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अपेक्स बैंक ने मुख्यमंत्री को सौंपा 4.27 करोड़ का लाभांश, सहकारिता विभाग की समीक्षा बैठक में हुआ हस्तांतरण

भोपाल मध्य प्रदेश के माननीय मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव जी को सहकारिता विभाग की समीक्षा के उपरांत प्रदेश के सहकारिता तथा खेलकूद एवं युवा कल्याण मंत्री विश्वास कैलाश सारंग ने अपेक्स बैंक के लाभांश रु. 4.27 करोड़ का चेक भेंट किया ।  इस अवसर पर मुख्य सचिव अनुराग जैन, नीरज मंडलोई,  प्रमुख सचिव,  माननीय मुख्यमंत्री, प्रमुख सचिव सहकारिता डी.पी.आहूजा, आयुक्त सहकारिता एवं पंजीयक,  सहकारी संस्थायें मनोज पुष्प, अपेक्स बैंक के प्रबंध संचालक मनोज गुप्ता के साथ अन्य वरिष्ठ अधिकारीगण भी उपस्थित रहे।

पाली में विकास की नई शुरुआत: 110 करोड़ रुपए के प्रोजेक्ट्स जनता को समर्पित

जयपुर/पाली मुख्यमंत्री भजनलाल शर्मा ने कहा कि प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के नेतृत्व में राज्य की डबल इंजन सरकार राजस्थान की 8 करोड़ जनता के सर्वांगीण विकास के लिए समर्पित है। उन्होंने कहा कि सरकार पारदर्शिता और जवाबदेही के साथ काम कर रही है तथा हर योजना का लाभ सीधे लाभार्थियों तक पहुंच रहा है। मुख्यमंत्री मंगलवार को पाली जिले के चामुंडेरी राणावतान में बाली विधानसभा क्षेत्र में आयोजित लोकार्पण एवं शिलान्यास समारोह को संबोधित कर रहे थे। उन्होंने कहा कि प्रदेश में अच्छी बारिश से फसलें बेहतर स्थिति में हैं और जलस्रोतों में भी पानी भर चुका है। नवीन बालिका विद्यालय भवन के लोकार्पण को उन्होंने "बालिका शिक्षा सशक्तीकरण" की दिशा में महत्वपूर्ण कदम बताया, वहीं नाडोल–सादड़ी एमडीआर रोड के लोकार्पण से क्षेत्रवासियों के आवागमन में सुविधा बढ़ेगी। कहा- हर वर्ग के विकास के लिए सरकार प्रतिबद्ध मुख्यमंत्री ने कहा कि किसानों, युवाओं, महिलाओं और गरीबों के जीवन में सुधार लाने के लिए राज्य सरकार लगातार प्रयासरत है। उन्होंने बताया कि सरकार ने पानी की जरूरत को पूरा करने के लिए राम जल सेतु लिंक, यमुना जल समझौता, इंदिरा गांधी नहर, गंगनहर, माही बांध और देवास परियोजना के कामों को गति दी है। बिजली आपूर्ति की बात करते हुए मुख्यमंत्री ने कहा कि राजस्थान सौर ऊर्जा में अग्रणी है और 2027 तक किसानों को दिन में बिजली उपलब्ध कराने का लक्ष्य है। 22 जिलों में यह काम शुरू हो चुका है। बोले- हमारे दो साल के काम, पिछली सरकार के पांच साल पर भारी शर्मा ने पिछली सरकार पर हमला बोलते हुए कहा कि उनके कार्यकाल में युवाओं के सपने तोड़े गए और 19 में से 17 भर्ती परीक्षाओं के पेपर लीक हुए। उन्होंने दावा किया कि वर्तमान सरकार के दो वर्षों में किए गए काम पिछली सरकार के पांच साल से अधिक हैं। उन्होंने बताया- फार्म पॉन्ड निर्माण सवा गुना, खेतों पर तारबंदी ढाई गुना, पशु चिकित्सालयों का उन्नयन ढाई गुना, बहुउद्देश्यीय पशु चिकित्सालयों में उन्नयन चार गुना  बढ़ा है। इसके साथ ही सीसीटीवी, नवीकरणीय ऊर्जा भूमि आवंटन, कुसुम-ए व कुसुम-सी एलओए, छात्राओं को स्कूटी वितरण, कॉलेज भवन निर्माण जैसे क्षेत्रों में भी कई गुना प्रगति हुई है।  मुख्यमंत्री ने कहा कि पिछले साल आयोजित राइजिंग राजस्थान ग्लोबल इन्वेस्टमेंट समिट में 35 लाख करोड़ रुपये के एमओयू हुए, जिनमें से 7 लाख करोड़ रुपये के प्रोजेक्ट्स पर काम शुरू हो चुका है। उन्होंने किसानों को दूध पर 5 रुपये बोनस, आंगनबाड़ी बच्चों को दूध, किसान सम्मान निधि में बढ़ोतरी, गोपालक क्रेडिट कार्ड और गरीब महिलाओं को 450 रुपये में गैस सिलेंडर जैसी योजनाओं का भी उल्लेख किया। 110 करोड़ रुपये से अधिक की परियोजनाओं का शिलान्यास-लोकार्पण मुख्यमंत्री ने बाली में कुल 110 करोड़ रुपये से अधिक की परियोजनाओं का लोकार्पण और शिलान्यास किया —     63.60 करोड़ की लागत से जिला चिकित्सालय, बाली भवन निर्माण     18.95 करोड़ की लागत से निष्क्रमणीय पशुपालक बालक आवासीय विद्यालय का शिलान्यास     28 करोड़ रुपये की लागत से नाडोल–सादड़ी 20.50 किमी सड़क चौड़ाईकरण एवं सुदृढ़ीकरण का लोकार्पण इसके अलावा उन्होंने सोनी सीता देवी उम्मेदमल राजकीय बालिका उच्च माध्यमिक विद्यालय, चामुंडेरी का लोकार्पण किया और नए भवन का निरीक्षण भी किया। कार्यक्रम में जनजाति क्षेत्रीय विकास मंत्री बाबूलाल खराड़ी, ग्रामीण विकास राज्य मंत्री ओटाराम देवासी, सांसद मदन राठौड़, विधायक पुष्पेंद्र सिंह राणावत, जिला प्रमुख रश्मि सिंह, महंत महेंद्रगिरी नाथ, नरेश नाथ महाराज सहित बड़ी संख्या में जनप्रतिनिधि और आमजन उपस्थित रहे।

रिंकू सिंह ने की मुख्यमंत्री से मुलाकात, सौहार्दपूर्ण बातचीत में कई मुद्दों पर चर्चा

छत्तीसगढ़ में खेल सुविधाओं के विस्तार पर हुई सार्थक चर्चा रायपुर  मुख्यमंत्री विष्णु देव साय से आज राजधानी रायपुर स्थित मुख्यमंत्री निवास कार्यालय में भारतीय क्रिकेट टीम के बल्लेबाज़ एवं अंतरराष्ट्रीय खिलाड़ी रिंकू सिंह ने सौजन्य मुलाकात की। मुख्यमंत्री ने रिंकू सिंह का स्वागत शाल और नंदी के प्रतीक चिन्ह भेंट कर किया। इस अवसर पर विधायक सुशांत शुक्ला भी उपस्थित थे। मुख्यमंत्री साय ने रिंकू सिंह को उनके उत्कृष्ट खेल प्रदर्शन और भारतीय क्रिकेट टीम में दिए जा रहे महत्वपूर्ण योगदान के लिए बधाई और शुभकामनाएँ दीं। मुलाकात के दौरान छत्तीसगढ़ की समृद्ध संस्कृति, परम्पराओं और राज्य में खेलों को नई दिशा देने के लिए किए जा रहे प्रयासों पर विस्तृत चर्चा हुई। मुख्यमंत्री साय ने रिंकू सिंह को बस्तर ओलंपिक की अवधारणा और उसके माध्यम से उभर रही स्थानीय प्रतिभाओं के बारे में अवगत कराया। उन्होंने कहा कि छत्तीसगढ़ के युवाओं में अपार संभावनाएँ हैं और राज्य सरकार खेलों को बढ़ावा देने के लिए निरंतर प्रयासरत है।

स्टार्टअप संस्कृति को और मजबूत बनाया जाए, प्रशिक्षण, परीक्षण और मार्केट लिंकेज की हर जरूरत पूरी हो: मुख्यमंत्री

आईटी एवं इलेक्ट्रॉनिक्स विभाग की मुख्यमंत्री ने की समीक्षा, कहा; निवेशकों को इंसेंटिव के लिए न करनी पड़े प्रतीक्षा सेमीकंडक्टर परियोजनाओं पर तेजी से कार्य, 02 नई परियोजनाओं के लिए भारत सरकार से सतत संवाद बनाए रखें: मुख्यमंत्री आईटी और आईटीईएस सेक्टर में युवाओं की प्रत्यक्ष सहभागिता बढ़ाई जाए: मुख्यमंत्री नोएडा, ग्रेटर नोएडा और यीडा में नए लैंड बैंक विकसित किए जाएं: मुख्यमंत्री 08 वर्षों में यूपी का इलेक्ट्रॉनिक निर्यात 3,862 करोड़ से बढ़कर 44,744 करोड़ के पार आईटी निर्यात ₹82,055 करोड़ और डाटा सेंटर में ₹21,342 करोड़ का निवेश आया 06 एसटीपीआई सेंटर संचालित, तीन नए प्रस्तावित मुख्यमंत्री ने उभरती तकनीकों में रिसर्च और इनोवेशन को प्रोत्साहित करने के निर्देश दिए लखनऊ मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने कहा कि प्रदेश में स्टार्टअप संस्कृति का दायरा तेजी से बढ़ रहा है। इसे और सशक्त बनाने के लिए प्रशिक्षण, परीक्षण और मार्केट लिंकेज की सभी जरूरतों को पूरा किया जाए। उन्होंने कहा कि युवाओं को तकनीक आधारित नई अर्थव्यवस्था से जोड़ना सरकार की सर्वोच्च प्राथमिकताओं में शामिल है। आईटी और आईटीईएस सेक्टर में अधिक युवाओं को जोड़ने के लिए प्रायोगिक प्रशिक्षण मॉडल विकसित किए जाएं और इसके लिए इयान रियलिटी जैसी संस्थाओं के साथ सहयोग बढ़ाया जाए। शनिवार को सूचना प्रौद्योगिकी और इलेक्ट्रॉनिक्स विभाग की समीक्षा बैठक में मुख्यमंत्री ने कहा कि आईटी और आईटीईएस सेक्टर से जुड़े निवेशकों को सरल, पारदर्शी और समयबद्ध अनुमति व्यवस्था उपलब्ध कराई जाए। उन्होंने निर्देश दिया कि पात्र निवेशकों को प्रोत्साहन राशि के लिए प्रतीक्षा नहीं करनी पड़े और इस संबंध में विभागीय स्तर पर जवाबदेही तय की जाए। मुख्यमंत्री ने कहा कि स्टार्टअप, सेमीकंडक्टर, डाटा सेंटर और इलेक्ट्रॉनिक विनिर्माण में उत्तर प्रदेश की स्थिति लगातार मजबूत हुई है। अब लक्ष्य इसे वैश्विक प्रतिस्पर्धा में शीर्ष श्रेणी में स्थापित करना है। उन्होंने कहा कि सेमीकंडक्टर क्षेत्र में एक परियोजना स्वीकृत हो चुकी है जबकि दो अन्य प्रस्तावों के लिए भारत सरकार से सतत संवाद बनाए रखा जाए। उन्होंने नोएडा, ग्रेटर नोएडा और यीडा में नए लैंड बैंक विकसित करने का निर्देश भी दिया। बैठक में बताया गया कि वर्ष 2017-18 में इलेक्ट्रॉनिक उत्पादों का निर्यात ₹3,862 करोड़ था, जो वर्ष 2024-25 में बढ़कर ₹44,744 करोड़ तक पहुंच गया। इसी अवधि में आईटी निर्यात ₹55,711 करोड़ से बढ़कर ₹82,055 करोड़ हो चुका है। इलेक्ट्रॉनिक्स विनिर्माण नीति 2020 के तहत 67 निवेश प्रस्ताव प्राप्त हुए हैं, जिनमें ₹15,477 करोड़ के निवेश और 1,48,710 रोजगार की संभावनाएं हैं। अब तक ₹430 करोड़ की प्रोत्साहन धनराशि स्वीकृत की जा चुकी है और मार्च 2026 तक 25 अन्य प्रस्तावों के आगे बढ़ने की संभावना है। डाटा सेंटर नीति के अंतर्गत हीरानंदानी समूह, एनटीटी ग्लोबल, वेब वर्क्स, अदाणी एंटरप्राइजेज और एसटी टेलीमीडिया सहित कई कंपनियों ने ₹21,342 करोड़ से अधिक के निवेश प्रस्ताव दिए हैं, जिनसे लगभग 10 हजार नए रोजगार सृजित हो रहे हैं। स्टार्टअप नीति के तहत भी निरंतर प्रगति दर्ज की गई है। वर्ष 2021-22 में जहां ₹274 लाख की धनराशि स्टार्टअप प्रोत्साहन के लिए जारी की गई थी, वहीं जनवरी 2025 तक यह मूल्य बढ़कर ₹2,600 लाख तक पहुंच गया है। मुख्यमंत्री ने स्टार्टअप फंड के प्रभावी उपयोग और निगरानी व्यवस्था को और सुदृढ़ करने के निर्देश दिए।

कोनी को मिला नया संभागायुक्त कार्यालय, मुख्यमंत्री ने किया उद्घाटन

रायपुर, मुख्यमंत्री विष्णुदेव साय ने आज बिलासपुर के कोनी क्षेत्र में नवीन संभागायुक्त कार्यालय भवन का लोकार्पण किया। लगभग 12 करोड़ रुपये की लागत से निर्मित इस सर्वसुविधायुक्त भवन का निर्माण अरपा नदी के तट पर लगभग ढाई एकड़ क्षेत्र में किया गया है। उल्लेखनीय है कि संभागायुक्त कार्यालय भवन में बेसमेंट सहित भूतल तथा प्रथम तल का निर्माण किया गया है। प्रत्येक तल का निर्माण क्षेत्र 1620 वर्गमीटर है। भूतल में 10 कक्ष और एक विशाल हॉल निर्मित किए गए हैं। इसी प्रकार प्रथम तल में 12 कक्ष, एक हॉल और अलग से प्रसाधन की व्यवस्था की गई है। भवन में संभागायुक्त एवं अपर आयुक्त के कक्ष, न्यायालय कक्ष, बैठक कक्ष तथा उपायुक्त (राजस्व), विकास, लेखा अधिकारी के कार्यालय कक्षों के साथ पृथक स्टाफ रूम भी शामिल हैं। नए भवन में अधिवक्ताओं और पक्षकारों की सुविधाओं का भी समुचित ध्यान रखा गया है। इस अवसर पर उप मुख्यमंत्री एवं जिले के प्रभारी मंत्रीअरुण साव, केंद्रीय राज्य मंत्री तोखन साहू, विधायक धरमलाल कौशिक, अमर अग्रवाल, धर्मजीत सिंह, सुशांत शुक्ला, अटल श्रीवास्तव, दिलीप लहरिया, महापौर पूजा विधानी, संभागायुक्त सुनील जैन, आईजी संजीव शुक्ला, कलेक्टर संजय अग्रवाल, एसएसपी रजनेश सिंह सहित बड़ी संख्या में जनप्रतिनिधि, अधिकारी एवं गणमान्य नागरिक उपस्थित थे।

पैरों से चित्र उकेरने वाली पूनम बिटिया के जीवन में मुख्यमंत्री ने भरी नई उम्मीद- अब विशेष विद्यालय में मिलेगा शिक्षण और छात्रवृत्ति

रायपुर मुख्यमंत्री विष्णुदेव साय आज जनदर्शन में दूर-दूर से मुख्यमंत्री निवास पहुँच रहे लोगों से मुलाकात कर रहे हैं और उनकी समस्याओं का त्वरित समाधान भी कर रहे हैं। आज जनदर्शन की शुरुआत में ही मुख्यमंत्री ने रायपुर के तेलीबांधा की रहने वाली 11 वर्षीय बिटिया पूनम से भेंट की।बिटिया पूनम की माता ने मुख्यमंत्री साय को बताया कि वह सेरेब्रल पाल्सी से जूझ रही है और बातचीत करने में भी असमर्थ है। उन्होंने बताया कि इस चुनौती के बावजूद पूनम अपने पैरों से बहुत सुंदर चित्र बनाती है। मुख्यमंत्री साय ने अत्यंत आत्मीयता से बिटिया पूनम से बात की और उसे स्नेहपूर्वक दुलार किया। मुख्यमंत्री साय ने पूनम की माता को आश्वस्त करते हुए कहा कि “हम आपके साथ हैं, आपको बिटिया के लिए किसी भी प्रकार की चिंता करने की आवश्यकता नहीं है।” मुख्यमंत्री ने पूनम बिटिया की पढ़ाई की उचित व्यवस्था के लिए उसे विशेष विद्यालय में भर्ती कराने और छात्रवृत्ति प्रदान करने के निर्देश दिए।

मुख्यमंत्री ने किया शंकर पांडे की पुस्तक छत्तीसगढ़ अतीत से अब तक’’ का विमोचन

रायपुर मुख्यमंत्री विष्णु देव साय ने राजधानी रायपुर स्थित अपने निवास कार्यालय में वरिष्ठ पत्रकार शंकर पांडे की पुस्तक छत्तीसगढ़ अतीत से अब तक का विमोचन किया। मुख्यमंत्री ने इस पुस्तक में छत्तीसगढ़ के अतीत को समेटने के प्रयास की सराहना करते हुए उन्हें बधाई और शुभकामनाएं दीं। मुख्यमंत्री  साय को श्री पांडे ने बताया कि छत्तीसगढ़ पर केंद्रित यह उनकी 6वीं पुस्तक है जिसमें छत्तीसगढ़ के महापुरुषों, पर्यटन स्थल, प्राचीन इतिहास, राज-परिवार, मंदिरों के इतिहास से सम्बंधित जानकारियां संकलित की गयी हैं। उन्होंने बताया कि पुस्तक में छत्तीसगढ़ के कई अनछुए पहलुओं सहित राज्य के सभी मुख्यमंत्री, राज्यपाल, प्रमुख राजनीतिक घटनाओं, राजनेताओं व साहित्यकारों का भी उल्लेख है। इस अवसर पर  प्रियंका कौशल, विशाल यादव सहित स्नेहा पांडे तथा मास्टर अंश पांडे भी उपस्थित थे।

सरदार पटेल की 150वीं जयंती समारोह के उपलक्ष्य में सीएम योगी ने किया एकता यात्रा का शुभारंभ

  गोरखपुर, मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने भारत रत्न से विभूषित एवं लौह पुरुष के नाम से विख्यात सरदार वल्लभ भाई पटेल की 150वीं जयंती समारोह के उपलक्ष्य में सोमवार को प्रदेशभर के सभी 403 विधानसभा क्षेत्रों के लिए एकता यात्रा का शुभारंभ किया। इस अवसर पर उन्होंने जहां सरदार पटेल के राष्ट्र के प्रति योगदान को श्रद्धा भाव से याद किया तो वहीं वंदे मातरम में संशोधन और विरोध को लेकर कांग्रेस और समाजवादी पार्टी पर सीधा प्रहार किया। मुख्यमंत्री ने कहा कि जिस राष्ट्र गीत, वंदे मातरम ने आजादी के आंदोलन में भारत की सोयी हुई चेतना को जागृत किया, उसमें पहले कांग्रेस ने तुष्टिकरण के लिए संशोधन किया और आज फिर कुछ लोग वंदे मातरम का विरोध कर रहे हैं।           मुख्यमंत्री ने कहा कि कोई भी व्यक्ति, मत या मजहब राष्ट्र से बड़ा नहीं हो सकता। व्यक्तिगत आस्था यदि राष्ट्र के आड़े आए तो उसे एक छोर पर रख देना चाहिए। पर, कुछ लोगों के लिए आज भी उनका व्यक्तिगत मत और मजहब बड़ा है। सपा के एक सासंद द्वारा वंदे मातरम गाने से इनकार करने का उल्लेख करते हुए मुख्यमंत्री ने कहा कि ऐसे लोग जिन्ना को सम्मान देने के लिए होने वाले कार्यक्रम में तो शामिल होते हैं लेकिन लौह सरदार वल्लभ भाई पटेल की जयंती के कार्यक्रम में सम्मिलित नहीं होते। वंदे मातरम भारत की सोयी चेतना को जगाने वाला गीत नगर निगम परिसर के रानी लक्ष्मीबाई पार्क से निकली एकता यात्रा के पूर्व उपस्थित जनसमूह को संबोधित करते हुए मुख्यमंत्री ने कहा कि यह सुखद अवसर है कि लौह पुरुष सरदार वल्लभ भाई पटेल की 150वीं जयंती के कार्यक्रम तो प्रारंभ हुए ही हैं, साथ ही राष्ट्रगीत वंदे मातरम के भी 150वें वर्ष में प्रवेश करने के उपलक्ष्य में कार्यक्रम आयोजित हो रहे हैं। सीएम ने कहा कि आजादी की लड़ाई के दौरान वंदे मातरम भारत की सोयी चेतना को जगाने वाला गीत था। 1876 के बाद हर क्रांतिकारी, बच्चे, विद्यार्थी, युवा, अधेड़, बुजुर्ग, महिला, पुरुष ने इसका उद्घोष किया और आजादी आंदोलन में कूद पड़ा था। तब हर उम्र के व्यक्ति के लिए वंदे मातरम उसके जीवन का मंत्र बन गया था। देखते ही देखते वंदे मातरम का यही उद्घोष विदेशी दासता से भारत को मुक्त करने का मंत्र बन गया। कांग्रेस ने किया संशोधन का प्रयास मुख्यमंत्री ने कहा कि वंदे मातरम का जो मंत्र भारत की आजादी का कारण बना हो, उस मंत्र को भी सांप्रदायिक बताकर कांग्रेस ने उसमें संशोधन करने का प्रयास किया। कांग्रेस ने कहा यह पांच और छह छंद का क्यों पढ़ना है, दो छंद में ही हो इसे पूरा किया जाए। जिस वंदे मातरम को कांग्रेस के 1896-97 के अधिवेशन में गुरुदेव रवींद्रनाथ टैगोर ने अपने स्वर में गाया था, उसका 1923 के अधिवेशन में तत्कालीन कांग्रेस अध्यक्ष मोहम्मद अली जौहर ने विरोध किया। वंदे मातरम का गान शुरू होते ही जौहर अध्यक्ष के पद से उठकर के चले गए। उन्होंने वंदे मातरम गाने से इनकार कर दिया। वंदे मातरम का इस प्रकार का विरोध भारत के विभाजन का दुर्भाग्यपूर्ण कारण बना था। मुख्यमंत्री ने कहा कि कांग्रेस ने अगर उस समय मोहम्मद अली जौहर को अध्यक्ष पद से बेदखल करके वंदे मातरम के माध्यम से भारत की राष्ट्रीयता का सम्मान किया होता तो भारत का विभाजन नहीं हुआ होता। धरती माता की उपासना का गीत है वंदे मातरम मुख्यमंत्री ने कहा कि बाद में कांग्रेस ने वंदे मातरम में संशोधन के लिए एक कमेटी बनाई। 1937 में उसकी रिपोर्ट आईम कांग्रेस ने कहा कि इसमें कुछ ऐसे शब्द हैं जो भारत माता को मां दुर्गा, लक्ष्मी और सरस्वती के रूप में प्रस्तुत करते हैं। इनका संशोधन कर दिया जाए। सीएम योगी ने कहा कि यह गीत धरती माता की उपासना का गीत है। भारत का ऋषि तो हमेशा सबका आह्वान करता रहा है कि धरती हमारी माता है और हम इसके पुत्र हैं। पुत्र होने के नाते अगर मां के सम्मान में कहीं कोई चुनौती आती है हमारा दायित्व बनता है कि हम उसके खिलाफ खड़े हों। राष्ट्रीय एकता में बाधक आस्था को रख दें एक ओर सीएम योगी ने कहा कि मेरा यह मानना है कोई व्यक्ति हो, कोई जाति, मत या मजहब हो, वह किसी राष्ट्र से बढ़कर नहीं हो सकता है। हम सब भारतवासियों को इस बारे में ध्यान रखना होगा कि हमारी आस्था अपनी जगह है। अगर हमारी आस्था, हमारी राष्ट्रीय एकता और एक अखंडता में बाधक बन रही है तो हमें उस आस्था को एक ओर करना होगा। सबसे पहले अपनी राष्ट्रीय अखंडता के लिए प्राणपण से जूझने के लिए तैयार होना होगा। भारत के एक नागरिक के रूप में यह हमारा दायित्व है। कुछ लोगों के लिए मत और मजहब भारत की एकता व अखंडता से बढ़कर सीएम योगी ने कहा कि कुछ लोगों के लिए आज भी भारत की एकता और अखंडता से बढ़कर उनका मत और मजहब बड़ा हो जाता है। उनकी व्यक्तिगत निष्ठा महत्वपूर्ण हो जाती है। वास्तव में ऐसे ही इस तरह के लोग संदेह के दायरे में नहीं आते हैं। उन्होंने कहा कि वंदे मातरम के विरोध का कोई औचित्य नहीं है। जिन्ना के सम्मान के कार्यक्रम में शर्मनाक तरीके से शामिल होते हैं वंदे मातरम का विरोध करने वाले मुख्यमंत्री ने कहा कि कांग्रेस की तुष्टिकरण की नीति दुर्भाग्यपूर्ण तरीके से 1947 में देश के विभाजन का कारण बनी। और, आज भी हम सब यह मानते थे कि जो लोग भारत के अंदर हैं, सभी भारत के प्रति निष्ठावान होकर के भारत की एकता और अखंडता के लिए कार्य करेंगे। पर, जब अखिल भारतीय स्तर पर वंदे मातरम राष्ट्रीय गीत के 150 वर्ष पूर्ण होने के उपलक्ष्य में आयोजन प्रारंभ हुए तो फिर वही विरोध के स्वर फूटना प्रारंभ हो गए। समाजवादी पार्टी के एक सांसद ने फिर से विरोध करना प्रारंभ कर दिया। सीएम ने कहा कि यह वही लोग हैं जो भारत की अखंडता के शिल्पी लौह पुरुष सरदार पटेल की जयंती के कार्यक्रम में शामिल में नहीं होते लेकिन जिन्ना को सम्मान देने के किसी कार्यक्रम में शर्मनाक तरीके से शामिल होते हैं। हम सबको याद रखना होगा अगर राष्ट्र के महापुरुषों को सम्मान न मिला तो हमारा … Read more

कल्चुरी कलार समाज सम्मेलन में पहुंचे मुख्यमंत्री, रतनपुर को मिला 100 बेड अस्पताल और 1 करोड़ का सामुदायिक भवन

रायपुर : कल्चुरी कलार समाज के सम्मेलन में शामिल हुए मुख्यमंत्री रतनपुर में 100 बिस्तर अस्पताल एवं 1 करोड़ रुपए की लागत से सामुदायिक भवन निर्माण की घोषणा रायपुर मुख्यमंत्री विष्णु देव साय बिलासपुर जिले के रतनपुर में आयोजित कल्चुरी कलार समाज के महासम्मेलन में शामिल हुए। उन्होंने भगवान सहस्रबाहु एवं बहादुर कलारीन दाई की पूजा-अर्चना कर विशाल सम्मेलन का शुभारंभ किया। मुख्यमंत्री साय ने कहा कि धार्मिक नगरी रतनपुर के समग्र विकास के लिए केंद्र सरकार की प्रसाद योजना के अंतर्गत 200 करोड़ रुपए की कार्ययोजना स्वीकृति के लिए भेजी गई है, जिसकी जल्द स्वीकृति की संभावना है। उन्होंने रतनपुर में 100 बिस्तर वाले अस्पताल की स्थापना तथा कल्चुरी समाज के सामुदायिक भवन के निर्माण हेतु 1 करोड़ रुपए की राशि स्वीकृत करने की घोषणा की। कार्यक्रम की अध्यक्षता राज्य के स्वास्थ्य एवं परिवार कल्याण मंत्री श्याम बिहारी जायसवाल ने की। इस अवसर पर संस्कृति एवं पर्यटन मंत्री राजेश अग्रवाल, विधायक धरमलाल कौशिक, अमर अग्रवाल, सुशांत शुक्ला, अटल वास्तव, मती संगीता सिन्हा, जिला पंचायत अध्यक्ष राजेश सूर्यवंशी, क्रेडा अध्यक्ष भूपेन्द्र सवन्नी, योग आयोग के अध्यक्ष रूपनारायण सिन्हा, एवं महापौर मती पूजा विधानी विशेष रूप से उपस्थित थीं। मुख्य अतिथि की आसंदी से संबोधित करते हुए मुख्यमंत्री साय ने कहा कि कल्चुरी राजवंश ने रतनपुर सहित देश के अनेक हिस्सों में लगभग 1200 वर्षों तक शासन किया। उनके शासनकाल में प्रजा सुखी और देश समृद्ध था। उन्होंने कहा कि मां महामाया की कृपा से छत्तीसगढ़ में तीव्र गति से विकास हो रहा है। मुख्यमंत्री साय ने कहा कि हमारा छत्तीसगढ़ देश के मध्य में स्थित एक समृद्ध राज्य है, जो खनिज, वन एवं जल संसाधनों से परिपूर्ण है। उन्होंने कहा कि हमारी सरकार प्रदेशवासियों को साथ लेकर राज्य को और अधिक प्रगति के मार्ग पर ले जाएगी। उन्होंने बताया कि हमारी सरकार को मात्र 22 माह हुए हैं, और इतनी कम अवधि में भी मोदी की गारंटी के रूप में किए गए लगभग सभी बड़े वादे पूरे किए जा चुके हैं। मुख्यमंत्री ने कहा कि प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी ने देश को नया और शक्तिशाली भारत बनाने का संकल्प लिया है। उन्होंने कहा कि किसानों से किए गए वादे के अनुरूप सरकार 3100 रुपए प्रति क्विंटल की दर से धान की खरीदी कर रही है। उन्होंने कहा कि महतारी वंदन योजना के तहत राज्य की लगभग 70 लाख महिलाओं को प्रति माह 1,000 रुपए की राशि प्रदान की जा रही है। मुख्यमंत्री साय ने कहा कि प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी एवं केंद्रीय गृह मंत्री अमित शाह ने 31 मार्च 2026 तक छत्तीसगढ़ को नक्सल समस्या से पूरी तरह मुक्त करने का लक्ष्य रखा है। इस दिशा में कार्य तेजी से आगे बढ़ रहा है। नक्सल प्रभावित ग्रामों में विकास कार्यों को तीव्र गति से प्रारंभ किया गया है। पिछले कुछ महीनों में बस्तर के अनेक ग्रामों को पुनः विकास की मुख्यधारा से जोड़ा गया है। मुख्यमंत्री ने कहा कि नई उद्योग नीति को देशभर में सराहना मिली है। अब तक 7.5 लाख करोड़ रुपए के निवेश प्रस्ताव प्राप्त हुए हैं। इनमें से कृत्रिम बुद्धिमत्ता (AI) और सेमीकंडक्टर उद्योगों की स्थापना का कार्य आरंभ हो चुका है। नई नीति में रोजगार सृजन को प्राथमिकता दी गई है, और अधिक रोजगार देने वाले उद्योगों को विशेष रियायतें दी जा रही हैं। उन्होंने प्रदेश के सभी नागरिकों से इन नीतियों का लाभ उठाने का आग्रह किया। मुख्यमंत्री साय ने कहा कि सरकार ने विजन डॉक्यूमेंट-2047 जारी किया है। इसमें निर्धारित लक्ष्यों को प्राप्त करने के लिए समाज के प्रत्येक वर्ग की भागीदारी आवश्यक है। कार्यक्रम की अध्यक्षता करते हुए स्वास्थ्य एवं परिवार कल्याण मंत्री श्याम बिहारी जायसवाल ने कहा कि रतनपुर कल्चुरी शासन का प्रमुख केंद्र रहा है। लगभग 1200 वर्षों तक देश के विभिन्न भागों में कल्चुरियों ने शासन किया। उन्होंने कहा कि डबल इंजन की सरकार में विकास कार्यों की गति अत्यंत तीव्र है। जायसवाल ने कहा कि कल्चुरी समाज के पूर्वजों द्वारा किए गए जनहितकारी कार्यों को राज्य सरकार आगे बढ़ा रही है। कल्चुरियों ने अपने काल में तालाब, सड़कें और सिंचाई परियोजनाएं बनवाई थीं — आज की सरकार भी उन्हीं परंपराओं को प्राथमिकता से आगे बढ़ा रही है। उन्होंने नवा रायपुर में एक चौक का नाम भगवान सहस्रबाहु के नाम पर रखने के लिए मुख्यमंत्री साय के प्रति आभार व्यक्त किया। कार्यक्रम में संस्कृति एवं पर्यटन मंत्री राजेश अग्रवाल ने कहा कि हमारी सनातन संस्कृति सामाजिक समरसता की प्रतीक है और सभी समाजों के ईष्टदेवों के प्रति समान आदर का भाव रखती है। कार्यक्रम में कल्चुरी कलार समाज के मोहित जायसवाल ने स्वागत भाषण दिया। मुख्यमंत्री विष्णु देव साय ने मां महामाया मंदिर में की विधिवत पूजा-अर्चना महासम्मेलन में शामिल होने से पूर्व मुख्यमंत्री विष्णु देव साय ने मां महामाया मंदिर में दर्शन कर विधिवत पूजा-अर्चना और आरती की। उन्होंने छत्तीसगढ़ की खुशहाली और समृद्धि की कामना करते हुए मां महामाया का आशीर्वाद लिया।

क्रांति गौड़ को मिला सम्मान, मुख्यमंत्री ने किया बड़ा ऐलान — पिता की होगी पुलिस विभाग में वापसी

भोपाल  भारत को विश्व विजेता बनाने वाली भारतीय महिला क्रिकेट टीम की खिलाड़ी क्रांति गौड़ को भोपाल में मुख्यमंत्री मोहन यादव ने सम्मानित किया। सीएम हाउस में समारोह का आयोजन हुआ है। इस आयोजन में क्रांति गौड़ के पिता मुन्ना सिंह, मां नीलम गौड़ और कोच राजीव बिल्थरे भी मौजूद थें। सीएम मोहन यादव ने क्रांति को मोमेंटो दिया और शॉल ओढ़ाई। समारोह में सीएम मोहन ने की बड़ी घोषणा समारोह में सीएम मोहन यादव ने दो घोणणाएं की। मुख्यमंत्री ने कहा कि, सस्पेंड चल रहे क्रांति गौड़ के पिता मुन्ना सिंह की पुलिस में बहाली होगी। इसके साथ ही क्रांति के गृह निवास छतरपुर में खेल गतिविधियों को बढ़ावा देने के लिए विश्व स्तरिय स्टेडियम बनाया जाएगा। इस दौरान सीएम के साथ खेल मंत्री विश्वास सारंग भी मौजूद थें। उन्होंने क्रांति के माता-पिता और कोच का सम्मान किया। जनजातिय गौरव दिवस पर बड़ा कार्यक्रम सीएम मोहन यादव ने समारोह में जानकारी देते हुए कहा कि, 15 नवंबर को जनजातिय गौरव दिवस पर क्रांति के सम्मान में बड़ा कार्यक्रम आयोजित किया जाएगा। क्रांति कुछ देर में भोपाल से छतरपुर के गुलगंज जाएंगी। यहां वे चौपरिया सरकार मंदिर में दर्शन करेंगी। वहीं शाम 4 बजे क्रांति अपने गृह ग्राम घुवारा पहुंचेंगी, जहां तुलादान के बाद स्वागत जुलूस निकाला जाएगा।