उप मुख्यमंत्री तथा लोक निर्माण मंत्री अरुण साव ने आज नवा रायपुर में निर्माणाधीन छत्तीसगढ़ विधानसभा के नए भवन के कार्यों की प्रगति का निरीक्षण किया। उन्होंने निर्माणाधीन तीनों विंगों के कार्यों का बारिकी से अवलोकन कर लोक निर्माण विभाग के अधिकारियों को निर्धारित समय में सभी कार्यों को पूर्ण करने के निर्देश दिए। विधानसभा के नवीन भवन का सिविल वर्क पूर्ण होने के बाद फर्नीचर और इंटीरियर का काम प्रगति पर है। लोक निर्माण विभाग के सचिव डॉ. कमलप्रीत सिंह और प्रमुख अभियंता वी.के. भतपहरी भी निरीक्षण के दौरान मौजूद थे। उप मुख्यमंत्री अरुण साव ने नए विधानसभा भवन में कार्यों के निरीक्षण के बाद कहा कि लोक निर्माण विभाग द्वारा यहां सभी कार्यों को सितम्बर माह तक पूर्ण करने का लक्ष्य रखा गया है। तदनुसार आगामी 1 नवम्बर को राज्योत्सव पर इसे छत्तीसगढ़ की जनता को समर्पित करने की तैयारी की जाएगी। नए भवन में विंग-ए जहां विधानसभा सचिवालय लगेगा और विंग-सी जहां उप मुख्यमंत्रियों एवं मंत्रियों के कार्यालय रहेंगे, का काम लगभग पूर्णता की ओर है। विधानसभा के सदन, सेंट्रल हॉल, मुख्यमंत्री और विधानसभा अध्यक्ष के कार्यालय वाले विंग-बी में भी फर्नीचर और इंटीरियर का काम जल्दी चालू होगा। उप मुख्यमंत्री साव ने कार्यों के निरीक्षण के दौरान विधानसभा के सदन में विधायकों के लिए लगने वाली कुर्सी का अवलोकन कर इसकी विशेषताओं की जानकारी ली। उन्होंने कहा कि विधानसभा के नए भवन में छत्तीसगढ़ की संस्कृति और शिल्प की झलक मिलेगी। यह राज्य के लिए ही नहीं, बल्कि पूरे देश के लिए दर्शनीय भवन होगा। 52 एकड़ में बन रहा विधानसभा भवन, 200 सदस्य बैठ सकेंगे सदन में नवा रायपुर में छत्तीसगढ़ विधानसभा का नया भवन 52 एकड़ में निर्माणाधीन है। इसके सदन में सदस्यों की बैठक क्षमता 200 होगी। नए विधानसभा भवन के एक विंग में विधानसभा सचिवालय, दूसरे में विधानसभा का सदन, सेंट्रल-हॉल, विधानसभा अध्यक्ष और मुख्यमंत्री का कार्यालय तथा तीसरे विंग में मंत्रियों के कार्यालय होंगे। यहां 500 दर्शक क्षमता का ऑडिटोरियम भी बनाया जाएगा। 700 कारों की पार्किंग क्षमता वाले परिसर में डेढ़-डेढ़ एकड़ के दो सरोवरों का निर्माण भी प्रस्तावित है।

श्री श्री 108 श्री सत्यनारायण बाबा धाम कोसमनारा में पहुंचे मुख्यमंत्री श्री विष्णु देव साय, की प्रार्थना

रायपुर गुरु पूर्णिमा के पावन अवसर पर मुख्यमंत्री श्री विष्णु देव साय ने रायगढ़ जिले के ग्राम कोसमनारा स्थित श्री श्री 108 श्री सत्यनारायण बाबा धाम पहुंचकर भगवान भोलेनाथ की विधिवत पूजा-अर्चना कर प्रदेशवासियों की सुख, समृद्धि और खुशहाल जीवन के लिए प्रार्थना की। मुख्यमंत्री ने कहा कि गुरु पूर्णिमा का दिन श्रद्धा, आस्था और मार्गदर्शन के प्रति कृतज्ञता प्रकट करने का अवसर है। कोसमनारा स्थित यह धाम लोगों की आस्था का केंद्र है और यहाँ की आध्यात्मिक ऊर्जा आत्मबल प्रदान करती है। उन्होंने कहा कि प्रदेश सरकार जनकल्याण के मार्ग पर गुरुजनों के आशीर्वाद और जनआशीर्वाद के साथ निरंतर आगे बढ़ रही है। इस अवसर पर मुख्यमंत्री के साथ वित्त मंत्री श्री ओपी चौधरी, रायगढ़ सांसद श्री राधेश्याम राठिया, राज्यसभा सांसद श्री देवेंद्र प्रताप सिंह, विधायक श्री पुरंदर मिश्रा और महापौर श्री जीवर्धन चौहान भी उपस्थित थे।

धमतरी : अग्निवीर, एसएससी, सीजी व्यापम, रेल्वे आदि परीक्षाओं के लिए कार्यशाला 17 जुलाई को

धमतरी  जिला प्रशासन और खेल एवं युवा कल्याण विभाग के संयुक्त तत्वावधान में आगामी अग्निवीर, एसएससी, सीजी व्यापक, रेल्वे आदि परीक्षाओं में शामिल होने वाले अभ्यर्थियों के लिए 17 जुलाई को कार्यशाला आयोजित की जाएगी। यह कार्यशाला स्थानीय समुदायिक भवन धमतरी में सुबह 10 बजे से आयोजित होगी। प्रभारी जिला खेल अधिकारी ने बताया कि इस कार्यशाला में विभिन्न प्रतियोगी परीक्षाओं में शामिल होने वाले अभ्यर्थियों को कलेक्टर, पुलिस अधीक्षक, वनमण्डलाधिकारी, सीईओ जिला पंचायत सहित अधिकारियों द्वारा मार्गदर्शन प्रदाय किया जाएगा। कार्यशला में आने वाले अभ्यर्थियों को उक्त परीक्षाओं से संबंधित शंकाओं का समाधान मिल पायेगा। इससे आत्मविश्वास बढ़ेगा तथा परीक्षा संबंधी तनाव भी कम होगा। इसके अलावा जिले के तीनों अनुभाग धमतरी, कुरूद और नगरी में जुलाई से अक्टूबर तक जिला प्रशासन के सहयोग से अग्निवीर, एसएससी, सीजी व्यापम, रेल्वे आदि परीक्षाओं के लिए निःशुल्क कोचिंग शुरू हो रहा है, जिसका लाभ जिले के युवा उठा सकते हैं।

उत्तीर्ण प्रशिक्षणार्थी आईटीआई सीतापुर में उपस्थित होकर प्राप्त कर सकते हैं अपना प्रमाणपत्र

अम्बिकापुर  औद्योगिक प्रशिक्षण संस्था सीतापुर के प्राचार्य ने बताया कि शैक्षणिक सत्र 2014-2015 से 2023-2024 तक व्यवसाय कोपा विद्युतकार, फिटर, वेल्डर, डीजल मैकेनिक के एससीव्हीटी उत्तीर्ण (पास आउट) प्रशिक्षणार्थी अपना  एसटीसी  प्रमाण पत्र कार्यालयीन समय में उपस्थित होकर औद्योगिक प्रशिक्षण संस्था सीतापुर से प्राप्त कर सकते हैं।

अंबिकापुर पुलिस लाइन में 12 जुलाई को विशेष शिविर का आयोजन, नागरिकों को मिलेंगी सुविधाएं

अम्बिकापुर : 12 जुलाई को अंबिकापुर पुलिस लाइन में विशेष शिविर का आयोजन 01 अप्रैल 2019 के पूर्व पंजीकृत वाहनों हेतु HSRP अनिवार्य अम्बिकापुर   हाई सिक्योरिटी रजिस्ट्रेशन प्लेट (HSRP) 01 अप्रैल 2019 के पूर्व पंजीकृत सभी वाहनों के लिए अनिवार्य कर दी गई है। केन्द्रीय मोटरयान अधिनियम, 1988 एवं नियम 1989 तथा माननीय सर्वोच्च न्यायालय के आदेशों के अनुपालन में यह व्यवस्था लागू की जा रही है। इसी क्रम में परिवहन आयुक्त, छत्तीसगढ़ द्वारा जारी निर्देशों के अनुसार सरगुजा जिले में वाहन स्वामियों की सुविधा हेतु विशेष शिविर आयोजित किया जा रहा है। शिविर का आयोजन 12 जुलाई 2025 शनिवार को सुबह 10ः00 बजे से शाम 5ः00 बजे तक पुलिस लाइन परिसर, अंबिकापुर में किया जा रहा है। अधिक जानकारी के अग्रवाल परिवहन सुविधा केंद्र मोबाइल नंबर पर संपर्क कर 7974799952 सकते हैं। क्षेत्रीय परिवहन अधिकारी, अंबिकापुर ने जानकारी देते हुए बताया कि वाहन स्वामी अपने वाहन की पंजीयन पुस्तिका (RC) के साथ उपस्थित होकर HSRP प्लेट लगवाने की प्रक्रिया पूरी कर सकते हैं। इस शिविर का उद्देश्य आम नागरिकों को सुविधा प्रदान करना है ताकि वे नियमानुसार समय पर अपने वाहन में हाई सिक्योरिटी प्लेट लगवा सकें। जिला परिवहन अधिकारी ने नागरिकों से अपील की है कि, वे निर्धारित तिथि व समय पर शिविर में उपस्थित होकर अनिवार्य प्रक्रिया को पूर्ण करें और बिना विलंब नियमों का पालन सुनिश्चित करें।

महासमुंद : ग्रामीण स्वरोजगार प्रशिक्षण संस्थान में मछली पालन एवं मशरूम उत्पादन प्रशिक्षण के लिए सुनहरा अवसर

महासमुंद : ग्रामीण स्वरोजगार प्रशिक्षण संस्थान में मछली पालन एवं मशरूम उत्पादन प्रशिक्षण के लिए सुनहरा अवसर  27 जुलाई तक करा सकते है पंजीयन महासमुंद  बड़ौदा ग्रामीण स्वरोजगार प्रशिक्षण संस्थान, महासमुंद द्वारा जिले के युवक एवं युवतियों के लिए मछली पालन एवं मशरूम उत्पादन प्रशिक्षण के लिए पंजीयन प्रारम्भ किया गया है। निदेशक बड़ौदा आरसेटी ने बताया कि यह दस दिवसीय प्रशिक्षण 28 जुलाई 2025 से प्रारम्भ किया जाएगा। निःशुल्क प्रशिक्षण के लिए इच्छुक हितग्राही 27 जुलाई तक अपना पंजीयन करा सकते हैं। प्रशिक्षण के लिए आवश्यक दस्तावेज में आधार कार्ड, बीपीएल राशन कार्ड की दो-दो छायाप्रति, अंकसूची (न्यूनजत 8वीं उत्तीर्ण) की एक छायाप्रति एवं पासपोर्ट साइज 5 फोटो शामिल है। पंजीयन के लिए बड़ौदा आरसेटी पॉलीटेक्निक कॉलेज के पास बरोण्डाबाजार में स्वयं उपस्थित होकर या कमलेश पटेल के मोबाइल नम्बर +91-79997-00673 पर कार्यालयीन समय पर सम्पर्क कर सकते हैं।   

छत्तीसगढ़ PWD की बड़ी कार्रवाई, 16 सड़क और पुल परियोजनाओं के लिए मांगी ऑनलाइन टेंडर

छत्तीसगढ़ लोक निर्माण विभाग की ओर से प्रदेश के 16 सड़क और पुल निर्माण कार्यों की ऑनलाइन निविदा जारी छत्तीसगढ़ में 16 सड़कों और पुलों के निर्माण के लिए लोक निर्माण विभाग ने जारी की ऑनलाइन निविदा प्रदेश में अधोसंरचना विकास को लेकर पहल, लोक निर्माण विभाग ने 16 कार्यों की निविदा की जारी छत्तीसगढ़ PWD की बड़ी कार्रवाई, 16 सड़क और पुल परियोजनाओं के लिए मांगी ऑनलाइन टेंडर रायपुर  बरसात आते ही प्रदेश के कई गांव शहरों से कट जाते थे। मरीजों का अस्पताल तक पहुंचाना मुश्किल, स्कूल जाने वाले बच्चों की पढ़ाई ठप और बाजार में सब्जी-धान पहुंचाना भी मुश्किल हो जाता था। मगर अब लोक निर्माण विभाग, नवा रायपुर-अटल नगर ने इन समस्याओं को जड़ से खत्म करने की दिशा में बड़ा कदम उठाया है। विभाग ने अत्याधुनिक ई-प्रोक्योरमेंट प्रणाली से 601.89 करोड़ रुपये से अधिक की लागत वाले 16 सड़क और पुल निर्माण कार्यों की ऑनलाइन निविदा जारी कर दी है। वहीं, निर्माण कार्य सितंबर से प्रारंभ होने की संभावना है। इन जगहों पर बिछेगा सड़कों का जाल धमतरी, बालोद, गरियाबंद, महासमुंद, दुर्ग, बलौदाबाजार और रायपुर जिले के दूरदराज गांव, जो अब तक हर बरसात में मुख्य शहरों से कट जाते थे, वहां अब मजबूत पुलों और चौड़ी सड़कों का जाल बिछाया जाएगा। मरीजों को होती थी दिक्कत कई क्षेत्रों में बरसात के दौरान पुलिया बह जाने या कच्ची सड़कें धंस जाने से एंबुलेंस भी नहीं पहुंच पाती थी। अब रोड का निर्माण होने पर मरीजों और गर्भवती महिलाओं को लाभ मिलेगा। अब तकनीक से होगी राहत की शुरुआत पीडब्ल्यूडी द्वारा जारी इन टेंडरों में सड़कों का मजबूतीकरण, चौड़ीकरण, सीमेंट-कांक्रीट निर्माण और उच्च क्षमता वाली पुल-पुलियों का निर्माण प्रस्तावित है। सबसे बड़ा काम छुरा से नवागांव होकर भटगांव तक 24 किमी मार्ग का है, जिसकी लागत 270.30 करोड़ रुपये तय की गई है। वहीं रायपुर-बलौदाबाजार-भाटापारा, पत्थलगांव जैसे इलाकों में भी करोड़ों की लागत से सड़कों का निर्माण होगा। चितरपुर–रेवई मार्ग पर सेमरमुड़ा नदी पर उच्चस्तरीय पुल व पहुंच मार्ग बेमेतरा–नवागढ़–मुंगेली मार्ग (एसएच-07) चौड़ीकरण व मजबूतीकरण राजनांदगांव–कवर्धा–पोंडी मार्ग (एसएच-05) चौड़ीकरण व मजबूतीकरण डोंगरगढ़–चौकी–मोहला–मानपुर मार्ग (एसएच-24) चौड़ीकरण व मजबूतीकरण पैगा से सरईकेरचा पहुंच मार्ग (5.00 किमी) पालीटेक्निक कालेज भवन निर्माण बहतराई हाकी स्टेडियम में फ्लड लाइट सप्लाई व इंस्टालेशन धनुहारपारा–नवागांव मार्ग पर बोराई नदी पर पुल सिलादेही–मौहाडीह मार्ग निर्माण (2.325 किमी) सिरगिट्टी–सरवानी–बरतोरी मार्ग उन्नयन (28.45 किमी) धारानगर हायर सेकेण्डरी स्कूल में 100 सीटर छात्रावास भवन भदरापारा–बरभांठा मार्ग निर्माण (2.70 किमी) केरापाठ–गायबुड़ा मार्ग (4.86 किमी, पुल-पुलिया सहित) भैरमगढ़ टाउन मार्ग निर्माण (5.00 किमी, शेष कार्य) चैनपुर–खम्हरिया मार्ग पर रेहण्ड नदी पर पुल व सड़क सुबरा (कटंगपारा)–सलिहापारा मार्ग पर खारून नदी पर उच्चस्तरीय पुल व सड़क गौरतलब है कि प्रदेश के दूरदराज के इलाकों में भारी बारिश के कारण कई बार वहां के लोगों का संपर्क पास के शहरों के कट जाता था। अब इस समस्या के समाधान के लिए सरकार की ओर से कदम उठाया गया है। ऐसे 16 सड़कों और पुलों के निर्माण कार्य के लिए सरकार की ओर से 601.89 करोड़ रुपये से अधिक का टेंडर जारी किया गया है।