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पश्चिम बंगाल में BLO ने की आत्महत्या, स्कूल के कमरे में फंदे से लटका मिला शव

मुर्शिदाबाद पश्चिम बंगाल के मुर्शिदाबाद जिले में एक बूथ लेवल ऑफिसर (BLO) स्कूल के एक कमरे में फंदे से लटके मिले। परिवार का सीधा आरोप है कि एसआईआर के अत्यधिक कार्यभार और दोहरी जिम्मेदारियों ने उन्हें इतना तोड़ दिया कि उन्होंने अपनी जान दे दी। रानीतला पुलिस थाने के एक अधिकारी के अनुसार, मृतक की पहचान हमीमुल इस्लाम (47 वर्ष) के रूप में हुई है। वे पैकमरी चार कृष्णपुर बॉयज प्राइमरी स्कूल में शिक्षक थे और खारिबोना ग्राम पंचायत के अंतर्गत पुरबा अलापुर गांव में एक मतदान केंद्र पर बीएलओ के रूप में तैनात थे। मृतक के परिवार ने बताया कि हमीमुल शनिवार सुबह स्कूल जाने के लिए घर से निकले थे, लेकिन दोपहर तक वापस नहीं लौटे। काफी तलाश के बाद शनिवार रात को विद्यालय परिसर के एक कमरे में उनका शव फंदे से लटका हुआ मिला।   इसके बाद घटना की जानकारी स्थानीय थाना पुलिस को दी गई। सूचना मिलते ही पुलिस मौके पर पहुंची और शव को कब्जे में लेकर पोस्टमार्टम के लिए भेज दिया, और मामले की जांच शुरू कर दी। पुलिस अधिकारी ने बताया कि परिवार के सदस्यों ने आरोप लगाया है कि शिक्षक और बीएलओ की दोहरी जिम्मेदारियों से उत्पन्न भारी कार्यभार के कारण हमीमुल गंभीर तनाव में थे। परिवार का दावा है कि हाल के हफ्तों में एसआईआर से जुड़े कार्यों को पूरा करने का दबाव बहुत बढ़ गया था। हमीमुल के बड़े भाई फरमान-उल-कलाम ने आरोप लगाया कि एसआईआर के कर्तव्यों को पूरा करने का दबाव उनकी भाई की क्षमता से कहीं अधिक था। शायद इसी कारण उन्होंने फंदे से लटकर जान दे दी। दूसरी ओर इसको लेकर अब सियासत भी शुरू हो गई है। भगबंगोला के तृणमूल कांग्रेस विधायक रियाज हुसैन सरकार ने परिवार से मुलाकात की और आरोप लगाया कि चुनाव आयोग एसआईआर प्रक्रिया में जल्दबाजी कर रहा है, जिसके कारण बीएलओ पर अत्यधिक कार्यभार पड़ रहा है। उन्होंने कहा कि हमीमुल इस्लाम को बहुत अधिक कार्य सौंपे गए थे, जिनमें मानचित्रण और मानचित्रण हटाने जैसे काम शामिल थे।

पंजाब में बूथ लेवल अफसर की बल्ले-बल्ले! चुनावों के दौरान ड्यूटी को लेकर आया ये बड़ा फैसला

पंजाब  पंजाब में बूथ लेवल अफसर (BLO) के लिए राहत भरी खबर सामने आई है। मुख्य निर्वाचन अधिकारी पंजाब के दफ़्तर की ओर से एक अहम कदम उठाया गया है। आदेश जारी करते हुए बताया गया है कि BLO को जिला परिषद और ब्लॉक समिती की चुनावों में बतौर पोलिंग स्टाफ की ड्यूटी से छूट दे दी गई है। सूत्रों के अनुसार, कई क्षेत्रों में महिला और पुरुष BLO को इस समय वोटर सूची अपडेट, वोटर शिनाख्त कार्य, और अपने क्षेत्र से जुड़े SIR के प्री-रिवीजन व voter mapping जैसे महत्वपूर्ण काम करने पड़ रहे हैं। कई BLO के लगातार आग्रह के बाद यह फैसला लिया गया है। चुनाव दफ़्तर का कहना है कि इससे BLO को अपने नियमित चुनाव कार्यों पर ध्यान केंद्रित करने में मदद मिलेगी। इसी के साथ ही सभी डिप्टी कमिश्नरों-कम- जिला चुनाव अफसरों को निर्देश दिए गए हैं कि आने वाले समय में किसी भी BLO की ड्यूटी किसी अतिरिक्त काम के लिए न लगाई जाए। 

चुनावी माहौल में बयान से हड़कंप: वोटर लिस्ट गड़बड़ी पर कांग्रेस विधायक की खुली धमकी

त्रिपुरा  त्रिपुरा के कांग्रेस विधायक सुदीप रॉय बर्मन रविवार को बूथ स्तरीय अधिकारियों (BLOs) धमकी देते नजर आए। उन्होंने कहा कि अगर बीएलओ राज्य में प्रस्तावित मतदाता सूची के विशेष गहन पुनरीक्षण (SIR) के दौरान किसी भी वास्तविक मतदाता का नाम हटाने या कोई फर्जी नाम शामिल करने का प्रयास करेंगे, तो उनकी सार्वजनिक रूप से पिटाई की जाएगी। प्रस्तावित कवायद के लिए अगरतला के इंद्रनगर में कांग्रेस के बूथ स्तरीय एजेंट के वास्ते आयोजित प्रशिक्षण कार्यक्रम को बर्मन ने संबोधित किया। उन्होंने कहा कि पार्टी पारदर्शी और त्रुटिरहित मतदाता सूची चाहती है। वो त्रिपुरा में वह सब नहीं होने देगी, जो महाराष्ट्र, बिहार और हरियाणा में हुआ।   सुदीप रॉय बर्मन ने कहा, ‘कांग्रेस को मृत मतदाताओं या विदेशी नागरिकों के नाम मतदाता सूची से हटाए जाने पर कोई आपत्ति नहीं है, लेकिन फर्जी या छद्म मतदाताओं या किसी व्यक्ति का नाम दो या तीन बार शामिल करने जैसा कोई भी अनैतिक कृत्य नहीं होने दिया जाएगा। त्रुटिरहित मतदाता सूची तैयार करना निर्वाचन आयोग का कर्तव्य है।’ बर्मन ने कहा कि अगर बीएलओ मतदाता सूची में फर्जी नाम शामिल करने जैसा कोई अनैतिक कार्य करने की कोशिश करेंगे, तो इसके गंभीर परिणाम होंगे। सुदीप रॉय बर्मन को किस बात का डर कांग्रेस विधायक ने कहा, ‘त्रिपुरा एक छोटा राज्य है, जहां हर कोई एक-दूसरे को जानता है। अगर कोई BLO सत्तारूढ़ दल के दबाव में असली मतदाताओं के नाम हटाने या कोई फर्जी नाम जोड़ने की कोशिश करता है, तो उसकी सार्वजनिक रूप से पिटाई की जाएगी।’ बाद में, बर्मन ने बताया कि राज्य में सत्तारूढ़ भाजपा प्रशिक्षण कार्यक्रम को रोकना चाहती थी। उसने डेकोरेटर को लाउडस्पीकर लगाने, कुर्सियां उपलब्ध कराने व मंच बनाने से रोका था। इन बाधाओं के बावजूद, हम खुले आसमान के नीचे बीएलए और बूथ प्रेसीडेंट के लिए प्रशिक्षण शुरू करने में सफल रहे। मुख्यमंत्री माणिक साहा पर निशाना साधते हुए रॉय बर्मन ने कहा, ‘मुझे उम्मीद है कि सुशासन के नेता इस संबंध में ठोस कदम उठाएंगे, ताकि हमें राजनीतिक कार्यक्रम आयोजित करने का उचित अवसर मिल सके।’

विशेष गहन पुनरीक्षण में मध्य प्रदेश ने रचा रिकॉर्ड, 93% काम पूरा—6 जिलों में शत-प्रतिशत डिजिटलाइजेशन

भोपाल देशभर में मतदाता सूची के विशेष गहन पुनरीक्षण का कार्य युद्ध स्तर पर चल रहा है. मध्य प्रदेश में भी SIR (Special Intensive Revision) का काम तेजी से जारी है. रविवार 30 नवंबर की शाम तक 5 करोड़ 33 लाख से ज्यादा लोगों के गणना पत्रकों को डिजिटल रूप में बदल दिया गया है. जो कुल प्रक्रिया का लगभग 93 प्रतिशत है. प्रदेश के 39 जिलों ने 95 प्रतिशत से अधिक कार्य पूरा कर शानदार प्रदर्शन किया है, जबकि 5 अन्य जिलों में भी 92 प्रतिशत से अधिक प्रगति दर्ज की गई है. मध्य प्रदेश में कुल 5.73 करोड़ मतदाताओं को 65,014 बीएलओ द्वारा नाम जोड़ने के लिए फॉर्म बांटे गए थे. 23 नवंबर तक इनमें से 3.27 करोड़ फॉर्म डिजिटाइज किए जा चुके थे. हालांकि इस बीच लगातार बीएलओ की हो रही मौतों ने प्रशासन की चिंताएं बढ़ा दी हैं. प्रदेश में अब तक 7 बीएलओ की मौतें हो चुकी हैं. देवास में 26 BLO और दो पटवारियों को नोटिस मध्य प्रदेश के मुख्य निर्वाचन पदाधिकारी संजीव कुमार झा ने बताया कि, ''प्रदेश में गणना पत्रकों के डिजिटलाइजेशन का कार्य तेज गति से जारी है. अभी तक मध्य प्रदेश के 6 जिलों अशोकनगर, नीमच, बैतूल, गुना, मंडला और सीहोर जिले ने SIR का काम शत प्रतिशत पूरा कर लिया है.'' उन्होंने सभी शासकीय सेवकों और नागरिकों को धन्यवाद देते कहा कि यह उपलब्धि सभी के समन्वित प्रयास और अथक परिश्रम से ही संभव हुई है. रविवार 30 नवंबर शाम तक 5 करोड़ 33 लाख से अधिक गणना पत्रकों का डिजिटलाइजेशन पूरा हो चुका है, जो कुल कार्य का लगभग 93 प्रतिशत है. संजीव कुमार झा ने बताया कि प्रदेश के 39 अन्य जिलों ने 95 प्रतिशत से अधिक कार्य पूरा कर उत्कृष्ट प्रदर्शन किया है. इसके अलावा प्रदेश के 5 जिलों में 92% से अधिक कार्य पूर्ण हो चुका है. निर्धारित समय से पहले ही कार्य पूर्णता की ओर है. इसी प्रेरणा और समन्वय से प्रदेश के सभी जिलों में शत-प्रतिशत कार्य शीघ्र पूरा कर लिया जाएगा.'' जबलपुर की स्नेहलता ने सबसे पहले हासिल किया लक्ष्य स्नेहलता पटेल महिला बाल विकास विभाग में सुपरवाइजर की पोस्ट पर हैं. उन्हें पनागर विधानसभा के 10 बूथों (52 से 61) की जिम्मेदारी मिली थी, जिनमें कुल 7706 मतदाताओं की जानकारी अपडेट करनी थी. स्नेहलता ने यह कार्य सबसे पहले पूरा कर जिले में मिसाल कायम की. जहां इनाम के तौर पर उन्हें शासन की ओर से एयर ट्रैवल का विशेष पुरस्कार मिला. उन्होंने पीएम श्री हेली पर्यटन सेवा के तहत कान्हा और बांधवगढ़ की जॉय राइड का आनंद लिया. वहीं मैहर के BLO विनोद सिंह ने समय से 14 दिन पहले SIR का काम पूरा किया था. जिस पर एसडीएम ने सम्मान कर इनाम में दिया सरसी आइलैंड ट्रिप का टिकट दिया था. जबलपुर पूर्व विधानसभा क्षेत्र में काम की रफ्तार धीमी बात करें SIR के सबसे धीमे काम की तो जबलपुर की पूर्व विधानसभा सीट पर सबसे धीमी गति से काम पूरा हो रहा है. यहां अब तक सिर्फ 59% डिजिटाइजेशन हो पाया है. SIR का काम जारी है, लेकिन कुछ अधिकारियों की लापरवाही भी सामने आई है. यहां एक मामला ऐसा भी आया जहां एक भाजपा नेता ने कुछ नाम जोड़े जाने पर आपत्ति जताई है, लेकिन प्रशासन ने इस पर रोक लगाने से इनकार कर दिया. स्थानीय नेताओं का कहना है कि सबसे बड़ी समस्या 2003 की मतदाता सूची उपलब्ध न होना है, जिसे इलेक्शन कमीशन को सभी को उपलब्ध कराना चाहिए. आखिर क्या है SIR? SIR यानी Special Intensive Revision मतदाता सूची को घर-घर जाकर अपडेट करने, गलतियों को सुधारने और डेटा को डिजिटाइज करने का प्रोसेस है. जिन मतदाताओं को फॉर्म नहीं मिले हैं, वे ECI पोर्टल पर ऑनलाइन फॉर्म भर सकते हैं. BLO का विवरण राज्य के CEO की वेबसाइट और राष्ट्रीय मतदाता खोज पोर्टल पर मिल जाता है. SIR की समय सीमा बढ़ाई गई चुनाव आयोग ने 12 राज्यों और केंद्रशासित प्रदेशों में चल रही SIR प्रक्रिया की समय सीमा एक हफ्ते के लिए बढ़ा दी है. अब मतदाता सूची का संशोधन 11 दिसंबर तक किया जा सकेगा. ड्राफ्ट रोल अब 9 दिसंबर 2025 की जगह 16 दिसंबर 2025 को जारी होगा. दावे और आपत्ति की तारीखें भी बदलकर 16 दिसंबर 2025 से 15 जनवरी 2026 कर दी गई हैं. मध्य प्रदेश के दमोह में एसआईआर का काम अंतिम चरण में है. यहां पर करीब 95 फीसदी काम पूरा हो चुका है. देवास में 26 बीएलओ और दो पटवारियों को नोटिस देवास जिले का पूरा प्रशासनिक अमला छुट्टी, तीज, त्यौहार के बाद भी SIR के कार्य में डटा हुआ है. विशेष गहन पुनरीक्षण कार्य में लापरवाही पर कलेक्टर के आदेश पर रजिस्ट्रीकरण अधिकारी एसडीएम देवास द्वारा 26 बीएलओ और दो पटवारियों को नोटिस जारी किए गए हैं. जिसमें पटवारी मनीष शर्मा, अरुण जाटव और बीएलओ प्रमिला भण्डारी, वंदना देवरे सहित अन्य शामिल हैं. जवाब सही नहीं होने पर कलेक्टर द्वारा सख्त कार्यवाही की जाएगी. 

काम के दौरान बेहोश हुईं BLO अधिकारी: ब्रेन हेमरेज के बाद वेंटिलेटर पर भर्ती

मुरादाबाद  मुरादाबाद से BLO ड्यूटी में लगे कर्मचारियों के स्वास्थ्य और सुरक्षा को लेकर एक और चिंताजनक खबर सामने आई है. हाल ही में मुरादाबाद में एक टीचर BLO सर्वेश सिंह ने आत्महत्या कर ली. उन्होंने पत्नी ने आरोप लगाया कि SIR के काम के दबाव के चलते उन्होंने ये कदम उठाया. वहीं अब एक महिला BLO को ब्रेन हेमरेज होने की जानकारी सामने आई है. महिला की पहचान 57 साल की आभा सोलोम के रूप में हुई है. आभा पाकबड़ा के प्राइमरी स्कूल में सहायक अध्यापिका हैं और वर्तमान में SIR (चुनाव संबंधी पंजीकरण कार्य) में लगी हुई थीं. इसी बीच उनकी तबीयत बिगड़ गई. उन्हें गंभीर हालत में अस्पताल में भर्ती कराया गया है और वेंटिलेटर सपोर्ट पर रखा गया है.हालांकि, परिवार ने आभा सोलोम ने अभी तक उनकी तबीयत के पीछे SIR के कार्य के दबाव का सीधा आरोप नहीं लगाया है. उनके पति और बेटा शहर से बाहर हैं. इसलिए वह मुरादाबाद में अपने भाई-बहनों के साथ रहती हैं. काम करते हुए हो गईं बेहोश रविवार को जब उनके परिवार के लोग चर्च गए हुए थे. तब वह घर पर अकेले ही SIR के फॉर्म अपलोड करने का कार्य निपटा रही थीं. दोपहर लगभग दो बजे, जब उनकी बहन चर्च से वापस लौटीं, तो उन्होंने आभा को बिस्तर पर लेटा हुआ पाया. उन्हें दवाई देने के लिए उठाने पर आभा बेहोशी की हालत में मिलीं, जिसके बाद तुरंत बाकी घरवालों को बुलाकर उन्हें अस्पताल में भर्ती कराया गया. वेंटिलेटर सपोर्ट पर रखा गया ​अस्पताल में आभा सोलोमन की गंभीर हालत को देखते हुए उन्हें वेंटिलेटर सपोर्ट पर रखा गया है. डॉक्टरों ने कहां कि उनका ब्लड प्रेशर काफी कम है और साथ ही ब्रेन हेमरेज की आशंका भी जताई गई है. परिजनों ने पुष्टि की है कि आभा सोलोमन बीपी की पुरानी मरीज हैं और उनका इलाज चल रहा है. हालांकि, परिवार ने अभी तक इस उनकी तबीयत खराब होने के पीछे SIR के कार्य के दबाव का सीधा आरोप नहीं लगाया है. हालांकि, उनकी तबीयत काम करते हुए ही बिगड़ी थी.

जबलपुर : SIR के दौरान BLOs की सराहना, जताई गई प्रशंसा और शानदार पुरस्कारों का मज़ा

 रीवा/जबलपुर मतदाता सूची के विशेष गहन पुनरीक्षण (SIR) में मिसाल पेश करने वाले बूथ लेवल ऑफिसर (BLO) इन दिनों जिला प्रशासन की अनूठी पुरस्कार योजनाओं का लाभ उठा रहे हैं. टारगेट को तय समय सीमा से पहले पूरा करने वाले 'सुपर बीएलओ' को टाइगर सफारी, मूवी टिकट और यहां तक कि हेलीकॉप्टर जॉय राइड जैसे शानदार इनाम मिल रहे हैं. मध्य प्रदेश के जबलपुर की स्नेहलता पटेल अपने अधीन सभी बूथों का शत-प्रतिशत डिजिटाइजेशन पूरा करने वाली जिले की पहली बीएलओ सुपरवाइजर बनीं. उन्होंने  समय से पहले पनागर विधानसभा क्षेत्र के 7 हजार 706 वोटर्स फॉर्म अपलोड कर सभी को चौंका दिया.  जबलपुर कलेक्टर राघवेंद्र सिंह के निर्देशानुसार, स्नेहलता पटेल को पुरस्कार स्वरूप पीएम श्री हेली पर्यटन सेवा के माध्यम से विश्व प्रसिद्ध पर्यटन स्थल कान्हा और बांधवगढ़ की हवाई यात्रा (जॉय राइड) कराई गई. ऐसे ही अन्य बीएलओ को नकद पुरस्कार के साथ उनके तनाव को कम करने के लिए मूवी टिकट भी प्रशासन दे रहा है। कलेक्टर राघवेंद्र सिंह के निर्देशानुसार बीएलओ एवं सुपरवाइजरों को प्रोत्साहित करने के लिए अनूठी पुरस्कार योजना शुरू की गई है। स्नेहलता पटेल को पीएमश्री हेली पर्यटन सेवा से जाय राइड इसी पहल का हिस्सा है। उन्होंने इस सम्मान के लिए कलेक्टर का आभार व्यक्त किया और सभी बीएलओ को निष्ठा एवं लगन से कार्य करने का संदेश दिया। स्नेहलता पटेल को पनागर विधानसभा के बूथ क्रमांक 52 से 61 तक कुल 10 बूथों के सत्यापन और डिजिटाइजेशन का दायित्व सौंपा गया था। उनके अधीन 7,706 मतदाताओं के गणना पत्रकों का डिजिटाइजेशन मंगलवार को पूरा कर लिया गया था। 73.34 फीसदी गणना पत्रक हुए डिजिटाइज जिले में मतदाताओं से प्राप्त गणना प्रपत्रों में से 73.34 प्रतिशत गणना पत्रकों का डिजिटाइजेशन का कार्य पूरा कर लिया गया है। जिले में कुल मतदाताओं की संख्या 19 लाख 25 हजार 472 है। इनमें से अभी तक 14 लाख 12 हजार 151 मतदाताओं के गणना प्रपत्रों का डिजिटाइजेशन किया जा चुका है। पाटन विधानसभा में 86 प्रतिशत डिजिटाइजेशन शुक्रवार की रात आठ बजे की रिपोर्ट के अनुसार 86.50 प्रतिशत गणना पत्रकों के डिजिटाइजेशन के साथ पाटन विधानसभा जिले की आठो विधानसभा क्षेत्रों में पहले स्थान पर है। मतदाताओं से प्राप्त गणना पत्रकों के डिजिटाइजेशन में विधानसभा क्षेत्र सिहोरा 85.04 फीसदी के साथ दूसरे तथा विधानसभा क्षेत्र बरगी 84.20 फीसदी गणना पत्रकों के डिजिटाइजेशन के साथ जिले में तीसरे स्थान पर है। 78.10 फीसदी के साथ पनागर चौथे, 67.41 फीसदी के साथ उत्तर पांचवें एवं 61.81 फीसदी के साथ कैंट छठे स्थान पर है। वहीं पश्चिम में 59.94 और पूर्व में 59.94 फीसदी गणना पत्रकों का डिजिटाइजेशन हुआ है।

SIR में शानदार परफॉर्मेंस! जबलपुर के बीएलओ को मिली हेलीकॉप्टर से हवाई सैर की सौगात

जबलपुर मतदाता सूचना विशेषा गहन पुनरीक्षण (एसआईआर) के कार्य के दबाव में सामने आ रहे कर्मचारियों को अटैक के मामलों के बीच शहर से अच्छी खबर है। जिला प्रशासन द्वारा बीएलओ के तनाव को कम करने के लिए अच्छा काम करने वालों को सम्मानित किया जा रहा है। सभी बूथों के 100 फीसदी गणना प्रपत्रों का डिजिटाइजेशन पूरा करने पर प्रशासन ने बीएलओ सुपरवाइजर स्नेहलता पटेल को सम्मानित कर जबलपुर से कान्हा और बांधवगढ़ की हवाई यात्रा भी कराई। ऐसे ही अन्य बीएलओ को नकद पुरस्कार के साथ उनके तनाव को कम करने के लिए मूवी टिकट भी प्रशासन दे रहा है। कलेक्टर राघवेंद्र सिंह के निर्देशानुसार बीएलओ एवं सुपरवाइजरों को प्रोत्साहित करने के लिए अनूठी पुरस्कार योजना शुरू की गई है। स्नेहलता पटेल को पीएमश्री हेली पर्यटन सेवा से जाय राइड इसी पहल का हिस्सा है।   उन्होंने इस सम्मान के लिए कलेक्टर का आभार व्यक्त किया और सभी बीएलओ को निष्ठा एवं लगन से कार्य करने का संदेश दिया। स्नेहलता पटेल को पनागर विधानसभा के बूथ क्रमांक 52 से 61 तक कुल 10 बूथों के सत्यापन और डिजिटाइजेशन का दायित्व सौंपा गया था। उनके अधीन 7,706 मतदाताओं के गणना पत्रकों का डिजिटाइजेशन मंगलवार को पूरा कर लिया गया था। 73.34 फीसदी गणना पत्रक हुए डिजिटाइज जिले में मतदाताओं से प्राप्त गणना प्रपत्रों में से 73.34 प्रतिशत गणना पत्रकों का डिजिटाइजेशन का कार्य पूरा कर लिया गया है। जिले में कुल मतदाताओं की संख्या 19 लाख 25 हजार 472 है। इनमें से अभी तक 14 लाख 12 हजार 151 मतदाताओं के गणना प्रपत्रों का डिजिटाइजेशन किया जा चुका है। पाटन विधानसभा में 86 प्रतिशत डिजिटाइजेशन शुक्रवार की रात आठ बजे की रिपोर्ट के अनुसार 86.50 प्रतिशत गणना पत्रकों के डिजिटाइजेशन के साथ पाटन विधानसभा जिले की आठो विधानसभा क्षेत्रों में पहले स्थान पर है। मतदाताओं से प्राप्त गणना पत्रकों के डिजिटाइजेशन में विधानसभा क्षेत्र सिहोरा 85.04 फीसदी के साथ दूसरे तथा विधानसभा क्षेत्र बरगी 84.20 फीसदी गणना पत्रकों के डिजिटाइजेशन के साथ जिले में तीसरे स्थान पर है। 78.10 फीसदी के साथ पनागर चौथे, 67.41 फीसदी के साथ उत्तर पांचवें एवं 61.81 फीसदी के साथ कैंट छठे स्थान पर है। वहीं पश्चिम में 59.94 और पूर्व में 59.94 फीसदी गणना पत्रकों का डिजिटाइजेशन हुआ है।

BLO की अनोखी ड्यूटी स्टाइल — बारात निकलने से ठीक पहले दूल्हे से भरवाया SIR फॉर्म

रामपुर  स्वार कोतवाली क्षेत्र के समोदिया गांव में एक ऐसा अनोखा नजारा देखने को मिला कि लोग हैरान रह गए. दरअसल, जैसे ही दूल्हे की बरात सज-धजकर अजीतपुर के लिए निकलने लगी, तभी ग्राम प्रधान और बीएलओ ने बरात को थोड़ी देर के लिए रोका दिया, ताकि दूल्हे से पहले एसआईआर (SIR) फॉर्म भरवाया जा सके. ग्राम प्रधान-बीएलओ का यह कदम गांव में जागरूकता का एक अनूठा उदाहरण बन गया. इस पहल की चर्चा इलाके में ही नहीं, बल्कि सोशल मीडिया तक हो रही है. अब यह मामला मीडिया तक की सुर्खियों में छाया हुआ है. रिपोर्ट्स के मुताबिक, जसीम की बारत समोदिया गांव से अजीतपुर के लिए गुरुवार को रवाना होनी थी. सारी तैयारियां पूरी हो चुकी थी और डीजे की धुन पर रिश्तेदार नाच रहे थे. तो वहीं, कुछ रिश्तेदार और बाराती निकलने के लिए तैयार खड़े थे. तभी ग्राम प्रधान मोहम्मद आरिफ हुसैन अंसारी और बीएलओ रजिंदर सिंह पहुंचे और दूल्हे से कहा,     निकाह से पहले आपका एसआईआर फॉर्म भरना जरूरी है, ताकि चुनाव आयोग के विशेष पुनरीक्षण अभियान में आपका नाम समय पर दर्ज हो सके. दूल्हे ने फॉर्म तुरंत भरा और इसके बाद ही बरात शान से अजीतपुर की ओर रवाना हुई. यह नजारा ग्रामीणों के लिए सिर्फ मनोरंजक नहीं, बल्कि प्रेरक भी साबित हुआ. ग्रामीणों और युवाओं ने ग्राम प्रधान और बीएलओ की इस पहल की खूब प्रशंसा की उनका कहना था कि     अगर हर अधिकारी और जनप्रतिनिधि इसी तरह जिम्मेदारी निभाए और हर नागरिक समय पर फॉर्म भर दे, तो सरकारी प्रक्रियाएं और चुनाव से जुड़ी कार्रवाइयां और प्रभावी और सुचारू हो सकती हैं. ग्राम प्रधान ने कहा,     हम चाहते हैं कि गांव का हर नागरिक जागरूक रहे. दूल्हे के निकाह से पहले एसआईआर फॉर्म भरवाना सिर्फ औपचारिकता नहीं, बल्कि जागरूकता का संदेश है. चुनाव आयोग की ओर से भी इस पहल को सराहा गया है. ग्रामीणों का मानना है कि शादी जैसे बड़े आयोजन में भी सामाजिक और प्रशासनिक जिम्मेदारी निभाना संभव है और यही संदेश पूरे गांव में फैल रहा है. यूपी में एसआईआर फॉर्म भरने की प्रक्रिया को तेज किया गया है, और इसके तहत बीएलओ और अधिकारियों की जिम्मेदारी बढ़ गई है.

भोपाल में SMD और BLO के लिए खास योजना, टारगेट पूरा करने पर ट्रॉफी-सर्टिफिकेट और हर दिन सम्मान

भोपाल  भोपाल में वोटर लिस्ट के विशेष गहन पुनरीक्षण यानी स्पेशल इंटेंसिव रिवीजन (एसआईआर) में अब टारगेट पूरा करने पर इनाम भी मिलेंगे। एसडीएम, तहसीलदार और बीएलओ (बूथ लेवल ऑफिसर) हर दिन 'स्टार ऑफ द डे' भी बनेंगे। बकायदा, उनकी उपलब्धि की जानकारी ऑफिस के सूचना पटल पर लगाई जाएगी।  4 नवंबर से एसआईआर सर्वे शुरू हुआ है। अब तक की स्थिति में भोपाल जिले की स्थिति काफी खराब है। सात विधानसभा सीटों में 21 लाख 25 हजार 908 वोटर हैं। इनमें से 20.87 लाख फॉर्म बांटे जा चुके हैं, लेकिन, वापस 4.15 लाख फॉर्म ही आए हैं। यह 20% से भी कम हैं, जबकि सर्वे को आधा महीना से ज्यादा बीत चुका है। इसलिए अब वोटर्स की सुविधा के लिए नए पोर्टल की लॉन्चिंग हो या सख्ती करना, सब कुछ हो रहा है। अब ईआरओ, एईआरओ और बीएलओ को भी प्रोत्साहन दिया जाएगा। इसकी शुरुआत शनिवार से ही हो जाएगी। हर रोज का टारगेट तय किया भोपाल में 7 विधानसभा- बैरसिया, भोपाल उत्तर, नरेला, भोपाल दक्षिण-पश्चिम, भोपाल मध्य, गोविंदपुरा और हुजूर है। इनमें कार्य करने वाले 2029 बीएलओ, सभी ईआरओ यानी एसडीएम, एईआरओ यानी तहसीलदारों को प्रोत्साहन के दायरे में शामिल किया गया है। कलेक्टर कौशलेंद्र विक्रम सिंह ने यह पहल की है। इसके तहत 22 से 28 नवंबर तक हर रोज का टारगेट फिक्स किया गया है। जैसे- 22 नवंबर को बीएलओ को 50% फॉर्म डिजिटाइजेशन करना है तो एसडीएम-तहसीलदारों को प्रति बीएलओ से औसत 75 गणना पत्र डिजिटाइजेशन करवाना होगा। दूसरे-तीसरे दिन यह टारगेट बढ़ेगा। इसके पीछे मकसद यह है कि फॉर्म लेने और फिर उनका डिजिटाइजेशन करने के काम में तेजी आए। हर रोज 10 बजे के आंकड़ों के हिसाब से प्रोत्साहन मिलेगा उप जिला निर्वाचन अधिकारी भुवन गुप्ता ने बताया, हर रोज सुबह 10 बजे की स्थिति में लक्ष्य प्राप्त करने वालों को ऑनलाइन रिपोर्ट के आधार पर पुरस्कार के रूप में प्रमाण पत्र और प्रतीक चिह्न दिया जाएगा। इसके साथ स्टार ऑफ द डे का नाम संबंधित एसडीएम और तहसीलदार के ऑफिस में चस्पा किया जाएगा। ताकि, अन्य कर्मचारियों को भी प्रोत्साहन मिले और वे भी अच्छा काम करें। भोपाल में डाटा खोजने के लिए पोर्टल भी बना भोपाल में 2003 के डाटा को खोजने के लिए पोर्टल बनाया गया है। इसमें सभी विधानसभा की वोटर लिस्ट अपडेट है। वोटर पोर्टल पर जाकर सूची देख सकेंगे। इससे उन्हें एसआईआर फॉर्म भरने में आसानी होगी। इस पोर्टल के जरिए मतदाता मोहल्ले के नाम के आधार पर भी 2003 की मतदाता सूची खोज सकते हैं। कलेक्टर सिंह ने बताया कि भोपाल के मतदाताओं के लिए विशेष गहन पुनरीक्षण कार्य को सरल एवं सुगम बनाने की सुविधा दी गई है। https://sirbhopal.com पोर्टल के माध्यम से मतदाता साल 2003 की वोटर लिस्ट में अपना नाम खोज सकते हैं। वहीं, मध्यप्रदेश के किसी भी जिले के किसी भी विधानसभा की सूची डाउनलोड कर सकते हैं। मतदान केंद्र BLO की जानकारी भी प्राप्त कर सकते हैं।

मतदाता सूची ‘SIR’ रिव्यू पर रीवा प्रशासन ने पेश किया अनोखा ऑफर, सरकारी कर्मचारियों को मुफ्त सुविधाएं

रीवा   जिले के सभी विधानसभा क्षेत्रों में मतदाता सूची के गहन पुनरीक्षण 'SIR' का कार्य तेजी से जारी है. मतदाता के सत्यापन के लिए गणना पत्रक का शत-प्रतिशत वितरण कर दिया गया है. सभी बीएलओ घर-घर जाकर मतदाताओं से इसे भरवाकर रिकॉर्ड पर ले रहे हैं. इसी बीच रीवा जिला प्रशास ने SIR के कार्य को तेज गति देने के लिए खास ऑफर दिया है. जिला कलेक्टर कार्यालय से जारी हुए आदेश के मुताबिक प्रोत्साहन बीएलओ फ्री मूवी टिकट डिनर या टाइगर सफारी टिकट की हकदार होंगे बस उन्हें एक शर्त पूरी करनी होगी. रीवा में SIR को लेकर BLO के लिए खास ऑफर रीवा के सभी विधानसभा क्षेत्रों में वोटर लिस्ट के विशेष गहन पुनरीक्षण (SIR) की प्रक्रिया तेजी से जारी है. इसी कड़ी में प्रशासन ने बूथ लेवल ऑफिसर्स (BLO) को प्रोत्साहित करने के लिए नई पहल की है. योजना के तहत जिस बीएलओ द्वारा अपने बूथ के मतदाताओं की जानकारी का 100 प्रतिशत डिजिटाइजेशन पूरा किया जाएगा, उन्हें पुरस्कृत किया जाएगा. ऐसे बीएलओ को परिवार सहित फिल्म देखने के लिए मुफ्त टिकट दिए जाएं अपर कलेक्टर ने सभी SDM को जारी किया ऑफर वाला पत्र 19 नंवबर को इस संबंध में अपर कलेक्टर ने जिले के सभी एसडीएम को पत्र लिखा और कहा है कि वह सभी बीएलओ को प्रोत्साहित करें. पत्र जारी करते हुए उल्लेख किया गया कि SIR का कार्य प्रचलन में है. प्रत्येक विधानसभा के प्रथम बूथ लेवल ऑफिसर 'BLO' जो 100 प्रतिशत डिजिटाइजेशन का कार्य पूर्ण करेंगे उन्हें प्रोत्साहन के रूप में एक बार परिवार सहित निम्नानुसार सुविधाएं जिला प्रशासन की ओर से मुफ्त में उपलब्ध कराई जाएंगी.  BLO के लिए रीवा जिला प्रशासन का ये है ऑफर     फ्री मूवी टिकट विथ फैमली     फ्री डिनर विथ फैमली     फ्री टिकट गेम जोन फॉर चिल्ड्रेन     फ्री मुकुंदपुर व्हाइट टाइगर सफारी एंड जू विथ फैमली     फ्री थीम कार्निवल मेला रीवा विथ फैमली रीवा में गणना पत्रक के डिजिटाइजेशन में जुटे BLO रीवा जिले के सभी विधानसभा क्षेत्रों में इन दिनों 'SIR' यानी मतदाता सूची के गहन पुनरीक्षण का कार्य युद्ध स्तर पर जारी है. मतदाता के सत्यापन के लिए गणना पत्रक का शत-प्रतिशत वितरण कर दिया गया है. अब सभी BLO ब्लॉक लेवल ऑफिसर घर-घर जाकर मतदाताओं से गणना पत्रक भरवाकर उसे रिकॉर्ड पर ले रहे हैं. कई बीएलओ ने अपने सभी मतदाताओं के गणना पत्रक एकत्रित कर डिजिटाइजेशन कर दिया है. अन्य बीएलओ गणना पत्रक संकलित करक बीएलओ ऐप के माध्यम से डिजिटाइज कर रहे हैं. 4.59 लाख गणना पत्रक प्राप्त करके किया गया डिजिटाइज: कलेक्टर इस संबंध में कलेक्टर व जिला निर्वाचन अधिकारी प्रतिभा पाल ने बताया, '' 20 नवम्बर को शाम 5 बजे तक मतदाताओं से 4 लाख 59 हजार 046 गणना पत्रक प्राप्त कर इसे डिजिटाइज कर लिया गया है. बीएलओ घर-घर जाकर गणना पत्रक संकलित कर रहे हैं. अब तक गुढ़ विधानसभा क्षेत्र में 72261, मनगवां में 76960, रीवा में 73443, सेमरिया में 84549, सिरमौर में 83662 तथा विधानसभा क्षेत्र त्योंथर में 78741 गणना पत्रक डिजिटाइज किए जा चुके हैं.'' रीवा जिले में 2 BLO ने सौ फीसदी लक्ष्य किया पूरा सेमरिया विधानसभा क्षेत्र के बीएलओ चंद्रमौली सिंह ने समय से पहले लक्ष्य हासिल कर लिया है. उन्होंने SIR मतदाता सूची के गहन पुनरीक्षण के तहत सभी कार्य समय से पहले समाप्त कर डिजिटाइजेशन कर लिया है. इसी तरह से मनगवां विधानसभा क्षेत्र क्रमांक 73 के मतदान केन्द्र क्रमांक 125 ग्राम हकरिया के बीएलओ रामलोचन कुशवाहा ने भी समय से पूर्व डिजिटाइजेशन कार्य पूर्ण किया है.